मऊ को अब कट्टे की नहीं कंप्यूटर की जरूरत, शिक्षा की नई इबादत लिखेगी नई पीढ़ी: मंत्री ए. के. शर्मा *शिक्षक सम्मान ही राष्ट्र निर्माण की शक्ति का सम्मान है - ए.के. शर्मा* हिंसा की पहचान से विकास और शिक्षा की पहचान की ओर बढ़ रहा मऊ प्रधानमंत्री नरेंद्र ने जी के "बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ" अभियान ने बेटियों को दिए आगे बढ़ाने के नए अवसर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी के नेतृत्व में शिक्षा के क्षेत्र में हो रहे ऐतिहासिक कार्य:मंत्री ए. के. शर्मा मऊ । नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए के शर्मा ने उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षक संघ, शाखा दोहरीघाट, मऊ द्वारा आयोजित शैक्षिक संगोष्ठी एवं शिक्षक सम्मान समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में प्रतिभाग करते हुए शिक्षकों के योगदान को नमन किया। उन्होंने कहा कि शिक्षक समाज और राष्ट्र के निर्माण की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी हैं। शिक्षक केवल विद्यार्थियों को शिक्षा नहीं देते, बल्कि उनके व्यक्तित्व, संस्कार, सोच और भविष्य का निर्माण करते हैं। इसलिए शिक्षक का सम्मान वास्तव में राष्ट्र निर्माण की शक्ति का सम्मान है। ए.के. शर्मा ने अपने विद्यार्थी जीवन की स्मृतियां साझा करते हुए कहा कि कक्षा 9वीं और 10वीं की पढ़ाई के दौरान डीएवी, मऊ में उन्हें अपने गुरुजनों से जो संस्कार, शिक्षा और मार्गदर्शन मिला, वह आज भी उनके जीवन में प्रेरणा का स्रोत है। इसके बाद इलाहाबाद विश्वविद्यालय में अध्ययन के दौरान भी उन्हें अनेक विद्वान गुरुजनों का सान्निध्य प्राप्त हुआ। उन्होंने कहा कि जीवन में उन्हें जो भी उपलब्धियां मिली हैं, उनमें माता-पिता के साथ-साथ गुरुजनों के आशीर्वाद, संस्कार और मार्गदर्शन की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ जैसे अभियानों ने बेटियों की शिक्षा, सुरक्षा और सम्मान के प्रति समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का कार्य किया है। आज देश की बेटियां डिफेंस, स्पेस, स्वास्थ्य, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, शिक्षा, प्रशासन और खेल सहित हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर देश का गौरव बढ़ा रही हैं। बेटियों को समान अवसर और बेहतर शिक्षा उपलब्ध कराना देश के उज्ज्वल भविष्य की आधारशिला है। ए.के. शर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी के नेतृत्व में प्रदेश सरकार शिक्षा व्यवस्था को मजबूत और आधुनिक बनाने के लिए निरंतर महत्वपूर्ण निर्णय ले रही है। मिशन कायाकल्प के माध्यम से विद्यालयों में मूलभूत सुविधाओं का विकास, शिक्षामित्रों के मानदेय में वृद्धि, रसोइयों के मानदेय में वृद्धि तथा शिक्षकों के आयुष्मान कार्ड जैसी पहल शिक्षा जगत से जुड़े लोगों के हित और विद्यालयी व्यवस्था को बेहतर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। मऊ के बदलते स्वरूप का उल्लेख करते हुए श्री ए.के. शर्मा ने कहा कि आज मऊ को नई पहचान और नई दिशा की जरूरत है। उन्होंने कहा, “अब मऊ में कट्टे की नहीं, कंप्यूटर की जरूरत है। हिंसा की नहीं, शिक्षा और तकनीक की जरूरत है।” उन्होंने कहा कि मऊ के बच्चों के हाथों में किताब, कंप्यूटर और आधुनिक तकनीक होनी चाहिए, ताकि वे देश-दुनिया में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर सकें। उन्होंने कहा कि मऊ के बच्चों का भविष्य किताब और कंप्यूटर से बनेगा, कट्टे से नहीं। शिक्षा और तकनीक के माध्यम से मऊ के युवा नई ऊंचाइयों को प्राप्त कर सकते हैं और जनपद एवं प्रदेश को नहीं पहचान नई दिशा दे सकते हैं। उन्होंने बताया कि जनपद में प्राथमिक विद्यालयों में फर्नीचर तथा कस्तूरबा गांधी विद्यालयों में फर्नीचर एवं अन्य आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराने के साथ ही विद्यालयों के कायाकल्प का कार्य CSR के माध्यम से कराया गया है। उन्होंने कहा कि विद्यालयों में बेहतर वातावरण, आधुनिक सुविधाएं और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए समाज के सभी वर्गों को मिलकर योगदान देना चाहिए। कार्यक्रम में बेसिक शिक्षा अधिकारी, पूर्व जिलाध्यक्ष श्रीमती नूपुर अग्रवाल, कृष्णानंद राय सहित अनेक सम्मानित अतिथि, शिक्षक एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
मऊ को अब कट्टे की नहीं कंप्यूटर की जरूरत, शिक्षा की नई इबादत लिखेगी नई पीढ़ी: मंत्री ए. के. शर्मा *शिक्षक सम्मान ही राष्ट्र निर्माण की शक्ति का सम्मान है - ए.के. शर्मा* हिंसा की पहचान से विकास और शिक्षा की पहचान की ओर बढ़ रहा मऊ प्रधानमंत्री नरेंद्र ने जी के "बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ" अभियान ने बेटियों को दिए आगे बढ़ाने के नए अवसर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी के नेतृत्व में शिक्षा के क्षेत्र में हो रहे ऐतिहासिक कार्य:मंत्री ए. के. शर्मा मऊ । नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए के शर्मा ने उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षक संघ, शाखा दोहरीघाट, मऊ द्वारा आयोजित शैक्षिक संगोष्ठी एवं शिक्षक सम्मान समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में प्रतिभाग करते हुए शिक्षकों के योगदान को नमन किया। उन्होंने कहा कि शिक्षक समाज और राष्ट्र के निर्माण की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी हैं। शिक्षक केवल विद्यार्थियों को शिक्षा नहीं देते, बल्कि उनके व्यक्तित्व, संस्कार, सोच और भविष्य
का निर्माण करते हैं। इसलिए शिक्षक का सम्मान वास्तव में राष्ट्र निर्माण की शक्ति का सम्मान है। ए.के. शर्मा ने अपने विद्यार्थी जीवन की स्मृतियां साझा करते हुए कहा कि कक्षा 9वीं और 10वीं की पढ़ाई के दौरान डीएवी, मऊ में उन्हें अपने गुरुजनों से जो संस्कार, शिक्षा और मार्गदर्शन मिला, वह आज भी उनके जीवन में प्रेरणा का स्रोत है। इसके बाद इलाहाबाद विश्वविद्यालय में अध्ययन के दौरान भी उन्हें अनेक विद्वान गुरुजनों का सान्निध्य प्राप्त हुआ। उन्होंने कहा कि जीवन में उन्हें जो भी उपलब्धियां मिली हैं, उनमें माता-पिता के साथ-साथ गुरुजनों के आशीर्वाद, संस्कार और मार्गदर्शन की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ जैसे अभियानों ने बेटियों की शिक्षा, सुरक्षा और सम्मान के प्रति समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का कार्य किया है। आज देश की बेटियां डिफेंस, स्पेस, स्वास्थ्य, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, शिक्षा, प्रशासन और खेल सहित हर
क्षेत्र में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर देश का गौरव बढ़ा रही हैं। बेटियों को समान अवसर और बेहतर शिक्षा उपलब्ध कराना देश के उज्ज्वल भविष्य की आधारशिला है। ए.के. शर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी के नेतृत्व में प्रदेश सरकार शिक्षा व्यवस्था को मजबूत और आधुनिक बनाने के लिए निरंतर महत्वपूर्ण निर्णय ले रही है। मिशन कायाकल्प के माध्यम से विद्यालयों में मूलभूत सुविधाओं का विकास, शिक्षामित्रों के मानदेय में वृद्धि, रसोइयों के मानदेय में वृद्धि तथा शिक्षकों के आयुष्मान कार्ड जैसी पहल शिक्षा जगत से जुड़े लोगों के हित और विद्यालयी व्यवस्था को बेहतर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। मऊ के बदलते स्वरूप का उल्लेख करते हुए श्री ए.के. शर्मा ने कहा कि आज मऊ को नई पहचान और नई दिशा की जरूरत है। उन्होंने कहा, “अब मऊ में कट्टे की नहीं, कंप्यूटर की जरूरत है। हिंसा की नहीं, शिक्षा और तकनीक की जरूरत है।” उन्होंने कहा
कि मऊ के बच्चों के हाथों में किताब, कंप्यूटर और आधुनिक तकनीक होनी चाहिए, ताकि वे देश-दुनिया में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर सकें। उन्होंने कहा कि मऊ के बच्चों का भविष्य किताब और कंप्यूटर से बनेगा, कट्टे से नहीं। शिक्षा और तकनीक के माध्यम से मऊ के युवा नई ऊंचाइयों को प्राप्त कर सकते हैं और जनपद एवं प्रदेश को नहीं पहचान नई दिशा दे सकते हैं। उन्होंने बताया कि जनपद में प्राथमिक विद्यालयों में फर्नीचर तथा कस्तूरबा गांधी विद्यालयों में फर्नीचर एवं अन्य आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराने के साथ ही विद्यालयों के कायाकल्प का कार्य CSR के माध्यम से कराया गया है। उन्होंने कहा कि विद्यालयों में बेहतर वातावरण, आधुनिक सुविधाएं और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए समाज के सभी वर्गों को मिलकर योगदान देना चाहिए। कार्यक्रम में बेसिक शिक्षा अधिकारी, पूर्व जिलाध्यक्ष श्रीमती नूपुर अग्रवाल, कृष्णानंद राय सहित अनेक सम्मानित अतिथि, शिक्षक एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
- अपराध की कमाई से पत्नी के नाम बनवाया तीन मंजिला मकान, 93.53 लाख की संपत्ति कुर्क मऊ। गैंगस्टर एक्ट के आरोपित मसूद अख्तर उर्फ मसूद अहमद की अपराध से अर्जित धन से पत्नी के नाम बनवाई गई करीब 93.53 लाख रुपये कीमत की तीन मंजिला आवासीय संपत्ति को पुलिस ने गैंगस्टर एक्ट की धारा 14(1) के तहत कुर्क कर लिया। शनिवार को क्षेत्राधिकारी घोसी सत्येंद्र भूषण तिवारी और तहसीलदार घोसी अनीश सिंह की मौजूदगी में यह कार्रवाई की गई। पुलिस अधीक्षक मऊ कमलेश बहादुर के निर्देश पर अपराध एवं अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई। अपर पुलिस अधीक्षक अनूप कुमार के मार्गदर्शन तथा क्षेत्राधिकारी घोसी के पर्यवेक्षण में कोपागंज थानाध्यक्ष रोहन राकेश सिंह ने विवेचना और साक्ष्य संकलन की कार्रवाई पूरी की। पुलिस के अनुसार, मसूद अख्तर उर्फ मसूद अहमद पुत्र स्व. हाजी अंसार निवासी करीमुद्दीनपुर, थाना घोसी के विरुद्ध थाना घोसी में गैंगस्टर एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज है। विवेचना में सामने आया कि उसने अपराध से अर्जित अवैध धन से अपनी पत्नी शबाना बेगम के नाम पर मकान बनवाया था। करीमुद्दीनपुर दक्षिणी वार्ड संख्या-08 स्थित भवन संख्या 421 में 1404 वर्गफीट आवासीय भूमि पर बने तीन मंजिला मकान की वर्तमान अनुमानित कीमत 93 लाख 53 हजार रुपये आंकी गई है। प्रशासन ने जिला मजिस्ट्रेट मऊ के 13 अगस्त 2026 के आदेश के अनुपालन में संपत्ति को राज्य सरकार के पक्ष में कुर्क/जब्तीकरण की कार्रवाई की। पुलिस ने बताया कि अपराध से अर्जित संपत्तियों पर कार्रवाई का अभियान आगे भी जारी रहेगा।4
- मऊ: जहनियांपुर मोड़ पर दर्दनाक हादसा, बिजली के पोल से टकराई बाइक, दो युवकों की मौत मऊ: जहनियांपुर मोड़ पर दर्दनाक हादसा, बिजली के पोल से टकराई बाइक, दो युवकों की मौत आठ घंटे बाद खाई में मिले शव, सड़क चौड़ीकरण और पोल शिफ्टिंग की मांग को लेकर ग्रामीणों ने लगाया जाम मऊ के कोपागंज थाना क्षेत्र में शनिवार रात दर्दनाक सड़क हादसे में बाइक सवार दो युवकों की मौत हो गई। जहनियांपुर मोड़ के पास तेज रफ्तार बाइक अनियंत्रित होकर बिजली के पोल से टकराई और सड़क किनारे खाई में जा गिरी। हादसे के बाद दोनों युवक रातभर लापता रहे। करीब आठ घंटे बाद रविवार सुबह बाइक के साथ दोनों के शव खाई में मिले। घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने सड़क जाम कर दिया। मामला कोपागंज थाना क्षेत्र के कुर्थीजाफरपुर नगर पंचायत अंतर्गत बरलाई-धवरियासाथ मार्ग का है। जहनियांपुर मोड़ के पास शनिवार रात करीब नौ बजे बाइक सवार दो युवक हादसे का शिकार हो गए। मृतकों की पहचान कुर्थीजाफरपुर निवासी 24 वर्षीय आकाश और दोहरीघाट थाना क्षेत्र के गोठा निवासी उनके बुआ के बेटे 26 वर्षीय निकेश के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि बाइक अंधे मोड़ पर अनियंत्रित होकर बिजली के पोल से टकराई और सड़क किनारे खाई में जा गिरी। हादसे की जानकारी मिलने के बाद परिजन मौके पर पहुंचे और दोनों की तलाश करते रहे, लेकिन अंधेरा होने के कारण उनका पता नहीं चल सका। रविवार सुबह करीब पांच बजे खोजबीन के दौरान खाई में बाइक के साथ दोनों युवक मृत अवस्था में मिले। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शवों को कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू की। हादसे के बाद आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने बरलाई-धवरियासाथ मार्ग पर जाम लगा दिया। ग्रामीणों का आरोप है कि जहनियांपुर मोड़ पर सड़क संकरी होने के साथ अंधा मोड़ भी हादसों का कारण बन रहा है। ग्रामीणों ने सड़क चौड़ीकरण, सड़क किनारे पेड़ों की कटाई और बिजली के पोल को तत्काल शिफ्ट करने की मांग की। करीब चार घंटे तक जाम की स्थिति बनी रही। मौके पर दक्षिण टोला और कोपागंज थाने की पुलिस के साथ पीएसी बल तैनात किया गया।1
- मऊ जिला पार्किंग पैसा मांगने प बवाल मामला मऊ जनपद से आ रही है2
- हमारे गाँव की सड़क काफी खराब हो चुकी है। Village Bara post bara Mau Uttar Pradesh India हमारे गाँव की सड़क काफी खराब हो चुकी है। प्रधान द्वारा अभी तक सड़क का निर्माण नहीं करवाया गया है। सड़क खराब होने के कारण लोगों को आने-जाने में परेशानी होती है। बारिश के समय रास्ते में कीचड़ और पानी भर जाता है। बच्चों को स्कूल जाने में भी दिक्कत होती है। बुजुर्गों और बीमार लोगों को विशेष परेशानी का सामना करना पड़ता है। वाहनों से आने-जाने में भी काफी कठिनाई होती है। गाँव के लोगों ने कई बार सड़क बनवाने की मांग की है। अतः संबंधित अधिकारी से निवेदन है कि जल्द से जल्द सड़क का निर्माण करवाया जाए। इससे गाँव के सभी लोगों को आवागमन में सुविधा मिलेगी।1
- हाई टेंसन तार की चपेट मे आने से युवक की हुई दर्दनाक मौत का वीडियो सीसीटीवी कैमरे में हुई कैद घटना का वीडियो सीसीटीव मे हुआ कैद बिज़लीविभाग की बड़ी लापरवाही के चलते एक व्यक्ति की हुई मौत हाई टेंसन तार की चपेट मे आने से युवक की हुई दर्दनाक मौत घटना का वीडियो सीसीटीव मे हुआ कैद तार की चपेट में आने का वीडियो आया सामने घटना के बाद ड्राइविंग सीट से बाहर गिरा युवक घटना से ग्रामीण अंचल में पहली दहशत परिजनों में भारी आक्रोश रानीपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत हथनी मोड़ के पास हुआ हादसा2
- *शिक्षक सम्मान ही राष्ट्र निर्माण की शक्ति का सम्मान है : श्री ए.के. शर्मा* *शिक्षक सम्मान ही राष्ट्र निर्माण की शक्ति का सम्मान है : श्री ए.के. शर्मा* *मऊ को अब कट्टे की नहीं कंप्यूटर की जरूरत, शिक्षा की नई इबादत लिखेगी नई पीढ़ी:मंत्री श्री ए के शर्मा* *हिंसा की पहचान से विकास और शिक्षा की पहचान की ओर बढ़ रहा मऊ* *प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र ने जी के "बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ" अभियान ने बेटियों को दिए आगे बढ़ाने के नए अवसर* *मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ जी के नेतृत्व में शिक्षा के क्षेत्र में हो रहे ऐतिहासिक कार्य:मंत्री श्री ए के शर्मा* मऊ, 5 सितंबर 2026 नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री श्री ए के शर्मा ने उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षक संघ, शाखा दोहरीघाट, मऊ द्वारा आयोजित शैक्षिक संगोष्ठी एवं शिक्षक सम्मान समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में प्रतिभाग करते हुए शिक्षकों के योगदान को नमन किया। उन्होंने कहा कि शिक्षक समाज और राष्ट्र के निर्माण की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी हैं। शिक्षक केवल विद्यार्थियों को शिक्षा नहीं देते, बल्कि उनके व्यक्तित्व, संस्कार, सोच और भविष्य का निर्माण करते हैं। इसलिए शिक्षक का सम्मान वास्तव में राष्ट्र निर्माण की शक्ति का सम्मान है। श्री ए.के. शर्मा ने अपने विद्यार्थी जीवन की स्मृतियां साझा करते हुए कहा कि कक्षा 9वीं और 10वीं की पढ़ाई के दौरान डीएवी, मऊ में उन्हें अपने गुरुजनों से जो संस्कार, शिक्षा और मार्गदर्शन मिला, वह आज भी उनके जीवन में प्रेरणा का स्रोत है। इसके बाद इलाहाबाद विश्वविद्यालय में अध्ययन के दौरान भी उन्हें अनेक विद्वान गुरुजनों का सान्निध्य प्राप्त हुआ। उन्होंने कहा कि जीवन में उन्हें जो भी उपलब्धियां मिली हैं, उनमें माता-पिता के साथ-साथ गुरुजनों के आशीर्वाद, संस्कार और मार्गदर्शन की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ जैसे अभियानों ने बेटियों की शिक्षा, सुरक्षा और सम्मान के प्रति समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का कार्य किया है। आज देश की बेटियां डिफेंस, स्पेस, स्वास्थ्य, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, शिक्षा, प्रशासन और खेल सहित हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर देश का गौरव बढ़ा रही हैं। बेटियों को समान अवसर और बेहतर शिक्षा उपलब्ध कराना देश के उज्ज्वल भविष्य की आधारशिला है। श्री ए.के. शर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ जी के नेतृत्व में प्रदेश सरकार शिक्षा व्यवस्था को मजबूत और आधुनिक बनाने के लिए निरंतर महत्वपूर्ण निर्णय ले रही है। मिशन कायाकल्प के माध्यम से विद्यालयों में मूलभूत सुविधाओं का विकास, शिक्षामित्रों के मानदेय में वृद्धि, रसोइयों के मानदेय में वृद्धि तथा शिक्षकों के आयुष्मान कार्ड जैसी पहल शिक्षा जगत से जुड़े लोगों के हित और विद्यालयी व्यवस्था को बेहतर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। मऊ के बदलते स्वरूप का उल्लेख करते हुए श्री ए.के. शर्मा ने कहा कि आज मऊ को नई पहचान और नई दिशा की जरूरत है। उन्होंने कहा, “अब मऊ में कट्टे की नहीं, कंप्यूटर की जरूरत है। हिंसा की नहीं, शिक्षा और तकनीक की जरूरत है।” उन्होंने कहा कि मऊ के बच्चों के हाथों में किताब, कंप्यूटर और आधुनिक तकनीक होनी चाहिए, ताकि वे देश-दुनिया में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर सकें। उन्होंने कहा कि मऊ के बच्चों का भविष्य किताब और कंप्यूटर से बनेगा, कट्टे से नहीं। शिक्षा और तकनीक के माध्यम से मऊ के युवा नई ऊंचाइयों को प्राप्त कर सकते हैं और जनपद एवं प्रदेश को नहीं पहचान नई दिशा दे सकते हैं। उन्होंने बताया कि जनपद में प्राथमिक विद्यालयों में फर्नीचर तथा कस्तूरबा गांधी विद्यालयों में फर्नीचर एवं अन्य आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराने के साथ ही विद्यालयों के कायाकल्प का कार्य CSR के माध्यम से कराया गया है। उन्होंने कहा कि विद्यालयों में बेहतर वातावरण, आधुनिक सुविधाएं और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए समाज के सभी वर्गों को मिलकर योगदान देना चाहिए। कार्यक्रम में बेसिक शिक्षा अधिकारी, पूर्व जिला अध्यक्ष श्रीमती नूपुर अग्रवाल, श्री कृष्णानंद राय सहित अनेक सम्मानित अतिथि, शिक्षक एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।3
- बहोरवा रोड के जलजमाव से ग्रामीणों को राहत की उम्मीद, जल्द मरम्मत का मिला आश्वासन बिल्थरारोड। तहसील क्षेत्र के बहोरवा रोड पर बारिश के दौरान जलजमाव की समस्या से राहगीरों और ग्रामीणों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। सड़क पर करीब एक फुट तक पानी जमा हो जाने से आवागमन प्रभावित हो जाता है। समस्या को लेकर शाहिद समाजवाद ने आवाज उठाते हुए अधिकारियों से बातचीत कर जलजमाव की स्थिति से अवगत कराया। मामले को अधिकारियों ने गंभीरता से लेते हुए सड़क पर ट्रक-डंपर से गिट्टी गिराकर जलजमाव को कम कराने की व्यवस्था कराई। अधिकारियों ने बारिश बंद होने के बाद सड़क की जल्द मरम्मत कराने का आश्वासन भी दिया। समस्या को लेकर शाहिद समाजवाद की पहल की ग्रामीणों में खूब चर्चा रही।1
- मऊ को अब कट्टे की नहीं कंप्यूटर की जरूरत, शिक्षा की नई इबादत लिखेगी नई पीढ़ी: मंत्री ए. के. शर्मा *शिक्षक सम्मान ही राष्ट्र निर्माण की शक्ति का सम्मान है - ए.के. शर्मा* हिंसा की पहचान से विकास और शिक्षा की पहचान की ओर बढ़ रहा मऊ प्रधानमंत्री नरेंद्र ने जी के "बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ" अभियान ने बेटियों को दिए आगे बढ़ाने के नए अवसर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी के नेतृत्व में शिक्षा के क्षेत्र में हो रहे ऐतिहासिक कार्य:मंत्री ए. के. शर्मा मऊ । नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए के शर्मा ने उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षक संघ, शाखा दोहरीघाट, मऊ द्वारा आयोजित शैक्षिक संगोष्ठी एवं शिक्षक सम्मान समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में प्रतिभाग करते हुए शिक्षकों के योगदान को नमन किया। उन्होंने कहा कि शिक्षक समाज और राष्ट्र के निर्माण की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी हैं। शिक्षक केवल विद्यार्थियों को शिक्षा नहीं देते, बल्कि उनके व्यक्तित्व, संस्कार, सोच और भविष्य का निर्माण करते हैं। इसलिए शिक्षक का सम्मान वास्तव में राष्ट्र निर्माण की शक्ति का सम्मान है। ए.के. शर्मा ने अपने विद्यार्थी जीवन की स्मृतियां साझा करते हुए कहा कि कक्षा 9वीं और 10वीं की पढ़ाई के दौरान डीएवी, मऊ में उन्हें अपने गुरुजनों से जो संस्कार, शिक्षा और मार्गदर्शन मिला, वह आज भी उनके जीवन में प्रेरणा का स्रोत है। इसके बाद इलाहाबाद विश्वविद्यालय में अध्ययन के दौरान भी उन्हें अनेक विद्वान गुरुजनों का सान्निध्य प्राप्त हुआ। उन्होंने कहा कि जीवन में उन्हें जो भी उपलब्धियां मिली हैं, उनमें माता-पिता के साथ-साथ गुरुजनों के आशीर्वाद, संस्कार और मार्गदर्शन की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ जैसे अभियानों ने बेटियों की शिक्षा, सुरक्षा और सम्मान के प्रति समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का कार्य किया है। आज देश की बेटियां डिफेंस, स्पेस, स्वास्थ्य, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, शिक्षा, प्रशासन और खेल सहित हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर देश का गौरव बढ़ा रही हैं। बेटियों को समान अवसर और बेहतर शिक्षा उपलब्ध कराना देश के उज्ज्वल भविष्य की आधारशिला है। ए.के. शर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी के नेतृत्व में प्रदेश सरकार शिक्षा व्यवस्था को मजबूत और आधुनिक बनाने के लिए निरंतर महत्वपूर्ण निर्णय ले रही है। मिशन कायाकल्प के माध्यम से विद्यालयों में मूलभूत सुविधाओं का विकास, शिक्षामित्रों के मानदेय में वृद्धि, रसोइयों के मानदेय में वृद्धि तथा शिक्षकों के आयुष्मान कार्ड जैसी पहल शिक्षा जगत से जुड़े लोगों के हित और विद्यालयी व्यवस्था को बेहतर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। मऊ के बदलते स्वरूप का उल्लेख करते हुए श्री ए.के. शर्मा ने कहा कि आज मऊ को नई पहचान और नई दिशा की जरूरत है। उन्होंने कहा, “अब मऊ में कट्टे की नहीं, कंप्यूटर की जरूरत है। हिंसा की नहीं, शिक्षा और तकनीक की जरूरत है।” उन्होंने कहा कि मऊ के बच्चों के हाथों में किताब, कंप्यूटर और आधुनिक तकनीक होनी चाहिए, ताकि वे देश-दुनिया में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर सकें। उन्होंने कहा कि मऊ के बच्चों का भविष्य किताब और कंप्यूटर से बनेगा, कट्टे से नहीं। शिक्षा और तकनीक के माध्यम से मऊ के युवा नई ऊंचाइयों को प्राप्त कर सकते हैं और जनपद एवं प्रदेश को नहीं पहचान नई दिशा दे सकते हैं। उन्होंने बताया कि जनपद में प्राथमिक विद्यालयों में फर्नीचर तथा कस्तूरबा गांधी विद्यालयों में फर्नीचर एवं अन्य आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराने के साथ ही विद्यालयों के कायाकल्प का कार्य CSR के माध्यम से कराया गया है। उन्होंने कहा कि विद्यालयों में बेहतर वातावरण, आधुनिक सुविधाएं और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए समाज के सभी वर्गों को मिलकर योगदान देना चाहिए। कार्यक्रम में बेसिक शिक्षा अधिकारी, पूर्व जिलाध्यक्ष श्रीमती नूपुर अग्रवाल, कृष्णानंद राय सहित अनेक सम्मानित अतिथि, शिक्षक एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।4