कुएं में गिरे तेंदुए को चारपाई से किया रेस्क्यू ;डेढ़ घंटे में निकला बाहर घटना टॉडगढ़ रावली अभ्यारण बाहनहेड़ा के काजलवास गांव की भीम: घटना ब्यावर जिले के टॉडगढ़ रावली अभ्यारण के बाहनहेड़ा के काजलवास गांव की है जहां खेत पर बने कुएं में लेपर्ड के गिरे होने की सूचना मिली थी। खेत का मालिक मोटर स्टार्ट करने कुए के पास गया तो कुएं में लेपर्ड नजर आया। उसने राजसमंद वन विभाग को इसकी सूचना दी। सूचना पर संरक्षण वन्य जीव राजसमंद डीएफओ डॉक्टर रामानंद भास्कर ने रेस्क्यू टीम को मौके के लिए रवाना किया। टीम में शामिल शूटर सुरेंद्र सिंह शेखावत वनरक्षक अटल सिंह पन्नालाल कुमावत और गणपत नाथ और अन्य सदस्य शामिल थे। टीम सदस्य के मुताबिक सुबह मंगलवार करीब 11:30 बजे हम मौके पर पहुंच चुके थे। लेपर्ड कुएं में था इसलिए उसे ट्रैकुलाइज नहीं किया जा सकता था। बेहोश होकर उसके पानी में डूबने का खतरा था। ऐसे में बिना ट्रैकूलाइज के बाहर निकालना तय किया। हमने गांव वालों की मदद ली और मौके पर चारपाई मंगाई। चारपाई को रसियो से बांधकर कुएं में लटका दिया। करीब डेढ़ घंटे की मशक्कत के बाद लेपर्ड चारपाई पर चढ़ गया। टीम मेंबर ने चारपाई को समानांतर ऊपर खींचकर लेपर्ड को बचा लिया। दूसरी टीम जाल लेकर खड़ी थी। चारपाई के उपर आने के बाद जाल से लेपर्ड को कवर कर लिया और बार निकाल कर पिंजरे में शिफ्ट कर लिया।
कुएं में गिरे तेंदुए को चारपाई से किया रेस्क्यू ;डेढ़ घंटे में निकला बाहर घटना टॉडगढ़ रावली अभ्यारण बाहनहेड़ा के काजलवास गांव की भीम: घटना ब्यावर जिले के टॉडगढ़ रावली अभ्यारण के बाहनहेड़ा के काजलवास गांव की है जहां खेत पर बने कुएं में लेपर्ड के गिरे होने की सूचना मिली थी। खेत का मालिक मोटर स्टार्ट करने कुए के पास गया तो कुएं में लेपर्ड नजर आया। उसने राजसमंद वन विभाग को इसकी सूचना दी। सूचना पर संरक्षण वन्य जीव राजसमंद डीएफओ डॉक्टर रामानंद भास्कर ने रेस्क्यू टीम को मौके के लिए रवाना किया। टीम में शामिल शूटर सुरेंद्र सिंह शेखावत वनरक्षक अटल सिंह पन्नालाल कुमावत और गणपत नाथ और अन्य सदस्य शामिल थे। टीम सदस्य के मुताबिक सुबह मंगलवार करीब 11:30 बजे हम मौके पर पहुंच चुके थे। लेपर्ड कुएं में था इसलिए उसे ट्रैकुलाइज नहीं किया जा सकता था। बेहोश होकर उसके पानी में डूबने का खतरा था। ऐसे में बिना ट्रैकूलाइज के बाहर निकालना तय किया। हमने गांव वालों की मदद ली और मौके पर चारपाई मंगाई। चारपाई को रसियो से बांधकर कुएं में लटका दिया। करीब डेढ़ घंटे की मशक्कत के बाद लेपर्ड चारपाई पर चढ़ गया। टीम मेंबर ने चारपाई को समानांतर ऊपर खींचकर लेपर्ड को बचा लिया। दूसरी टीम जाल लेकर खड़ी थी। चारपाई के उपर आने के बाद जाल से लेपर्ड को कवर कर लिया और बार निकाल कर पिंजरे में शिफ्ट कर लिया।
- कुएं में गिरे तेंदुए को चारपाई से किया रेस्क्यू ;डेढ़ घंटे में निकला बाहर घटना टॉडगढ़ रावली अभ्यारण बाहनहेड़ा के काजलवास गांव की भीम: घटना ब्यावर जिले के टॉडगढ़ रावली अभ्यारण के बाहनहेड़ा के काजलवास गांव की है जहां खेत पर बने कुएं में लेपर्ड के गिरे होने की सूचना मिली थी। खेत का मालिक मोटर स्टार्ट करने कुए के पास गया तो कुएं में लेपर्ड नजर आया। उसने राजसमंद वन विभाग को इसकी सूचना दी। सूचना पर संरक्षण वन्य जीव राजसमंद डीएफओ डॉक्टर रामानंद भास्कर ने रेस्क्यू टीम को मौके के लिए रवाना किया। टीम में शामिल शूटर सुरेंद्र सिंह शेखावत वनरक्षक अटल सिंह पन्नालाल कुमावत और गणपत नाथ और अन्य सदस्य शामिल थे। टीम सदस्य के मुताबिक सुबह मंगलवार करीब 11:30 बजे हम मौके पर पहुंच चुके थे। लेपर्ड कुएं में था इसलिए उसे ट्रैकुलाइज नहीं किया जा सकता था। बेहोश होकर उसके पानी में डूबने का खतरा था। ऐसे में बिना ट्रैकूलाइज के बाहर निकालना तय किया। हमने गांव वालों की मदद ली और मौके पर चारपाई मंगाई। चारपाई को रसियो से बांधकर कुएं में लटका दिया। करीब डेढ़ घंटे की मशक्कत के बाद लेपर्ड चारपाई पर चढ़ गया। टीम मेंबर ने चारपाई को समानांतर ऊपर खींचकर लेपर्ड को बचा लिया। दूसरी टीम जाल लेकर खड़ी थी। चारपाई के उपर आने के बाद जाल से लेपर्ड को कवर कर लिया और बार निकाल कर पिंजरे में शिफ्ट कर लिया।1
- बुजुर्ग से लेकर दिव्यांग मतदाताओं ने निभाई पंचायती राज चुनाव 2026 में भागीदारी किया मतदान मतदान केंद्र पर दिव्यांग मतदाताओं एवं बुजुर्गों के लिए व्हीलचेयर की सुविधा आसींद पंचायती राज चुनाव 2026 के द्वितीय चरण में जिला परिषद एवं पंचायत समिति सदस्यों को चुनने के लिए आज मतदान हो रहा है वही सुबह से ही कई मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की बड़ी संख्या में भीड़ देखी गई तो कही पर दिव्यांग मतदाताओं एवं बुजुर्ग मतदाता भी अपना मत डालते हुए नजर आए, आसींद मंजूर 94138895964
- उप जिला निर्वाचन अधिकारी ने दिए स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण चुनाव के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश पंचायतीराज आम चुनाव 2026 एरिया व जोनल मजिस्ट्रेट का प्रशिक्षण आयोजित उप जिला निर्वाचन अधिकारी ने दिए स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण चुनाव के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश ब्यावर , 27 अक्टूबर। पंचायतीराज संस्थाओं के आम चुनाव 2026 की तैयारियों के तहत मंगलवार को पटेल राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में पंचायती राज मतदान के लिए नियुक्त एरिया व जोनल मजिस्ट्रेट का प्रशिक्षण आयोजित किया गया। प्रशिक्षण कार्यक्रम उप जिला निर्वाचन अधिकारी ब्रह्मलाल जाट की अध्यक्षता में आयोजित हुआ। कार्यक्रम का उद्देश्य निर्वाचन प्रक्रिया से जुड़े अधिकारियों को उनके दायित्वों, निर्वाचन नियमों एवं प्रक्रियाओं के संबंध में आवश्यक प्रशिक्षण प्रदान करना रहा। प्रशिक्षण के दौरान 86 एरिया व जोनल मजिस्ट्रेट को पंचायतीराज संस्थाओं के आम चुनाव से संबंधित मतदान प्रक्रिया, मतदान दलों की समय पर पहुँच, मतदान केंद्रो पर आवश्यक व्यवस्था, संवेदनशील मतदान केंद्र, कानून व्यवस्था सहित निर्धारित नियमों एवं प्रावधानों की विस्तार से जानकारी दी गई। अधिकारियों को निर्वाचन कार्य के दौरान अपने दायित्वों का निर्धारित नियमों एवं प्रक्रिया के अनुसार निर्वहन करने, निर्वाचन से संबंधित सभी कार्यों में निर्धारित समय-सीमा एवं दिशा-निर्देशों की पालना सुनिश्चित करने के संबंध में अवगत कराया गया। उप जिला निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि निर्वाचन प्रक्रिया को स्वतंत्र, निष्पक्ष, पारदर्शी एवं शांतिपूर्ण ढंग से सम्पन्न कराना सभी निर्वाचन अधिकारियों की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। उन्होंने सभी अधिकारियों को निर्देश दिए कि निर्वाचन कार्य में किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं बरती जाए तथा निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित नियम-कायदों एवं प्रक्रियाओं की अक्षरशः पालना सुनिश्चित की जाए। उन्होंने ने कहा कि निर्वाचन प्रक्रिया के प्रत्येक चरण में अधिकारियों को पूर्ण सजगता एवं निष्पक्षता के साथ कार्य करना होगा। इस दौरान उप जिला निर्वाचन अधिकारी ने एरिया व जोनल मजिस्ट्रेट को अपने-अपने क्षेत्र में निर्वाचन संबंधी व्यवस्थाओं का प्रभावी समन्वय बनाए रखने तथा निर्वाचन प्रक्रिया से जुड़े प्रत्येक कार्य को निर्धारित प्रावधानों के अनुरूप सम्पन्न कराने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्वाचन संबंधी नियमों, निर्देशों एवं प्रक्रियाओं का गंभीरता से अध्ययन करने तथा प्रशिक्षण में दी गई जानकारी को प्रभावी रूप से लागू करने के भी निर्देश दिए प्रशिक्षण कार्यक्रम डॉ योगेश भाटी व्यवस्थापक प्रशिक्षण प्रकोष्ठ एवं जिला स्तरीय मास्टर ट्रेनर के नेतृत्व में दक्ष मास्टर ट्रेनर्स द्वारा प्रदान किया गया।1
- नशा तस्करों पर पाली पुलिस का बड़ा प्रहार,462 किलो 900 ग्राम अवैध डोडा पोस्त बरामद पंचायत चुनाव को लेकर सतर्क पुलिस ने नशा तस्करों की साजिश की नाकाम, 462 किलो 900 ग्राम अवैध डोडा पोस्त बरामद मारवाड़ जंक्शन (पाली)। पंचायत चुनाव के मद्देनजर पाली पुलिस ने नशा तस्करों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए 462 किलो 900 ग्राम अवैध डोडा पोस्त बरामद किया है। बरामद मादक पदार्थ की अनुमानित कीमत 69 लाख 43 हजार 500 रुपये बताई गई है। पुलिस ने अवैध डोडा पोस्त के परिवहन में प्रयुक्त एक स्कॉर्पियो गाड़ी भी जब्त की है। जिला पुलिस अधीक्षक मोनिका सेन (आईपीएस) के निर्देशन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ओमप्रकाश एवं वृत्ताधिकारी प्रतीक मील के निकट सुपरविजन में यह कार्रवाई की गई। जिला विशेष टीम (DST) एवं सिरियारी थाना पुलिस ने संयुक्त रूप से कार्रवाई को अंजाम दिया। पुलिस को देखकर जंगल की ओर भागा तस्कर पुलिस के अनुसार, जिला विशेष टीम को सूचना मिली थी कि एक संदिग्ध स्कॉर्पियो गाड़ी में अवैध डोडा पोस्त का परिवहन किया जा रहा है। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने घेराबंदी कर गाड़ी का पीछा किया। पुलिस को पीछे आता देख चालक ने स्कॉर्पियो को तेज गति से भगाया और रास्ते में बैरिकेड पार करने का प्रयास किया। इसके बाद चालक गाड़ी छोड़कर जंगल एवं पहाड़ी क्षेत्र की ओर भाग गया। पुलिस ने स्कॉर्पियो की तलाशी ली तो उसमें कुल 462 किलो 900 ग्राम अवैध डोडा पोस्त बरामद हुआ। पुलिस ने मादक पदार्थ एवं परिवहन में प्रयुक्त वाहन को जब्त कर लिया है। तस्करी नेटवर्क की जांच शुरू पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अवैध डोडा पोस्त की खरीद-फरोख्त, परिवहन और तस्करी नेटवर्क से जुड़े लोगों के संबंध में गहन अनुसंधान किया जा रहा है। पुलिस फरार चालक की तलाश में जुटी है। पुलिस की सक्रियता से मिली बड़ी सफलता पुलिस अधिकारियों के अनुसार, अवैध मादक पदार्थों की तस्करी पर अंकुश लगाने के लिए जिले में लगातार गश्त, प्रभावी नाकाबंदी एवं संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की जांच की जा रही है। पुलिस की सतर्कता और बेहतर समन्वय के चलते इतनी बड़ी मात्रा में अवैध डोडा पोस्त बरामद करने में सफलता मिली है। संयुक्त कार्रवाई में शामिल पुलिस टीम इस कार्रवाई में सिरियारी थाना पुलिस, जिला विशेष टीम पाली एवं डीएसटी टीम के जवान शामिल रहे। पुलिस टीम ने समन्वित प्रयासों से मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई की।1
- जिला निर्वाचन अधिकारी के निर्देशन में चार पंचायत समितियों की ईवीएम का द्वितीय रेंडमाइजेशन संपन्न ब्यावर, 27 अक्टूबर। राज्य निर्वाचन आयोग जयपुर द्वारा आयोजित पंचायत राज संस्थाओं के आम चुनाव 2026 के तहत तृतीय चरण में जिले की चार पंचायत समितियों में होने वाले मतदान के लिए ईवीएम मशीनों का द्वितीय रेंडमाइजेशन मंगलवार को जिला निर्वाचन अधिकारी कमल राम मीना के निर्देशन में कलेक्ट्रेट सभागार में हुआ। जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि इस दौरान जिले की जैतारण, जवाजा, नरबदखेड़ा, व रास पंचायत समितियों के मतदान के लिए कुल 411 मतदान बूथों के लिए 1084 बैलेट यूनिट एवं 543 कंट्रोल यूनिट का आवंटन किया गया। इस दौरान उप जिला निर्वाचन अधिकारी ब्रह्मलाल जाट, उपखंड अधिकारी जयपाल सिंह राठौड़ एवं विभिन्न राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों सहित सभी संबंधित उपस्थित रहे।1
- बुजुर्ग मतदाताओं में दिखा मतदान का उत्साह, व्हीलचेयर और अपनों के सहारे पहुंचे मतदान केंद्र पाली। पंचायत चुनाव के द्वितीय चरण में मतदान को लेकर बुजुर्ग मतदाताओं में भी खासा उत्साह देखने को मिला। उम्र के इस पड़ाव पर शारीरिक परेशानियों और चलने-फिरने में कठिनाइयों के बावजूद बुजुर्ग अपने मताधिकार का उपयोग करने के लिए मतदान केंद्रों तक पहुंचे। किसी ने परिजनों का हाथ थामकर मतदान केंद्र तक पहुंचने का सफर तय किया, तो किसी को व्हीलचेयर और अन्य साधनों की मदद लेनी पड़ी। मतदान केंद्रों पर पहुंचे बुजुर्गों के चेहरे पर लोकतंत्र के इस पर्व में भागीदारी करने की खुशी साफ दिखाई दी। परिजन भी अपने बुजुर्गों को मतदान करवाने के लिए उत्साह के साथ केंद्रों तक लेकर पहुंचे। कई बुजुर्गों को परिजनों ने संभालते हुए मतदान केंद्र तक पहुंचाया, ताकि वे बिना किसी परेशानी के अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकें। बुजुर्ग मतदाताओं का यह उत्साह लोकतंत्र के प्रति उनकी जिम्मेदारी और जागरूकता को दर्शाता नजर आया। शारीरिक कठिनाइयों के बावजूद मतदान करने पहुंचे इन मतदाताओं ने यह संदेश दिया कि लोकतंत्र में प्रत्येक मत का महत्व है और मतदान के लिए उम्र कोई बाधा नहीं है। पंचायत चुनाव के दौरान बुजुर्गों की यह भागीदारी अन्य मतदाताओं के लिए भी प्रेरणादायक रही। मतदान केंद्रों पर अपने मताधिकार का उपयोग करने पहुंचे बुजुर्गों ने लोकतांत्रिक प्रक्रिया में सक्रिय भागीदारी निभाते हुए मतदान के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दिखाई।1
- पंचायती राज चुनाव 2026 के द्वितीय चरण के चलते आसींद शंभूगढ़ हुरड्डा में मतदान शुरू मतदाताओं में मतदान को लेकर बड़ा उत्साह का माहौल हर मतदान केंद्रों पर सुरक्षा के माकूल इंतजाम आसींद /आसींद पंचायती राज चुनाव 2026 के दूसरे चरण में आज आसींद पंचायत समिति शंभूगढ़ पंचायत समिति, हुरड़ा पंचायत समिति में जिला परिषद ,पंचायत समिति सदस्यों के लिए मतदान सुबह 7 बजे से ही शुरू हो गया है वही मतदान केंद्रों पर सुबह से ही मतदाताओं की भीड़ देखी जा सकती हैं वही हर मतदान केंद्रों पर सुरक्षा को लेकर पुलिस के जवान तैनात किए हुए हैं ताकि मतदाता निर्भीक होकर मतदान कर सके आसींद मंजूर 94138895964
- ब्रेकिंग न्यूज़ " पुर में बजरी माफिया का कहर! तेज रफ्तार ट्रैक्टर से कुचलकर हलवाई की दर्दनाक मौत, ग्रामीणों में भारी आक्रोश संतोषी माता मंदिर रोड पर हुआ हादसा, पूर्व पार्षद मुकेश बैरवा ने निजी वाहन से पहुंचाया महात्मा गांधी चिकित्सालय; पुलिस प्रशासन पर अवैध बजरी कारोबार को संरक्षण देने के आरोप ? भीलवाड़ा/पुर। (राजकुमार गोयल) "ब्रेकिंग न्यूज़ " पुर में बजरी माफिया का कहर! तेज रफ्तार ट्रैक्टर से कुचलकर हलवाई की दर्दनाक मौत, ग्रामीणों में भारी आक्रोश संतोषी माता मंदिर रोड पर हुआ हादसा, पूर्व पार्षद मुकेश बैरवा ने निजी वाहन से पहुंचाया महात्मा गांधी चिकित्सालय; पुलिस प्रशासन पर अवैध बजरी कारोबार को संरक्षण देने के आरोप ? भीलवाड़ा/पुर। (राजकुमार गोयल) उपनगर पुर में चुंगी नाका के पास संतोषी माता मंदिर रोड पर तेज रफ्तार ट्रैक्टर की चपेट में आने से वार्ड नंबर 1 निवासी मुकेश शर्मा, निवासी बलाई खेड़ा, की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। हादसे के बाद क्षेत्र में हड़कंप मच गया और ग्रामीणों में भारी आक्रोश व्याप्त हो गया। घटना ने क्षेत्र में अवैध बजरी परिवहन, तेज रफ्तार वाहनों की आवाजाही और आमजन की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पूर्व पार्षद मुकेश बैरवा ने निजी वाहन से पहुंचाया अस्पताल हादसे के बाद पूर्व पार्षद मुकेश बैरवा ने तत्परता दिखाते हुए अपने निजी वाहन से मुकेश शर्मा को भीलवाड़ा स्थित महात्मा गांधी चिकित्सालय पहुंचाया। हालांकि, हादसे में मुकेश शर्मा की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद क्षेत्र में शोक की लहर फैल गई। स्थानीय लोगों ने सड़क पर तेज रफ्तार से दौड़ने वाले वाहनों पर नियंत्रण करने और दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की। हादसे के बाद ग्रामीणों में आक्रोश, प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल ग्रामीणों का आरोप है कि क्षेत्र में अवैध बजरी परिवहन से जुड़े वाहन आए दिन तेज रफ्तार से सड़कों पर दौड़ते हैं, जिससे आम नागरिकों की जान खतरे में बनी रहती है। इसके बावजूद ऐसे वाहनों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई नहीं होने से लोगों में नाराजगी बढ़ रही है। ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन पर अवैध बजरी कारोबारियों को संरक्षण देने के आरोप लगाते हुए सवाल उठाया कि यदि समय रहते कार्रवाई की जाती, तो क्या ऐसी घटनाओं को रोकने में मदद नहीं मिल सकती थी? हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र जांच और आधिकारिक पुष्टि होना आवश्यक है। आखिर कब जागेगा प्रशासन? इस दर्दनाक हादसे के बाद क्षेत्रवासियों के मन में सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर आमजन की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन कब ठोस कदम उठाएगा? यदि सड़कों पर भारी और तेज रफ्तार वाहनों की आवाजाही पर समय रहते नियंत्रण नहीं किया गया, तो भविष्य में भी ऐसी घटनाओं की आशंका बनी रहेगी। ग्रामीणों की मांग है कि संतोषी माता मंदिर रोड सहित पूरे पुर क्षेत्र में अवैध बजरी परिवहन की निष्पक्ष जांच कराई जाए तथा इसमें संलिप्त पाए जाने वालों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाए। साथ ही संबंधित अधिकारियों की भूमिका की भी जांच हो, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि शिकायतों के बावजूद कार्रवाई में लापरवाही हुई या नहीं। पुलिस और खनन विभाग की जवाबदेही तय हो क्षेत्रवासियों ने मांग उठाई कि अवैध बजरी परिवहन पर रोक लगाने के लिए नियमित नाकाबंदी, वाहनों की जांच और तेज रफ्तार पर नियंत्रण के प्रभावी इंतजाम किए जाएं। दुर्घटना में शामिल ट्रैक्टर की पहचान, चालक और वाहन के दस्तावेजों की जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की जाए। यदि जांच में अवैध खनन या परिवहन की पुष्टि होती है, तो संबंधित लोगों के खिलाफ कानून के अनुसार कठोर कदम उठाए जाएं। इसके साथ ही पुलिस और खनन विभाग के जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही भी तय की जानी चाहिए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके। एक परिवार की खुशियां उजड़ीं, अब कार्रवाई का इंतजार मुकेश शर्मा की असमय मौत से क्षेत्र में शोक का माहौल है। एक व्यक्ति की जान जाने की इस घटना ने सड़क सुरक्षा और अवैध परिवहन पर नियंत्रण की आवश्यकता को फिर उजागर कर दिया है। ग्रामीणों की मांग है कि मामले की निष्पक्ष जांच हो, पीड़ित परिवार को नियमानुसार सहायता मिले और दोषियों के खिलाफ बिना किसी दबाव के कार्रवाई की जाए। अब देखना यह है कि इस दर्दनाक हादसे के बाद पुलिस प्रशासन और संबंधित विभाग कितनी गंभीरता से कार्रवाई करते हैं, या फिर यह घटना भी कुछ दिनों बाद फाइलों में सिमटकर रह जाएगी। नोट: ट्रैक्टर की पहचान, चालक की स्थिति और अवैध बजरी परिवहन से उसके संबंध की आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।1