उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शनिवार को जालौन जिले के उरई स्थित इंदिरा स्टेडियम के दौरे पर रहेंगे। इस भव्य कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री जनपद को लगभग 1200 करोड़ रुपये की विभिन्न विकास परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास करके सौगात देंगे। हालांकि, योजनाओं की अंतिम सूची और स्वीकृत राशि की आधिकारिक घोषणा कार्यक्रम के दौरान ही की जाएगी। प्रशासन ने इस आयोजन को लेकर तैयारियां पूरी कर ली हैं और पूरे जिले में उत्साह का माहौल है। मुख्यमंत्री के आगमन को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था को अभेद्य बनाया गया है और पूरे शहर में पुलिस-प्रशासन सतर्क है। वरिष्ठ अधिकारियों ने सुरक्षा, कानून-व्यवस्था और यातायात संचालन का निरीक्षण कर कर्मचारियों को जिम्मेदारियों का निष्ठा से पालन करने के निर्देश दिए हैं। आम जनता की सुविधा के लिए विशेष ट्रैफिक प्लान लागू किया गया है। इंदिरा स्टेडियम में जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों और नागरिकों की बड़ी उपस्थिति को ध्यान में रखते हुए व्यापक इंतजाम किए गए हैं। जनपदवासियों को उम्मीद है कि ये घोषणाएं जालौन के विकास को नई गति देंगी।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शनिवार को जालौन जिले के उरई स्थित इंदिरा स्टेडियम के दौरे पर रहेंगे। इस भव्य कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री जनपद को लगभग 1200 करोड़ रुपये की विभिन्न विकास परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास करके सौगात देंगे। हालांकि, योजनाओं की अंतिम सूची और स्वीकृत राशि की आधिकारिक घोषणा कार्यक्रम के दौरान ही की जाएगी। प्रशासन ने इस आयोजन को लेकर तैयारियां पूरी कर ली हैं और पूरे जिले में उत्साह का माहौल है। मुख्यमंत्री के आगमन को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था को अभेद्य बनाया गया है और पूरे शहर में पुलिस-प्रशासन सतर्क है। वरिष्ठ अधिकारियों ने सुरक्षा, कानून-व्यवस्था और यातायात संचालन का निरीक्षण कर कर्मचारियों को जिम्मेदारियों का निष्ठा से पालन करने के निर्देश दिए हैं। आम जनता की सुविधा के लिए विशेष ट्रैफिक प्लान लागू किया गया है। इंदिरा स्टेडियम में जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों और नागरिकों की बड़ी उपस्थिति को ध्यान में रखते हुए व्यापक इंतजाम किए गए हैं। जनपदवासियों को उम्मीद है कि ये घोषणाएं जालौन के विकास को नई गति देंगी।
- उत्तर प्रदेश सरकार के मुखिया मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ कल जालौन जिले के उरई दौरे पर पहुंच रहे हैं। तय कार्यक्रम के अनुसार योगी आदित्यनाथ उरई के पुलिस लाइन मैदान में हेलीकॉप्टर से उतरेंगे। इसके बाद वह डिस्ट्रिक स्पोर्ट्स स्टेडियम में आयोजित कार्यक्रम में ₹1200 करोड़ से अधिक की परियोजनाओं को जनता को समर्पित करेंगे।1
- उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शनिवार को जालौन जिले के उरई स्थित इंदिरा स्टेडियम के दौरे पर रहेंगे। इस भव्य कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री जनपद को लगभग 1200 करोड़ रुपये की विभिन्न विकास परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास करके सौगात देंगे। हालांकि, योजनाओं की अंतिम सूची और स्वीकृत राशि की आधिकारिक घोषणा कार्यक्रम के दौरान ही की जाएगी। प्रशासन ने इस आयोजन को लेकर तैयारियां पूरी कर ली हैं और पूरे जिले में उत्साह का माहौल है। मुख्यमंत्री के आगमन को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था को अभेद्य बनाया गया है और पूरे शहर में पुलिस-प्रशासन सतर्क है। वरिष्ठ अधिकारियों ने सुरक्षा, कानून-व्यवस्था और यातायात संचालन का निरीक्षण कर कर्मचारियों को जिम्मेदारियों का निष्ठा से पालन करने के निर्देश दिए हैं। आम जनता की सुविधा के लिए विशेष ट्रैफिक प्लान लागू किया गया है। इंदिरा स्टेडियम में जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों और नागरिकों की बड़ी उपस्थिति को ध्यान में रखते हुए व्यापक इंतजाम किए गए हैं। जनपदवासियों को उम्मीद है कि ये घोषणाएं जालौन के विकास को नई गति देंगी।1
- जालौन नगर स्थित गल्ला मंडी इन दिनों जिम्मेदारों की अनदेखी के चलते भारी बदहाली की मार झेल रही है। मंडी परिसर में जगह-जगह कूड़े के ढेर लगे हुए हैं और नालियां चोक होने से जलभराव की समस्या बनी हुई है। सड़कों पर बने बड़े-बड़े गड्ढे हादसों को दावत दे रहे हैं। इसके अलावा परिसर में बने सार्वजनिक शौचालय बंद पड़े हैं, गार्ड रूम की हालत जर्जर हो चुकी है और कुछ जगहों पर कब्जे की शिकायतें भी सामने आ रही हैं। गंदगी और जलभराव के कारण पूरे मंडी परिसर में दुर्गंध फैली रहती है, जिससे व्यापारियों, किसानों और मंडी आने वाले लोगों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। मच्छरों का प्रकोप बढ़ने से इलाके में संक्रामक बीमारियां फैलने का खतरा बना हुआ है। स्थानीय निवासियों के अनुसार, संबंधित अधिकारियों को कई बार इस बदहाली से अवगत कराया गया, लेकिन अब तक कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया है। परेशान व्यापारियों और किसानों ने प्रशासन से मंडी की मूलभूत सुविधाएं जल्द बहाल करने की मांग की है। उन्होंने परिसर में तत्काल सफाई कराने, बंद शौचालयों को चालू करने, चोक नालियों की सफाई व जलनिकासी की उचित व्यवस्था करने तथा जर्जर सड़कों के गड्ढों की मरम्मत कराने की अपील की है।1
- जालौन जिले के उरई स्थित कुइयां रोड आश्रम में आयोजित मौन साधना कार्यक्रम में सर्वधर्म प्रेम, मानव एकता और आत्मचिंतन का संदेश दिया गया। "दान-दक्षिणा नहीं, सिर्फ 15 मिनट का समय चाहिए" के नारों के बीच आयोजित इस कार्यक्रम में उपस्थित लोगों से प्रतिदिन शाम 6:50 बजे से 7:05 बजे तक 15 मिनट मौन साधना करने का आह्वान किया गया। वक्ताओं ने कहा कि समाज में बढ़ती नफरत के समय मौन साधना प्रेम और भाईचारे की नई उम्मीद जगाती है और यह जगत पिता के सत्य प्रेम की अनुभूति का सरल माध्यम है। कार्यक्रम में गोंडा जनपद से आए बी.बी. लाल श्रीवास्तव ने कहा कि आज धर्म और ईश्वर के नाम पर अंधविश्वास चरम पर है, जबकि ईश्वर को पाने का सबसे सरल मार्ग स्वयं को पहचानना है। वहीं गोंडा की बीना श्रीवास्तव ने कहा कि धर्म के नाम पर हो रही पैसों की खुली लूट के विपरीत मौन साधना में कोई दान-दक्षिणा नहीं लगती। इसमें केवल 15 मिनट देकर अपने ईश्वर से सर्वोच्च कोटि का प्रेम स्थापित किया जा सकता है। इस मौन साधना कार्यक्रम में विभिन्न स्थानों से आए साधक शामिल हुए। मौके पर महेंद्र कुमार, संदीप राजपूत, उदित सोनी, फूल सिंह यादव, धर्मेंद्र कुमार, मातादीन यादव, चंद्रपाल, राघवेंद्र और शिव कुमार सहित कई लोग मौजूद रहे।1
- उत्तर प्रदेश के जालौन में गुरुवार अपराह्न तकनीकी सहायक टीम की सदस्य डॉ. रेनू, डॉ. दीक्षा और डॉ. सुरभि ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का निरीक्षण किया। इस दौरान टीम ने लेबर रूम, ओपीडी, ऑपरेशन रूम, पीएनसी वार्ड, जनरल वार्ड, एनबीएसयू, लैब और महिला चिकित्सक डॉ. गरिमा सिंह के ओपीडी रूम का गहन निरीक्षण किया। टीम ने व्यवस्थाओं को देखने के साथ ही स्टाफ से मरीजों के उपचार, दवाओं की उपलब्धता और रेफरल सिस्टम के बारे में जानकारी प्राप्त की। निरीक्षण का मुख्य मकसद सीएचसी में आने वाली एनेमिया (खून की कमी) से पीड़ित गर्भवती महिलाओं और प्रसूताओं का समय पर प्रबंधन सुनिश्चित करना था। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि गर्भावस्था और प्रसव के बाद एनेमिया मातृ मृत्यु का एक बड़ा कारण बनता है, इसलिए शुरुआती चरण में ही इसकी पहचान और इलाज बेहद जरूरी है। डॉ. रेनू ने आशा कार्यकर्ताओं को निर्देश दिया कि वे अपने क्षेत्र की प्रत्येक गर्भवती महिला की नियमित जांच व समय पर पंजीकरण कराएं, जिससे हाई रिस्क मामलों की पहचान कर मातृ मृत्यु दर में कमी लाई जा सके। चिकित्सालय की टीम ने दिए गए निर्देशों के पालन का आश्वासन दिया। इस दौरान अधीक्षक डॉ. के डी गुप्ता, डॉ. राजीव दुबे, डॉ. विनोद राजपूत, डॉ. सहन विहारी गुप्ता, डॉ. योगेश आर्या, डॉ. गरिमा सिंह, पी एन शर्मा, अवधेश राजपूत, नर्स रैनू चौहान और सचिन समेत समस्त स्टाफ मौजूद रहा।2
- जालौन नगर स्थित गल्ला मंडी इन दिनों जिम्मेदारों की अनदेखी के चलते भारी बदहाली का शिकार है। मंडी परिसर में फैली अव्यवस्था और बदहाली की वजह से यहाँ आने वाले व्यापारियों, किसानों और आम जनता को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। मंडी परिसर में जगह-जगह कूड़े के ढेर लगे हैं और नालियां चोक होने के कारण जलभराव बना हुआ है। सड़कों के बड़े-बड़े गड्ढे हादसों को न्योता दे रहे हैं। मंडी में बने सार्वजनिक शौचालय बंद पड़े हैं, जबकि कुछ जगहों पर कब्जे की शिकायतें भी आ रही हैं। इसके अलावा गार्ड रूम की स्थिति जर्जर हो चुकी है। गंदगी और जलभराव से उठने वाली दुर्गंध के साथ-साथ मच्छरों का प्रकोप बढ़ने से संक्रामक बीमारियों के फैलने का खतरा बना हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि संबंधित अधिकारियों का ध्यान कई बार इस ओर दिलाया गया, लेकिन अब तक कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया है। इससे परेशान होकर व्यापारियों और किसानों ने प्रशासन से तुरंत मंडी परिसर की साफ-सफाई कराने, बंद शौचालयों को चालू करने, नालियों की सफाई व जलनिकासी दुरुस्त करने और गड्ढा युक्त सड़कों की मरम्मत कराकर मूलभूत सुविधाएं बहाल करने की मांग की है।1
- उत्तर प्रदेश के जालौन में कठफोरी के पास हमीरपुर से दिल्ली जा रही विशाखा ट्रेवल्स की बस (संख्या UP75CT6005) दुर्घटनाग्रस्त हो गई। हादसे के वक्त बस में बच्चे, महिलाएं, बुजुर्ग और मरीज समेत बड़ी संख्या में यात्री सवार थे। दुर्घटना के बाद मौके पर चीख-पुकार और अफरा-तफरी का माहौल बन गया तथा कई यात्रियों के घायल होने की सूचना है। घटना की सूचना मिलते ही यूपी-112 पुलिस मौके पर पहुंची और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। घायलों को एंबुलेंस की मदद से अस्पताल पहुंचाया गया है, जहां उनका उपचार जारी है। प्रत्यक्षदर्शियों का आरोप है कि बस चालक कथित रूप से शराब के नशे में वाहन चला रहा था, हालांकि इस दावे की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है। स्थानीय लोगों और यात्रियों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि यदि समय रहते नियमों का सख्ती से पालन कराया जाए, तो ऐसे कई हादसों को रोका जा सकता है। इस हादसे के बाद यात्रियों की सुरक्षा और परिवहन विभाग की जांच प्रक्रिया पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। सवाल उठ रहे हैं कि यदि चालक नशे में था तो उसे बस चलाने की अनुमति किसने दी, क्या बस की फिटनेस और सुरक्षा मानकों की जांच की गई थी और क्या ट्रेवल्स कंपनी अपने चालकों की नियमित जांच कराती है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है और जांच रिपोर्ट आने के बाद ही दुर्घटना की असली वजह और लापरवाही का स्तर स्पष्ट हो सकेगा।1