logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

राहुल गांधी जी ने भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) का विरोध किया है। इस विरोध के साथ ही 'मोदी जी की पोल खुल गई' है।

6 hrs ago
user_Aman Kumar Patel
Aman Kumar Patel
Farmer बरही, कटनी, मध्य प्रदेश•
6 hrs ago

राहुल गांधी जी ने भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) का विरोध किया है। इस विरोध के साथ ही 'मोदी जी की पोल खुल गई' है।

More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
  • राहुल गांधी जी ने भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) का विरोध किया है। इस विरोध के साथ ही 'मोदी जी की पोल खुल गई' है।
    1
    राहुल गांधी जी ने भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) का विरोध किया है। इस विरोध के साथ ही 'मोदी जी की पोल खुल गई' है।
    user_Aman Kumar Patel
    Aman Kumar Patel
    Farmer बरही, कटनी, मध्य प्रदेश•
    6 hrs ago
  • मध्य प्रदेश के मानपुर स्थित राज्य विपणन संघ भंडारण केंद्र पर खाद लेने पहुँच रहे किसानों को इस समय मूलभूत सुविधाओं के अभाव के कारण भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। गोदाम परिसर में न तो पीने के पानी की उचित व्यवस्था है और न ही किसानों के बैठने के लिए कोई छायादार शेड या कुर्सियाँ उपलब्ध हैं, जिससे अन्नदाता शीतल जल और छांव के लिए तरस रहे हैं। जानकारी के अनुसार, लंबे समय से यहाँ तैनात गोदाम प्रभारियों द्वारा किसानों के लिए एक हैंडपंप, प्रतीक्षा शेड और कुर्सियों की व्यवस्था की मांग शासन-प्रशासन से की जाती रही है, लेकिन इस दिशा में अभी तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। धान की फसल की तैयारी के चलते खाद की मांग बढ़ने से क्षेत्र के किसान टोकन पर्ची कटाने और खाद प्राप्त करने के लिए घंटों लंबी कतारों में खड़े रहने को मजबूर हैं। भीषण गर्मी और आगामी उमस भरे मौसम में उनकी परेशानी और बढ़ने की आशंका है। किसानों का स्पष्ट कहना है कि देश के अन्नदाताओं के लिए कम से कम शीतल पेयजल और छायादार शेड जैसी आवश्यक मूलभूत सुविधाएँ उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी होनी चाहिए। उन्होंने जिले के नवागत कलेक्टर से इस गंभीर समस्या पर तुरंत संज्ञान लेते हुए आवश्यक सुविधाएँ शीघ्र उपलब्ध कराने की मांग की है। किसानों ने उम्मीद जताई है कि यदि समय रहते व्यवस्थाएँ नहीं की गईं, तो खाद वितरण के दौरान सैकड़ों किसानों को तपती धूप में घंटों इंतजार करना पड़ेगा, और नवागत कलेक्टर इस जायज मांग का जल्द समाधान करेंगे। अब सबकी निगाहें प्रशासन पर टिकी हैं कि अन्नदाताओं की इस मांग पर कब तक अमल होता है।
    2
    मध्य प्रदेश के मानपुर स्थित राज्य विपणन संघ भंडारण केंद्र पर खाद लेने पहुँच रहे किसानों को इस समय मूलभूत सुविधाओं के अभाव के कारण भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। गोदाम परिसर में न तो पीने के पानी की उचित व्यवस्था है और न ही किसानों के बैठने के लिए कोई छायादार शेड या कुर्सियाँ उपलब्ध हैं, जिससे अन्नदाता शीतल जल और छांव के लिए तरस रहे हैं।

जानकारी के अनुसार, लंबे समय से यहाँ तैनात गोदाम प्रभारियों द्वारा किसानों के लिए एक हैंडपंप, प्रतीक्षा शेड और कुर्सियों की व्यवस्था की मांग शासन-प्रशासन से की जाती रही है, लेकिन इस दिशा में अभी तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। धान की फसल की तैयारी के चलते खाद की मांग बढ़ने से क्षेत्र के किसान टोकन पर्ची कटाने और खाद प्राप्त करने के लिए घंटों लंबी कतारों में खड़े रहने को मजबूर हैं। भीषण गर्मी और आगामी उमस भरे मौसम में उनकी परेशानी और बढ़ने की आशंका है।

किसानों का स्पष्ट कहना है कि देश के अन्नदाताओं के लिए कम से कम शीतल पेयजल और छायादार शेड जैसी आवश्यक मूलभूत सुविधाएँ उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी होनी चाहिए। उन्होंने जिले के नवागत कलेक्टर से इस गंभीर समस्या पर तुरंत संज्ञान लेते हुए आवश्यक सुविधाएँ शीघ्र उपलब्ध कराने की मांग की है। किसानों ने उम्मीद जताई है कि यदि समय रहते व्यवस्थाएँ नहीं की गईं, तो खाद वितरण के दौरान सैकड़ों किसानों को तपती धूप में घंटों इंतजार करना पड़ेगा, और नवागत कलेक्टर इस जायज मांग का जल्द समाधान करेंगे। अब सबकी निगाहें प्रशासन पर टिकी हैं कि अन्नदाताओं की इस मांग पर कब तक अमल होता है।
    user_Ashutosh tripathi
    Ashutosh tripathi
    Court reporter मानपुर, उमरिया, मध्य प्रदेश•
    2 hrs ago
  • विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर, 05 जून 2026 को मध्य प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय कार्यालय सतना ने बस स्टैंड सतना परिसर में एक नुक्कड़ नाटक का आयोजन किया। यह कार्यक्रम पर्यावरण जनजागरूकता अभियान का हिस्सा था, जिसका मुख्य उद्देश्य आम जनता को पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता और प्राकृतिक संसाधनों के संवर्धन के प्रति जागरूक करना था। नुक्कड़ नाटक के माध्यम से नागरिकों को वृक्षारोपण, जल संरक्षण एवं संवर्धन, वर्षा जल संचयन, नदियों और तालाबों की स्वच्छता, प्लास्टिक प्रदूषण की रोकथाम और वायु प्रदूषण नियंत्रण जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से जानकारी दी गई। कलाकारों ने अपनी प्रभावशाली प्रस्तुति से पर्यावरण संरक्षण के प्रति समाज की सामूहिक जिम्मेदारी पर जोर दिया और लोगों को पर्यावरण अनुकूल जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया। इस अवसर पर श्री राजकुमार मिश्रा ने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि स्वच्छ और हरित वातावरण का निर्माण किसी एक व्यक्ति या विभाग की नहीं, बल्कि हम सभी की सामूहिक नैतिक जिम्मेदारी है। उन्होंने नागरिकों से अधिक से अधिक वृक्षारोपण करने, जल संरक्षण की गतिविधियों में सक्रिय रूप से भाग लेने और अपने आसपास के पर्यावरण को स्वच्छ तथा सुरक्षित रखने का आह्वान किया। कार्यक्रम का संदेश था कि पर्यावरण संरक्षण के लिए जनभागीदारी अत्यंत आवश्यक है, और सभी के संयुक्त प्रयासों से ही "क्लीन सतना, ग्रीन सतना" का लक्ष्य साकार किया जा सकता है।
    1
    विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर, 05 जून 2026 को मध्य प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय कार्यालय सतना ने बस स्टैंड सतना परिसर में एक नुक्कड़ नाटक का आयोजन किया। यह कार्यक्रम पर्यावरण जनजागरूकता अभियान का हिस्सा था, जिसका मुख्य उद्देश्य आम जनता को पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता और प्राकृतिक संसाधनों के संवर्धन के प्रति जागरूक करना था।

नुक्कड़ नाटक के माध्यम से नागरिकों को वृक्षारोपण, जल संरक्षण एवं संवर्धन, वर्षा जल संचयन, नदियों और तालाबों की स्वच्छता, प्लास्टिक प्रदूषण की रोकथाम और वायु प्रदूषण नियंत्रण जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से जानकारी दी गई। कलाकारों ने अपनी प्रभावशाली प्रस्तुति से पर्यावरण संरक्षण के प्रति समाज की सामूहिक जिम्मेदारी पर जोर दिया और लोगों को पर्यावरण अनुकूल जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया।

इस अवसर पर श्री राजकुमार मिश्रा ने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि स्वच्छ और हरित वातावरण का निर्माण किसी एक व्यक्ति या विभाग की नहीं, बल्कि हम सभी की सामूहिक नैतिक जिम्मेदारी है। उन्होंने नागरिकों से अधिक से अधिक वृक्षारोपण करने, जल संरक्षण की गतिविधियों में सक्रिय रूप से भाग लेने और अपने आसपास के पर्यावरण को स्वच्छ तथा सुरक्षित रखने का आह्वान किया। कार्यक्रम का संदेश था कि पर्यावरण संरक्षण के लिए जनभागीदारी अत्यंत आवश्यक है, और सभी के संयुक्त प्रयासों से ही "क्लीन सतना, ग्रीन सतना" का लक्ष्य साकार किया जा सकता है।
    user_रोहित कुमार पाठक
    रोहित कुमार पाठक
    Lawyer अमरपाटन, सतना, मध्य प्रदेश•
    59 min ago
  • उमरिया जिले के बांधवगढ़ में ग्रीष्मकालीन खेल प्रशिक्षण शिविर 'आरोह 2026' का समापन कार्यक्रम संपन्न हुआ। इस अवसर पर बांधवगढ़ के विधायक और कलेक्टर ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। कार्यक्रम के दौरान उन्होंने प्रशिक्षण देने वाले कोचों और शिविर में शामिल बच्चों को प्रमाण पत्र एवं टी-शर्ट वितरित किए। इस आयोजन का संबंध CM Madhya Pradesh, Jansampark Madhya Pradesh और Department of Sports & Youth Welfare, Madhya Pradesh से भी बताया गया है।
    1
    उमरिया जिले के बांधवगढ़ में ग्रीष्मकालीन खेल प्रशिक्षण शिविर 'आरोह 2026' का समापन कार्यक्रम संपन्न हुआ। इस अवसर पर बांधवगढ़ के विधायक और कलेक्टर ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। कार्यक्रम के दौरान उन्होंने प्रशिक्षण देने वाले कोचों और शिविर में शामिल बच्चों को प्रमाण पत्र एवं टी-शर्ट वितरित किए। इस आयोजन का संबंध CM Madhya Pradesh, Jansampark Madhya Pradesh और Department of Sports & Youth Welfare, Madhya Pradesh से भी बताया गया है।
    user_News 24 Umaria
    News 24 Umaria
    Local News Reporter बांधवगढ़, उमरिया, मध्य प्रदेश•
    1 hr ago
  • शुक्रवार को इंदवार थाना क्षेत्र के ग्राम भोलगढ़ स्थित सोन नदी के भोलगढ़घाट पर एक दर्दनाक हादसा हुआ, जिसने पूरे इलाके को गमगीन कर दिया। घर से अपने पारिवारिक भाइयों के साथ घूमने निकला 14 वर्षीय किशोर आलोक द्विवेदी, कई घंटे बीत जाने के बाद भी सोन नदी के गहरे पानी में लापता है, जबकि उसके परिजन नदी किनारे टकटकी लगाए किसी चमत्कार की उम्मीद में बैठे हैं। ग्राम झाल निवासी आलोक द्विवेदी, पिता पंकज द्विवेदी, अपने तीन पारिवारिक भाइयों के साथ सोन नदी पर बन रही निर्माणाधीन पुलिया देखने गया था। पुलिया का निरीक्षण करने के बाद सभी ने नदी में नहाने का मन बनाया। खुशी का यह पल कुछ ही मिनटों में चीख-पुकार और मातम में बदल गया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, नहाने के दौरान आलोक द्विवेदी और आकाश द्विवेदी अनियंत्रित होकर अचानक गहरे पानी में डूबने लगे। नदी में मौजूद एक नाविक ने हालात को भांपते हुए बिना समय गंवाए साहसिक प्रयास किया और आकाश द्विवेदी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया, लेकिन आलोक नदी की लहरों में पलक झपकते ही ओझल हो गया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन और राजस्व विभाग का अमला मौके पर पहुंच गया। एसडीआरएफ की टीम लगातार कई घंटों से सोन नदी में सर्चिंग अभियान चला रही है। हादसे के करीब 6 घंटे से अधिक समय बीत जाने के बाद भी शाम 5:30 बजे तक आलोक का फिलहाल कोई सुराग नहीं मिल सका है। गोताखोर और बचाव दल नदी के गहरे हिस्सों में लगातार तलाश कर रहे हैं। घटना स्थल पर सैकड़ों ग्रामीणों की भीड़ जमा है और हर गुजरते पल के साथ परिजनों की बेचैनी बढ़ती जा रही है।
    1
    शुक्रवार को इंदवार थाना क्षेत्र के ग्राम भोलगढ़ स्थित सोन नदी के भोलगढ़घाट पर एक दर्दनाक हादसा हुआ, जिसने पूरे इलाके को गमगीन कर दिया। घर से अपने पारिवारिक भाइयों के साथ घूमने निकला 14 वर्षीय किशोर आलोक द्विवेदी, कई घंटे बीत जाने के बाद भी सोन नदी के गहरे पानी में लापता है, जबकि उसके परिजन नदी किनारे टकटकी लगाए किसी चमत्कार की उम्मीद में बैठे हैं। ग्राम झाल निवासी आलोक द्विवेदी, पिता पंकज द्विवेदी, अपने तीन पारिवारिक भाइयों के साथ सोन नदी पर बन रही निर्माणाधीन पुलिया देखने गया था। पुलिया का निरीक्षण करने के बाद सभी ने नदी में नहाने का मन बनाया।

खुशी का यह पल कुछ ही मिनटों में चीख-पुकार और मातम में बदल गया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, नहाने के दौरान आलोक द्विवेदी और आकाश द्विवेदी अनियंत्रित होकर अचानक गहरे पानी में डूबने लगे। नदी में मौजूद एक नाविक ने हालात को भांपते हुए बिना समय गंवाए साहसिक प्रयास किया और आकाश द्विवेदी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया, लेकिन आलोक नदी की लहरों में पलक झपकते ही ओझल हो गया।

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन और राजस्व विभाग का अमला मौके पर पहुंच गया। एसडीआरएफ की टीम लगातार कई घंटों से सोन नदी में सर्चिंग अभियान चला रही है। हादसे के करीब 6 घंटे से अधिक समय बीत जाने के बाद भी शाम 5:30 बजे तक आलोक का फिलहाल कोई सुराग नहीं मिल सका है। गोताखोर और बचाव दल नदी के गहरे हिस्सों में लगातार तलाश कर रहे हैं। घटना स्थल पर सैकड़ों ग्रामीणों की भीड़ जमा है और हर गुजरते पल के साथ परिजनों की बेचैनी बढ़ती जा रही है।
    user_Neeraj Singh Raghuvanshi
    Neeraj Singh Raghuvanshi
    बांधवगढ़, उमरिया, मध्य प्रदेश•
    1 hr ago
  • मैहर के भदनपुर क्षेत्र में संचालित अल्ट्राटेक सीमेंट प्लांट में कथित प्रदूषण को लेकर विवाद लगातार गहराता जा रहा है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि प्रदूषण से प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण संबंधित जांच दल और टास्क फोर्स द्वारा पूरी तरह नहीं किया गया, जिसके चलते वास्तविक जमीनी स्थिति सामने नहीं आ सकी। क्षेत्रवासियों का कहना है कि धूल और प्रदूषण की समस्या लंबे समय से बनी हुई है और अब वे अपनी बात खुलकर रखने को तैयार हैं। इस प्रदूषण के मुद्दे पर स्थानीय स्तर पर जनआंदोलन शुरू करने की चर्चा भी तेज हो गई है। नागरिकों ने मांग की है कि प्रभावित क्षेत्रों का निष्पक्ष निरीक्षण कराया जाए और जांच रिपोर्ट को सार्वजनिक किया जाए, ताकि वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सके।
    1
    मैहर के भदनपुर क्षेत्र में संचालित अल्ट्राटेक सीमेंट प्लांट में कथित प्रदूषण को लेकर विवाद लगातार गहराता जा रहा है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि प्रदूषण से प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण संबंधित जांच दल और टास्क फोर्स द्वारा पूरी तरह नहीं किया गया, जिसके चलते वास्तविक जमीनी स्थिति सामने नहीं आ सकी।

क्षेत्रवासियों का कहना है कि धूल और प्रदूषण की समस्या लंबे समय से बनी हुई है और अब वे अपनी बात खुलकर रखने को तैयार हैं। इस प्रदूषण के मुद्दे पर स्थानीय स्तर पर जनआंदोलन शुरू करने की चर्चा भी तेज हो गई है। नागरिकों ने मांग की है कि प्रभावित क्षेत्रों का निष्पक्ष निरीक्षण कराया जाए और जांच रिपोर्ट को सार्वजनिक किया जाए, ताकि वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सके।
    user_Satyanarayan tiwari
    Satyanarayan tiwari
    Local News Reporter मैहर•
    1 hr ago
  • विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर, HDFC Bank Parivartan और सेंटर फॉर एडवांस्ड रिसर्च एंड डेवलपमेंट (CARD) संस्था ने उमरिया जिले के मानपुर विकासखंड में एक कृषि यंत्र वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया। इस महत्वपूर्ण पहल का उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण और टिकाऊ कृषि को बढ़ावा देना है, जिसके तहत किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकों से जोड़ने वाले यंत्र प्रदान किए गए। इस कार्यक्रम में बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व के फील्ड डायरेक्टर डॉ अनुपम सहाय मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, उनके साथ HDFC Bank के शाखा प्रबंधक पंकज तिवारी, कृषि विज्ञान केंद्र उमरिया से धनंजय सिंह और कृषि विभाग के एसएडीओ एमके दुबे सहित लगभग 150 ग्रामीण एवं किसान भी शामिल हुए। HDFC Bank Parivartan और CARD संस्था की यह सोच है कि पर्यावरण संरक्षण केवल वृक्षारोपण तक सीमित न रहे, बल्कि इसमें कृषि क्षेत्र में ऐसी तकनीकों और संसाधनों का उपयोग भी शामिल हो जो प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण करें, कृषि लागत घटाएं और किसानों की आय बढ़ाएं। इसी क्रम में, मानपुर क्षेत्र के 10 गांवों में 10 किसान समूहों का गठन किया गया और उन्हें कृषि यंत्रों के उपयोग, रखरखाव तथा सामुदायिक प्रबंधन पर विस्तृत प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण पूर्ण होने के बाद, विश्व पर्यावरण दिवस के शुभ अवसर पर इन सभी 10 किसान समूहों को कुल 2 रीपर, 1 रोटावेटर और 1 चाफ कटर जैसे कृषि यंत्र वितरित किए गए। ये वितरित यंत्र खेती के कार्यों को सरल, समयबद्ध और लागत प्रभावी बनाने में मदद करेंगे। रोटावेटर मिट्टी की गुणवत्ता सुधारेगा और भूमि को बेहतर तरीके से तैयार करेगा, रीपर फसल कटाई को तेज और श्रम-बचत वाला बनाएगा, जबकि चाफ कटर पशुपालन को वैज्ञानिक और अधिक उत्पादक बनाने में योगदान देगा। अतिथियों ने कार्यक्रम में किसानों को पर्यावरण संरक्षण, प्राकृतिक संसाधनों के विवेकपूर्ण उपयोग और आधुनिक टिकाऊ कृषि पद्धतियों को अपनाने का संदेश दिया। यह पहल किसानों की आजीविका को सशक्त बनाने के साथ-साथ पर्यावरण के प्रति सामूहिक जिम्मेदारी और सतत विकास के लक्ष्य को भी मजबूत करती है, जो ग्रामीण विकास, कृषि उन्नयन और पर्यावरण संरक्षण का एक प्रेरणादायक उदाहरण है।
    4
    विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर, HDFC Bank Parivartan और सेंटर फॉर एडवांस्ड रिसर्च एंड डेवलपमेंट (CARD) संस्था ने उमरिया जिले के मानपुर विकासखंड में एक कृषि यंत्र वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया। इस महत्वपूर्ण पहल का उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण और टिकाऊ कृषि को बढ़ावा देना है, जिसके तहत किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकों से जोड़ने वाले यंत्र प्रदान किए गए। इस कार्यक्रम में बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व के फील्ड डायरेक्टर डॉ अनुपम सहाय मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, उनके साथ HDFC Bank के शाखा प्रबंधक पंकज तिवारी, कृषि विज्ञान केंद्र उमरिया से धनंजय सिंह और कृषि विभाग के एसएडीओ एमके दुबे सहित लगभग 150 ग्रामीण एवं किसान भी शामिल हुए।

HDFC Bank Parivartan और CARD संस्था की यह सोच है कि पर्यावरण संरक्षण केवल वृक्षारोपण तक सीमित न रहे, बल्कि इसमें कृषि क्षेत्र में ऐसी तकनीकों और संसाधनों का उपयोग भी शामिल हो जो प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण करें, कृषि लागत घटाएं और किसानों की आय बढ़ाएं। इसी क्रम में, मानपुर क्षेत्र के 10 गांवों में 10 किसान समूहों का गठन किया गया और उन्हें कृषि यंत्रों के उपयोग, रखरखाव तथा सामुदायिक प्रबंधन पर विस्तृत प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण पूर्ण होने के बाद, विश्व पर्यावरण दिवस के शुभ अवसर पर इन सभी 10 किसान समूहों को कुल 2 रीपर, 1 रोटावेटर और 1 चाफ कटर जैसे कृषि यंत्र वितरित किए गए।

ये वितरित यंत्र खेती के कार्यों को सरल, समयबद्ध और लागत प्रभावी बनाने में मदद करेंगे। रोटावेटर मिट्टी की गुणवत्ता सुधारेगा और भूमि को बेहतर तरीके से तैयार करेगा, रीपर फसल कटाई को तेज और श्रम-बचत वाला बनाएगा, जबकि चाफ कटर पशुपालन को वैज्ञानिक और अधिक उत्पादक बनाने में योगदान देगा। अतिथियों ने कार्यक्रम में किसानों को पर्यावरण संरक्षण, प्राकृतिक संसाधनों के विवेकपूर्ण उपयोग और आधुनिक टिकाऊ कृषि पद्धतियों को अपनाने का संदेश दिया। यह पहल किसानों की आजीविका को सशक्त बनाने के साथ-साथ पर्यावरण के प्रति सामूहिक जिम्मेदारी और सतत विकास के लक्ष्य को भी मजबूत करती है, जो ग्रामीण विकास, कृषि उन्नयन और पर्यावरण संरक्षण का एक प्रेरणादायक उदाहरण है।
    user_Ashutosh tripathi
    Ashutosh tripathi
    Court reporter मानपुर, उमरिया, मध्य प्रदेश•
    4 hrs ago
  • मध्य प्रदेश के मैहर स्थित भदनपुर क्षेत्र में संचालित अल्ट्राटेक सीमेंट प्लांट के कथित प्रदूषण को लेकर विवाद लगातार गहराता जा रहा है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि इस प्रदूषण से प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण संबंधित जांच दल और टास्क फोर्स द्वारा पूरी तरह से नहीं कराया गया, जिसके कारण जमीनी हकीकत सामने नहीं आ सकी। क्षेत्रवासियों का कहना है कि धूल और प्रदूषण की यह समस्या लंबे समय से बनी हुई है, और अब वे इस मुद्दे पर खुलकर अपनी बात रखने के लिए तैयार हैं। स्थानीय स्तर पर इस प्रदूषण के मुद्दे को लेकर जनआंदोलन की चर्चाएँ भी शुरू हो गई हैं। नागरिकों ने पुरजोर मांग की है कि प्रभावित क्षेत्रों का निष्पक्ष निरीक्षण कराया जाए और जांच रिपोर्ट को सार्वजनिक किया जाए, ताकि वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सके।
    1
    मध्य प्रदेश के मैहर स्थित भदनपुर क्षेत्र में संचालित अल्ट्राटेक सीमेंट प्लांट के कथित प्रदूषण को लेकर विवाद लगातार गहराता जा रहा है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि इस प्रदूषण से प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण संबंधित जांच दल और टास्क फोर्स द्वारा पूरी तरह से नहीं कराया गया, जिसके कारण जमीनी हकीकत सामने नहीं आ सकी।

क्षेत्रवासियों का कहना है कि धूल और प्रदूषण की यह समस्या लंबे समय से बनी हुई है, और अब वे इस मुद्दे पर खुलकर अपनी बात रखने के लिए तैयार हैं। स्थानीय स्तर पर इस प्रदूषण के मुद्दे को लेकर जनआंदोलन की चर्चाएँ भी शुरू हो गई हैं।

नागरिकों ने पुरजोर मांग की है कि प्रभावित क्षेत्रों का निष्पक्ष निरीक्षण कराया जाए और जांच रिपोर्ट को सार्वजनिक किया जाए, ताकि वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सके।
    user_विक्रम रजक
    विक्रम रजक
    Local News Reporter मैहर, सतना, मध्य प्रदेश•
    2 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.