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भारतीय रेलवे ने जबलपुर-नई दिल्ली श्रीधाम एक्सप्रेस (12191/12192) में एक महत्वपूर्ण बदलाव किया है, जिसके तहत ट्रेन के पुराने आईसीएफ (ICF) कोचों को हटाकर अब आधुनिक एलएचबी (LHB) कोच लगाए गए हैं। यह कदम यात्रियों के लिए खुशखबरी लेकर आया है, क्योंकि इससे उन्हें बेहतर और सुरक्षित यात्रा अनुभव मिलेगा। नए एलएचबी कोच कई मायनों में फायदेमंद हैं। सुरक्षा के लिहाज से, इनमें एंटी-टेलीस्कोपिक तकनीक का इस्तेमाल किया गया है, जिससे दुर्घटना की स्थिति में डिब्बे एक-दूसरे पर नहीं चढ़ते। यात्रियों के लिए सफर को अधिक आरामदायक बनाने हेतु एयर सस्पेंशन तकनीक का प्रयोग किया गया है, जिससे यात्रा के दौरान झटके कम महसूस होते हैं। इसके अतिरिक्त, इन कोचों की बेहतर रफ्तार के कारण समय की भी बचत होगी; उदाहरण के तौर पर, भोपाल से दिल्ली तक की यात्रा के समय में करीब 58 मिनट की कमी आई है। नए रैक में कुल 22 कोच शामिल किए गए हैं, जिनमें फर्स्ट एसी, सेकेंड एसी, थर्ड एसी, इकोनॉमी, स्लीपर और सामान्य श्रेणी के डिब्बे उपलब्ध हैं।

8 hrs ago
user_Itarsi_update_786
Itarsi_update_786
Newspaper publisher इटारसी, नर्मदापुरम, मध्य प्रदेश•
8 hrs ago

भारतीय रेलवे ने जबलपुर-नई दिल्ली श्रीधाम एक्सप्रेस (12191/12192) में एक महत्वपूर्ण बदलाव किया है, जिसके तहत ट्रेन के पुराने आईसीएफ (ICF) कोचों को हटाकर अब आधुनिक एलएचबी (LHB) कोच लगाए गए हैं। यह कदम यात्रियों के लिए खुशखबरी लेकर आया है, क्योंकि इससे उन्हें बेहतर और सुरक्षित यात्रा अनुभव मिलेगा। नए एलएचबी कोच कई मायनों में फायदेमंद हैं। सुरक्षा के लिहाज से, इनमें एंटी-टेलीस्कोपिक तकनीक का इस्तेमाल किया गया है, जिससे दुर्घटना की स्थिति में डिब्बे एक-दूसरे पर नहीं चढ़ते। यात्रियों के लिए सफर को अधिक आरामदायक बनाने हेतु एयर सस्पेंशन तकनीक का प्रयोग किया गया है, जिससे यात्रा के दौरान झटके कम महसूस होते हैं। इसके अतिरिक्त, इन कोचों की बेहतर रफ्तार के कारण समय की भी बचत होगी; उदाहरण के तौर पर, भोपाल से दिल्ली तक की यात्रा के समय में करीब 58 मिनट की कमी आई है। नए रैक में कुल 22 कोच शामिल किए गए हैं, जिनमें फर्स्ट एसी, सेकेंड एसी, थर्ड एसी, इकोनॉमी, स्लीपर और सामान्य श्रेणी के डिब्बे उपलब्ध हैं।

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  • Available for Sale - Industrial Land / Plot Locality : श्री कृष्ण धाम कॉलोनी भटगांव रोड शोभापुर तहसील सोहागपुर जिला नर्मदा पुरम Area (dimensions) : 1000 वर्ग फीट Expected Price : 350000 Property Type : Industrial Land / Plot कॉलोनी है जिसमें प्लॉट शेष 3 बाकी हे
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    Available for Sale - Industrial Land / Plot
Locality : श्री कृष्ण धाम कॉलोनी भटगांव रोड शोभापुर तहसील सोहागपुर जिला नर्मदा पुरम
Area (dimensions) : 1000 वर्ग फीट
Expected Price : 350000
Property Type : Industrial Land / Plot
कॉलोनी है जिसमें प्लॉट शेष 3 बाकी हे
    user_पंडित नीतेश कुमार मिश्रा साधना
    पंडित नीतेश कुमार मिश्रा साधना
    Media Consultant होशंगाबाद, नर्मदापुरम, मध्य प्रदेश•
    42 min ago
  • जीतू पटवारी के एक बयान पर भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के प्रवक्ता सनव्वर पटेल ने तीखा पलटवार किया है। पटेल ने जीतू पटवारी को सीधा निशाना बनाते हुए कहा कि उन्हें 'पहले अपने गिरेबान में झांककर देखना चाहिए'। यह टिप्पणी पटवारी के उस बयान के जवाब में आई है, जिसके बाद बीजेपी ने उन पर पलटवार किया है।
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    जीतू पटवारी के एक बयान पर भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के प्रवक्ता सनव्वर पटेल ने तीखा पलटवार किया है। पटेल ने जीतू पटवारी को सीधा निशाना बनाते हुए कहा कि उन्हें 'पहले अपने गिरेबान में झांककर देखना चाहिए'। यह टिप्पणी पटवारी के उस बयान के जवाब में आई है, जिसके बाद बीजेपी ने उन पर पलटवार किया है।
    user_PS24NEWS
    PS24NEWS
    Local News Reporter कोलार, भोपाल, मध्य प्रदेश•
    6 hrs ago
  • अधिकमास की ज्येष्ठ पूर्णिमा पर रविवार को पिपरिया से लगभग 20 किलोमीटर दूर स्थित सांडिया नर्मदा घाट पर आस्था का जनसैलाब उमड़ पड़ा। जिले और आसपास के क्षेत्रों से आए करीब 30 हजार श्रद्धालुओं ने माँ नर्मदा में डुबकी लगाकर पूजा-अर्चना की और परिवार की सुख-समृद्धि तथा मंगलकामना के लिए प्रार्थना की। सूर्योदय से पहले ही सीताराम घाट, बाजार घाट और सिवनी पुल घाट पर श्रद्धालुओं की भीड़ जुटने लगी थी। पूरे दिन नर्मदा तट पर स्नान, तर्पण, दान-पुण्य और विभिन्न धार्मिक अनुष्ठानों का क्रम जारी रहा। अनेक श्रद्धालुओं ने सत्यनारायण व्रत कथा, विष्णु सहस्रनाम पाठ और भगवान शिव का अभिषेक कर पुण्य लाभ अर्जित किया। पूर्णिमा और अवकाश का दिन होने के कारण घाटों पर मेले जैसा माहौल रहा, कई श्रद्धालु एक दिन पहले ही आकर रात्रि विश्राम कर रहे थे। सुबह से दोपहर तक स्नान और दान करने वालों की लंबी कतारें देखी गईं, जबकि शाम को नर्मदा दर्शन और दीपदान के लिए भी लोग आते-जाते रहे। इस दौरान विभिन्न धार्मिक एवं सामाजिक संगठनों द्वारा भंडारों का आयोजन भी किया गया, जहाँ श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया, जिससे पूरे क्षेत्र में भक्ति और उल्लास का वातावरण बना रहा। श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने पहले से ही व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए थे। घाटों और प्रमुख मार्गों पर पुलिस, राजस्व विभाग और ग्राम पंचायत के कर्मचारियों को तैनात किया गया था। सांडिया चौकी प्रभारी किशन उईके ने बताया कि पूरे दिन व्यवस्था सामान्य रही और सभी श्रद्धालुओं ने शांतिपूर्ण ढंग से स्नान व दर्शन किए। हालांकि, श्रद्धालुओं ने घाट पर मूलभूत सुविधाओं के विस्तार की आवश्यकता पर भी जोर दिया। विशेष रूप से महिलाओं के लिए कपड़े बदलने की उचित व्यवस्था न होने के कारण उन्हें असुविधा का सामना करना पड़ा। श्रद्धालुओं ने प्रशासन से स्थायी चेंजिंग रूम और सुरक्षित सुविधाओं को विकसित करने की मांग की, ताकि भविष्य के धार्मिक आयोजनों में महिलाओं को बेहतर सुविधाएँ मिल सकें। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, अधिकमास में आने वाली ज्येष्ठ पूर्णिमा का विशेष महत्व होता है। इस दिन नर्मदा स्नान, दान-पुण्य, व्रत, कथा और भगवान विष्णु की आराधना से कई गुना फल प्राप्त होता है। इसी आस्था के चलते हजारों श्रद्धालु सांडिया नर्मदा घाट पहुंचे। आने वाली अमावस्या पर भी इस घाट पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है।
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    अधिकमास की ज्येष्ठ पूर्णिमा पर रविवार को पिपरिया से लगभग 20 किलोमीटर दूर स्थित सांडिया नर्मदा घाट पर आस्था का जनसैलाब उमड़ पड़ा। जिले और आसपास के क्षेत्रों से आए करीब 30 हजार श्रद्धालुओं ने माँ नर्मदा में डुबकी लगाकर पूजा-अर्चना की और परिवार की सुख-समृद्धि तथा मंगलकामना के लिए प्रार्थना की।

सूर्योदय से पहले ही सीताराम घाट, बाजार घाट और सिवनी पुल घाट पर श्रद्धालुओं की भीड़ जुटने लगी थी। पूरे दिन नर्मदा तट पर स्नान, तर्पण, दान-पुण्य और विभिन्न धार्मिक अनुष्ठानों का क्रम जारी रहा। अनेक श्रद्धालुओं ने सत्यनारायण व्रत कथा, विष्णु सहस्रनाम पाठ और भगवान शिव का अभिषेक कर पुण्य लाभ अर्जित किया। पूर्णिमा और अवकाश का दिन होने के कारण घाटों पर मेले जैसा माहौल रहा, कई श्रद्धालु एक दिन पहले ही आकर रात्रि विश्राम कर रहे थे। सुबह से दोपहर तक स्नान और दान करने वालों की लंबी कतारें देखी गईं, जबकि शाम को नर्मदा दर्शन और दीपदान के लिए भी लोग आते-जाते रहे। इस दौरान विभिन्न धार्मिक एवं सामाजिक संगठनों द्वारा भंडारों का आयोजन भी किया गया, जहाँ श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया, जिससे पूरे क्षेत्र में भक्ति और उल्लास का वातावरण बना रहा।

श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने पहले से ही व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए थे। घाटों और प्रमुख मार्गों पर पुलिस, राजस्व विभाग और ग्राम पंचायत के कर्मचारियों को तैनात किया गया था। सांडिया चौकी प्रभारी किशन उईके ने बताया कि पूरे दिन व्यवस्था सामान्य रही और सभी श्रद्धालुओं ने शांतिपूर्ण ढंग से स्नान व दर्शन किए।

हालांकि, श्रद्धालुओं ने घाट पर मूलभूत सुविधाओं के विस्तार की आवश्यकता पर भी जोर दिया। विशेष रूप से महिलाओं के लिए कपड़े बदलने की उचित व्यवस्था न होने के कारण उन्हें असुविधा का सामना करना पड़ा। श्रद्धालुओं ने प्रशासन से स्थायी चेंजिंग रूम और सुरक्षित सुविधाओं को विकसित करने की मांग की, ताकि भविष्य के धार्मिक आयोजनों में महिलाओं को बेहतर सुविधाएँ मिल सकें।

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, अधिकमास में आने वाली ज्येष्ठ पूर्णिमा का विशेष महत्व होता है। इस दिन नर्मदा स्नान, दान-पुण्य, व्रत, कथा और भगवान विष्णु की आराधना से कई गुना फल प्राप्त होता है। इसी आस्था के चलते हजारों श्रद्धालु सांडिया नर्मदा घाट पहुंचे। आने वाली अमावस्या पर भी इस घाट पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है।
    user_Chhagan Kushawaha
    Chhagan Kushawaha
    पिपरिया, नर्मदापुरम, मध्य प्रदेश•
    7 hrs ago
  • हरदा जिले की टिमरनी तहसील के वार्ड नंबर 07 में, जो आशीष रेस्टोरेंट के पीछे स्थित है, पिछले कई सालों से नालियों की साफ-सफाई नहीं हुई है। इन नालियों की हालत बेहद खराब है; वे टूटी-फूटी पड़ी हैं और उनमें पानी ऊपर तक भरा रहता है। बताया गया है कि नालियों में दो फीट तक मलबा जमा हो गया है और कोई भी सफाईकर्मी इनकी सुध लेने नहीं आता। पिछले तीन साल से सफाई न होने के कारण ये नालियाँ पूरी तरह से चोक हो गई हैं।
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    हरदा जिले की टिमरनी तहसील के वार्ड नंबर 07 में, जो आशीष रेस्टोरेंट के पीछे स्थित है, पिछले कई सालों से नालियों की साफ-सफाई नहीं हुई है। इन नालियों की हालत बेहद खराब है; वे टूटी-फूटी पड़ी हैं और उनमें पानी ऊपर तक भरा रहता है। बताया गया है कि नालियों में दो फीट तक मलबा जमा हो गया है और कोई भी सफाईकर्मी इनकी सुध लेने नहीं आता। पिछले तीन साल से सफाई न होने के कारण ये नालियाँ पूरी तरह से चोक हो गई हैं।
    user_Pankaj
    Pankaj
    टिमरनी, हरदा, मध्य प्रदेश•
    14 hrs ago
  • भारतीय रेलवे ने जबलपुर-नई दिल्ली श्रीधाम एक्सप्रेस (12191/12192) में एक महत्वपूर्ण बदलाव किया है, जिसके तहत ट्रेन के पुराने आईसीएफ (ICF) कोचों को हटाकर अब आधुनिक एलएचबी (LHB) कोच लगाए गए हैं। यह कदम यात्रियों के लिए खुशखबरी लेकर आया है, क्योंकि इससे उन्हें बेहतर और सुरक्षित यात्रा अनुभव मिलेगा। नए एलएचबी कोच कई मायनों में फायदेमंद हैं। सुरक्षा के लिहाज से, इनमें एंटी-टेलीस्कोपिक तकनीक का इस्तेमाल किया गया है, जिससे दुर्घटना की स्थिति में डिब्बे एक-दूसरे पर नहीं चढ़ते। यात्रियों के लिए सफर को अधिक आरामदायक बनाने हेतु एयर सस्पेंशन तकनीक का प्रयोग किया गया है, जिससे यात्रा के दौरान झटके कम महसूस होते हैं। इसके अतिरिक्त, इन कोचों की बेहतर रफ्तार के कारण समय की भी बचत होगी; उदाहरण के तौर पर, भोपाल से दिल्ली तक की यात्रा के समय में करीब 58 मिनट की कमी आई है। नए रैक में कुल 22 कोच शामिल किए गए हैं, जिनमें फर्स्ट एसी, सेकेंड एसी, थर्ड एसी, इकोनॉमी, स्लीपर और सामान्य श्रेणी के डिब्बे उपलब्ध हैं।
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    भारतीय रेलवे ने जबलपुर-नई दिल्ली श्रीधाम एक्सप्रेस (12191/12192) में एक महत्वपूर्ण बदलाव किया है, जिसके तहत ट्रेन के पुराने आईसीएफ (ICF) कोचों को हटाकर अब आधुनिक एलएचबी (LHB) कोच लगाए गए हैं। यह कदम यात्रियों के लिए खुशखबरी लेकर आया है, क्योंकि इससे उन्हें बेहतर और सुरक्षित यात्रा अनुभव मिलेगा।

नए एलएचबी कोच कई मायनों में फायदेमंद हैं। सुरक्षा के लिहाज से, इनमें एंटी-टेलीस्कोपिक तकनीक का इस्तेमाल किया गया है, जिससे दुर्घटना की स्थिति में डिब्बे एक-दूसरे पर नहीं चढ़ते। यात्रियों के लिए सफर को अधिक आरामदायक बनाने हेतु एयर सस्पेंशन तकनीक का प्रयोग किया गया है, जिससे यात्रा के दौरान झटके कम महसूस होते हैं। इसके अतिरिक्त, इन कोचों की बेहतर रफ्तार के कारण समय की भी बचत होगी; उदाहरण के तौर पर, भोपाल से दिल्ली तक की यात्रा के समय में करीब 58 मिनट की कमी आई है।

नए रैक में कुल 22 कोच शामिल किए गए हैं, जिनमें फर्स्ट एसी, सेकेंड एसी, थर्ड एसी, इकोनॉमी, स्लीपर और सामान्य श्रेणी के डिब्बे उपलब्ध हैं।
    user_Itarsi_update_786
    Itarsi_update_786
    Newspaper publisher इटारसी, नर्मदापुरम, मध्य प्रदेश•
    8 hrs ago
  • ट्विशा केस में एक नया ट्विस्ट सामने आया है, जिसके चलते जांच में चौंकाने वाला मोड़ आ गया है। इस नए घटनाक्रम के साथ ही यह सवाल उठ खड़ा हुआ है कि क्या समर्थ और ट्विशा के बीच कोई तीसरा शख्स शामिल है।
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    ट्विशा केस में एक नया ट्विस्ट सामने आया है, जिसके चलते जांच में चौंकाने वाला मोड़ आ गया है। इस नए घटनाक्रम के साथ ही यह सवाल उठ खड़ा हुआ है कि क्या समर्थ और ट्विशा के बीच कोई तीसरा शख्स शामिल है।
    user_अनीता दीदी
    अनीता दीदी
    Kolar, Bhopal•
    9 hrs ago
  • भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के संबंध में अखिलेश द्वारा दिए गए एक बयान को ब्रेकिंग न्यूज़ के रूप में प्रस्तुत किया जा रहा है। हालाँकि, इस बयान की विस्तृत जानकारी इस समय उपलब्ध नहीं है।
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    भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के संबंध में अखिलेश द्वारा दिए गए एक बयान को ब्रेकिंग न्यूज़ के रूप में प्रस्तुत किया जा रहा है। हालाँकि, इस बयान की विस्तृत जानकारी इस समय उपलब्ध नहीं है।
    user_Aakash mg kahar
    Aakash mg kahar
    Farmer घोड़ा डोंगरी, बैतूल, मध्य प्रदेश•
    16 hrs ago
  • इटारसी जंक्शन पर एक बड़ा और हृदयविदारक हादसा हो गया, जहाँ एक चलती इंटरसिटी ट्रेन में चढ़ने की कोशिश में एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। इस घटना में महिला के दोनों पैर कट गए। बताया गया है कि महिला अपने 3 साल के मासूम बेटे के साथ ट्रेन पकड़ रही थी, तभी वह फिसलकर ट्रैक में जा गिरी, जिससे इंटरसिटी ट्रेन उसके लिए काल बन गई। रेलवे स्टाफ ने महिला को ट्रेन और प्लेटफॉर्म के बीच फंसा हुआ देखकर उसकी जान बचाई, जिसके बाद उसे गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया। इस दौरान इटारसी स्टेशन पर चीख-पुकार मच गई। यह दुर्घटना कुछ सेकंड की जल्दबाजी का नतीजा थी, जब महिला ने चलती ट्रेन में चढ़ने का प्रयास किया। गनीमत रही कि उसके साथ रहा बच्चा इस हादसे में बाल-बाल बच गया।
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    इटारसी जंक्शन पर एक बड़ा और हृदयविदारक हादसा हो गया, जहाँ एक चलती इंटरसिटी ट्रेन में चढ़ने की कोशिश में एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। इस घटना में महिला के दोनों पैर कट गए। बताया गया है कि महिला अपने 3 साल के मासूम बेटे के साथ ट्रेन पकड़ रही थी, तभी वह फिसलकर ट्रैक में जा गिरी, जिससे इंटरसिटी ट्रेन उसके लिए काल बन गई।

रेलवे स्टाफ ने महिला को ट्रेन और प्लेटफॉर्म के बीच फंसा हुआ देखकर उसकी जान बचाई, जिसके बाद उसे गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया। इस दौरान इटारसी स्टेशन पर चीख-पुकार मच गई। यह दुर्घटना कुछ सेकंड की जल्दबाजी का नतीजा थी, जब महिला ने चलती ट्रेन में चढ़ने का प्रयास किया। गनीमत रही कि उसके साथ रहा बच्चा इस हादसे में बाल-बाल बच गया।
    user_Raj malviya
    Raj malviya
    Journalism होशंगाबाद, नर्मदापुरम, मध्य प्रदेश•
    6 hrs ago
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