पांचना बांध के गेट खोलकर छोड़ा जा रहा पानी, प्रशासन ने जारी की सख्त चेतावनी पांचना बांध के गेट खोलकर छोड़ा जा रहा पानी, प्रशासन ने जारी की सख्त चेतावनी करौली जिले में स्थित पांचना बांध के दो गेट खोलकर इन दिनों लगातार पानी की निकासी की जा रही है। यह पानी श्री महावीरजी के वार्षिक मेले को ध्यान में रखते हुए गंभीर नदी में छोड़ा जा रहा है, ताकि मेले के दौरान नदी में पर्याप्त जल प्रवाह बना रहे और धार्मिक गतिविधियों में किसी प्रकार की बाधा उत्पन्न न हो। हर वर्ष बड़ी संख्या में श्रद्धालु श्री महावीरजी मेले में शामिल होते हैं, ऐसे में प्रशासन द्वारा पहले से ही आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं। बांध से पानी छोड़े जाने के कारण गंभीर नदी में जल स्तर तेजी से बढ़ रहा है। इसे देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है और आमजन की सुरक्षा के लिए एडवाइजरी जारी की गई है। प्रशासन ने स्पष्ट रूप से लोगों से अपील की है कि वे नदी के बहाव क्षेत्र में जाने से बचें, किसी भी प्रकार का आवागमन न करें और अपने मवेशियों को भी नदी के किनारे या आसपास न ले जाएं। विशेष रूप से कटकड़, पुलिया क्षेत्र और हिंडौन-गंगापुर मार्ग पर पुलिस द्वारा निगरानी बढ़ा दी गई है। सदर थाना पुलिस की टीमें मौके पर तैनात हैं और लगातार लोगों को समझाइश देकर नदी के बहाव क्षेत्र से दूर रहने के लिए जागरूक कर रही हैं। पुलिसकर्मी राहगीरों और ग्रामीणों को रोककर उन्हें संभावित खतरे के बारे में जानकारी दे रहे हैं, ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचाव किया जा सके। प्रशासन ने यह भी कहा है कि पानी की निकासी की प्रक्रिया जारी रह सकती है, ऐसे में नदी का जल स्तर और बढ़ने की संभावना है। इसलिए लोगों से अपील की गई है कि वे किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतें और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें। स्थानीय प्रशासन, पुलिस और संबंधित विभाग पूरी तरह मुस्तैद हैं और हालात पर लगातार नजर बनाए हुए हैं, ताकि आमजन की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके और श्री महावीरजी मेले का आयोजन सुचारु रूप से संपन्न हो सके।
पांचना बांध के गेट खोलकर छोड़ा जा रहा पानी, प्रशासन ने जारी की सख्त चेतावनी पांचना बांध के गेट खोलकर छोड़ा जा रहा पानी, प्रशासन ने जारी की सख्त चेतावनी करौली जिले में स्थित पांचना बांध के दो गेट खोलकर इन दिनों लगातार पानी की निकासी की जा रही है। यह पानी श्री महावीरजी के वार्षिक मेले को ध्यान में रखते हुए गंभीर नदी में छोड़ा जा रहा है, ताकि मेले के दौरान नदी में पर्याप्त जल प्रवाह बना रहे और धार्मिक गतिविधियों में किसी प्रकार की बाधा उत्पन्न न हो। हर वर्ष बड़ी संख्या में श्रद्धालु श्री महावीरजी मेले में शामिल होते हैं, ऐसे में प्रशासन द्वारा पहले से ही आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं। बांध से पानी छोड़े जाने के कारण गंभीर नदी में जल स्तर तेजी से बढ़ रहा है। इसे देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है और आमजन की सुरक्षा के लिए एडवाइजरी जारी की गई है। प्रशासन ने स्पष्ट रूप से लोगों से अपील की है कि वे नदी के बहाव क्षेत्र में जाने से बचें, किसी भी
प्रकार का आवागमन न करें और अपने मवेशियों को भी नदी के किनारे या आसपास न ले जाएं। विशेष रूप से कटकड़, पुलिया क्षेत्र और हिंडौन-गंगापुर मार्ग पर पुलिस द्वारा निगरानी बढ़ा दी गई है। सदर थाना पुलिस की टीमें मौके पर तैनात हैं और लगातार लोगों को समझाइश देकर नदी के बहाव क्षेत्र से दूर रहने के लिए जागरूक कर रही हैं। पुलिसकर्मी राहगीरों और ग्रामीणों को रोककर उन्हें संभावित खतरे के बारे में जानकारी दे रहे हैं, ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचाव किया जा सके। प्रशासन ने यह भी कहा है कि पानी की निकासी की प्रक्रिया जारी रह सकती है, ऐसे में नदी का जल स्तर और बढ़ने की संभावना है। इसलिए लोगों से अपील की गई है कि वे किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतें और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें। स्थानीय प्रशासन, पुलिस और संबंधित विभाग पूरी तरह मुस्तैद हैं और हालात पर लगातार नजर बनाए हुए हैं, ताकि आमजन की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके और श्री महावीरजी मेले का आयोजन सुचारु रूप से संपन्न हो सके।
- पांचना बांध के गेट खोलकर छोड़ा जा रहा पानी, प्रशासन ने जारी की सख्त चेतावनी करौली जिले में स्थित पांचना बांध के दो गेट खोलकर इन दिनों लगातार पानी की निकासी की जा रही है। यह पानी श्री महावीरजी के वार्षिक मेले को ध्यान में रखते हुए गंभीर नदी में छोड़ा जा रहा है, ताकि मेले के दौरान नदी में पर्याप्त जल प्रवाह बना रहे और धार्मिक गतिविधियों में किसी प्रकार की बाधा उत्पन्न न हो। हर वर्ष बड़ी संख्या में श्रद्धालु श्री महावीरजी मेले में शामिल होते हैं, ऐसे में प्रशासन द्वारा पहले से ही आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं। बांध से पानी छोड़े जाने के कारण गंभीर नदी में जल स्तर तेजी से बढ़ रहा है। इसे देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है और आमजन की सुरक्षा के लिए एडवाइजरी जारी की गई है। प्रशासन ने स्पष्ट रूप से लोगों से अपील की है कि वे नदी के बहाव क्षेत्र में जाने से बचें, किसी भी प्रकार का आवागमन न करें और अपने मवेशियों को भी नदी के किनारे या आसपास न ले जाएं। विशेष रूप से कटकड़, पुलिया क्षेत्र और हिंडौन-गंगापुर मार्ग पर पुलिस द्वारा निगरानी बढ़ा दी गई है। सदर थाना पुलिस की टीमें मौके पर तैनात हैं और लगातार लोगों को समझाइश देकर नदी के बहाव क्षेत्र से दूर रहने के लिए जागरूक कर रही हैं। पुलिसकर्मी राहगीरों और ग्रामीणों को रोककर उन्हें संभावित खतरे के बारे में जानकारी दे रहे हैं, ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचाव किया जा सके। प्रशासन ने यह भी कहा है कि पानी की निकासी की प्रक्रिया जारी रह सकती है, ऐसे में नदी का जल स्तर और बढ़ने की संभावना है। इसलिए लोगों से अपील की गई है कि वे किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतें और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें। स्थानीय प्रशासन, पुलिस और संबंधित विभाग पूरी तरह मुस्तैद हैं और हालात पर लगातार नजर बनाए हुए हैं, ताकि आमजन की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके और श्री महावीरजी मेले का आयोजन सुचारु रूप से संपन्न हो सके।2
- सवाईमाधोपुर जिले में नई पुलिस अधीक्षक सुश्री #ज्येष्ठा_मंत्रयी ने किया पदभार ग्रहण.. पद संभालते ही उन्होंने जिले में अपराध नियंत्रण, बजरी खनन ओर साइबर फ्रॉड पर सख्त कार्रवाई को प्राथमिकता बताया है.. एसपी अनिल कुमार बेनीवाल को स्टाफ द्वारा दी विदाई दी गई1
- गंगापुर सिटी में चेटीचंड पर्व पर सिंधी समाज द्वारा भगवान झूलेलाल की भव्य शोभायात्रा निकाली गई। इस अवसर पर समाजजनों में भारी उत्साह देखा गया। कार्यक्रम की शुरुआत सुबह झूलेलाल मंदिर में ध्वजारोहण के साथ हुई, जिसमें सैकड़ों समाजजन शामिल हुए। दोपहर में भंडारे का आयोजन भी किया गया। शोभायात्रा सिंधी कॉलोनी स्थित मंदिर से शुरू होकर शहर के प्रमुख मार्गों से गुजरी। इसमें संतोषी माता मंदिर, मालगोदाम रोड, नेहरू पार्क, देवी स्टोर चौराहा, चौपड़ बाजार, बालाजी चौक, कैलाश टॉकीज, जामा मस्जिद मार्ग, फव्वारा चौक और कचहरी रोड शामिल थे। महिलाएं और पुरुष पारंपरिक रंग-बिरंगी वेशभूषा में यात्रा में शामिल हुए। यात्रा के दौरान बैंडबाजों की धुन पर महिलाओं और युवाओं ने डांडिया खेला, जिससे माहौल भक्तिमय हो गया। भगवान झूलेलाल, शंकर और राम दरबार की आकर्षक झांकियां श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र रहीं।3
- गौरा-ईशर की उपासना का पावन पर्व गणगौर पूरे क्षेत्र में श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। बामनवास मुख्यालय सहित आसपास के कस्बों में महिलाओं ने पारंपरिक वेशभूषा में सज-धज कर गणगौर के मधुर गीत गाते हुए पूजा स्थलों पर पहुंचकर ईसर-गौरा की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। इस दौरान सुहागिन महिलाओं ने अपने पति की लंबी उम्र एवं परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की। व्रत रखकर महिलाओं ने पारंपरिक कथाएं भी सुनीं, जिससे माहौल पूरी तरह भक्तिमय बना रहा। गांव-गांव में भक्ति, संस्कृति और परंपरा का अद्भुत संगम देखने को मिला, जहां हर ओर गणगौर की गूंज सुनाई दी। यह पर्व महिलाओं की आस्था, समर्पण और सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक बनकर पूरे क्षेत्र में छाया रहा।3
- सनेट गांव मे लगभग 450 वर्षो से गणगौर के मेले का आज भव्य आयोजन हुआ । गणगौर मेले में लगभग आधा दर्जन सजिव झांकियां के साथ गणगौर कीसवारी निकली । इस मेले में सनेट गांव सहित क्षेत्र के लोगों की धूम रही ।2
- गेहूं के खलिहान में आग, 4 बीघा फसल जलकर राख। सपोटरा. क्षेत्र में रात्रि के समय अज्ञात कारणों से गेहूं के खलिहान में आग लगने से किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ा। घटना की जानकारी देते हुए विवेक पाकड़, रामरूप मीणा, गोलू कांवटी एवं प्रेमराज कांवटी ने बताया कि अचानक खलिहान में आग भड़क उठी, जिससे वहां रखी गेहूं की पकी फसल देखते ही देखते जलकर राख हो गई। आग की तेज लपटों को देखकर पीड़ित किसानों को सूचना मिली, जिसके बाद आसपास के किसानों की भीड़ मौके पर एकत्रित हो गई। ग्रामीणों ने तुरंत दमकल विभाग को सूचना दी और स्वयं भी आग बुझाने में जुट गए। ग्रामीणों के सामूहिक प्रयास एवं दमकल की मदद से काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका, लेकिन तब तक करीब 4 बीघा गेहूं की फसल जलकर पूरी तरह नष्ट हो चुकी थी। घटना की सूचना मिलते ही सपोटरा पुलिस भी मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। आग लगने के कारणों का अभी तक पता नहीं चल पाया है। पीड़ित किसानों ने प्रशासन से मुआवजे की मांग की है।1
- ईद-उल-फितर को लेकर प्रशासन अलर्ट, हिण्डौन सिटी में सीएलजी की बैठक आयोजित, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सत्येन्द्रपाल सिंह और डीएसपी मुनेश मीणा के नेतृत्व में हुई सीएलजी बैठक, तहसीलदार और पुलिस अधिकारियों ने शांति व्यवस्था बनाए रखने के दिए निर्देश, त्यौहारों को आपसी भाईचारे और सौहार्द से मनाने की अपील अफवाह फैलाने वालों पर कड़ी नजर रखने के निर्देश संवेदनशील इलाकों में बढ़ेगी पुलिस निगरानी सीएलजी सदस्यों को दी गई जिम्मेदारी गणगौर और ईद के त्यौहार को शांतिपूर्ण तरीके से मनाने की अपील।1
- सदर आमीन खां ने बताया कि जामा मस्जिद में दोपहर पौने एक बजे अजान होगी। दोपहर डेढ़ बजे जामा मस्जिद के पेश इमाम खुतबा पढ़ाएंगे। इसके बाद नमाज अदा की जाएगी। नमाज के बाद क्षेत्र में खुशहाली की दुआ मांगी जाएगी। इस दौरान जामा मस्जिद सड़क दोपहर 1 से 2 बजे तक बंद रहेगी। इस मार्ग से गुजरने वाले वाहनों को यातायातकर्मी अन्य स्थान से डायवर्ट करेंगे। ईद-उल-फितर की नमाज का वक्त : ईद की नमाज ईदगाह में सुबह साढ़े 8 बजे अकीदतमंद अदा करेंगे। ईदगाह कमेटी के सदर अनवार अली काजी ने बताया कि शहर काजी शाहिद अली नमाज अदा कराएंगे। नमाज के बाद एक-दूसरे के गले मिलकर ईद की मुबारकबाद दी जाएगी। ईद के एक दिन पूर्व की रात को चांद रात के नाम से जाना जाता है। इस चांद रात से पहले शाम को मुस्लिम समाज की महिला व पुरुषों द्वारा सर्वाधिक खरीदारी की जाती है।2