उमरिया जिले के नौरोजाबाद क्षेत्र में स्थित खेर माता मंदिर में चोरी की एक घटना सामने आई है, जहाँ अज्ञात चोरों ने मंदिर की दान पेटी पर हाथ साफ कर दिया। आमतौर पर घरों और दुकानों में चोरी की वारदातें होती हैं, लेकिन अब चोर धार्मिक स्थलों को भी निशाना बना रहे हैं। मंदिर के पुजारी ने जानकारी दी कि बीते दो दिन पहले कुछ अज्ञात लोग दिन के समय मंदिर में घुस आए और दान पेटी लेकर फरार हो गए। घटना के समय पुजारी मंदिर परिसर में आराम कर रहे थे। उनके अनुसार, दान पेटी में लगभग 9,500 से 10,000 रुपये की नकद राशि मौजूद थी। इस घटना की सूचना मिलने पर मंदिर प्रबंधन ने तत्काल नौरोजाबाद थाने में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के बाद नौरोजाबाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मामले में शामिल एक आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। पुलिस मामले में आगे की जाँच कर रही है और अन्य पहलुओं पर भी गौर कर रही है।
उमरिया जिले के नौरोजाबाद क्षेत्र में स्थित खेर माता मंदिर में चोरी की एक घटना सामने आई है, जहाँ अज्ञात चोरों ने मंदिर की दान पेटी पर हाथ साफ कर दिया। आमतौर पर घरों और दुकानों में चोरी की वारदातें होती हैं, लेकिन अब चोर धार्मिक स्थलों को भी निशाना बना रहे हैं। मंदिर के पुजारी ने जानकारी दी कि बीते दो दिन पहले कुछ अज्ञात लोग दिन के समय मंदिर में घुस आए और दान पेटी लेकर फरार हो गए। घटना के समय पुजारी मंदिर परिसर में आराम कर रहे थे। उनके अनुसार, दान पेटी में लगभग 9,500 से 10,000 रुपये की नकद राशि मौजूद थी। इस घटना की सूचना मिलने पर मंदिर प्रबंधन ने तत्काल नौरोजाबाद थाने में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के बाद नौरोजाबाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मामले में शामिल एक आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। पुलिस मामले में आगे की जाँच कर रही है और अन्य पहलुओं पर भी गौर कर रही है।
- उमरिया जिले के नौरोजाबाद क्षेत्र में स्थित खेर माता मंदिर में चोरी की एक घटना सामने आई है, जहाँ अज्ञात चोरों ने मंदिर की दान पेटी पर हाथ साफ कर दिया। आमतौर पर घरों और दुकानों में चोरी की वारदातें होती हैं, लेकिन अब चोर धार्मिक स्थलों को भी निशाना बना रहे हैं। मंदिर के पुजारी ने जानकारी दी कि बीते दो दिन पहले कुछ अज्ञात लोग दिन के समय मंदिर में घुस आए और दान पेटी लेकर फरार हो गए। घटना के समय पुजारी मंदिर परिसर में आराम कर रहे थे। उनके अनुसार, दान पेटी में लगभग 9,500 से 10,000 रुपये की नकद राशि मौजूद थी। इस घटना की सूचना मिलने पर मंदिर प्रबंधन ने तत्काल नौरोजाबाद थाने में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के बाद नौरोजाबाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मामले में शामिल एक आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। पुलिस मामले में आगे की जाँच कर रही है और अन्य पहलुओं पर भी गौर कर रही है।1
- शहडोल जिले की आशा साहाने ने प्रधानमंत्री जन धन योजना के तहत अपना खाता खुलवाने के बाद पहली बार बैंकिंग व्यवस्था से जुड़ने का अवसर मिलने पर प्रधानमंत्री के प्रति धन्यवाद व्यक्त किया है। उन्होंने बताया कि इस योजना से उनका आर्थिक लेन-देन काफी आसान हो गया है। साहाने के अनुसार, यह पहल गरीब कल्याण के प्रयासों का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है, जिसने उनके जैसे लोगों के लिए बैंकिंग सेवाओं तक पहुँच को सुगम बनाया है।1
- शहडोल जिले के सीधी थाना क्षेत्र में सोमवार दोपहर करीब 3 बजे एक दर्दनाक सड़क हादसे में एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई। यह घटना ओदारी नदी नर्सरी के पास हुई, जहाँ कूदरी से सीधी जा रहा एक बाइक सवार युवक अनियंत्रित होकर सड़क किनारे एक पेड़ से टकरा गया। टक्कर इतनी भीषण थी कि युवक की जान तुरंत चली गई। पुलिस ने मृतक की पहचान तेंदुडोल निवासी 35 वर्षीय भजन सिंह के रूप में की है। हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस तत्काल घटनास्थल पर पहुंची, जांच शुरू की, और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। प्रारंभिक जांच में दुर्घटना का कारण तेज रफ्तार को बताया गया है।2
- शहडोल जिले के रामपुर बटूरा मेगा प्रोजेक्ट क्षेत्र में संचालित जय अम्बे कंपनी के कार्यालय में घुसकर कर्मचारियों को धमकाने और फायरिंग करने का गंभीर मामला सामने आया है। इस घटना से पूरे क्षेत्र में भय और दहशत का माहौल है। एसईसीएल सोहागपुर के अंतर्गत रामपुर बटूरा ओसीएम में कोयला एवं ओबी उत्खनन का कार्य कर रही निजी ठेका कंपनी जय अम्बे के कार्यालय में श्रीराम विश्वकर्मा अपने साथियों पप्पू विश्वकर्मा और मिथलेश चर्मकार उर्फ लकी के साथ पहुंचे थे। कंपनी कर्मचारियों आलोक त्रिपाठी और अमन क्षत्रीय ने आरोप लगाया है कि इन तीनों आरोपियों ने देशी कट्टा दिखाकर उन्हें जान से मारने की धमकी दी और अवैध वसूली की मांग की। कर्मचारियों द्वारा विरोध करने पर आरोपियों ने कार्यालय परिसर में फायरिंग कर दी, जिससे वहाँ अफरा-तफरी मच गई और कर्मचारी किसी तरह अपनी जान बचाकर बाहर निकल गए। पीड़ितों का कहना है कि आरोपी लंबे समय से कंपनी पर कथित रूप से गुंडा टैक्स का दबाव बना रहे थे और आए दिन काम में बाधा डालते हुए धमकियां देते थे। घटना के बाद जब कर्मचारी अमलाई थाने में शिकायत दर्ज कराने पहुंचे, तब भी आरोपियों ने मोबाइल पर गाली-गलौज करते हुए शिकायत वापस लेने और जान से मारने की धमकी दी। इस मामले में अमलाई थाने में शिकायत दर्ज कर ली गई है, और घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है।1
- शहडोल जिले में इन दिनों आबकारी विभाग की मिलीभगत और शराब माफियाओं की मनमानी का एक खुला खेल चल रहा है। अवैध शराब की बिक्री पूरे जिले में जोरों पर है, जबकि जिम्मेदार अधिकारी कथित तौर पर गहरी नींद में सोए हुए हैं। आलम यह है कि वैध दुकानों पर भी सरेआम 'लूट' मची है, जहाँ हर बोतल पर प्रिंट रेट (MRP) से कहीं अधिक दाम वसूले जा रहे हैं। सबसे चौंकाने वाला और गंभीर मामला शराब दुकानों के संचालन के समय को लेकर है। सरकारी नियमानुसार दुकानें बंद होने का समय तय है, लेकिन शहडोल में ये नियम सिर्फ कागजों तक ही सीमित हैं। रात के सन्नाटे में, जब पूरी दुनिया सो रही होती है, तब इन लाइसेंसी शराब दुकानों के शटर आंशिक रूप से उठ जाते हैं और आधी रात को खिड़की व शटर के नीचे से बेखौफ होकर अवैध रूप से शराब की कालाबाजारी की जा रही है। आबकारी विभाग के कानों तक इन शटरों की आहट न पहुंचने या जानबूझकर अनदेखी करने पर बड़ा सवाल खड़ा होता है। शाम ढलते ही गली-कूचों और अवैध अहातों में जाम छलकने लगते हैं, जिससे प्रिंट रेट से ज्यादा वसूली और समय के बाद बिक्री को लेकर स्थानीय लोगों और पियक्कड़ों के बीच अक्सर विवाद की स्थिति बनती है, जो कानून व्यवस्था पर भी सवाल खड़े करती है। आबकारी विभाग का यह सुस्त और उदासीन रवैया साफ तौर पर सांठगांठ के बड़े खेल की ओर इशारा करता है। चेतावनी दी गई है कि यदि समय रहते इस सुस्ती को नहीं तोड़ा गया, तो जिले में अवैध शराब का यह कारोबार किसी बड़ी घटना को निमंत्रण दे सकता है।1
- शहडोल में एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया, जहाँ बटूरा के पास NH-43 पर एक 16 चक्का ट्रेलर ने देवी दर्शन कर लौट रहे एक पूरे परिवार को रौंद दिया। इस भीषण हादसे में परिवार की एक बुजुर्ग महिला की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद घटनास्थल पर चीख-पुकार मच गई।1
- शहडोल जिले के ब्यौहारी से दुर्गेश कुमार गुप्ता द्वारा एक रिपोर्ट प्रस्तुत की गई है।1
- उमरिया जिले में भारतीय शक्ति चेतना पार्टी ने अपने स्थापना दिवस के अवसर पर नशामुक्ति के प्रति जन जागरूकता फैलाने के लिए एक रैली का आयोजन किया। यह रैली शहर के मुख्य मार्गों से होकर गुजरी, जिसका उद्देश्य लोगों को नशे के खिलाफ जागरूक करना था।1