जौनपुर पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए करोड़ों रुपये की साइबर ठगी के मास्टरमाइंड को गिरफ्तार किया है। साइबर क्राइम सेल द्वारा गैंग के सरगना शुभम सिंह की गिरफ्तारी के साथ, बजाज लोन, इन्वेस्टमेंट और टूर पैकेज के नाम पर की गई 2.5 करोड़ रुपये की ठगी का खुलासा हुआ है। आरोपी शुभम सिंह पर देशभर के हजारों लोगों को अपना शिकार बनाने का आरोप है, जिसके संबंध में साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल (NCRP) पर 20 से अधिक शिकायतें दर्ज हैं। यह साइबर फ्रॉड फर्जी आधार कार्ड और फर्जी सिम के जरिए संचालित किया जा रहा था, जिसके तार महाराष्ट्र सहित कई राज्यों में फैले हुए हैं जहाँ इस संबंध में मामले दर्ज हैं। पुलिस ने आरोपी के पास से 6 मोबाइल फोन, 15 एटीएम कार्ड, 9 पासबुक और 7 चेकबुक बरामद किए हैं। इसके अतिरिक्त, 1.45 लाख रुपये की ठगी की नगद राशि भी बरामद की गई है, और पुलिस ने कई बैंक खातों का भी खुलासा किया है। जौनपुर पुलिस ने अपनी टेक्निकल जांच और सर्विलांस के माध्यम से करोड़ों रुपये की इस ठगी की परतों को खोला। वर्तमान में, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) जौनपुर के निर्देश पर साइबर अपराधियों के खिलाफ यह बड़ी कार्रवाई जारी है।
जौनपुर पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए करोड़ों रुपये की साइबर ठगी के मास्टरमाइंड को गिरफ्तार किया है। साइबर क्राइम सेल द्वारा गैंग के सरगना शुभम सिंह की गिरफ्तारी के साथ, बजाज लोन, इन्वेस्टमेंट और टूर पैकेज के नाम पर की गई 2.5 करोड़ रुपये की ठगी का खुलासा हुआ है। आरोपी शुभम सिंह पर देशभर के हजारों लोगों को अपना शिकार बनाने का आरोप है, जिसके संबंध में साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल (NCRP) पर 20 से अधिक शिकायतें दर्ज हैं। यह साइबर फ्रॉड फर्जी आधार कार्ड और फर्जी सिम के जरिए संचालित किया जा रहा था, जिसके तार महाराष्ट्र सहित कई राज्यों में फैले हुए हैं जहाँ इस संबंध में मामले दर्ज हैं। पुलिस ने आरोपी के पास से 6 मोबाइल फोन, 15 एटीएम कार्ड, 9 पासबुक और 7 चेकबुक बरामद किए हैं। इसके अतिरिक्त, 1.45 लाख रुपये की ठगी की नगद राशि भी बरामद की गई है, और पुलिस ने कई बैंक खातों का भी खुलासा किया है। जौनपुर पुलिस ने अपनी टेक्निकल जांच और सर्विलांस के माध्यम से करोड़ों रुपये की इस ठगी की परतों को खोला। वर्तमान में, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) जौनपुर के निर्देश पर साइबर अपराधियों के खिलाफ यह बड़ी कार्रवाई जारी है।
- जौनपुर पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए करोड़ों रुपये की साइबर ठगी के मास्टरमाइंड को गिरफ्तार किया है। साइबर क्राइम सेल द्वारा गैंग के सरगना शुभम सिंह की गिरफ्तारी के साथ, बजाज लोन, इन्वेस्टमेंट और टूर पैकेज के नाम पर की गई 2.5 करोड़ रुपये की ठगी का खुलासा हुआ है। आरोपी शुभम सिंह पर देशभर के हजारों लोगों को अपना शिकार बनाने का आरोप है, जिसके संबंध में साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल (NCRP) पर 20 से अधिक शिकायतें दर्ज हैं। यह साइबर फ्रॉड फर्जी आधार कार्ड और फर्जी सिम के जरिए संचालित किया जा रहा था, जिसके तार महाराष्ट्र सहित कई राज्यों में फैले हुए हैं जहाँ इस संबंध में मामले दर्ज हैं। पुलिस ने आरोपी के पास से 6 मोबाइल फोन, 15 एटीएम कार्ड, 9 पासबुक और 7 चेकबुक बरामद किए हैं। इसके अतिरिक्त, 1.45 लाख रुपये की ठगी की नगद राशि भी बरामद की गई है, और पुलिस ने कई बैंक खातों का भी खुलासा किया है। जौनपुर पुलिस ने अपनी टेक्निकल जांच और सर्विलांस के माध्यम से करोड़ों रुपये की इस ठगी की परतों को खोला। वर्तमान में, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) जौनपुर के निर्देश पर साइबर अपराधियों के खिलाफ यह बड़ी कार्रवाई जारी है।1
- राजस्थान के भरतपुर जिले की बयाना नगर पालिका में हुई एक बैठक के दौरान निर्दलीय विधायक ऋतु बनावत और अधिशासी अधिकारी अनीता कुशवाह के बीच तीखी बहस हो गई। यह विवाद सफाई टेंडर और अन्य कार्यों में कथित अनियमितताओं को लेकर हुआ, जो इतना बढ़ गया कि बीच-बचाव करना पड़ा। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। विवाद के बाद अधिशासी अधिकारी अनीता कुशवाह को निलंबित कर दिया गया है।1
- 10 जून 2026 को वाराणसी से अयोध्या जंक्शन तक की यात्रा के दौरान मरुधर एक्सप्रेस (ट्रेन संख्या 14853) के S5 बोगी में एक परिवार को भीषण उत्पीड़न का सामना करना पड़ा। उनके पास सीट नंबर 17 और 20 (लोअर बर्थ) के कन्फर्म टिकट थे, लेकिन 6 लोगों के एक समूह ने पहले से ही सीट नंबर 18, 19, 21, 22 पर अवैध रूप से कब्जा कर रखा था और अभद्र भाषा का प्रयोग कर रहा था। ट्रेन में चढ़ने पर, इन लोगों ने परिवार को उनकी आरक्षित सीटों पर बैठने नहीं दिया और उन्हें गंवार कहकर, उनके पास टिकट न होने का दावा किया। टिकट दिखाने के बाद भी, उनकी बदतमीजी जारी रही। उन्होंने परिवार के दो बैगों को सीटों के नीचे रखने से भी मना कर दिया, यह कहते हुए कि उनके पास केवल दो सीटें हैं, जबकि उनका अपना सामान ऊपर से नीचे तक भरा हुआ था। इस दौरान, सीट नंबर 20 पर बैठी एक 69 वर्षीय बुजुर्ग महिला को बार-बार धक्का दिया गया और उन्हें ट्रेन से बाहर फेंकने की धमकी दी गई। यह भी देखा गया कि समूह में से दो लोग नशे में थे, जिससे उनका व्यवहार असामान्य लग रहा था। इस पूरे घटनाक्रम के कारण परिवार को शारीरिक और मानसिक प्रताड़ना झेलनी पड़ी। पीड़ित परिवार ने रेलवे में शिकायत दर्ज कराई, लेकिन रेलवे पुलिस ने उनसे तब संपर्क किया जब ये उपद्रवी ट्रेन से उतर चुके थे, और कहा कि वे अब कुछ नहीं कर सकते। यात्रियों ने यह भी बताया कि वाराणसी से अयोध्या तक की यात्रा में कोई TTE या रेलवे स्टाफ ट्रेन में मौजूद नहीं था, जिसके कारण इन लोगों को पकड़ा नहीं जा सका। परिवार का मानना है कि सभी छह लोगों के पास टिकट नहीं थे, लेकिन उन्होंने पूरे रास्ते दादागिरी की। इस शिकायत के बावजूद, रेलवे की ओर से अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। परिवार ने रेलवे से मांग की है कि भले ही उपद्रवी उतर चुके हों, लेकिन बर्थ नंबर 18, 19, 21, 22 के यात्रियों का विवरण रेलवे के पास होना चाहिए, जिसके आधार पर कठोर कार्रवाई की जाए ताकि भविष्य में ऐसे दुर्व्यवहार को रोका जा सके और यात्रियों के अधिकारों की रक्षा हो।1
- उत्तर प्रदेश के कानपुर में समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव की बेटी अदिति यादव के खिलाफ सोशल मीडिया पर कथित आपत्तिजनक और भ्रामक पोस्ट करने के मामले में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आजमगढ़ में बयान दिया है। उन्होंने बताया कि जैसे ही यह मामला उनके संज्ञान में आया, उन्होंने तत्काल पुलिस को एफआईआर दर्ज करने का निर्देश दिया। योगी आदित्यनाथ ने इस घटना पर कड़ी आपत्ति जताते हुए कहा कि अखिलेश यादव की बेटी के खिलाफ कुछ लोगों ने गलत टिप्पणियां की थीं, जिसे स्वीकार नहीं किया जा सकता। उन्होंने दृढ़ता से कहा कि "बेटी तो बेटी होती है" और "कोई भी बेटी के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी नहीं कर सकता।" मुख्यमंत्री ने भारतीय संस्कार का हवाला देते हुए 'गांव की बेटी सब की बेटी, गांव की बहन सबकी बहन' की बात कही। साथ ही, उन्होंने अखिलेश यादव पर कटाक्ष करते हुए कहा कि वे दूसरों को उपदेश देने से पहले अपने "चेले-चपाटों" को भी अपनी भाषा पर संयम रखने का उपदेश दें। उन्होंने राज्य में बेटियों के जन्म से लेकर स्नातक तक की पढ़ाई के लिए की गई व्यवस्थाओं पर प्रसन्नता भी व्यक्त की। बता दें कि अखिलेश यादव की बेटी अदिति यादव के खिलाफ सोशल मीडिया पर कथित आपत्तिजनक और भ्रामक पोस्ट करने के मामले में कानपुर के साइबर क्राइम थाने में एफआईआर दर्ज की गई है। शिकायतकर्ता अधिवक्ता सभा के राष्ट्रीय सचिव प्रवीण यादव ने आरोप लगाया है कि सोशल मीडिया पर गलत जानकारी साझा कर अदिति यादव की छवि खराब करने का प्रयास किया गया। एफआईआर के अनुसार, 9 जून को भारत कुमार पटेल नामक आईडी से एक पोस्ट वायरल हुई थी, जिसमें अदिति यादव के खिलाफ चोरी और आपराधिक गतिविधियों से जुड़े गलत दावे किए गए थे। इसमें एक फोटो को एडिट कर प्रसारित किया गया था, जिससे उनकी छवि को नुकसान पहुंचा। शिकायतकर्ता ने बताया कि यह पोस्ट पूरी तरह फर्जी तथ्यों पर आधारित थी और इसका उद्देश्य सामाजिक प्रतिष्ठा को ठेस पहुंचाना था। इस मामले में पुलिस ने तीन लोगों को नामजद करते हुए जांच शुरू कर दी है। सीएम योगी ने अखिलेश यादव को चुनौती देते हुए कहा कि दूसरों पर टिप्पणी करने से पहले वे अपने "चेले-चपाटों" को समझाएं, और अगर वे नहीं समझा सकते तो उन्हें सरकार के हवाले कर दें, हम उन्हें समझा देंगे।1
- उत्तर प्रदेश के श्रावस्ती जिले में पिछले आठ दिनों से एक गाय लगातार एक खेत के चक्कर लगा रही थी। लोगों ने इसे एक चमत्कार मानकर गाय की पूजा-अर्चना शुरू कर दी थी, और गाय की तरह ही खुद भी खेत की परिक्रमा करने लगे थे। अब यह पता चला है कि गाय को 'सर्रा' (हाइपोग्लाइसीमिया) नामक बीमारी थी। डॉक्टर द्वारा इंजेक्शन लगाते ही गाय की परिक्रमा बंद हो गई और उसे अब इलाज के लिए भेजा गया है। गौरतलब है कि कुछ दिन पहले ही उत्तर प्रदेश में इसी तरह चक्कर लगा रहे एक कुत्ते की भी लोगों ने पूजा शुरू कर दी थी।1
- पंचायत चुनाव से संबंधित एक मामले की सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण निर्णय दिया है। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि वोटर लिस्ट में किसी व्यक्ति का नाम दो अलग-अलग जगहों पर होना गलत है। ऐसे व्यक्ति जिनके नाम दो वोटर लिस्ट में दर्ज हैं, वे पंचायत चुनाव लड़ने के लिए अयोग्य होंगे और चुनाव नहीं लड़ पाएंगे।1
- चंदौली एसपी के निर्देश पर बलुआ पुलिस ने शुक्रवार को चहनियां क्षेत्र में सड़क हादसों और अपराधों पर प्रभावी रोक लगाने के उद्देश्य से एक विशेष एवं सघन वाहन चेकिंग अभियान चलाया। इस अभियान का नेतृत्व स्वयं थाना अध्यक्ष अरुण प्रताप सिंह ने किया, जिसके तहत चहनियां, बलुआ, मथेला, कैलावर, मारूफपुर, रैमोली, मोहरगंज और महुआर सहित पूरे इलाके में दोपहिया और चारपहिया वाहनों की गहनता से जांच की गई। बलुआ पुलिस के इस सख्त पहरे के परिणामस्वरूप 50 से अधिक बाइकों के चालान काटे गए, जिससे नियम तोड़ने वालों में हड़कंप मच गया।1
- जौनपुर पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए करोड़ों की साइबर ठगी के मास्टरमाइंड शुभम सिंह को गिरफ्तार कर लिया है। साइबर क्राइम सेल की इस कार्रवाई के तहत बजाज लोन, इन्वेस्टमेंट और टूर पैकेज के नाम पर की गई ₹2.5 करोड़ की ठगी का पर्दाफाश हुआ है। इस गिरोह ने देशभर के हजारों लोगों को अपना शिकार बनाया था, जिनके संबंध में 20 से ज्यादा NCRP शिकायतें दर्ज की गई हैं। जांच में सामने आया है कि आरोपी फर्जी आधार कार्ड और फर्जी सिम कार्ड का इस्तेमाल कर इस साइबर फ्रॉड को अंजाम दे रहा था। पुलिस ने आरोपी के पास से 6 मोबाइल फोन, 15 ATM कार्ड, 9 पासबुक और 7 चेकबुक बरामद किए हैं। इसके अतिरिक्त, साइबर ठगी से संबंधित ₹1.45 लाख नगद भी बरामद किए गए हैं, और इस मामले में कई बैंक खातों का भी खुलासा हुआ है। यह गिरोह महाराष्ट्र सहित कई अन्य राज्यों में भी साइबर फ्रॉड के मामलों में संलिप्त पाया गया है। जौनपुर पुलिस द्वारा की गई टेक्निकल जांच और सर्विलांस के जरिए करोड़ों की इस ठगी की गहरी परतें खुली हैं। SSP जौनपुर के निर्देशों पर साइबर अपराधियों के खिलाफ यह बड़ी कार्रवाई लगातार जारी है।1