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बुढ़ाना एसडीएम ने सुनी जन समस्याएं बुढ़ाना एसडीएम अपूर्व यादव ने तहसील दिवस के दौरान लोगों की सुनील जन समस्याएं मौके पर ही कराया निस्तारण।
दैनिक भास्कर इरशाद राणा
बुढ़ाना एसडीएम ने सुनी जन समस्याएं बुढ़ाना एसडीएम अपूर्व यादव ने तहसील दिवस के दौरान लोगों की सुनील जन समस्याएं मौके पर ही कराया निस्तारण।
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- बुढ़ाना तहसील के फुगाना गांव में त्रिवेणी शुगर मिल खतौली के जीएम कुलदीप राठी ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की। उन्होंने राहुल मलिक द्वारा लगाए गए मानसिक उत्पीड़न और जबरन दवा बिक्री के आरोपों को बेबुनियाद बताया। राठी ने कहा कि वे पिछले आठ वर्षों से त्रिवेणी शुगर मिल में जीएम केन के पद पर कार्यरत है #video #instagram #reels #viralvideos #foryou1
- शाहपुर ब्लॉक की ग्राम पंचायत जीवना से प्रधान पद के भावी उम्मीदवार विनीत कुमार उर्फ बॉबी ने गांव के विकास को लेकर कई महत्वपूर्ण घोषणाएं की हैं। उन्होंने दैनिक भास्कर संवाददाता से खास बातचीत में अपनी प्राथमिकताएं बताईं। बॉबी ने कहा कि यदि जीवना गांव की जनता उन्हें ग्राम प्रधान चुनती है, तो वे गांव में लाइब्रेरी, इंटर कॉलेज, नल, बिजली के खंभे और आरसीसी सड़कें बनवाने का कार्य करेंगे। उन्होंने विशेष रूप से जल निकासी की पुरानी समस्या का जिक्र किया। बॉबी ने आश्वासन दिया कि प्रधान बनते ही वे इस गंभीर समस्या के समाधान पर तुरंत कार्य शुरू कर देंगे।2
- कटघर रेलवे स्टेशन में लगी आग आग लगने का कारण स्पष्ट नहीं है1
- MALANDI गांव ,तहसील शामली, जिला शामली में अतिक्रमण से MDR सड़क संकरी, लोगों की सुरक्षा पर खतरा MALANDI गांव की मुख्य जिला सड़क (MDR) पर अतिक्रमण एक गंभीर समस्या बन चुका है। सड़क की चौड़ाई इतनी कम हो गई है कि बस और कारें आसानी से आमने-सामने नहीं निकल पातीं। जब ट्रक या कोई भारी वाहन आता है तो अन्य वाहनों को दूसरे रास्ते पर रुकना या निकलना पड़ता है, और उसके गुजरने के बाद ही बाकी वाहन आगे बढ़ पाते हैं। इससे रोज़ाना यातायात बाधित हो रहा है। RTI के माध्यम से प्राप्त जानकारी में लोक निर्माण विभाग (PWD) ने स्पष्ट किया है कि इस सड़क की कैरेज-वे चौड़ाई 7 मीटर होनी है। लेकिन गांव में कहीं भी 7 मीटर की स्पष्ट मार्किंग या सीमांकन नहीं किया गया है, जिस कारण अतिक्रमण लगातार बढ़ता जा रहा है। सबसे बड़ी चिंता यह है कि इसी MDR सड़क पर दो स्कूल (एक सरकारी और एक निजी) स्थित हैं, जिनमें 1200 से अधिक छात्र पढ़ते हैं। इसके अलावा यहां एक बैंक है, जिसमें तीन गांवों के लोगों के खाते हैं, और दो मंदिर भी हैं, जहां सभी गांवों के लोग आते-जाते हैं। इसके बावजूद सड़क पर फुटपाथ की कोई व्यवस्था नहीं है। बच्चों, बुज़ुर्गों और आम नागरिकों को सड़क पर ही चलना पड़ता है, जिससे दुर्घटनाओं का खतरा लगातार बढ़ रहा है। पहले इस सड़क की चौड़ाई केवल 3.75 मीटर थी। बाद में पहले से मौजूद फुटपाथ को सड़क में शामिल कर कागज़ों में इसे 7 मीटर दिखा दिया गया, लेकिन अतिक्रमण के कारण आज भी पूरी 7 मीटर चौड़ाई उपलब्ध नहीं है। इससे सड़क चौड़ीकरण का उद्देश्य ही विफल हो गया है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि तुरंत अतिक्रमण हटाया जाए, 7 मीटर सड़क की स्पष्ट मार्किंग की जाए और फुटपाथ की उचित व्यवस्था की जाए, ताकि किसी बड़े हादसे से पहले लोगों की जान सुरक्षित होना चाहिए2
- https://www.instagram.com/reel/DTA75jxAcu2/?igsh=MXd5dHZibWdycWVsdA== @AakashValmikan2025 follow my id1
- घरों तक पहुंच रहा है गंदा और दूषित पानी गंभीर बीमारियों का खतरा बढ़ा जिम्मेदार मौन नहीं उठाये कड़े कदम इंदौर जैसी घटना का इंतजार1
- मुज़फ्फरनगर | मीरापुर देवल गुरुद्वारे पर हाईवे निर्माण के विरोध में भारतीय किसान यूनियन द्वारा चलाया जा रहा अनिश्चितकालीन धरना करीब सात महीने बाद समाप्त हो गया। धरना समाप्ति के अवसर पर आयोजित सभा में जिला प्रचार मंत्री मोहब्बत अली ने कहा कि गुरुद्वारे की आस्था के साथ किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। सभा में भाकियू पदाधिकारियों के साथ जिलाध्यक्ष नवीन राठी भी मौजूद रहे। उन्होंने स्पष्ट किया कि श्रद्धालुओं की भावनाओं और किसानों की मांगों को ध्यान में रखते हुए यह संघर्ष किया गया, जिसमें अंततः किसानों की मांग पूरी हुई और श्रद्धालुओं की परेशानी भी दूर हुई। गौरतलब है कि भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने धरने के दौरान प्रशासन और एनएचएआई को चेतावनी देते हुए कहा था कि गुरुद्वारे से 260 मीटर के दायरे में किसी भी कीमत पर हाईवे निर्माण नहीं होने दिया जाएगा।1
- ग्राम पंचायत रतनपुरी हुसैनाबाद भनबाडा रियावली नंगला नसीरपुर पितलोकर मंडावली खादर आदि दर्जनों गांवों से होकर बह रही काली नदी हालत स्थिति अत्यंत खराब हो गई है। इस में पानी की जगह गोबर, मल-मूत्र और कूड़ा-करकट बह रहा है, जिससे गंदगी का अंबार लगा हुआ है। ग्रामीणों द्वारा कई बार शिकायत की लेकिन कोई समाधान नहीं हुआ हालत पहले से ही खराब स्थिति में रहे का सौंदर्यीकरण आवश्यक था। अब तो इनकी हालत इतनी बिगड़ गई है कि पानी के स्थान पर केवल अपशिष्ट पदार्थ ही दिखाई देते हैं। यह स्थिति पर्यावरण और जनस्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा बन गई है। इरशाद राणा सामाजिक कार्यकर्ता ने बताया कि ग्राम पंचायत हुसैनाबाद भनबाडा में पानी की समस्या पुरानी है। गांव के पास वाली काली नदी का पानी गांव के नलकूपों और समरसेबल का पानी भी खराब है, जिसे ग्रामीण पीने और दैनिक कार्यों में इस्तेमाल करने को मजबूर हैं। इस दूषित पानी के कारण ग्रामीण विभिन्न बीमारियों का शिकार हो रहे हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से इन तालाबों का जल्द से जल्द सौंदर्यीकरण कराने की मांग की है। इस समस्या को लेकर चिंता व्यक्त करने वाले ग्रामीणों में कययूम प्रधान, पितलोकर डॉक्टर नौशाद इस्लाम ठेकेदार, खालिद, राशिद अमीर साहब, मनोज प्रधान पति मंडावली खादर गुलजार प्रधान रियावली नंगला नसीरपुर सनव्वर मोमिन,और गुफरान प्रधान हुसैनाबाद भनबाडा शामिल हैं।3