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जय श्री श्याम जय चिल्काना धाम बाबा मंदिर में देश और विदेशों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुँचते हैं। यह मंदिर भक्तों के लिए एक महत्वपूर्ण केंद्र है जहाँ विभिन्न स्थानों से लोग दर्शन के लिए आते हैं।
Ashish Kumar
जय श्री श्याम जय चिल्काना धाम बाबा मंदिर में देश और विदेशों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुँचते हैं। यह मंदिर भक्तों के लिए एक महत्वपूर्ण केंद्र है जहाँ विभिन्न स्थानों से लोग दर्शन के लिए आते हैं।
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- जय श्री श्याम जय चिल्काना धाम बाबा मंदिर में देश और विदेशों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुँचते हैं। यह मंदिर भक्तों के लिए एक महत्वपूर्ण केंद्र है जहाँ विभिन्न स्थानों से लोग दर्शन के लिए आते हैं।1
- उपमंडल इसराना में कई वर्षों से मौजूद समस्याओं के बीच, स्थानीय निवासियों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, जिसकी मुख्य वजह इसराना सर्विस रोड पर पानी भरा होना और बड़े-बड़े गड्ढे होना है। इसी कड़ी में, 20 जून की दोपहर को इसराना सर्विस रोड पर एक बड़ा हादसा हुआ जब लकड़ी से भरी एक ट्रैक्टर-ट्रॉली बाजार की तरफ जा रही थी। सड़क पर पानी भरा होने के कारण गड्ढा दिखाई नहीं दिया और ट्रॉली का एक पहिया गड्ढे में चला गया। गड्ढे में जाने से ट्रॉली असंतुलित होकर पलट गई, जिससे सर्विस रोड पर आवागमन बाधित हो गया और भारी जाम लग गया। घटना की जानकारी मिलने पर, पुलिस प्रशासन तुरंत मौके पर पहुंचा और यातायात को सामान्य करते हुए जाम खुलवाया।1
- लोगों ने अधिकारियों के समक्ष शिकायत दर्ज कराई है, जिसमें उन्होंने एक मेले को रोकने की मांग की है। इस शिकायत के बाद अब सभी की नजरें प्रशासन के आगामी फैसले पर टिकी हुई हैं।1
- भोजपुर, बिहार से आ रही जानकारी के अनुसार, भरत तिवारी का पहले सरेंडर के बाद भी एनकाउंटर हुआ था। अब इस मामले में उनके पिता और भाई पर भी एफआईआर दर्ज कर ली गई है।1
- हरियाणा प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अनुसूचित जाति (SC) विभाग में कृष्ण कुटेल को कार्यकारी चेयरमैन नियुक्त किया गया है।1
- जनपद शामली के थानाभवन थाना क्षेत्र के ग्राम नांगल में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहाँ पाँच परिवारों ने एक दबंग पड़ोसी पर रास्ता बंद करने का आरोप लगाते हुए अपने ही मकानों पर 'पलायन को मजबूर' होने के बैनर लगा दिए हैं। पीड़ित परिवारों का आरोप है कि गाँव के दबंग श्याम सिंह ने कब्जे की नीयत से उनके पुश्तैनी रास्ते पर मलबा डालकर उसे पूरी तरह बंद कर दिया है, जिससे इन परिवारों का घर से बाहर निकलना तक मुश्किल हो गया है। पीड़ित दीपक पुत्र सेवाराम और उनके परिवार के सदस्य, जिनमें देवेंद्र, जोगिंदर, प्रमोद और बिजेंद्र शामिल हैं, पिछले कई वर्षों से लगभग 16 वर्गगज की एक साझा गैलरी को अपने घरों तक पहुँचने के मुख्य मार्ग के रूप में इस्तेमाल करते आ रहे थे। परिवार के अनुसार, इस गैलरी के ऊपर की पुरानी और जर्जर छत अचानक गिर गई, जिससे रास्ता मलबे से भर गया। दीपक का आरोप है कि उन्हें मलबा हटाने और रास्ता साफ करने नहीं दिया गया, जिससे पाँच परिवारों का एकमात्र रास्ता बंद हो गया। इसके कारण बच्चों को स्कूल भेजने, बाजार जाने और अन्य दैनिक कार्यों में भारी परेशानी हो रही है, जिसका सबसे अधिक असर बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों पर पड़ रहा है। परिवार ने यह भी आरोप लगाया है कि रास्ता खुलवाने की मांग करने पर उन्हें धमकियाँ दी जा रही हैं। पीड़ित परिवार का कहना है कि वे दबंग आरोपी श्याम सिंह की कथित दबंगई से पिछले लगभग 10 महीनों से परेशान हैं। उन्होंने जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक समेत कई आला अधिकारियों को प्रार्थना पत्र सौंपकर न्याय की गुहार लगाई है, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकल पाया है। मीडिया से बात करते हुए दीपक ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही समस्या का समाधान नहीं हुआ तो उनका परिवार गाँव छोड़ने को मजबूर हो जाएगा, क्योंकि रास्ता बंद होने से उनका सामान्य जीवन पूरी तरह प्रभावित हो गया है और वे मानसिक तनाव में रह रहे हैं। परिवार की एक महिला सदस्य पिंकी ने भी मीडिया के सामने अपनी व्यथा सुनाते हुए बताया कि संबंधित अधिकारियों से शिकायत के बावजूद समस्या बनी हुई है। गाँव में पलायन का बैनर लगने के बाद यह मामला पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बन गया है। अब लोगों की निगाहें प्रशासनिक कार्रवाई पर टिकी हैं और सभी को इंतजार है कि आखिर पीड़ित परिवार को कब राहत मिलेगी तथा वर्षों पुराने रास्ते का यह विवाद किस प्रकार सुलझाया जाएगा।1
- जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी अवि मुक्तेश्वरानंद ने सरकार पर तीखा हमला बोला है, जहाँ उन्होंने सवाल उठाया कि "हमारा वोट लेकर माता की बोटी क्यों?" यह बयान तब आया जब वे अपनी गौ रक्षार्थ धर्म युद्ध यात्रा लेकर शामली के थाना भवन पहुंचे थे। इस दौरान, शंकराचार्य ने सरकार पर 'कालनेमि वाले बयान' को लेकर भी फिर से पलटवार किया। उनका यह प्रश्न सरकार की नीतियों और गौ रक्षा के प्रति उसकी कथित निष्क्रियता पर सीधा आरोप दर्शाता है।1
- सभी भक्तों को चुलकाना धाम से आज के लाइव दर्शन उपलब्ध हैं। यह वही पवित्र स्थान है जहाँ बाबा ने अपने शीश का दान किया था। देश-विदेश से श्रद्धालु यहाँ आते हैं और बाबा से अपनी मनोकामनाएँ पूरी करवाते हैं।2