नवहट्टा गैंगरेप कांड: महागठबंधन ने की घटना की कड़े शब्दों में निंदा, स्पीडी ट्रायल और सुरक्षा की मांग सहरसा जिला के नवहट्टा थाना अंतर्गत एक गांव में 14 वर्षीय नाबालिग लड़की के साथ हुई जघन्य गैंगरेप की घटना ने मानवता को शर्मसार कर दिया है। इस हृदयविदारक घटना को लेकर महागठबंधन के नेताओं ने गहरा आक्रोश व्यक्त किया है। जिला मुख्यालय में आयोजित बैठक के दौरान नेताओं ने एक स्वर में कहा कि यह कृत्य सभ्य समाज पर कलंक है और इसके दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाना चाहिए।महागठबंधन के नेताओं ने जिला प्रशासन और पुलिस से मांग की है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए त्वरित कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि पुलिस सभी फरार आरोपियों को अविलंब गिरफ्तार करे और मामले को स्पीडी ट्रायल के तहत चलाकर दोषियों को ऐसी सख्त सजा दिलवाई जाए, जो समाज के लिए एक नजीर बने। नेताओं ने पीड़िता को अविलंब न्याय दिलाने के साथ-साथ पीड़ित परिवार की सुरक्षा पर भी चिंता व्यक्त की। उन्होंने सहरसा पुलिस प्रशासन से मांग की है कि पीड़ित परिवार को तत्काल पूर्ण सुरक्षा मुहैया कराई जाए, ताकि वे बिना किसी भय के अपनी कानूनी लड़ाई लड़ सकें। इस दौरान महागठबंधन की एकजुटता दिखी, जिसमें विभिन्न दलों के जिलास्तरीय दिग्गज शामिल हुए राजद जिलाध्यक्ष मो. ताहिर, मंशु यादव, अलोक राज। कांग्रेस: जिलाध्यक्ष मुकेश झा, युवा कांग्रेस के मृणाल कामेश। वाम दल: सीपीएम जिला सचिव रंधीर यादव, सीपीआई जिला सचिव परमानंद ठाकुर, भाकपा माले के कुंदन यादव, सीपीआई नेता शंकर यादव। आईआईपी नेता सनोज तांती, जिलाध्यक्ष विद्या शर्मा, महिला जिलाध्यक्ष रिभा शर्मा।"यह घटना सिर्फ एक अपराध नहीं, बल्कि हमारी संवेदनाओं पर प्रहार है। महागठबंधन न्याय मिलने तक चुप नहीं बैठेगा। माले नेता कुंदन यादव ने कहा कि पुरे बिहार में लगातार बढ़ रही छोटी-छोटी बच्चियों के साथ बलात्कार, गैंगरेप जैसे जघन्य घटनाएं बेहद ही चिंताजनक है
नवहट्टा गैंगरेप कांड: महागठबंधन ने की घटना की कड़े शब्दों में निंदा, स्पीडी ट्रायल और सुरक्षा की मांग सहरसा जिला के नवहट्टा थाना अंतर्गत एक गांव में 14 वर्षीय नाबालिग लड़की के साथ हुई जघन्य गैंगरेप की घटना ने मानवता को शर्मसार कर दिया है। इस हृदयविदारक घटना को लेकर महागठबंधन के नेताओं ने गहरा आक्रोश व्यक्त किया है। जिला मुख्यालय में आयोजित बैठक के दौरान नेताओं ने एक स्वर में कहा कि यह कृत्य सभ्य समाज पर कलंक है और इसके दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाना चाहिए।महागठबंधन के नेताओं ने जिला प्रशासन और पुलिस से मांग की है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए त्वरित कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि पुलिस सभी फरार आरोपियों को अविलंब गिरफ्तार करे और मामले को स्पीडी ट्रायल के तहत चलाकर दोषियों को ऐसी सख्त सजा दिलवाई जाए, जो समाज के लिए एक नजीर बने। नेताओं ने पीड़िता को अविलंब न्याय दिलाने के साथ-साथ पीड़ित परिवार की सुरक्षा पर भी चिंता व्यक्त की। उन्होंने सहरसा पुलिस प्रशासन से मांग की है कि पीड़ित परिवार को तत्काल पूर्ण सुरक्षा मुहैया कराई जाए, ताकि वे बिना किसी भय के अपनी कानूनी लड़ाई लड़ सकें। इस दौरान महागठबंधन की एकजुटता दिखी, जिसमें विभिन्न दलों के जिलास्तरीय दिग्गज शामिल हुए राजद जिलाध्यक्ष मो. ताहिर, मंशु यादव, अलोक राज। कांग्रेस: जिलाध्यक्ष मुकेश झा, युवा कांग्रेस के मृणाल कामेश। वाम दल: सीपीएम जिला सचिव रंधीर यादव, सीपीआई जिला सचिव परमानंद ठाकुर, भाकपा माले के कुंदन यादव, सीपीआई नेता शंकर यादव। आईआईपी नेता सनोज तांती, जिलाध्यक्ष विद्या शर्मा, महिला जिलाध्यक्ष रिभा शर्मा।"यह घटना सिर्फ एक अपराध नहीं, बल्कि हमारी संवेदनाओं पर प्रहार है। महागठबंधन न्याय मिलने तक चुप नहीं बैठेगा। माले नेता कुंदन यादव ने कहा कि पुरे बिहार में लगातार बढ़ रही छोटी-छोटी बच्चियों के साथ बलात्कार, गैंगरेप जैसे जघन्य घटनाएं बेहद ही चिंताजनक है
- सहरसा जिला के नवहट्टा थाना अंतर्गत एक गांव में 14 वर्षीय नाबालिग लड़की के साथ हुई जघन्य गैंगरेप की घटना ने मानवता को शर्मसार कर दिया है। इस हृदयविदारक घटना को लेकर महागठबंधन के नेताओं ने गहरा आक्रोश व्यक्त किया है। जिला मुख्यालय में आयोजित बैठक के दौरान नेताओं ने एक स्वर में कहा कि यह कृत्य सभ्य समाज पर कलंक है और इसके दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाना चाहिए।महागठबंधन के नेताओं ने जिला प्रशासन और पुलिस से मांग की है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए त्वरित कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि पुलिस सभी फरार आरोपियों को अविलंब गिरफ्तार करे और मामले को स्पीडी ट्रायल के तहत चलाकर दोषियों को ऐसी सख्त सजा दिलवाई जाए, जो समाज के लिए एक नजीर बने। नेताओं ने पीड़िता को अविलंब न्याय दिलाने के साथ-साथ पीड़ित परिवार की सुरक्षा पर भी चिंता व्यक्त की। उन्होंने सहरसा पुलिस प्रशासन से मांग की है कि पीड़ित परिवार को तत्काल पूर्ण सुरक्षा मुहैया कराई जाए, ताकि वे बिना किसी भय के अपनी कानूनी लड़ाई लड़ सकें। इस दौरान महागठबंधन की एकजुटता दिखी, जिसमें विभिन्न दलों के जिलास्तरीय दिग्गज शामिल हुए राजद जिलाध्यक्ष मो. ताहिर, मंशु यादव, अलोक राज। कांग्रेस: जिलाध्यक्ष मुकेश झा, युवा कांग्रेस के मृणाल कामेश। वाम दल: सीपीएम जिला सचिव रंधीर यादव, सीपीआई जिला सचिव परमानंद ठाकुर, भाकपा माले के कुंदन यादव, सीपीआई नेता शंकर यादव। आईआईपी नेता सनोज तांती, जिलाध्यक्ष विद्या शर्मा, महिला जिलाध्यक्ष रिभा शर्मा।"यह घटना सिर्फ एक अपराध नहीं, बल्कि हमारी संवेदनाओं पर प्रहार है। महागठबंधन न्याय मिलने तक चुप नहीं बैठेगा। माले नेता कुंदन यादव ने कहा कि पुरे बिहार में लगातार बढ़ रही छोटी-छोटी बच्चियों के साथ बलात्कार, गैंगरेप जैसे जघन्य घटनाएं बेहद ही चिंताजनक है1
- Post by PP News Koshi1
- छातापुर /सुपौल- में बस स्टैंड बस में आग लगने के कारण पब्लिक आक्रोश में पुलिस गाड़ी को तोड़फोड़ कर दिया1
- Post by Kumar Raj1
- खबर है सहरसा जिले के बैजनाथपुर थाना क्षेत्र के जहां पदमपुरा गांव से बराही गांव जाने वाली मुख्य सड़क मार्ग में शाम होते ही नशा कारोबारियों का जमावड़ा लगना शुरू हो जाता है। इसको लेकर दर्जनों लोगों ने बताया की अन्य जिले से कई युवक अपने बाइक से शाम ढलते ही इस सड़क मार्ग में आते हैं जहां पहले से ही नशा के शौकीन उनके इंतजार में रहते हैं इस दौरान वे अपने साथ प्रतिबंधित कोरेक्स के अलावा स्मैक भी लेकर आता है इससे पहले उनके द्वारा नियुक्त एजेंट दिन भर ग्राहक के तलाश में घूमते रहते हैं जिसका अंदाजा लगाया जाना भी मुश्किल हो जाता है। कई बार उसे गिरफ्त में लेने का प्रयास भी किया गया है मगर स्थानीय कुछ युवा के मदद से जो नशा के शिकार हो चुके हैं उनके मदद से वो फरार हो जाता है। इसको लेकर स्थानीय लोगों ने शाम होने के बाद इस सड़क मार्ग में पुलिस गस्ती तेज करने की मांग उठाया है जिससे नशा कारोबारी पुलिस की गिरफ्त में आ सके।1
- मधेपुर भरगामा: वार्ड-6 में बिना छत के स्कूल, शिक्षिका सेहत जोखिम में डाल पढ़ा रहीं, बच्चे खुले में पढ़ने को मजबूर*1
- shamshad Ansari4
- सहरसा के अगवानपुर स्थित एग्रीकल्चर कॉलेज में एक छात्र की मौत के बाद माहौल बेहद तनावपूर्ण हो गया है। मिली जानकारी के अनुसार, कॉलेज के छात्र रोहित कुमार कुछ दिन पहले एक सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हो गए थे। आरोप है कि कॉलेज परिसर में एम्बुलेंस या कोई चारपहिया वाहन उपलब्ध नहीं होने के कारण उन्हें समय पर अस्पताल नहीं पहुंचाया जा सका। इलाज में हुई देरी के चलते आखिरकार छात्र की मौत हो गई, जिसके बाद कॉलेज परिसर में छात्रों का गुस्सा फूट पड़ा। गुस्साए छात्रों ने कॉलेज प्रशासन के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया और लापरवाही के गंभीर आरोप लगाए। प्रदर्शन कर रहे छात्रों की मांग है कि कॉलेज के प्रिंसिपल को तत्काल हटाया जाए, कैंपस में एम्बुलेंस की व्यवस्था की जाए और एक प्राथमिक उपचार केंद्र स्थापित किया जाए, जहां डॉक्टर की उपलब्धता सुनिश्चित हो। इसके साथ ही छात्रों ने मृतक छात्र के परिवार को उचित मुआवजा देने की भी मांग उठाई है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए बिहार एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी, सबौर से वरिष्ठ अधिकारियों की टीम सहरसा पहुंची है। अधिकारियों ने छात्रों से बातचीत कर उनकी मांगों को जल्द पूरा करने का आश्वासन दिया है।1