UPI पेमेंट पर बड़ा बदलाव! ₹5,000 पर ₹20 और ₹10,000 पर ₹40 चार्ज? जानिए पूरा नियम 📌 Description Box UPI पेमेंट को लेकर नए नियम की चर्चा तेज है। 15 अक्टूबर 2026 से पात्र Merchant UPI Transactions में ₹2,000 से अधिक के भुगतान पर 0.4% MDR शुल्क लगने की जानकारी सामने आई है। उदाहरण के तौर पर ₹5,000 पर ₹20 और ₹10,000 के भुगतान पर ₹40 शुल्क बनता है। बताया गया है कि यह शुल्क Merchant/दुकानदार से लिया जाएगा, ग्राहक से नहीं। वहीं Person-to-Person (P2P) UPI ट्रांजैक्शन पर शुल्क नहीं होने की बात है। ⚠️ नोट: नियम और शुल्क बैंक/ट्रांजैक्शन की श्रेणी के अनुसार अलग हो सकते हैं। अंतिम जानकारी के लिए अपने बैंक/UPI सेवा प्रदाता की आधिकारिक जानकारी जरूर देखें। 🔥 UPI पेमेंट पर बड़ा बदलाव! ₹5,000 पर ₹20 और ₹10,000 पर ₹40 चार्ज? जानिए पूरा नियम 📌 Description Box UPI पेमेंट को लेकर नए नियम की चर्चा तेज है। 15 अक्टूबर 2026 से पात्र Merchant UPI Transactions में ₹2,000 से अधिक के भुगतान पर 0.4% MDR शुल्क लगने की जानकारी सामने आई है। उदाहरण के तौर पर ₹5,000 पर ₹20 और ₹10,000 के भुगतान पर ₹40 शुल्क बनता है। बताया गया है कि यह शुल्क Merchant/दुकानदार से लिया जाएगा, ग्राहक से नहीं। वहीं Person-to-Person (P2P) UPI ट्रांजैक्शन पर शुल्क नहीं होने की बात है। ⚠️ नोट: नियम और शुल्क बैंक/ट्रांजैक्शन की श्रेणी के अनुसार अलग हो सकते हैं। अंतिम जानकारी के लिए अपने बैंक/UPI सेवा प्रदाता की आधिकारिक जानकारी जरूर देखें। 🔥
UPI पेमेंट पर बड़ा बदलाव! ₹5,000 पर ₹20 और ₹10,000 पर ₹40 चार्ज? जानिए पूरा नियम 📌 Description Box UPI पेमेंट को लेकर नए नियम की चर्चा तेज है। 15 अक्टूबर 2026 से पात्र Merchant UPI Transactions में ₹2,000 से अधिक के भुगतान पर 0.4% MDR शुल्क लगने की जानकारी सामने आई है। उदाहरण के तौर पर ₹5,000 पर ₹20 और ₹10,000 के भुगतान पर ₹40 शुल्क बनता है। बताया गया है कि यह शुल्क Merchant/दुकानदार से लिया जाएगा, ग्राहक से नहीं। वहीं Person-to-Person (P2P) UPI ट्रांजैक्शन पर शुल्क नहीं होने की बात है। ⚠️ नोट: नियम और शुल्क बैंक/ट्रांजैक्शन की श्रेणी के अनुसार अलग हो सकते हैं। अंतिम जानकारी के लिए अपने बैंक/UPI सेवा प्रदाता की आधिकारिक जानकारी जरूर देखें। 🔥 UPI पेमेंट पर बड़ा बदलाव! ₹5,000 पर ₹20 और ₹10,000 पर ₹40 चार्ज? जानिए पूरा नियम 📌 Description Box UPI पेमेंट को लेकर नए नियम की चर्चा तेज है। 15 अक्टूबर 2026 से पात्र Merchant UPI Transactions में ₹2,000 से अधिक के भुगतान पर 0.4% MDR शुल्क लगने की जानकारी सामने आई है। उदाहरण के तौर पर ₹5,000 पर ₹20 और ₹10,000 के भुगतान पर ₹40 शुल्क बनता है। बताया गया है कि यह शुल्क Merchant/दुकानदार से लिया जाएगा, ग्राहक से नहीं। वहीं Person-to-Person (P2P) UPI ट्रांजैक्शन पर शुल्क नहीं होने की बात है। ⚠️ नोट: नियम और शुल्क बैंक/ट्रांजैक्शन की श्रेणी के अनुसार अलग हो सकते हैं। अंतिम जानकारी के लिए अपने बैंक/UPI सेवा प्रदाता की आधिकारिक जानकारी जरूर देखें। 🔥
- पूरे बिहार के किसानों की एक ही समस्या यूरिया और डाई उसमें भी ग्रामीण रिटेलरों ने किया अनिश्चितकालीन दुकान बंद और यूरिया डाई खरीद बिक्री करने का विरोध।1
- BJP ka matalab yah hai आखिर कब बनेगा यह रोड सरकार से हमारा यही विनती है अभी बारिश नहीं होती है यह सुख है बारिश होने लगती है तो यहां पर क्यों भर पानी लग जाता है स्कूल जाने वाले बच्चों को बहुत ही ज्यादा नुकसान होता है और जो स्कूल जाते हैं उनका साल के लिए जाता है लड़कियोंका भी1
- लौकरिया में मेले में हुआ कुश्ती मुकाबला लौकरिया में आयोजित मेले के दौरान कुश्ती प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। मुकाबले को देखने के लिए बड़ी संख्या में ग्रामीण और दर्शक पहुंचे। अखाड़े में पहलवानों ने दमखम दिखाते हुए एक-दूसरे को कड़ी टक्कर दी। कुश्ती मुकाबले को लेकर लोगों में खासा उत्साह देखने को मिला और पूरा माहौल रोमांचक बना रहा।1
- बैकुंठवा में लगा सहयोग शिविर, ग्रामीणों की समस्याओं के समाधान का दिया आश्वासन नौतन। प्रखंड क्षेत्र के बैकुंठवा पंचायत में मंगलवार को सहयोग शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में पंचायत के विभिन्न गांवों से बड़ी संख्या में ग्रामीण पहुंचे और अपनी समस्याओं से संबंधित आवेदन एवं शिकायतें अधिकारियों व जनप्रतिनिधियों के समक्ष रखीं। इस दौरान जरूरतमंद लोगों की समस्याओं को गंभीरता से सुना गया तथा उनके समाधान के लिए संबंधित स्तर पर आवश्यक पहल करने का आश्वासन दिया गया। मुखिया अफरोज नय्यर ने कहा कि ग्रामीणों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने और उनकी समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए लगातार प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सहयोग शिविर का मुख्य उद्देश्य जरूरतमंद लोगों तक सहायता पहुंचाना और उन्हें सरकारी योजनाओं की जानकारी उपलब्ध कराना है। शिविर में अधिकारियों ने ग्रामीणों को आवश्यक जानकारी दी तथा प्राप्त आवेदनों पर नियमानुसार कार्रवाई का भरोसा दिलाया। मौके पर बीएओ नेहा राज, पंचायत सचिव नगीना पासवान सहित अन्य कर्मी एवं ग्रामीण मौजूद रहे।1
- शिक्षा विभाग, खेल विभाग एवं बिहार राज्य खेल प्रतियोगिता की तैयारी शुरू हो गई है। 15 September. मास्टर ट्रेनरों की टीम द्वारा जिला ट्रेनरों के प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ आज से किया गया। 15.09.2026.1
- लाखों की लागत से बना विवाह भवन हुआ खंडहर, उपयोग के अभाव में बदहाल हो रही सरकारी संपत्ति** # **लाखों की लागत से बना विवाह भवन हुआ खंडहर, उपयोग के अभाव में बदहाल हो रही सरकारी संपत्ति** **बंजारी पट्टी क्षेत्र के चमाडिया गांव का मामला** **बंजारी पट्टी।** ग्रामीणों की सुविधा और सामुदायिक आयोजनों के लिए लाखों रुपये की लागत से बनाया गया विवाह भवन अब देखरेख के अभाव में धीरे-धीरे खंडहर में तब्दील होता जा रहा है। भवन बनने के बावजूद इसका समुचित उपयोग नहीं हो रहा है। लंबे समय से उपेक्षित पड़े भवन की हालत लगातार खराब होती जा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि सरकार की ओर से जनसुविधाओं के लिए लाखों रुपये खर्च कर भवन का निर्माण कराया जाता है, लेकिन निर्माण के बाद उसकी देखरेख और उपयोग की व्यवस्था पर ध्यान नहीं दिया जाता। यही वजह है कि चमाडिया गांव में बना विवाह भवन भी अब अपनी उपयोगिता खोता नजर आ रहा है। सबसे बड़ा सवाल यह है कि **जब भवन का निर्माण विवाह और सामुदायिक आयोजनों के लिए कराया गया था, तो इसका उपयोग आखिर क्यों नहीं हो रहा है?** यदि इसी तरह भवन बंद पड़ा रहा तो आने वाले समय में इसकी हालत और खराब हो सकती है और सरकारी धन से बनी संपत्ति पूरी तरह जर्जर हो जाएगी। ग्रामीणों ने मांग की है कि संबंधित विभाग मौके पर जांच कर भवन की वर्तमान स्थिति का जायजा ले और इसकी साफ-सफाई, मरम्मत तथा उपयोग की व्यवस्था सुनिश्चित करे, ताकि जिस उद्देश्य से लाखों रुपये खर्च कर भवन बनाया गया था, उसका लाभ ग्रामीणों को मिल सके। ग्रामीणों का कहना है कि **सरकारी धन से बनी संपत्ति का इस तरह बर्बाद होना चिंता का विषय है।** जरूरत है कि जिम्मेदार अधिकारी इसकी सुध लें और विवाह भवन को दोबारा उपयोग के लायक बनाकर ग्रामीणों के लिए उपलब्ध कराएं।4
- 40 हजार के लैपटॉप की जगह 250 रुपये के सेंचुरी पेपर! फ्लिपकार्ट की ऑनलाइन डिलीवरी पर उठे सवाल पश्चिम चंपारण के गौनाहा से ऑनलाइन शॉपिंग को लेकर एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। फ्लिपकार्ट से करीब 40 हजार रुपये का लैपटॉप ऑर्डर करने वाले ग्राहक को लैपटॉप की जगह सेंचुरी पेपर के दो पैकेट मिलने का आरोप है। घटना के बाद ऑनलाइन शॉपिंग और डिलीवरी व्यवस्था को लेकर ग्राहक के भरोसे पर सवाल खड़े हो गए हैं। मामला सहोदरा थाना क्षेत्र के जमुनिया का है। यहां न्यू सनराइज पब्लिक स्कूल के संचालक चंदू कुमार ने आरोप लगाया है कि उन्होंने फ्लिपकार्ट से करीब 40 हजार रुपये का लैपटॉप ऑनलाइन ऑर्डर किया था। ऑर्डर की डिलीवरी छह सितंबर को होनी थी, लेकिन कथित तौर पर 13 सितंबर की दोपहर डिलीवरी मैन बिपुल यादव पार्सल लेकर उनके घर पहुंचे। चंदू कुमार के मुताबिक, ऑर्डर ओपन बॉक्स डिलीवरी का था। पार्सल की सील उन्हें पहले से ही कुटी हुई नजर आई, जिससे उन्हें शक हुआ। इसके बाद उन्होंने पैकेट खोलने की पूरी प्रक्रिया का वीडियो बनाना शुरू कर दिया। पैकेट खुला तो अंदर का नजारा देखकर वह हैरान रह गए। करीब 40 हजार रुपये के लैपटॉप की जगह सेंचुरी पेपर के दो पैकेट निकले, जिनकी कीमत करीब 250 रुपये बताई जा रही है। चंदू कुमार का कहना है कि लैपटॉप की पूरी रकम उन्होंने पहले ही क्रेडिट कार्ड से भुगतान कर दी थी। मामला सामने आने के बाद उन्होंने डिलीवरी मैन को रोक लिया और नरकटियागंज हब के जिम्मेदार अधिकारियों को मौके पर बुलाया। सूचना पर ईकार्ट हब के मालिक चंदन कुमार मिश्रा, सेकेंड इंचार्ज प्रियांशु कुमार, राहुल और शिवबच्चन मौके पर पहुंचे। हालांकि, हब अधिकारियों ने अपने स्तर से किसी तरह की गड़बड़ी होने से इनकार किया। हब मालिक चंदन कुमार मिश्रा ने चंदू कुमार को रविवार शाम तक राशि वापस होने का आश्वासन दिया। साथ ही यह भी कहा कि आखिर लैपटॉप की जगह सेंचुरी पेपर पार्सल में किस स्तर पर पहुंचा, इसकी जांच कराई जाएगी। जांच पूरी होने के बाद ही पूरे मामले की वास्तविक वजह सामने आने की बात कही गई है। चंदू कुमार ने यह भी दावा किया कि ऑनलाइन स्टेटस के अनुसार पार्सल छह सितंबर से ही नरकटियागंज हब में उपलब्ध था। इसके बावजूद करीब सात दिन बाद जमुनिया में डिलीवरी की गई। अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि अगर ग्राहक ने लैपटॉप ऑर्डर किया था, तो पैकेट के अंदर A4 साइज के पेपर के दो पैकेट कैसे पहुंच गए? पार्सल के साथ छेड़छाड़ हुई या पैकिंग के स्तर पर कोई गड़बड़ी हुई, यह जांच के बाद ही स्पष्ट होगा। फ्लिपकार्ट जैसी ऑनलाइन शॉपिंग कंपनी से ग्राहक उम्मीद करता है कि उसे ऑर्डर किया गया वही उत्पाद सुरक्षित तरीके से मिले। लेकिन इस मामले में लैपटॉप की जगह पेपर मिलने के आरोप ने ऑनलाइन खरीदारी और डिलीवरी सिस्टम की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल ग्राहक ने पूरे मामले की जांच कर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। अब देखना होगा कि जांच में सामने क्या आता है और ग्राहक को उसकी करीब 40 हजार रुपये की रकम कब तक वापस मिलती है।1
- हड़बोड़ा नदी में डूबने से 15 वर्षीय किशोर की मौत, शाम छह बजे बरामद हुआ शव नरकटियागंज। धूमनगर रेलवे लाइन के समीप हड़बोड़ा नदी में मंगलवार को नहाने के दौरान 15 वर्षीय किशोर की डूबने से मौत हो गई। मृतक की पहचान नगर परिषद के वार्ड संख्या सात निवासी राधेश्याम प्रसाद के पुत्र लक्की कुमार के रूप में हुई है। बताया गया कि लक्की नदी में अकेले नहा रहा था। इसी दौरान नदी किनारे बकरी चरा रहीं महिलाओं ने उसे डूबते देखा और शोर मचाया। आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और स्थानीय गोताखोरों की मदद से नदी में उसकी तलाश शुरू की। कई घंटे की मशक्कत के बाद शाम करीब छह बजे किशोर का शव बरामद किया गया। शव मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। घटना की सूचना पर राजस्व अधिकारी अशोक कुमार और शिकारपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर आवश्यक कागजी कार्रवाई पूरी की तथा अंत्यपरीक्षण के लिए भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी।1