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मणिपुर मंडी भाव ~ फ़रवरी 2026

मणिपुर मंडी भाव कृषि व्यापार को आसान बनाता है। किसानों और व्यापारियों को इसकी जानकारी होना ज़रूरी है, तभी वह अपनी फसल का सही मूल्य प्राप्त कर सकते हैं। मणिपुर भारत का एक सुंदर राज्य है, जो कि अपनी संस्कृति, ख़ूबसूरती और खेती के लिए जाना जाता है। मणिपुर में धान, मक्का, दालें, तिलहन, और विभिन्न प्रकार की सब्ज़ियों की खेती होती है। मणिपुर की अर्थव्यवस्था में कृषि का विशेष योगदान है। इस राज्य की लगभग 70 प्रतिशत जनसंख्या व्यवसाय और आजीविका के लिए खेती पर निर्भर है। हालाँकि, मणिपुर राज्य में सरकारी मंडियाँ नहीं है, लेकिन स्थानीय थोक और हफ्ता-बाजार (हाट) एक्टिव हैं- जैसे इम्फाल, थौबल, बिष्णुपुर और चुराचांदपुर क्षेत्रों में चलने वाले पारंपरिक बाजार, जहाँ किसान सीधे व्यापारियों को अपनी फसल बेचते हैं। लेकिन अब धीरे-धीरे इस राज्य को भी डिजिटली जोड़ने की पहल की जा रही है। सटीक और ताजा मणिपुर मंडी भाव की जानकारी के लिए आप शुरू ऐप (Shuru App) का उपयोग कर सकते हैं।

मंडी बदलें

कुल मंडियां: 11+
सामानन्यूनतम मूल्य (Rs./क्विंटल)अधिकतम मूल्य (Rs./क्विंटल)मंडीप्रकारअंतिम अपडेटसंपर्क करें
अनन्नास₹2500₹3000इंफालअन्य6 फ़रवरी 2026डाउनलोड करें
बंगाल ग्राम दल (चना दाल)₹10000₹11000इंफालबंगाल ग्राम दाल6 फ़रवरी 2026डाउनलोड करें
मूंग दाल (मूंग दाल)₹15000₹16000इंफालहरे चने की दाल8 फ़रवरी 2026डाउनलोड करें
हल्दी (कच्चा)₹3500₹4000इंफालहल्दी (कच्चा)8 फ़रवरी 2026डाउनलोड करें
अदरक (हरा)₹3500₹4000इंफालहरा अदरक7 फ़रवरी 2026डाउनलोड करें
प्याज₹3300₹4000इंफालअन्य8 फ़रवरी 2026डाउनलोड करें
काला चना (उर्द बीन्स)(साबुत)₹13000₹14000इंफालकाले चने की दाल9 फ़रवरी 2026डाउनलोड करें
पत्ता गोभी₹2500₹3000इंफालअन्य7 फ़रवरी 2026डाउनलोड करें
केला₹4500₹5000इंफालअन्य7 फ़रवरी 2026डाउनलोड करें
मक्का₹3500₹4000इंफालअन्य7 फ़रवरी 2026डाउनलोड करें

लोकप्रिय शहर

    इंफाल का भाव

अन्य वस्तुएँ

    धान (धान) (सामान्य) का भावकाले चने की दाल (उर्द दाल) का भावसोया बीन का भावअदरक (सूखा) का भावफूलगोभी का भावसूखी मिर्च का भावचावल का भावहल्दी का भावनारंगी का भावआलू का भावअरहर दाल (अरहर दाल) का भाव
  • बिशनपुर एपीएमसी
    मणिपुर
  • थौबल एपीएमसी
    मणिपुर
  • काकचिंग मार्केट एपीएमसी
    मणिपुर
  • काकचिंग मार्केट
    मणिपुर
  • इंफाल
    मणिपुर
  • इम्फाल एपीएमसी
    मणिपुर
  • बिशनपुर
    मणिपुर
  • लमलोंग बाजार
    मणिपुर
  • थौबल
    मणिपुर
  • लामलोंग बाज़ार एपीएमसी
    मणिपुर
  • मोरेह
    मणिपुर
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अक्सर पूछे गए सवाल
  • Q.

    मणिपुर मंडी में फसल बेचने से पहले क्या सावधानियां बरतें?

    A.

    मणिपुर मंडी में फसल बेचने से पहले, सुनिश्चित करें कि आपकी फसल साफ और सूखी हो। मंडी के नियम और MSP की जानकारी लें। आधार और बैंक खाते की जानकारी तैयार रखें। साथ ही, मंडी में बोली के समय मौजूद रहें ताकि आप सही कीमत सुनिश्चित कर सकें।

  • Q.

    क्या मंडी में किसानों को ट्रॉली या वाहन की सुविधा मिलती है?

    A.

    कुछ मंडियों में किसान सहकारी समितियों द्वारा माल ढुलाई के लिए ट्रैक्टर-ट्रॉली या ठेले उपलब्ध कराए जाते हैं, लेकिन आमतौर पर किसान खुद वाहन लेकर आते हैं।

  • Q.

    मंडी में भुगतान के समय धोखाधड़ी से कैसे बचें?

    A.

    किसान को तौल पर्ची और बोली पर्ची संभाल कर रखनी चाहिए और व्यापारी से रसीद लेना जरूरी है। शक होने पर मंडी समिति को तुरंत सूचित करें।

  • Q.

    मणिपुर मंडी में व्यापारियों के लिए क्या नियम हैं?

    A.

    व्यापारियों को मंडी समिति से लाइसेंस लेना ज़रूरी है। उन्हें मंडी शुल्क देना होता है और फसल की खरीद में पारदर्शिता बरतनी होती है। नियम तोड़ने पर लाइसेंस रद्द हो सकता है।

  • Q.

    क्या मणिपुर में PM-KISAN योजना का लाभ मिलता है?

    A.

    हाँ, मणिपुर के किसान जो PM-KISAN योजना में पंजीकृत हैं, उन्हें सालाना वित्तीय सहायता मिलती है। इसके लिए e-KYC और आधार लिंक करना ज़रूरी है।

  • Q.

    मणिपुर की मंडियों में अनन्नास की भाव कैसे चेक करें?

    A.

    आप Shuru ऐप पर मणिपुर की बिशनपुर एपीएमसी और बिशनपुर एपीएमसी, थौबल एपीएमसी, काकचिंग मार्केट एपीएमसी, काकचिंग मार्केट, इंफाल मंडियों में अनन्नास की कीमत काफ़ी आसानी से चेक कर सकते हैं। हमारी लिस्ट फ़रवरी 2026 को अपडेट की गई है और अनन्नास का भाव ₹3000.00 प्रति क्विंटल है।

  • Q.

    मणिपुर की मंडियां किसानों को कैसे लाभ पहुंचाती हैं?

    A.

    मणिपुर की मंडियां, जैसे बिशनपुर एपीएमसी मंडी और इसके आसपास की बिशनपुर एपीएमसी, थौबल एपीएमसी, काकचिंग मार्केट एपीएमसी, काकचिंग मार्केट, इंफाल मंडियां किसानों को उनकी फसलों, जैसे अनन्नास, के लिए सही कीमत दिलाने में मदद करती है। Shuru ऐप आपको किसी भी फसल जैसे अनन्नास के ताजा भाव के बारे में बताता है, जो e-NAM डेटा पर आधारित हैं। यह किसानों को व्यापारियों से जोड़ता है और बिक्री का सही समय चुनने में आपकी मदद करता है। मणिपुर की मंडियां डिजिटल व्यापार को बढ़ावा देती हैं, जिससे किसान अपने मुनाफे को अधिकतम कर सकते हैं।

  • Q.

    मणिपुर में अनन्नास की भाव क्यों बदलती रहती हैं?

    A.

    मणिपुर की मंडियों, जैसे बिशनपुर एपीएमसी और बिशनपुर एपीएमसी, थौबल एपीएमसी, काकचिंग मार्केट एपीएमसी, काकचिंग मार्केट, इंफाल, में अनन्नास की कीमतें मांग, आपूर्ति, और परिवहन लागत के कारण बदलती हैं। आज फ़रवरी 2026 को अनन्नास की कीमत 3000.00/क्विंटल है, और यह कल बदल सकती है। आप अपने हिसाब से अलग-अलग मंडियों में Shuru ऐप से कीमतों की तुलना भी कर सकते हैं।

  • Q.

    मणिपुर में कुल कितनी मंडियां हैं?

    A.

    e-NAM पोर्टल के मुताबिक, मणिपुर में कुल 11 मंडियां है।

मणिपुर मंडी की पूरी जानकारी

मणिपुर में उगाई जाने वाली फसलों को चार हिस्सों में बाँटा जा सकता है - अनाज, दालें, तिलहन और व्यापारिक फसलें। इस राज्य की मुख्य अनाज वाली फसलें चावल और मक्का हैं। दालों में अरहर, उड़द, लोबिया, मटर और ब्रॉड बीन्स जैसी फसलें उगाई जाती हैं। तो वहीं, सरसों, मूँगफली और सोयाबीन मणिपुर की प्रमुख तिलहन फसलें हैं। इस राज्य में चावल की कई किस्में उगाई जाती हैं, जिनमें से कुछ उच्च उत्पादन वाली (हाई यील्डिंग) किस्में भी शामिल हैं। अगर फलों की बात करें तो मणिपुर में अनानास, नींबू, केला, संतरा, पपीता और बेर बड़ी मात्रा में उगाए जाते हैं। इस राज्य में फूलगोभी, पत्तागोभी, टमाटर, मटर, गाजर और कद्दू जैसी सब्ज़ियों की खेती आम है। इसके अलावा, मणिपुर में मशरूम की खेती भी होती है।

किसानों और व्यापारियों के लिए टिप्स

  1. अन्य फसलों पर भी फोकस करें: मणिपुर के किसान आमतौर धान पर निर्भर हैं, लेकिन सरकार और कृषि विशेषज्ञ लगातार किसानों को उच्च मूल्य वाली फसलों; जैसे- अदरक, मिर्च, फल, सब्ज़ियाँ और जैविक खेती की ओर प्रोत्साहित कर रहे हैं। इससे किसानों की आमदनी में इज़ाफा होगा और जोखिम भी कम रहेगा।
  2. MOVCD‑NER योजना का लाभ लें: अगर आप किसान हैं, तो आपको MOVCD-NER योजना का लाभ ज़रूर उठाना चाहिए। MOVCD-NER यानी कि Mission Organic Value Chain Development for North Eastern Region (पूर्वोत्तर क्षेत्र के लिए जैविक मूल्य श्रृंखला विकास मिशन) केंद्र सरकार की एक योजना है, जिसे मणिपुर सहित पूरे पूर्वोत्तर भारत में चलाया जा रहा है। इस योजना का उद्देश्य किसानों को जैविक खेती के लिए प्रोत्साहित करना है। इससे किसानों को जैविक बीज और खेती में लगने वाले सामान पर सरकार की तरफ से सब्सिडी मिलती है। फसल की प्रोसेसिंग यूनिट लगाने में मदद दी जाती है, और किसानों को उनकी फसल को बाज़ार तक पहुँचाने में मदद मिलती है।
  3. FPO/ किसान समूह बनाएं: किसानों के लिए FPO यानी कि किसान उत्पादक संगठन बनाना बहुत फायदेमंद होता है। इसमें किसान मिलकर एक समूह बनाते हैं और एक साथ बीज, खाद जैसी चीज़ें खरीदते हैं और अपनी फसलें मिलकर बेचते हैं। इससे खर्च कम होता है और फसल का सही भाव भी मिलता है। इस काम में भारत सरकार और NABARD किसानों की मदद कर रहे हैं।
  4. कोल्ड स्टोरेज और प्रोसेसिंग: मणिपुर जैसे राज्य में जहाँ पर फल, सब्ज़ियाँ और मसाले खूब उगाए जाते हैं, वहाँ कोल्ड स्टोरेज और फसल की प्रोसेसिंग बहुत ज़रूरी है। इससे फसल ज़्यादा दिनों तक खराब नहीं होती और किसानों को अच्छा और स्थिर दाम मिल पाता है।

मणिपुर सरकार की पहल

मणिपुर सरकार के कृषि विभाग ने साल 2023 में किसान मुआवजा योजना की शुरुआत की थी, ताकि जिन किसानों को राज्य में कानून-व्यवस्था की समस्या से नुकसान हुआ हो, उनकी सहायता की जा सके। इस योजना के तहत मुआवजा इस तरह दिया जाता है: जो किसान अपनी ज़मीन पर खुद खेती करते हैं, उन्हें 100% मुआवजा मिलता है। जो किराए पर ज़मीन लेकर खेती करते हैं, उन्हें 80% मुआवजा दिया जाता है। और जो सिर्फ ज़मीन के मालिक हैं लेकिन खुद खेती नहीं करते, उन्हें 20% मुआवजा मिलता है। शुरुआत में आवेदन करने की प्रक्रिया कागज़ी और लंबी थी। इसलिए साल 2024 में तीसरे चरण में एक ऑनलाइन आवेदन पोर्टल (https://farmercompensation.in) शुरू किया गया। अब किसान अपने आधार से जुड़े मोबाइल नंबर से आवेदन कर सकते हैं, क्षति वाले खेत की जानकारी और तस्वीरें अपलोड कर सकते हैं। और (डॉट).kmz फॉर्मेट में लोकेशन फाइल डाल सकते हैं, और फिर उन्हें SMS से जानकारी मिलती रहती है कि उनके आवेदन की क्या स्थिति है। Farmer compensation वेबसाइट के अनुसार अब तक इस पर 13,727 किसान आवेदन कर चुके हैं।

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