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फ़िरोज़ाबाद के सिरसागंज में लोकमाता अहिल्या बाई होलकर की जन्मशताब्दी के अवसर पर मंत्री प्रो. एस.पी. सिंह बघेल ने एक महत्वपूर्ण बयान दिया। उन्होंने कहा कि जो व्यक्ति जाति, धर्म और पूर्वजों का सम्मान नहीं करता, वह कभी उन्नति नहीं कर सकता।
LK NEWS 83
फ़िरोज़ाबाद के सिरसागंज में लोकमाता अहिल्या बाई होलकर की जन्मशताब्दी के अवसर पर मंत्री प्रो. एस.पी. सिंह बघेल ने एक महत्वपूर्ण बयान दिया। उन्होंने कहा कि जो व्यक्ति जाति, धर्म और पूर्वजों का सम्मान नहीं करता, वह कभी उन्नति नहीं कर सकता।
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- आगरा पुलिस ने पुलिस कमिश्नर दीपक कुमार के निर्देशन में अपराध एवं अपराधियों के विरुद्ध 'जीरो टॉलरेंस' नीति के तहत बड़ी कार्यवाही की है। थाना जैतपुर क्षेत्र में हुई चुनावी रंजिश से जुड़ी एक हत्या और घायल करने की घटना के दो अभियुक्तों, कृष्णा यादव पुत्र सुखवीर यादव और शिव प्रताप उर्फ गेंदा पुत्र मुकेश यादव को पुलिस ने 2/3 जून 2026 की रात्रि में गिरफ्तार किया। अभियुक्तों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस टीम जब आलाकत्ल बरामदगी के लिए उन्हें उदी रोड से कूकापुर की ओर जाने वाले मार्ग पर स्थित रेलवे अंडरपास के पास ले गई, तब अभियुक्त शिव प्रताप उर्फ गेंदा ने एक उपनिरीक्षक की सरकारी रिवाल्वर छीन ली। उसने पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग करते हुए भागने का प्रयास किया। पुलिस द्वारा आत्मरक्षा में की गई जवाबी फायरिंग में अभियुक्त शिव प्रताप उर्फ गेंदा के पैर में गोली लगने से वह घायल हो गया। घायल अभियुक्त के कब्जे से छीनी हुई रिवाल्वर और 03 जिंदा कारतूस बरामद हुए। पुलिस ने अभियुक्तों की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त आलाकत्ल तमंचा 315 बोर और एक खोखा कारतूस (जो नाल में फंसा हुआ था) भी बरामद किया। मुठभेड़ में घायल हुए अभियुक्त को उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया है, जबकि फील्ड यूनिट ने घटनास्थल पर साक्ष्य संकलन का कार्य किया। सहायक पुलिस आयुक्त बाह, कमिश्नरेट आगरा, हरे कृष्ण शर्मा के अनुसार, मामले में अग्रिम वैधानिक कार्यवाही प्रचलित है।1
- फतेहाबाद तहसील के तहत आने वाले ग्राम पंचायत लहर पट्टी लहर के उपग्राम बास महुआ से मंगलवार को दर्जनों महिला एवं पुरुष ग्रामीणों ने उपजिलाधिकारी (एसडीएम) को एक ज्ञापन सौंपा। इस ज्ञापन के माध्यम से ग्रामीणों ने गांव स्थित तालाब की खुदाई और गहरीकरण कराए जाने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि वर्षों से तालाब में गाद भरी होने के कारण उसकी जलधारण क्षमता काफी कम हो गई है। इसी कारण बरसात के दौरान गांव में गंभीर जलभराव की समस्या उत्पन्न हो जाती है, जिससे बारिश का पानी तालाब में इकट्ठा होने के बजाय गांव की गलियों और आबादी वाले क्षेत्रों में भर जाता है। इस जलभराव के चलते बच्चों को स्कूल आने-जाने में कठिनाई का सामना करना पड़ता है और कई रास्ते पूरी तरह से पानी में डूब जाते हैं, जिससे आम जनजीवन प्रभावित होता है तथा ग्रामीणों को आवागमन में परेशानी उठानी पड़ती है। दिए गए प्रार्थना पत्र में ग्रामीणों ने बताया कि ग्राम पंचायत लहर पट्टी लहर की गाटा संख्या 136, जिसका कुल रकबा 1.521080 हेक्टेयर है, में से 0.521080 हेक्टेयर क्षेत्र में सर्वसम्मति से तालाब की खुदाई एवं गहरीकरण कराने का प्रस्ताव किया गया है। उनका मानना है कि तालाब की उचित सफाई और गहराई होने से बरसाती पानी का बेहतर संचयन होगा तथा गांव को जलभराव की समस्या से राहत मिलेगी। ज्ञापन में यह भी आरोप लगाया गया है कि गांव के ही दौजीराम पुत्र भजनलाल तथा गोपाल पुत्र भजनलाल तालाब की खुदाई का विरोध कर रहे हैं और कार्य में बाधा उत्पन्न करने का प्रयास कर रहे हैं। ग्रामीणों ने उपजिलाधिकारी से जनहित को ध्यान में रखते हुए तालाब की खुदाई एवं गहरीकरण के आदेश जारी करने और कार्य में अवरोध उत्पन्न करने वाले व्यक्तियों के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की है। इस दौरान संजू सिंह कुशवाह पुत्र लज्जाराम सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण, जिनमें दर्जनों महिला एवं पुरुष शामिल थे, तहसील परिसर में उपस्थित रहे।1
- आगरा पुलिस ने एक आरोपी को दिल्ली से गिरफ्तार करने में सफलता पाई है। यह आरोपी पिछले 25 सालों से फरार चल रहा था और कानून की गिरफ्त से बाहर था।1
- फतेहाबाद तहसील क्षेत्र के गांव चर्रपुरा में मंगलवार को जल निकासी को लेकर तब हंगामा खड़ा हो गया, जब प्रशासनिक टीम जलभराव की समस्या का समाधान करने पहुंची। ग्रामीण महिलाओं और किसानों ने इस दौरान विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। ग्रामीणों का आरोप था कि गांव का गंदा पानी उनके निजी खेतों से निकाला जा रहा है, जिससे उनकी फसलों को नुकसान होने का डर है। इसी बीच प्रशासन और ग्रामीणों के बीच तीखी नोकझोंक हुई, जिससे मौके पर तनावपूर्ण स्थिति बन गई। भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) के ब्लॉक अध्यक्ष रामलाल वर्मा ने बताया कि एसडीएम के नेतृत्व में आई तहसील प्रशासन की टीम अशोक कुमार पुत्र मेवाराम और चंद्रमोहन पुत्र मेवाराम के खेतों की ओर पूरे गांव का पानी छोड़ रही थी, जिसका उन्होंने विरोध किया। विरोध प्रदर्शन के दौरान ग्रामीण महिलाओं और तहसीलदार के बीच भी तीखी बहस हुई। इस घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। स्थिति बिगड़ती देख मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया। इसी दौरान पुलिस ने विरोध कर रहे भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) के ब्लॉक अध्यक्ष रामलाल वर्मा को हिरासत में लेकर थाने ले गई। सूचना मिलने पर संगठन के जिला प्रवक्ता रामनिवास रघुवंशी और तहसील अध्यक्ष अवधेश ठाकुर थाने पहुंचे तथा पुलिस अधिकारियों से वार्ता की। करीब एक घंटे बाद पुलिस ने रामलाल वर्मा को छोड़ दिया। पुलिस की मौजूदगी में प्रशासनिक अधिकारियों ने जल निकासी का कार्य कराया और जलभराव की समस्या के समाधान का दावा किया। फिलहाल गांव में स्थिति सामान्य बताई जा रही है, लेकिन घटना का वीडियो क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है।1
- फतेहाबाद तहसील के गांव चर्रपुरा में मंगलवार को जलभराव की समस्या के समाधान के दौरान उस समय हंगामा खड़ा हो गया, जब प्रशासनिक टीम गंदा पानी निकालने पहुंची। ग्रामीणों, खासकर महिला किसानों, ने यह आरोप लगाते हुए विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया कि जल निकासी का रास्ता निजी खेतों से बनाया जा रहा है, जिससे उनकी फसलों को नुकसान होगा। लंबे समय से जलभराव की समस्या से जूझ रहे गांव में एसडीएम के नेतृत्व में तहसील प्रशासन की टीम जल निकासी की व्यवस्था शुरू करने पहुंची थी। इसी दौरान, भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) के ब्लॉक अध्यक्ष रामलाल वर्मा ने बताया कि अशोक कुमार और चंद्रमोहन के खेतों की ओर पूरे गांव का पानी छोड़ा जा रहा था, जिसका उन्होंने विरोध किया। इस विरोध के चलते ग्रामीण महिलाओं और तहसीलदार के बीच तीखी बहस हुई, जिससे मौके पर तनावपूर्ण स्थिति बन गई। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। स्थिति को बिगड़ता देख मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया। पुलिस ने विरोध कर रहे भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) के ब्लॉक अध्यक्ष रामलाल वर्मा को हिरासत में लेकर थाने पहुंचाया। सूचना मिलने पर संगठन के जिला प्रवक्ता रामनिवास रघुवंशी और तहसील अध्यक्ष अवधेश ठाकुर थाने पहुंचे तथा पुलिस अधिकारियों से बातचीत की, जिसके लगभग एक घंटे बाद रामलाल वर्मा को छोड़ दिया गया। पुलिस की मौजूदगी में प्रशासनिक अधिकारियों ने जल निकासी का कार्य पूरा कराया और गांव में जलभराव की समस्या का समाधान करने का दावा किया। फिलहाल, गांव में स्थिति सामान्य बताई जा रही है, लेकिन इस घटना का वीडियो क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है।4
- आगरा के थाना बरहन क्षेत्र निवासी रणदीप सिंह ने पुलिस कमिश्नर को दिए प्रार्थना पत्र में पुलिस महकमे में हलचल मचाने वाले गंभीर आरोप लगाए हैं। पीड़ित ने दावा किया है कि उसके घर हुई चोरी के मामले में बरामद हुए करीब 11 लाख रुपये कीमत के सोने-चांदी के असली आभूषण पुलिसकर्मियों की मिलीभगत से गायब कर दिए गए हैं। पीड़ित के अनुसार, वर्ष 2025 में उनके घर से लाखों के आभूषण और नकदी चोरी हुई थी, जिसके बाद पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर कुछ आरोपियों को गिरफ्तार किया था। बरामदगी दिखाने के लिए जब पीड़ित अपनी पत्नी के साथ थाने पहुंचे, तो उन्हें केवल एक सोने की अंगूठी दिखाई गई, जबकि चोरी हुए अन्य बहुमूल्य आभूषण बरामदगी फर्द में शामिल नहीं किए गए थे। प्रार्थना पत्र में आरोप लगाया गया है कि पुलिस ने पीड़ित के मोबाइल में मौजूद असली बरामद आभूषणों की तस्वीरें तक हटवा दीं और बरामदगी का रिकॉर्ड बदल दिया। इतना ही नहीं, पीड़ित पर कथित रूप से फर्द पर जबरन हस्ताक्षर करने का दबाव भी बनाया गया। पीड़ित का यह भी दावा है कि चोरी के असली गहने आरोपियों की निशानदेही पर एक स्वर्णकार की दुकान से बरामद हुए थे, लेकिन संबंधित पुलिसकर्मियों ने कथित तौर पर मोटी रकम लेकर स्वर्णकार को जांच से बाहर कर दिया और फर्जी दस्तावेज तैयार कर पूरे मामले को दबाने की कोशिश की। इस पूरे प्रकरण में तत्कालीन थाना प्रभारी सहित कई पुलिसकर्मियों की भूमिका पर सवाल उठे हैं, और आरोप है कि इन्हीं अधिकारियों की मिलीभगत से बरामद किए गए असली आभूषण हड़प लिए गए। इन गंभीर आरोपों से आगरा पुलिस पर 'सबसे बड़ा दाग' लगने और पूरे विभाग में हड़कंप मचने की बात कही गई है।1
- फिरोजाबाद के थाना दक्षिण क्षेत्र स्थित ओम अस्पताल में हर्निया ऑपरेशन के बाद एक मरीज की मौत हो गई, जिसके बाद परिजनों और स्थानीय लोगों ने चिकित्सकीय लापरवाही का आरोप लगाते हुए मंगलवार को जमकर हंगामा किया। आसफाबाद के यादव नगर निवासी 46 वर्षीय राजेश कुमार शनिवार को स्टेशन रोड स्थित ओम हॉस्पिटल में हर्निया का ऑपरेशन कराने के लिए भर्ती हुए थे, और उसी दिन शाम को उनका ऑपरेशन किया गया था। परिजनों का आरोप है कि ऑपरेशन के बाद राजेश कुमार की हालत लगातार बिगड़ती रही, लेकिन अस्पताल प्रशासन ने उन्हें उचित उपचार नहीं दिया। उनका यह भी कहना है कि मरीज की गंभीर स्थिति के बावजूद, अस्पताल प्रबंधन उन पर छुट्टी कराने का दबाव बना रहा था, और इसी दौरान मरीज की मौत हो गई। परिजनों ने इस चिकित्सकीय लापरवाही के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। अस्पताल परिसर में तनावपूर्ण माहौल की सूचना पर थाना दक्षिण पुलिस मौके पर पहुंची, जिन्होंने लोगों को समझाकर शांत कराया और मामले की जांच शुरू कर दी। मृतक का शव अभी भी अस्पताल में है और पुलिस स्थिति पर नजर बनाए हुए है। वहीं, अस्पताल के संचालक डॉक्टर गौरव अग्रवाल ने बताया कि दिव्यांग मरीज का ऑपरेशन सही तरीके से हुआ था और वह पूरी तरह स्वस्थ थे, संभवतः डिस्चार्ज से पहले उन्हें कार्डियक अरेस्ट आया, जिससे उनकी मृत्यु हुई। हालांकि, पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया है ताकि मृत्यु का सही कारण पता चल सके। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि परिजनों की तहरीर और जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। अस्पताल प्रशासन की ओर से इस मामले पर अब तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।1
- आगरा की थाना लोहामंडी पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए एक सनसनीखेज हत्या के मामले का खुलासा किया है, जिसमें एक भाई ने ही दूसरे भाई की हत्या की सुपारी दी थी। पुलिस ने इस मामले में 'मिर्ची गैंग' का पर्दाफाश करते हुए छोटे भाई समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जानकारी के अनुसार, बड़े भाई, जो एक बड़े जूते के व्यापारी थे, ने छोटे भाई को अपने कारोबार से अलग कर दिया था। इसी रंजिश के चलते छोटे भाई ने बड़े भाई की हत्या करवाने की साजिश रची और इसके लिए गैंग को ₹2 लाख 50 हजार की सुपारी दी थी। यह भी सामने आया है कि कुछ दिन पहले ही शातिर अपराधियों ने व्यापारी की आंखों में मिर्ची डालकर उन्हें मारने की कोशिश की थी। इस पूरे मामले का खुलासा डीसीपी सिटी अली अब्बास ने एक प्रेस वार्ता के माध्यम से किया है, जिसमें उन्होंने बताया कि पुलिस ने छोटे भाई सहित कुल चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।1
- फतेहाबाद तहसील क्षेत्र के गांव चर्रपुरा में मंगलवार को जलभराव की समस्या के समाधान के दौरान उस समय तनाव उत्पन्न हो गया, जब प्रशासनिक टीम गांव का गंदा पानी निकालने पहुंची। ग्रामीणों, विशेषकर महिलाओं और किसानों ने निजी खेतों से जल निकासी का रास्ता बनाए जाने के आरोप लगाते हुए विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया, जिसके बाद प्रशासन और ग्रामीणों के बीच तीखी नोकझोंक हुई। दरअसल, गांव में लंबे समय से जलभराव की समस्या थी, जिसके निवारण के लिए एसडीएम के नेतृत्व में तहसील प्रशासन की टीम गांव पहुंची और जल निकासी की व्यवस्था शुरू की। इसी बीच ग्रामीण महिलाओं ने आरोप लगाया कि गांव का गंदा पानी उनके खेतों की ओर मोड़ा जा रहा है, जिससे फसलों को नुकसान होगा। भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) के ब्लॉक अध्यक्ष रामलाल वर्मा ने बताया कि अशोक कुमार पुत्र मेवाराम और चंद्रमोहन पुत्र मेवाराम के खेतों की ओर पानी छोड़ा जा रहा था, जिसका उन्होंने विरोध किया। इस विरोध के दौरान महिलाओं और तहसीलदार के बीच तीखी बहस भी हुई। स्थिति को बिगड़ता देख मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया। इसी दौरान पुलिस ने भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) के ब्लॉक अध्यक्ष रामलाल वर्मा को हिरासत में लेकर थाने पहुंचाया। सूचना मिलने पर संगठन के जिला प्रवक्ता रामनिवास रघुवंशी और तहसील अध्यक्ष अवधेश ठाकुर थाने पहुंचे और पुलिस अधिकारियों से वार्ता की, जिसके लगभग एक घंटे बाद रामलाल वर्मा को छोड़ दिया गया। पुलिस की मौजूदगी में प्रशासनिक अधिकारियों ने जल निकासी का कार्य पूरा कराया और जलभराव की समस्या के समाधान का दावा किया। फिलहाल गांव में स्थिति सामान्य बताई जा रही है, लेकिन घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है और यह क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है।1