*अंतर्जनपदीय बाइक चोरों का गैंग का खुलासा* रिपोर्ट-अल्तमश हुसैन-7054881233 बांदा।पुलिस अधीक्षक पलाश बंसल के निर्देशन में जनपद में अपराध एवं अपराधियों पर नियंत्रण लगाये जाने के क्रम में सोमवार को थाना कोतवाली नगर पुलिस टीम द्वारा विभिन्न स्थानों से हुई मोटरसाइकिल चोरी की घटना का सफल अनावरण करते हुए अन्तर्जनपदीय वाहन चोर गिरोह के 03 सदस्यों को गिरफ्तार किया है। सहायक एसपी मेविस टॉक ने बताया कि थाना कोतवाली नगर क्षेत्र में विभिन्न स्थानों से वाहन चोरी के सम्बन्ध में थाना कोतवाली नगर पर सूचना प्राप्त हुई थी। जिसके सम्बन्ध में थाना कोतवाली नगर में अभियोग पंजीकृत किया गया था। एसपी पलाश बंसल के द्वारा टीमों का गठन कर अभियुक्तों की पहचान व गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे थे। थाना कोतवाली नगर पुलिस द्वारा गश्त एवं चेकिंग के रविवार की रात मुखबिर की सूचना पर दीप ढाबा के आगे अतर्रा रोड के पास से अभियुक्त प्रशांत उर्फ चंदू उर्फ राणा पुत्र जगतपाल निवासी रामपुर थाना औंग जनपद फतेहपुर,रोहित उर्फ बउवा पुत्र छिद्दू निवासी रामपुर थाना औंग जनपद फतेहपुर,अली मोहम्मद पुत्र मोहम्मद हनीफ निवासी चौडगरा थाना कल्याणपुर जनपद कानपुर को गिरफ्तार किया गया है। मौके से चोरी की 02 मोटरसाइकिल व बोरी में 02 मोटरसाइकिल के इंजन बरामद हुए तथा उनकी निशादेही पर 04 अन्य मोटरसाइकिलों सहित कुछ 06 मोटरसाइकिलें बरामद हुई है। जिसके सम्बन्ध में पूछताछ की गई तो पाया गया कि उक्त दोनों मोटरसाइकिल विकास भवन व जिला अस्पताल से चोरी की गई हैं। अभियुक्तों द्वारा बताया गया कि वह तीनों जनपद के भीड़-भाड़ वाले स्थानों,सरकारी कार्यालयों, अस्पतालों आदि से मोटरसाइकिल चोरी करते है। तथा उनके पार्ट अलग- अलग कर बेच देते थे। वाहनों की पहचान छुपाने के उद्देश्य से वाहनों के नम्बर प्लेट बदल देते थे व नम्बर खुरच (टेम्पर्ड) कर देते थे एवं इंजन/चेसिस नम्बर को भी खुरच कर मिटा देते थे। इनके द्वारा अन्य स्थानों से भी मोटरसाइकिलें चोरी की गई थी। इस सम्बन्ध में गहनता से जांच की जा रही है कि इनके द्वारा और किन-किन स्थानों से मोटरसाइकिल चोरी की घटना को अंजाम दिया गया है। गिरफ्तार करने वाली टीम में शहर कोतवाल बलराम सिंह,रामकिशोर यादव चौकी प्रभारी जिला अस्पताल,उप निरीक्षक दीपक कुमार चौधरी,गजेन्द्र सिंह,आरक्षी चन्दन कुमार,राकेश कुमार,शैलेन्द्र कुमार,राम कुमार शामिल रहे।
*अंतर्जनपदीय बाइक चोरों का गैंग का खुलासा* रिपोर्ट-अल्तमश हुसैन-7054881233 बांदा।पुलिस अधीक्षक पलाश बंसल के निर्देशन में जनपद में अपराध एवं अपराधियों पर नियंत्रण लगाये जाने के क्रम में सोमवार को थाना कोतवाली नगर पुलिस टीम द्वारा विभिन्न स्थानों से हुई मोटरसाइकिल चोरी की घटना का सफल अनावरण करते हुए अन्तर्जनपदीय वाहन चोर गिरोह के 03 सदस्यों को गिरफ्तार किया है। सहायक एसपी मेविस टॉक ने बताया कि थाना कोतवाली नगर क्षेत्र में विभिन्न स्थानों से वाहन चोरी के सम्बन्ध में थाना कोतवाली नगर पर सूचना प्राप्त हुई थी। जिसके सम्बन्ध में थाना कोतवाली नगर में अभियोग पंजीकृत किया गया था। एसपी पलाश बंसल के द्वारा टीमों का गठन कर अभियुक्तों की पहचान व गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे थे। थाना कोतवाली नगर पुलिस द्वारा गश्त एवं चेकिंग के रविवार की रात मुखबिर की सूचना पर दीप ढाबा के आगे अतर्रा रोड के पास से अभियुक्त प्रशांत उर्फ चंदू उर्फ राणा पुत्र जगतपाल निवासी रामपुर थाना औंग जनपद फतेहपुर,रोहित उर्फ बउवा पुत्र छिद्दू निवासी रामपुर थाना औंग जनपद फतेहपुर,अली मोहम्मद पुत्र मोहम्मद हनीफ निवासी चौडगरा थाना कल्याणपुर जनपद कानपुर को गिरफ्तार
किया गया है। मौके से चोरी की 02 मोटरसाइकिल व बोरी में 02 मोटरसाइकिल के इंजन बरामद हुए तथा उनकी निशादेही पर 04 अन्य मोटरसाइकिलों सहित कुछ 06 मोटरसाइकिलें बरामद हुई है। जिसके सम्बन्ध में पूछताछ की गई तो पाया गया कि उक्त दोनों मोटरसाइकिल विकास भवन व जिला अस्पताल से चोरी की गई हैं। अभियुक्तों द्वारा बताया गया कि वह तीनों जनपद के भीड़-भाड़ वाले स्थानों,सरकारी कार्यालयों, अस्पतालों आदि से मोटरसाइकिल चोरी करते है। तथा उनके पार्ट अलग- अलग कर बेच देते थे। वाहनों की पहचान छुपाने के उद्देश्य से वाहनों के नम्बर प्लेट बदल देते थे व नम्बर खुरच (टेम्पर्ड) कर देते थे एवं इंजन/चेसिस नम्बर को भी खुरच कर मिटा देते थे। इनके द्वारा अन्य स्थानों से भी मोटरसाइकिलें चोरी की गई थी। इस सम्बन्ध में गहनता से जांच की जा रही है कि इनके द्वारा और किन-किन स्थानों से मोटरसाइकिल चोरी की घटना को अंजाम दिया गया है। गिरफ्तार करने वाली टीम में शहर कोतवाल बलराम सिंह,रामकिशोर यादव चौकी प्रभारी जिला अस्पताल,उप निरीक्षक दीपक कुमार चौधरी,गजेन्द्र सिंह,आरक्षी चन्दन कुमार,राकेश कुमार,शैलेन्द्र कुमार,राम कुमार शामिल रहे।
- कालिंजर ग्राम वासियों ने देसी शराब को बस्ती से हटवाने के लिए जिला अधिकारी को दिया शिकायत पत्र कि वहां पर कुछ लोग मंदिर में आने जाने में शराब को लेकर आक्रोशित होकर वहां से हटाया जाए रोजाना शराब पीकर गाली गलौज का माहौल बना रहता है आपसे अनुरोध है कि बच्चे आने-जाने में बहुत परेशानी हो रही है1
- कोतवाली नगर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए तीन शातिर वाहन चोरों को गिरफ्तार किया है, कब्जे से चोरी की 6 मोटरसाइकिलें और 2 इंजन बरामद।1
- *अंतर्जनपदीय बाइक चोरों का गैंग का खुलासा* रिपोर्ट-अल्तमश हुसैन-7054881233 बांदा।पुलिस अधीक्षक पलाश बंसल के निर्देशन में जनपद में अपराध एवं अपराधियों पर नियंत्रण लगाये जाने के क्रम में सोमवार को थाना कोतवाली नगर पुलिस टीम द्वारा विभिन्न स्थानों से हुई मोटरसाइकिल चोरी की घटना का सफल अनावरण करते हुए अन्तर्जनपदीय वाहन चोर गिरोह के 03 सदस्यों को गिरफ्तार किया है। सहायक एसपी मेविस टॉक ने बताया कि थाना कोतवाली नगर क्षेत्र में विभिन्न स्थानों से वाहन चोरी के सम्बन्ध में थाना कोतवाली नगर पर सूचना प्राप्त हुई थी। जिसके सम्बन्ध में थाना कोतवाली नगर में अभियोग पंजीकृत किया गया था। एसपी पलाश बंसल के द्वारा टीमों का गठन कर अभियुक्तों की पहचान व गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे थे। थाना कोतवाली नगर पुलिस द्वारा गश्त एवं चेकिंग के रविवार की रात मुखबिर की सूचना पर दीप ढाबा के आगे अतर्रा रोड के पास से अभियुक्त प्रशांत उर्फ चंदू उर्फ राणा पुत्र जगतपाल निवासी रामपुर थाना औंग जनपद फतेहपुर,रोहित उर्फ बउवा पुत्र छिद्दू निवासी रामपुर थाना औंग जनपद फतेहपुर,अली मोहम्मद पुत्र मोहम्मद हनीफ निवासी चौडगरा थाना कल्याणपुर जनपद कानपुर को गिरफ्तार किया गया है। मौके से चोरी की 02 मोटरसाइकिल व बोरी में 02 मोटरसाइकिल के इंजन बरामद हुए तथा उनकी निशादेही पर 04 अन्य मोटरसाइकिलों सहित कुछ 06 मोटरसाइकिलें बरामद हुई है। जिसके सम्बन्ध में पूछताछ की गई तो पाया गया कि उक्त दोनों मोटरसाइकिल विकास भवन व जिला अस्पताल से चोरी की गई हैं। अभियुक्तों द्वारा बताया गया कि वह तीनों जनपद के भीड़-भाड़ वाले स्थानों,सरकारी कार्यालयों, अस्पतालों आदि से मोटरसाइकिल चोरी करते है। तथा उनके पार्ट अलग- अलग कर बेच देते थे। वाहनों की पहचान छुपाने के उद्देश्य से वाहनों के नम्बर प्लेट बदल देते थे व नम्बर खुरच (टेम्पर्ड) कर देते थे एवं इंजन/चेसिस नम्बर को भी खुरच कर मिटा देते थे। इनके द्वारा अन्य स्थानों से भी मोटरसाइकिलें चोरी की गई थी। इस सम्बन्ध में गहनता से जांच की जा रही है कि इनके द्वारा और किन-किन स्थानों से मोटरसाइकिल चोरी की घटना को अंजाम दिया गया है। गिरफ्तार करने वाली टीम में शहर कोतवाल बलराम सिंह,रामकिशोर यादव चौकी प्रभारी जिला अस्पताल,उप निरीक्षक दीपक कुमार चौधरी,गजेन्द्र सिंह,आरक्षी चन्दन कुमार,राकेश कुमार,शैलेन्द्र कुमार,राम कुमार शामिल रहे।2
- बांदा रेलवे स्टेशन परिसर में हाल ही में बैनर विवाद ने समाज में नारी सुरक्षा और सम्मान पर सवाल खड़ा कर दिया है। घटना के अनुसार, आरपीएफ के सहायक उपनिरीक्षक (एसआई) संतोष कुमार ने एक महिला पत्रकार को वीडियो बनाने से रोका। इसके बाद उन्होंने महिला पत्रकार का मोबाइल छीना और ज़बरदस्ती पटक दिया। घटना का वीडियो स्वयं इस बात की पुष्टि करता है कि नारी सम्मान की अवधारणा आज भी कई जगहों पर चुनौतीपूर्ण स्थिति में है। मीडिया के स्वतंत्रता और महिला सुरक्षा के अधिकार के बीच टकराव इस मामले को और गंभीर बनाता है। विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसी घटनाएँ न केवल कानून और प्रशासनिक प्रक्रिया पर सवाल उठाती हैं, बल्कि समाज में महिला अधिकार और उनकी सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंताएँ भी उत्पन्न करती हैं।1
- #Apkiawajdigital गोरखपुर | सोमवार, 23 मार्च 2026 भूमिका: उत्तर प्रदेश की सियासत में कल एक ऐसा मंजर देखने को मिला जिसने समर्थकों को हैरान और विरोधियों को हमलावर कर दिया है। मुख्यमंत्री के गृह जनपद गोरखपुर में, जहाँ 'सुशासन' का डंका बजता है, वहाँ कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय निषाद भरे मंच पर बच्चों की तरह फूट-फूटकर रो पड़े। उनके शब्द और उनके आंसू सीधे तौर पर व्यवस्था की विफलता की ओर इशारा कर रहे थे। मंच पर छलका दर्द: रविवार की दोपहर जब जनसभा को संबोधित करने की बारी आई, तो मंत्री जी का गला रुंध गया। उन्होंने भरी महफ़िल में कहा— "हमारी बहन-बेटियों की इज्जत लूटी जा रही है, हमारे लोगों का वोट छीना जा रहा है।" एक कैबिनेट मंत्री का यह बयान केवल एक भावुक भाषण नहीं, बल्कि अपनी ही सरकार के तंत्र पर एक 'अविश्वास प्रस्ताव' जैसा प्रतीत हुआ। जनता का सवाल: संवेदना या असक्षमता? एक तरफ जहाँ निषाद समाज के लोग अपने नेता के आंसुओं से आहत हैं, वहीं दूसरी ओर जागरूक जनता और राजनीतिक विश्लेषकों के बीच एक नई बहस छिड़ गई है। सवाल यह उठ रहा है कि: "अगर सरकार का एक कैबिनेट मंत्री, जिसके पास शक्ति और संसाधन हैं, वह न्याय के लिए रोएगा, तो आम जनता किसके पास जाएगी? यदि आप व्यवस्था सुधारने में असक्षम हैं, तो मंच पर रोने के बजाय 'इस्तीफा' देकर संघर्ष की राह क्यों नहीं चुनते?" निष्कर्ष: मंत्री के आंसुओं ने जनता को 'हतोत्साहित' किया है। सत्ता की कुर्सी पर बैठकर रोना सहानुभूति तो दिला सकता है, लेकिन समाधान नहीं। अब देखना यह है कि इन आंसुओं के बाद व्यवस्था में कोई बदलाव आता है या यह केवल चुनावी राजनीति का एक और भावुक अध्याय बनकर रह जाएगा।1
- Post by Mamta chaurasiya1
- उज्जैन में वेदविद्या बटुक की क्रूर पिटाई वजह जानकर रह जायेंगे दंग1
- राष्ट्रीय एड्स नियंत्रण कार्यक्रम के तहत पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए एचआईवी-एड्स विषय पर आयोजित जागरूकता कार्यशाला।1