सुजानपुर विधायक पहले अपने सुजानपुर क्षेत्र की बदहाल व्यवस्था पर जवाब दें, फिर दूसरों पर टिप्पणी करें: इंजीनियर नरेंद्र ठाकुर सुजानपुर सुजानपुर विधायक कैप्टन रणजीत द्वारा हमीरपुर सदर विधायक आशीष शर्मा पर की गई टिप्पणी दुर्भाग्यपूर्ण, निराधार और पूरी तरह राजनीतिक है। किसी अन्य विधायक पर आरोप लगाने से पहले उन्हें अपने विधानसभा क्षेत्र की वास्तविक स्थिति पर आत्ममंथन करना चाहिए। सुजानपुर की जनता आज अनेक मूलभूत समस्याओं से जूझ रही है। होली मेले के दौरान स्थानीय लोगों के साथ हुए कथित शोषण को लेकर जनता में असंतोष रहा गरीब aसुजानपुर की कई सरकारी बस सेवाएं बंद हो चुकी हैं, जिससे आम लोगों, विद्यार्थियों और कर्मचारियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ऊहल क्षेत्र में डॉक्टरों की कमी लंबे समय से बनी हुई है, सड़कों की स्थिति बेहद खराब है तथा कई गांवों में बरसात के मौसम में भी पेयजल की समस्या बनी हुई है। इसके अलावा आउटसोर्स कर्मचारियों को समय पर वेतन नहीं मिल रहा, जिससे उनके परिवारों पर आर्थिक संकट गहरा रहा है। जिन विकास कार्यों का विधायक द्वारा उद्घाटन किया गया था, उनमें से कई आज भी अधूरे पड़े हैं। संबंधित विभागों में जनता की सुनवाई नहीं हो रही और विकास कार्य ठप पड़े हैं। ऐसे में अपने क्षेत्र की समस्याओं का समाधान करने के बजाय दूसरे जनप्रतिनिधियों पर टिप्पणी करना जनता की अपेक्षाओं के अनुरूप नहीं है। हमीरपुर सदर विधायक आशीष शर्मा लगातार जनता के मुद्दों को मजबूती से उठाते रहे हैं और उन्हें दो बार जनता का आशीर्वाद प्राप्त हुआ है। ऐसे जनप्रतिनिधि पर व्यक्तिगत और राजनीतिक टिप्पणी करना न केवल अनुचित है, बल्कि लोकतांत्रिक मूल्यों के भी विरुद्ध है। यदि कैप्टन रणजीत वास्तव में पारदर्शिता और जवाबदेही की बात करते हैं, तो उन्हें पहले यह स्पष्ट करना चाहिए कि उनके परिवार के किन-किन सदस्यों की ठेकेदारी अथवा जमीनों की खरीद-फरोख्त से संबंधित गतिविधियों में क्या भूमिका है। सार्वजनिक जीवन में रहने वाले प्रत्येक व्यक्ति को पहले अपने आचरण और जवाबदेही पर ध्यान देना चाहिए। सुजानपुर की जनता विकास, जवाबदेही और जनहित के मुद्दों पर जवाब चाहती है। व्यक्तिगत आरोप-प्रत्यारोप से न तो क्षेत्र का विकास होगा और न ही जनता की समस्याओं का समाधान निकलेगा।
सुजानपुर विधायक पहले अपने सुजानपुर क्षेत्र की बदहाल व्यवस्था पर जवाब दें, फिर दूसरों पर टिप्पणी करें: इंजीनियर नरेंद्र ठाकुर सुजानपुर सुजानपुर विधायक कैप्टन रणजीत द्वारा हमीरपुर सदर विधायक आशीष शर्मा पर की गई टिप्पणी दुर्भाग्यपूर्ण, निराधार और पूरी तरह राजनीतिक है। किसी अन्य विधायक पर आरोप लगाने से पहले उन्हें अपने विधानसभा क्षेत्र की वास्तविक स्थिति पर आत्ममंथन करना चाहिए। सुजानपुर की जनता आज अनेक मूलभूत समस्याओं से जूझ रही है। होली मेले के दौरान स्थानीय लोगों के साथ हुए कथित शोषण को लेकर जनता में असंतोष रहा गरीब aसुजानपुर की कई सरकारी बस सेवाएं बंद हो चुकी हैं, जिससे आम लोगों, विद्यार्थियों और कर्मचारियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ऊहल क्षेत्र में डॉक्टरों की कमी लंबे समय से बनी हुई है, सड़कों की स्थिति बेहद खराब है तथा कई गांवों में बरसात के मौसम में भी पेयजल की समस्या बनी हुई है। इसके अलावा आउटसोर्स कर्मचारियों को समय पर वेतन नहीं मिल रहा, जिससे उनके परिवारों पर आर्थिक संकट गहरा रहा है। जिन विकास कार्यों का विधायक द्वारा उद्घाटन किया गया था, उनमें से कई आज भी अधूरे पड़े हैं। संबंधित विभागों में जनता की सुनवाई नहीं हो रही और विकास कार्य ठप पड़े हैं। ऐसे में अपने क्षेत्र की समस्याओं का समाधान करने के बजाय दूसरे जनप्रतिनिधियों पर टिप्पणी करना जनता की अपेक्षाओं के अनुरूप नहीं है। हमीरपुर सदर विधायक आशीष शर्मा लगातार जनता के मुद्दों को मजबूती से उठाते रहे हैं और उन्हें दो बार जनता का आशीर्वाद प्राप्त हुआ है। ऐसे जनप्रतिनिधि पर व्यक्तिगत और राजनीतिक टिप्पणी करना न केवल अनुचित है, बल्कि लोकतांत्रिक मूल्यों के भी विरुद्ध है। यदि कैप्टन रणजीत वास्तव में पारदर्शिता और जवाबदेही की बात करते हैं, तो उन्हें पहले यह स्पष्ट करना चाहिए कि उनके परिवार के किन-किन सदस्यों की ठेकेदारी अथवा जमीनों की खरीद-फरोख्त से संबंधित गतिविधियों में क्या भूमिका है। सार्वजनिक जीवन में रहने वाले प्रत्येक व्यक्ति को पहले अपने आचरण और जवाबदेही पर ध्यान देना चाहिए। सुजानपुर की जनता विकास, जवाबदेही और जनहित के मुद्दों पर जवाब चाहती है। व्यक्तिगत आरोप-प्रत्यारोप से न तो क्षेत्र का विकास होगा और न ही जनता की समस्याओं का समाधान निकलेगा।
- रोजगार की मांग को लेकर मनरेगा महिलाओं ने खोला मोर्चा, 125 दिनों का दावा , लेकिन काम मिला 22 दिन का सुजानपुर रोजगार की मांग को लेकर मनरेगा महिलाओं ने मोर्चा खोल दिया हैं। महिलाओं का आरोप है कि 125 दिनों की रोजगार गारंटी का दावा किया गया, लेकिन उन्हें केवल 20–25 दिन काम देने के बाद ही आगे काम से मना कर दिया गया। अब महिलाओं ने सवाल उठाया है—जब 125 दिनों की गारंटी है, तो बाकी रोजगार कहाँ गया? उन्होंने प्रशासन से जवाब और योजना का पूरा लाभ दिलाने की मांग की।1
- 17 डोगरा बटालियन ने धूमधाम से मनाया राईजिंग डे बाईपास स्थित निजी होटल में आयोजित हुए कार्यक्रम के दौरान प्रदेश भर से पहुंचे पूर्व सैनिक पूर्व सैनिकों ने अपनी बटालियन की यादों को किया ताजा, डीजे की धुनो पर जमकर थिरके हमीरपुर हमीरपुर के बाईपास स्थित निजी होटल में 17 डोगरा बटालियन ने अपना राईजिंग डे बडी धूमधाम के साथ मनाया। इस अवसर पर प्रदेश भर के सभी जिलों से पहुंचे पूर्व सैनिकों ने अपनी पुराने यादों को ताजा किया। कार्यक्रम के दौरान लेटिनेट जनरल रिटायर्ड जीएस गिल के साथ साथ बिग्रेडियर आरएस, बिग्रेडियर ज्ञान उदय सिंह, कर्नल एसपी परमार इत्यादि ने शिरकत कर कार्यक्रम में 17 डोगरा बटालियन के बारे में भी प्रकाश डाला। कार्यक्रम के दौरान पूर्व सैनिकों ने डीजे की धुनो पर थिरक कर राइजिंग डे का लुत्फ उठाया। बटालियन के राइजिंग डे के बारे में जानकारी देते हुए बटालियन के पदाधिकारी एस सिंह ने बताया कि हर साल ही 17 डोगरा के द्वारा राइजिंग डे धूमधाम से मनाया जाता है और कार्यक्रम में प्रदेश भर से पूर्व सैनिक हिस्सा लेते है। बता दे कि हर साल ही 17 डोगरा बटालियन के पूर्व सैनिक इक्टठा होकर राइजिंग डे मनाते हुए पुरानी यादों को ताजा करते है।1
- नरेश ठाकुर ने बणी और बड़सर में किया नशा मुक्ति केंद्रों का निरीक्षण हमीरपुर राज्य नशा निवारण बोर्ड के संयोजक एवं सलाहकार नरेश ठाकुर ने शनिवार को बणी और बड़सर में नशा मुक्ति केंद्रों का निरीक्षण किया तथा इनमें प्रदान की जा रही विभिन्न सुविधाओं का जायजा लिया। राज्य नशा निवारण बोर्ड के सदस्य रूबल ठाकुर, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अजय अत्री, खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ. अरविंद टंडन, बड़सर के थाना प्रभारी और अन्य अधिकारियों के साथ निरीक्षण के लिए पहुंचे नरेश ठाकुर ने बणी में एनएच प्रो-केयर फाउंडेशन और बड़सर में एमएच डोर ऑफ होप फाउंडेशन द्वारा संचालित किए जा रहे नशा मुक्ति केंद्रों में विभिन्न सुविधाओं की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने दोनों नशा मुक्ति केंद्रों के रिकॉर्ड की गहन जांच भी की तथा संचालकों से इन केंद्रों की दैनिक गतिविधियों की विस्तृत जानकारी ली। नरेश ठाकुर ने कहा कि नशे से मुक्ति पाने के लिए इन केंद्रों में दाखिल होने वाले लोगों को सभी मूलभूत सुविधाओं के साथ-साथ अनुकूल एवं सकारात्मक माहौल भी मिलना चाहिए। तभी वे नशे के दलदल से बाहर निकलने में सक्षम होंगे। इसके लिए नशा मुक्ति केंद्रों के दैनिक रूटीन में अधिक से अधिक गतिविधियांे का समावेश किया जाना चाहिए। नरेश ठाकुर ने बताया कि नशा मुक्ति केंद्रों के बेहतर संचालन और इनके माध्यम से उत्साहजनक परिणाम लाने के लिए राज्य नशा निवारण बोर्ड विस्तृत दिशा-निर्देश जारी करेगा।1
- घुमारवीं में बन रहा आधुनिक मल्टी स्टोरी स्पोर्ट्स क्लब, खेल प्रतिभाओं को मिलेगा नया मंच घुमारवीं क्षेत्र में खेल सुविधाओं के विस्तार की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के तहत लगभग तीन करोड़ रुपये की लागत से आधुनिक मल्टी स्टोरी स्पोर्ट्स क्लब का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। इस महत्वाकांक्षी परियोजना के पूरा होने से क्षेत्र के खिलाड़ियों को राष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं उपलब्ध होंगी और खेल गतिविधियों को नई गति मिलेगी। निर्माणाधीन स्पोर्ट्स क्लब में खिलाड़ियों एवं आगंतुकों के ठहरने की आधुनिक व्यवस्था, भोजन की सुविधा, विभिन्न इनडोर खेलों के लिए अत्याधुनिक खेल परिसर, पर्याप्त पार्किंग तथा बहुउद्देशीय (मल्टीपर्पज़) हॉल का निर्माण किया जा रहा है। इन सुविधाओं के उपलब्ध होने से स्थानीय खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण वातावरण मिलेगा, वहीं राज्य एवं राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं के आयोजन की संभावनाएं भी बढ़ेंगी। स्थानीय लोगों का मानना है कि यह परियोजना घुमारवीं को खेल गतिविधियों का एक प्रमुख केंद्र बनाने में मील का पत्थर साबित होगी। आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित यह स्पोर्ट्स क्लब युवाओं को खेलों के प्रति प्रोत्साहित करने के साथ-साथ क्षेत्र की खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ने के लिए बेहतर अवसर उपलब्ध कराएगा। इसके साथ ही बड़े खेल आयोजनों के माध्यम से स्थानीय स्तर पर रोजगार और आर्थिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।1
- ऊना पुलिस की बड़ी कार्रवाई पर पूर्व विधायक रायजादा ने थपथपाई एसपी की पीठ कहा, नशा तस्करों का कोई दल नहीं, किसी को नहीं मिलेगा राजनीतिक संरक्षण प्रदेश सरकार द्वारा पूरे राज्य में चलाए जा रहे नशा मुक्त हिमाचल अभियान के तहत ऊना पुलिस को मिली बड़ी कामयाबी पर ऊना सदर के पूर्व विधायक सतपाल रायजादा ने पुलिस अधीक्षक सचिन हिरेमठ और उनकी पूरी टीम की पीठ थपथपाई है। शनिवार को ऊना से जारी एक प्रेस बयान में पूर्व विधायक सतपाल रायजादा ने कहा कि ऊना पुलिस की इस त्वरित और साहसिक कार्रवाई ने क्षेत्र में सक्रिय नशा माफिया की कमर तोडक़र रख दी है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व में प्रदेश सरकार नशे के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर सख्ती से काम कर रही है और ऊना में हुई यह ऐतिहासिक बरामदगी उसी दृढ़ राजनीतिक इच्छाशक्ति का परिणाम है। सतपाल रायजादा ने कड़े शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा कि नशे के काले कारोबार में लिप्त व्यक्ति चाहे किसी भी राजनीतिक दल से संबंध रखता हो, कानून के समक्ष सब बराबर हैं। उन्होंने स्पष्ट किया नशा तस्करी करने वाला व्यक्ति न तो भाजपा का होता है और न ही कांग्रेस का, वह केवल समाज और युवाओं के भविष्य का दुश्मन है। हमारी सरकार में किसी भी अपराधी या नशा तस्कर को राजनीतिक संरक्षण देने का सवाल ही पैदा नहीं होता। चाहे कोई कितना भी रसूखदार क्यों न हो, दोषी पाए जाने पर उसके खिलाफ कानून के तहत कठोरतम कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। इस दौरान पूर्व विधायक ने ऊना के वर्तमान भाजपा विधायक सतपाल सिंह सत्ती के बयानों पर पलटवार करते हुए उन्हें संयम बरतने की सलाह दी। रायजादा ने कहा कि हर संवेदनशील मुद्दे को भाजपा और कांग्रेस के चश्मे से देखना बंद होना चाहिए। नेताओं के साथ संदिग्धों की तस्वीरों के मुद्दे पर सफाई देते हुए रायजादा ने कहा कि सार्वजनिक जीवन में जनप्रतिनिधियों के पास प्रतिदिन सैकड़ों लोग आते हैं। किसी भी सार्वजनिक कार्यक्रम में कोई भी व्यक्ति किसी नेता के साथ तस्वीर खिंचवा सकता है। उन्होंने याद दिलाया कि स्वयं विधायक सत्ती के साथ भी अतीत में ऐसे कई लोगों की तस्वीरें सामने आ चुकी हैं, जो बाद में गैर-कानूनी गतिविधियों में संलिप्त पाए गए। लेकिन केवल एक फोटो के आधार पर किसी जनप्रतिनिधि को उस व्यक्ति के व्यक्तिगत अपराधों के लिए जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता। पूर्व विधायक ने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि नशा आज हमारे समाज और विशेषकर युवा पीढ़ी के भविष्य के लिए सबसे बड़ी चुनौती बन चुका है। ऐसे गंभीर विषय पर राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप करने के बजाय सभी राजनीतिक दलों, सामाजिक संगठनों और आम जनता को एकजुट होकर पुलिस प्रशासन का सहयोग करना चाहिए।1
- हमीरपुर के कोहली क्षेत्र से घर के बाहर खड़ा ट्रक चोरी, ऊना से लौटे चालक को नहीं मिला वाहन, पुलिस जांच में जुटी हमीरपुर सदर थाना हमीरपुर के तहत कोहली क्षेत्र से घर के बाहर खड़ा ट्रक चोरी होने का मामला सामने आया है। चालक की शिकायत पर पुलिस ने अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस ट्रक की तलाश के साथ-साथ आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाल रही है।पुलिस को दी शिकायत में गांव पंजाहली, डाकघर डुग्घा, तहसील व जिला हमीरपुर निवासी 37 वर्षीय विजय कुमार ने बताया कि वह ट्रक नंबर एचपी-67ए-4900 को बरमाणा में चलाता है। इस ट्रक के मालिक गांव व डाकघर कड़ोहता, तहसील भोरंज निवासी बचित्र सिंह हैं। विजय कुमार के अनुसार उन्होंने 30 जुलाई की शाम ट्रक को अपने घर के सामने कोहली क्षेत्र में खड़ा किया था। इसके बाद वह अपने परिवार के सदस्यों के साथ ऊना चले गए। जब रात के दौरान वह घर पर नहीं थे, तभी किसी अज्ञात व्यक्ति ने ट्रक चोरी कर लिया।शुक्रवार को घर लौटने पर चालक को ट्रक अपनी जगह पर नहीं मिला। आसपास काफी तलाश करने के बाद भी वाहन का कोई सुराग नहीं लग सका। इसके बाद उन्होंने सदर थाना हमीरपुर पहुंचकर पुलिस को शिकायत दी। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि ट्रक की तलाश की जा रही है तथा आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है। मामले के हर पहलू की गहनता से जांच की जा रही है।1
- गगल में मांझी पुल से स्कूटी समेत खड्ड में गिरे दो युवक, घायल गगल में मांझी पुल से स्कूटी समेत खड्ड में गिरे दो युवक, घायल कागड़ा। गगल में मांझी पुल से स्कूटी खड्ड में गिर गई। इससे दो युवक घायल हो गए। गलत दिशा से आ रही गाड़ी से बचाव करते समय हादसा पेश आया। जानकारी के अनुसार दुगियारी निवासी दो युवक स्कूटी में सनौरां से गगल की ओर आ रहे थे कि सामने से गलत दिशा में आ रही गाड़ी को देखकर अपना बचाव करते समय नियंत्रण खो बैठे और पुल से सीधे नीचे खड्ड में जा गिरे। स्थानीय लोगों ने तुरंत खड्ड में उतरकर दोनों युवकों को बाहर निकाला और निजी गाड़ी की मदद से उपचार के लिए निजी अस्पताल भेजा।1