जनगणना 2027: जिला कलेक्टर की अपील—आमजन बढ़-चढ़कर करें स्व-गणना, डिजिटल अभियान को बनाएं सफल ब्यावर, 30 अप्रैल। भारत की 16वीं एवं पहली पूर्णतः डिजिटल जनगणना जनगणना 2027 को लेकर जिले में व्यापक तैयारियां की जा रही हैं। इस महत्वपूर्ण राष्ट्रीय अभियान का आयोजन दो चरणों में किया जाएगा। जिला कलेक्टर श्री कमलराम मीना की अध्यक्षता में जिला कलेक्टर सभागार में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में जनगणना की विस्तृत जानकारी दी गई। प्रथम चरण के अंतर्गत मकान सूचीकरण एवं मकान गणना का कार्य 10 मई से 14 जून तक किया जाएगा। वहीं आमजन के लिए स्व-गणना (Self Enumeration) की सुविधा 1 मई से 15 मई तक उपलब्ध रहेगी। नागरिक इस अवधि में Self Enumeration Portal पर जाकर स्वयं अपना पंजीकरण एवं विवरण दर्ज कर सकेंगे। स्व-गणना के लिए परिवार के मुखिया के नाम एवं मोबाइल नंबर के माध्यम से पंजीकरण किया जाएगा। पोर्टल पर प्रश्नावली पूर्ण कर अंतिम सबमिट करने पर 11 अंकों की स्व-गणना पहचान आईडी जनरेट होगी, जिसका पहला अक्षर “H” होगा। यह आईडी मोबाइल नंबर एवं ईमेल के माध्यम से प्राप्त होगी। 10 मई से जब प्रगणक फील्ड में आएंगे, तब जिन नागरिकों ने स्व-गणना की है, वे अपनी यह आईडी प्रगणक को बताएंगे, जिससे दर्ज जानकारी का सत्यापन कर उसे स्वीकार किया जाएगा। द्वितीय चरण में 16 मई से 14 जून तक प्रगणकों द्वारा HLD App के माध्यम से फील्ड कार्य किया जाएगा, जिसमें 34 प्रश्नों के उत्तर लिए जाएंगे। जिले में जनगणना कार्य के लिए कुल 12 चार्ज निर्धारित किए गए हैं, जिनमें 7 ग्रामीण एवं 5 शहरी क्षेत्र शामिल हैं। ग्रामीण चार्ज में तहसील ब्यावर, जैतारण, रायपुर, मसूदा, विजयनगर, बदनोर एवं टॉडगढ़ शामिल हैं। वहीं शहरी चार्ज में नगर परिषद ब्यावर तथा नगरपालिकाएं जैतारण, रायपुर, मसूदा एवं विजयनगर शामिल हैं। पूरे जिले में कुल 2022 ब्लॉक बनाए गए हैं। जनगणना कार्य के लिए 1860 प्रगणक एवं 301 सुपरवाइजर नियुक्त किए गए हैं, साथ ही 10 प्रतिशत अतिरिक्त कार्मिक आरक्षित रखे गए हैं। प्रशिक्षण के तहत 1 मई से 12 मई तक जिले के सभी 12 चार्ज स्तरों पर प्रगणकों एवं सुपरवाइजरों का प्रशिक्षण आयोजित किया जाएगा। इसके लिए 63 प्रशिक्षण केंद्र बनाए गए हैं, जहां 39 फील्ड ट्रेनर्स द्वारा प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। प्रेस कॉन्फ्रेंस में अतिरिक्त जिला कलेक्टर श्री ब्रह्मलाल जाट, उपनिदेशक श्री कैलाश, सूचना एवं जनसंपर्क अधिकारी श्री सतीश सोनी सहित मीडिया प्रतिनिधि एवं पत्रकारगण उपस्थित रहे।
जनगणना 2027: जिला कलेक्टर की अपील—आमजन बढ़-चढ़कर करें स्व-गणना, डिजिटल अभियान को बनाएं सफल ब्यावर, 30 अप्रैल। भारत की 16वीं एवं पहली पूर्णतः डिजिटल जनगणना जनगणना 2027 को लेकर जिले में व्यापक तैयारियां की जा रही हैं। इस महत्वपूर्ण राष्ट्रीय अभियान का आयोजन दो चरणों में किया जाएगा। जिला कलेक्टर श्री कमलराम मीना की अध्यक्षता में जिला कलेक्टर सभागार में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में जनगणना की विस्तृत जानकारी दी गई। प्रथम चरण के अंतर्गत मकान सूचीकरण एवं मकान गणना का कार्य 10 मई से 14 जून तक किया जाएगा। वहीं आमजन के लिए स्व-गणना (Self Enumeration) की सुविधा 1 मई से 15 मई तक उपलब्ध रहेगी। नागरिक इस अवधि में Self Enumeration Portal पर जाकर स्वयं अपना पंजीकरण एवं विवरण दर्ज कर सकेंगे। स्व-गणना के लिए परिवार के मुखिया के नाम एवं मोबाइल नंबर के माध्यम से पंजीकरण किया जाएगा। पोर्टल पर प्रश्नावली पूर्ण कर अंतिम सबमिट करने पर 11 अंकों की स्व-गणना पहचान आईडी जनरेट होगी, जिसका पहला अक्षर “H” होगा। यह आईडी मोबाइल नंबर एवं ईमेल के माध्यम से प्राप्त होगी। 10 मई से जब प्रगणक फील्ड में आएंगे, तब जिन नागरिकों ने स्व-गणना की है, वे अपनी यह आईडी प्रगणक को बताएंगे, जिससे दर्ज जानकारी का सत्यापन कर उसे स्वीकार किया जाएगा। द्वितीय चरण में 16 मई से 14 जून तक प्रगणकों द्वारा HLD App के माध्यम से फील्ड कार्य किया जाएगा, जिसमें 34 प्रश्नों के उत्तर लिए जाएंगे। जिले में जनगणना कार्य के लिए कुल 12 चार्ज निर्धारित किए गए हैं, जिनमें 7 ग्रामीण एवं 5 शहरी क्षेत्र शामिल हैं। ग्रामीण चार्ज में तहसील ब्यावर, जैतारण, रायपुर, मसूदा, विजयनगर, बदनोर एवं टॉडगढ़ शामिल हैं। वहीं शहरी चार्ज में नगर परिषद ब्यावर तथा नगरपालिकाएं जैतारण, रायपुर, मसूदा एवं विजयनगर शामिल हैं। पूरे जिले में कुल 2022 ब्लॉक बनाए गए हैं। जनगणना कार्य के लिए 1860 प्रगणक एवं 301 सुपरवाइजर नियुक्त किए गए हैं, साथ ही 10 प्रतिशत अतिरिक्त कार्मिक आरक्षित रखे गए हैं। प्रशिक्षण के तहत 1 मई से 12 मई तक जिले के सभी 12 चार्ज स्तरों पर प्रगणकों एवं सुपरवाइजरों का प्रशिक्षण आयोजित किया जाएगा। इसके लिए 63 प्रशिक्षण केंद्र बनाए गए हैं, जहां 39 फील्ड ट्रेनर्स द्वारा प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। प्रेस कॉन्फ्रेंस में अतिरिक्त जिला कलेक्टर श्री ब्रह्मलाल जाट, उपनिदेशक श्री कैलाश, सूचना एवं जनसंपर्क अधिकारी श्री सतीश सोनी सहित मीडिया प्रतिनिधि एवं पत्रकारगण उपस्थित रहे।
- आसमान से बरसी आफत: सेंधारा में ओलावृष्टि के साथ आए भीषण तूफान ने मचाया तांडव सेन्दडा ब्यावर शीतल कुमारी प्रजापत रायपुर/सेन्दडा : रायपुर उपखण्ड क्षेत्र के ग्राम पंचायत सेन्दडा और आसपास के इलाकों में पिछले दो दिनों से मौसम का मिजाज पूरी तरह बदला हुआ है। जहाँ एक ओर चिलचिलाती गर्मी से लोगों को राहत मिली है, वहीं दूसरी ओर कुदरत के इस बदले रूप ने ग्रामीणों की नाक में दम कर दिया है। कल रात हुई भीषण ओलावृष्टि और आंधी-तूफान ने क्षेत्र में भारी तबाही मचाई है। रात भर ओलों की बौछार, सहमे रहे ग्रामीण कल देर रात अचानक आसमान में काली घटाएं छाईं और देखते ही देखते तेज हवाओं के साथ बड़े-बड़े ओले गिरने लगे। ओलावृष्टि इतनी तीव्र थी कि घरों की छतों पर पत्थर गिरने जैसी आवाजें सुनाई दे रही थीं, जिससे ग्रामीण पूरी रात दहशत में रहे। इस बेमौसम बारिश और ओलों के कारण फसलों को भी नुकसान पहुँचने की आशंका जताई जा रही है। अंधेरे में डूबा क्षेत्र: 10 घंटे से अधिक रही बिजली गुल तूफान की रफ्तार इतनी तेज थी कि कई जगहों पर पेड़ गिरने से आसपास के कई गांवों में बिजली व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई। कल रात से शुरू हुई बिजली कटौती आज सुबह तक जारी रही, जिससे ग्रामीणों को उमस और अंधेरे में रात काटनी पड़ी। मोबाइल चार्जिंग से लेकर पानी की सप्लाई तक के लिए लोग परेशान होते दिखे। गर्मी से राहत, पर बढ़ी मुसीबत एक तरफ जहाँ तापमान में गिरावट आने से लोगों को पिछले कुछ दिनों से पड़ रही भीषण गर्मी से निजात मिली है, वहीं दूसरी तरफ जलभराव और बिजली की समस्या ने 'कोढ़ में खाज' का काम किया है। "बारिश से ठंडक तो आई है, लेकिन बिना बिजली के जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। प्रशासन को जल्द से जल्द बिजली बहाली और नुकसान का जायजा लेना चाहिए।" मुख्य बिंदु: सेंधारा पंचायत में भारी ओलावृष्टि से जनजीवन प्रभावित। तेज आंधी के कारण कई घंटों तक ब्लैकआउट की स्थिति। गर्मी से राहत मिली, पर बुनियादी सुविधाओं के लिए तरसे ग्रामीण। अधिकारी अब स्थिति का जायजा ले रहे हैं और उम्मीद जताई जा रही है कि शाम तक बिजली आपूर्ति सुचारू रूप से बहाल कर दी जाएगी।4
- ब्यावर, 30 अप्रैल। भारत की 16वीं एवं पहली पूर्णतः डिजिटल जनगणना जनगणना 2027 को लेकर जिले में व्यापक तैयारियां की जा रही हैं। इस महत्वपूर्ण राष्ट्रीय अभियान का आयोजन दो चरणों में किया जाएगा। जिला कलेक्टर श्री कमलराम मीना की अध्यक्षता में जिला कलेक्टर सभागार में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में जनगणना की विस्तृत जानकारी दी गई। प्रथम चरण के अंतर्गत मकान सूचीकरण एवं मकान गणना का कार्य 10 मई से 14 जून तक किया जाएगा। वहीं आमजन के लिए स्व-गणना (Self Enumeration) की सुविधा 1 मई से 15 मई तक उपलब्ध रहेगी। नागरिक इस अवधि में Self Enumeration Portal पर जाकर स्वयं अपना पंजीकरण एवं विवरण दर्ज कर सकेंगे। स्व-गणना के लिए परिवार के मुखिया के नाम एवं मोबाइल नंबर के माध्यम से पंजीकरण किया जाएगा। पोर्टल पर प्रश्नावली पूर्ण कर अंतिम सबमिट करने पर 11 अंकों की स्व-गणना पहचान आईडी जनरेट होगी, जिसका पहला अक्षर “H” होगा। यह आईडी मोबाइल नंबर एवं ईमेल के माध्यम से प्राप्त होगी। 10 मई से जब प्रगणक फील्ड में आएंगे, तब जिन नागरिकों ने स्व-गणना की है, वे अपनी यह आईडी प्रगणक को बताएंगे, जिससे दर्ज जानकारी का सत्यापन कर उसे स्वीकार किया जाएगा। द्वितीय चरण में 16 मई से 14 जून तक प्रगणकों द्वारा HLD App के माध्यम से फील्ड कार्य किया जाएगा, जिसमें 34 प्रश्नों के उत्तर लिए जाएंगे। जिले में जनगणना कार्य के लिए कुल 12 चार्ज निर्धारित किए गए हैं, जिनमें 7 ग्रामीण एवं 5 शहरी क्षेत्र शामिल हैं। ग्रामीण चार्ज में तहसील ब्यावर, जैतारण, रायपुर, मसूदा, विजयनगर, बदनोर एवं टॉडगढ़ शामिल हैं। वहीं शहरी चार्ज में नगर परिषद ब्यावर तथा नगरपालिकाएं जैतारण, रायपुर, मसूदा एवं विजयनगर शामिल हैं। पूरे जिले में कुल 2022 ब्लॉक बनाए गए हैं। जनगणना कार्य के लिए 1860 प्रगणक एवं 301 सुपरवाइजर नियुक्त किए गए हैं, साथ ही 10 प्रतिशत अतिरिक्त कार्मिक आरक्षित रखे गए हैं। प्रशिक्षण के तहत 1 मई से 12 मई तक जिले के सभी 12 चार्ज स्तरों पर प्रगणकों एवं सुपरवाइजरों का प्रशिक्षण आयोजित किया जाएगा। इसके लिए 63 प्रशिक्षण केंद्र बनाए गए हैं, जहां 39 फील्ड ट्रेनर्स द्वारा प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। प्रेस कॉन्फ्रेंस में अतिरिक्त जिला कलेक्टर श्री ब्रह्मलाल जाट, उपनिदेशक श्री कैलाश, सूचना एवं जनसंपर्क अधिकारी श्री सतीश सोनी सहित मीडिया प्रतिनिधि एवं पत्रकारगण उपस्थित रहे।1
- किशनगढ़: अनावरण से पहले ही जेसीबी से उखाड़ ले गए नामदेव महाराज की मूर्ति, सीसीटीवी में कैद हुई चोरी की वारदात किशनगढ़ तीन तारीख को मूर्ति अनावरण से पहले देर रात को सर्किल से मूर्ति चोरी खोड़ा गणेशजी रोड न्यू हाउसिंग बोर्ड के बाहर बने नामदेव सर्किल से नामदेव महाराज की मूर्ति चोरी dेर रात दो बजे की बताई जा रही घटना जेसीबी के मदद से मूर्ति को उखाड़ ले गए चोर सीसीटीवी कैमरे में नजर आई जेसीबी चार बदमाशों ने वारदात को दिया अंजाम पिछले दो साल से बिना मूर्ति के वीरान था सर्किल समाज ने दो साल की मेहनत से नामदेव महाराज की मूर्ति तैयार करवा कर रखी थी अनावरण के लिए उससे पहले कल रात हो गई चोरी सुबह सूचना मिलने पर पहुंचे दर्जी समाज के लोग मदनगंज थाना प्रभारी सुरेंद्र सिंह सहित पुलिस पहुंची मौके पर घटना को लेकर समाज के लोगों ने जताई गहरी नाराजगी आसपास के सीसीटीवी कैमरे के खंगाले जा रहे फुटेज पहली बार कोई सर्किल पर मूर्ति उखाड़कर ले जाने का मामला आया सामने1
- *सफलता की कहानी: पक्के घर का सपना हुआ साकार* ब्यावर उपखण्ड टॉडगढ़ की ग्राम पंचायत बराखन में आयोजित ग्राम रथ अभियान ने एक जरूरतमंद परिवार के जीवन में खुशियों की नई किरण जगाई। ग्राम बराखन निवासी श्रीमती लक्ष्मी देवी (पति श्री शक्ति सिंह, जाति रावत) का वर्षों पुराना सपना इस अभियान के माध्यम से साकार हुआ। पूर्व में कच्चे मकान में जीवन यापन कर रही लक्ष्मी देवी को हर बारिश में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। छत से पानी टपकना, दीवारों का कमजोर होना और परिवार की सुरक्षा को लेकर चिंता हमेशा बनी रहती थी। ऐसे में ग्राम रथ अभियान उनके लिए आशा की किरण बनकर आया। कार्यक्रम प्रभारी श्री पन्ना सिंह, नायब तहसीलदार, ब्यावर के मार्गदर्शन में लक्ष्मी देवी को प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ मिला और उनके नए पक्के घर का गृह प्रवेश संपन्न कराया गया। अब उनका परिवार सुरक्षित और सम्मानजनक वातावरण में रह रहा है। भावुक होकर लक्ष्मी देवी कहती हैं— "पहले कच्चे मकान में बारिश के समय बहुत परेशानी होती थी। अब पक्का घर मिलने से जीवन आसान हो गया है। ग्राम रथ अभियान के माध्यम से मेरा कार्य हुआ, इसके लिए मैं राज्य सरकार को बहुत-बहुत धन्यवाद देती हूँ।" यह कहानी न केवल एक परिवार के जीवन में आए बदलाव को दर्शाती है, बल्कि यह भी बताती है कि सरकार की योजनाएं सही पात्र तक पहुंचकर कैसे वास्तविक परिवर्तन ला रही हैं।1
- रायपुर (ब्यावर) पत्रकार श्याम सैनी ब्यावर जिले में जनगणना 2027 की तैयारी तेज, पहली बार डिजिटल माध्यम से होगी गणना ब्यावर। भारत की वर्ष 2027 में होने वाली जनगणना इस बार खास रहने वाली है, क्योंकि यह देश की 16वीं जनगणना होने के साथ-साथ पहली डिजिटल जनगणना भी होगी। यह प्रक्रिया दो चरणों में आयोजित की जाएगी, जिसके लिए जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। जनगणना से पूर्व आमजन को 1 मई से 15 मई तक स्वयं अपनी जानकारी दर्ज करने के लिए Self Enumeration Portal उपलब्ध कराया गया है। इस पोर्टल पर परिवार का पंजीकरण मुखिया के नाम और मोबाइल नंबर के माध्यम से किया जाएगा। पूरी जानकारी भरकर सबमिट करने के बाद एक 11 अंकों की यूनिक आईडी (H से शुरू) जनरेट होगी, जो मोबाइल और ईमेल के माध्यम से प्राप्त होगी। इसके बाद जनगणना का पहला चरण 16 मई से 14 जून तक संचालित होगा, जिसमें मकान सूचीकरण एवं मकान गणना का कार्य किया जाएगा। इस दौरान प्रगणक घर-घर जाकर HLO App के माध्यम से कुल 34 प्रश्नों के उत्तर दर्ज करेंगे। जिन परिवारों ने पहले से स्व-गणना कर ली है, उन्हें अपनी 11 अंकों की आईडी प्रगणक को बतानी होगी, जिससे दर्ज जानकारी का सत्यापन किया जा सके। जिले में जनगणना कार्य के लिए कुल 12 चार्ज बनाए गए हैं, जिनमें 7 ग्रामीण (ब्यावर, जैतारण, रायपुर, मसूदा, बिजयनगर, बदनोर, टॉडगढ़) और 5 शहरी (नगर परिषद ब्यावर, नगर पालिका जैतारण, रायपुर, मसूदा, बिजयनगर) शामिल हैं। इन चार्ज क्षेत्रों में कुल 2022 ब्लॉक निर्धारित किए गए हैं। जनगणना कार्य को सुचारू रूप से संचालित करने के लिए जिले में 1860 प्रगणक और 301 सुपरवाइजर नियुक्त किए गए हैं, साथ ही 10 प्रतिशत अतिरिक्त स्टाफ को रिजर्व रखा गया है। इनके प्रशिक्षण के लिए 1 मई से 12 मई तक कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा, जिसके तहत 63 बैच बनाए गए हैं और 39 फील्ड ट्रेनर प्रशिक्षण प्रदान करेंगे। जिला प्रशासन का लक्ष्य है कि जनगणना 2027 को डिजिटल और पारदर्शी तरीके से सफलतापूर्वक संपन्न किया जाए, जिससे सटीक और विश्वसनीय आंकड़े प्राप्त हो सकें।1
- नागौर जिले के रियांबड़ी उपखंड स्थित सीएचसी मे ं गुरुवार सुबह एक फार्मासिस्ट को शराब के नशे में ड्यूटी पर पाया गया। मुख्यमंत्री निशुल्क दवा वितरण केंद्र पर तैनात फार्मासिस्ट प्रथम श्रेणी कार्मिक अशोक मीणा के नशे में होने की सूचना मिलते ही ग्रामीणो ने विरोध प्रदर्शन किया और दवा वितरण केंद्र पर ताला लगा दिया।ग्रामीणो ने आरोप लगाया कि इस प्रकार की लापरवाही से मरीजो के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ हो रहा है। उन्होंने तत्काल उपखंड अधिकारी (SDM) को घटना की जानकारी दी, जिसके बाद प्रशासन हरकत मे आया।उपखंड अधिकारी सूर्यकांत शर्मा के निर्देश पर तहसीलदार अशोक कुमार मौके पर पहुंच और स्थिति का जायजा लिया।तहसीलदार अशोक कुमार ने बताया कि मौके पर पहुंचन के बाद संबंधित कार्मिक अशोक मीणा को हिरासत में लेकर पादुकल्ला थाना भेजा गया। जांच के दौरान पुष्ट हुई कि वह शराब के नशे मे था। इसके बाद उस उपखंड अधिकारी के समक्ष पेश किया गया, जहां शांति भंग की धाराओं में कार्रवाई करते हुए गिरफ्तार किया गया।उपखंड अधिकारी सूर्यकांत शर्मा ने कहा कि सूचना मिलते ही तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की गई। उन्होंन स्पष्ट किया कि सरकारी सेवाओं मे इस प्रकार की लापरवाही और अनशासनहीनता बिल्कल बर्दाश्त नही की जाएगी।2
- नागौर पुलिस द्वारा पुलिस मुख्यालय एवं श्री रोशन मीना, SP नागौर के निर्देशानुसार महिला सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए महिला पीसीआर वैन (1090) का शुभारम्भ किया गया। यह वैन कस्बा नागौर के बाजार, स्कूल, कॉलेज, कोचिंग संस्थान, बाग-बगीचों व भीड़भाड़ वाले स्थानों पर नियमित गश्त करेगी। 🕖 गश्त का समय: ➡️ प्रातः 07:00 बजे से 01:00 बजे तक ➡️ सायं 05:00 बजे से 09:00 बजे तक 👮♀️ किसी भी महिला/छात्रा को परेशान करने, छेड़छाड़ या पीछा करने की स्थिति में तुरंत 1090 पर कॉल करें। ✔️ शिकायतकर्ता की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी। यह टीम ASP SIUCAW के निर्देशन में कार्य करेगी, जिसमें दो महिला उपनिरीक्षक, दो महिला हेड कांस्टेबल, 08 महिला कांस्टेबल एवं महिला चालक नियुक्त की गई हैं। महिलाओं की सुरक्षा, नागौर पुलिस का संकल्प।2
- ब्यावर जिले में जनगणना 2027 की तैयारी तेज, पहली बार डिजिटल माध्यम से होगी गणना सेंदड़ा (ब्यावर) शीतल कुमारी प्रजापत ब्यावर जिले में भारत की वर्ष 2027 में होने वाली जनगणना इस बार खास रहने वाली है, क्योंकि यह देश की 16वीं जनगणना होने के साथ-साथ पहली डिजिटल जनगणना भी होगी। यह प्रक्रिया दो चरणों में आयोजित की जाएगी, जिसके लिए जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। जनगणना से पूर्व आमजन को 1 मई से 15 मई तक स्वयं अपनी जानकारी दर्ज करने के लिए Self Enumeration Portal उपलब्ध कराया गया है। इस पोर्टल पर परिवार का पंजीकरण मुखिया के नाम और मोबाइल नंबर के माध्यम से किया जाएगा। पूरी जानकारी भरकर सबमिट करने के बाद एक 11 अंकों की यूनिक आईडी (H से शुरू) जनरेट होगी, जो मोबाइल और ईमेल के माध्यम से प्राप्त होगी। इसके बाद जनगणना का पहला चरण 16 मई से 14 जून तक संचालित होगा, जिसमें मकान सूचीकरण एवं मकान गणना का कार्य किया जाएगा। इस दौरान प्रगणक घर-घर जाकर HLO App के माध्यम से कुल 34 प्रश्नों के उत्तर दर्ज करेंगे। जिन परिवारों ने पहले से स्व-गणना कर ली है, उन्हें अपनी 11 अंकों की आईडी प्रगणक को बतानी होगी, जिससे दर्ज जानकारी का सत्यापन किया जा सके। जिले में जनगणना कार्य के लिए कुल 12 चार्ज बनाए गए हैं, जिनमें 7 ग्रामीण (ब्यावर, जैतारण, रायपुर, मसूदा, बिजयनगर, बदनोर, टॉडगढ़) और 5 शहरी (नगर परिषद ब्यावर, नगर पालिका जैतारण, रायपुर, मसूदा, बिजयनगर) शामिल हैं। इन चार्ज क्षेत्रों में कुल 2022 ब्लॉक निर्धारित किए गए हैं। जनगणना कार्य को सुचारू रूप से संचालित करने के लिए जिले में 1860 प्रगणक और 301 सुपरवाइजर नियुक्त किए गए हैं, साथ ही 10 प्रतिशत अतिरिक्त स्टाफ को रिजर्व रखा गया है। इनके प्रशिक्षण के लिए 1 मई से 12 मई तक कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा, जिसके तहत 63 बैच बनाए गए हैं और 39 फील्ड ट्रेनर प्रशिक्षण प्रदान करेंगे। जिला प्रशासन का लक्ष्य है कि जनगणना 2027 को डिजिटल और पारदर्शी तरीके से सफलतापूर्वक संपन्न किया जाए, जिससे सटीक और विश्वसनीय आंकड़े प्राप्त हो सकें।4