बिहार के जहानाबाद में छात्रों के हिंसक आंदोलन के बाद जिला प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में आ गया है। जिले में हाई अलर्ट घोषित कर सभी प्रमुख चौक-चौराहों, सरकारी कार्यालयों और संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है। पुलिस अधीक्षक (एसपी) कोटा किरण कुमार ने बताया कि गुरुवार को बिना पूर्व अनुमति के अचानक बड़ी संख्या में लोग सड़कों पर उतर आए, जिसके बाद आंदोलन हिंसक हो गया। इस प्रदर्शन के दौरान कई असामाजिक तत्व भी भीड़ में शामिल हो गए थे, जिन्होंने सरकारी संपत्तियों को नुकसान पहुंचाया, पुलिसकर्मियों पर पथराव किया और जिला पदाधिकारी (डीएम) आवास के सामने भी हमला किया। घटना के बाद पुलिस और प्रशासन द्वारा चलाए गए रातभर के व्यापक अभियान के दौरान 80 लोगों को हिरासत में लिया गया है, जिनकी पहचान और सत्यापन की प्रक्रिया जारी है। पुलिस ने सीसीटीवी, ड्रोन कैमरों तथा सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो की जांच के बाद 106 संदिग्ध उपद्रवियों की तस्वीरें सार्वजनिक की हैं। फुटेज के आधार पर अब तक 15 लोगों का मिलान किया जा चुका है और 50 लोगों की पहचान पूरी कर उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस ने आम नागरिकों से भी तस्वीरों में दिख रहे उपद्रवियों की पहचान में मदद करने का अनुरोध किया है। एसपी के अनुसार वर्तमान में शहर की स्थिति सामान्य और पूरी तरह नियंत्रण में है। क्षेत्र में शांति और सुरक्षा बनाए रखने के लिए फ्लैग मार्च निकाला जाएगा। जिला प्रशासन ने आम जनता से किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न देने और शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपील की है।
बिहार के जहानाबाद में छात्रों के हिंसक आंदोलन के बाद जिला प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में आ गया है। जिले में हाई अलर्ट घोषित कर सभी प्रमुख चौक-चौराहों, सरकारी कार्यालयों और संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है। पुलिस अधीक्षक (एसपी) कोटा किरण कुमार ने बताया कि गुरुवार को बिना पूर्व अनुमति के अचानक बड़ी संख्या में लोग सड़कों पर उतर आए, जिसके बाद आंदोलन हिंसक हो गया। इस प्रदर्शन के दौरान कई असामाजिक तत्व भी भीड़ में शामिल हो गए थे, जिन्होंने सरकारी संपत्तियों को नुकसान पहुंचाया, पुलिसकर्मियों पर पथराव किया और जिला पदाधिकारी (डीएम) आवास के सामने भी हमला किया। घटना के बाद पुलिस और प्रशासन द्वारा चलाए गए रातभर के व्यापक अभियान के दौरान 80 लोगों को हिरासत में लिया गया है, जिनकी पहचान और सत्यापन की प्रक्रिया जारी है। पुलिस ने सीसीटीवी, ड्रोन कैमरों तथा सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो की जांच के बाद 106 संदिग्ध उपद्रवियों की तस्वीरें सार्वजनिक की हैं। फुटेज के आधार पर अब तक 15 लोगों का मिलान किया जा चुका है और 50 लोगों की पहचान पूरी कर उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस ने आम नागरिकों से भी तस्वीरों में दिख रहे उपद्रवियों की पहचान में मदद करने का अनुरोध किया है। एसपी के अनुसार वर्तमान में शहर की स्थिति सामान्य और पूरी तरह नियंत्रण में है। क्षेत्र में शांति और सुरक्षा बनाए रखने के लिए फ्लैग मार्च निकाला जाएगा। जिला प्रशासन ने आम जनता से किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न देने और शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपील की है।
- बिहार के जहानाबाद में छात्रों के हिंसक आंदोलन के बाद जिला प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में आ गया है। जिले में हाई अलर्ट घोषित कर सभी प्रमुख चौक-चौराहों, सरकारी कार्यालयों और संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है। पुलिस अधीक्षक (एसपी) कोटा किरण कुमार ने बताया कि गुरुवार को बिना पूर्व अनुमति के अचानक बड़ी संख्या में लोग सड़कों पर उतर आए, जिसके बाद आंदोलन हिंसक हो गया। इस प्रदर्शन के दौरान कई असामाजिक तत्व भी भीड़ में शामिल हो गए थे, जिन्होंने सरकारी संपत्तियों को नुकसान पहुंचाया, पुलिसकर्मियों पर पथराव किया और जिला पदाधिकारी (डीएम) आवास के सामने भी हमला किया। घटना के बाद पुलिस और प्रशासन द्वारा चलाए गए रातभर के व्यापक अभियान के दौरान 80 लोगों को हिरासत में लिया गया है, जिनकी पहचान और सत्यापन की प्रक्रिया जारी है। पुलिस ने सीसीटीवी, ड्रोन कैमरों तथा सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो की जांच के बाद 106 संदिग्ध उपद्रवियों की तस्वीरें सार्वजनिक की हैं। फुटेज के आधार पर अब तक 15 लोगों का मिलान किया जा चुका है और 50 लोगों की पहचान पूरी कर उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस ने आम नागरिकों से भी तस्वीरों में दिख रहे उपद्रवियों की पहचान में मदद करने का अनुरोध किया है। एसपी के अनुसार वर्तमान में शहर की स्थिति सामान्य और पूरी तरह नियंत्रण में है। क्षेत्र में शांति और सुरक्षा बनाए रखने के लिए फ्लैग मार्च निकाला जाएगा। जिला प्रशासन ने आम जनता से किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न देने और शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपील की है।1
- वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि अगर कोई शख्स अपने घर भी जा रहा है, तो उस पर भी लाठीचार्ज किया जा रहा है। सवाल उठाया जा रहा है कि मोदी जी इतने दिनों से यह सब ठीक करवा रहे हैं, फिर भी लोगों पर इस तरह लाठियां बरसाई जा रही हैं।1
- जहानाबाद के हुलासगंज स्थित सूरजपुर के बधार से एक ही रात में तीन मोटर पंप चोरी होने का मामला सामने आया है। खेतों से एक साथ तीन मोटर पंप गायब हो जाने के बाद से स्थानीय किसानों के बीच भारी डर और दहशत का माहौल बन गया है।1
- भोजपुर जिले के सहार प्रखंड अंतर्गत बरुही गांव के पास सोन नदी में अचानक जलस्तर बढ़ जाने से 50 से अधिक गाय और भैंस नदी के बीच टापू (दियारा) में फंस गए हैं। नदी का पानी तेजी से बढ़ने के कारण मवेशी चारों ओर से पानी से घिर गए हैं, जिससे पशुपालकों की चिंता काफी बढ़ गई है। फंसे हुए मवेशियों में सबसे अधिक संख्या बजरेया गांव के पशुपालकों की है, जबकि बरूही और बिशनपुरा गांव के भी कई मवेशी नदी के बीच फंसे हुए हैं। मवेशी मालिक अपने पशुओं को सुरक्षित निकालने के लिए घंटों से नदी किनारे इंतजार कर रहे हैं और लगातार उनकी निगरानी कर रहे हैं।1
- गया में स्वर्गीय बिंदेश्वरी प्रसाद यादव जी की छठी पुण्यतिथि के अवसर पर जिला परिषद प्रतिनिधि एवं युवा जदयू प्रदेश महासचिव मोहम्मद औरंगज़ेब ने उनके जिला परिषद कार्यालय पहुँचकर माल्यार्पण कर भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। इस अवसर पर उन्होंने स्वर्गीय बिंदेश्वरी प्रसाद यादव जी के व्यक्तित्व एवं समाज के प्रति उनके योगदान को याद किया। मोहम्मद औरंगज़ेब ने कहा कि उनके आदर्श और कार्य सदैव प्रेरणास्रोत रहेंगे। इसके साथ ही ईश्वर से प्रार्थना की गई कि दिवंगत पुण्यात्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान प्रदान करें तथा शोकाकुल परिवार को यह दुःख सहने की शक्ति दें।3
- सोनम वांगचुक ने 26 दिनों से जारी अपना अनशन समाप्त कर दिया है और इस संबंध में एक वीडियो संदेश जारी किया है। वांगचुक ने बताया कि उन्होंने अपना अनशन उस समय समाप्त करने का फैसला लिया, जब केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में गुरुवार देर रात उनसे मिलने पहुंचे। वांगचुक के अनुसार, मेदांता अस्पताल में हुई इस मुलाकात के दौरान दोनों केंद्रीय मंत्रियों ने उन्हें उनकी मांगों को लेकर केंद्र सरकार की ओर से आश्वासन दिया, जिसके बाद उन्होंने अपना अनशन समाप्त करने का निर्णय लिया।1
- जंतर-मंतर पर छात्रों द्वारा लगाए गए तमाम विवादित नारों के बाद अब संसद परिसर में भी प्रधानमंत्री मोदी के खिलाफ नारेबाजी हुई है। विपक्ष ने संसद परिसर के भीतर "गली-गली में शोर है, मोदी..." का विवादित नारा लगाया है। संसद में विपक्ष के इस तीखे विरोध और विवादित नारों के बावजूद, यह स्पष्ट है कि प्रधानमंत्री अपने दूसरे प्रधान यानी शिक्षा मंत्री का इस्तीफा नहीं लेंगे।1
- पटना जिले के धनरुआ थाना क्षेत्र स्थित झंमनचक तालाब के पास एक दर्दनाक सड़क हादसे में 12 वर्षीय छात्र आदित्य कुमार गंभीर रूप से घायल हो गया। आदित्य मसौढ़ी से पढ़ाई कर अपने गांव छमनचक लौट रहा था, तभी मोहन ओपन माइंड्स स्कूल की गाड़ी ने उसे ज़ोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि बच्चा सड़क पर गिरकर बेहोश हो गया। हादसे के तुरंत बाद स्थानीय लोगों ने घायल छात्र को जेएम मेमोरियल नर्सिंग होम पहुंचाया, जहां चिकित्सक डॉ. सतेंद्र सिंह की देखरेख में उसका इलाज चल रहा है। घायल छात्र के पिता सलेस कुमार ने बताया कि बेटे के सिर और आंख के ऊपर गंभीर चोट लगी है, जिसके चलते डॉक्टरों को छह टांके लगाने पड़े हैं। इसके अलावा माथे, हाथ, पैर और जांघ में भी गंभीर चोटें आई हैं। पीड़ित पिता ने स्कूल प्रशासन से इलाज का पूरा खर्च वहन करने और उचित मुआवजा देने की मांग की है। मामले में समाचार लिखे जाने तक स्कूल प्रशासन की तरफ से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई थी। वहीं पुलिस को घटना की सूचना दे दी गई है और पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है, जिसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। अब सवाल यह उठ रहा है कि क्या स्कूल वाहन की लापरवाही इस हादसे की वजह बनी और पीड़ित परिवार को न्याय व मुआवजा कब मिलेगा।1