प्रदेश सरकार पर भड़का एचआरटीसी पेंशनर्स का गुस्सा, समय पर पेंशन नहीं मिलने के कारण हुआ प्रदर्शन ऊना। हिमाचल पथ परिवहन निगम से सेवानिवृत्त पेंशनर्स ने शनिवार को ऊना जिला मुख्यालय के पुराने बस अड्डा परिसर में प्रदेश सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। हिमाचल पथ परिवहन निगम सेवानिवृत कर्मचारी कल्याण संगठन की बैठक के दौरान पेंशनर्स ने समय पर पेंशन जारी न होने पर रोष व्यक्त करते हुए सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। संगठन के अध्यक्ष किशोरी लाल ने कहा कि वर्तमान में सरकार द्वारा पेंशन को चार अलग-अलग श्रेणियों में बांटकर जारी किया जा रहा है। 75 वर्ष, 65 वर्ष, 63 वर्ष और 58 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के पेंशनर्स के लिए अलग-अलग भुगतान व्यवस्था बनाई गई है, जिससे असमानता और भ्रम की स्थिति पैदा हो रही है। उन्होंने मांग की कि सभी पेंशनर्स को एक समान और एकमुश्त पेंशन दी जाए। किशोरी लाल ने कहा कि कड़ाके की ठंड में बुजुर्ग पेंशनर्स को प्रदर्शन के लिए मजबूर होना पड़ रहा है, जो दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने आरोप लगाया कि निगम कार्यालयों में पेंशनर्स के मेडिकल और अन्य बिल लंबे समय से लंबित पड़े हैं और अधिकारी इस ओर कोई सहानुभूतिपूर्ण रवैया नहीं अपना रहे। उन्होंने यह भी कहा कि जहां निगम में कार्यरत कर्मचारियों को सरकार द्वारा तीन फीसदी महंगाई भत्ता (डीए) की किश्त जारी कर दी गई है, वहीं पेंशनर्स को इससे वंचित रखा गया है। पेंशनर्स ने चेतावनी दी कि यदि उनकी पेंशन हर माह पहली तारीख को जारी करने की व्यवस्था शीघ्र नहीं की गई तो सेवानिवृत कर्मचारियों की संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले प्रदेशभर में आंदोलन तेज किया जाएगा। उन्होंने कहा कि जिस तरह पेंशनर्स को महीने के अंत में जाकर किश्तों में पेंशन दी जा रही है, उसी तरह मंत्री विधायक भी अपनी सैलरी इसी तरह किस्तों में और महीने के अंतिम दिनों में जाकर ले।
प्रदेश सरकार पर भड़का एचआरटीसी पेंशनर्स का गुस्सा, समय पर पेंशन नहीं मिलने के कारण हुआ प्रदर्शन ऊना। हिमाचल पथ परिवहन निगम से सेवानिवृत्त पेंशनर्स ने शनिवार को ऊना जिला मुख्यालय के पुराने बस अड्डा परिसर में प्रदेश सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। हिमाचल पथ परिवहन निगम सेवानिवृत कर्मचारी कल्याण संगठन की बैठक के दौरान पेंशनर्स ने समय पर पेंशन जारी न होने पर रोष व्यक्त करते हुए सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। संगठन के अध्यक्ष किशोरी लाल ने कहा कि वर्तमान में सरकार द्वारा पेंशन को चार अलग-अलग श्रेणियों में बांटकर जारी किया जा रहा है। 75 वर्ष, 65 वर्ष, 63 वर्ष और 58 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के पेंशनर्स के लिए अलग-अलग भुगतान व्यवस्था बनाई गई है, जिससे असमानता और भ्रम की स्थिति पैदा हो रही है। उन्होंने मांग की कि सभी पेंशनर्स को एक समान और एकमुश्त पेंशन दी जाए। किशोरी लाल ने कहा कि कड़ाके की ठंड में बुजुर्ग पेंशनर्स को प्रदर्शन के लिए मजबूर होना पड़ रहा है, जो दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने आरोप लगाया कि निगम कार्यालयों में पेंशनर्स के मेडिकल और अन्य बिल लंबे समय से लंबित पड़े हैं और अधिकारी इस ओर कोई सहानुभूतिपूर्ण रवैया नहीं अपना रहे। उन्होंने यह भी कहा कि जहां निगम में कार्यरत कर्मचारियों को सरकार द्वारा तीन फीसदी महंगाई भत्ता (डीए) की किश्त जारी कर दी गई है, वहीं पेंशनर्स को इससे वंचित रखा गया है। पेंशनर्स ने चेतावनी दी कि यदि उनकी पेंशन हर माह पहली तारीख को जारी करने की व्यवस्था शीघ्र नहीं की गई तो सेवानिवृत कर्मचारियों की संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले प्रदेशभर में आंदोलन तेज किया जाएगा। उन्होंने कहा कि जिस तरह पेंशनर्स को महीने के अंत में जाकर किश्तों में पेंशन दी जा रही है, उसी तरह मंत्री विधायक भी अपनी सैलरी इसी तरह किस्तों में और महीने के अंतिम दिनों में जाकर ले।
- ऊना। हिमाचल पथ परिवहन निगम से सेवानिवृत्त पेंशनर्स ने शनिवार को ऊना जिला मुख्यालय के पुराने बस अड्डा परिसर में प्रदेश सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। हिमाचल पथ परिवहन निगम सेवानिवृत कर्मचारी कल्याण संगठन की बैठक के दौरान पेंशनर्स ने समय पर पेंशन जारी न होने पर रोष व्यक्त करते हुए सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। संगठन के अध्यक्ष किशोरी लाल ने कहा कि वर्तमान में सरकार द्वारा पेंशन को चार अलग-अलग श्रेणियों में बांटकर जारी किया जा रहा है। 75 वर्ष, 65 वर्ष, 63 वर्ष और 58 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के पेंशनर्स के लिए अलग-अलग भुगतान व्यवस्था बनाई गई है, जिससे असमानता और भ्रम की स्थिति पैदा हो रही है। उन्होंने मांग की कि सभी पेंशनर्स को एक समान और एकमुश्त पेंशन दी जाए। किशोरी लाल ने कहा कि कड़ाके की ठंड में बुजुर्ग पेंशनर्स को प्रदर्शन के लिए मजबूर होना पड़ रहा है, जो दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने आरोप लगाया कि निगम कार्यालयों में पेंशनर्स के मेडिकल और अन्य बिल लंबे समय से लंबित पड़े हैं और अधिकारी इस ओर कोई सहानुभूतिपूर्ण रवैया नहीं अपना रहे। उन्होंने यह भी कहा कि जहां निगम में कार्यरत कर्मचारियों को सरकार द्वारा तीन फीसदी महंगाई भत्ता (डीए) की किश्त जारी कर दी गई है, वहीं पेंशनर्स को इससे वंचित रखा गया है। पेंशनर्स ने चेतावनी दी कि यदि उनकी पेंशन हर माह पहली तारीख को जारी करने की व्यवस्था शीघ्र नहीं की गई तो सेवानिवृत कर्मचारियों की संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले प्रदेशभर में आंदोलन तेज किया जाएगा। उन्होंने कहा कि जिस तरह पेंशनर्स को महीने के अंत में जाकर किश्तों में पेंशन दी जा रही है, उसी तरह मंत्री विधायक भी अपनी सैलरी इसी तरह किस्तों में और महीने के अंतिम दिनों में जाकर ले।1
- ज़हर युक्त खेती छोड़ प्राकृतिक खेती और बढ़ रहे किसान1
- हमीरपुर हिमाचल प्रदेश भाजपा के वरिष्ठ प्रवक्ता एवं सुजानपुर के पूर्व विधायक राजेंद्र राणा ने हिमाचल प्रदेश की सुखविंदर सिंह सुक्खू सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया है कि प्रदेश सरकार जानबूझकर पंचायत चुनावों को टालकर लोकतंत्र के मूल ढांचे को कमजोर करने का प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार जनता के बीच जाने से घबरा रही है, इसलिए पहले हाईकोर्ट और अब सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटा रही है। आज यहां जारी एक बयान में राजेंद्र राणा ने कहा कि पंचायती राज लोकतंत्र की नींव है, लेकिन सुक्खू सरकार इस नींव को ही हिलाने में लगी हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव कराने की बजाय सरकार कानूनी पैंतरेबाजी कर रही है, जिससे स्पष्ट है कि कांग्रेस सरकार को अपनी जनविरोधी नीतियों का डर सता रहा है। उन्होंने कहा कि तीन साल के शासनकाल में सरकार ने हर वर्ग—किसान, कर्मचारी, युवा, महिलाएं और व्यापारी—सभी को केवल झूठी गारंटियों और खोखले वादों का झुनझुना पकड़ा दिया। सत्ता में आने के बाद एक भी बड़ी गारंटी धरातल पर उतरती दिखाई नहीं दी। राणा ने डिजास्टर एक्ट का हवाला देकर चुनाव टालने को केवल बहाना करार देते हुए सवाल उठाया कि ट्राइबल क्षेत्रों को छोड़कर प्रदेश के अन्य हिस्सों में कहां ऐसी आपदा है, जहां सड़कें बंद हों या सामान्य जनजीवन ठप हो। उन्होंने कहा कि यदि प्रदेश में वास्तव में आपदा की स्थिति है तो मुख्यमंत्री राहत कार्यों में नजर क्यों नहीं आते। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि मुख्यमंत्री बार-बार दिल्ली के दौरे और फाइव स्टार होटलों में ठहरने में व्यस्त हैं, जो आपदा का रोना रोने वाली सरकार के दावों पर सवाल खड़ा करता है। जनता मुश्किल में है और सरकार आराम फरमा रही है। राणा ने कहा कि पंचायत चुनावों से बचना इस बात का प्रमाण है कि सरकार को अपनी हार साफ दिखाई दे रही है। उन्होंने चेतावनी दी कि भाजपा लोकतंत्र की हत्या नहीं होने देगी और समय पर चुनाव करवाने के लिए सड़क से लेकर सदन तक संघर्ष करेगी। उन्होंने कहा कि जनता अब जवाब मांग रही है और कांग्रेस सरकार को अपने वादाखिलाफी का हिसाब देना ही होगा।1
- नगर परिषद सुजानपुर नशा निवारण समिति के माध्यम से सुजानपुर के विभिन्न वार्ड में स्वयं सहायता समूह की महिला सदस्यों को अध्यक्ष प्रोफेसर राजीव ठाकुर ने संबोधित किया।उन्होंने बताया कि मातृशक्ति के सहयोग से हम नशे को रोक सकते हैं।हमारे अभिभावक बच्चों,युवाओं पर निगरानी रखें और समय पर उन्हें परामर्श दें तो उनको नशे से दूर रखा जा सकता है। इस अवसर पर कार्यकारी अधिकारी हर्षित शर्मा कार्यालय प्रभारी सीनत शर्मा सदस्य मोनिका चौधरी कुमारी बिंदिया उपस्थित रहे। इस मौके पर वार्ड नंबर 5 नगर परिषद सुजानपुर में युवाओं और स्थानीय जनता के साथ नशा निवारण के संबंध में विचार सांझा किए। इस अवसर पर सदस्य प्रकाश सडयाल ने भी लोगों को संबोधित किया।2
- जिला हमीरपुर के तहत तरक्वाड़ी से संबधित एक दंपत्ति के साथ बेरहमी से मारपीट करने का मामला सामने आया है। इस मारपीट की घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है। लेकिन इस दंपत्ति ने हमीरपुर जिला की पुलिस कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। पीडि़त का कहना है कि एक ओर वह घायल अवस्था में लदरौर पुलिस चौकी पहुंचे लेकिन यहां पर इन्हें कोई सहयोग नहीं मिला बल्कि भोरंज थाना भेजा गया तो वहां पर भी उन्हें मायूसी ही हाथ लगी। पांच दिन तक मैडिकल ही हो पाया। अब इस पीडि़त दंपत्ति ने प्रदेश सरकार, प्रशासन, पुलिस प्रशासन से न्याय की गुहार लगाई है। शनिवार को बिलासपुर सर्किट हाऊस में पीडि़त सुनील कुमार व उसकी पत्नी मीना कुमारी ने प्रेसवार्ता की। इस दौरान इनके साथ बेटी साक्षी ठाकुर, सुनील कुमार, राजेश कुमार भी मौजूद रहे। पीडि़त सुनील कुमार ने मीडिया के समक्ष अपना पक्ष रखा। उन्होंने कहा कि उनकी दुकान के सामने हर रोज शराब की खाली बोतलें रखी जाती थी, जिसका उन्होंने विरोध किया और उनके ऊपर कुछ लोगों की ओर से जानलेवा हमला किया गया। इस बारे में पुलिस प्रशासन की ओर से भी उनके साथ कोई भी सहयोग नहीं कियाा गया, बल्कि उन्हें उलझाए रखा। उन्होंने कहा कि उनकी दुकान बिलासपुर जिला के तहत है। उनके साथ मारपीट होने के बाद वह तुरंत लदरौर पुलिस चौकी पहुंचे। पुलिस प्रशासन से उन्होंने भराड़ी पुलिस थाना भेजने की गुहार लगाते रहे लेकिन किसी ने नहीं सुनीं। भोरंज पुलिस थाना भेजा गया। इसके अलावा बस्सी अस्पताल में भेजा गया लेकिन कोई मैडिकल नहीं करवाया गया। उक्त लोगों ने आरोप लगाया कि रसूखदार की शह पर यह रवैया अपनाया गया है, जिसके चलते इस मामले को लेकर सभी लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए। उन्होंने बताया कि मारपीट की घटना को बीते सात दिन तक का समय बीत चुका है। अब यह मामला भराड़ी थाना में भेजा गया है और भराड़ी पुलिस द्वारा मामले को लेकर आगामी कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने कहा कि हमीरपुर पुलिस की ओर से उनके हितों की अनदेखी की गई है। पुलिस को इस मामले को लेकर उचित कदम उठाने चाहिए थे, लेकिन उन्हें पुलिस का सहयोग नहीं मिला। उन्होंने कहा कि इस मामले में पुलिस प्रशासन के साथ ही मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में तैनात चिकित्सक की ओर से भी कोताही की गई है और उनकी सहमति के बिना ही उन्हें डिस्चार्ज ऑन रिक्केस्ट (डीओआर) लिख दिया गया। सुनील कुमार ने कहा कि उनकी पत्नी की हालत अभी भी गंभीर है। वहीं, उन्हें अब जान का खतरा बना हुआ है। जिसके चलते उन्होंने प्रदेश सरकार से मांग की है कि उन्हें न्याय दिलाया जाए। वहीं उन्होंने आग्रह किया है कि इस मामले को लेकर सख्त कदम उठाए जाएं। ताकि भविष्य में इस तरह की कोई भी घटना सामने ना आए।2
- UGC का यह गैर-जिम्मेदाराना बिल सिर्फ सामान्य वर्ग पर हमला नहीं है, यह पूरे सनातन समाज और भारत की सामाजिक एकता पर सीधा प्रहार है। मोदी जी—आज आप अविश्वास के प्रतीक बन चुके हैं। अटल बिहारी वाजपेयी, आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी से लेकर आज के सामान्य वर्ग तक— सबको एक-एक कर धोखा दिया गया। बीजेपी का यह घातक और विनाशकारी फैसला UGC के नाम पर थोपा गया, जिसने न केवल सामान्य वर्ग को गहरी चोट पहुंचाई, बल्कि देशभर में वैमनस्य, सामाजिक असंतुलन और जातीय ज़हर घोल दिया। जाति के नाम पर समाज को तोड़ना किसी भी राष्ट्र के हित में नहीं हो सकता। जब समाज ही बिखरा होगा, तो विकास और सुरक्षा सिर्फ नारे बनकर रह जाएंगे। अगर आज भी जनता नहीं जागी, तो यह विभाजनकारी सोच भारत को पतन की ओर धकेल देगी। अब चुप्पी नहीं—जवाब चाहिए। जय हिंद 🇮🇳 जय भारत जय भवानी 🚩 जय श्री कृष्ण जय श्री राम — ब्यास ठाकुर देवभूमि क्षत्रिय संगठन एवं सवर्ण मोर्चा हिमाचल प्रदेश तीसरा विकल्प: राष्ट्रीय देवभूमि पार्टी1
- Classes are going on at Nagrota Bagwan as well as at Kangra branch. minimum and nominal fees1
- ऊना। कोटला कलां स्थित श्री राधा कृष्ण मंदिर में चल रहे विराट धार्मिक सम्मेलन ने शनिवार को और अधिक भव्य स्वरूप धारण कर लिया, जब हमीरपुर संसदीय क्षेत्र के सांसद अनुराग ठाकुर राष्ट्रीय संत बाल जी महाराज का आशीर्वाद लेने विशेष रूप से मंदिर पहुंचे। मंदिर परिसर में सांसद के आगमन पर श्रद्धा, भक्ति और उत्साह का वातावरण देखने को मिला। श्री राधा कृष्ण मंदिर ट्रस्ट की ओर से उनका पारंपरिक एवं भव्य स्वागत किया गया। इस अवसर पर अनुराग ठाकुर ने मंदिर में शीश नवाकर आशीर्वाद प्राप्त किया और उपस्थित श्रद्धालुओं को संबोधित किया। उन्होंने राष्ट्रीय संत बाल जी महाराज को धर्म ध्वजा का सशक्त वाहक बताते हुए कहा कि ऐसे संत समाज को सही दिशा देने का कार्य करते हैं और जनकल्याण के लिए उनका मार्गदर्शन प्रेरणास्रोत है।1