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पूर्व बसपा उम्मीदवार डॉ. अस्मिता को उनके पति के साथ वीर सिंह से जुड़े एक मामले में गिरफ्तार किया गया है। इस गिरफ्तारी के विरोध में ओबीसी महासभा ने दिल्ली में ज़ोरदार प्रदर्शन किया है।

4 hrs ago
user_10 News Network
10 News Network
Local News Reporter साकेत, दक्षिण दिल्ली, दिल्ली•
4 hrs ago

पूर्व बसपा उम्मीदवार डॉ. अस्मिता को उनके पति के साथ वीर सिंह से जुड़े एक मामले में गिरफ्तार किया गया है। इस गिरफ्तारी के विरोध में ओबीसी महासभा ने दिल्ली में ज़ोरदार प्रदर्शन किया है।

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  • भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (FSSAI) ने समोसे-कचौरी या अन्य खाने-पीने की चीजें बेचने वाले दुकानदारों के लिए एक बड़ी चेतावनी जारी की है। FSSAI ने साफ कर दिया है कि अगर कोई दुकानदार खाने-पीने की चीजों को अखबार में लपेटकर बेचते हुए पाया जाता है, तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। एजेंसी ने सोशल मीडिया साइट 'एक्स' पर एक पोस्ट में चेतावनी दी कि अखबारों की छपाई में इस्तेमाल होने वाली स्याही में सीसा और अन्य भारी धातुएं तथा हानिकारक रसायन होते हैं। FSSAI के आदेश में कहा गया है कि खाने-पीने की चीजों में अखबार का उपयोग तुरंत बंद करना होगा, क्योंकि गर्म और रसीला खाना इन रसायनों को अपने साथ सोख लेता है, जिससे ये मानव शरीर में पहुंचकर स्वास्थ्य को गंभीर नुकसान पहुंचा सकते हैं। FSSAI ने अपने पैकेजिंग नियम 2018 का हवाला देते हुए बताया कि भोजन के भंडारण, रैपिंग या परोसने के लिए अखबारों या इसी तरह की अप्रमाणित सामग्री का उपयोग करना सख्त वर्जित है। इस चेतावनी के बाद भी अगर कोई दुकानदार अखबारों का इस्तेमाल करते हुए पकड़ा जाता है, तो उसे 6 महीने तक की जेल या फिर ₹5 लाख तक के जुर्माने का सामना करना पड़ सकता है। FSSAI ने ग्राहकों से भी सतर्क रहने की अपील की है।
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    भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (FSSAI) ने समोसे-कचौरी या अन्य खाने-पीने की चीजें बेचने वाले दुकानदारों के लिए एक बड़ी चेतावनी जारी की है। FSSAI ने साफ कर दिया है कि अगर कोई दुकानदार खाने-पीने की चीजों को अखबार में लपेटकर बेचते हुए पाया जाता है, तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

एजेंसी ने सोशल मीडिया साइट 'एक्स' पर एक पोस्ट में चेतावनी दी कि अखबारों की छपाई में इस्तेमाल होने वाली स्याही में सीसा और अन्य भारी धातुएं तथा हानिकारक रसायन होते हैं। FSSAI के आदेश में कहा गया है कि खाने-पीने की चीजों में अखबार का उपयोग तुरंत बंद करना होगा, क्योंकि गर्म और रसीला खाना इन रसायनों को अपने साथ सोख लेता है, जिससे ये मानव शरीर में पहुंचकर स्वास्थ्य को गंभीर नुकसान पहुंचा सकते हैं।

FSSAI ने अपने पैकेजिंग नियम 2018 का हवाला देते हुए बताया कि भोजन के भंडारण, रैपिंग या परोसने के लिए अखबारों या इसी तरह की अप्रमाणित सामग्री का उपयोग करना सख्त वर्जित है। इस चेतावनी के बाद भी अगर कोई दुकानदार अखबारों का इस्तेमाल करते हुए पकड़ा जाता है, तो उसे 6 महीने तक की जेल या फिर ₹5 लाख तक के जुर्माने का सामना करना पड़ सकता है। FSSAI ने ग्राहकों से भी सतर्क रहने की अपील की है।
    user_Rekha Panchal
    Rekha Panchal
    Delhi Cantonment, New Delhi•
    13 hrs ago
  • पेपर लीक जैसी गंभीर समस्या के लिए केवल सरकार ही नहीं, बल्कि अधिकारियों की भी सीधी जवाबदेही बनती है। इसके साथ ही, उन कोचिंग सेंटरों की भी बड़ी जिम्मेदारी है जो इस तरह के लीक को बढ़ावा देते हैं। स्पष्ट शब्दों में कहा गया है कि जिस दिन सभी कोचिंग सेंटर बंद हो जाएँगे, उसी दिन पेपर लीक होना पूरी तरह से रुक जाएगा। यह भी बताया गया है कि हर बार जब कोई पेपर लीक होता है, तो लाखों बच्चों का भविष्य अंधकारमय हो जाता है।
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    पेपर लीक जैसी गंभीर समस्या के लिए केवल सरकार ही नहीं, बल्कि अधिकारियों की भी सीधी जवाबदेही बनती है। इसके साथ ही, उन कोचिंग सेंटरों की भी बड़ी जिम्मेदारी है जो इस तरह के लीक को बढ़ावा देते हैं। स्पष्ट शब्दों में कहा गया है कि जिस दिन सभी कोचिंग सेंटर बंद हो जाएँगे, उसी दिन पेपर लीक होना पूरी तरह से रुक जाएगा। यह भी बताया गया है कि हर बार जब कोई पेपर लीक होता है, तो लाखों बच्चों का भविष्य अंधकारमय हो जाता है।
    user_Vinod Rastogi
    Vinod Rastogi
    चाणक्यपुरी, नई दिल्ली, दिल्ली•
    19 hrs ago
  • कांग्रेस ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन किया है। यह प्रदर्शन शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग पर केंद्रित था।
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    कांग्रेस ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन किया है। यह प्रदर्शन शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग पर केंद्रित था।
    user_ATISH KUMAR
    ATISH KUMAR
    वसंत विहार, नई दिल्ली, दिल्ली•
    20 hrs ago
  • कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग एक बार फिर दोहराई है। अभिजीत दीपके ने स्पष्ट किया कि यदि धर्मेंद्र प्रधान शनिवार तक अपने पद से इस्तीफा नहीं देते हैं, तो इसके विरोध में अब हर राज्य और शहर में प्रदर्शन किए जाएंगे। उन्होंने यह भी बताया कि वे स्वयं इन प्रदर्शनों में शामिल होंगे और राजधानी दिल्ली में भी फिर से विरोध प्रदर्शन आयोजित किए जाएंगे।
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    कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग एक बार फिर दोहराई है। अभिजीत दीपके ने स्पष्ट किया कि यदि धर्मेंद्र प्रधान शनिवार तक अपने पद से इस्तीफा नहीं देते हैं, तो इसके विरोध में अब हर राज्य और शहर में प्रदर्शन किए जाएंगे। उन्होंने यह भी बताया कि वे स्वयं इन प्रदर्शनों में शामिल होंगे और राजधानी दिल्ली में भी फिर से विरोध प्रदर्शन आयोजित किए जाएंगे।
    user_SURENDRA KUMAR
    SURENDRA KUMAR
    चाणक्यपुरी, नई दिल्ली, दिल्ली•
    20 hrs ago
  • दिल्ली में एक अनोखा नज़ारा देखने को मिला है, जहाँ एक बिल्ली को एक गाड़ी के ऊपर चढ़ते हुए देखा गया। यह दृश्य लोगों के लिए जिज्ञासा का विषय बन गया, क्योंकि आमतौर पर ऐसा देखने को नहीं मिलता।
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    दिल्ली में एक अनोखा नज़ारा देखने को मिला है, जहाँ एक बिल्ली को एक गाड़ी के ऊपर चढ़ते हुए देखा गया। यह दृश्य लोगों के लिए जिज्ञासा का विषय बन गया, क्योंकि आमतौर पर ऐसा देखने को नहीं मिलता।
    user_Pankaj Rawat
    Pankaj Rawat
    Artist सिविल लाइन्स, मध्य दिल्ली, दिल्ली•
    4 hrs ago
  • दृशा वेलफेयर फाउंडेशन नामक एनजीओ ने कुछ सामाजिक लोगों को सम्मानित किया है। इस सम्मान समारोह में, एनजीओ के राष्ट्रीय अध्यक्ष द्वारा इन सभी लोगों को 'मेमर' बनाकर विभिन्न पद सौंपे गए।
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    दृशा वेलफेयर फाउंडेशन नामक एनजीओ ने कुछ सामाजिक लोगों को सम्मानित किया है। इस सम्मान समारोह में, एनजीओ के राष्ट्रीय अध्यक्ष द्वारा इन सभी लोगों को 'मेमर' बनाकर विभिन्न पद सौंपे गए।
    user_Advocate Rahul Gupta
    Advocate Rahul Gupta
    Lawyer शाहदरा, शाहदरा, दिल्ली•
    5 hrs ago
  • बिस्किट और टॉफी बनाने वाली Parle कंपनी का नाम हर कोई जानता है, लेकिन हाल ही में 'पारले' नाम का फायदा Parle Industries को मिल रहा है, जिसका बिस्किट-टॉफी से कोई वास्ता नहीं। बीते 15 दिनों से लगभग हर रोज इस स्टॉक में अपर सर्किट लग रहा है, जिससे इसमें पैसे लगाने वाले निवेशक जमकर कमाई कर रहे हैं। इस तूफानी तेजी का सीधा कनेक्शन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से जुड़ा है। दरअसल, Parle Industries के शेयर में यह तेजी 20 मई से शुरू हुई, जब सोशल मीडिया पर इटली की पीएम जॉर्जिया मेलोनी द्वारा साझा किए गए एक वीडियो में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उन्हें पारले की मेलोडी टॉफी का पैकेट उपहार में देते नजर आए। इस तेजी से वायरल हुए वीडियो के बाद 'मेलोडी' सोशल मीडिया पर ट्रेंड करने लगा, जिसके चलते भारतीय शेयर बाजार में 'पारले' नाम से लिस्टेड Parle Industries के शेयर खरीदने की होड़ मच गई। निवेशकों ने यह भी ध्यान नहीं दिया कि Melody टॉफी बनाने वाली कंपनी Parle Products शेयर बाजार में लिस्टेड नहीं है और इसका Parle Industries से कोई संबंध नहीं है। प्रधानमंत्री मोदी द्वारा जॉर्जिया मेलोनी को मेलोडी टॉफी भेंट किए जाने के बाद से ही इस शेयर में अपर सर्किट लगने का सिलसिला शुरू हो गया, जो एक-दो दिनों को छोड़कर अब तक जारी है। 19 मई को इस शेयर का मूल्य सिर्फ 5 रुपये था, लेकिन सोमवार 8 मई को यह 5 फीसदी के अपर सर्किट के साथ 9.35 रुपये के स्तर पर पहुंच गया। बीते 15 कारोबारी दिनों में Parle Industries का शेयर रॉकेट की तरह भागा है, जिसमें 87% का जोरदार उछाल दर्ज किया गया है। इसके चलते शेयर का भाव 4.35 रुपये बढ़ा है, और मार्च महीने के अंत से अब तक यह निवेशकों का पैसा दोगुना कर चुका है, कुल 116 फीसदी का रिटर्न दे चुका है।
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    बिस्किट और टॉफी बनाने वाली Parle कंपनी का नाम हर कोई जानता है, लेकिन हाल ही में 'पारले' नाम का फायदा Parle Industries को मिल रहा है, जिसका बिस्किट-टॉफी से कोई वास्ता नहीं। बीते 15 दिनों से लगभग हर रोज इस स्टॉक में अपर सर्किट लग रहा है, जिससे इसमें पैसे लगाने वाले निवेशक जमकर कमाई कर रहे हैं। इस तूफानी तेजी का सीधा कनेक्शन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से जुड़ा है।

दरअसल, Parle Industries के शेयर में यह तेजी 20 मई से शुरू हुई, जब सोशल मीडिया पर इटली की पीएम जॉर्जिया मेलोनी द्वारा साझा किए गए एक वीडियो में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उन्हें पारले की मेलोडी टॉफी का पैकेट उपहार में देते नजर आए। इस तेजी से वायरल हुए वीडियो के बाद 'मेलोडी' सोशल मीडिया पर ट्रेंड करने लगा, जिसके चलते भारतीय शेयर बाजार में 'पारले' नाम से लिस्टेड Parle Industries के शेयर खरीदने की होड़ मच गई। निवेशकों ने यह भी ध्यान नहीं दिया कि Melody टॉफी बनाने वाली कंपनी Parle Products शेयर बाजार में लिस्टेड नहीं है और इसका Parle Industries से कोई संबंध नहीं है।

प्रधानमंत्री मोदी द्वारा जॉर्जिया मेलोनी को मेलोडी टॉफी भेंट किए जाने के बाद से ही इस शेयर में अपर सर्किट लगने का सिलसिला शुरू हो गया, जो एक-दो दिनों को छोड़कर अब तक जारी है। 19 मई को इस शेयर का मूल्य सिर्फ 5 रुपये था, लेकिन सोमवार 8 मई को यह 5 फीसदी के अपर सर्किट के साथ 9.35 रुपये के स्तर पर पहुंच गया। बीते 15 कारोबारी दिनों में Parle Industries का शेयर रॉकेट की तरह भागा है, जिसमें 87% का जोरदार उछाल दर्ज किया गया है। इसके चलते शेयर का भाव 4.35 रुपये बढ़ा है, और मार्च महीने के अंत से अब तक यह निवेशकों का पैसा दोगुना कर चुका है, कुल 116 फीसदी का रिटर्न दे चुका है।
    user_Vipin Singh
    Vipin Singh
    Delhi Cantonment, New Delhi•
    11 hrs ago
  • भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (यूआईडीएआई) ने उन सभी आधार कार्ड धारकों को सूचित किया है जिनके कार्ड 10 साल पुराने हो चुके हैं और अभी तक अपडेट नहीं हुए हैं, वे तत्काल अपना आधार अपडेट करा लें। इसके लिए 14 जून तक का अवसर दिया गया है, जिसमें फोटो से लेकर अन्य पुरानी प्रविष्टियों को बदला जा सकता है। यदि इस निर्धारित समय-सीमा के भीतर आधार कार्ड को अपडेट नहीं कराया जाता है, तो भिन्नता की स्थिति में संबंधित व्यक्ति सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित रह सकते हैं। यह प्रक्रिया अपने नजदीकी डाकघर या आधार सेवा केंद्र पर पूरी की जा सकती है। यूआईडीएआई का तर्क है कि 10 साल के भीतर व्यक्ति के चेहरे और फिंगरप्रिंट में बदलाव आ जाता है, साथ ही कई बार निवास का पता भी बदल जाता है। ऐसी स्थिति में 10 साल बाद आधार कार्ड को अपडेट कराना अनिवार्य हो जाता है। अद्यतन न होने पर, केवाईसी (अपने ग्राहक को जानें) प्रक्रियाओं के दौरान फोटो का मिलान न हो पाने के कारण समस्याएँ उत्पन्न हो सकती हैं। यह भी देखा गया है कि हजारों लोग ऐसे होते हैं जिन्हें तत्काल आधार कार्ड की आवश्यकता नहीं होती, लेकिन जब इसकी जरूरत पड़ती है, तब उन्हें पता चलता है कि उनकी फोटो या फिंगरप्रिंट का मिलान नहीं हो रहा। इस कारण कई बार वे महत्वपूर्ण सरकारी योजनाओं का लाभ नहीं ले पाते हैं। इसलिए, यह अपडेट कराना बेहद आवश्यक है।
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    भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (यूआईडीएआई) ने उन सभी आधार कार्ड धारकों को सूचित किया है जिनके कार्ड 10 साल पुराने हो चुके हैं और अभी तक अपडेट नहीं हुए हैं, वे तत्काल अपना आधार अपडेट करा लें। इसके लिए 14 जून तक का अवसर दिया गया है, जिसमें फोटो से लेकर अन्य पुरानी प्रविष्टियों को बदला जा सकता है। यदि इस निर्धारित समय-सीमा के भीतर आधार कार्ड को अपडेट नहीं कराया जाता है, तो भिन्नता की स्थिति में संबंधित व्यक्ति सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित रह सकते हैं। यह प्रक्रिया अपने नजदीकी डाकघर या आधार सेवा केंद्र पर पूरी की जा सकती है।

यूआईडीएआई का तर्क है कि 10 साल के भीतर व्यक्ति के चेहरे और फिंगरप्रिंट में बदलाव आ जाता है, साथ ही कई बार निवास का पता भी बदल जाता है। ऐसी स्थिति में 10 साल बाद आधार कार्ड को अपडेट कराना अनिवार्य हो जाता है। अद्यतन न होने पर, केवाईसी (अपने ग्राहक को जानें) प्रक्रियाओं के दौरान फोटो का मिलान न हो पाने के कारण समस्याएँ उत्पन्न हो सकती हैं।

यह भी देखा गया है कि हजारों लोग ऐसे होते हैं जिन्हें तत्काल आधार कार्ड की आवश्यकता नहीं होती, लेकिन जब इसकी जरूरत पड़ती है, तब उन्हें पता चलता है कि उनकी फोटो या फिंगरप्रिंट का मिलान नहीं हो रहा। इस कारण कई बार वे महत्वपूर्ण सरकारी योजनाओं का लाभ नहीं ले पाते हैं। इसलिए, यह अपडेट कराना बेहद आवश्यक है।
    user_Rekha Panchal
    Rekha Panchal
    Delhi Cantonment, New Delhi•
    17 hrs ago
  • दिल्ली के होलम्बी खुर्द में एक दर्दनाक हादसा हुआ, जहाँ नगर निगम (MCD) की कथित लापरवाही के कारण एक सात वर्षीय बच्ची की जान चली गई। बताया जा रहा है कि एमसीडी की जरा सी लापरवाही ने इस बच्ची की जान ले ली, क्योंकि एक जर्जर सेफ्टी टैंक खुला पड़ा था। यह घटना कई सवाल खड़े करती है कि आखिर यह लापरवाही किसकी थी और क्यों एक जर्जर सेफ्टी टैंक को खुला छोड़ दिया गया।
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    दिल्ली के होलम्बी खुर्द में एक दर्दनाक हादसा हुआ, जहाँ नगर निगम (MCD) की कथित लापरवाही के कारण एक सात वर्षीय बच्ची की जान चली गई। बताया जा रहा है कि एमसीडी की जरा सी लापरवाही ने इस बच्ची की जान ले ली, क्योंकि एक जर्जर सेफ्टी टैंक खुला पड़ा था। यह घटना कई सवाल खड़े करती है कि आखिर यह लापरवाही किसकी थी और क्यों एक जर्जर सेफ्टी टैंक को खुला छोड़ दिया गया।
    user_Vinod Rastogi
    Vinod Rastogi
    चाणक्यपुरी, नई दिल्ली, दिल्ली•
    19 hrs ago
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