Shuru
Apke Nagar Ki App…
AI Summit में हंगामे पर संबित पात्रा का हमला: “कांग्रेस टॉपलेस, ब्रेनलेस, शर्मलेस है”
EN Daily National
AI Summit में हंगामे पर संबित पात्रा का हमला: “कांग्रेस टॉपलेस, ब्रेनलेस, शर्मलेस है”
More news from Uttar Pradesh and nearby areas
- अधिवक्ताओं के समूह ने अपने अनेक मांगों को लेकर धरना देते हुए प्रशासन को सौंपा ज्ञापन। #gorakhpur1
- AI Summit में हंगामे पर संबित पात्रा का हमला: “कांग्रेस टॉपलेस, ब्रेनलेस, शर्मलेस है”1
- AI जेनरेटेड वीडियो1
- गोरखपुर अरुण हत्याकांड: मुख्य आरोपी विशाल सिंह साथी संग गिरफ्तार, मामा से ली थी पिस्टल गोरखपुर में अरुण हत्याकांड के मुख्य आरोपी विशाल सिंह और उसके साथी सोनू यादव को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों ने हुलिया बदलने के लिए बाल मुंडवा लिए थे। उनके पास से पिस्टल और कारतूस बरामद हुए। विशाल ने अपने मामा से पिस्टल ली थी, जिसे टेस्ट करते समय तीसरी गोली अरुण को लगी और उसकी मौत हो गई। पुलिस ने मामा को भी गिरफ्तार कर लिया है।1
- आकाशवाणी 20 02 2026 ई0 "काफिर" इस्लाम के धर्मगुरु कहते हैं ,"इस्लाम शांति का प्रतीक है "! कुरान शांति का संदेश देता है ,लेकिन यह कड़वा सच है कि इस्लाम शांति का प्रतीक होता तो कुरान में " काफीर " शब्द का प्रयोग नहीं होता । कुरान में काफिरों अर्थात गैर मुसलमानो को मारने का भी तौर तरीका बताया गया है। इस्लाम भी कबीर की पूजा करता है। कबीर ही अल्लाह है ! कबीर्देव ( कबीर ) ही अल्लाह है । ऐसा कुरान में लिखा हुआ है! कुरान में यह भी लिखा है! ऐ बंदे , तुम कुरान में लिखी हुई बातों का मानना और काफिर लोगों की बातों को मत मानना। उनसे दूर रहना । उनकी हत्या करना।1
- पुलिस अधीक्षक संतकबीरनगर के निर्देश पर थानाध्यक्ष महुली द्वारा थाना महुली अंतर्गत कस्बा नाथनगर में पैदल गश्त किया गया। इस दौरान पुलिस टीम ने बाजार, मुख्य चौराहों एवं संवेदनशील स्थानों का भ्रमण कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया।1
- *450 दिन पूरे: निजीकरण वापसी तक संघर्ष का संकल्प, प्रदेशभर में बिजली कर्मियों का व्यापक प्रदर्शन* ✍️ *आशु सिंह* संत कबीर नगर। पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम और दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम के प्रस्तावित निजीकरण के विरोध में चल रहे आंदोलन के 450 दिन पूरे होने पर मंगलवार को प्रदेशभर में बिजली कर्मचारियों, संविदा कर्मियों, जूनियर इंजीनियरों और अभियंताओं ने व्यापक विरोध प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने निजीकरण का निर्णय वापस लिए जाने तक संघर्ष जारी रखने का संकल्प दोहराया। विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति, उत्तर प्रदेश के आह्वान पर आयोजित प्रदर्शनों में बड़ी संख्या में बिजली कर्मियों ने भाग लिया। वक्ताओं ने कहा कि आंदोलन पूरी तरह शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक ढंग से चलाया जा रहा है, लेकिन इसके बावजूद पावर कॉरपोरेशन प्रबंधन द्वारा कर्मचारियों के खिलाफ उत्पीड़नात्मक कार्रवाई की जा रही है, जिससे कर्मचारियों में आक्रोश है। संघर्ष समिति के पदाधिकारी चंद्र केश मौर्य ने कहा कि पिछले 450 दिनों से कर्मचारी संयम के साथ आंदोलन कर रहे हैं। उन्होंने मांग की कि निजीकरण का निर्णय तत्काल वापस लिया जाए और आंदोलन के दौरान कर्मचारियों पर की गई सभी दंडात्मक व उत्पीड़नात्मक कार्रवाइयों को निरस्त किया जाए। पदाधिकारी दिलीप मौर्य ने कहा कि यह आंदोलन उपभोक्ताओं और किसानों को साथ लेकर चलाया जा रहा है। उन्होंने दावा किया कि आंदोलन के बावजूद बिजली कर्मी किसानों और आम उपभोक्ताओं की शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण कर रहे हैं, ताकि विद्युत व्यवस्था प्रभावित न हो। धीरेन्द्र यादव ने चेतावनी दी कि पूर्वांचल और दक्षिणांचल वितरण निगमों के निजीकरण का सीधा असर किसानों और आम उपभोक्ताओं पर पड़ेगा। इससे बिजली दरों में वृद्धि, सेवा गुणवत्ता में गिरावट और ग्रामीण क्षेत्रों की उपेक्षा जैसी समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। आंदोलन के 450 दिन पूरे होने के अवसर पर कर्मचारियों ने प्रदेशभर में उपभोक्ताओं और किसानों से संपर्क कर निजीकरण के संभावित दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया। वाराणसी, गोरखपुर, प्रयागराज, आजमगढ़, मिर्जापुर, आगरा, अलीगढ़, मथुरा, कानपुर, मेरठ, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, बुलंदशहर, गाजियाबाद, नोएडा, मुरादाबाद, बरेली, अयोध्या, देवीपाटन, सुल्तानपुर, झांसी और बांदा सहित अनेक जिलों में बड़े पैमाने पर प्रदर्शन आयोजित किए गए। संघर्ष समिति ने दोहराया कि यह आंदोलन उपभोक्ताओं के हित, किसानों के भविष्य और प्रदेश की सार्वजनिक बिजली व्यवस्था को सुरक्षित रखने के उद्देश्य से किया जा रहा है तथा निजीकरण का निर्णय वापस होने तक यह संघर्ष जारी रहेगा। संतकबीरनगर में आयोजित प्रदर्शन में सहायक लेखाकार संतोष गुप्ता, कार्यकारी सहायक दिलीप सिंह, सुनील प्रजापति, सूरज प्रजापति, धीरेन्द्र यादव, दिलीप मौर्य, मनोज यादव, प्रदुम कुमार, रंजन कुमार, आर्यन कुमार, वीरेंद्र मौर्य समेत अन्य बिजली कर्मी मौजूद रहे।1
- Priyanka Gandhi का Himanta Biswa Sarma पर हमला | चुनाव में ध्रुवीकरण की राजनीति पर साधा निशाना | Gaurav Gogoi मुद्दा1