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चीता प्रोजेक्ट में जुड़ा नया अध्याय, कूनो से गांधीसागर पहुंची मादा चीता CCB-2 मध्यप्रदेश में प्रोजेक्ट चीता के विस्तार की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम जुड़ गया है। बोत्सवाना से भारत लाई गई मादा चीता CCB-2 को कूनो राष्ट्रीय उद्यान से गांधीसागर वन्यजीव अभयारण्य में स्थानांतरित किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 20 सितंबर 2026 को गांधीसागर अभयारण्य में CCB-2 को निर्धारित बाड़े में विमुक्त किया। इस अवसर पर CCB-2 को नया नाम ‘राधा’ भी दिया गया। CCB-2 को 28 फरवरी 2026 को बोत्सवाना के घांजी से भारत लाया गया था। क्वारंटीन अवधि पूरी होने के बाद मई 2026 में उसे कूनो राष्ट्रीय उद्यान में छोड़ा गया था। कूनो की परिस्थितियों के अनुकूल होने के बाद अब उसे गांधीसागर अभयारण्य में नया आवास मिला है। CCB-2 के गांधीसागर पहुंचने के बाद अभयारण्य में चीतों की संख्या बढ़कर चार हो गई है, जिनमें दो नर और दो मादा चीते शामिल हैं। इसे मध्यप्रदेश में चीता संरक्षण और पुनर्स्थापना के दायरे को कूनो से आगे बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया जा रहा है।

20 hrs ago
user_राजेश कुमार मरावी
राजेश कुमार मरावी
Voice of people बजाग, डिंडोरी, मध्य प्रदेश•
20 hrs ago

चीता प्रोजेक्ट में जुड़ा नया अध्याय, कूनो से गांधीसागर पहुंची मादा चीता CCB-2 मध्यप्रदेश में प्रोजेक्ट चीता के विस्तार की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम जुड़ गया है। बोत्सवाना से भारत लाई गई मादा चीता CCB-2 को कूनो राष्ट्रीय उद्यान से गांधीसागर वन्यजीव अभयारण्य में स्थानांतरित किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 20 सितंबर 2026 को गांधीसागर अभयारण्य में CCB-2 को निर्धारित बाड़े में विमुक्त किया। इस अवसर पर CCB-2 को नया नाम ‘राधा’ भी दिया गया। CCB-2 को 28 फरवरी 2026 को बोत्सवाना के घांजी से भारत लाया गया था। क्वारंटीन अवधि पूरी होने के बाद मई 2026 में उसे कूनो राष्ट्रीय उद्यान में छोड़ा गया था। कूनो की परिस्थितियों के अनुकूल होने के बाद अब उसे गांधीसागर अभयारण्य में नया आवास मिला है। CCB-2 के गांधीसागर पहुंचने के बाद अभयारण्य में चीतों की संख्या बढ़कर चार हो गई है, जिनमें दो नर और दो मादा चीते शामिल हैं। इसे मध्यप्रदेश में चीता संरक्षण और पुनर्स्थापना के दायरे को कूनो से आगे बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया जा रहा है।

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  • चीता प्रोजेक्ट में जुड़ा नया अध्याय, कूनो से गांधीसागर पहुंची मादा चीता CCB-2 मध्यप्रदेश में प्रोजेक्ट चीता के विस्तार की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम जुड़ गया है। बोत्सवाना से भारत लाई गई मादा चीता CCB-2 को कूनो राष्ट्रीय उद्यान से गांधीसागर वन्यजीव अभयारण्य में स्थानांतरित किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 20 सितंबर 2026 को गांधीसागर अभयारण्य में CCB-2 को निर्धारित बाड़े में विमुक्त किया। इस अवसर पर CCB-2 को नया नाम ‘राधा’ भी दिया गया। CCB-2 को 28 फरवरी 2026 को बोत्सवाना के घांजी से भारत लाया गया था। क्वारंटीन अवधि पूरी होने के बाद मई 2026 में उसे कूनो राष्ट्रीय उद्यान में छोड़ा गया था। कूनो की परिस्थितियों के अनुकूल होने के बाद अब उसे गांधीसागर अभयारण्य में नया आवास मिला है। CCB-2 के गांधीसागर पहुंचने के बाद अभयारण्य में चीतों की संख्या बढ़कर चार हो गई है, जिनमें दो नर और दो मादा चीते शामिल हैं। इसे मध्यप्रदेश में चीता संरक्षण और पुनर्स्थापना के दायरे को कूनो से आगे बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया जा रहा है।
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    चीता प्रोजेक्ट में जुड़ा नया अध्याय, कूनो से गांधीसागर पहुंची मादा चीता CCB-2
मध्यप्रदेश में प्रोजेक्ट चीता के विस्तार की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम जुड़ गया है। बोत्सवाना से भारत लाई गई मादा चीता CCB-2 को कूनो राष्ट्रीय उद्यान से गांधीसागर वन्यजीव अभयारण्य में स्थानांतरित किया गया।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 20 सितंबर 2026 को गांधीसागर अभयारण्य में CCB-2 को निर्धारित बाड़े में विमुक्त किया। इस अवसर पर CCB-2 को नया नाम ‘राधा’ भी दिया गया।
CCB-2 को 28 फरवरी 2026 को बोत्सवाना के घांजी से भारत लाया गया था। क्वारंटीन अवधि पूरी होने के बाद मई 2026 में उसे कूनो राष्ट्रीय उद्यान में छोड़ा गया था। कूनो की परिस्थितियों के अनुकूल होने के बाद अब उसे गांधीसागर अभयारण्य में नया आवास मिला है।
CCB-2 के गांधीसागर पहुंचने के बाद अभयारण्य में चीतों की संख्या बढ़कर चार हो गई है, जिनमें दो नर और दो मादा चीते शामिल हैं। इसे मध्यप्रदेश में चीता संरक्षण और पुनर्स्थापना के दायरे को कूनो से आगे बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया जा रहा है।
    user_राजेश कुमार मरावी
    राजेश कुमार मरावी
    Voice of people बजाग, डिंडोरी, मध्य प्रदेश•
    20 hrs ago
  • कलेक्टर ने जिला स्तरीय जनसुनवाई में 41 आवेदनों पर की सुनवाई अनूपपुर - कलेक्ट्रेट कार्यालय स्थित नर्मदा सभागार में मंगलवार को जिला स्तरीय जनसुनवाई आयोजित की गई। कलेक्टर रत्नाकर झा ने जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे आवेदकों की समस्याएं सुनीं। जनसुनवाई में प्राप्त 41 आवेदनों पर सुनवाई करते हुए कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को आवेदनों का परीक्षण कर नियमानुसार त्वरित एवं संतुष्टिपूर्ण निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। जनसुनवाई के दौरान जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आए आवेदकों ने अपनी समस्याओं एवं मांगों से संबंधित आवेदन प्रस्तुत किए। उपस्थित विभागीय अधिकारियों ने भी आवेदकों से उनकी समस्याओं की जानकारी प्राप्त की तथा संबंधित प्रकरणों में आवश्यक कार्यवाही की। कलेक्टर ने अधिकारियों को प्राप्त आवेदनों पर गंभीरता से कार्यवाही करते हुए पात्रतानुसार निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। जनसुनवाई में तहसील अनूपपुर के ग्राम देवहरा निवासी श्रीमती लाली बैगा ने प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ दिलाए जाने, तहसील जैतहरी के ग्राम गुवारी निवासी संतोष राम राठौर ने मोजर वेयर द्वारा अधिकृत भूमि के एवज में मुआवजा दिलाए जाने, नगर पालिका बिजुरी निवासी श्रीमती राधा बैगा ने प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ दिलाए जाने तथा तहसील कोतमा के ग्राम थानगांव निवासी राजेश कुमार बैगा ने जाति प्रमाण पत्र बनाए जाने के संबंध में आवेदन प्रस्तुत किया। इसी प्रकार तहसील पुष्पराजगढ़ के ग्राम गोंदा निवासी श्रीमती कलकतिया बाई ने भूमि का पट्टा दिलाए जाने, ग्राम करौंदी निवासी राम लखन महरा ने बीपीएल राशन कार्ड बनाए जाने, तहसील अनूपपुर के वार्ड क्रमांक 10 निवासी श्रीमती विनीता चतुर्वेदी ने भूमि का सीमांकन कराए जाने तथा ग्राम बैरीबांध निवासी श्रीमती सुंदरबाई ने किसान सम्मान निधि योजना का लाभ दिलाए जाने के संबंध में आवेदन प्रस्तुत किया। जनसुनवाई में मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्रीमती अर्चना कुमारी, अपर कलेक्टर बलबीर रमन सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
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    कलेक्टर ने जिला स्तरीय जनसुनवाई में 41 आवेदनों पर की सुनवाई
अनूपपुर  - 
कलेक्ट्रेट कार्यालय स्थित नर्मदा सभागार में मंगलवार को जिला स्तरीय जनसुनवाई आयोजित की गई। कलेक्टर रत्नाकर झा ने जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे आवेदकों की समस्याएं सुनीं। जनसुनवाई में प्राप्त 41 आवेदनों पर सुनवाई करते हुए कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को आवेदनों का परीक्षण कर नियमानुसार त्वरित एवं संतुष्टिपूर्ण निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
जनसुनवाई के दौरान जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आए आवेदकों ने अपनी समस्याओं एवं मांगों से संबंधित आवेदन प्रस्तुत किए। उपस्थित विभागीय अधिकारियों ने भी आवेदकों से उनकी समस्याओं की जानकारी प्राप्त की तथा संबंधित प्रकरणों में आवश्यक कार्यवाही की। कलेक्टर ने अधिकारियों को प्राप्त आवेदनों पर गंभीरता से कार्यवाही करते हुए पात्रतानुसार निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
जनसुनवाई में तहसील अनूपपुर के ग्राम देवहरा निवासी श्रीमती लाली बैगा ने प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ दिलाए जाने, तहसील जैतहरी के ग्राम गुवारी निवासी संतोष राम राठौर ने मोजर वेयर द्वारा अधिकृत भूमि के एवज में मुआवजा दिलाए जाने, नगर पालिका बिजुरी निवासी श्रीमती राधा बैगा ने प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ दिलाए जाने तथा तहसील कोतमा के ग्राम थानगांव निवासी राजेश कुमार बैगा ने जाति प्रमाण पत्र बनाए जाने के संबंध में आवेदन प्रस्तुत किया।
इसी प्रकार तहसील पुष्पराजगढ़ के ग्राम गोंदा निवासी श्रीमती कलकतिया बाई ने भूमि का पट्टा दिलाए जाने, ग्राम करौंदी निवासी राम लखन महरा ने बीपीएल राशन कार्ड बनाए जाने, तहसील अनूपपुर के वार्ड क्रमांक 10 निवासी श्रीमती विनीता चतुर्वेदी ने भूमि का सीमांकन कराए जाने तथा ग्राम बैरीबांध निवासी श्रीमती सुंदरबाई ने किसान सम्मान निधि योजना का लाभ दिलाए जाने के संबंध में आवेदन प्रस्तुत किया।
जनसुनवाई में मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्रीमती अर्चना कुमारी, अपर कलेक्टर बलबीर रमन सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
    user_Anupam Singh patrkar
    Anupam Singh patrkar
    अनूपपुर, अनूपपुर, मध्य प्रदेश•
    14 hrs ago
  • पार्ट 1,, प्रधानमंत्री सड़क में भ्रष्टाचार के बाद रिपेयरिंग में भ्रष्टाचार।। पार्ट 1,, प्रधानमंत्री सड़क में भ्रष्टाचार के बाद रिपेयरिंग में भ्रष्टाचार।। कवर्धा - इंदौरी से तमरूवा चुचरूंगपुर मार्ग में ठेकेदार की मनमानी Kawardha News #ktnews #छत्तीसगढ़ #kawardha #trending #reels
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    पार्ट 1,, प्रधानमंत्री सड़क में भ्रष्टाचार के बाद रिपेयरिंग में भ्रष्टाचार।। 
पार्ट 1,, प्रधानमंत्री सड़क में भ्रष्टाचार के बाद रिपेयरिंग में भ्रष्टाचार।। 
कवर्धा - इंदौरी से तमरूवा चुचरूंगपुर मार्ग में ठेकेदार की मनमानी 
Kawardha News #ktnews #छत्तीसगढ़ #kawardha #trending #reels
    user_KT CHHATTISGARH NEWS
    KT CHHATTISGARH NEWS
    Local News Reporter कवर्धा, कबीरधाम, छत्तीसगढ़•
    50 min ago
  • कवर्धा के शिक्षा व्यवस्था की खुली पोल कक्षा पहली के गणित पेपर में बड़ी लापरवाही कवर्धा के शिक्षा व्यवस्था की खुली पोल कक्षा पहली के गणित पेपर में बड़ी लापरवा ही कक्षा पहली की गणित परीक्षा में बड़ी लापरवाही, अधूरे प्रश्नपत्र से बच्चों में असमंजस कई सवालों में चित्र और विकल्प ही गायब, उत्तर पुस्तिका भी नहीं मिली; परीक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल... कवर्धा।छत्तीसगढ़ के कवर्धा जिले में प्राथमिक स्कूलों में इन दिनों त्रैमासिक परीक्षा 2026-27 आयोजित की जा रही है। इसी क्रम में मंगलवार को कक्षा पहली की गणित विषय की परीक्षा आयोजित हुई। परीक्षा के दौरान प्रश्नपत्र को लेकर ऐसी खामी सामने आई, जिसने शिक्षा व्यवस्था की तैयारियों और प्रश्नपत्र की जांच प्रक्रिया पर सवाल खड़े कर दिए।
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    कवर्धा के शिक्षा व्यवस्था की खुली पोल कक्षा पहली के गणित पेपर में बड़ी लापरवाही
कवर्धा के शिक्षा व्यवस्था की खुली पोल कक्षा पहली के गणित पेपर में बड़ी लापरवा ही कक्षा पहली की गणित परीक्षा में बड़ी लापरवाही, अधूरे प्रश्नपत्र से बच्चों में असमंजस कई सवालों में चित्र और विकल्प ही गायब, उत्तर पुस्तिका भी नहीं मिली; परीक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल...
कवर्धा।छत्तीसगढ़ के कवर्धा जिले में प्राथमिक स्कूलों में इन दिनों त्रैमासिक परीक्षा 2026-27 आयोजित की जा रही है। इसी क्रम में मंगलवार को कक्षा पहली की गणित विषय की परीक्षा आयोजित हुई। परीक्षा के दौरान प्रश्नपत्र को लेकर ऐसी खामी सामने आई, जिसने शिक्षा व्यवस्था की तैयारियों और प्रश्नपत्र की जांच प्रक्रिया पर सवाल खड़े कर दिए।
    user_Tv10mpcg
    Tv10mpcg
    Local News Reporter Kawardha, Kabirdham•
    6 hrs ago
  • गोपालपुर हादसा: पेड़ कटाई के दौरान मजदूर की मौत, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे गंभीर सवाल बिड़ला माइंस क्षेत्र में कटाई के दौरान ऊपर गिरी लकड़ी, अधेड़ मजदूर केशव साहू की गई जान; ठेकेदार और वन विभाग की निगरानी पर उठ रहे सवाल शहडोल/बुढ़ार। बुढ़ार क्षेत्र के गोपालपुर जंगल में लकड़ी कटाई के दौरान हुए हादसे में एक अधेड़ मजदूर की मौत हो गई। बताया जा रहा है कि लकड़ी काटने के दौरान अचानक एक पेड़/लकड़ी का हिस्सा मजदूर के ऊपर आ गिरा, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया और उसकी मौत हो गई। मृतक की पहचान केशव साहू, निवासी शाहपुर के रूप में हुई है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार केशव साहू, चेतन साहू के कांट्रेक्ट के तहत मजदूरी कर रहा था। इसी दौरान कटाई का काम करते समय वह लकड़ी की चपेट में आ गया। हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई। मौके पर पहुंचा वन अमला और पुलिस घटना की सूचना मिलते ही बुढ़ार वन विभाग और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। बुढ़ार तहसीलदार भी घटनास्थल पर पहुंचे और मामले की जानकारी ली। पुलिस द्वारा आवश्यक कार्रवाई करते हुए घटना की परिस्थितियों की जांच की जा रही है। सुरक्षा इंतजामों पर सबसे बड़ा सवाल हादसे के बाद अब सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि जंगल में पेड़ कटाई जैसे जोखिमपूर्ण कार्य के दौरान मजदूरों की सुरक्षा के लिए क्या इंतजाम किए गए थे? क्या मजदूरों को हेलमेट और अन्य आवश्यक सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराए गए थे? क्या कटाई क्षेत्र को सुरक्षित तरीके से चिन्हित किया गया था? क्या मौके पर जिम्मेदार अधिकारी या सुपरवाइजर मौजूद था? और क्या ठेकेदार द्वारा निर्धारित सुरक्षा प्रक्रिया का पालन किया जा रहा था? इन सवालों के जवाब जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेंगे। डिप्टी रेंजर की भूमिका पर भी उठे सवाल घटना को लेकर स्थानीय स्तर पर डिप्टी रेंजर की निगरानी और कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए जा रहे हैं। कुछ लोगों का आरोप है कि यदि कटाई स्थल की नियमित निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था की समुचित जांच होती तो हादसे को टाला जा सकता था। हालांकि, डिप्टी रेंजर की प्रत्यक्ष जिम्मेदारी अथवा किसी प्रकार की लापरवाही जांच में प्रमाणित होना बाकी है। ऐसे में निष्पक्ष विभागीय जांच के बाद ही जिम्मेदारी तय की जा सकती है। मुआवजे की बात, लेकिन परिवार को न्याय का इंतजार वन विभाग की ओर से मृतक के परिवार को कम्पनसेशन/मुआवजा दिए जाने की बात सामने आई है। हालांकि मुआवजे की राशि, पात्रता और भुगतान प्रक्रिया को लेकर आधिकारिक जानकारी सामने आना बाकी है। परिजनों के लिए केवल आर्थिक सहायता ही नहीं, बल्कि हादसे की निष्पक्ष जांच और यदि किसी स्तर पर लापरवाही प्रमाणित होती है तो जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई भी महत्वपूर्ण होगी। TMC बिड़ला माइंस को लकड़ी हैंडओवर किए जाने की जानकारी प्राप्त जानकारी के अनुसार जंगल से काटी जा रही लकड़ी को TMC बिड़ला माइंस को हैंडओवर किया जाना था। ऐसे में यह भी जांच का विषय है कि कटाई किस अनुमति और प्रक्रिया के तहत कराई जा रही थी तथा कार्य में लगे मजदूरों की सुरक्षा की जिम्मेदारी किसकी थी। अब जांच से सामने आएगा सच गोपालपुर हादसे ने जंगल कटाई के दौरान मजदूरों की सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी तंत्र को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल पुलिस और वन विभाग की जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि हादसा किन परिस्थितियों में हुआ और क्या इसमें किसी स्तर पर लापरवाही हुई थी। सबसे बड़ा सवाल यही है—अगर सुरक्षा मानकों का पालन नहीं हुआ था, तो उसकी जिम्मेदारी आखिर किसकी तय होगी?
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    गोपालपुर हादसा: पेड़ कटाई के दौरान मजदूर की मौत, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे गंभीर सवाल
बिड़ला माइंस क्षेत्र में कटाई के दौरान ऊपर गिरी लकड़ी, अधेड़ मजदूर केशव साहू की गई जान; ठेकेदार और वन विभाग की निगरानी पर उठ रहे सवाल
शहडोल/बुढ़ार। बुढ़ार क्षेत्र के गोपालपुर जंगल में लकड़ी कटाई के दौरान हुए हादसे में एक अधेड़ मजदूर की मौत हो गई। बताया जा रहा है कि लकड़ी काटने के दौरान अचानक एक पेड़/लकड़ी का हिस्सा मजदूर के ऊपर आ गिरा, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया और उसकी मौत हो गई। मृतक की पहचान केशव साहू, निवासी शाहपुर के रूप में हुई है।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार केशव साहू, चेतन साहू के कांट्रेक्ट के तहत मजदूरी कर रहा था। इसी दौरान कटाई का काम करते समय वह लकड़ी की चपेट में आ गया। हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई।
मौके पर पहुंचा वन अमला और पुलिस
घटना की सूचना मिलते ही बुढ़ार वन विभाग और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। बुढ़ार तहसीलदार भी घटनास्थल पर पहुंचे और मामले की जानकारी ली। पुलिस द्वारा आवश्यक कार्रवाई करते हुए घटना की परिस्थितियों की जांच की जा रही है।
सुरक्षा इंतजामों पर सबसे बड़ा सवाल
हादसे के बाद अब सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि जंगल में पेड़ कटाई जैसे जोखिमपूर्ण कार्य के दौरान मजदूरों की सुरक्षा के लिए क्या इंतजाम किए गए थे?
क्या मजदूरों को हेलमेट और अन्य आवश्यक सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराए गए थे?
क्या कटाई क्षेत्र को सुरक्षित तरीके से चिन्हित किया गया था?
क्या मौके पर जिम्मेदार अधिकारी या सुपरवाइजर मौजूद था?
और क्या ठेकेदार द्वारा निर्धारित सुरक्षा प्रक्रिया का पालन किया जा रहा था?
इन सवालों के जवाब जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेंगे।
डिप्टी रेंजर की भूमिका पर भी उठे सवाल
घटना को लेकर स्थानीय स्तर पर डिप्टी रेंजर की निगरानी और कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए जा रहे हैं। कुछ लोगों का आरोप है कि यदि कटाई स्थल की नियमित निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था की समुचित जांच होती तो हादसे को टाला जा सकता था।
हालांकि, डिप्टी रेंजर की प्रत्यक्ष जिम्मेदारी अथवा किसी प्रकार की लापरवाही जांच में प्रमाणित होना बाकी है। ऐसे में निष्पक्ष विभागीय जांच के बाद ही जिम्मेदारी तय की जा सकती है।
मुआवजे की बात, लेकिन परिवार को न्याय का इंतजार
वन विभाग की ओर से मृतक के परिवार को कम्पनसेशन/मुआवजा दिए जाने की बात सामने आई है। हालांकि मुआवजे की राशि, पात्रता और भुगतान प्रक्रिया को लेकर आधिकारिक जानकारी सामने आना बाकी है।
परिजनों के लिए केवल आर्थिक सहायता ही नहीं, बल्कि हादसे की निष्पक्ष जांच और यदि किसी स्तर पर लापरवाही प्रमाणित होती है तो जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई भी महत्वपूर्ण होगी।
TMC बिड़ला माइंस को लकड़ी हैंडओवर किए जाने की जानकारी
प्राप्त जानकारी के अनुसार जंगल से काटी जा रही लकड़ी को TMC बिड़ला माइंस को हैंडओवर किया जाना था। ऐसे में यह भी जांच का विषय है कि कटाई किस अनुमति और प्रक्रिया के तहत कराई जा रही थी तथा कार्य में लगे मजदूरों की सुरक्षा की जिम्मेदारी किसकी थी।
अब जांच से सामने आएगा सच
गोपालपुर हादसे ने जंगल कटाई के दौरान मजदूरों की सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी तंत्र को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल पुलिस और वन विभाग की जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि हादसा किन परिस्थितियों में हुआ और क्या इसमें किसी स्तर पर लापरवाही हुई थी।
सबसे बड़ा सवाल यही है—अगर सुरक्षा मानकों का पालन नहीं हुआ था, तो उसकी जिम्मेदारी आखिर किसकी तय होगी?
    user_पंडित कृष्णा मिश्रा पत्रकार
    पंडित कृष्णा मिश्रा पत्रकार
    Insurance Agent सोहागपुर, शहडोल, मध्य प्रदेश•
    7 hrs ago
  • रिपोर्टर योगेश कुमार वर्मन संभाग शहडोल जिला शहडोल मप्र स्वास्तिक गैलेक्सी में भक्तिमय हुआ गणेशोत्सव 56 भोग, महंत उमेश शरण जी महाराज का सत्संग, महाआरती व सुंदरकांड पाठ का हुआ आयोजन शहडोल। हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी स्वास्तिक गैलेक्सी परिवार द्वारा गणेशोत्सव श्रद्धा और भक्तिभाव के साथ मनाया जा रहा है। 15 सितंबर 2026 को गैलेक्सी कम्पाउंड में सुखदाता-दुःखहर्ता भगवान श्री गणेश जी की विधि-विधान से स्थापना की गई। गणेश जन्मोत्सव के क्रम में 19 सितंबर को भगवान श्री गणेश जी को 56 भोग अर्पित किया गया। संध्याकालीन महाआरती के पश्चात गणेश जी के भजनों पर गैलेक्सी परिवार के सदस्यों ने नृत्य एवं भजन-कीर्तन कर वातावरण को भक्तिमय बना दिया। 20 सितंबर को रामसखा आश्रम के महंत श्री उमेश शरण जी महाराज द्वारा भगवान गणेश एवं राम नाम की महिमा पर भजन, कीर्तन और सत्संग के माध्यम से श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक संदेश दिया गया। इसके बाद 21 सितंबर को महाआरती तथा 22 सितंबर को सुंदरकांड पाठ का आयोजन किया गया। ये रहे उपस्थित: मोहन दुबे, डॉ. संदीप ताम्रकार, महेंद्र सराफ, श्रीचंद नारवानी, नंदकिशोर मंगलानी, डॉ. ए.के. श्रीवास्तव, गोविंद सिंह परिहार, देवेंद्र तिवारी, राजेश मिश्रा, दिलीप तिवारी, एस.के. भैया, राजेश सिंह बघेल, संजय रुपचंदानी, बबलू जगवानी, बलराम गुप्ता, अमित जगवानी, महेंद्र मोटवानी (गुड्डू), मुकेश गुप्ता, सुमित अग्रवाल, आकाश आहूजा, सोनू हिंदुजा, किशकेदू घोष, अतुल द्विवेदी, कमलेश मंगलानी, आनंद श्रीवास्तव, यश सोनी, विभा ताम्रकार, सावित्री दुबे, अनीता सराफ, सुधा, कंचन नारवानी, मीना देवी, दीपा मंगलानी, मंजु जगवानी, जिया, देवलीना घोष, तृप्ति सेठिया, सारधा मौर्य, आरोही, कुसुम, रेखा, सोनिका मंगलानी, मयूरी, नीलू, रीमा रुपचंदानी, अंकिता, सुधा, गौरवी, स्वाती, योगिता, नूतन मून सहित गैलेक्सी परिवार के सदस्य उपस्थित रहे। रिपोर्टर योगेश कुमार वर्मन संभाग शहडोल जिला शहडोल मप्र स्वास्तिक गैलेक्सी में भक्तिमय हुआ गणेशोत्सव 56 भोग, महंत उमेश शरण जी महाराज का सत्संग, महाआरती व सुंदरकांड पाठ का हुआ आयोजन शहडोल। हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी स्वास्तिक गैलेक्सी परिवार द्वारा गणेशोत्सव श्रद्धा और भक्तिभाव के साथ मनाया जा रहा है। 15 सितंबर 2026 को गैलेक्सी कम्पाउंड में सुखदाता-दुःखहर्ता भगवान श्री गणेश जी की विधि-विधान से स्थापना की गई। गणेश जन्मोत्सव के क्रम में 19 सितंबर को भगवान श्री गणेश जी को 56 भोग अर्पित किया गया। संध्याकालीन महाआरती के पश्चात गणेश जी के भजनों पर गैलेक्सी परिवार के सदस्यों ने नृत्य एवं भजन-कीर्तन कर वातावरण को भक्तिमय बना दिया। 20 सितंबर को रामसखा आश्रम के महंत श्री उमेश शरण जी महाराज द्वारा भगवान गणेश एवं राम नाम की महिमा पर भजन, कीर्तन और सत्संग के माध्यम से श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक संदेश दिया गया। इसके बाद 21 सितंबर को महाआरती तथा 22 सितंबर को सुंदरकांड पाठ का आयोजन किया गया। ये रहे उपस्थित: मोहन दुबे, डॉ. संदीप ताम्रकार, महेंद्र सराफ, श्रीचंद नारवानी, नंदकिशोर मंगलानी, डॉ. ए.के. श्रीवास्तव, गोविंद सिंह परिहार, देवेंद्र तिवारी, राजेश मिश्रा, दिलीप तिवारी, एस.के. भैया, राजेश सिंह बघेल, संजय रुपचंदानी, बबलू जगवानी, बलराम गुप्ता, अमित जगवानी, महेंद्र मोटवानी (गुड्डू), मुकेश गुप्ता, सुमित अग्रवाल, आकाश आहूजा, सोनू हिंदुजा, किशकेदू घोष, अतुल द्विवेदी, कमलेश मंगलानी, आनंद श्रीवास्तव, यश सोनी, विभा ताम्रकार, सावित्री दुबे, अनीता सराफ, सुधा, कंचन नारवानी, मीना देवी, दीपा मंगलानी, मंजु जगवानी, जिया, देवलीना घोष, तृप्ति सेठिया, सारधा मौर्य, आरोही, कुसुम, रेखा, सोनिका मंगलानी, मयूरी, नीलू, रीमा रुपचंदानी, अंकिता, सुधा, गौरवी, स्वाती, योगिता, नूतन मून सहित गैलेक्सी परिवार के सदस्य उपस्थित रहे।
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    रिपोर्टर योगेश कुमार वर्मन 
संभाग शहडोल जिला शहडोल मप्र 
स्वास्तिक गैलेक्सी में भक्तिमय हुआ गणेशोत्सव

56 भोग, महंत उमेश शरण जी महाराज का सत्संग, महाआरती व सुंदरकांड पाठ का हुआ आयोजन

शहडोल। हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी स्वास्तिक गैलेक्सी परिवार द्वारा गणेशोत्सव श्रद्धा और भक्तिभाव के साथ मनाया जा रहा है। 15 सितंबर 2026 को गैलेक्सी कम्पाउंड में सुखदाता-दुःखहर्ता भगवान श्री गणेश जी की विधि-विधान से स्थापना की गई।

गणेश जन्मोत्सव के क्रम में 19 सितंबर को भगवान श्री गणेश जी को 56 भोग अर्पित किया गया। संध्याकालीन महाआरती के पश्चात गणेश जी के भजनों पर गैलेक्सी परिवार के सदस्यों ने नृत्य एवं भजन-कीर्तन कर वातावरण को भक्तिमय बना दिया।

20 सितंबर को रामसखा आश्रम के महंत श्री उमेश शरण जी महाराज द्वारा भगवान गणेश एवं राम नाम की महिमा पर भजन, कीर्तन और सत्संग के माध्यम से श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक संदेश दिया गया। इसके बाद 21 सितंबर को महाआरती तथा 22 सितंबर को सुंदरकांड पाठ का आयोजन किया गया।

ये रहे उपस्थित: मोहन दुबे, डॉ. संदीप ताम्रकार, महेंद्र सराफ, श्रीचंद नारवानी, नंदकिशोर मंगलानी, डॉ. ए.के. श्रीवास्तव, गोविंद सिंह परिहार, देवेंद्र तिवारी, राजेश मिश्रा, दिलीप तिवारी, एस.के. भैया, राजेश सिंह बघेल, संजय रुपचंदानी, बबलू जगवानी, बलराम गुप्ता, अमित जगवानी, महेंद्र मोटवानी (गुड्डू), मुकेश गुप्ता, सुमित अग्रवाल, आकाश आहूजा, सोनू हिंदुजा, किशकेदू घोष, अतुल द्विवेदी, कमलेश मंगलानी, आनंद श्रीवास्तव, यश सोनी, विभा ताम्रकार, सावित्री दुबे, अनीता सराफ, सुधा, कंचन नारवानी, मीना देवी, दीपा मंगलानी, मंजु जगवानी, जिया, देवलीना घोष, तृप्ति सेठिया, सारधा मौर्य, आरोही, कुसुम, रेखा, सोनिका मंगलानी, मयूरी, नीलू, रीमा रुपचंदानी, अंकिता, सुधा, गौरवी, स्वाती, योगिता, नूतन मून सहित गैलेक्सी परिवार के सदस्य उपस्थित रहे।
रिपोर्टर योगेश कुमार वर्मन 
संभाग शहडोल जिला शहडोल मप्र 
स्वास्तिक गैलेक्सी में भक्तिमय हुआ गणेशोत्सव
56 भोग, महंत उमेश शरण जी महाराज का सत्संग, महाआरती व सुंदरकांड पाठ का हुआ आयोजन
शहडोल। हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी स्वास्तिक गैलेक्सी परिवार द्वारा गणेशोत्सव श्रद्धा और भक्तिभाव के साथ मनाया जा रहा है। 15 सितंबर 2026 को गैलेक्सी कम्पाउंड में सुखदाता-दुःखहर्ता भगवान श्री गणेश जी की विधि-विधान से स्थापना की गई।
गणेश जन्मोत्सव के क्रम में 19 सितंबर को भगवान श्री गणेश जी को 56 भोग अर्पित किया गया। संध्याकालीन महाआरती के पश्चात गणेश जी के भजनों पर गैलेक्सी परिवार के सदस्यों ने नृत्य एवं भजन-कीर्तन कर वातावरण को भक्तिमय बना दिया।
20 सितंबर को रामसखा आश्रम के महंत श्री उमेश शरण जी महाराज द्वारा भगवान गणेश एवं राम नाम की महिमा पर भजन, कीर्तन और सत्संग के माध्यम से श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक संदेश दिया गया। इसके बाद 21 सितंबर को महाआरती तथा 22 सितंबर को सुंदरकांड पाठ का आयोजन किया गया।
ये रहे उपस्थित: मोहन दुबे, डॉ. संदीप ताम्रकार, महेंद्र सराफ, श्रीचंद नारवानी, नंदकिशोर मंगलानी, डॉ. ए.के. श्रीवास्तव, गोविंद सिंह परिहार, देवेंद्र तिवारी, राजेश मिश्रा, दिलीप तिवारी, एस.के. भैया, राजेश सिंह बघेल, संजय रुपचंदानी, बबलू जगवानी, बलराम गुप्ता, अमित जगवानी, महेंद्र मोटवानी (गुड्डू), मुकेश गुप्ता, सुमित अग्रवाल, आकाश आहूजा, सोनू हिंदुजा, किशकेदू घोष, अतुल द्विवेदी, कमलेश मंगलानी, आनंद श्रीवास्तव, यश सोनी, विभा ताम्रकार, सावित्री दुबे, अनीता सराफ, सुधा, कंचन नारवानी, मीना देवी, दीपा मंगलानी, मंजु जगवानी, जिया, देवलीना घोष, तृप्ति सेठिया, सारधा मौर्य, आरोही, कुसुम, रेखा, सोनिका मंगलानी, मयूरी, नीलू, रीमा रुपचंदानी, अंकिता, सुधा, गौरवी, स्वाती, योगिता, नूतन मून सहित गैलेक्सी परिवार के सदस्य उपस्थित रहे।
    user_India news Reporter
    India news Reporter
    Voice of people सोहागपुर, शहडोल, मध्य प्रदेश•
    9 hrs ago
  • फार्म हाउस के लुक के लिए हरे भरे वृक्ष को सुखा कर काटे यूके लिपटिस की आड़ में बमूर के पेड़ भी काटे गए। नेशनल हाईवे NH43 के किनारे लगे यूकेलिप्टस और बमूर के पेड़ों पर चलीआरी, टालों में बिक रही भरी लकड़ी बिरसिंहपुर पाली के ग्राम मुदरिया में नेशनल हाईवे के किनारे लगे सैकड़ों यूकेलिप्टस और बमूर के पेड़ों पर अवैध कटाई का साया मंडरा रहा है। आरोप है कि रात के अंधेरे में हरे-भरे पेड़ों को काटकर हाइड्रा से उठा कर ट्रैक्टर-ट्रॉलियों और पिकप से अग्रवाल से मिल (लकड़ी टालों )तक पहुंचाया जा रहा है, जहां से यह लकड़ी धड़ल्ले से फर्नीचर ,दरवाजे चौखट बना कर महगे दामों बेचे जा रहे है। स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार, पिछले एक पखवाड़े से मुदरिया के पास हाईवे के दोनों ओर पेड़ों की संख्या लगातार घट रही है। सुबह होते ही कटे हुए ठूंठ और बिखरी डालियां कटाई की गवाही देती हैं। ग्रामीणों का कहना है कि यह कटाई वन विभाग और राजस्व विभाग की मिलीभगत के बिना संभव नहीं है। पेड़ काटने वालों के हौसले इतने बुलंद हैं कि दिनदहाड़े भी लकड़ी ढोई जा रही है। सूत्रों की मानें तो हाईवे किनारे बन रहे माकान आली सान बिल्डिंग फार्म हाउस के मालिकों के द्वारा लुक के लिए पेड़ों की कटाई की जा रही है और औने-पौने दामों में प्रति ट्रॉली लकड़ी टाल संचालकों को 8 से 10 हजार रुपये में बेची जा रही है। टालों में इस अवैध लकड़ी को वैध लकड़ी के साथ मिलाकर खपाया जा रहा है। राजस्व विभाग कहता है वन विभाग जाने कोई कहता है मां के नाम एक पेड़ लगाने को तो कोई कहता है सारे पेड़ काट दो घर बनाने को तो कोई कहता है सारे पेड़ काट कर मुझे दे दो फर्नीचर बनाने को इन सब के बीच कहां गया पर्यावरणीय सुरक्षा इस अवैध पेड़ो के कटने से शासन को लाखों रुपये के राजस्व का नुकसान हो रहा है, वहीं पर्यावरण को भी भारी क्षति पहुंच रही है। हाईवे किनारे लगे ये पेड़ न केवल छाया देते थे, बल्कि प्रदूषण को भी सोखते थे। मामले को लेकर ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। ग्रामीणों का कहना है कि शिकायत के बाद भी अधिकारी कार्रवाई नहीं कर रहे हैं। वहीं पर्यावरण प्रेमियों ने इस अवैध कटाई पर रोक लगाने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो हाईवे किनारे का हरियाला क्षेत्र पूरी तरह उजड़ जाएगा। ग्रामीणों ने कलेक्टर से जांच कराकर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और टालों पर छापा मार कड़ी कार्यवाही की मांग की है।
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    फार्म हाउस के लुक के लिए हरे भरे वृक्ष को सुखा कर काटे यूके लिपटिस की आड़ में बमूर के पेड़ भी काटे गए।
नेशनल हाईवे NH43 के किनारे लगे यूकेलिप्टस और बमूर के पेड़ों पर चलीआरी, टालों में बिक रही भरी लकड़ी
बिरसिंहपुर पाली के ग्राम मुदरिया में नेशनल हाईवे के किनारे लगे सैकड़ों यूकेलिप्टस और बमूर के पेड़ों पर अवैध कटाई का साया मंडरा रहा है। आरोप है कि रात के अंधेरे में हरे-भरे पेड़ों को काटकर हाइड्रा से उठा कर ट्रैक्टर-ट्रॉलियों और पिकप से अग्रवाल से मिल (लकड़ी टालों )तक पहुंचाया जा रहा है, जहां से यह लकड़ी धड़ल्ले से फर्नीचर ,दरवाजे चौखट बना कर महगे दामों बेचे जा रहे है।
स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार, पिछले एक पखवाड़े से मुदरिया के पास हाईवे के दोनों ओर पेड़ों की संख्या लगातार घट रही है। सुबह होते ही कटे हुए ठूंठ और बिखरी डालियां कटाई की गवाही देती हैं। ग्रामीणों का कहना है कि यह कटाई वन विभाग और राजस्व विभाग की मिलीभगत के बिना संभव नहीं है। पेड़ काटने वालों के हौसले इतने बुलंद हैं कि दिनदहाड़े भी लकड़ी ढोई जा रही है।
सूत्रों की मानें तो हाईवे किनारे बन रहे माकान आली सान बिल्डिंग फार्म हाउस के मालिकों के द्वारा लुक के लिए पेड़ों की कटाई की जा रही है और औने-पौने दामों में  प्रति ट्रॉली लकड़ी टाल संचालकों को 8 से 10 हजार रुपये में बेची जा रही है। टालों में इस अवैध लकड़ी को वैध लकड़ी के साथ मिलाकर खपाया जा रहा है। राजस्व विभाग कहता है वन विभाग जाने कोई कहता है  मां के नाम एक पेड़ लगाने को तो कोई कहता है  सारे पेड़ काट दो घर बनाने को तो कोई कहता है सारे पेड़ काट कर मुझे दे दो फर्नीचर बनाने को इन सब के बीच कहां गया पर्यावरणीय सुरक्षा इस अवैध पेड़ो के कटने से  शासन को लाखों रुपये के राजस्व का नुकसान हो रहा है, वहीं पर्यावरण को भी भारी क्षति पहुंच रही है। हाईवे किनारे लगे ये पेड़ न केवल छाया देते थे, बल्कि प्रदूषण को भी सोखते थे।
मामले को लेकर ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। ग्रामीणों का कहना है कि शिकायत के बाद भी अधिकारी कार्रवाई नहीं कर रहे हैं। 
वहीं पर्यावरण प्रेमियों ने इस अवैध कटाई पर रोक लगाने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो हाईवे किनारे का हरियाला क्षेत्र पूरी तरह उजड़ जाएगा। ग्रामीणों ने कलेक्टर से जांच कराकर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और टालों पर छापा मार कड़ी कार्यवाही की मांग की है।
    user_Om Agrawal
    Om Agrawal
    पाली, उमरिया, मध्य प्रदेश•
    7 hrs ago
  • मध्यप्रदेश सरकार की मुख्यमंत्री स्कूटी योजना बनी वरदान, मेधावी विद्यार्थियों को मिली बड़ी सुविधा” “मेधावी विद्यार्थियों के लिए सरकार की बड़ी सौगात, स्कूटी योजना बनी सहारा” “स्कूटी मिलने से आसान होगा विद्यार्थियों का सफर, पढ़ाई के लिए आने-जाने में मिलेगी सुविधा” भोपाल। मध्यप्रदेश सरकार द्वारा मेधावी विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से संचालित मुख्यमंत्री स्कूटी योजना विद्यार्थियों के लिए काफी उपयोगी साबित हो रही है। योजना के तहत कक्षा 12वीं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को स्कूटी प्रदान की जा रही है। स्कूटी मिलने से विद्यार्थियों को विद्यालय आने-जाने में सुविधा होगी। खासकर दूर-दराज के क्षेत्रों से पढ़ाई के लिए आने वाले विद्यार्थियों को रोजाना आवागमन में होने वाली परेशानियों से राहत मिलेगी। इससे उनका समय भी बचेगा और वे अपनी पढ़ाई पर अधिक ध्यान दे सकेंगे। विद्यार्थियों और अभिभावकों का कहना है कि शिक्षा के क्षेत्र में इस तरह की योजनाएं बच्चों को आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करती हैं। मुख्यमंत्री स्कूटी योजना से विद्यार्थियों में पढ़ाई के प्रति उत्साह बढ़ने के साथ-साथ उच्च शिक्षा के लिए आगे बढ़ने का अवसर भी मिलेगा। सरकार की इस पहल को विद्यार्थियों की शिक्षा और सुगम आवागमन से जोड़कर देखा जा रहा है।
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    मध्यप्रदेश सरकार की मुख्यमंत्री स्कूटी योजना बनी वरदान, मेधावी विद्यार्थियों को मिली बड़ी सुविधा”
“मेधावी विद्यार्थियों के लिए सरकार की बड़ी सौगात, स्कूटी योजना बनी सहारा”
“स्कूटी मिलने से आसान होगा विद्यार्थियों का सफर, पढ़ाई के लिए आने-जाने में मिलेगी सुविधा”
भोपाल। मध्यप्रदेश सरकार द्वारा मेधावी विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से संचालित मुख्यमंत्री स्कूटी योजना विद्यार्थियों के लिए काफी उपयोगी साबित हो रही है। योजना के तहत कक्षा 12वीं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को स्कूटी प्रदान की जा रही है।
स्कूटी मिलने से विद्यार्थियों को विद्यालय आने-जाने में सुविधा होगी। खासकर दूर-दराज के क्षेत्रों से पढ़ाई के लिए आने वाले विद्यार्थियों को रोजाना आवागमन में होने वाली परेशानियों से राहत मिलेगी। इससे उनका समय भी बचेगा और वे अपनी पढ़ाई पर अधिक ध्यान दे सकेंगे।
विद्यार्थियों और अभिभावकों का कहना है कि शिक्षा के क्षेत्र में इस तरह की योजनाएं बच्चों को आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करती हैं। मुख्यमंत्री स्कूटी योजना से विद्यार्थियों में पढ़ाई के प्रति उत्साह बढ़ने के साथ-साथ उच्च शिक्षा के लिए आगे बढ़ने का अवसर भी मिलेगा।
सरकार की इस पहल को विद्यार्थियों की शिक्षा और सुगम आवागमन से जोड़कर देखा जा रहा है।
    user_राजेश कुमार मरावी
    राजेश कुमार मरावी
    Voice of people बजाग, डिंडोरी, मध्य प्रदेश•
    20 hrs ago
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