सरदारशहर नगर परिषद की गणगौर शाही सवारी में उमड़ा आस्था का सैलाब, गणगौर घाट पर हुआ विसर्जन प्रेस रिर्पोटर हनुमान प्रसाद सोनी सरदारशहर नगर परिषद की गणगौर शाही सवारी में उमड़ा आस्था का सैलाब, गणगौर घाट पर हुआ विसर्जन सरदारशहर। सेठ मूलचंद, विकास कुमार, विनीत कुमार मालू एवं नगर परिषद के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित दो दिवसीय गणगौर महोत्सव का शनिवार शाम भव्य समापन हुआ। महोत्सव के दूसरे दिन शहर में आस्था, परंपरा और उत्साह का अनूठा संगम देखने को मिला, जब गणगौर की पारंपरिक शाही सवारी पूरे शाही लवाजमे के साथ निकाली गई। शनिवार शाम करीब 4 बजे विधिवत पूजा-अर्चना के बाद नगर परिषद परिसर से गणगौर की शाही सवारी रवाना हुई। सवारी में सजी-धजी गणगौर प्रतिमाएं, पारंपरिक परिधानों में सुसज्जित महिलाएं और लोक कलाकार आकर्षण का केंद्र रहे। इस अवसर पर विजयादेवी मालू, भामाशाह विकास मालू एवं युवा उद्योगपति विनीत मालू सहित कई गणमान्य लोगों ने परिषद कार्यालय में पूजा-अर्चना कर महोत्सव का शुभारंभ किया। शाही सवारी शहर के प्रमुख मार्गों से होती हुई राजवाले कुएं पहुंची, जहां परंपरागत फेरा किया गया। इसके बाद सवारी बोडिया कुआ पहुंची, जहां रावतमल सैनी परिवार की ओर से सीताराम सैनी, शिवभगवान सैनी, मुरलीधर सैनी एवं बाबूलाल कम्मा सहित अन्य सदस्यों ने भव्य स्वागत किया। यहां श्रद्धालुओं के लिए पानी पिलाने एवं मुंह जुठाने की रस्में भी सम्पन्न करवाई गईं। इसके पश्चात शाही सवारी गणगौर घाट पहुंची, जहां श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। बड़ी संख्या में नवविवाहिताएं, महिलाएं एवं युवतियां पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ गणगौर की पूजा-अर्चना करती नजर आईं। पूजा के बाद अतिथियों का स्वागत-सत्कार किया गया तथा विधिवत गणगौर प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया। शाम होते ही गणगौर घाट पर भव्य मेले का आयोजन हुआ, जिसमें राजस्थान की लोक संस्कृति की रंगीन छटा देखने को मिली। मेले में ऊंट-घोड़ी नृत्य, लोकगीत एवं लोकनृत्य प्रस्तुतियों ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। साथ ही महिलाओं के लिए आयोजित विभिन्न रोचक प्रतियोगिताएं भी आकर्षण का केंद्र रहीं। इस अवसर पर शोभाकांत स्वामी ने बताया कि ऐसे आयोजनों का उद्देश्य राजस्थान की समृद्ध लोक परंपराओं को संजोना एवं नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक विरासत से जोड़ना है। महोत्सव के सफल आयोजन से शहरवासियों में खासा उत्साह देखने को मिला। कार्यक्रम में भामाशाह विकास मालू, विनीत मालू, हंसराज पुजारी, निवर्तमान सभापति राजकरण चौधरी, शोभाकांत स्वामी, जितेंद्र सिंह राजवी, शंकरलाल प्रेमानी, महावीरप्रसाद माली, राजेंद्र आंचलिया, एडवोकेट मुरलीधर सैनी, मदन सिंह निर्वाण, हंसराज सिद्ध, पंडित शिवकांत पारीक, कार्यक्रम संयोजक संपतराम जांगिड़, एडवोकेट मानिकचंद भाटी, व्यापार मंडल अध्यक्ष शिवभगवान सैनी सहित अनेक गणमान्य नागरिकों ने व्यवस्थाओं में सहयोग किया।
सरदारशहर नगर परिषद की गणगौर शाही सवारी में उमड़ा आस्था का सैलाब, गणगौर घाट पर हुआ विसर्जन प्रेस रिर्पोटर हनुमान प्रसाद सोनी सरदारशहर नगर परिषद की गणगौर शाही सवारी में उमड़ा आस्था का सैलाब, गणगौर घाट पर हुआ विसर्जन सरदारशहर। सेठ मूलचंद, विकास कुमार, विनीत कुमार मालू एवं नगर परिषद के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित दो दिवसीय गणगौर महोत्सव का शनिवार शाम भव्य समापन हुआ। महोत्सव के दूसरे दिन शहर में आस्था, परंपरा और उत्साह का अनूठा संगम देखने को मिला, जब गणगौर की पारंपरिक शाही सवारी पूरे शाही लवाजमे के साथ निकाली गई। शनिवार शाम करीब 4 बजे विधिवत पूजा-अर्चना के बाद नगर
परिषद परिसर से गणगौर की शाही सवारी रवाना हुई। सवारी में सजी-धजी गणगौर प्रतिमाएं, पारंपरिक परिधानों में सुसज्जित महिलाएं और लोक कलाकार आकर्षण का केंद्र रहे। इस अवसर पर विजयादेवी मालू, भामाशाह विकास मालू एवं युवा उद्योगपति विनीत मालू सहित कई गणमान्य लोगों ने परिषद कार्यालय में पूजा-अर्चना कर महोत्सव का शुभारंभ किया। शाही सवारी शहर के प्रमुख मार्गों से होती हुई राजवाले कुएं पहुंची, जहां परंपरागत फेरा किया गया। इसके बाद सवारी बोडिया कुआ पहुंची, जहां रावतमल सैनी परिवार की ओर से सीताराम सैनी, शिवभगवान सैनी, मुरलीधर सैनी एवं बाबूलाल कम्मा सहित अन्य सदस्यों ने भव्य स्वागत किया। यहां श्रद्धालुओं के
लिए पानी पिलाने एवं मुंह जुठाने की रस्में भी सम्पन्न करवाई गईं। इसके पश्चात शाही सवारी गणगौर घाट पहुंची, जहां श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। बड़ी संख्या में नवविवाहिताएं, महिलाएं एवं युवतियां पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ गणगौर की पूजा-अर्चना करती नजर आईं। पूजा के बाद अतिथियों का स्वागत-सत्कार किया गया तथा विधिवत गणगौर प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया। शाम होते ही गणगौर घाट पर भव्य मेले का आयोजन हुआ, जिसमें राजस्थान की लोक संस्कृति की रंगीन छटा देखने को मिली। मेले में ऊंट-घोड़ी नृत्य, लोकगीत एवं लोकनृत्य प्रस्तुतियों ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। साथ ही महिलाओं के लिए आयोजित विभिन्न रोचक प्रतियोगिताएं
भी आकर्षण का केंद्र रहीं। इस अवसर पर शोभाकांत स्वामी ने बताया कि ऐसे आयोजनों का उद्देश्य राजस्थान की समृद्ध लोक परंपराओं को संजोना एवं नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक विरासत से जोड़ना है। महोत्सव के सफल आयोजन से शहरवासियों में खासा उत्साह देखने को मिला। कार्यक्रम में भामाशाह विकास मालू, विनीत मालू, हंसराज पुजारी, निवर्तमान सभापति राजकरण चौधरी, शोभाकांत स्वामी, जितेंद्र सिंह राजवी, शंकरलाल प्रेमानी, महावीरप्रसाद माली, राजेंद्र आंचलिया, एडवोकेट मुरलीधर सैनी, मदन सिंह निर्वाण, हंसराज सिद्ध, पंडित शिवकांत पारीक, कार्यक्रम संयोजक संपतराम जांगिड़, एडवोकेट मानिकचंद भाटी, व्यापार मंडल अध्यक्ष शिवभगवान सैनी सहित अनेक गणमान्य नागरिकों ने व्यवस्थाओं में सहयोग किया।
- प्रेस रिर्पोटर हनुमान प्रसाद सोनी सरदारशहर अकीदत से अदा हुई ईद की नमाज, बाद एक दूसरे के गले मिलकर दी मुबारकबाद रमजान के 30 रोजे पूरे होने के बाद शनिवार को सरदारशहर सहित पूरे देश में ईद-उल-फितर का पर्व हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। सुबह से ही मुस्लिम क्षेत्र ईद की खुशियों में सराबोर नजर आए। शहर की ईदगाह सहित विभिन्न मस्जिदों व दरगाहों में अकीदत के साथ ईद की नमाज अदा की गई। ईदगाह में सामूहिक नमाज के दौरान देश-दुनिया में अमन-चैन की दुआ मांगी गई। नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे से गले मिलकर ईद की मुबारकबाद दी। कुर्ता-पायजामा, शेरवानी, पठानी व खान सूट में लोग नमाज अदा करने पहुंचे। वहीं छोटे बच्चों की खुशियां पूरे माहौल में अलग ही रौनक बिखेरती नजर आईं। पर्व को लेकर प्रशासन की ओर से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए। पूरे शहर में शांति, सौहार्द और भाईचारे के साथ ईद का त्योहार संपन्न हुआ। इस अवसर पर उद्योगपति विकास मालू, विनीत मालू सहित जनप्रतिनिधियों व गणमान्य नागरिकों ने भी ईदगाह पहुंचकर मुबारकबाद दी और देश में शांति व सद्भाव की कामना की।4
- Post by राजस्थान न्यूज सुरेश1
- 😂😂😂 comedy #video1
- गणगौर माता की आज भव्य झांकी निकाली गई जिसमें बड़ी संख्या में शहरवासी झांकी देखने के लिए पहुंचे।1
- झुंझुनूं जिले के चिड़ावा शहर के नया बस स्टैंड पर शनिवार देर रात एक ऑटो चालक के साथ मारपीट का मामला सामने आया है। चौंकाने वाली बात यह रही कि घटना पुलिस चौकी से महज 50 मीटर की दूरी पर हुई, बावजूद इसके पुलिस मौके पर नहीं पहुंची। रविवार को वारदात का सीसीटीवी फुटेज सामने आने के बाद ऑटो चालकों में रोष देखा जा रहा है। पीड़ित ऑटो चालक ने बताया कि वह रात करीब 12 बजे बस स्टैंड पर तबीयत खराब होने के कारण आराम कर रहा था। इसी दौरान तीन युवक वहां पहुंचे और ऑटो लेकर चलने के लिए कहा। ड्राइवर के मना करने पर वे जबरदस्ती करने लगे और बात बढ़ने पर उसके साथ मारपीट शुरू कर दी। स्टैंड पर मौजूद लोगों ने बीच-बचाव कर किसी तरह ड्राइवर को छुड़वाया। टैक्सी यूनियन अध्यक्ष व युवा प्रवक्ता विकास पायल नर कहा कि ऑटो चालकों के साथ इस तरह की घटना कतई स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने पुलिस-प्रशासन से दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।1
- जिला पुलिस अधीक्षक कावेंद्र सिंह सागर ने किया पुलिस इकाइयों का व्यापक निरीक्षण, व्यवस्थाओं को मजबूत करने के दिए निर्देश जिला पुलिस अधीक्षक कावेंद्र सिंह सागर (आईपीएस) ने शुक्रवार को जिले की प्रमुख पुलिस इकाइयों — पुलिस नियंत्रण कक्ष, अभय कमांड सेंटर, साइबर थाना तथा रिजर्व पुलिस लाइन — का विस्तृत निरीक्षण कर व्यवस्थाओं की समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान उन्होंने विभिन्न शाखाओं की कार्यप्रणाली, संसाधनों और प्रशासनिक व्यवस्थाओं का बारीकी से अवलोकन करते हुए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए। पुलिस नियंत्रण कक्ष में एसपी सागर ने आपातकालीन कॉल प्राप्त होने की प्रक्रिया, रिस्पॉन्स टाइम तथा सूचना के त्वरित संप्रेषण व्यवस्था की जांच की। उन्होंने निर्देश दिए कि प्रत्येक कॉल पर तत्काल एवं प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि आमजन को समय पर सहायता मिल सके और पुलिस की प्रतिक्रिया प्रणाली और अधिक सुदृढ़ बने। अभय कमांड सेंटर के निरीक्षण के दौरान शहरभर में लगे सीसीटीवी कैमरों की लाइव मॉनिटरिंग, तकनीकी संसाधनों एवं निगरानी व्यवस्था की समीक्षा की गई। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि संदिग्ध गतिविधियों पर सतत नजर रखी जाए तथा तकनीक का अधिकतम उपयोग कर शहर की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाया जाए। साइबर थाना निरीक्षण के दौरान लंबित मामलों की समीक्षा करते हुए एसपी ने साइबर ठगी, ऑनलाइन फ्रॉड और डिजिटल अपराधों पर त्वरित अनुसंधान एवं प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए। साथ ही आमजन को साइबर अपराधों से बचाव के प्रति जागरूक करने हेतु विशेष अभियान चलाने पर जोर दिया। रिजर्व पुलिस लाइन में अनुशासन, आवासीय सुविधाएं, कैंटीन, डॉग स्क्वॉड, एमटी शाखा, कोत, स्टोर, आर्मर वर्कशॉप तथा मैस का निरीक्षण किया गया। उन्होंने पुलिसकर्मियों के नियमित प्रशिक्षण, फिटनेस और संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के अंत में एसपी सागर ने अधिकारियों एवं कर्मचारियों को कर्तव्यनिष्ठा, अनुशासन और संवेदनशीलता के साथ कार्य करने का आह्वान करते हुए कहा कि आमजन की सुरक्षा और विश्वास बनाए रखना पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है।1
- Post by Pandit Munna Lal Bhargav1
- प्रेस रिर्पोटर हनुमान प्रसाद सोनी सरदारशहर नगर परिषद की गणगौर शाही सवारी में उमड़ा आस्था का सैलाब, गणगौर घाट पर हुआ विसर्जन सरदारशहर। सेठ मूलचंद, विकास कुमार, विनीत कुमार मालू एवं नगर परिषद के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित दो दिवसीय गणगौर महोत्सव का शनिवार शाम भव्य समापन हुआ। महोत्सव के दूसरे दिन शहर में आस्था, परंपरा और उत्साह का अनूठा संगम देखने को मिला, जब गणगौर की पारंपरिक शाही सवारी पूरे शाही लवाजमे के साथ निकाली गई। शनिवार शाम करीब 4 बजे विधिवत पूजा-अर्चना के बाद नगर परिषद परिसर से गणगौर की शाही सवारी रवाना हुई। सवारी में सजी-धजी गणगौर प्रतिमाएं, पारंपरिक परिधानों में सुसज्जित महिलाएं और लोक कलाकार आकर्षण का केंद्र रहे। इस अवसर पर विजयादेवी मालू, भामाशाह विकास मालू एवं युवा उद्योगपति विनीत मालू सहित कई गणमान्य लोगों ने परिषद कार्यालय में पूजा-अर्चना कर महोत्सव का शुभारंभ किया। शाही सवारी शहर के प्रमुख मार्गों से होती हुई राजवाले कुएं पहुंची, जहां परंपरागत फेरा किया गया। इसके बाद सवारी बोडिया कुआ पहुंची, जहां रावतमल सैनी परिवार की ओर से सीताराम सैनी, शिवभगवान सैनी, मुरलीधर सैनी एवं बाबूलाल कम्मा सहित अन्य सदस्यों ने भव्य स्वागत किया। यहां श्रद्धालुओं के लिए पानी पिलाने एवं मुंह जुठाने की रस्में भी सम्पन्न करवाई गईं। इसके पश्चात शाही सवारी गणगौर घाट पहुंची, जहां श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। बड़ी संख्या में नवविवाहिताएं, महिलाएं एवं युवतियां पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ गणगौर की पूजा-अर्चना करती नजर आईं। पूजा के बाद अतिथियों का स्वागत-सत्कार किया गया तथा विधिवत गणगौर प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया। शाम होते ही गणगौर घाट पर भव्य मेले का आयोजन हुआ, जिसमें राजस्थान की लोक संस्कृति की रंगीन छटा देखने को मिली। मेले में ऊंट-घोड़ी नृत्य, लोकगीत एवं लोकनृत्य प्रस्तुतियों ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। साथ ही महिलाओं के लिए आयोजित विभिन्न रोचक प्रतियोगिताएं भी आकर्षण का केंद्र रहीं। इस अवसर पर शोभाकांत स्वामी ने बताया कि ऐसे आयोजनों का उद्देश्य राजस्थान की समृद्ध लोक परंपराओं को संजोना एवं नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक विरासत से जोड़ना है। महोत्सव के सफल आयोजन से शहरवासियों में खासा उत्साह देखने को मिला। कार्यक्रम में भामाशाह विकास मालू, विनीत मालू, हंसराज पुजारी, निवर्तमान सभापति राजकरण चौधरी, शोभाकांत स्वामी, जितेंद्र सिंह राजवी, शंकरलाल प्रेमानी, महावीरप्रसाद माली, राजेंद्र आंचलिया, एडवोकेट मुरलीधर सैनी, मदन सिंह निर्वाण, हंसराज सिद्ध, पंडित शिवकांत पारीक, कार्यक्रम संयोजक संपतराम जांगिड़, एडवोकेट मानिकचंद भाटी, व्यापार मंडल अध्यक्ष शिवभगवान सैनी सहित अनेक गणमान्य नागरिकों ने व्यवस्थाओं में सहयोग किया।4