चेवाड़ा नगर पंचायत क्षेत्र में एक वृद्ध व्यक्ति बांस की सीढ़ी से गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। चेवाड़ा नगर पंचायत क्षेत्र में एक वृद्ध व्यक्ति बांस की सीढ़ी से गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। घायल की पहचान नगर पंचायत निवासी बनारसी मांझी के रूप में की गई है।प्राप्त जानकारी के अनुसार, बनारसी मांझी किसी घरेलू कार्य के दौरान बांस की सीढ़ी पर चढ़े थे। इसी दौरान संतुलन बिगड़ने से वे नीचे गिर पड़े और उन्हें गंभीर चोटें आईं। घटना के बाद परिजनों एवं स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें तत्काल इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चेवाड़ा लाया गया।बताया गया कि बुधवार की दोपहर करीब 1 बजे उन्हें स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया, जहां ड्यूटी पर मौजूद चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार किया। स्थिति चिंताजनक देखते हुए डॉक्टरों ने बेहतर इलाज के लिए उन्हें सदर अस्पताल शेखपुरा रेफर कर दिया।फिलहाल सदर अस्पताल में उनका उपचार जारी है। स्थानीय लोगों ने वृद्धजनों से ऊंचाई पर कार्य करते समय विशेष सावधानी बरतने की अपील की है, ताकि इस प्रकार की दुर्घटनाओं से बचा जा सके।
चेवाड़ा नगर पंचायत क्षेत्र में एक वृद्ध व्यक्ति बांस की सीढ़ी से गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। चेवाड़ा नगर पंचायत क्षेत्र में एक वृद्ध व्यक्ति बांस की सीढ़ी से गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। घायल की पहचान नगर पंचायत निवासी बनारसी मांझी के रूप में की गई है।प्राप्त जानकारी के अनुसार, बनारसी मांझी किसी घरेलू कार्य के दौरान बांस की सीढ़ी पर चढ़े थे। इसी दौरान संतुलन बिगड़ने से वे नीचे गिर पड़े और उन्हें गंभीर चोटें आईं। घटना के बाद परिजनों एवं स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें तत्काल इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चेवाड़ा लाया गया।बताया गया कि बुधवार की दोपहर करीब 1 बजे उन्हें स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया, जहां ड्यूटी पर मौजूद चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार किया। स्थिति चिंताजनक देखते हुए डॉक्टरों ने बेहतर इलाज के लिए उन्हें सदर अस्पताल शेखपुरा रेफर कर दिया।फिलहाल सदर अस्पताल में उनका उपचार जारी है। स्थानीय लोगों ने वृद्धजनों से ऊंचाई पर कार्य करते समय विशेष सावधानी बरतने की अपील की है, ताकि इस प्रकार की दुर्घटनाओं से बचा जा सके।
- सिकंदरा-शेखपुरा मार्ग लहना मोड़ के समीप मैजिक वाहन पलटा, दो युवक गंभीर रूप से घायल। गौरतलब है कि सिकंदरा-शेखपुरा मुख्य मार्ग पर लहना मोड़ के समीप बुधवार की शाम लगभग चार बजे मवेशी लदा एक मैजिक वाहन पलट जाने से दो युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद क्षेत्र में अफरातफरी का माहौल कायम हो गया। स्थानीय लोगों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को तत्काल उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया।घटना की पुष्टि करते हुए विनय कुमार ने बताया कि मैजिक वाहन को किसी अज्ञात वाहन ने चकमा दे दिया, जिसके कारण चालक संतुलन खो बैठा और वाहन सड़क पर ही पलट गया। वाहन में बकरी मवेशी लदे हुए थे।घायलों की पहचान बिहार शरीफ थाना क्षेत्र के चंदपुरा निवासी मोहम्मद साह के पुत्र बबलू कुमार तथा मोहम्मद शमी के पुत्र सरफराज कुमार के रूप में की गई है। दुर्घटना में सरफराज कुमार का बायां हाथ टूट गया, जबकि बबलू कुमार भी गंभीर रूप से जख्मी हो गया।दोनों घायलों को पहले चेवाड़ा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए शेखपुरा सदर अस्पताल रेफर कर दिया। घटना के समय 112 नंबर की पुलिस टीम भी मौके पर मौजूद थी।घटनास्थल पर करंडे थाना के एसआई ललित कुमार सहित अन्य पुलिसकर्मी स्थिति को नियंत्रित करने में जुटे रहे। पुलिस मामले की छानबीन में लगी हुई है।3
- भारतीय मजदूर संघ के राष्ट्रव्यापी आह्वान के समर्थन में भारतीय मजदूर संघ हॉस्पिटल मोड़ पर धरना प्रद1
- Dr Sunil ne Holi ki shubhkamnaen Di kaAa desh Teji se Vikas kar raha hai yuvaon ko Rojgar milega1
- विधानसभा में गूंजा बिहारशरीफ! PM आवास योजना में घोटाले का बड़ा खुलासा, एंकर, डॉ. सुनील कुमार ने आज बिहार विधानसभा में प्रधानमंत्री आवास योजना से जुड़ी गंभीर अनियमितताओं का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। उन्होंने सदन को बताया कि बिहारशरीफ नगर निगम क्षेत्र में असर्वेक्षित भूमि पर वर्षों से रह रहे गरीब और असहाय परिवार योजना के लाभ से वंचित हैं। सरकारी सर्वे नहीं होने के कारण पात्र लाभुकों का नाम सूची में नहीं आ पा रहा है। जबकि योजना का उद्देश्य हर जरूरतमंद को पक्का घर देना है। प्रधानमंत्री आवास योजना का मकसद है कि हर गरीब परिवार को पक्का आवास मिले। लेकिन सवाल उठ रहा है — अगर सर्वे ही नहीं होगा, तो गरीबों को उनका हक कैसे मिलेगा? विधायक ने सदन में यह भी गंभीर आरोप लगाया कि रहुई प्रखंड में प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभुकों से अवैध वसूली की जा रही है। उन्होंने कहा कि एक वीडियो सामने आया है, जिसमें घर दिलाने के नाम पर पैसे की मांग की बात उजागर होती है। अगर यह सच है, तो यह सिर्फ अनियमितता नहीं — बल्कि गरीबों के सपनों के साथ खिलवाड़ है। गरीबों के हक में किसी भी प्रकार की अनियमितता या शोषण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जरूरतमंद परिवारों को उनका अधिकार दिलाने की लड़ाई सदन के अंदर और बाहर दोनों जगह जारी रहेगी। अब बड़ा सवाल यह है — क्या सरकार इस मामले की जांच कराएगी? क्या रहुई में सामने आए वीडियो की सच्चाई सामने आएगी? और क्या बिहारशरीफ के वंचित परिवारों को उनका हक मिलेगा? इन सवालों के जवाब का इंतजार पूरे नालंदा को है।1
- आजकल सोशल मीडिया पर एक बहस तेज है — “सिम मेरा, मोबाइल मेरा… इनकमिंग पर ताला क्यों?” क्या सच में मोबाइल कंपनियां लूट कर रही हैं? क्या 28 दिन का महीना धोखा है? क्या पहले लाइफटाइम फ्री इनकमिंग मिलती थी?1
- बाढ़ अंचल में क़िस्तवार सर्वे कार्य जारी बाढ़ : बिहार के सभी जिलों में चल रहे विशेष भूमि सर्वेक्षण अभियान के तहत पटना जिला के बाढ़ अंचल अंतर्गत पंचायत राणाबीघा के राजस्व ग्राम हसनपुर, थाना नंबर 30 में क़िस्तवार कार्य किया जा रहा है। इस क्रम में राष्ट्रीय राजमार्ग 31 (बख्तियारपुर–मोकामा) से संबंधित नजरी नक्शा तैयार करने का कार्य प्रगति पर है। सरज़मीन पर मौजूद विशेष सर्वेक्षण कानूनगो निरंजन शर्मा ने बताया कि राजस्व ग्राम हसनपुर, थाना नंबर 30 का क़िस्तवार कार्य दो दिनों के भीतर पूर्ण कर लिया जाएगा। इसके बाद संबंधित रैयतों/किसानों/भू-स्वामियों को सूचित कर जल्द ही खानापूरी की प्रक्रिया प्रारंभ की जाएगी। मौके पर विशेष सर्वेक्षण अमीन संटु कुमार, रॉकी रमण तथा ETS ऑपरेटर बिरजू कुमार एवं रॉकी कुमार उपस्थित रहे और सर्वे कार्य में जुटे रहे। प्रशासन की ओर से बताया गया है कि सर्वेक्षण कार्य को पारदर्शिता एवं निर्धारित समयसीमा में पूरा करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे1
- बरबीघा क्षेत्र में उत्पाद विभाग ने अवैध शराब के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए 51 बोतल विदेशी शराब के साथ एक कारोबारी को रंगेहाथ गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई बरबीघा में उस समय की गई जब आरोपी कथित रूप से शराब की होम डिलीवरी करने जा रहा था। गिरफ्तार कारोबारी की पहचान पुरानी शहर बरबीघा निवासी मनोज प्रसाद के रूप में हुई है। उत्पाद विभाग की टीम ने उसके पास से 180 एमएल की 51 बोतल विदेशी शराब बरामद की, जिसकी कुल मात्रा 9.18 लीटर बताई गई है। उत्पाद थाना की टीम को गुप्त सूचना मिली थी कि क्षेत्र में होम डिलीवरी के माध्यम से अवैध शराब की सप्लाई की जा रही है। सूचना के आधार पर जाल बिछाकर कार्रवाई की गई और आरोपी को धर दबोचा गया। इस संबंध में उत्पाद थाना अध्यक्ष सह उत्पाद निरीक्षक अमित आनंद ने बताया कि बरामद शराब को जब्त कर लिया गया है तथा आरोपी के विरुद्ध उत्पाद अधिनियम के तहत प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। पूछताछ के दौरान अन्य संभावित नेटवर्क की भी जानकारी जुटाई जा रही है। गिरफ्तार शराब तस्कर को बुधवार की दोपहर करीब एक बजे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। उत्पाद विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिले में अवैध शराब के कारोबार के विरुद्ध अभियान लगातार जारी रहेगा और किसी भी सूरत में दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।1
- 27 फरवरी को व्यक्तिगत उपस्थिति का आदेश, दो दिनों में मांगा गया स्पष्टीकरण शेखपुरा,व्यवहार न्यायालय, शेखपुरा ने न्यायिक आदेश की अनदेखी को गंभीरता से लेते हुए जिला परिवहन पदाधिकारी, शेखपुरा के विरुद्ध कड़ा रुख अपनाया है। ट्रैफिक थाना कांड संख्या 31/2025 से जुड़े एक प्रकरण की सुनवाई के दौरान न्यायालय ने पाया कि पूर्व में पारित आदेश का समुचित अनुपालन नहीं किया गया है। इस पर न्यायालय ने कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए संबंधित पदाधिकारी को दो दिनों के भीतर स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है।मामले की सुनवाई न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम श्रेणी सुनील कुमार वर्मा की अदालत में चल रही है। न्यायालय ने अपने आदेश दिनांक 06 फरवरी 2026 के आलोक में वाहन संख्या बीआर 21 ए के 1021 की स्वामित्व रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया था। किंतु सुनवाई के दौरान यह तथ्य सामने आया कि जिला परिवहन कार्यालय द्वारा जो प्रतिवेदन प्रस्तुत किया गया, वह न्यायालय के निर्धारित प्रारूप और निर्देशों के अनुरूप नहीं था।अभियोजन पदाधिकारी ने भी अदालत को अवगत कराया कि पूर्व में कई बार निर्देश दिए जाने के बावजूद आदेश का विधिवत पालन नहीं किया गया। न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत कार्यालय प्रतिवेदन में यह उल्लेख किया गया कि संबंधित अधिकारी ने बिना स्पष्ट कारण या अधिकार क्षेत्र संबंधी स्थिति स्पष्ट किए रिपोर्ट देने से इनकार कर दिया, जिससे न्यायिक प्रक्रिया प्रभावित हुई।अदालत ने अपने आदेश में स्पष्ट टिप्पणी की कि किसी भी न्यायिक निर्देश की अवहेलना प्रशासनिक असुविधा या अधिकार क्षेत्र के आधार पर नहीं की जा सकती। न्यायिक आदेशों का पालन करना प्रत्येक पदाधिकारी का वैधानिक दायित्व है। न्यायालय ने यह भी उल्लेख किया कि माननीय सर्वोच्च न्यायालय के दिशा-निर्देशों के अनुसार ऐसे मामलों का निष्पादन 15 दिनों के भीतर किया जाना अपेक्षित है, किंतु अनुपालन में देरी के कारण सुनवाई प्रभावित हुई है।न्यायालय ने प्रथम दृष्टया इसे न्यायिक आदेश की अवमानना का मामला मानते हुए संबंधित जिला परिवहन पदाधिकारी, शेखपुरा को 27 फरवरी 2026 को प्रातः 10:30 बजे व्यक्तिगत रूप से न्यायालय में उपस्थित होने का आदेश दिया है। साथ ही आदेश की प्रति संबंधित अधिकारी को भेजने का निर्देश भी कार्यालय को दिया गया है।अब आगामी 27 फरवरी की तिथि पर न्यायालय की अगली कार्रवाई पर सभी की निगाहें टिकी हैं। यदि संतोषजनक स्पष्टीकरण प्रस्तुत नहीं किया गया, तो न्यायालय विधि सम्मत कार्रवाई करने के लिए स्वतंत्र होगा।1
- भारतीय मजदूर संघ के राष्ट्रव्यापी आह्वान के समर्थन में भारतीय मजदूर संघ हॉस्पिटल मोड़ पर धरना प्रद1