सतना स्थित विट्स महाविद्यालय के सभागार में संस्कार भारती और संस्कृति विभाग के सहयोग से नागपुर की 'नादब्रह्म' संस्था द्वारा महानाट्य 'युगप्रवर्तक डॉ. हेडगेवार' का 56वां मंचन आयोजित किया गया। भारत माता और नटराज पूजन के साथ शुरू हुए इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पूज्य संत साकेत बिहारी जी महाराज, मध्यप्रदेश शासन के उपमुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल और विट्स महाविद्यालय के संचालक सुनील सेनानी उपस्थित रहे। मंच पर प्रांत कार्यवाह उत्तम बनर्जी, संस्कार भारती के प्रांत अध्यक्ष मणिकांत माहेश्वरी, मध्यप्रदेश शासन की राज्य मंत्री प्रतिमा बागरी, सांसद गणेश सिंह, योगेश ताम्रकार, भाजपा जिला अध्यक्ष भगवती पाण्डेय और अभय महाजन सहित कई गणमान्य नागरिक मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन डॉ. अनामिका सिंह ने किया, जबकि आभार प्रदर्शन डॉ. आशीष तिवारी द्वारा किया गया। संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में नागपुर की संस्था 'नादब्रह्म' द्वारा तैयार किया गया यह नाटक डॉ. केशवराव बलिराम हेडगेवार के जीवनवृत्त और स्वाधीनता संघर्ष के दौरान उनके विचारों पर केंद्रित है। निर्माता पद्माकर धानोरकर, लेखक डॉ. अजय प्रधान, निर्देशक सुबोध सुर्जिकर और संगीत निर्देशक शैलेष दाणी के नेतृत्व में 40 कुशल कलाकारों के दल ने बैकग्राउंड तकनीक, प्रभावी संवाद और संगीत के संयोजन से मंच पर इतिहास को जीवंत कर दिया। नाटक के दृश्यों में डॉ. हेडगेवार के साथ महर्षि अरविंदो, नेताजी सुभाषचंद्र बोस, स्वातंत्र्य वीर सावरकर और मोहनदास करमचंद गाँधी जैसे महापुरुषों के प्रसंगों को पिरोया गया। इसमें दिखाया गया कि कांग्रेस कार्यकर्ता के रूप में नागपुर अधिवेशन की व्यवस्था संभालने से लेकर कलकत्ता अधिवेशन तक डॉ. हेडगेवार ने पूर्ण स्वराज्य, खिलाफत आंदोलन और मोपला नरसंहार जैसे मुद्दों पर शीर्ष नेतृत्व के समक्ष स्पष्ट प्रश्न रखे थे। अंततः उन्होंने किसी व्यक्ति के बजाय भगवा ध्वज को सर्वोपरि मानते हुए हिंदू समाज की एकता, संगठन और राजनीतिक सत्ता से परे सांस्कृतिक धरातल को मजबूत करने का पथ चुना।
सतना स्थित विट्स महाविद्यालय के सभागार में संस्कार भारती और संस्कृति विभाग के सहयोग से नागपुर की 'नादब्रह्म' संस्था द्वारा महानाट्य 'युगप्रवर्तक डॉ. हेडगेवार' का 56वां मंचन आयोजित किया गया। भारत माता और नटराज पूजन के साथ शुरू हुए इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पूज्य संत साकेत बिहारी जी महाराज, मध्यप्रदेश शासन के उपमुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल और विट्स महाविद्यालय के संचालक सुनील सेनानी उपस्थित रहे। मंच पर प्रांत कार्यवाह उत्तम बनर्जी, संस्कार भारती के प्रांत अध्यक्ष मणिकांत माहेश्वरी, मध्यप्रदेश शासन की राज्य मंत्री प्रतिमा बागरी, सांसद गणेश सिंह, योगेश ताम्रकार, भाजपा जिला अध्यक्ष भगवती पाण्डेय और अभय महाजन सहित कई गणमान्य नागरिक मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन डॉ. अनामिका सिंह ने किया, जबकि आभार प्रदर्शन डॉ. आशीष तिवारी द्वारा किया गया। संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में नागपुर की संस्था 'नादब्रह्म' द्वारा तैयार किया गया यह नाटक डॉ. केशवराव बलिराम हेडगेवार के जीवनवृत्त और स्वाधीनता संघर्ष के दौरान उनके विचारों पर केंद्रित है। निर्माता पद्माकर धानोरकर, लेखक डॉ. अजय प्रधान, निर्देशक सुबोध सुर्जिकर और संगीत निर्देशक शैलेष दाणी के नेतृत्व में 40 कुशल कलाकारों के दल ने बैकग्राउंड तकनीक, प्रभावी संवाद और संगीत के संयोजन से मंच पर इतिहास को जीवंत कर दिया। नाटक के दृश्यों में डॉ. हेडगेवार के साथ महर्षि अरविंदो, नेताजी सुभाषचंद्र बोस, स्वातंत्र्य वीर सावरकर और मोहनदास करमचंद गाँधी जैसे महापुरुषों के प्रसंगों को पिरोया गया। इसमें दिखाया गया कि कांग्रेस कार्यकर्ता के रूप में नागपुर अधिवेशन की व्यवस्था संभालने से लेकर कलकत्ता अधिवेशन तक डॉ. हेडगेवार ने पूर्ण स्वराज्य, खिलाफत आंदोलन और मोपला नरसंहार जैसे मुद्दों पर शीर्ष नेतृत्व के समक्ष स्पष्ट प्रश्न रखे थे। अंततः उन्होंने किसी व्यक्ति के बजाय भगवा ध्वज को सर्वोपरि मानते हुए हिंदू समाज की एकता, संगठन और राजनीतिक सत्ता से परे सांस्कृतिक धरातल को मजबूत करने का पथ चुना।
- सतना जिले के बेला में NEET और CBSE परीक्षा परिणामों में हुई व्यापक अनियमितताओं तथा प्रदर्शनकारी छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में ब्लॉक कांग्रेस कमेटी ने केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। शनिवार, 25 जुलाई 2026 को आयोजित इस विरोध प्रदर्शन के तहत कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने सड़कों पर उतरकर कैंडल लाइट मार्च निकाला। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष के निर्देश पर ब्लॉक अध्यक्ष शिवशंकर गौटिया के नेतृत्व में सैकड़ों कार्यकर्ता जेपी मोड़ स्थित ब्लॉक कांग्रेस कार्यालय में एकत्र हुए। इसके बाद कार्यकर्ताओं ने जेपी मोड़ से गोविंदगढ़ मोड़ तक हाथों में मोमबत्तियां और तख्तियां लेकर मार्च निकाला। इस दौरान "छात्र विरोधी सरकार मुर्दाबाद" और "शिक्षा में भ्रष्टाचार बंद करो" जैसे नारों के साथ सरकार को घेरा गया। प्रदर्शन के दौरान वक्ताओं ने आरोप लगाया कि NEET में पेपर लीक और CBSE नतीजों में गड़बड़ी की वजह से देश के लाखों छात्रों का भविष्य बर्बाद किया जा रहा है। न्याय मांग रहे छात्रों पर लाठीचार्ज करके लोकतंत्र की हत्या की गई है। कांग्रेस ने पूरे मामले की जांच सीबीआई से कराने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की। इस विरोध मार्च में शिवशंकर गौटिया के साथ डॉ. राजेश पांडे, बसंत मिश्रा, ओमकार प्यासी, युवा अध्यक्ष संदीप सिंह, जय प्रकाश, शोभनाथ सिंह, बाबूलाल गुप्ता साकेत, अरविंद साकेत, कमलाकांत मिश्रा, सोहनलाल कोल, मंगलेश्वर पटेल, दिनेश कोल सहित कई प्रमुख पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल रहे। कांग्रेस नेताओं ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि सरकार ने तुरंत मांगें नहीं मानीं तो पार्टी पूरे प्रदेश में उग्र आंदोलन करेगी।4
- सतना जिले के जैतवारा थाना क्षेत्र स्थित ग्राम मरवा भैंसवार में एक पीड़ित महिला अनीता गौतम, पति प्रदीप गौतम, मारपीट, लूटपाट और जान से मारने की धमकी के मामले में न्याय के लिए दर-दर भटकने को मजबूर हैं। पीड़िता के अनुसार, 06 जुलाई 2026 को सुबह लगभग 09:30 बजे वह गांव के प्रयागदत्त गौतम की किराना दुकान पर गई थीं। इसी दौरान आरोपी गंगा प्रसाद गौतम (पिता रामसोहावन गौतम), रेखा देवी (पति गंगा प्रसाद गौतम) और रामेश्वर गौतम (पिता गंगा प्रसाद गौतम) ने उन्हें अकेली पाकर गाली-गलौज करते हुए डंडों से मारपीट की। आरोपियों ने उनके सिर के बाल पकड़कर घसीटा और गले में पहनी सोने की लॉकेट छीन ली। बीच-बचाव करने पर जान से मारने की धमकी देते हुए आरोपी मौके से फरार हो गए। इस घटना के बाद पीड़िता ने 5 अलग-अलग जगहों पर आवेदन दिया, लेकिन पुलिस द्वारा आज तक कोई कार्रवाई नहीं की गई। पीड़िता ने 06/07/2026 को थाना जैतवारा, 07/07/2026 को पुलिस अधीक्षक सतना, 13/06/2026 को पुलिस कमिश्नर रीवा, 13/07/2026 को महिला आयोग भोपाल और 13/07/2026 को पुलिस महानिरीक्षक भोपाल को लिखित शिकायत दी थी। पीड़िता का आरोप है कि कोई सुनवाई न होने से आरोपी लगातार उन्हें "रिपोर्ट वापस लो, नहीं तो झूठे केस में फंसा देंगे" की धमकी दे रहे हैं। पीड़िता के पति मजदूरी के लिए बाहर गए हुए हैं और उन्हें अपनी जान-माल का भय बना हुआ है। परेशान होकर पीड़िता ने 25/07/2026 को पुनः पुलिस अधीक्षक सतना को आवेदन देकर आरोपियों के खिलाफ तत्काल एफआईआर दर्ज करने, कठोर कार्रवाई करने और लूटी गई लॉकेट बरामद कराने की मांग की है।1
- मध्य प्रदेश के रीवा में पुलिस मुख्यालय भोपाल के निर्देश पर चलाए जा रहे 'नशे से दूरी है जरूरी 2.0' अभियान के तहत यातायात पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने शहर में ध्वनि प्रदूषण फैलाने वाले बुलेट और अन्य दोपहिया वाहनों से जब्त किए गए 130 अवैध मॉडिफाइड साइलेंसरों पर सरेराह रोड रोलर चलवाकर उन्हें नष्ट कर दिया। इस दौरान चेकिंग और चालानी कार्रवाई करते हुए वाहन मालिकों पर भारी जुर्माना भी लगाया गया है। इस कार्रवाई के दौरान ट्रैफिक थाना प्रभारी अनिमा शर्मा और निरीक्षक अखिलेश कुशवाहा ने बताया कि इसका मुख्य उद्देश्य आम जनता और विशेषकर नवयुवकों को 'से नो टू ड्रग्स' और 'नो नॉइज़ पॉल्यूशन' का कड़ा संदेश देना है। अधिकारियों के मुताबिक, बुलेट और अन्य वाहनों से निकलने वाले तेज तथा पटाखों जैसे शोर से बुजुर्गों, बच्चों व आम लोगों के स्वास्थ्य पर बेहद बुरा असर पड़ता है, जिससे दिल की बीमारी, अचानक हार्ट अटैक आने का खतरा और कान से जुड़ी गंभीर समस्याएं पैदा हो रही हैं। रीवा पुलिस ने युवाओं से नशे से दूर रहने और वाहनों में अवैध साइलेंसर का उपयोग न करने की अपील की है, साथ ही चेतावनी दी है कि उल्लंघन करने पर आगे भी इसी प्रकार की सख्त दंडात्मक कार्रवाई जारी रहेगी।1
- चित्रकूट के मझगवां वन परिक्षेत्र स्थित धारकुण्डी आश्रम मार्ग पर अचानक एक टाइगर दिखाई दिया। आश्रम मार्ग पर सड़क पार कर रहे इस टाइगर को वहाँ से गुजर रहे एक राहगीर ने अपने कैमरे में कैद कर लिया। सड़क पर टाइगर की इस मौजूदगी का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।1
- रीवा के अत्यंत व्यस्त पुराना बस स्टैंड क्षेत्र में यातायात थाना के ठीक सामने संचालित शराब दुकान और उसके समीप स्थित "KGN न्यू जायका" रेस्टोरेंट को लेकर स्थानीय नागरिकों ने गंभीर आपत्ति जताई है। लोगों का आरोप है कि शराब दुकान से शराब खरीदने के बाद बड़ी संख्या में लोग दुकान के बाहर और रेस्टोरेंट के आसपास खुलेआम बैठकर शराब का सेवन करते हैं, जिससे प्रतिदिन जमावड़ा लगा रहता है। इसके अलावा रेस्टोरेंट के बाहर "Veg & Non-Veg" का बोर्ड लगाकर खुले रूप से मांसाहारी खाद्य सामग्री का विक्रय किया जा रहा है, जिससे राहगीरों, विद्यार्थियों और धार्मिक आस्था रखने वाले लोगों की भावनाएं प्रभावित हो रही हैं। नागरिकों का कहना है कि यह शहर का सबसे व्यस्त मार्ग है, जहां से प्रतिदिन हजारों विद्यार्थी, महिलाएं, वरिष्ठ नागरिक और प्रयागराज व वाराणसी जाने वाले यात्री गुजरते हैं। शराब पीने वालों को पास में ही बैठने और खान-पान की सुविधा दिए जाने से देर रात तक असामाजिक गतिविधियों जैसी स्थिति बनी रहती है। आक्रोशित नागरिकों ने सवाल उठाया कि इस मार्ग से प्रतिदिन प्रशासनिक अधिकारी, पुलिस अधिकारी और जनप्रतिनिधि गुजरते हैं, लेकिन इसके बावजूद अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई है। नागरिकों ने खाद्य सुरक्षा विभाग से रेस्टोरेंट के वैधानिक व स्वच्छता संबंधी मानकों की जांच करने और त्वरित कार्रवाई की मांग की है।2
- सतना स्थित विट्स महाविद्यालय के सभागार में संस्कार भारती और संस्कृति विभाग के सहयोग से नागपुर की 'नादब्रह्म' संस्था द्वारा महानाट्य 'युगप्रवर्तक डॉ. हेडगेवार' का 56वां मंचन आयोजित किया गया। भारत माता और नटराज पूजन के साथ शुरू हुए इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पूज्य संत साकेत बिहारी जी महाराज, मध्यप्रदेश शासन के उपमुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल और विट्स महाविद्यालय के संचालक सुनील सेनानी उपस्थित रहे। मंच पर प्रांत कार्यवाह उत्तम बनर्जी, संस्कार भारती के प्रांत अध्यक्ष मणिकांत माहेश्वरी, मध्यप्रदेश शासन की राज्य मंत्री प्रतिमा बागरी, सांसद गणेश सिंह, योगेश ताम्रकार, भाजपा जिला अध्यक्ष भगवती पाण्डेय और अभय महाजन सहित कई गणमान्य नागरिक मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन डॉ. अनामिका सिंह ने किया, जबकि आभार प्रदर्शन डॉ. आशीष तिवारी द्वारा किया गया। संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में नागपुर की संस्था 'नादब्रह्म' द्वारा तैयार किया गया यह नाटक डॉ. केशवराव बलिराम हेडगेवार के जीवनवृत्त और स्वाधीनता संघर्ष के दौरान उनके विचारों पर केंद्रित है। निर्माता पद्माकर धानोरकर, लेखक डॉ. अजय प्रधान, निर्देशक सुबोध सुर्जिकर और संगीत निर्देशक शैलेष दाणी के नेतृत्व में 40 कुशल कलाकारों के दल ने बैकग्राउंड तकनीक, प्रभावी संवाद और संगीत के संयोजन से मंच पर इतिहास को जीवंत कर दिया। नाटक के दृश्यों में डॉ. हेडगेवार के साथ महर्षि अरविंदो, नेताजी सुभाषचंद्र बोस, स्वातंत्र्य वीर सावरकर और मोहनदास करमचंद गाँधी जैसे महापुरुषों के प्रसंगों को पिरोया गया। इसमें दिखाया गया कि कांग्रेस कार्यकर्ता के रूप में नागपुर अधिवेशन की व्यवस्था संभालने से लेकर कलकत्ता अधिवेशन तक डॉ. हेडगेवार ने पूर्ण स्वराज्य, खिलाफत आंदोलन और मोपला नरसंहार जैसे मुद्दों पर शीर्ष नेतृत्व के समक्ष स्पष्ट प्रश्न रखे थे। अंततः उन्होंने किसी व्यक्ति के बजाय भगवा ध्वज को सर्वोपरि मानते हुए हिंदू समाज की एकता, संगठन और राजनीतिक सत्ता से परे सांस्कृतिक धरातल को मजबूत करने का पथ चुना।1
- मध्य प्रदेश के रीवा-हनुमाना मार्ग पर स्थित रघुनाथगंज में दो कारों के बीच एक्सीडेंट हो गया है। इस स्थान पर लगातार हादसे हो रहे हैं और यह इलाका एक्सीडेंट का हॉटस्पॉट बन चुका है। रघुनाथगंज में हर महीने 10 से भी ज्यादा एक्सीडेंट दर्ज किए जा रहे हैं, लेकिन इसके बावजूद प्रशासन इस ओर कोई ध्यान नहीं दे रहा है। बार-बार हो रही दुर्घटनाओं और लगातार बने खतरे के बाद भी अधिकारियों द्वारा सुध न लिए जाने को लेकर सवाल खड़े किए जा रहे हैं कि आखिर प्रशासन इस स्थान पर ध्यान क्यों नहीं दे रहा है।1