अघोषित विद्युत कटौती से क्षेत्र में हाहाकार, सीएम की घोषणा के बाद भी नहीं सुधरे हालत। बीकापुर, अयोध्या।जनलोकवाणी न्यूज (संवाददाता: दुर्गा सिंह):अयोध्या जनपद के बीकापुर क्षेत्र में भीषण गर्मी और उमस के बीच अघोषित विद्युत कटौती से आम जनमानस में हाहाकार मचा हुआ है। सूबे के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और बिजली विभाग के आला अधिकारियों द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में 18 घंटे और शहरी क्षेत्रों में 24 घंटे निर्बाध बिजली आपूर्ति की घोषणा की गई थी, लेकिन धरातल पर इन दावों की जमकर खिल्ली उड़ाई जा रही है। बीकापुर और आसपास के इलाकों में पिछले कुछ दिनों से स्थिति यह है कि महज 24 घंटे के भीतर 36 से अधिक बार बिजली की अघोषित आंख-मिचौली हो रही है। बार-बार ट्रिपिंग और घंटों की कटौती के कारण क्षेत्र की विद्युत व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है।सूख रही धान की फसल, किसानों पर दोहरी मारबताते चलें कि पिछले एक सप्ताह से क्षेत्र में नाममात्र की वर्षा (अल्प वृष्टि) हुई है, जिसके चलते खेतों में खड़ी धान की फसल सूखने की कगार पर पहुंच गई है। सूखे की स्थिति को देखते हुए किसानों ने अपनी फसलों को बचाने के लिए वैकल्पिक रूप से निजी नलकूपों और बिजली संचालित पंपिंग सेटों का सहारा लिया है। लेकिन बिजली विभाग की इस मनमानी और अघोषित कटौती ने किसानों की उम्मीदों पर पानी फेर दिया है। पर्याप्त बिजली न मिलने से खेतों की सिंचाई पूरी तरह ठप पड़ी है, जिससे किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें गहरी हो गई हैं।उमस से बेहाल जनता, छात्रों की पढ़ाई बाधितविद्युत संकट का सबसे बुरा असर बच्चों, बुजुर्गों और छात्र-छात्राओं पर पड़ रहा है। दिन के समय उमस भरी गर्मी से लोग बेहाल हैं, तो वहीं शाम होते ही गांवों और कस्बों में अंधेरा पसर जाता है। रात के समय बिजली न रहने से सबसे ज्यादा परेशानी प्रतियोगी परीक्षाओं और स्कूली बच्चों को उठानी पड़ रही है, जिनकी पढ़ाई पूरी तरह से बाधित हो गई है। इसके अलावा, घंटों बिजली गायब रहने की वजह से पेयजल के लिए लगी पानी की टंकियां और मोटरें नहीं चल पा रही हैं, जिससे क्षेत्र में जल संकट भी गहराने लगा है।स्थानीय जनता और किसानों ने बिजली विभाग के रवैये पर भारी आक्रोश व्यक्त करते हुए उच्चाधिकारियों से रोस्टर के अनुरूप नियमित बिजली आपूर्ति सुनिश्चित कराने और इस अघोषित कटौती से तुरंत निजात दिलाने की मांग की है
अघोषित विद्युत कटौती से क्षेत्र में हाहाकार, सीएम की घोषणा के बाद भी नहीं सुधरे हालत। बीकापुर, अयोध्या।जनलोकवाणी न्यूज (संवाददाता: दुर्गा सिंह):अयोध्या जनपद के बीकापुर क्षेत्र में भीषण गर्मी और उमस के बीच अघोषित विद्युत कटौती से आम जनमानस में हाहाकार मचा हुआ है। सूबे के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और बिजली विभाग के आला अधिकारियों द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में 18 घंटे और शहरी क्षेत्रों में 24 घंटे निर्बाध बिजली आपूर्ति की घोषणा की गई थी, लेकिन धरातल पर इन दावों की जमकर खिल्ली उड़ाई जा रही है। बीकापुर और आसपास के इलाकों में पिछले कुछ दिनों से स्थिति यह है कि महज 24 घंटे के भीतर 36 से अधिक बार बिजली की अघोषित आंख-मिचौली हो रही है। बार-बार ट्रिपिंग और घंटों की कटौती के कारण क्षेत्र की विद्युत व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है।सूख रही धान की फसल, किसानों पर दोहरी मारबताते चलें कि पिछले एक सप्ताह से क्षेत्र में नाममात्र की वर्षा (अल्प वृष्टि) हुई है, जिसके चलते खेतों में खड़ी धान की फसल सूखने की कगार पर पहुंच गई है। सूखे की स्थिति को देखते हुए किसानों ने अपनी फसलों को बचाने के लिए वैकल्पिक रूप से निजी नलकूपों और बिजली संचालित पंपिंग सेटों का सहारा लिया है। लेकिन बिजली विभाग की इस मनमानी और अघोषित कटौती ने किसानों की उम्मीदों पर पानी फेर दिया है। पर्याप्त बिजली न मिलने से खेतों की सिंचाई पूरी तरह ठप पड़ी है, जिससे किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें गहरी हो गई हैं।उमस से बेहाल जनता, छात्रों की पढ़ाई बाधितविद्युत संकट का सबसे बुरा असर बच्चों, बुजुर्गों और छात्र-छात्राओं पर पड़ रहा है। दिन के समय उमस भरी गर्मी से लोग बेहाल हैं, तो वहीं शाम होते ही गांवों और कस्बों में अंधेरा पसर जाता है। रात के समय बिजली न रहने से सबसे ज्यादा परेशानी प्रतियोगी परीक्षाओं और स्कूली बच्चों को उठानी पड़ रही है, जिनकी पढ़ाई पूरी तरह से बाधित हो गई है। इसके अलावा, घंटों बिजली गायब रहने की वजह से पेयजल के लिए लगी पानी की टंकियां और मोटरें नहीं चल पा रही हैं, जिससे क्षेत्र में जल संकट भी गहराने लगा है।स्थानीय जनता और किसानों ने बिजली विभाग के रवैये पर भारी आक्रोश व्यक्त करते हुए उच्चाधिकारियों से रोस्टर के अनुरूप नियमित बिजली आपूर्ति सुनिश्चित कराने और इस अघोषित कटौती से तुरंत निजात दिलाने की मांग की है
- अघोषित विद्युत कटौती से क्षेत्र में हाहाकार, सीएम की घोषणा के बाद भी नहीं सुधरे हालत। बीकापुर, अयोध्या।जनलोकवाणी न्यूज (संवाददाता: दुर्गा सिंह):अयोध्या जनपद के बीकापुर क्षेत्र में भीषण गर्मी और उमस के बीच अघोषित विद्युत कटौती से आम जनमानस में हाहाकार मचा हुआ है। सूबे के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और बिजली विभाग के आला अधिकारियों द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में 18 घंटे और शहरी क्षेत्रों में 24 घंटे निर्बाध बिजली आपूर्ति की घोषणा की गई थी, लेकिन धरातल पर इन दावों की जमकर खिल्ली उड़ाई जा रही है। बीकापुर और आसपास के इलाकों में पिछले कुछ दिनों से स्थिति यह है कि महज 24 घंटे के भीतर 36 से अधिक बार बिजली की अघोषित आंख-मिचौली हो रही है। बार-बार ट्रिपिंग और घंटों की कटौती के कारण क्षेत्र की विद्युत व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है।सूख रही धान की फसल, किसानों पर दोहरी मारबताते चलें कि पिछले एक सप्ताह से क्षेत्र में नाममात्र की वर्षा (अल्प वृष्टि) हुई है, जिसके चलते खेतों में खड़ी धान की फसल सूखने की कगार पर पहुंच गई है। सूखे की स्थिति को देखते हुए किसानों ने अपनी फसलों को बचाने के लिए वैकल्पिक रूप से निजी नलकूपों और बिजली संचालित पंपिंग सेटों का सहारा लिया है। लेकिन बिजली विभाग की इस मनमानी और अघोषित कटौती ने किसानों की उम्मीदों पर पानी फेर दिया है। पर्याप्त बिजली न मिलने से खेतों की सिंचाई पूरी तरह ठप पड़ी है, जिससे किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें गहरी हो गई हैं।उमस से बेहाल जनता, छात्रों की पढ़ाई बाधितविद्युत संकट का सबसे बुरा असर बच्चों, बुजुर्गों और छात्र-छात्राओं पर पड़ रहा है। दिन के समय उमस भरी गर्मी से लोग बेहाल हैं, तो वहीं शाम होते ही गांवों और कस्बों में अंधेरा पसर जाता है। रात के समय बिजली न रहने से सबसे ज्यादा परेशानी प्रतियोगी परीक्षाओं और स्कूली बच्चों को उठानी पड़ रही है, जिनकी पढ़ाई पूरी तरह से बाधित हो गई है। इसके अलावा, घंटों बिजली गायब रहने की वजह से पेयजल के लिए लगी पानी की टंकियां और मोटरें नहीं चल पा रही हैं, जिससे क्षेत्र में जल संकट भी गहराने लगा है।स्थानीय जनता और किसानों ने बिजली विभाग के रवैये पर भारी आक्रोश व्यक्त करते हुए उच्चाधिकारियों से रोस्टर के अनुरूप नियमित बिजली आपूर्ति सुनिश्चित कराने और इस अघोषित कटौती से तुरंत निजात दिलाने की मांग की है1
- अयोध्या तेज रफ्तार ट्रक की चपेट में आने से युवक की दर्दनाक मौत अयोध्या तेज रफ्तार ट्रक की चपेट में आने से युवक की दर्दनाक मौत,ट्रक की चपेट में आया गद्दोपुर मझवा निवासी सूरज सोनी 32 वर्ष के रूप में हुई पहचान,आक्रोशित लोगों ने ट्रक में की तोड़ फोड़, ड्राइवर गाड़ी छोड़कर मौके से हुआ फरार, पुलिस ने गाड़ी को लिया कब्जे में, शव को सड़क से हटवा कर खुलवाया जाम,कई किलोमीटर लंबा लगा था जाम, नगर कोतवाली के नवीन मंडी चौकी क्षेत्र के रायबरेली राष्ट्रीय राजमार्ग का मामला।1
- अयोध्या।श्रीराम जन्मभूमि मन्दिर में दिल्ली के उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू। श्रीराम जन्मभूमि मन्दिर में दिल्ली के उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू।1
- नगर निगम अयोध्या के आउटसोर्सिंग सफाई कर्मचारियों ने खोला मोर्चा।मुख्यमंत्री की ₹20,000 वेतन की घोषणा अब तक लागू नहीं, तिथि भी तय नहीं नगर निगम अयोध्या के आउटसोर्सिंग सफाई कर्मचारियों ने खोला मोर्चा।मुख्यमंत्री की ₹20,000 वेतन की घोषणा अब तक लागू नहीं, तिथि भी तय नहीं।लगभग 150 कर्मचारियों का पिछला वेतन अटका, एक साल से PF जमा नहीं होने का आरोप।लिखित शिकायतों के बावजूद सुनवाई नहीं, कर्मचारियों में भारी आक्रोश।सफाई कर्मचारी नेता विनय वाघमारे की चेतावनी, मांगें नहीं मानी तो उग्र आंदोलन, जल्द नगर आयुक्त से होगी वार्ता।2
- आओ मिलकर चले जीवन में कुछ अच्छा कार्य कर ले,दुनिया के लोगो जागो नही तो प्रदुषित शहर होने मे देरी नही होती जागो पर्यावरण सेव करो, आओ चले धरती माँ को हरियाली युक्त मौसम बनाओ जीवन अनमोल धरोहर है देख भाल करो, प्राकृतिक पर्यावरण संरक्षण करे जीवन में पेड़ पौधे अधिक लगाये जीवन खुशहाल बनाएं आओ हम सब मिलकर अपने देश को स्वच्छ सुंदर बनाए पर्यावरण संरक्षण करें जीवन अनमोल बने सभी का ख्याल करेंजि और शुद्ध हवाओं के साथ योग करें और पर्यावरण स्वच्छ सुंदर बनाएं भारत सरकार राज्यों की सरकार से कंधा से कंधा मिलाकर चले पेड़ पौधे लगाने के लिए एनवायरनमेंट सेव करने के लिए हम सभी को आगे आना चाहिए। ।। Aaj subah times।। ।। रिपोर्टिंग Lal Chand Soni,, आओ मिलकर चले जीवन में कुछ अच्छा कार्य कर ले,दुनिया के लोगो जागो नही तो प्रदुषित शहर होने मे देरी नही होती जागो पर्यावरण सेव करो, आओ चले धरती माँ को हरियाली युक्त मौसम बनाओ जीवन अनमोल धरोहर है देख भाल करो, प्राकृतिक पर्यावरण संरक्षण करे जीवन में पेड़ पौधे अधिक लगाये जीवन खुशहाल बनाएं आओ हम सब मिलकर अपने देश को स्वच्छ सुंदर बनाए पर्यावरण संरक्षण करें जीवन अनमोल बने सभी का ख्याल करेंजि और शुद्ध हवाओं के साथ योग करें और पर्यावरण स्वच्छ सुंदर बनाएं भारत सरकार राज्यों की सरकार से कंधा से कंधा मिलाकर चले पेड़ पौधे लगाने के लिए एनवायरनमेंट सेव करने के लिए हम सभी को आगे आना चाहिए। ।। Aaj subah times।। ।। रिपोर्टिंग Lal Chand Soni,,1
- कंडेला हत्याकांड पर समाजवादी पार्टी कीपूर्व एमएलसी लीलावती कुशवाहा को रोके जाने पर भड़की, और सरकार पर लगाया आरोप बिपिन पांडेय संवाददाता अयोध्या लोकेशन अयोध्या लखनऊ/अयोध्या कदैंला हत्याकांड पर पूर्व एमएलसी लीलावती कुशवाहा को रोके जाने का आरोप, सरकार पर साधा निशाना अयोध्या। जनपद के थाना पूराकलंदर क्षेत्र अंतर्गत कदैंला गांव में हुए चर्चित रामलगन मौर्य हत्याकांड को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। समाजवादी पार्टी की पूर्व एमएलसी एवं वरिष्ठ नेता लीलावती कुशवाहा ने आरोप लगाया है कि उन्हें पीड़ित परिवार से मिलने और कदैंला गांव जाने से रोकने के लिए उनके आवास पर पुलिस तैनात कर उन्हें नजरबंद (हाउस अरेस्ट) कर दिया गया। गौरतलब है कि 25 अगस्त को कदैंला गांव में रामलगन मौर्य पर कथित रूप से बम और गोली से हमला किया गया था, जिसमें उनकी मौके पर ही मृत्यु हो गई थी। घटना में उनकी मां पार्वती देवी भी गंभीर रूप से घायल हो गई थीं। उन्हें पहले जिला अस्पताल, फिर दर्शननगर मेडिकल कॉलेज और बाद में बेहतर उपचार के लिए लखनऊ ट्रॉमा सेंटर रेफर किया गया था, जहां उपचार के दौरान सोमवार को उनकी भी मृत्यु हो गई। मामले को लेकर पीड़ित परिवार एवं विभिन्न सामाजिक व राजनीतिक संगठनों द्वारा लगातार आरोपियों की गिरफ्तारी और निष्पक्ष जांच की मांग की जा रही है। इसी क्रम में पूर्व एमएलसी लीलावती कुशवाहा कदैंला गांव जाकर परिजनों से मुलाकात करना चाहती थीं, लेकिन उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस प्रशासन ने उन्हें घर से बाहर निकलने नहीं दिया। लीलावती कुशवाहा ने सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि प्रदेश में कानून-व्यवस्था की स्थिति चिंताजनक हो चुकी है। उन्होंने आरोप लगाया कि पूरे प्रदेश में अपराधियों के हौसले बुलंद हैं और आम नागरिक खुद को असुरक्षित महसूस कर रहा है। उन्होंने कहा कि पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की आवाज उठाने वालों को भी रोका जा रहा है, जो लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन है। पूर्व एमएलसी ने कहा कि कदैंला हत्याकांड की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच कराई जानी चाहिए तथा सभी नामजद आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी सुनिश्चित की जानी चाहिए। उन्होंने पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने के लिए संघर्ष जारी रखने का भी दावा किया। उधर, कदैंला हत्याकांड को लेकर क्षेत्र में मौर्य समाज के साथ साथ बहुजन समाज व विभिन्न संगठनों में आक्रोश बना हुआ है और विभिन्न सामाजिक संगठनों तथा राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि लगातार पीड़ित परिवार के समर्थन में सामने आ रहे हैं। मामले को लेकर जनपद की राजनीति भी गर्म होती जा रही है। प्रशासन की ओर से इस संबंध में आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार है।3
- जिला अध्यक्ष कृष्ण देव वर्मा एवं समस्त कार्यकर्ता के द्वारा अपना दल यश पार्टी के समस्त कार्यकर्ता के द्वारा कैबिनेट मंत्री आशीष पटेल जी का भव्य स्वागत किया गया l4
- अयोध्या में 10 वे दीपोत्सव की तैयारियां तेज 28लाख दीपों से जगमग होगी रामनगरी अयोध्या में 10वें दीपोत्सव को ऐतिहासिक और भव्य बनाने की तैयारियां तेज हो गई हैं। इस बार रामनगरी में 28 लाख दीप जलाकर नया गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने की तैयारी है। तीन दिवसीय दीपोत्सव की शुरुआत 6 नवंबर से होगी। सांस्कृतिक कार्यक्रमों, आतिशबाजी, ड्रोन शो और इंटेलिजेंट लाइटिंग के साथ पूरी अयोध्या को दुल्हन की तरह सजाया जाएगा। V/0 मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सत्ता में आने के बाद वर्ष 2017 में शुरू हुए दीपोत्सव ने हर साल नए कीर्तिमान बनाए हैं। पहले दीपोत्सव में करीब 1 लाख 71 हजार दीप जलाए गए थे। इसके बाद दीपों की संख्या लगातार बढ़ती गई। वर्ष 2022 में करीब 15.77 लाख दीप जलाकर रिकॉर्ड बनाया गया, जबकि 2025 के नौवें दीपोत्सव में 26 लाख से अधिक दीप प्रज्वलित किए गए थे। अब 10वें दीपोत्सव में पिछले रिकॉर्ड को पीछे छोड़ते हुए 28 लाख दीप जलाने का लक्ष्य रखा गया है। नगर आयुक्त जयेंद्र कुमार के मुताबिक सभी विभागों के साथ बैठक कर कार्ययोजना तैयार कर ली गई है। पिछले आयोजन के अनुभव और सुझावों को इस बार की तैयारियों में शामिल किया गया है। राम की पैड़ी पर चल रहे सभी कार्यों को सितंबर के अंत तक पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। मंडलायुक्त और जिलाधिकारी की अध्यक्षता में हुई बैठकों में यह भी तय किया गया है कि दीपोत्सव को केवल सरकारी आयोजन नहीं, बल्कि जनभागीदारी का उत्सव बनाया जाएगा। लोगों को भी दीप प्रज्वलन में शामिल होने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा। वहीं इंटेलिजेंट लाइटिंग, आतिशबाजी, ड्रोन शो और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के लिए पर्यटन विभाग लखनऊ स्तर से टेंडर और अन्य प्रक्रिया चल रही है। अधिकारियों का कहना है कि इस बार दीपोत्सव का स्वरूप पिछले आयोजनों से और भव्य देखने को मिलेगा।4