लखीसराय के रामगढ़ चौक पीएचसी के स्वास्थ्य कर्मियों ने 'इंसानियत की मिसाल' पेश करते हुए 10 टीबी मरीजों को गोद लिया है। यह पहल 'निश्चय पोषण योजना' के तहत की गई है, जिसके अंतर्गत प्रत्येक मरीज को अगले 6 महीनों तक हर माह ₹500 की आर्थिक सहायता सीधे उनके खाते में भेजी जाएगी। मंगलवार का दिन टीबी जैसी गंभीर बीमारी से जूझ रहे इन मरीजों के लिए बेहद राहत भरा रहा, क्योंकि उन्हें पोषण का महत्वपूर्ण सहारा मिला। पीएचसी रामगढ़ चौक में प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. कंचन, प्रबंधक अरुण कुमार, बीसीएम माला कुमारी, प्रधान लिपिक रवीश कुमार और अनु सरवन सह मूल्यांकन सहायक नीरज कुमार मंगलम ने संयुक्त रूप से इन 10 मरीजों को गोद लिया। इस अवसर पर सभी मरीजों को प्रतीक स्वरूप फूड बास्केट भी भेंट किए गए। गोद लिए गए मरीजों में शर्मा गांव के नेपो मांझी, महादेव के ललन कुमार, डकरा की सोनिया देवी, कोली के वीरेंद्र महतो और किशोरी महतो, नावाडीह के अमर कुमार, शर्मा के संतोष रविदास, कोली की विजेता कुमारी, तथा महादेव की कजली देवी और रोशनी कुमारी शामिल हैं। डॉ. कंचन ने बताया कि रामगढ़ चौक प्रखंड में कुल 22 टीबी रोगी चिन्हित हैं, जिनमें से 10 मरीजों को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गोद लिया है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि शेष बचे 12 टीबी रोगियों को भी जल्द ही सहारा मिलेगा, जिन्हें प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचल अधिकारी और कल्याण पदाधिकारी गोद लेंगे। डॉ. कंचन के अनुसार, टीबी को हराने के लिए दवा के साथ-साथ सही पोषण भी अत्यंत आवश्यक है, और यह पहल मरीजों को बीमारी से लड़ने के लिए जरूरी मनोबल प्रदान करेगी।
लखीसराय के रामगढ़ चौक पीएचसी के स्वास्थ्य कर्मियों ने 'इंसानियत की मिसाल' पेश करते हुए 10 टीबी मरीजों को गोद लिया है। यह पहल 'निश्चय पोषण योजना' के तहत की गई है, जिसके अंतर्गत प्रत्येक मरीज को अगले 6 महीनों तक हर माह ₹500 की आर्थिक सहायता सीधे उनके खाते में भेजी जाएगी। मंगलवार का दिन टीबी जैसी गंभीर बीमारी से जूझ रहे इन मरीजों के लिए बेहद राहत भरा रहा, क्योंकि उन्हें पोषण का महत्वपूर्ण सहारा मिला। पीएचसी रामगढ़ चौक में प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. कंचन, प्रबंधक अरुण कुमार, बीसीएम माला कुमारी, प्रधान लिपिक रवीश कुमार और अनु सरवन सह मूल्यांकन सहायक नीरज कुमार मंगलम ने संयुक्त रूप से इन 10 मरीजों को गोद लिया। इस अवसर पर सभी मरीजों को प्रतीक स्वरूप फूड बास्केट भी भेंट किए गए। गोद लिए गए मरीजों में शर्मा गांव के नेपो मांझी, महादेव के ललन कुमार, डकरा की सोनिया देवी, कोली के वीरेंद्र महतो और किशोरी महतो, नावाडीह के अमर कुमार, शर्मा के संतोष रविदास, कोली की विजेता कुमारी, तथा महादेव की कजली देवी और रोशनी कुमारी शामिल हैं। डॉ. कंचन ने बताया कि रामगढ़ चौक प्रखंड में कुल 22 टीबी रोगी चिन्हित हैं, जिनमें से 10 मरीजों को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गोद लिया है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि शेष बचे 12 टीबी रोगियों को भी जल्द ही सहारा मिलेगा, जिन्हें प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचल अधिकारी और कल्याण पदाधिकारी गोद लेंगे। डॉ. कंचन के अनुसार, टीबी को हराने के लिए दवा के साथ-साथ सही पोषण भी अत्यंत आवश्यक है, और यह पहल मरीजों को बीमारी से लड़ने के लिए जरूरी मनोबल प्रदान करेगी।
- शेखपुरा जिले के नवपदस्थापित पुलिस अधीक्षक हिमांशु कुमार ने बुधवार को बरबीघा थाना परिसर में जनप्रतिनिधियों, गणमान्य नागरिकों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और पुलिस पदाधिकारियों के साथ अपनी पहली आधिकारिक बैठक की। बरबीघा में पदभार ग्रहण करने के बाद यह उनकी पहली ऐसी मुलाकात थी, जिसका मुख्य उद्देश्य क्षेत्र की कानून-व्यवस्था की समीक्षा करना था। बैठक को संबोधित करते हुए पुलिस अधीक्षक ने जनता और पुलिस के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने पर जोर दिया, क्योंकि उनके अनुसार यही क्षेत्र में शांति और सौहार्दपूर्ण वातावरण बनाए रखने का आधार है। उन्होंने थाना स्तर पर नियमित गश्ती बढ़ाने, असामाजिक तत्वों की पहचान कर उनके विरुद्ध सख्त कार्रवाई करने और अपराध नियंत्रण को अधिक प्रभावी बनाने की आवश्यकता पर बल दिया। इसके साथ ही, उन्होंने लोगों से पुलिस का सहयोग करने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल थाना को देने की अपील भी की। इस दौरान, जनप्रतिनिधियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने क्षेत्र की कानून-व्यवस्था, यातायात व्यवस्था, गश्ती प्रणाली और अन्य स्थानीय समस्याओं को पुलिस अधीक्षक के समक्ष रखा। पुलिस अधीक्षक ने सभी समस्याओं के त्वरित समाधान का आश्वासन दिया और संबंधित पुलिस पदाधिकारियों को इस संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। थाना के पुलिस पदाधिकारी भी इस बैठक में उपस्थित रहे। यह कार्यक्रम बुधवार की शाम करीब पांच बजे संपन्न हुआ।1
- आज SBI RSETI प्रशिक्षण केंद्र में एक कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें सर और साथियों के साथ विद्यार्थियों को लुप्तप्राय देसी बीजों और औषधीय पौधों के संरक्षण एवं संवर्धन के महत्व के बारे में जानकारी दी गई। इस पहल का मुख्य उद्देश्य इन अमूल्य प्राकृतिक धरोहरों को सुरक्षित रखना और उन्हें आने वाली पीढ़ियों तक पहुँचाना है।1
- लखीसराय जिले के मानिकपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत मौलानगर निवासी मो. इरशाद को पुलिस ने भरण-पोषण राशि का भुगतान न करने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी के खिलाफ न्यायालय से वारंट जारी किया गया था, जिसके आधार पर पुलिस ने उसे उसके घर से हिरासत में लिया। बुधवार को पुलिस ने मो. इरशाद को न्यायालय में पेश किया, जहाँ से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। थाना अध्यक्ष रंजीत कुमार ने बताया कि न्यायालय के आदेशों का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जा रहा है।1
- डॉ. R.C. प्रसाद ने जमुई क्षेत्र को एक अनमोल सौगात प्रदान की है। इस पहल को जमुई में विकास की एक नई और महत्वपूर्ण शुरुआत के रूप में देखा जा रहा है, जिससे क्षेत्र में उन्नति की उम्मीदें बढ़ी हैं।1
- जमुई जिले के गोली गांव में लगभग 5 किलोमीटर लंबी सड़क न होने के कारण स्थानीय ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। सड़क की इस कमी का सबसे अधिक खामियाजा बच्चों, मरीजों और बुजुर्गों को भुगतना पड़ रहा है, जिन्हें आवागमन में खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द से जल्द सड़क निर्माण की मांग की है, ताकि उनकी मुश्किलें कम हो सकें।1
- चेवाड़ा राजकीय डिग्री महाविद्यालय, चेवाड़ा में बुधवार को नवनामांकित छात्र-छात्राओं के स्वागत और मार्गदर्शन के लिए एक इंडक्शन मीट का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में नए विद्यार्थियों ने भाग लिया, जहाँ उन्हें महाविद्यालय की शैक्षणिक व्यवस्था, अनुशासन, पठन-पाठन की प्रक्रिया और उपलब्ध सुविधाओं के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. मुरलीधर प्रसाद सिंह ने सभी नए छात्र-छात्राओं का स्वागत किया और उन्हें नियमित रूप से कक्षाओं में उपस्थित होकर पढ़ाई करने की सलाह दी। उन्होंने बताया कि उच्च शिक्षा जीवन में सफलता का एक मजबूत आधार है और राज्य सरकार ने ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण उच्च शिक्षा प्रदान करने के लिए विभिन्न प्रखंडों में डिग्री महाविद्यालय स्थापित किए हैं। प्राचार्य ने जोर दिया कि विद्यार्थी नियमित अध्ययन और महाविद्यालय की शैक्षणिक गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी से ही इसका पूरा लाभ उठा सकते हैं। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि शिक्षा केवल डिग्री प्राप्त करने का माध्यम नहीं है, बल्कि व्यक्तित्व निर्माण और बेहतर भविष्य की नींव है, और छात्रों से समय का सदुपयोग करने व अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित रहने का आह्वान किया। इस अवसर पर महाविद्यालय के वरीय शिक्षक डॉ. पवन कुमार, राजन कुमार वर्मा और अमरेंद्र कुमार सिन्हा ने भी विद्यार्थियों को संबोधित किया। सभी शिक्षकों ने नए छात्र-छात्राओं का उत्साहवर्धन करते हुए उन्हें मन लगाकर पढ़ाई करने, अनुशासन का पालन करने और महाविद्यालय की प्रत्येक शैक्षणिक गतिविधि में सक्रिय भागीदारी निभाने की प्रेरणा दी। यह कार्यक्रम सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ, जिसकी जानकारी बुधवार की दोपहर 3:00 बजे दी गई।3
- खेतों में धान की नर्सरी (बीज पारने) के लिए व्यापक तैयारी चल रही है। किसानों का मुख्य ध्यान खेत को इस प्रकार से तैयार करने पर है, जिससे बीज का अंकुरण बेहतर हो सके और पौधे स्वस्थ रूप से बढ़ें। इस प्रक्रिया का अंतिम लक्ष्य भविष्य में धान की अच्छी पैदावार प्राप्त करना है।1
- जमुई जिले के अलीगंज स्थित कोदवरिया गाँव में सोमवार को नवस्थापित राजिया देवी इंग्लिश मीडियम स्कूल का विधिवत उद्घाटन किया गया। पैक्स अध्यक्ष मकेश्वर यादव और पूर्व मुखिया नगिना रविदास ने संयुक्त रूप से फीता काटकर इस विद्यालय का शुभारंभ किया। इस अवसर पर उपस्थित अतिथियों ने विद्यालय के खुलने को ग्रामीण क्षेत्रों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने की दिशा में एक सराहनीय पहल बताया। उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि शिक्षा ही बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की सबसे मजबूत नींव है, और इस विद्यालय के माध्यम से आस-पास के बच्चों को बेहतर शिक्षा के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा। विद्यालय की प्रधानाचार्या कुमारी रेखा ने जानकारी दी कि स्कूल में एलकेजी से कक्षा आठवीं तक अंग्रेजी माध्यम से पढ़ाई की व्यवस्था की गई है, जहाँ बच्चों के सर्वांगीण विकास, अनुशासन और नैतिक शिक्षा पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। उद्घाटन समारोह में ग्रामीणों, अभिभावकों, गणमान्य लोगों और विद्यालय परिवार के सदस्यों की बड़ी संख्या में उपस्थिति रही। सभी ने विद्यालय की सफलता और उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इस विद्यालय का उद्देश्य "बेहतर शिक्षा, उज्ज्वल भविष्य" के संकल्प को साकार करना है।1
- जमुई के चरकापत्थर थाना क्षेत्र में एक सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल युवक नीरज कुमार की जान डायल-112 पुलिस टीम की त्वरित कार्रवाई और मानवीय संवेदनशीलता के कारण बच गई। कैरी गांव के पास हुए बाइक हादसे में मकरकेन गांव निवासी नीरज गंभीर रूप से घायल हो गए थे। सूचना मिलते ही डायल-112 की टीम महज पांच मिनट के भीतर घटनास्थल पर पहुंच गई। पुलिसकर्मियों ने बिना समय गंवाए गंभीर रूप से घायल युवक को अपने कंधे पर उठाकर पुलिस वाहन तक पहुंचाया और उसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, सोनो में भर्ती कराया। चिकित्सकों ने बताया कि समय पर अस्पताल पहुंचने के कारण नीरज का इलाज तुरंत शुरू हो सका, जिससे उनकी जान बच गई। फिलहाल उनकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है। पुलिस की इस त्वरित और संवेदनशील पहल की स्थानीय लोगों ने खूब सराहना की है। ग्रामीणों का कहना है कि डायल-112 की सक्रियता ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि पुलिस आपात स्थिति में लोगों की मदद के लिए पूरी तत्परता से काम कर रही है।1