कालीबावड़ी में गणगौर पर्व की धूम: 7-8 किमी पैदल चलकर पहुंचे श्रद्धालु, 200×200 फीट के पंडाल में उमड़ा आस्था का सैलाब कालीबावड़ी (निप्र)। गुरुवार को ग्राम कालीबावड़ी में निमाड़ का प्रसिद्ध गणगौर पर्व श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। श्रीराम मंदिर में बाड़ी माता (गेहूं के ज्वारे) की पूजा-अर्चना के साथ पर्व की शुरुआत हुई। यह ज्वारे सात दिन पूर्व बोए जाते हैं और देवी स्वरूप मानकर उनकी विधिवत पूजा की जाती है। ग्राम के व्यापारी बंधुओं और ग्रामीणों के सहयोग से गणगौर चौक पर 200 बाय 200 फीट का विशाल टेंट लगाया गया, जहां हजारों श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी। पर्व के दौरान आस्था और विश्वास का अनूठा संगम देखने को मिला। दूर-दराज के गांवों से श्रद्धालु 7 से 8 किलोमीटर तक नंगे पैर पैदल चलते हुए अपने सिर पर भगवान शंकर और माता पार्वती के स्वरूप ‘धनियर राजा’ और ‘रनुबाई’ के प्रतीक रथ लेकर कालीबावड़ी पहुंचे। इन रथों के साथ बड़ी संख्या में ‘झाड़’ (देव आवेश वाले श्रद्धालु) भी शामिल हुए, जो पूरे पंडाल में रमते हुए जयकारे लगाते नजर आए। पर्व के दौरान राठौड़ युवा मंच द्वारा दो क्विंटल पोहे का वितरण किया गया। वहीं युवा जागृति मंच ने हजारों लोगों को रसना शरबत पिलाया और युवा तरुणाई टीम ने दूध व कोल्ड ड्रिंक बांटे। माँ गायत्री भजन मंडली ने मंदिर परिसर में व्यवस्थाएं संभाली, जबकि गायत्री परिवार ने शीतल जल का स्टॉल लगाया। सोनू चिल्ड वाटर और भूमिका चिल्ड वाटर द्वारा भी ठंडे पानी की निशुल्क व्यवस्था की गई। हजारों श्रद्धालुओं की भीड़ के चलते पंडाल छोटा पड़ गया, जिसके बाद अगले वर्ष गणगौर उत्सव को नमो मांगलिक भवन परिसर में आयोजित करने की घोषणा की गई। पर्व से एक दिन पूर्व ग्राम पंचायत द्वारा पूरे नगर में साफ-सफाई कराई गई। आयोजन के दौरान हिंदू संगठन के विमल राठौड़, विजय प्रजापति, दीपक प्रजापति, मोहित, राहुल चौहान, विष्णु राठौड़ और अशोक सेन ने पंडाल में स्वच्छता व्यवस्था संभाली। वहीं जय राठौड़, दीपक दम, ओमू राठौड़, दिगबहादुर चौहान, विशाल चौहान और रोमी दरबार सहित मित्र मंडली ने शरबत वितरण की जिम्मेदारी निभाई। डॉ. आशीष राठौड़ एवं उनकी टीम ने पोहे वितरण की व्यवस्था देखी। कार्यक्रम का संचालन बजरंग दल के प्रखंड मंत्री विमल राठौड़ ने किया, जबकि आभार ग्राम पंचायत सरपंच हंसराज चौहान ने माना। इस दौरान शीतला माता मंदिर के लिए भी जनसहयोग किया गया, जिसमें आसपास के गांवों के ग्रामीणों ने दिल खोलकर योगदान दिया।
कालीबावड़ी में गणगौर पर्व की धूम: 7-8 किमी पैदल चलकर पहुंचे श्रद्धालु, 200×200 फीट के पंडाल में उमड़ा आस्था का सैलाब कालीबावड़ी (निप्र)। गुरुवार को ग्राम कालीबावड़ी में निमाड़ का प्रसिद्ध गणगौर पर्व श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। श्रीराम मंदिर में बाड़ी माता (गेहूं के ज्वारे) की पूजा-अर्चना के साथ पर्व की शुरुआत हुई। यह ज्वारे सात दिन पूर्व बोए जाते हैं और देवी स्वरूप मानकर उनकी विधिवत पूजा की जाती है। ग्राम के व्यापारी बंधुओं और ग्रामीणों के सहयोग से गणगौर चौक पर 200 बाय 200 फीट का विशाल टेंट लगाया गया, जहां हजारों श्रद्धालुओं
की भीड़ उमड़ी। पर्व के दौरान आस्था और विश्वास का अनूठा संगम देखने को मिला। दूर-दराज के गांवों से श्रद्धालु 7 से 8 किलोमीटर तक नंगे पैर पैदल चलते हुए अपने सिर पर भगवान शंकर और माता पार्वती के स्वरूप ‘धनियर राजा’ और ‘रनुबाई’ के प्रतीक रथ लेकर कालीबावड़ी पहुंचे। इन रथों के साथ बड़ी संख्या में ‘झाड़’ (देव आवेश वाले श्रद्धालु) भी शामिल हुए, जो पूरे पंडाल में रमते हुए जयकारे लगाते नजर आए। पर्व के दौरान राठौड़ युवा मंच द्वारा दो क्विंटल पोहे का वितरण किया गया। वहीं युवा जागृति मंच ने हजारों लोगों को रसना
शरबत पिलाया और युवा तरुणाई टीम ने दूध व कोल्ड ड्रिंक बांटे। माँ गायत्री भजन मंडली ने मंदिर परिसर में व्यवस्थाएं संभाली, जबकि गायत्री परिवार ने शीतल जल का स्टॉल लगाया। सोनू चिल्ड वाटर और भूमिका चिल्ड वाटर द्वारा भी ठंडे पानी की निशुल्क व्यवस्था की गई। हजारों श्रद्धालुओं की भीड़ के चलते पंडाल छोटा पड़ गया, जिसके बाद अगले वर्ष गणगौर उत्सव को नमो मांगलिक भवन परिसर में आयोजित करने की घोषणा की गई। पर्व से एक दिन पूर्व ग्राम पंचायत द्वारा पूरे नगर में साफ-सफाई कराई गई। आयोजन के दौरान हिंदू संगठन के विमल राठौड़, विजय
प्रजापति, दीपक प्रजापति, मोहित, राहुल चौहान, विष्णु राठौड़ और अशोक सेन ने पंडाल में स्वच्छता व्यवस्था संभाली। वहीं जय राठौड़, दीपक दम, ओमू राठौड़, दिगबहादुर चौहान, विशाल चौहान और रोमी दरबार सहित मित्र मंडली ने शरबत वितरण की जिम्मेदारी निभाई। डॉ. आशीष राठौड़ एवं उनकी टीम ने पोहे वितरण की व्यवस्था देखी। कार्यक्रम का संचालन बजरंग दल के प्रखंड मंत्री विमल राठौड़ ने किया, जबकि आभार ग्राम पंचायत सरपंच हंसराज चौहान ने माना। इस दौरान शीतला माता मंदिर के लिए भी जनसहयोग किया गया, जिसमें आसपास के गांवों के ग्रामीणों ने दिल खोलकर योगदान दिया।
- गणगौर पर्व को लेकर अंचल में उत्साह, गांव-गांव पहुंच रही तंबोल कालीबावड़ी=निमाड़ के लोकपर्व गणगौर को लेकर अंचल में उत्साह का माहौल है। गांव-गांव में तंबोल (मक्का के पॉपकॉर्न) बेचने वाले पहुंच रहे हैं। निमाड़ में गणगौर पर प्रसाद के रूप में तंबोल बांटने की परंपरा आज भी कायम है। सुन्द्रेल की 75 वर्षीय पारू बाई बताती हैं कि वे बाल्यकाल से ही अपने माता-पिता के साथ गांव-गांव तंबोल बेचने के लिए जाती थीं। तब से लेकर आज तक वे कालीबावड़ी सहित आसपास के गांवों में तंबोल बेच रही हैं। पारू बाई के अनुसार तंबोल के बदले ग्रामीण गेहूं या मक्का देते हैं। एक चौकी (करीब 4 किलो) अनाज के बदले तीन चौकी तंबोल दी जाती है। वहीं नगद में 50 रुपए प्रति चौकी के हिसाब से बेची जाती है। उन्होंने बताया कि पहले तंबोल को बैलगाड़ी या गधों पर रखकर गांवों में बेचने जाते थे, लेकिन अब साधन उपलब्ध होने से अपने वाहन से आने लगे हैं। ऐसे बनती है तंबोल पारू बाई बताती हैं कि तंबोल पारंपरिक तरीके से तैयार की जाती है। लकड़ी की भट्टी या चूल्हे पर रेत या नमक गर्म कर उसमें स्वीट कॉर्न (मक्का) के दानों को भूनकर तंबोल बनाई जाती है। ज्ञात हो कि गणगौर निमाड़ का प्रमुख लोकपर्व है, जिसमें महिलाओं द्वारा पूजा-अर्चना की जाती है और प्रसाद के रूप में तंबोल ही बांटी जाती है।4
- निमाड में गणगौर का आगमन एक त्यौहार जो धर्म आस्था और किसानों को आमजनजीवन के करीब और पूजा कर्म से जोड़ने का कार्य करता है1
- Post by SNY R LIVE MP1
- शिव सिंह राजपूत दहिया जर्नलिस्ट अमरपाटन सतना मध्य प्रदेश भोपाल 99747788631
- बड़वानी जिले के मंडवाड़ा में गणगौर पर्व के अवसर पर पारंपरिक तखत कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया। इस दौरान हजारों की संख्या में ग्रामीण मंडवाड़ा पहुंचे और आयोजन में उत्साहपूर्वक शामिल हुए। ट्रैक्टर-ट्रॉली पर बनाए गए मंच (तखत) पर युवाओं ने महिलाओं के वेश में रंगारंग नृत्य प्रस्तुतियां दीं, जिसने उपस्थित दर्शकों का मन मोह लिया। कार्यक्रम शनिवार सुबह से शुरू होकर दोपहर तक चला, जिसमें आसपास के लगभग 50 गांवों की टीमों ने भाग लिया। ग्राम तकियापुर, मोहीपुरा, पानिया और मुंडियापुरा से आई टीमों के युवाओं ने क्षेत्रीय भाषा और फिल्मी गीतों पर आकर्षक प्रस्तुतियां दीं। इन प्रस्तुतियों को देखने के लिए दूर-दूर से आए ग्रामीणों में खासा उत्साह देखने को मिला। यह अनूठा तखत कार्यक्रम हर वर्ष गणगौर पर्व पर आयोजित किया जाता है, जिसमें क्षेत्र के युवा, ग्रामीण और जनप्रतिनिधि बड़ी संख्या में शामिल होते हैं। इस वर्ष भी मंडवाड़ा में जनसैलाब उमड़ पड़ा, जो इस पारंपरिक आयोजन का साक्षी बना। गणगौर पर्व पूरे निमाड़ क्षेत्र में श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया जाता है। इस दौरान श्रद्धालु माता रणुबाई को एक दिन के लिए अपने घर ले जाकर पूजा-अर्चना करते हैं और रातभर भजन-कीर्तन होता है। मन्नत पूरी होने पर कुछ श्रद्धालु माता को एक दिन और घर में विराजित रखते हैं, जिसके बाद तीसरे दिन गणगौर घाट पर विधि-विधान से विसर्जन किया जाता है।1
- बड़वानी, 21 मार्च 2026। 🗓️ . बड़वानी जिले में आज खुशियों और भाईचारे का मुकद्दस पर्व ईद-उल-फितर पूरी अकीदत और हर्षोल्लास के साथ मनाया जा रहा है। सुन्नत मुस्लिम जमात व दारुल कज़ात बड़वानी के मार्गदर्शन में 30 रोजे मुकम्मल होने के बाद आज शनिवार सुबह शहर के बावनगजा मार्ग स्थित मुख्य ईदगाह पर हजारों समाजजनों ने एक साथ सफों में खड़े होकर नमाज अदा की। ✨🌙 . निर्धारित समय पर मुकम्मल हुई नमाज 🕋🙏 ईदगाह पर सुबह 9:00 बजे मुख्य नमाज अदा की गई, जिसके बाद 9:30 बजे जामा मस्जिद में भी नमाज शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। सुन्नत मुस्लिम जमात के प्रबंधन और दारुल कज़ात के सहयोग से तमाम व्यवस्थाएं चाक-चौबंद रहीं। . प्रमुख उलेमाओं की गरिमामयी मौजूदगी 🤲📖 इस वर्ष ईद की नमाज और रस्मों को शहर के प्रमुख धर्मगुरुओं ने व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराया: नमाज का तरीका: शाही मस्जिद के इमाम मौलाना हजीरुद्दीन साहब। नमाज-ए-ईद: उस्मानिया मस्जिद के इमाम हाफिज इमरान शाबरी साहब। खुत्बा: सऊद मस्जिद के इमाम कलीम रजा साहब। दुआ: जामा मस्जिद के इमाम अल्लामा मौलाना अब्दुल जब्बार नूरी साहब ने मुल्क की खुशहाली के लिए विशेष दुआ कराई। . जनप्रतिनिधियों और समाजसेवियों ने दी मुबारकबाद 🤝❤️ ईद के इस मुबारक मौके पर ईदगाह पहुंचकर और शुभकामना संदेशों के माध्यम से शहर की प्रमुख हस्तियों ने समाजजनों को गले लगकर बधाई दी। सुन्नत मुस्लिम जमात व दारुल कज़ात बड़वानी सदर कय्यूम कुरैशी एडवोकेट, क्षेत्रीय विधायक राजन मंडलोई, नेता प्रतिपक्ष राकेश सिंह जाधव, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष लक्ष्मण चौहान, अजय सिंह ठाकुर, मुजीब कुरैशी, युवा नेता अरुण यादव, विष्णु बंडे, इम्तियाज खान (इंटू), पत्रकार आसिफ मेमन, मो. मुस्तफा मेमन, सय्यद मुनाफ अली, अमजद खान सहित अन्य गणमान्य नागरिकों और समाजजनों ने एक-दूसरे को ईद की दिली मुबारकबाद पेश की। . पुलिस-प्रशासन की मुस्तैद सुरक्षा व्यवस्था 👮♂️🚔 सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए एएसपी धीरज बब्बर, टीआई बलजीत सिंह बिसेन और यातायात प्रभारी विनोद कुमार बघेल सहित भारी पुलिस बल तैनात रहा। सुचारू आवागमन के लिए पार्किंग की पुख्ता व्यवस्था की गई थी, जिससे शांतिपूर्ण वातावरण में त्यौहार संपन्न हुआ।4
- बड़वानी, 21 मार्च 2026। निमाड़ दस्तक न्यूज (ब्यूरो रिपोर्ट) ✍️ . बड़वानी जिले में आज खुशियों और भाईचारे का मुकद्दस पर्व ईद-उल-फितर पूरे अकीदत और हर्षोल्लास के साथ मनाया जा रहा है। सुन्नत मुस्लिम जमात व दारुल कज़ात बड़वानी के मार्गदर्शन में रमजान के 30 रोजे मुकम्मल होने के बाद आज शनिवार सुबह शहर के बावनगजा मार्ग स्थित मुख्य ईदगाह पर हजारों मुस्लिम समाजजनों ने एक साथ सफों में खड़े होकर ईद की विशेष नमाज अदा की। 🕌 निर्धारित समय पर मुकम्मल हुई नमाज ईदगाह परिसर में सुबह से ही नमाजियों का सैलाब उमड़ना शुरू हो गया था। सुन्नत मुस्लिम जमात के प्रबंधन और दारुल कज़ात के सहयोग से नमाज की व्यवस्थाएं बेहद चाक-चौबंद रहीं। तय समय के अनुसार सुबह 9:00 बजे ईदगाह पर मुख्य नमाज अदा की गई, जिसके बाद सुबह 9:30 बजे जामा मस्जिद में भी नमाज शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। 🤲 प्रमुख उलेमाओं की गरिमामयी मौजूदगी इस वर्ष ईद की नमाज और उससे जुड़ी रस्मों को शहर के प्रमुख धर्मगुरुओं ने बहुत ही व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराया: नमाज का तरीका: शाही मस्जिद के इमाम मौलाना हजीरुद्दीन साहब ने नमाज के तरीके पर विस्तार से प्रकाश डाला। नमाज-ए-ईद: उस्मानिया मस्जिद के इमाम हाफिज इमरान शाबरी साहब ने ईद की विशेष नमाज अदा कराई। खुत्बा: सऊद मस्जिद के इमाम कलीम रजा साहब ने खुत्बा पढ़ा। दुआ: नमाज के अंत में जामा मस्जिद के इमाम अल्लामा मौलाना अब्दुल जब्बार नूरी साहब ने खुसूसी दुआ कराई। 🤝 जनप्रतिनिधियों और समाजसेवियों ने दी मुबारकबाद ईद के इस मुबारक मौके पर ईदगाह पहुंचकर और शुभकामना संदेशों के माध्यम से शहर की प्रमुख हस्तियों ने समाजजनों को गले लगकर बधाई दी। सुन्नत मुस्लिम जमात व दारुल कज़ात बड़वानी सदर कय्यूम कुरैशी एडवोकेट, क्षेत्रीय विधायक राजन मंडलोई, नेता प्रतिपक्ष राकेश सिंह जाधव, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष लक्ष्मण चौहान, अजय सिंह ठाकुर, मुजीब कुरैशी, युवा नेता अरुण यादव, विष्णु बंडे, इम्तियाज खान (इंटू), पत्रकार आसिफ मेमन, मो. मुस्तफा मेमन, सय्यद मुनाफ अली, अमजद खान सहित अन्य गणमान्य नागरिकों और समाजजनों ने एक-दूसरे को ईद की दिली मुबारकबाद पेश की। 👮 पुलिस-प्रशासन की चाक चौबंद सुरक्षा व्यवस्था पर्व के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। एएसपी धीरज बब्बर ने स्वयं ईदगाह पहुंचकर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान टीआई बलजीत सिंह बिसेन, यातायात प्रभारी विनोद कुमार बघेल सहित बड़ी संख्या में पुलिस जवान तैनात रहे। सुचारू आवागमन के लिए ईदगाह के पूर्व ही पार्किंग की पुख्ता व्यवस्था कराई गई थी। शहर की सभी मस्जिदों के बाहर भी पुलिस बल मुस्तैद रहा ताकि शांतिपूर्ण वातावरण में त्यौहार संपन्न हो सके।4
- कालीबावड़ी (निप्र)। गुरुवार को ग्राम कालीबावड़ी में निमाड़ का प्रसिद्ध गणगौर पर्व श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। श्रीराम मंदिर में बाड़ी माता (गेहूं के ज्वारे) की पूजा-अर्चना के साथ पर्व की शुरुआत हुई। यह ज्वारे सात दिन पूर्व बोए जाते हैं और देवी स्वरूप मानकर उनकी विधिवत पूजा की जाती है। ग्राम के व्यापारी बंधुओं और ग्रामीणों के सहयोग से गणगौर चौक पर 200 बाय 200 फीट का विशाल टेंट लगाया गया, जहां हजारों श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी। पर्व के दौरान आस्था और विश्वास का अनूठा संगम देखने को मिला। दूर-दराज के गांवों से श्रद्धालु 7 से 8 किलोमीटर तक नंगे पैर पैदल चलते हुए अपने सिर पर भगवान शंकर और माता पार्वती के स्वरूप ‘धनियर राजा’ और ‘रनुबाई’ के प्रतीक रथ लेकर कालीबावड़ी पहुंचे। इन रथों के साथ बड़ी संख्या में ‘झाड़’ (देव आवेश वाले श्रद्धालु) भी शामिल हुए, जो पूरे पंडाल में रमते हुए जयकारे लगाते नजर आए। पर्व के दौरान राठौड़ युवा मंच द्वारा दो क्विंटल पोहे का वितरण किया गया। वहीं युवा जागृति मंच ने हजारों लोगों को रसना शरबत पिलाया और युवा तरुणाई टीम ने दूध व कोल्ड ड्रिंक बांटे। माँ गायत्री भजन मंडली ने मंदिर परिसर में व्यवस्थाएं संभाली, जबकि गायत्री परिवार ने शीतल जल का स्टॉल लगाया। सोनू चिल्ड वाटर और भूमिका चिल्ड वाटर द्वारा भी ठंडे पानी की निशुल्क व्यवस्था की गई। हजारों श्रद्धालुओं की भीड़ के चलते पंडाल छोटा पड़ गया, जिसके बाद अगले वर्ष गणगौर उत्सव को नमो मांगलिक भवन परिसर में आयोजित करने की घोषणा की गई। पर्व से एक दिन पूर्व ग्राम पंचायत द्वारा पूरे नगर में साफ-सफाई कराई गई। आयोजन के दौरान हिंदू संगठन के विमल राठौड़, विजय प्रजापति, दीपक प्रजापति, मोहित, राहुल चौहान, विष्णु राठौड़ और अशोक सेन ने पंडाल में स्वच्छता व्यवस्था संभाली। वहीं जय राठौड़, दीपक दम, ओमू राठौड़, दिगबहादुर चौहान, विशाल चौहान और रोमी दरबार सहित मित्र मंडली ने शरबत वितरण की जिम्मेदारी निभाई। डॉ. आशीष राठौड़ एवं उनकी टीम ने पोहे वितरण की व्यवस्था देखी। कार्यक्रम का संचालन बजरंग दल के प्रखंड मंत्री विमल राठौड़ ने किया, जबकि आभार ग्राम पंचायत सरपंच हंसराज चौहान ने माना। इस दौरान शीतला माता मंदिर के लिए भी जनसहयोग किया गया, जिसमें आसपास के गांवों के ग्रामीणों ने दिल खोलकर योगदान दिया।4