घर के अंदर से बरामद हुआ सिक्कों का जखीरा, मनीलांड्रिंग से जुड़े हो सकते है तार..... हाथरस शहर के सदर कोतवाली क्षेत्र स्थित हनुमान गली में शनिवार को प्रशासन और पुलिस की संयुक्त टीम ने एक व्यापारी के घर पर छापेमारी कर भारी मात्रा में सिक्के बरामद किए। कार्रवाई के दौरान छह दर्जन से अधिक कट्टों में भरे करीब 19 कुंतल से अधिक सिक्के बरामद किए गए, जिन्हें प्रशासन ने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, प्रत्येक कट्टे में लगभग 25 किलो सिक्के भरे हुए थे। एसडीएम और पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में सभी कट्टों को जब्त कर आवश्यक कार्रवाई की गई। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि संबंधित व्यापारी विभिन्न बैंकों से बड़ी मात्रा में सिक्के प्राप्त कर उन्हें दिल्ली सहित अन्य शहरों में 3 से 4 प्रतिशत कमीशन पर उपलब्ध कराता था। हालांकि प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इस संबंध में जांच अभी जारी है और सभी तथ्यों का सत्यापन किया जा रहा है। एसडीएम ने बताया कि जांच का मुख्य उद्देश्य यह पता लगाना है कि इतनी बड़ी मात्रा में सिक्के किन बैंकों से और किस प्रक्रिया के तहत प्राप्त किए गए। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि सिक्कों के वितरण में बैंकिंग नियमों या अन्य कानूनी प्रावधानों का कोई उल्लंघन तो नहीं हुआ। आवश्यकता पड़ने पर संबंधित बैंकों से भी विस्तृत जानकारी ली जाएगी। प्रशासन का कहना है कि पूरे मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। यदि जांच में किसी प्रकार की अनियमितता या अवैध गतिविधि सामने आती है तो संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल 19 कुंतल से अधिक सिक्कों की बरामदगी का यह मामला शहर में चर्चा का विषय बना हुआ है और प्रशासन पूरे प्रकरण की तह तक पहुंचने में जुटा है।
घर के अंदर से बरामद हुआ सिक्कों का जखीरा, मनीलांड्रिंग से जुड़े हो सकते है तार..... हाथरस शहर के सदर कोतवाली क्षेत्र स्थित हनुमान गली में शनिवार को प्रशासन और पुलिस की संयुक्त टीम ने एक व्यापारी के घर पर छापेमारी कर भारी मात्रा में सिक्के बरामद किए। कार्रवाई के दौरान छह दर्जन से अधिक कट्टों में भरे करीब 19 कुंतल से अधिक सिक्के बरामद किए गए, जिन्हें प्रशासन ने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, प्रत्येक कट्टे में लगभग 25 किलो सिक्के भरे हुए थे। एसडीएम और पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में सभी कट्टों को जब्त कर आवश्यक कार्रवाई की गई। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि संबंधित व्यापारी विभिन्न बैंकों से बड़ी मात्रा में सिक्के प्राप्त कर उन्हें दिल्ली सहित अन्य शहरों में 3 से 4 प्रतिशत कमीशन पर उपलब्ध कराता था। हालांकि प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इस संबंध में जांच अभी जारी है और सभी तथ्यों का सत्यापन किया जा रहा है। एसडीएम ने बताया कि जांच का मुख्य उद्देश्य यह पता लगाना है कि इतनी बड़ी मात्रा में सिक्के किन बैंकों से और किस प्रक्रिया के तहत प्राप्त किए गए। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि सिक्कों के वितरण में बैंकिंग नियमों या अन्य कानूनी प्रावधानों का कोई उल्लंघन तो नहीं हुआ। आवश्यकता पड़ने पर संबंधित बैंकों से भी विस्तृत जानकारी ली जाएगी। प्रशासन का कहना है कि पूरे मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। यदि जांच में किसी प्रकार की अनियमितता या अवैध गतिविधि सामने आती है तो संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल 19 कुंतल से अधिक सिक्कों की बरामदगी का यह मामला शहर में चर्चा का विषय बना हुआ है और प्रशासन पूरे प्रकरण की तह तक पहुंचने में जुटा है।
- राठ में बिजली कटौती पर मचा बवाल, SDO और भाजपा जिला पंचायत सदस्य में आमने-सामने तीखी बहस का वीडियो हुआ वायरल, बिजली संकट पर गरमाई सियासत, भाजपा जिला पंचायत सदस्य ने SDO से किए तीखे सवाल, बिजली कटौती को लेकर हंगामा, SDO के साथ बहस का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल, जनता की बिजली समस्या और CUG नंबर बंद होने पर उठे सवाल, भाजपा जिला पंचायत सदस्य का वीडियो बना चर्चा का विषय, बिजली विभाग घिरा सवालों के घेरे में, वायरल वीडियो के बाद सोशल मीडिया पर लोगों की तीखी प्रतिक्रियाएं।1
- *ब्रेकिंग न्यूज़* सांसद पप्पू यादव आज भगवा पहनकर संसद पहुंचे... दानपेटी लेकर बैठ गए... फिर राहुल गांधी समेत कई सांसद आए... उन्हें प्रणाम किया... और दान दिया... उसके बाद दान पेटी लेकर पप्पू यादव भागने लगे और सभी सांसदों ने पकड़ लिया विरोध प्रदर्शन का नया अंदाज दिखा...2
- पुलिस वाले अगर गुंडागर्दी करें तो लोकतंत्र में जवाब देना सीखो लोकतंत्र में कोई भी व्यक्ति या संस्था कानून से ऊपर नहीं होती। यदि कोई पुलिसकर्मी अपने अधिकारों का दुरुपयोग करता है या अनुचित व्यवहार करता है, तो नागरिकों को संविधान और कानून के दायरे में रहकर उसका जवाब देने का अधिकार है। जवाब का अर्थ हिंसा या अभद्रता नहीं, बल्कि शिकायत दर्ज कराना, उच्च अधिकारियों से संपर्क करना, न्यायालय का सहारा लेना और अपने अधिकारों की रक्षा करना है। एक मजबूत लोकतंत्र में पुलिस और जनता दोनों की जिम्मेदारी है कि वे कानून का सम्मान करें तथा न्याय, पारदर्शिता और जवाबदेही बनाए रखें ।1
- 12वें राष्ट्रीय हथकरघा दिवस पर 45 दिवसीय बुनकर प्रशिक्षण का शुभारंभ 'समर्थ' योजना के तहत 30 महिलाओं को मिलेगा निःशुल्क प्रशिक्षण, प्रतिदिन ₹300 मानदेय और प्रशिक्षण के बाद करघा मथुरा। 12वें राष्ट्रीय हथकरघा दिवस-2026 के अवसर पर भारत सरकार के वस्त्र मंत्रालय के विकास आयुक्त (हथकरघा) कार्यालय, बुनकर सेवा केंद्र मेरठ एवं दीनदयाल बुनकर केंद्र, गऊ ग्राम परखम के संयुक्त तत्वावधान में 'समर्थ' योजना के अंतर्गत 45 दिवसीय हथकरघा बुनाई प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ शनिवार को अशोक सिंघल हॉल, गऊ ग्राम परखम में किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं को कौशल विकास से जोड़कर आत्मनिर्भर बनाना तथा हथकरघा उद्योग को नई पहचान दिलाना है।मुख्य अतिथि उत्तर प्रदेश सरकार के होमगार्ड एवं नागरिक सुरक्षा विभाग के राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. धर्मवीर प्रजापति ने कहा कि भारत की हथकरघा परंपरा देश की सांस्कृतिक धरोहर है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार पारंपरिक उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि 'समर्थ' योजना महिलाओं और युवाओं को स्वरोजगार से जोड़कर आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य को मजबूत करेगी।मुख्य वक्ता अजीत महापात्रा ने कहा कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था की मजबूती पारंपरिक कुटीर उद्योगों से जुड़ी है। यदि गांवों की महिलाएं हथकरघा उत्पादन से जुड़ेंगी तो उनकी आय बढ़ेगी और स्थानीय रोजगार को भी बढ़ावा मिलेगा। विशिष्ट अतिथि वीरेंद्र सेमवाल ने कहा कि हथकरघा क्षेत्र में अपार संभावनाएं हैं।पारंपरिक कला को आधुनिक डिजाइन, गुणवत्ता और विपणन से जोड़कर बुनकरों को नए अवसर उपलब्ध कराए जा सकते हैं। वस्त्र मंत्रालय के पश्चिमी उत्तर प्रदेश के उपनिदेशक तपन शर्मा ने कहा कि विकास आयुक्त (हथकरघा) कार्यालय की योजनाओं का उद्देश्य अधिक से अधिक लोगों को कौशल विकास से जोड़ना है। उन्होंने प्रशिक्षणार्थियों से पूरी लगन के साथ प्रशिक्षण प्राप्त करने का आह्वान किया।बुनकर प्रशिक्षण केंद्र के उपाध्यक्ष दीपक अग्रवाल ने बताया कि 45 दिवसीय प्रशिक्षण में 30 महिलाओं को हथकरघा बुनाई का निःशुल्क प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रशिक्षण के दौरान प्रत्येक प्रतिभागी को प्रतिदिन ₹300 मानदेय मिलेगा। प्रशिक्षण पूर्ण होने पर परीक्षा आयोजित होगी तथा सफल प्रतिभागियों को लगभग ₹30 हजार मूल्य का करघा उपलब्ध कराया जाएगा, जिस पर निर्धारित सरकारी अनुदान का लाभ भी दिया जाएगा।उन्होंने बताया कि प्रशिक्षण के मुख्य प्रशिक्षक मोदा राम (राजस्थान) हैं, जबकि सहायक प्रशिक्षक भभूता राम एवं महेंद्र प्रशिक्षण देंगे।कार्यक्रम में नितिन बहल ने बताया कि प्रशिक्षण में 17 गांवों की महिलाएं भाग ले रही हैं, जबकि हरिशंकर शर्मा ने कहा कि परखम क्षेत्र के लगभग 52 गांवों में कभी हथकरघा बुनाई हर घर की पहचान थी।संस्था का उद्देश्य इस गौरवशाली परंपरा को पुनर्जीवित करना है। भविष्य में प्रत्येक घर तक करघा उपलब्ध कराने, कच्चा माल उपलब्ध कराने तथा तैयार उत्पादों की मार्केटिंग की व्यवस्था भी संस्था द्वारा की जाएगी।कार्यक्रम में प्रशिक्षणार्थियों को आधुनिक हथकरघा तकनीक, स्वरोजगार के अवसर, भारत सरकार की विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी गई तथा टूल किट भी वितरित की गई।कार्यक्रम का संचालन अजय वर्मा ने किया।इस अवसर पर सोनपाल, राहुल गोयल, अर्पित महेश्वरी, उदित बंसल, शशिकांत, राम पाठक, किशन, अशोक, रामवीर फौजदार, महिपाल सिंह, पारस, राजदर्शन, राजेंद्र प्रधान, गोविन्द, हरिनारायण, हरेंद्र, गौरी, जगन प्रधान सहित बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक एवं प्रशिक्षणार्थी उपस्थित रहे।1
- #अलीगढ़ थाना रोरावर क्षेत्र में कुछ दिन पूर्व एक युवती का देहांत हो जाने पर परिजन द्वारा उसका दाह संस्कार किया गया था,1
- शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद महाराज ने इंटरव्यू लेने वाले का ही इंटरव्यू ले लिया। उन्होंने कहा कि, “9 साल से योगी आदित्यनाथ सत्ता में बैठे हैं और आप कहते हो कि हम अखिलेश यादव से सवाल पूछें”1
- एक वकील किसी आवश्यक दस्तावेज़ पर हस्ताक्षर या नोट लिखने के लिए इंस्पेक्टर के पास गया। उसने विनम्रता से कहा, "सर, कृपया अपना पेन कुछ क्षण के लिए दे दीजिए, मुझे एक जरूरी बात लिखनी है।" इंस्पेक्टर ने बिना कोई कारण बताए पेन देने से मना कर दिया। वकील ने शांतिपूर्वक स्थिति को स्वीकार किया और किसी अन्य व्यक्ति से पेन लेकर अपना कार्य पूरा किया। इस घटना से यह सीख मिलती है कि यदि किसी की छोटी-सी सहायता की जा सकती हो, तो यथासंभव सहयोग करना चाहिए। सहयोग और शिष्टाचार से कार्यस्थल का वातावरण अधिक सकारात्मक और सम्मानजनक बनता है।1
- अयोध्या (रुदौली) अयोध्या के रुदौली से एक ऐसी खबर सामने आई है जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। आरोप है कि एक झोलाछाप डॉक्टर के कथित गलत ऑपरेशन के बाद एक युवक की मौत हो गई। इसके बाद पुलिस की कार्रवाई को लेकर भी गंभीर सवाल उठ रहे हैं। आइए देखते हैं पूरी रिपोर्ट। मामला रुदौली तहसील क्षेत्र का है। आरोप है कि मानपुर निवासी कथित झोलाछाप डॉक्टर विनोद यादव ने विचाला गांव के रहने वाले मुकेश रावत का बीते सप्ताह हाइड्रोसील का ऑपरेशन किया। परिजनों का आरोप है कि ऑपरेशन गलत तरीके से किया गया, जिसके चलते मुकेश की तबीयत बिगड़ती चली गई और बाद में उनकी मौत हो गई। परिजनों का कहना है कि जब उन्होंने मुकदमा दर्ज कराने के लिए पुलिस को शिकायती पत्र दिया, तब शुजागंज चौकी पर तैनात सिपाही इंद्रेश यादव और अन्य पुलिसकर्मियों ने मृतक के भाई के साथ चौकी में मारपीट की। इस घटना की खबर गांव पहुंचते ही लोगों में भारी आक्रोश फैल गया। जब पुलिस शव लेकर गांव पहुंची तो ग्रामीणों और परिजनों ने एंबुलेंस से शव उतारने से इनकार कर दिया और दोषियों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की मांग को लेकर हंगामा शुरू कर दिया। मौके पर भारी पुलिस बल, सीओ रुदौली अरविंद सोनकर और एसडीएम विनोद गुप्ता पहुंचे। काफी देर तक चले समझाने-बुझाने के बाद स्थिति सामान्य हुई। इस दौरान क्राइम इंस्पेक्टर सत्रोहन यादव ने भी हालात संभालने में भूमिका निभाई। मृतक मुकेश अपने पीछे चार छोटे बच्चों, विधवा मां और पत्नी को छोड़ गए हैं। अब बड़ा सवाल यह है कि रुदौली क्षेत्र में कथित झोलाछाप डॉक्टरों पर आखिर कब कार्रवाई होगी? क्या प्रशासन को जागने के लिए और मौतों का इंतजार है? फिलहाल इन आरोपों की निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग तेज हो गई है।1