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थाना टिकैतनगर क्षेत्र अंतर्गत आबकारी विभाग व पुलिस की संयुक्त टीम ने कई स्थानों पर की छापेमारी एक युवक को किया गिरफ्तार
Journalist Manoj Shukla
थाना टिकैतनगर क्षेत्र अंतर्गत आबकारी विभाग व पुलिस की संयुक्त टीम ने कई स्थानों पर की छापेमारी एक युवक को किया गिरफ्तार
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- बाराबंकी। थाना टिकैत नगर में लगभग 40 महीनों तक ईमानदारी, अनुशासन और जनसेवा के भाव के साथ दायित्व निभाने वाले अवधेश भाई की विदाई के अवसर पर थाना परिसर भावुकता से भर उठा। उनकी नई तैनाती थाना दरियाबाद में होने पर आयोजित विदाई समारोह में अधिकारियों व कर्मचारियों ने उन्हें ससम्मान विदा किया। समारोह में दरोगा बृजेश कुमार, दरोगा शिवकुमार, चौकी कूड़ा सुखीपुर इंचार्ज, चौकी इंचार्ज अमित कुमार, अनिल कुमार, बृजेंद्र कुमार, सिपाही सोनू, सुनील कुमार, शिवांशी, गरिमा, नरेंद्र दीवान सहित थाने की पूरी टीम मौजूद रही। सभी ने माला पहनाकर अवधेश भाई को सम्मानित किया और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इस अवसर पर थाना प्रभारी मनोज पांडे ने अवधेश भाई के सेवाकाल की सराहना करते हुए कहा कि उनकी कार्यशैली, निष्पक्षता और जनसंवेदनशीलता हमेशा प्रेरणास्रोत रहेगी। समारोह सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ।4
- Post by Journalist Manoj Shukla1
- (बाराबंकी)। जनपद की तहसील रामनगर के गणेशपुर कस्बे में शुक्रवार रात एक शादी समारोह उस समय हंगामे में बदल गया, जब जयमाला के दौरान नशे में धुत दूल्हे ने मर्यादा की सारी सीमाएं तोड़ दीं। शराब के प्रभाव में अनियंत्रित दूल्हे ने पहले दुल्हन से अभद्रता की और फिर बीच-बचाव करने आए ससुर पर हाथ उठा दिया। देखते ही देखते खुशियों का माहौल रणक्षेत्र में तब्दील हो गया और बाराती व जनाती आमने-सामने आ गए। जानकारी के अनुसार बहराइच जनपद के मुराइनपुरवा से आई बारात का स्वागत पूरे शालीन ढंग से किया गया था। रात करीब 11 बजे दूल्हा विशाल मंच पर जयमाला के लिए पहुंचा, लेकिन वह पूरी तरह नशे में था। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, जयमाला के दौरान दूल्हे ने अचानक दुल्हन निशा को लात मार दी। बेटी को बचाने पहुंचे पिता सत्रोहन के साथ भी उसने हाथापाई शुरू कर दी। इसके बाद दोनों पक्षों में जमकर मारपीट हुई, टेंट की कुर्सियां टूट गईं और अफरा-तफरी मच गई। इस हिंसक झड़प में दूल्हे की बहन, जीजा समेत कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए, जिनमें कुछ के पैर टूटने की भी सूचना है। सूचना पर डायल 112 और महादेवा चौकी प्रभारी रविंद्र सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और घायलों को सीएचसी भिजवाया। रातभर चले हाई-वोल्टेज ड्रामे के बाद गांव के संभ्रांत लोगों और पूर्व प्रधान की मध्यस्थता से सुबह दोनों पक्षों में लिखित समझौता हुआ। इसके बाद शेष वैवाहिक रस्में पूरी कराई गईं। पुलिस ने घटना को गंभीर मानते हुए दोनों पक्षों को थाने तलब किया है, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा1
- मसौली के मोहम्मद आरिफ के घर बुझा इकलौता चिराग, कानपुर में फांसी के फंदे से लटका मिला बेटे का शव बाराबंकी जनपद के मसौली थाना क्षेत्र स्थित कस्बा मसौली से एक बेहद दर्दनाक खबर सामने आई है, जिसने पूरे क्षेत्र को गमगीन कर दिया। मेहनत मजदूरी कर परिवार का सहारा बने युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। कस्बा मसौली निवासी मोहम्मद आरिफ का इकलौता बेटा शहनवाज उर्फ सानू (18 वर्ष) कानपुर में एक होटल पर काम करता था। बताया जा रहा है कि वह बीते 18 फरवरी को रोज़गार के सिलसिले में कानपुर गया था। शुक्रवार सुबह कानपुर पुलिस ने फोन के माध्यम से परिजनों को सूचना दी कि शहनवाज का शव कमरे में फांसी के फंदे से लटका हुआ मिला है। यह खबर मिलते ही घर में कोहराम मच गया। पिता मोहम्मद आरिफ का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। परिजनों के अनुसार शहनवाज ही परिवार का इकलौता सहारा था, जिसके कंधों पर पूरे घर की जिम्मेदारी थी। उसकी कमाई से ही परिवार का पालन-पोषण चल रहा था। मृतक की चार बहनें — फोजिया (18 वर्ष), जोया (15 वर्ष), शकीना (10 वर्ष) और एतशाम (20 वर्ष) — भाई की मौत से बेसुध हैं। गांव में जैसे ही घटना की सूचना पहुंची, पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई और हर आंख नम नजर आई। सूचना मिलने के बाद परिजन कानपुर पहुंचे, जहां पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। घटना के पीछे के कारणों की जांच की जा रही है। इधर मसौली कस्बे में मातम पसरा हुआ है। जवान बेटे की असमय मौत ने न सिर्फ एक परिवार का सहारा छीन लिया, बल्कि पूरे गांव को गहरे सदमे में डाल दिया है। पिता मोहम्मद आरिफ का दर्द भरा संदेश: "मेरा बेटा ही मेरे घर का सहारा था। उसी के भरोसे परिवार चल रहा था। पता नहीं मेरे बच्चे ने ऐसा कदम क्यों उठाया… अब हमारी बेटियों और इस घर का सहारा कौन बनेगा। हमें सिर्फ इंसाफ चाहिए और सच्चाई सामने आए।" एक पिता की आंखों का सपना और घर का इकलौता चिराग यूं बुझ जाएगा, किसी ने सोचा भी नहीं था। चाहें तो मैं इसका और ज्यादा भावुक या वायरल हेडलाइन वाला संस्करण भी तैयार कर1
- Post by शहनवाज असलम1
- और ऑलरेडी मैं शिकायत की थी स्वच्छ ऐप पर जिस पर कोई अभी तक एक्शन नहीं हुआ आज 5 दिन से ज्यादा टाइम बीत चुका है और यहां पर इतनी गंदगी हो रही जिसकी वजह से मच्छरों की तादाद दिन पर दिन बढ़ती जा रही है चाहे तो नगर पालिका ले जल्द से जल्द एक्शन लेकर यहां पर सफाई करवाई1
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