टीकमगढ़ जिले के दिगौड़ा थाना क्षेत्र के भगवंतपुरा गांव में मुफ्त मछली न देने के एक मामूली विवाद ने खूनी रूप ले लिया, जहाँ घायल एक युवक ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। इस घटना से आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने मृतक का शव लेकर दिगौड़ा थाने का घेराव कर लगभग चार घंटे तक विरोध प्रदर्शन किया। मृतक की पहचान भगवंतपुरा निवासी 27 वर्षीय बबलू केवट के रूप में हुई है, जबकि आरोपी पड़वार गांव का सुभाष यादव बताया गया है। जानकारी के अनुसार, 27 मई की शाम बबलू केवट गांव के पास नाले में मछली पकड़ रहा था। इसी दौरान सुभाष यादव वहाँ पहुँचा और उस पर मुफ्त में मछली देने का दबाव बनाने लगा। बबलू के इनकार करने पर दोनों में कहासुनी हो गई। आरोप है कि विवाद बढ़ने पर सुभाष यादव ने पत्थर से बबलू के सिर पर हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। गंभीर रूप से घायल बबलू को पहले जिला चिकित्सालय टीकमगढ़ ले जाया गया। हालत नाजुक होने पर उसे झांसी रेफर किया गया और फिर बेहतर इलाज के लिए ग्वालियर मेडिकल कॉलेज भेजा गया। इलाज के दौरान रविवार दोपहर बबलू ने दम तोड़ दिया। बबलू की मौत की खबर फैलते ही परिजन और ग्रामीणों में भारी आक्रोश फैल गया। रविवार रात करीब 8 बजे, बड़ी संख्या में लोग मृतक का शव लेकर दिगौड़ा थाने पहुँचे और आरोपी के खिलाफ हत्या की धारा में मामला दर्ज करने की मांग करते हुए थाने का घेराव कर दिया। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि पुलिस पहले गंभीर धाराओं में कार्रवाई करने से बच रही थी। करीब चार घंटे तक चले प्रदर्शन और पुलिस अधिकारियों द्वारा कार्रवाई का आश्वासन मिलने के बाद, रात लगभग 12 बजे पुलिस ने आरोपी सुभाष यादव के खिलाफ हत्या का प्रकरण दर्ज किया। इसके बाद ग्रामीण शांत हुए और परिजन शव का अंतिम संस्कार करने के लिए रवाना हो गए। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच शुरू कर दी गई है और आरोपी सुभाष यादव की तलाश जारी है। घटना के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल है, लेकिन स्थिति को नियंत्रण में बताया जा रहा है। ग्रामीणों ने आरोपी की जल्द गिरफ्तारी और उस पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
टीकमगढ़ जिले के दिगौड़ा थाना क्षेत्र के भगवंतपुरा गांव में मुफ्त मछली न देने के एक मामूली विवाद ने खूनी रूप ले लिया, जहाँ घायल एक युवक ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। इस घटना से आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने मृतक का शव लेकर दिगौड़ा थाने का घेराव कर लगभग चार घंटे तक विरोध प्रदर्शन किया। मृतक की पहचान भगवंतपुरा निवासी 27 वर्षीय बबलू केवट के रूप में हुई है, जबकि आरोपी पड़वार गांव का सुभाष यादव बताया गया है। जानकारी के अनुसार, 27 मई की शाम बबलू केवट गांव के पास नाले में मछली पकड़ रहा था। इसी दौरान सुभाष यादव वहाँ पहुँचा और उस पर मुफ्त में मछली देने का दबाव बनाने लगा। बबलू के इनकार करने पर दोनों में कहासुनी हो गई। आरोप है कि विवाद बढ़ने पर सुभाष यादव ने पत्थर से बबलू के सिर पर हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। गंभीर रूप से घायल बबलू को पहले जिला चिकित्सालय टीकमगढ़ ले जाया गया। हालत नाजुक होने पर उसे झांसी रेफर किया गया और फिर बेहतर इलाज के लिए ग्वालियर मेडिकल कॉलेज भेजा गया। इलाज के दौरान रविवार दोपहर बबलू ने दम तोड़ दिया। बबलू की मौत की खबर फैलते ही परिजन और ग्रामीणों में भारी आक्रोश फैल गया। रविवार रात करीब 8 बजे, बड़ी संख्या में लोग मृतक का शव लेकर दिगौड़ा थाने पहुँचे और आरोपी के खिलाफ हत्या की धारा में मामला दर्ज करने की मांग करते हुए थाने का घेराव कर दिया। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि पुलिस पहले गंभीर धाराओं में कार्रवाई करने से बच रही थी। करीब चार घंटे तक चले प्रदर्शन और पुलिस अधिकारियों द्वारा कार्रवाई का आश्वासन मिलने के बाद, रात लगभग 12 बजे पुलिस ने आरोपी सुभाष यादव के खिलाफ हत्या का प्रकरण दर्ज किया। इसके बाद ग्रामीण शांत हुए और परिजन शव का अंतिम संस्कार करने के लिए रवाना हो गए। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच शुरू कर दी गई है और आरोपी सुभाष यादव की तलाश जारी है। घटना के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल है, लेकिन स्थिति को नियंत्रण में बताया जा रहा है। ग्रामीणों ने आरोपी की जल्द गिरफ्तारी और उस पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
- टीकमगढ़ में अमर शहीद मदन यादव जी की टूटी हुई प्रतिमा को पुनः स्थापित करने के लिए ओबीसी महासभा ने एक महत्वपूर्ण संकल्प लिया है। इस अभियान की शुरुआत कर्मचारी जिला अध्यक्ष, टीकमगढ़ ओबीसी महासभा के नेतृत्व में की गई है, जिसके पहले ही दिन ₹1100 का आर्थिक सहयोग एकत्र हो गया। ओबीसी महासभा ने सभी समाजजनों और नागरिकों से अपील की है कि वे आगे बढ़कर इस कार्य में सहयोग करें तथा महापुरुषों और शहीदों के सम्मान में अपना योगदान दें। इस पहल का मुख्य नारा 'महापुरुषों का सम्मान, समाज का अभिमान' है।1
- पटवारी संघ ने कलेक्टर को एक ज्ञापन सौंपा है, जिसमें प्रभारी तहसीलदार अनिल गुप्ता के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई है। संघ ने स्पष्ट किया कि यदि एक सप्ताह के भीतर अनिल गुप्ता के खिलाफ कार्रवाई नहीं होती है, तो पटवारी आंदोलन का रास्ता अपनाएंगे।1
- टीकमगढ़ में अमर शहीद मदन यादव की प्रतिमा की स्थापना को लेकर प्रशासनिक स्तर पर लंबे समय से कोई ठोस पहल न होने के कारण सामाजिक संगठनों में गहरा रोष है। इस उदासीनता से नाराज़ होकर, ओबीसी महासभा जिला इकाई ने अब जनसहयोग से प्रतिमा स्थापित करने का संकल्प लिया है। महासभा ने घोषणा की है कि आगामी एक माह के भीतर जनभागीदारी से इस भव्य प्रतिमा का निर्माण और स्थापना की जाएगी। प्रतिमा स्थापना से संबंधित एक महत्वपूर्ण बैठक में ओबीसी महासभा के प्रदेश एवं जिला पदाधिकारी सहित कई सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित रहे। इस बैठक में प्रशासन के उदासीन रवैये पर चिंता व्यक्त की गई और सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि अब समाज के सहयोग से ही इस महत्वपूर्ण कार्य को पूरा किया जाएगा। बैठक में प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष सीबी कुशवाहा, प्रदेश महासचिव अखिलेश यादव, प्रदेश सचिव सीताराम लोधी, जिला अध्यक्ष उत्तम नापित, जिला कार्यकारी अध्यक्ष रविंद्र लोधी, जिला प्रभारी नीलेश यादव, वरिष्ठ सलाहकार एमडी वर्मा, चक्रेश लोधी, रवि विश्वकर्मा, गोवर्धन सिंह लोधी, आकाश यादव, रूप सिंह यादव, और योगेंद्र प्रजापति सहित अनेक कार्यकर्ता मौजूद थे। इस अभियान को समाजवादी पार्टी के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं का भी पूर्ण समर्थन मिला। सपा कार्यकर्ताओं ने प्रतिमा स्थापना अभियान के लिए तत्काल ₹5000 की सहयोग राशि प्रदान की और हर संभव मदद का आश्वासन दिया। ओबीसी महासभा के पदाधिकारियों ने बताया कि प्रतिमा निर्माण के लिए एक माह की समय-सीमा तय की गई है, जिसके तहत 10 जून तक गांव-गांव और वार्ड-वार्ड में जनसंपर्क अभियान चलाया जाएगा और लोगों से आर्थिक सहयोग एकत्रित किया जाएगा। संगठन का कहना है कि यह अभियान समाज की भावनाओं और स्वाभिमान से जुड़ा है, और इसे पूरी पारदर्शिता के साथ संपन्न किया जाएगा।1
- टीकमगढ़ जिले की ग्राम पंचायत चौबारा में एक नर नीलगाय की अज्ञात कारणों से मौत हो गई, जिससे क्षेत्र के लोगों में यह घटना चर्चा का विषय बनी हुई है। सोमवार सुबह, चौबारा के जमुनिया मोहल्ला स्थित बस्ती में एक हैंडपंप के पास ग्रामीणों ने इस नर नीलगाय को तड़पते हुए देखा। ग्रामीणों ने तत्काल इसकी सूचना वन विभाग और डीएफओ कार्यालय को दी। सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची, लेकिन तब तक नीलगाय ने दम तोड़ दिया था। विभागीय अधिकारियों ने घटनास्थल पर आवश्यक कार्रवाई करते हुए पंचनामा तैयार किया। इसके बाद, ग्रामीणों की सहायता से नीलगाय के शव को ट्रैक्टर के माध्यम से पोस्टमार्टम के लिए बल्देवगढ़ भेजा गया। वन विभाग के अनुसार, नीलगाय की मौत का वास्तविक कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा। फिलहाल, मौत के कारणों की जांच की जा रही है।1
- टीकमगढ़ जिले के जतारा लोक निर्माण विभाग के अंतर्गत जतारा मार्ग बैरवार तिगेला से रानीगंज तिगेला एनएच-539 तक लगभग 29.24 किलोमीटर लंबी सड़क का निर्माण करीब 30 करोड़ रुपये की लागत से कराया गया है। अब इस निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर ग्रामीणों ने गंभीर सवाल उठाए हैं, जिसमें लापरवाही और मिलीभगत का आरोप लगाया गया है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि सड़क निर्माण में राजनीतिक संरक्षण और ठेकेदारों की मिलीभगत के कारण गुणवत्ता से समझौता किया गया है। उन्होंने विशेष रूप से मुहारा गांव के पास का जिक्र किया, जहाँ पाइप और पेपर्स डाले जाने थे, लेकिन वहाँ आवश्यक कार्य नहीं किया गया, जबकि कागजों में इसे पूर्ण दर्शा दिया गया है। ग्रामीणों का कहना है कि निर्माण कार्य में कई स्थानों पर मानकों का पालन नहीं किया गया है, जिससे भविष्य में सड़क के क्षतिग्रस्त होने की आशंका बढ़ गई है। लोगों ने इस मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने की मांग की है।3
- प्रशासन ने जतारा जनपद पंचायत के प्रशासनिक कामकाज को गति देने के उद्देश्य से पलेरा जनपद पंचायत के सीईओ को जतारा जनपद का पांच दिन का अतिरिक्त प्रभार सौंपा है। इस नए अतिरिक्त प्रभार के मिलने के बाद क्षेत्र में विकास कार्यों, लंबित फाइलों और जनसमस्याओं के समाधान को लेकर चर्चाएं तेज़ हो गई हैं। स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों का मानना है कि यदि नए प्रभारी अधिकारी सक्रियता दिखाते हैं तो आने वाले पांच दिनों में कार्यालयीन व्यवस्था, लंबित भुगतान, पंचायत स्तर की योजनाओं की मॉनिटरिंग और कर्मचारियों की कार्यप्रणाली में सुधार देखने को मिल सकता है।3
- बागेश्वर बाबा और अजय पार बाबा, जिनके पुजारी महज 14 वर्ष के करन कुशवाहा हैं, जिला, प्रदेश और पूरे देश में चर्चा का विषय बने हुए हैं। ये दोनों चर्चित बाबा इन तीनों स्तरों पर लोगों के बीच सुर्खियों में हैं।2
- टीकमगढ़ में पुलिस ने हत्या और लूट की एक सनसनीखेज वारदात का सफल खुलासा करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस अधीक्षक श्री मनोहर सिंह मंडलोई के निर्देश पर थाना देहात पुलिस ने यह कार्रवाई की, जिसमें लूटी गई 15 बकरियां और घटना में प्रयुक्त अवैध हथियार बरामद किए गए हैं। यह जघन्य वारदात 26-27 मई 2026 की दरम्यानी रात को ग्राम श्रीनगर स्थित नकड़ा खान पहाड़ी पर हुई थी, जहां 71 वर्षीय हरचरन ढीमर की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी और उनकी 15 बकरियां लूट ली गई थीं। मामले की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस अधीक्षक श्री मनोहर सिंह मंडलोई ने स्वयं घटनास्थल का निरीक्षण किया और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री विक्रम सिंह कुशवाहा तथा एसडीओपी श्री राहुल कटरे के नेतृत्व में चार विशेष टीमों का गठन किया। तकनीकी साक्ष्य, साइबर सेल और मुखबिर तंत्र की मदद से पुलिस ने राकेश पाल, ग्यादीन उर्फ मोनू पाल और प्रेमलाल पाल को गिरफ्तार किया। पूछताछ के दौरान, आरोपियों ने अपना अपराध कबूल करते हुए बताया कि वे एक बड़ी लूट की योजना बना रहे थे, लेकिन मौका न मिलने पर उन्होंने बकरियां लूट लीं। अपनी पहचान छिपाने के उद्देश्य से उन्होंने बुजुर्ग चरवाहे की हत्या कर दी। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 13 बकरियां, 2 बकरे, तीन देशी कट्टे और जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। इस मामले के खुलासे के लिए पुलिस अधीक्षक द्वारा ₹10 हजार का इनाम घोषित किया गया था, जिसके बाद पुलिस टीम ने यह उल्लेखनीय सफलता हासिल की। इस महत्वपूर्ण कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक चंद्रजीत यादव, उप निरीक्षक वीणा विश्वकर्मा, उप निरीक्षक मयंक नगायच सहित साइबर सेल और थाना स्टाफ की अहम भूमिका रही। पुलिस अधीक्षक ने इस पूरी टीम को नकद पुरस्कार देने की भी घोषणा की है।1
- टीकमगढ़ जिले के दिगौड़ा थाना क्षेत्र के भगवंतपुरा गांव में मुफ्त मछली न देने के एक मामूली विवाद ने खूनी रूप ले लिया, जहाँ घायल एक युवक ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। इस घटना से आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने मृतक का शव लेकर दिगौड़ा थाने का घेराव कर लगभग चार घंटे तक विरोध प्रदर्शन किया। मृतक की पहचान भगवंतपुरा निवासी 27 वर्षीय बबलू केवट के रूप में हुई है, जबकि आरोपी पड़वार गांव का सुभाष यादव बताया गया है। जानकारी के अनुसार, 27 मई की शाम बबलू केवट गांव के पास नाले में मछली पकड़ रहा था। इसी दौरान सुभाष यादव वहाँ पहुँचा और उस पर मुफ्त में मछली देने का दबाव बनाने लगा। बबलू के इनकार करने पर दोनों में कहासुनी हो गई। आरोप है कि विवाद बढ़ने पर सुभाष यादव ने पत्थर से बबलू के सिर पर हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। गंभीर रूप से घायल बबलू को पहले जिला चिकित्सालय टीकमगढ़ ले जाया गया। हालत नाजुक होने पर उसे झांसी रेफर किया गया और फिर बेहतर इलाज के लिए ग्वालियर मेडिकल कॉलेज भेजा गया। इलाज के दौरान रविवार दोपहर बबलू ने दम तोड़ दिया। बबलू की मौत की खबर फैलते ही परिजन और ग्रामीणों में भारी आक्रोश फैल गया। रविवार रात करीब 8 बजे, बड़ी संख्या में लोग मृतक का शव लेकर दिगौड़ा थाने पहुँचे और आरोपी के खिलाफ हत्या की धारा में मामला दर्ज करने की मांग करते हुए थाने का घेराव कर दिया। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि पुलिस पहले गंभीर धाराओं में कार्रवाई करने से बच रही थी। करीब चार घंटे तक चले प्रदर्शन और पुलिस अधिकारियों द्वारा कार्रवाई का आश्वासन मिलने के बाद, रात लगभग 12 बजे पुलिस ने आरोपी सुभाष यादव के खिलाफ हत्या का प्रकरण दर्ज किया। इसके बाद ग्रामीण शांत हुए और परिजन शव का अंतिम संस्कार करने के लिए रवाना हो गए। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच शुरू कर दी गई है और आरोपी सुभाष यादव की तलाश जारी है। घटना के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल है, लेकिन स्थिति को नियंत्रण में बताया जा रहा है। ग्रामीणों ने आरोपी की जल्द गिरफ्तारी और उस पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।1