परागपुर पंचायत समिति के चुनावों में गुरुवार को एक बड़ा उलटफेर देखने को मिला, जहाँ कांग्रेस समर्थित उम्मीदवारों ने 28 साल बाद अध्यक्ष और उपाध्यक्ष दोनों पदों पर शानदार जीत दर्ज की है। एसडीएम देहरा कुलवंत सिंह पोटन और बीडीओ मीना शर्मा की देखरेख में हुए इन चुनावों में नरेश कुमार पुट्टू अध्यक्ष चुने गए, जिन्हें 17 वोट मिले, जबकि भाजपा के विशाल पटियाल को मात्र 6 वोट ही हासिल हुए। उपाध्यक्ष पद के लिए अनिल किशोर ने 16 वोटों के साथ जीत हासिल की, वहीं भाजपा की विजय कुमारी को 7 वोटों से संतोष करना पड़ा। इस जीत के साथ कांग्रेस ने 1996-98 के बाद से चले आ रहे भाजपा के दबदबे को खत्म कर दिया है, जो पिछले 28 सालों से इस समिति पर कायम था। जीत के तुरंत बाद, नवनिर्वाचित पदाधिकारियों ने अपनी सफलता का श्रेय कांग्रेस महासचिव सुरिंदर मनकोटिया को दिया। कार्यकर्ताओं ने ढोल-नगाड़ों के साथ एक विजय रैली निकालकर अपनी खुशी का इजहार किया। इस अवसर पर सुरिंदर मनकोटिया ने घोषणा की कि यह जीत एक बड़े बदलाव की शुरुआत है और अब जसवां-परागपुर में भी कांग्रेस का विधायक बनेगा। इस चुनाव परिणाम ने क्षेत्र के पूर्व मंत्री बिक्रम ठाकुर और कांग्रेस महासचिव सुरिंदर मनकोटिया के बीच की आपसी सियासी खींचतान को और भी दिलचस्प बना दिया है।
परागपुर पंचायत समिति के चुनावों में गुरुवार को एक बड़ा उलटफेर देखने को मिला, जहाँ कांग्रेस समर्थित उम्मीदवारों ने 28 साल बाद अध्यक्ष और उपाध्यक्ष दोनों पदों पर शानदार जीत दर्ज की है। एसडीएम देहरा कुलवंत सिंह पोटन और बीडीओ मीना शर्मा की देखरेख में हुए इन चुनावों में नरेश कुमार पुट्टू अध्यक्ष चुने
गए, जिन्हें 17 वोट मिले, जबकि भाजपा के विशाल पटियाल को मात्र 6 वोट ही हासिल हुए। उपाध्यक्ष पद के लिए अनिल किशोर ने 16 वोटों के साथ जीत हासिल की, वहीं भाजपा की विजय कुमारी को 7 वोटों से संतोष करना पड़ा। इस जीत के साथ कांग्रेस ने 1996-98 के बाद से चले
आ रहे भाजपा के दबदबे को खत्म कर दिया है, जो पिछले 28 सालों से इस समिति पर कायम था। जीत के तुरंत बाद, नवनिर्वाचित पदाधिकारियों ने अपनी सफलता का श्रेय कांग्रेस महासचिव सुरिंदर मनकोटिया को दिया। कार्यकर्ताओं ने ढोल-नगाड़ों के साथ एक विजय रैली निकालकर अपनी खुशी का इजहार किया। इस अवसर पर
सुरिंदर मनकोटिया ने घोषणा की कि यह जीत एक बड़े बदलाव की शुरुआत है और अब जसवां-परागपुर में भी कांग्रेस का विधायक बनेगा। इस चुनाव परिणाम ने क्षेत्र के पूर्व मंत्री बिक्रम ठाकुर और कांग्रेस महासचिव सुरिंदर मनकोटिया के बीच की आपसी सियासी खींचतान को और भी दिलचस्प बना दिया है।
- परागपुर पंचायत समिति के चुनावों में गुरुवार को एक बड़ा उलटफेर देखने को मिला, जहाँ कांग्रेस समर्थित उम्मीदवारों ने 28 साल बाद अध्यक्ष और उपाध्यक्ष दोनों पदों पर शानदार जीत दर्ज की है। एसडीएम देहरा कुलवंत सिंह पोटन और बीडीओ मीना शर्मा की देखरेख में हुए इन चुनावों में नरेश कुमार पुट्टू अध्यक्ष चुने गए, जिन्हें 17 वोट मिले, जबकि भाजपा के विशाल पटियाल को मात्र 6 वोट ही हासिल हुए। उपाध्यक्ष पद के लिए अनिल किशोर ने 16 वोटों के साथ जीत हासिल की, वहीं भाजपा की विजय कुमारी को 7 वोटों से संतोष करना पड़ा। इस जीत के साथ कांग्रेस ने 1996-98 के बाद से चले आ रहे भाजपा के दबदबे को खत्म कर दिया है, जो पिछले 28 सालों से इस समिति पर कायम था। जीत के तुरंत बाद, नवनिर्वाचित पदाधिकारियों ने अपनी सफलता का श्रेय कांग्रेस महासचिव सुरिंदर मनकोटिया को दिया। कार्यकर्ताओं ने ढोल-नगाड़ों के साथ एक विजय रैली निकालकर अपनी खुशी का इजहार किया। इस अवसर पर सुरिंदर मनकोटिया ने घोषणा की कि यह जीत एक बड़े बदलाव की शुरुआत है और अब जसवां-परागपुर में भी कांग्रेस का विधायक बनेगा। इस चुनाव परिणाम ने क्षेत्र के पूर्व मंत्री बिक्रम ठाकुर और कांग्रेस महासचिव सुरिंदर मनकोटिया के बीच की आपसी सियासी खींचतान को और भी दिलचस्प बना दिया है।4
- ऊना जिले की ग्राम पंचायत सेरी में नवनिर्वाचित पंचों ने गोपनीयता की शपथ ग्रहण की। इस अवसर पर उन्होंने पंचायत के समग्र विकास और उसे नशामुक्त बनाने का संकल्प लिया।1
- सुजानपुर में नगर परिषद अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पदों पर कांग्रेस ने सत्ता हासिल कर ली है। जिला अध्यक्ष सुमन भारती ने इस अवसर पर बताया कि सुजानपुर में विकास कार्य मुख्यमंत्री के आशीर्वाद से ही करवाए जाएंगे। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि निर्दलीय पार्षदों ने कांग्रेस का साथ देते हुए पार्टी को नगर परिषद में सत्तासीन किया है। सुमन भारती के अनुसार, नगर परिषद के परिणाम घोषित होने के बाद उन्होंने जीते हुए पार्षदों से मुलाकात की थी, जिनमें वार्ड नंबर 2 के पार्षद मनीष गुप्ता और वार्ड नंबर 8 की पार्षद वीना धीमान प्रमुख थीं। इन पार्षदों से कांग्रेस सरकार बनाने को लेकर चर्चा की गई थी और बाद में इन प्रत्याशियों ने कांग्रेस के पक्ष में मतदान कर पार्टी को जीत दिलाई। पार्षद मनीष गुप्ता ने इस अवसर पर अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए कहा कि वह कांग्रेस के सिपाही हैं और सदैव कांग्रेस के साथ ही रहेंगे। सुमन भारती ने इस जीत का श्रेय अपने और माननीय विधायक के प्रयासों को दिया, जिनके कारण नगर परिषद में कांग्रेस का कब्जा संभव हो पाया है।1
- हिमाचल प्रदेश के हमीरपुर जिले के सुजानपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम पंचायत री भलाना चलोखर मार्ग पर एक सड़क दुर्घटना हो गई। इस हादसे में एक बाइक चालक टिप्पर की चपेट में आ गया, लेकिन सौभाग्यवश उसकी जान बाल-बाल बच गई।1
- भाजपा प्रदेश मुख्य प्रवक्ता राजेंद्र सिंह राणा ने हमीरपुर में आयोजित एक पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए पूर्व केंद्रीय मंत्री और हमीरपुर संसदीय क्षेत्र के सांसद अनुराग सिंह ठाकुर की जमकर प्रशंसा की। राणा ने कहा कि अनुराग ठाकुर ने अपने कार्यकाल में विकास की ऐसी मजबूत नींव रखी, जिसके परिणाम आज भी पूरे संसदीय क्षेत्र को मिल रहे हैं। उन्होंने जोर दिया कि अनुराग ठाकुर ने राजनीति को केवल चुनाव तक सीमित नहीं रखा, बल्कि विकास और जनसेवा को अपना मूल उद्देश्य बनाया, जिसके चलते हमीरपुर संसदीय क्षेत्र ही नहीं, बल्कि पूरे हिमाचल में अभूतपूर्व कार्य हुए। राणा ने विशेष रूप से बताया कि अनुराग ठाकुर के प्रयासों से 24 मार्च 2022 को हमीरपुर में भारतीय खेल प्राधिकरण (SAI) के राष्ट्रीय उत्कृष्टता केंद्र की स्थापना हुई, जहाँ बैडमिंटन, बॉक्सिंग, जूडो, हॉकी, कुश्ती और एथलेटिक्स जैसी छह खेल विधाओं का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। उन्होंने धर्मशाला में विश्व स्तरीय क्रिकेट स्टेडियम, नादौन का अमतर क्रिकेट ग्राउंड और एचपीसीए के माध्यम से ऋषि धवन व सुषमा वर्मा जैसे अनेक अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों के उभरने को भी अनुराग ठाकुर की सोच का परिणाम बताया, जिसने खेलों के क्षेत्र में हिमाचल को राष्ट्रीय पहचान दिलाई। इसी वार्ता में राजेंद्र राणा ने प्रदेश की सुक्खू सरकार पर तीखा तंज कसते हुए कहा कि इतिहास में पहली बार ऐसा हुआ है कि सुबह भर्ती होती है और शाम को कर्मचारी सेवानिवृत्त हो जाते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि हिमाचल सरकार ने लोगों पर पांच तरह के सेस लगाकर उन्हें परेशान कर दिया है। राणा ने मुख्यमंत्री को झूठ बोलने में माहिर बताते हुए दावा किया कि उन्होंने बिहार में बयान दिया कि हिमाचल की 2,85,000 महिलाओं को सरकार द्वारा ₹1500 दे दिए गए हैं, जो कि एक झूठी बयानबाजी है। राजेंद्र राणा ने मुख्यमंत्री पर आए दिन झूठे बयान देकर लोगों को गुमराह करने और विद्यार्थी जीवन से ही साजिश वाली राजनीति करने का आरोप लगाया। उन्होंने यह भी कहा कि आने वाले समय में सुख सरकार द्वारा महिलाओं को ₹1500 का आवंटन कर दिया जाएगा और फिर से हिमाचल की जनता को कांग्रेस द्वारा ठगने का काम किया जाएगा, क्योंकि कांग्रेस सरकार द्वारा दी गई गारंटियां अभी तक पूरी नहीं हुई हैं।2
- कौशल विकास भत्ता योजना को बहाल करने की मांग की गई है। इस संबंध में राज्य में यह मांग सामने आई है।1
- हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले में जिला मुख्यालय के पास स्थित लाल सिंघी गांव में शनिवार सुबह एक भीषण अग्निकांड हुआ। इस भयावह घटना में लगभग 40 से 45 झुग्गियां पूरी तरह जलकर खाक हो गईं। आग की चपेट में आने से झुग्गियों के भीतर रखा सारा घरेलू सामान भी नष्ट हो गया। गनीमत रही कि इस भीषण हादसे में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई।1