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गुरु दक्ष प्रजापति जयंती पर मेधावी छात्र-छात्राओं को सम्मान मंत्री श्री राजपूत ने किया
पत्रकार प्रशांत दीक्षित जैसीनगर
गुरु दक्ष प्रजापति जयंती पर मेधावी छात्र-छात्राओं को सम्मान मंत्री श्री राजपूत ने किया
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- गुरु केवल ज्ञान ही नहीं देते, बल्कि सही राह पर चलना भी सिखाते हैं। माता-पिता हमारे प्रथम गुरु हैं, और जीवन में मिलने वाले सभी सच्चे शिक्षक हमारे व्यक्तित्व को संवारते हैं। "गुरु का स्थान ईश्वर से भी ऊँचा माना गया है, क्योंकि गुरु ही हमें ईश्वर तक पहुँचने का मार्ग दिखाते हैं। इस गुरु पूर्णिमा पर अपने सभी गुरुओं के प्रति श्रद्धा, सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त करें।" 🙏 आप सभी को गुरु पूर्णिमा की हार्दिक शुभकामनाएँ। गुरु का आशीर्वाद आपके जीवन में ज्ञान, सफलता, सुख और समृद्धि लेकर आए। गुरु केवल ज्ञान ही नहीं देते, बल्कि सही राह पर चलना भी सिखाते हैं। माता-पिता हमारे प्रथम गुरु हैं, और जीवन में मिलने वाले सभी सच्चे शिक्षक हमारे व्यक्तित्व को संवारते हैं। "गुरु का स्थान ईश्वर से भी ऊँचा माना गया है, क्योंकि गुरु ही हमें ईश्वर तक पहुँचने का मार्ग दिखाते हैं। इस गुरु पूर्णिमा पर अपने सभी गुरुओं के प्रति श्रद्धा, सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त करें।" 🙏 आप सभी को गुरु पूर्णिमा की हार्दिक शुभकामनाएँ। गुरु का आशीर्वाद आपके जीवन में ज्ञान, सफलता, सुख और समृद्धि लेकर आए।4
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- बिजली नहीं तो बिल नहीं" के नारों से गूंजा गौरझामर, अघोषित बिजली कटौती और किसानों की समस्याओं पर जनता का फूटा आक्रोश "बिजली नहीं तो बिल नहीं" के नारों से गूंजा गौरझामर, अघोषित बिजली कटौती और किसानों की समस्याओं पर जनता का फूटा आक्रोश गौरझामर, देवरी विधानसभा। अघोषित बिजली कटौती, किसानों को समय पर खाद उपलब्ध न होने, मूंग खरीदी में कथित अनियमितताओं तथा क्षेत्र की अन्य जनसमस्याओं को लेकर आज गौरझामर में जनाक्रोश खुलकर सड़कों पर दिखाई दिया। नगरवासियों, किसानों, युवाओं, महिलाओं एवं विभिन्न सामाजिक संगठनों ने एकजुट होकर गांधी चौक से विशाल पैदल मार्च निकाला और विद्युत मंडल कार्यालय का घेराव कर शासन-प्रशासन के नाम ज्ञापन सौंपा। आंदोलन की शुरुआत गांधी चौक स्थित राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की प्रतिमा पर श्रीमती जानकी लोधी द्वारा माल्यार्पण से हुई। इसके बाद सैकड़ों नागरिकों ने "अघोषित बिजली कटौती बंद करो", "किसानों को समय पर खाद दो" और "जनता का शोषण बंद करो" जैसे नारों के साथ बस स्टैंड होते हुए विद्युत मंडल कार्यालय तक पैदल मार्च किया। आंदोलन को देखते हुए क्षेत्र में भारी पुलिस बल तैनात रहा। बस स्टैंड चौराहे पर आयोजित सभा में वक्ताओं ने कहा कि भीषण गर्मी और खेती के इस महत्वपूर्ण समय में अघोषित बिजली कटौती ने आम जनता और किसानों का जीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। खेतों की सिंचाई प्रभावित हो रही है, व्यापार प्रभावित हो रहा है और छात्र भी पढ़ाई नहीं कर पा रहे हैं। किसानों को समय पर खाद उपलब्ध नहीं होने से उनकी फसल संकट में है। साथ ही मूंग खरीदी में कथित अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कठोर कार्रवाई की मांग भी उठाई गई। सभा को संबोधित करते हुए डॉ. वीरेंद्र लोधी, एडवोकेट देवेंद्र सिंह ठाकुर ओबीसी क्रांति सेना ने कहा जब किसान बिजली का बिल नहीं भरते तो बिजली वाले ट्रैक्टर मोटर साइकिल और चक्की तक ले जाते है और जब बिल भरने के बाद भी बिजली न मिले तो क्या करना चाहिए, तथा नन्हे भाई लोधी ने कहा कि जनता अब अपनी मूलभूत समस्याओं पर चुप बैठने वाली नहीं है। उन्होंने प्रशासन को चेतावनी दी कि यदि अघोषित बिजली कटौती पर तत्काल रोक नहीं लगी, किसानों को समय पर खाद उपलब्ध नहीं कराई गई तथा जनसमस्याओं का शीघ्र समाधान नहीं हुआ, तो आंदोलन को और अधिक व्यापक एवं उग्र लोकतांत्रिक स्वरूप दिया जाएगा, जिसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी। आंदोलन में प्रमुख रूप से श्रीमती जानकी लोधी, अखिलेश जैन, हरिशंकर राजपूत, रघु खान, नन्हे भाई लोधी (खलौटी वाले), उमाकांत लोधी, किसान पुत्र रितेश गुरु, नीलेश पटेल, सागर जैन, महेश आदिवासी, रविकांत अहिरवार, प्रताप माझी, मुकेश पटेल, परशुराम पटेल, पप्पू यादव सहित बड़ी संख्या में किसान, महिलाएं, युवा, व्यापारी, बुद्धिजीवी एवं विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन अखिलेश जैन ने किया। आंदोलन के अंत में ज्ञापन सौंपकर प्रशासन से मांग की गई कि जनता की समस्याओं का समयबद्ध समाधान किया जाए, अन्यथा क्षेत्र व्यापी जन आंदोलन का मार्ग अपनाया जाएगा।*मणि जमुनिया में बिना नाली की रोड कर रही है तैरने को मजबूर* गौरझामर - जी हां सागर जिले अंतर्गत ब्लॉक देवरी की पंचायत यहां खामखेड़ा को जोड़ता है जो तकरीबन दो वर्ष से निर्माण किया जा रहा है कार्य बंद हो जाने के कारण ग्रामीण बने रहते हैं कई जगह प्रणाली के खुले पाइप छोड़ने की वजह से दुर्घटना होने की आशंका बनी रहती बीते दिन रात्रि में शीघ्रता पूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं एम्बुलेंस 108 भी पीएम श्री विद्यालय के सामने इसी मार्ग की पर फंस चुकी है फिर भी कार्य प्रगति पर है दूसरा यह अभिलंब मामला जो सामने खड़ा दिख रहा है सेहरी बहेरिया तिराहा से अमर शहीद कैप्टन श्रीकांत पोद्दार मुख्य द्वार तक जिसके सीमा स्थल के बाद गौरझामर तक के लिए प्रधानमंत्री सड़क का निर्माण हुआ जो की 3 वर्ष के समय के अंतराल में ही कई बार मरम्मत के लिए तैयार हुआ इस बार लेकिन निर्माण एजेंसी को सूचित करने के बावजूद भी कई गड्ढों को भरा जाना शेष है अब आते हैं मुख्य मार्ग क4
- जिला ब्यूरो रिपोर्टर राजेश बबेले शासकीय कन्या महाविद्यालय बीना में गुरु पूर्णिमा एवं महर्षि सांदीपनि गुरु पर्व का भव्य आयोजन लोकेशन बीना रिपोर्टर राजेश बबेले शासकीय कन्या महाविद्यालय बीना में गुरु पूर्णिमा एवं महर्षि सांदीपनि गुरु पर्व का भव्य आयोजन गुरु-शिष्य परंपरा के गौरव का हुआ स्मरण, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और शिक्षकों के सम्मान ने बनाया आयोजन यादगार राजेश बबेले बीना। उच्च शिक्षा विभाग के निर्देशानुसार एवं भारतीय ज्ञान परंपरा के अंतर्गत शासकीय कन्या महाविद्यालय, बीना में गुरु पूर्णिमा उत्सव एवं महर्षि सांदीपनि गुरु पर्व श्रद्धा, गरिमा और उत्साह के साथ मनाया गया। कार्यक्रम में गुरु-शिष्य परंपरा के आदर्शों का स्मरण करते हुए भारतीय संस्कृति, शिक्षा और संस्कारों के महत्व पर विचार व्यक्त किए गए। इस अवसर पर महाविद्यालय के समस्त शैक्षणिक स्टाफ का प्रतीक चिह्न भेंट कर सम्मान भी किया गया। *गुरु जीवन को दिशा देने वाला प्रकाश है : श्रीमती किरण गांधी* कार्यक्रम की मुख्य अतिथि सेवानिवृत्त प्राचार्य श्रीमती किरण गांधी ने भारतीय संस्कृति में गुरु-शिष्य परंपरा के गौरवशाली इतिहास पर प्रकाश डालते हुए कहा कि शिक्षक और गुरु में सूक्ष्म किंतु महत्वपूर्ण अंतर है। शिक्षक केवल विषय का ज्ञान देता है, जबकि गुरु अपने शिष्य के व्यक्तित्व, चरित्र और संपूर्ण जीवन को सही दिशा प्रदान करता है। उन्होंने कहा कि गुरु का सान्निध्य ही व्यक्ति को श्रेष्ठ जीवन मूल्यों से जोड़ता है। *भारतीय संस्कृति में गुरु का स्थान सर्वोपरि : डॉ. रश्मि जैन* महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. रश्मि जैन ने कहा कि भारतीय संस्कृति में गुरु को सर्वोच्च स्थान प्राप्त है। गुरु ही जीवन की वास्तविक शक्ति हैं और शिष्य की उन्नति का सबसे सशक्त माध्यम भी। उन्होंने सभी छात्राओं, शिक्षकों एवं अतिथियों को गुरु पूर्णिमा एवं महर्षि सांदीपनि गुरु पर्व की शुभकामनाएं देते हुए गुरुजनों के प्रति श्रद्धा और सम्मान बनाए रखने का संदेश दिया। *गुरु ही व्यक्तित्व और चरित्र का सच्चा निर्माता* जनभागीदारी समिति की अध्यक्ष श्रीमती सोनाली जितेंद्र राय ने कहा कि गुरु केवल शिक्षा नहीं देते, बल्कि शिष्य के जीवन, दृष्टिकोण और चरित्र का निर्माण करते हैं। वहीं नगर मंडल अध्यक्ष राजेंद्र उपाध्याय ने कहा कि गुरु विवेक, ज्ञान और संस्कार का प्रतीक है तथा वह ईश्वर और मनुष्य के बीच सेतु का कार्य करता है। *बांसुरी, तबला और गुरु वंदना ने बांधा समां* समारोह का सांस्कृतिक आयोजन विशेष आकर्षण का केंद्र रहा। आमंत्रित बांसुरी वादक पंकज खरारे ने अपनी मधुर बांसुरी वादन से वातावरण को भक्तिमय बना दिया, वहीं गगन राज ने तबले की संगत से प्रस्तुति को और प्रभावशाली बनाया। प्रदीप तिवारी ने भी वाद्य यंत्रों के साथ गुरु महिमा पर आधारित मनमोहक प्रस्तुति दी। महाविद्यालय की छात्राओं डॉली चौरसिया, रेणुका अहिरवार, शुभिता एवं उनके समूह ने मधुर स्वर में गुरु वंदना प्रस्तुत कर उपस्थितजनों की खूब सराहना बटोरी। *शिक्षकों का हुआ सम्मान, बड़ी संख्या में छात्राएं रहीं उपस्थित* कार्यक्रम का सफल संचालन एवं संयोजन भारतीय ज्ञान परंपरा प्रकोष्ठ की प्रभारी मृणालिनी मिश्रा तथा महर्षि सांदीपनि गुरु उत्सव के प्रभारी एवं सहायक प्राध्यापक (संगीत) गगन राज के कुशल मार्गदर्शन में संपन्न हुआ। इस अवसर पर जनभागीदारी समिति के सदस्य गोविंद तिवारी, डॉ. मनीष कटारे, श्रीराम राजा, जितेंद्र राय, मुरारी गोस्वामी सहित महाविद्यालय का समस्त शैक्षणिक एवं गैर-शैक्षणिक स्टाफ तथा बड़ी संख्या में छात्राएं उपस्थित रहीं। समारोह के अंत में महाविद्यालय के सभी शिक्षकों को प्रतीक चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया, जिससे आयोजन और अधिक गरिमामय बन गया।4