बीकानेर के कोतवाली थाना परिसर में आगामी मोहर्रम पर्व और निर्जला एकादशी पर्व को शांतिपूर्ण तथा सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के उद्देश्य से सोमवार शाम एक शांति समिति बैठक आयोजित की गई। इस बैठक की अध्यक्षता सीओ सदर एडीशनल एसपी सिटी अनुष्ठा कालिया ने की, जिसमें सीएलजी सदस्य, शांति मिशन सदस्य और कई गणमान्य नागरिक शामिल हुए। बैठक के दौरान उपस्थित सभी लोगों से दोनों पर्वों के दौरान आपसी सद्भाव बनाए रखने की अपील की गई। पुलिस प्रशासन ने कानून व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करने और किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न देने का आग्रह किया। अधिकारियों ने जोर देकर कहा कि सभी समुदायों के सहयोग और भाईचारे से ही दोनों पर्व शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न होंगे। अनुष्ठा कालिया ने मोहर्रम त्योहार को शांति और अनुशासन के साथ मनाने का आह्वान करते हुए लोगों से मोहर्रम जुलूस के दौरान किसी भी संदिग्ध गतिविधि या असामाजिक तत्व की जानकारी तत्काल पुलिस को देने को कहा। उन्होंने आश्वस्त किया कि प्रशासन सुरक्षा एवं कानून व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम करेगा और संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखी जाएगी। कोतवाली थाना प्रभारी सविता ढाल ने भी दोनों पर्वों को आपसी सौहार्द और भाईचारे से मनाने, अफवाहों पर ध्यान न देने तथा जुलूस के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस का सहयोग करने की बात कही। बैठक में नयाशहर थाना प्रभारी कविता पूनिया, कोटगेट थाना प्रभारी धीरेंद्र सिंह शेखावत और पुलिस अधिकारी अनुज ढाल भी मौजूद रहे। शांति मिशन और सीएलजी सदस्यों में पूर्व महापौर हाजी मकसूद अहमद, पूर्व नगर परिषद उप सभापति हाजी हारूण राठौड़, लक्ष्मीनाथ मंदिर पर्यावरण समिति के सीताराम कच्छावा, अंजुमन इंतजामिया कमेटी अध्यक्ष रमजान अली कच्छावा, व्यवसायी अब्दुल मजीद खोखर, चौरूलाल सुथार, अनवर अजमेरी, सैय्यद अख्तर, भवानी आचार्य, अयुब कयामखानी, अलीमुद्दीन जामी, शाकिर हुसैन चौपदार, बीजेपी नेता राजकुमार पारीक, प्रभु दयाल चौधरी, गिरधारी लाल सुथार, दिनेश चौहान, मुजफ़्फ़र अली अंसारी, अनवर अली छींपा, यासिन छींपा, इस्माइल छींपा, वली मोहम्मद गोरी, हसन खिलजी, शोयब अली, बुदूं खां गूजर सहित अन्य गणमान्य नागरिकों ने भाग लिया। सभी उपस्थित सदस्यों ने प्रशासन को पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया। बैठक का मुख्य उद्देश्य आगामी मोहर्रम पर्व एवं निर्जला एकादशी पर्व के दौरान शहरी क्षेत्र में हमेशा की तरह इस बार भी शांति, सुरक्षा और आपसी भाईचारा व सौहार्द बनाए रखना है।
बीकानेर के कोतवाली थाना परिसर में आगामी मोहर्रम पर्व और निर्जला एकादशी पर्व को शांतिपूर्ण तथा सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के उद्देश्य से सोमवार शाम एक शांति समिति बैठक आयोजित की गई। इस बैठक की अध्यक्षता सीओ सदर एडीशनल एसपी सिटी अनुष्ठा कालिया ने की, जिसमें सीएलजी सदस्य, शांति मिशन सदस्य और कई गणमान्य नागरिक शामिल हुए। बैठक के दौरान उपस्थित सभी लोगों से दोनों पर्वों के दौरान आपसी सद्भाव बनाए रखने की अपील की गई। पुलिस प्रशासन ने कानून व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करने और किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न देने का आग्रह किया। अधिकारियों ने जोर देकर कहा कि सभी समुदायों के सहयोग और भाईचारे से ही दोनों पर्व शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न होंगे। अनुष्ठा कालिया ने मोहर्रम त्योहार को शांति और अनुशासन के साथ मनाने का आह्वान करते हुए लोगों से मोहर्रम जुलूस के दौरान किसी भी संदिग्ध गतिविधि या असामाजिक तत्व की जानकारी तत्काल पुलिस को देने को कहा। उन्होंने आश्वस्त किया कि प्रशासन सुरक्षा एवं कानून व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम करेगा और संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखी जाएगी। कोतवाली थाना प्रभारी सविता ढाल ने भी दोनों पर्वों को आपसी सौहार्द और भाईचारे से मनाने, अफवाहों पर ध्यान न देने तथा जुलूस के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस का सहयोग करने की बात कही। बैठक में नयाशहर थाना प्रभारी कविता पूनिया, कोटगेट थाना प्रभारी धीरेंद्र सिंह शेखावत और पुलिस अधिकारी अनुज ढाल भी मौजूद रहे। शांति मिशन और सीएलजी सदस्यों में पूर्व महापौर हाजी मकसूद अहमद, पूर्व नगर परिषद उप सभापति हाजी हारूण राठौड़, लक्ष्मीनाथ मंदिर पर्यावरण समिति के सीताराम कच्छावा, अंजुमन इंतजामिया कमेटी अध्यक्ष रमजान अली कच्छावा, व्यवसायी अब्दुल मजीद खोखर, चौरूलाल सुथार, अनवर अजमेरी, सैय्यद अख्तर, भवानी आचार्य, अयुब कयामखानी, अलीमुद्दीन जामी, शाकिर हुसैन चौपदार, बीजेपी नेता राजकुमार पारीक, प्रभु दयाल चौधरी, गिरधारी लाल सुथार, दिनेश चौहान, मुजफ़्फ़र अली अंसारी, अनवर अली छींपा, यासिन छींपा, इस्माइल छींपा, वली मोहम्मद गोरी, हसन खिलजी, शोयब अली, बुदूं खां गूजर सहित अन्य गणमान्य नागरिकों ने भाग लिया। सभी उपस्थित सदस्यों ने प्रशासन को पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया। बैठक का मुख्य उद्देश्य आगामी मोहर्रम पर्व एवं निर्जला एकादशी पर्व के दौरान शहरी क्षेत्र में हमेशा की तरह इस बार भी शांति, सुरक्षा और आपसी भाईचारा व सौहार्द बनाए रखना है।
- मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राजस्थान सरकार की युवा हितैषी नीतियां प्रदेश के युवाओं के भविष्य को सुरक्षित कर रही हैं। इन नीतियों के तहत संचालित मुख्यमंत्री सर्वजन उच्च शिक्षा छात्रवृत्ति योजना युवाओं के शैक्षणिक, सामाजिक और आर्थिक सशक्तिकरण में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। इसका एक उदाहरण चूरू के 27 वर्षीय युवा अनन्य गुप्ता हैं, जिन्हें सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग की इस योजना के अंतर्गत उच्च शिक्षा के लिए कुल ₹8 लाख की छात्रवृत्ति मिली है। अनन्य गुप्ता ने बताया कि 2016 में जब उनका दाखिला राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान, तिरुचिरापल्ली में 4 वर्षीय बीटेक कोर्स के लिए हुआ था, तब उनकी ट्यूशन फीस लगभग ₹4 लाख थी और परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं थी। वे ऋण लेने की तैयारी में थे कि एक अखबार के माध्यम से उन्हें मुख्यमंत्री सर्वजन उच्च शिक्षा छात्रवृत्ति योजना की जानकारी मिली। योजना के तहत ट्यूशन फीस का 50 प्रतिशत छात्रवृत्ति के रूप में मिलता है। आवेदन करने पर उन्हें चार साल में बिना किसी रुकावट के ₹2 लाख की छात्रवृत्ति मिली, जिससे उन्हें ऋण नहीं लेना पड़ा। इसके बाद, 2021 में उनका दाखिला भारतीय प्रबंधन संस्थान (आईआईएम), लखनऊ में 2 वर्षीय एमबीए कोर्स के लिए हुआ, जिसकी दो साल की ट्यूशन फीस ₹21 लाख थी। उन्होंने ₹21 लाख का शिक्षा ऋण लिया। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग से जानकारी प्राप्त करने पर उन्हें पता चला कि यह योजना आईआईएम के कोर्स के लिए भी लागू है। अनन्य ने दोबारा आवेदन किया और विभाग द्वारा उन्हें दो साल में लगभग ₹8 लाख की छात्रवृत्ति बिना किसी बाधा के प्रदान की गई। इस छात्रवृत्ति राशि से वे अपनी पढ़ाई पूरी कर पाए और एक साल के भीतर ही अपना शिक्षा ऋण भी चुका सके। आज अनन्य एक उच्च पद पर अच्छे वेतन के साथ कार्यरत हैं और अपने पेशेवर जीवन में लगातार प्रगति कर रहे हैं। अनन्य ने राजस्थान सरकार और सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के प्रति अपनी कृतज्ञता व्यक्त की, क्योंकि उनके सहयोग से ही उनका भविष्य सुरक्षित हो पाया है। उनका मानना है कि यदि मुख्यमंत्री सर्वजन उच्च शिक्षा छात्रवृत्ति योजना का समर्थन नहीं मिला होता, तो उनके लिए उच्च शिक्षा का सपना पूरा करना अत्यंत कठिन हो सकता था। यह योजना प्रदेश के हजारों विद्यार्थियों के लिए इसी प्रकार आशा, आत्मविश्वास और एक उज्ज्वल भविष्य का आधार बन रही है।1
- रायसिंहनगर में 22 जून 2026 को बस स्टैंड से गुरुद्वारा सिंह सभा की ओर जाने वाले मार्ग पर एक नवीन शोरूम का मुहूर्त हुआ। इस अवसर पर सड़क में लगाए गए 'शिलिंग' के कारण क्षेत्र की यातायात व्यवस्था पूरी तरह अनियंत्रित हो चुकी है। 'शिलिंग' के सड़क पर होने की वजह से चौपहिया वाहन चालकों और दोपहिया वाहन चालकों दोनों को ही भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, जिससे इलाके की ट्रैफिक व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हुई है।1
- जोधपुर में री नीट परीक्षा का आयोजन किया गया। यह परीक्षा शहर भर में कुल 46 केंद्रों पर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच संपन्न हुई।1
- पोकरण उपखंड अधिकारी (SDM) हीर सिंह चारण ने एक प्रेस वार्ता में बड़ा खुलासा करते हुए बताया कि एकमे सोलर कंपनी से जुड़े कार्मिक और अधिकारी उन पर दबाव बना रहे हैं। उन्होंने मीडिया के सामने स्वीकार किया कि उन पर दबाव बनाने की कोशिश की जा रही है, लेकिन उन्होंने स्पष्ट किया कि वे ग्रामीणों के साथ किसी भी प्रकार का अन्याय नहीं होने देंगे। SDM हीर सिंह ने आगे जानकारी दी कि गुड्डी और जैमला गांव के ग्रामीणों तथा सोलर कंपनियों के बीच चल रहे मामलों को लेकर उन्होंने जिला कलेक्टर को एक पत्र लिखा है। इस पत्र में उन्होंने अनुरोध किया है कि इन मामलों की सुनवाई पोकरण उपखंड न्यायालय में न की जाए, बल्कि सभी प्रकरणों का निस्तारण जैसलमेर में किया जाए। प्रेस वार्ता के दौरान SDM हीर सिंह चारण ने यह भी दोहराया कि, "यह बिल्कुल सत्य है कि मेरे ऊपर दबाव बनाया जा रहा है, लेकिन मैं ग्रामीणों के हितों से समझौता नहीं कर सकता। न्यायालय में आने वाले लोगों को निष्पक्ष न्याय मिलना चाहिए और मैं अपनी जिम्मेदारी उसी भावना से निभाऊंगा।" SDM के इस बयान के बाद क्षेत्र में सोलर परियोजनाओं और ग्रामीणों के बीच चल रहे विवादों को लेकर नई चर्चाएं शुरू हो गई हैं। ग्रामीणों ने भी SDM के इस रुख का स्वागत करते हुए निष्पक्ष सुनवाई की अपनी मांग को एक बार फिर दोहराया है।1
- नागौर जिले में अवैध बजरी खनन और परिवहन के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत थांवला पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस टीम बाड़ीघाटी टोल के पास नाकाबंदी कर रही थी, तभी एक संदिग्ध 12 चक्का डम्पर को रोककर उसकी जांच की गई। जांच के दौरान डम्पर चालक बजरी परिवहन से संबंधित ई-रवन्ना या अन्य कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। इसके बाद, पुलिस ने डम्पर की तलाशी ली, जिसमें भारी मात्रा में बजरी भरी हुई पाई गई। पुलिस ने तत्काल डम्पर को जब्त कर थाना परिसर में सुरक्षित खड़ा करवा दिया है और मामले की सूचना अग्रिम कार्रवाई के लिए खनिज विभाग को भी दे दी है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि जिले में अवैध खनन और परिवहन के खिलाफ यह अभियान लगातार जारी रहेगा तथा नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।1
- रींगस के ग्राम पंचायत चोमू पुरोहितान में चोरी की एक वारदात सामने आई है, जहाँ शैतान सिंह नेहरा के घर से शनिवार रात्रि में अज्ञात चोरों ने गैस सिलेंडर चुरा लिए। यह पूरी घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है, जिससे चोरी का फुटेज उपलब्ध है। घटना की जानकारी मिलते ही रींगस पुलिस थाना को तत्काल सूचित किया गया। सूचना पाकर पुलिस मौके पर पहुँची और मामले की जाँच शुरू कर दी है। पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है ताकि चोरों का सुराग मिल सके। गाँव में चोरी की बढ़ती वारदातों को लेकर ग्रामीणों में काफी रोष है। ग्रामीणों की नाराजगी को देखते हुए पुलिस ने जल्द से जल्द इस मामले का खुलासा करने का आश्वासन दिया है।1
- नागौर पुलिस ने एएसपी आशा राम चौधरी के निर्देशन में "ऑपरेशन नशा मुक्त नागौर" के तहत अवैध मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई की है। इस अभियान में लगभग 55 लाख रुपये कीमत का 368 किलो 960 ग्राम अवैध डोडा पोस्त जब्त किया गया है। पुलिस ने इस मामले में बाबूलाल, दिनेश और मनोज नामक तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, साथ ही तस्करी में प्रयुक्त एक स्कॉर्पियो-एन और एस्कॉर्ट कर रही एक क्रेटा कार को भी जब्त किया गया है। पुलिस द्वारा दिनांक 21.06.2026 को सरहद नराधना से की गई इस कार्रवाई के तहत, स्कॉर्पियो-एन गाड़ी से एक आरोपी को गिरफ्तार कर उसके पास से 18 प्लास्टिक कट्टों में छिपाकर रखा गया अवैध डोडा पोस्त जब्त किया गया। एस्कॉर्ट कर रही क्रेटा कार को जब्त कर दिनेश और मनोज नामक दो अन्य आरोपियों को भी मौके से गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे यह अवैध मादक पदार्थ डोडा पोस्त बेगू, चित्तौड़गढ़ से खरीदकर बरसिंगसर, बीकानेर ले जा रहे थे। यह संयुक्त कार्रवाई डीएसटी टीम, क्यूआरटी टीम, थाना मूण्डवा, रोल और कुचेरा की पुलिस टीमों द्वारा अंजाम दी गई। नागौर पुलिस ने इस बात पर जोर दिया है कि नशा बेचकर समाज को खोखला करने वालों के विरुद्ध उनकी यह लगातार कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।3
- रायसिंहनगर में 22 जून 2026 को बस स्टैंड से गुरुद्वारा सिंह सभा की ओर जाने वाले मार्ग पर एक नए शोरूम के शुभ मुहूर्त के कारण यातायात व्यवस्था पूरी तरह से बदहाल हो गई। इस अव्यवस्था के चलते एक ऑटो चालक को नुकसान उठाना पड़ा, जिसका ऑटो ईंटों से भरे एक ट्राले के आगे और एक अन्य ट्रैक्टर ट्रॉली के पीछे फंसा हुआ था। वाहनों को आगे-पीछे करने की प्रक्रिया में ऑटो का हेडलाइट टूट गया। यातायात व्यवस्था के बदहाल होने के कारण ही ऑटो चालक को यह क्षति हुई।1
- मध्यप्रदेश का बताया जा रहा एक वीडियो सामने आया है, जिसमें एक पिता अपनी बेटी को RE-NEET परीक्षा दिलाने परीक्षा केंद्र पहुंचे थे। जानकारी के अनुसार, वे निर्धारित समय से मात्र 2 मिनट की देरी से पहुंचे थे। गार्ड से काफी अनुरोध किए जाने के बावजूद, वहां मौजूद स्टाफ द्वारा अभद्र व्यवहार किए जाने के आरोप लगाए जा रहे हैं। निस्संदेह, परीक्षा के नियमों का पालन करना प्रत्येक अभ्यर्थी की जिम्मेदारी है और सभी को निर्धारित समय से पहले परीक्षा केंद्र पहुंचना चाहिए। लेकिन यह घटना एक बड़ा सवाल खड़ा करती है कि क्या सारी जवाबदेही केवल अभ्यर्थियों और उनके परिवारों की ही है? पोस्ट में इस बात पर जोर दिया गया है कि जब चाहो परीक्षा स्थगित कर दो, जब चाहो निरस्त कर दो, और जब चाहो नई तारीखें घोषित कर दो, लेकिन इन फैसलों का मानसिक, आर्थिक और सामाजिक नुकसान आखिर अभ्यर्थी ही क्यों भुगतें? नियम जरूरी हैं, लेकिन संवेदनशीलता भी उतनी ही आवश्यक है। इन परीक्षाओं के पीछे सिर्फ रोल नंबर नहीं, बल्कि लाखों युवाओं के सपने और उनके परिवारों की उम्मीदें जुड़ी होती हैं।1