बाबा विश्वनाथ की नगरी देवभूमि उत्तराखंड ग्राम चीणा खोली जनपद उत्तरकाशी में इष्टदेव भगवान 🚩 श्री सेम नागराजा का अद्भुत चमत्कार! 🚩 यह घटना साक्षात चमत्कार से कम नहीं है, जिसे साझा करना बहुत जरूरी है। कल हमारे सेम नागराजा को जौनपुर (मराड़)से आए एक विशेष निमंत्रण पर वहां ले जाया गया था। जब नागराजा की डोली वहां पहुँची, तो देखा कि वहां भगवती माँ की डोली बहुत नाराज थी और अपने स्थान से हिल तक नहीं रही थी। तभी हमारे सेम नागराजा ने अपनी दिव्य शक्ति से एक गहरा रहस्य खोला। उन्होंने संकेत दिया कि माँ के मंदिर के पास 5 फीट जमीन के नीचे एक प्राचीन मूर्ति दबी हुई है, जिसके कारण माँ रुष्ट हैं। जब ग्रामीणों ने उस स्थान पर खुदाई की, तो सबकी आँखें फटी की फटी रह गईं! ठीक 5 फीट नीचे से वही दिव्य मूर्ति प्रकट हुई। इसके बाद: :मूर्ति को वहां की स्थानीय पवित्र जलधारा से स्नान कराया गया। :पूरे विधि-विधान के साथ मूर्ति की प्राण-प्रतिष्ठा की गई। जैसे ही मूर्ति स्थापित हुई, भगवती माँ की डोली खुशी से झूम उठी! यह दृश्य देख हर कोई भावुक हो गया। विज्ञान के पास शायद इसका जवाब न हो, पर यह साक्षात चमत्कार से कम नहीं था। आज नागराजा की डोली सानंद वापस आ गई है। धन्य हैं हमारे सेम नागराजा और धन्य है हमारी देवभूमि उत्तराखंड की पावन धरा 💐💐💐💐🙏🙏🙏जय जय सेम नागराजा धर्म आस्था की बाबा विश्वनाथ की नगरी उत्तरकाशी
बाबा विश्वनाथ की नगरी देवभूमि उत्तराखंड ग्राम चीणा खोली जनपद उत्तरकाशी में इष्टदेव भगवान 🚩 श्री सेम नागराजा का अद्भुत चमत्कार! 🚩 यह घटना साक्षात चमत्कार से कम नहीं है, जिसे साझा करना बहुत जरूरी है। कल हमारे सेम नागराजा को जौनपुर (मराड़)से आए एक विशेष निमंत्रण पर वहां ले जाया गया था। जब नागराजा की डोली वहां पहुँची, तो देखा कि वहां भगवती माँ की डोली बहुत नाराज थी और अपने स्थान से हिल तक नहीं रही थी। तभी हमारे सेम नागराजा ने अपनी दिव्य शक्ति से एक गहरा रहस्य खोला। उन्होंने संकेत दिया कि माँ के मंदिर के पास 5 फीट जमीन के नीचे एक प्राचीन मूर्ति दबी हुई है, जिसके कारण माँ रुष्ट हैं। जब ग्रामीणों
ने उस स्थान पर खुदाई की, तो सबकी आँखें फटी की फटी रह गईं! ठीक 5 फीट नीचे से वही दिव्य मूर्ति प्रकट हुई। इसके बाद: :मूर्ति को वहां की स्थानीय पवित्र जलधारा से स्नान कराया गया। :पूरे विधि-विधान के साथ मूर्ति की प्राण-प्रतिष्ठा की गई। जैसे ही मूर्ति स्थापित हुई, भगवती माँ की डोली खुशी से झूम उठी! यह दृश्य देख हर कोई भावुक हो गया। विज्ञान के पास शायद इसका जवाब न हो, पर यह साक्षात चमत्कार से कम नहीं था। आज नागराजा की डोली सानंद वापस आ गई है। धन्य हैं हमारे सेम नागराजा और धन्य है हमारी देवभूमि उत्तराखंड की पावन धरा 💐💐💐💐🙏🙏🙏जय जय सेम नागराजा धर्म आस्था की बाबा विश्वनाथ की नगरी उत्तरकाशी
- बाबा विश्वनाथ की नगरी देवभूमि उत्तराखंड ग्राम चीणा खोली जनपद उत्तरकाशी में इष्टदेव भगवान 🚩 श्री सेम नागराजा का अद्भुत चमत्कार! 🚩 यह घटना साक्षात चमत्कार से कम नहीं है, जिसे साझा करना बहुत जरूरी है। कल हमारे सेम नागराजा को जौनपुर (मराड़)से आए एक विशेष निमंत्रण पर वहां ले जाया गया था। जब नागराजा की डोली वहां पहुँची, तो देखा कि वहां भगवती माँ की डोली बहुत नाराज थी और अपने स्थान से हिल तक नहीं रही थी। तभी हमारे सेम नागराजा ने अपनी दिव्य शक्ति से एक गहरा रहस्य खोला। उन्होंने संकेत दिया कि माँ के मंदिर के पास 5 फीट जमीन के नीचे एक प्राचीन मूर्ति दबी हुई है, जिसके कारण माँ रुष्ट हैं। जब ग्रामीणों ने उस स्थान पर खुदाई की, तो सबकी आँखें फटी की फटी रह गईं! ठीक 5 फीट नीचे से वही दिव्य मूर्ति प्रकट हुई। इसके बाद: :मूर्ति को वहां की स्थानीय पवित्र जलधारा से स्नान कराया गया। :पूरे विधि-विधान के साथ मूर्ति की प्राण-प्रतिष्ठा की गई। जैसे ही मूर्ति स्थापित हुई, भगवती माँ की डोली खुशी से झूम उठी! यह दृश्य देख हर कोई भावुक हो गया। विज्ञान के पास शायद इसका जवाब न हो, पर यह साक्षात चमत्कार से कम नहीं था। आज नागराजा की डोली सानंद वापस आ गई है। धन्य हैं हमारे सेम नागराजा और धन्य है हमारी देवभूमि उत्तराखंड की पावन धरा 💐💐💐💐🙏🙏🙏जय जय सेम नागराजा धर्म आस्था की बाबा विश्वनाथ की नगरी उत्तरकाशी2
- हथियार साफ करते समय चली गोली बैंक कर्मचारियों की गई जान1
- Post by Aviraj Rathi1
- मंसूरपुर के ग्राम पुरा और वलीदपुर के श्री परमधाम में आयोजित विशाल जनसभाओं को संबोधित करते हुए श्री चंद्रमोहन जी ने कहा कि फसल बर्बाद होने पर दोबारा पैदा की जा सकती है1
- मेरठ के सरधना क्षेत्र से एक बेहद संवेदनशील और चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां दहेज हत्या के आरोपों ने पूरे इलाके को हिला कर रख दिया। एक विवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद उसे चुपचाप दफना देने का आरोप लगने पर प्रशासन हरकत में आया और डीएम के आदेश पर शव को कब्र से बाहर निकलवाया गया। मायके पक्ष का आरोप है कि विवाह के बाद से ही उनकी बेटी को दहेज के लिए लगातार मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा था। परिजनों का कहना है कि उन्हें न तो बेटी की हालत के बारे में सही जानकारी दी गई और न ही उसकी मौत की सूचना समय पर दी गई। सबसे गंभीर आरोप यह है कि बिना किसी कानूनी प्रक्रिया और सूचना के, ससुराल पक्ष ने जल्दबाजी में शव को दफना दिया, जिससे मामले पर और भी संदेह गहरा गया। जैसे ही यह मामला प्रशासन के संज्ञान में आया, जिला अधिकारी ने तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। नायब तहसीलदार, पुलिस और फोरेंसिक टीम की मौजूदगी में कब्र से शव को बाहर निकाला गया। पूरे घटनाक्रम के दौरान मौके पर भारी भीड़ जमा रही और माहौल काफी तनावपूर्ण बना रहा। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है, ताकि मौत के असली कारणों का खुलासा हो सके। प्रशासन का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी और यदि दहेज हत्या की पुष्टि होती है तो दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कदम उठाए जाएंगे। यह मामला एक बार फिर समाज में दहेज प्रथा जैसी कुप्रथा की भयावह सच्चाई को उजागर करता है, जहां लालच के कारण एक महिला की जिंदगी खत्म हो जाती है। फिलहाल पूरे क्षेत्र की नजरें पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर टिकी हैं, जो इस रहस्यमयी मौत से पर्दा उठाने में अहम भूमिका निभाएगी।1
- मुजफ्फरनगर। संवाददाता। नगर के बसंत विहार, सरवट निवासी आकाश कुमार पुत्र रामपाल के उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग यूपी पीसीएस परीक्षा में चयनित होकर रजिस्ट्रार पद पर नियुक्त होने पर समाजवादी पार्टी नेताओं ने उनके आवास पर पहुंचकर सम्मानित किया। इस अवसर पर सपा नेताओं ने आकाश कुमार को शॉल ओढ़ाकर एवं फूलमालाएं पहनाकर बधाई दी। सपा नेताओं ने कहा कि जिले के युवा अपनी प्रतिभा के दम पर मुजफ्फरनगर का नाम देशभर में रोशन कर रहे हैं, जो गर्व की बात है। उन्होंने आकाश कुमार के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए उनकी इस उपलब्धि को अन्य युवाओं के लिए प्रेरणा बताया। सम्मान कार्यक्रम में वरिष्ठ सपा नेता एवं जिला बार संघ अध्यक्ष प्रमोद त्यागी (एडवोकेट), सपा प्रदेश सचिव विनय पाल, सपा नेता अब्दुल्ला राणा, सपा जिला मीडिया प्रभारी साजिद हसन, सपा अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय सचिव दर्शन सिंह धनगर,सपा पिछड़ा वर्ग प्रकोष्ठ जिलाध्यक्ष सतीश गुर्जर, सपा नेता डॉ. नरेश विश्वकर्मा, सुमित पंवार बारी, संदीप पाल, पवन पाल, नासिर खान, कृष्ण पाल सिंह पाल, डॉ. प्रमोद पाल, राजेंद्र कुमार पांचली, बिट्टू तिगरी, प्रद्युम्न कुमार सहित अनेक लोग उपस्थित रहे।1
- Post by Ankit rana1
- मुजफ्फरनगर में 13 अप्रैल को CM योगी का आगमन, प्रशासन ने संभाली कमान — चाक-चौबंद सुरक्षा के बीच ऐतिहासिक जनसभा की तैयारी मुजफ्फरनगर। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी के 13 अप्रैल को प्रस्तावित दौरे को लेकर जनपद में उत्साह और सुरक्षा दोनों अपने चरम पर हैं। मुख्यमंत्री की जनसभा को ऐतिहासिक और व्यवस्थित बनाने के लिए जिला प्रशासन, पुलिस विभाग और खुफिया एजेंसियां पूरी तरह से मुस्तैदी के साथ जुटी हुई हैं। शासन के स्पष्ट निर्देशों के तहत हर छोटी से छोटी व्यवस्था पर बारीकी से नजर रखी जा रही है, जिससे कार्यक्रम निर्विघ्न और सुरक्षित तरीके से संपन्न हो सके। प्रशासन की सतर्कता बनी मिसाल जनपद मुजफ्फरनगर में जिलाधिकारी के नेतृत्व में प्रशासनिक मशीनरी जिस सक्रियता और समर्पण के साथ कार्य कर रही है, वह सराहनीय है। अधिकारियों द्वारा लगातार कार्यक्रम स्थल का निरीक्षण किया जा रहा है और व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दिया जा रहा है। साफ-सफाई, यातायात प्रबंधन, पार्किंग, पेयजल और चिकित्सा सुविधाओं तक हर पहलू को गंभीरता से लिया गया है। कपिल देव अग्रवाल ने लिया जायजा राज्य मंत्री कपिल देव अग्रवाल स्वयं मौके पर पहुंचकर तैयारियों का निरीक्षण कर चुके हैं। उन्होंने अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश देते हुए कहा कि कार्यक्रम में आने वाली जनता को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसका विशेष ध्यान रखा जाए। मंत्री की सक्रियता ने तैयारियों को और अधिक गति प्रदान की है। सुरक्षा व्यवस्था के अभेद्य इंतजाम मुख्यमंत्री के दौरे को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। जनसभा स्थल से लेकर पूरे शहर में पुलिस बल की व्यापक तैनाती की गई है। प्रवेश और निकास मार्गों पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है, वहीं संदिग्ध गतिविधियों पर तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। सुरक्षा व्यवस्था इतनी सुदृढ़ है कि हर स्तर पर एक मजबूत सुरक्षा घेरा तैयार किया गया है। खुफिया एजेंसियां पूरी तरह अलर्ट इस पूरे आयोजन में खुफिया एजेंसियों की भूमिका भी बेहद अहम और सराहनीय रही है। एजेंसियां लगातार हर गतिविधि पर नजर बनाए हुए हैं और संभावित खतरों को समय रहते चिन्हित कर प्रशासन को सतर्क कर रही हैं। उनकी सक्रियता के चलते सुरक्षा व्यवस्था और भी मजबूत और विश्वसनीय बनी हुई है। जनता में उत्साह, प्रशासन पर भरोसा मुख्यमंत्री के आगमन को लेकर जनता में भारी उत्साह देखने को मिल रहा है। वहीं प्रशासन की सक्रियता और सुरक्षा एजेंसियों की सतर्कता ने लोगों के मन में विश्वास भी बढ़ाया है कि कार्यक्रम पूरी तरह सुरक्षित और सफल रहेगा। कुल मिलाकर, मुजफ्फरनगर में 13 अप्रैल को होने वाली यह जनसभा न सिर्फ राजनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण मानी जा रही है, बल्कि प्रशासनिक दक्षता और सुरक्षा प्रबंधन का भी एक उत्कृष्ट उदाहरण बनने जा रही है।1
- मुजफ्फरनगर के रोजगार मेले में पहुंचेंगे उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और युवाओं को देंगे रोजगार1