आरोप फसल बर्बाद, इंसाफ अधूरा! भील समाज का रामपुरा थाने पर प्रदर्शन, पुलिस पर पक्षपात के आरोप रामपुरा/नीमच:28जुलाई, जिला नीमच अंतर्गत रामपुरा तहसील क्षेत्र के ग्राम बख्तपुरा में दबंगों की तानाशाही और प्रशासन की कथित अनदेखी से आहत आदिवासी भील समाज के लोगों का गुस्सा आखिरकार फूट पड़ा। अपने खेतों में खड़ी मेहनत की फसल को दबंगों द्वारा मवेशी छोड़कर नष्ट कराए जाने से आक्रोशित समाजजनों ने बड़ी संख्या में लामबंद होकर रामपुरा स्थानीय पुलिस थाने का घेराव किया। आरोप है कि, घटना की शिकायत लेकर जब वे थाने पहुंचे, तो पुलिस का रवैया टालमटोल वाला रहा। दबंगों के दबाव में आकर पुलिस दोषियों को बचाने का प्रयास कर रही है और सख्त धाराओं में मामला दर्ज नहीं कर रही है। समय रहते अगर पुलिस सख्त कदम उठाती, तो किसानों को इतने बड़े नुकसान का सामना नहीं करना पड़ता। पीड़ितो का कहना है कि, हम रात-दिन पसीना बहाकर फसल उगाते हैं और दबंग उसे एक पल में रौंद देते हैं। जब हम न्याय मांगने पुलिस के पास आते हैं, तो हमें ही टहलाया जाता है। अगर हमें न्याय नहीं मिला, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।"
आरोप फसल बर्बाद, इंसाफ अधूरा! भील समाज का रामपुरा थाने पर प्रदर्शन, पुलिस पर पक्षपात के आरोप रामपुरा/नीमच:28जुलाई, जिला नीमच अंतर्गत रामपुरा तहसील क्षेत्र के ग्राम बख्तपुरा में दबंगों की तानाशाही और प्रशासन की कथित अनदेखी से आहत आदिवासी भील समाज के लोगों का गुस्सा आखिरकार फूट पड़ा।
अपने खेतों में खड़ी मेहनत की फसल को दबंगों द्वारा मवेशी छोड़कर नष्ट कराए जाने से आक्रोशित समाजजनों ने बड़ी संख्या में लामबंद होकर रामपुरा स्थानीय पुलिस थाने का घेराव किया। आरोप है कि, घटना की शिकायत लेकर जब वे थाने पहुंचे, तो पुलिस का रवैया टालमटोल
वाला रहा। दबंगों के दबाव में आकर पुलिस दोषियों को बचाने का प्रयास कर रही है और सख्त धाराओं में मामला दर्ज नहीं कर रही है। समय रहते अगर पुलिस सख्त कदम उठाती, तो किसानों को इतने बड़े नुकसान का सामना नहीं करना पड़ता। पीड़ितो का कहना है
कि, हम रात-दिन पसीना बहाकर फसल उगाते हैं और दबंग उसे एक पल में रौंद देते हैं। जब हम न्याय मांगने पुलिस के पास आते हैं, तो हमें ही टहलाया जाता है। अगर हमें न्याय नहीं मिला, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।"
- अनिल गुप्ता के खिलाफ एक मामला और सर्वे क्रमांक 624 एवं 625 की शासकीय भूमि मामले में जांच की मांग मन्दसौर संयुक्त बेरोजगार नवयुवक एकता समिति ने जिला कलेक्टर, मन्दसौर को आवेदन सौंपकर सर्वे क्रमांक 624 एवं 625 की भूमि से संबंधित कथित नामांतरण, रजिस्ट्रियों, दस्तावेजों एवं निर्माण अनुमति की निष्पक्ष एवं उच्च स्तरीय जांच की मांग की है। समिति का आरोप है कि राजस्व रिकॉर्ड में उक्त भूमि शासकीय/नगर पालिका के नाम दर्ज होने के बावजूद कथित रूप से निजी नामांतरण एवं रजिस्ट्री की प्रक्रिया की गई। समिति ने मामले में अनिल गुप्ता सहित संबंधित व्यक्तियों की भूमिका, दस्तावेजों की वैधता एवं अधिकारियों-कर्मचारियों की भूमिका की जांच की मांग की है। समिति ने मांग की है कि यदि जांच में फर्जी दस्तावेज, कूटरचना या शासकीय भूमि के अवैध हस्तांतरण की पुष्टि होती है तो दोषियों के विरुद्ध नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाए। साथ ही सर्वे क्रमांक 859 की भूमि की भी जांच एवं सीमांकन कर उसे सुरक्षित रखने की मांग की गई है। संयुक्त बेरोजगार नवयुवक एकता समिति मन्दसौर बाइट --- वकील बंजारा1
- देशभक्ति का नया तूफान! 'बंटवारा 1947' का ट्रेलर सबसे पहले देखें, 14 अगस्त को सिनेमाघरों में रिलीज़ � देशभक्ति से भरपूर सनी देओल की 'बंटवारा 1947' 14 अगस्त को होगी रिलीज़, सबसे पहले देखें ऑफिशियल ट्रेलर | Hello Chittorgarh News2
- mere Ghar ki Gali ki nali ki samasya mere Ghar ki Gali ke bahar ki nali Jahan se ghar ki taraf ya Gali ke andar Jana hota hai vahan per nali ko fodkar ya kariban 1 sal se aisi pareshani ho rahi hai Ham isko Sahi karte hain wapas aaspaas ke log ise kharab kar dete hain aur dusri nali ka crossing band hai isase gujarna kafi mushkil ho raha hai koi Bahar ka vyakti aane vyakti kafi pareshan hota hai kichad mein ho jata hai uska Koi nahin kar raha hai aur Na Koi Panchayat se ya gramin Vikas vibhag Se bhi Koi aage isko nahin dekh raha hai kabhi bhi gaon mein Koi Kisi chij Ko Sahi karne nahin aata Hai3
- बीपीएससी शिक्षक बहाली पेपर लीक में शामिल डॉक्टर गिरफ्तार ईओयू ने दबोचा... संजीव मुखिया के बेटे डॉ. शिव का है दोस्त सरकारी डॉक्टर की नौकरी छोड़ नीट पीजी की तैयारी कर रहा था डॉ. मनीष पटना | बीपीएससी शिक्षक बहाली प्रश्नपत्र लीक मामले में आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) को बड़ी कामयाबी मिली है। ईओयू ने इस साजिश में शामिल फरार आरोपी डॉ. मनीष कुमार को गिरफ्तार कर लिया है। मनीष पेशेवर डॉक्टर है। वह मूल रूप से जहानाबाद के नेहालपुर का निवासी है और एनएमसीएच के 2021 बैच का पासआउट है। कुछ समय पहले तक वह कैमूर में सरकारी डॉक्टर के पद पर तैनात था, लेकिन नौकरी छोड़कर वह नीट पीजी की तैयारी कर रहा था। ईओयू की टीम ने वैज्ञानिक तरीके से डॉ. मनीष की घेराबंदी की। जांच में सामने आया कि गिरोह का सरगना डॉ. शिव है, जो मास्टरमाइंड संजीव मुखिया का बेटा है। डॉ. शिव और मनीष पुराने दोस्त हैं। ईओयू ने जब पीएमसीएच और एनएमसीएच के 2015 व 2021 बैच के छात्रों का डेटा खंगाला, तो मनीष का मोबाइल नंबर मिला। उसकी लोकेशन डॉ. शिव के फ्लैट और हजारीबाग के कोहिनूर होटल में पाई गई। इसके बाद कोहिनूर होटल के सीसीटीवी फुटेज से उसकी पहचान पुख्ता हुई। पूछताछ में पहले उसने अधिकारियों को बरगलाया, लेकिन साक्ष्य सामने आते ही वह टूट गया। इस मामले में अब तक कुल 296 अभियुक्तों की गिरफ्तारी हो चुकी है। ईओयू के अनुसार, अभी भी 15 मुख्य आरोपी फरार चल रहे हैं, जिनकी पहचान और सत्यापन कर लिया गया है। डॉ. मनीष के बैंक खातों को खंगाला जा रहा है और उसकी अपराध से अर्जित संपत्ति को जब्त करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। 30 अभ्यर्थियों से वसूले 1 करोड़ 20 लाख जांच में खुलासा हुआ है कि 15 मार्च 2024 को हुई परीक्षा से पहले डॉ. मनीष ने बड़ी डील की थी। वह पटना से एक ट्रैवलर बस में 30 अभ्यर्थियों को लेकर हजारीबाग के कोहिनूर होटल गया था। इन अभ्यर्थियों से कुल 1.20 करोड़ रुपए की वसूली की गई थी। इसमें डॉ. मनीष का हिस्सा प्रति अभ्यर्थी 50 हजार रुपए तय था। इस तरह उसे कुल 15 लाख रुपए कमीशन के तौर पर मिले थे। 14 मार्च को विशाल चौरसिया की गिरफ्तारी के बाद जब कोहिनूर होटल में छापेमारी हुई, तब 150 से अधिक अभ्यर्थी पकड़े गए थे, लेकिन मनीष वहां से बच निकला था। डॉ. शिव, डॉ. शुभम और डॉ. मनीष पेपर लीक के पुराने खिलाड़ी है। डॉ. शिव और डॉ. शुभम 2017 में नीट पेपर लीक मामले में भी जेल जा चुके हैं, जबकि डॉ. शुभम यूपी सिपाही भर्ती लीक में भी शामिल रहा है। इनकी विशेषता है कि ये प्रश्नपत्रों के सीलबंद बक्से बिना नुकसान पहुंचाए खोलने में माहिर हैं। टीआरई-3 के दौरान इन्होंने नगरनौसा के एक लाइन होटल पर पिकअप वैन को रुकवाया और अत्याधुनिक औजारों से बक्से को खोलकर पेपर पार कर लिया।1
- शामगढ़ में गुरु पूर्णिमा के अवसर पर साइ की पालकी निकाली गई शामगढ़ में गुरु पूर्णिमा के अवसर पर साइ की पालकी निकाली गई इस अवसर पर कई साई भक्त पालकी में नजर आए धूमधाम के साथनगर में होती हुई निकली हुआ उसको वर्ष के साथ साइन पालकी का जगह-जगह स्वागत साईं कालेश्वर मंदिर पहुंचकर की गई आरती1
- पीओके में खून से सने चुनाव... सेना ने विरोध कर रहे 30 लोग मार डाले इस्लामाबाद से भास्कर संवाददाता सिकंदर सूरी की रिपोर्ट पीओके (पाक अधिकृत कश्मीर) में चुनाव खून से सन गया है। पाकिस्तानी सेना ने पीओके के रावलाकोट से मुजफ्फराबाद जा रहे प्रदर्शनकारियों के मार्च पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर डाली। चुनाव का विरोध कर रही जॉइंट अवामी एक्शन कमेटी (जेएएसी) के मार्च में शामिल 30 लोगों की मौत हो गई, जबकि 50 से ज्यादा जख्मी हैं। पाक सेना ने समूचे पीओके में 10 अतिरिक्त कंपनियां उतारी हैं। आर्ड कॉन्सिटेबलरी और पैरा मिलिट्री को भी लगाया गया है। चुनावी हिंसा को देखते हुए मंगलवार को पीओके में धारा 144 लागू कर इंटरनेट को बंद कर दिया गया है। लोगों को अपने घरों में रहने पीओके के रावलाकोट में पाक आर्मी की गोली के शिकार लोग। की हिदायत दी गई है। आर्मी और पुलिस की बख्तरबंद गाड़ियों से लाउडस्पीकरों द्वारा ऐलान किया जा रहा है। बेलगाम होती हिंसा के बीच राजधानी इस्लामाबाद के सियासी गलियारों में मंगलवार को दिनभर माहौल रहा।1