logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

*दौधन गांव धरना स्थल पर प्रशासन की टीम ने प्रदर्शनकारियों से की वार्ता* *विशेष अभियान के जरिए ग्रामवार समस्याओं का होगा निराकरण मौका स्थल पर प्राप्त किए गए शिकायत एवं आवेदन* *धरना समाप्त करने की दी सलाह* --------------- केन-बेतवा लिंक परियोजना अंतर्गत पन्ना टाइगर रिजर्व के कोर क्षेत्र स्थित निर्माणाधीन दौधन बांध के समीप विगत 5 अप्रैल से धरने पर बैठे ग्रामीणों से रविवार को पन्ना जिले के प्रशासनिक अधिकारियों के संयुक्त दल द्वारा धरनास्थल पर पहुंचकर विस्तृत चर्चा की गई। दल में एसडीएम पन्ना संजय कुमार नागवंशी एवं एसडीएम अजयगढ़ आलोक मार्को सहित जल संसाधन विभाग और केन-बेतवा लिंक परियोजना के वरिष्ठ अधिकारी भी शामिल रहे। इस दौरान प्रदर्शनकारियों के नेतृत्वकर्ता अमित भटनागर और विस्थापित होने वाले ग्रामीणों का पक्ष सुना गया। वार्ता के दौरान प्रशासनिक दल ने व्यक्तिगत स्तर पर ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीरता से सुना। इसमें मुख्य रूप से बालूपुर की लक्ष्मी आदिवासी, पन्ना कोंदर, कुंवरपुर के अशोक पाल और सूरी यादव सहित विश्रामगंज से आए अनेक ग्रामीणों ने अपनी बात रखी। अधिकारियों ने मौके पर ही इन ग्रामीणों की व्यक्तिगत शिकायतों और आवेदनों को प्राप्त कर उनके त्वरित निराकरण का भरोसा दिलाया। प्रदर्शनकारियों ने फेल्ड पेमेंट के कारण रुकी मुआवजा राशि और पहले की गई प्रतिबंधात्मक कार्यवाही को वापस लेने की मांग उठाई। चर्चा में यह स्पष्ट किया गया कि पूर्व में अमित भटनागर द्वारा प्रस्तुत दस्तावेजों में कुछ तकनीकी कमियां थीं। प्रशासन ने निर्देश दिए कि परियोजना से जुड़े आवश्यक दस्तावेजों की प्रमाणित प्रतियां और दस्तावेजों की पूर्ति शीघ्र कर ली जाए, ताकि प्रदर्शनकारी वैधानिक व उचित माध्यम से अपनी बात को ठोस आधार पर रख सकें। अधिकारियों ने आश्वस्त किया कि रूंझ, मझगांय और केन-बेतवा लिंक परियोजना से जुड़ी ग्रामवार समस्याओं के निराकरण के लिए एसडीओ स्तर के अधिकारियों के माध्यम से विशेष अभियान चलाया जाएगा। विशेषकर ग्राम गहदरा की शिकायतों के लिए विभागीय अधिकारियों सहित प्रभावितों में से 4 अशासकीय सदस्यों के संयुक्त जांच दल का गठन किया गया है। प्रदर्शनकारियों ने सहमति दी है कि वे आंदोलन समाप्ति के उपरांत इस दल के साथ स्थल निरीक्षण में सहभागी होंगे। इस अवसर पर चर्चा के दौरान यह भी स्वीकार किया गया कि 18 वर्ष से अधिक आयु के युवाओं के लिए विशेष पैकेज की कट ऑफ डेट बढ़ाने और 5 लाख रुपए की पुनर्वास राशि में वृद्धि करने जैसे विषय नीतिगत निर्णय हैं, जिन्हें शासन स्तर पर उठाया जाएगा। इसके साथ ही सर्वे से छूटे हुए मकानों और संपत्तियों के पुनः मूल्यांकन की मांग पर भी उचित कार्यवाही का भरोसा दिया गया। प्रशासनिक दल ने सुरक्षा की दृष्टि से सचेत करते हुए बताया कि दौधन गांव का धरना स्थल पन्ना टाइगर रिजर्व का कोर एरिया है, जहां हिंसक वन्य जीवों का सीधा खतरा रहता है। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि टाइगर रिजर्व के भीतर बिना अनुमति धरना देना वैधानिक नियमों के विरुद्ध है, जिससे विषम कानूनी स्थिति बन सकती है। इस कारण जनहानि के खतरे को देखते हुए ग्रामीणों को धरना समाप्त करने की सलाह दी गई है। *पन्ना जिले में संचालित हैं तीन वृहद परियोजनाएं* वर्तमान में पन्ना जिले में तीन वृहद स्तर की परियोजनाएं संचालित हैं। केन-बेतवा लिंक राष्ट्रीय परियोजना अंतर्गत निजी भूमि एवं उस पर स्थित परिसंपत्तियों तथा शासकीय भूमि पर स्थित परिसंपत्तियों के प्रभावित ग्राम मरहा, कूडन, खमरी, गहदरा, कटहरी बिलहटा, कोनी, मझौली, डोंडी हैं। उक्त प्रभावित ग्रामों के मूल एवं पूरक अवार्ड पारित किए गए हैं, जिसमें कुल 1935 खातेदारों की कुल अधिग्रहित भूमि 871.077 हे. के लिए भुगतान हेतु 1 अरब 58 करोड़ 4 लाख 20 हजार 732 रूपए स्वीकृत किए गए। 1734 खातेदारों को 1 अरब 37 करोड़ 1 लाख 45 हजार 542 रूपए का भुगतान किया जा चुका है, शेष 201 खातेदारों को 2 अरब 10 करोड़ 27 सत्ताईस लाख 5 हजार 190 रूपए राशि का भुगतान किया जाना शेष है। ऐसे खातेदारों के बैंक खाते प्राप्त कर भुगतान की कार्यवाही की जा रही है। इसके अलावा राष्ट्रीय महत्व की केन-बेतवा लिंक परियोजना के तहत पुनर्वास एवं पुनव्र्यवस्थापन अंतर्गत प्रभावित ग्राम मरहा, कूडन, खमरी, गहदरा, कटहरी बिलहटा, कोनी एवं मझौली हैं। उक्त ग्रामों के प्रभावितों को उप सचिव, मध्यप्रदेश शासन, जल संसाधन विभाग, भोपाल द्वारा निर्धारित 21 जनवरी 2022 कट आॅफ दिनांक से प्रारंभिक सूची अनुसार कुल 1231 परिवारों का चयन कर एवं विशेष पैकेज अंतर्गत पुनर्वास अनुदान राशि 12.50 लाख प्रति परिवार के मान से कुल 1 अरब 53 करोड़ 87 लाख 50 हजार रूपए मात्र स्वीकृत किए गए, जिसमें से 1229 परिवारों को 1 अरब 53 करोड़ 62 लाख 50 हजार रूपए का भुगतान किया जा चुका है, जबकि दो परिवारों को 25 लाख रूपए राशि का भुगतान किया जाना शेष है, जिसकी कार्यवाही प्रचलन में है। *मझगांय मध्यम सिंचाई परियोजना* मझगांय मध्यम सिंचाई परियोजना अंतर्गत भूमि एवं उस पर स्थित परिसंपत्तियों के प्रभावित ग्राम मझगांय, बालूपुर, बनहरीकला, कुंवरपुर, हनुमतपुर, बरियारपुर भूमियान, डुंगरहो एवं सब्दुआ हैं। उक्त प्रभावित ग्रामों के कुल 21 मूल एवं पूरक अवार्ड पारित किए गए हैं, जिसमें कुल 1657 खातेदारों को भुगतान योग्य कुल 1 अरब 91 करोड़ 86 लाख 80 हजार 929 रूपए की राशि स्वीकृत कर मुआवजा वितरित किया जा चुका है। मात्र विवादित खातेदारों की राशि वितरण हेतु शेष हैं। इस परियोजना के तहत पुर्नवास एवं पुनव्र्यवस्थापन अंतर्गत प्रभावित ग्राम मझगांय, बालूपुर, बनहरीकला, कुंवरपुर एवं हनुमतपुर हैं। उक्त प्रभावित ग्रामों के विस्थापन हेतु अपर सचिव, मध्यप्रदेश शासन, जल संसाधन विभाग द्वारा निर्धारित 1 जुलाई 2018 कट आॅफ दिनांक से प्रारंभिक सूची अनुसार कुल 1935 परिवारों का चयन कर कुल पात्र 660 परिवारों को एकमुश्त पुर्नवास अनुदान राशि 5 लाख प्रति परिवार के मान से कुल 33 करोड़ रूपए मात्र स्वीकृत कर पूर्ण भुगतान किया जा चुका है। शेष परिवारों के पात्रता एवं अपात्रता की जांच व दस्तावेज एकत्रित किए जा रहे हैं। *रूंज मध्यम सिंचाई परियोजना* रूंज मध्यम सिंचाई परियोजना अंतर्गत भूमि एवं उस पर स्थित परिसंपत्तियों के प्रभावित ग्राम विश्रामगंज एंव भुजबई हैं। उक्त प्रभावित ग्रामों के मूल एवं पूरक अवार्ड पारित किए गए हैं, जिसमें कुल 710 खातेदारों को भुगतान योग्य कुल 44 करोड़ 23 लाख 58 हजार 951 रूपए मात्र की राशि स्वीकृत कर 43 करोड़ 86 लाख 63 हजार 205 रूपए राशि का वितरण किया जा चुका है, जबकि 36 लाख 95 हजार 746 रूपए मात्र का भुगतान शेष है। रूंज मध्यम सिंचाई परियोजना अंतर्गत पुर्नवास एवं पुनव्र्यवस्थापन के तहत प्रभावित ग्राम विश्रामगंज है। प्रभावित ग्राम के विस्थापन हेतु शासन द्वारा निर्धारित 5 अक्टूबर 2018 कट आॅफ दिनांक से प्रारंभिक सूची अनुसार कुल 670 परिवारों का चयन कर कुल पात्र 670 परिवारों को एकमुश्त पुर्नवास अनुदान राशि 5 लाख प्रति परिवार के मान से कुल 33 करोड़ 50 लाख रूपए राशि की स्वीकृति उपरांत पूर्ण भुगतान किया जा चुका है।

16 hrs ago
user_Media panna atul Raikwar
Media panna atul Raikwar
पन्ना, पन्ना, मध्य प्रदेश•
16 hrs ago

*दौधन गांव धरना स्थल पर प्रशासन की टीम ने प्रदर्शनकारियों से की वार्ता* *विशेष अभियान के जरिए ग्रामवार समस्याओं का होगा निराकरण मौका स्थल पर प्राप्त किए गए शिकायत एवं आवेदन* *धरना समाप्त करने की दी सलाह* --------------- केन-बेतवा लिंक परियोजना अंतर्गत पन्ना टाइगर रिजर्व के कोर क्षेत्र स्थित निर्माणाधीन दौधन बांध के समीप विगत 5 अप्रैल से धरने पर बैठे ग्रामीणों से रविवार को पन्ना जिले के प्रशासनिक अधिकारियों के संयुक्त दल द्वारा धरनास्थल पर पहुंचकर विस्तृत चर्चा की गई। दल में एसडीएम पन्ना संजय कुमार नागवंशी एवं एसडीएम अजयगढ़ आलोक मार्को सहित जल संसाधन विभाग और केन-बेतवा लिंक परियोजना के वरिष्ठ अधिकारी भी शामिल रहे। इस दौरान प्रदर्शनकारियों के नेतृत्वकर्ता अमित भटनागर और विस्थापित होने वाले ग्रामीणों का पक्ष सुना गया। वार्ता के दौरान प्रशासनिक दल ने व्यक्तिगत स्तर पर ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीरता से सुना। इसमें मुख्य रूप से बालूपुर की लक्ष्मी आदिवासी, पन्ना कोंदर, कुंवरपुर के अशोक पाल और सूरी यादव सहित विश्रामगंज से आए अनेक ग्रामीणों ने अपनी बात रखी। अधिकारियों ने मौके पर ही इन ग्रामीणों की व्यक्तिगत शिकायतों और आवेदनों को प्राप्त कर उनके त्वरित निराकरण का भरोसा दिलाया। प्रदर्शनकारियों ने फेल्ड पेमेंट के कारण रुकी मुआवजा राशि और पहले की गई प्रतिबंधात्मक कार्यवाही को वापस लेने की मांग उठाई। चर्चा में यह स्पष्ट किया गया कि पूर्व में अमित भटनागर द्वारा प्रस्तुत दस्तावेजों में कुछ तकनीकी कमियां थीं। प्रशासन ने निर्देश दिए कि परियोजना से जुड़े आवश्यक दस्तावेजों की प्रमाणित प्रतियां और दस्तावेजों की पूर्ति शीघ्र कर ली जाए, ताकि प्रदर्शनकारी वैधानिक व उचित माध्यम से अपनी बात को ठोस आधार पर रख सकें। अधिकारियों ने आश्वस्त किया कि रूंझ, मझगांय और केन-बेतवा लिंक परियोजना से जुड़ी ग्रामवार समस्याओं के निराकरण के लिए एसडीओ स्तर के अधिकारियों के माध्यम से विशेष अभियान चलाया जाएगा। विशेषकर ग्राम गहदरा की शिकायतों के लिए विभागीय अधिकारियों सहित प्रभावितों में से 4 अशासकीय सदस्यों के संयुक्त जांच दल का गठन किया गया है। प्रदर्शनकारियों ने सहमति दी है कि वे आंदोलन समाप्ति के उपरांत इस दल के साथ स्थल निरीक्षण में सहभागी होंगे। इस अवसर पर चर्चा के दौरान यह भी स्वीकार किया गया कि 18 वर्ष से अधिक आयु के युवाओं के लिए विशेष पैकेज की कट ऑफ डेट बढ़ाने और 5 लाख रुपए की पुनर्वास राशि में वृद्धि करने जैसे विषय नीतिगत निर्णय हैं, जिन्हें शासन स्तर पर उठाया जाएगा। इसके साथ ही सर्वे से छूटे हुए मकानों और संपत्तियों के पुनः मूल्यांकन की मांग पर भी उचित कार्यवाही का भरोसा दिया गया। प्रशासनिक दल ने सुरक्षा की दृष्टि से सचेत करते हुए बताया कि दौधन गांव का धरना स्थल पन्ना टाइगर रिजर्व का कोर एरिया है, जहां हिंसक वन्य जीवों का सीधा खतरा रहता है। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि टाइगर रिजर्व के भीतर बिना अनुमति धरना देना वैधानिक नियमों के विरुद्ध है, जिससे विषम कानूनी स्थिति बन सकती है। इस कारण जनहानि के खतरे को देखते हुए ग्रामीणों को धरना समाप्त करने की सलाह दी गई है। *पन्ना जिले में संचालित हैं तीन वृहद परियोजनाएं* वर्तमान में पन्ना जिले में तीन वृहद स्तर की परियोजनाएं संचालित हैं। केन-बेतवा लिंक राष्ट्रीय परियोजना अंतर्गत निजी भूमि एवं उस पर स्थित परिसंपत्तियों तथा शासकीय भूमि पर स्थित परिसंपत्तियों के प्रभावित ग्राम मरहा, कूडन, खमरी, गहदरा, कटहरी बिलहटा, कोनी, मझौली, डोंडी हैं। उक्त प्रभावित ग्रामों के मूल एवं पूरक अवार्ड पारित किए गए हैं, जिसमें कुल 1935 खातेदारों की कुल अधिग्रहित भूमि 871.077 हे. के लिए भुगतान हेतु 1 अरब 58 करोड़ 4 लाख 20 हजार 732 रूपए स्वीकृत किए गए। 1734 खातेदारों को 1 अरब 37 करोड़ 1 लाख 45 हजार 542 रूपए का भुगतान किया जा चुका है, शेष 201 खातेदारों को 2 अरब 10 करोड़ 27 सत्ताईस लाख 5 हजार 190 रूपए राशि का भुगतान किया जाना शेष है। ऐसे खातेदारों के बैंक खाते प्राप्त कर भुगतान की कार्यवाही की जा रही है। इसके अलावा राष्ट्रीय महत्व की केन-बेतवा लिंक परियोजना के तहत पुनर्वास एवं पुनव्र्यवस्थापन अंतर्गत प्रभावित ग्राम मरहा, कूडन, खमरी, गहदरा, कटहरी बिलहटा, कोनी एवं मझौली हैं। उक्त ग्रामों के प्रभावितों को उप सचिव, मध्यप्रदेश शासन, जल संसाधन विभाग, भोपाल द्वारा निर्धारित 21 जनवरी 2022 कट आॅफ दिनांक से प्रारंभिक सूची अनुसार कुल 1231 परिवारों का चयन कर एवं विशेष पैकेज अंतर्गत पुनर्वास अनुदान राशि 12.50 लाख प्रति परिवार के मान से कुल 1 अरब 53 करोड़ 87 लाख 50 हजार रूपए मात्र स्वीकृत किए गए, जिसमें से 1229 परिवारों को 1 अरब 53 करोड़ 62 लाख 50 हजार रूपए का भुगतान किया जा चुका है, जबकि दो परिवारों को 25 लाख रूपए राशि का भुगतान किया जाना शेष है, जिसकी कार्यवाही प्रचलन में है। *मझगांय मध्यम सिंचाई परियोजना* मझगांय मध्यम सिंचाई परियोजना अंतर्गत भूमि एवं उस पर स्थित परिसंपत्तियों के प्रभावित ग्राम मझगांय, बालूपुर, बनहरीकला, कुंवरपुर, हनुमतपुर, बरियारपुर भूमियान, डुंगरहो एवं सब्दुआ हैं। उक्त प्रभावित ग्रामों के कुल 21 मूल एवं पूरक अवार्ड पारित किए गए हैं, जिसमें कुल 1657 खातेदारों को भुगतान योग्य कुल 1 अरब 91 करोड़ 86 लाख 80 हजार 929 रूपए की राशि स्वीकृत कर मुआवजा वितरित किया जा चुका है। मात्र विवादित खातेदारों की राशि वितरण हेतु शेष हैं। इस परियोजना के तहत पुर्नवास एवं पुनव्र्यवस्थापन अंतर्गत प्रभावित ग्राम मझगांय, बालूपुर, बनहरीकला, कुंवरपुर एवं हनुमतपुर हैं। उक्त प्रभावित ग्रामों के विस्थापन हेतु अपर सचिव, मध्यप्रदेश शासन, जल संसाधन विभाग द्वारा निर्धारित 1 जुलाई 2018 कट आॅफ दिनांक से प्रारंभिक सूची अनुसार कुल 1935 परिवारों का चयन कर कुल पात्र 660 परिवारों को एकमुश्त पुर्नवास अनुदान राशि 5 लाख प्रति परिवार के मान से कुल 33 करोड़ रूपए मात्र स्वीकृत कर पूर्ण भुगतान किया जा चुका है। शेष परिवारों के पात्रता एवं अपात्रता की जांच व दस्तावेज एकत्रित किए जा रहे हैं। *रूंज मध्यम सिंचाई परियोजना* रूंज मध्यम सिंचाई परियोजना अंतर्गत भूमि एवं उस पर स्थित परिसंपत्तियों के प्रभावित ग्राम विश्रामगंज एंव भुजबई हैं। उक्त प्रभावित ग्रामों के मूल एवं पूरक अवार्ड पारित किए गए हैं, जिसमें कुल 710 खातेदारों को भुगतान योग्य कुल 44 करोड़ 23 लाख 58 हजार 951 रूपए मात्र की राशि स्वीकृत कर 43 करोड़ 86 लाख 63 हजार 205 रूपए राशि का वितरण किया जा चुका है, जबकि 36 लाख 95 हजार 746 रूपए मात्र का भुगतान शेष है। रूंज मध्यम सिंचाई परियोजना अंतर्गत पुर्नवास एवं पुनव्र्यवस्थापन के तहत प्रभावित ग्राम विश्रामगंज है। प्रभावित ग्राम के विस्थापन हेतु शासन द्वारा निर्धारित 5 अक्टूबर 2018 कट आॅफ दिनांक से प्रारंभिक सूची अनुसार कुल 670 परिवारों का चयन कर कुल पात्र 670 परिवारों को एकमुश्त पुर्नवास अनुदान राशि 5 लाख प्रति परिवार के मान से कुल 33 करोड़ 50 लाख रूपए राशि की स्वीकृति उपरांत पूर्ण भुगतान किया जा चुका है।

  • user_Chhaya Panday
    Chhaya Panday
    Ajaigarh, Panna
    👏
    13 hrs ago
More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
  • केंद्र सरकार के द्वारा नारी शक्ति अधिनियम 16,17 ,18 अप्रैल 2026 को संसद का विशेष सत्र बुलाया गया है देश के प्रधानमंत्री एवं सदन के सभी सदस्यों से ओबीसी महासभा मांग करता है कि महिला आरक्षण बिल में से ओबीसी महिला आरक्षण सुनिश्चित करें। #ओबीसी_महासभा भवदीय धर्मेंद्र सिंह कुशवाहा एडवोकेट राष्ट्रीय कोर कमेटी सदस्य ओबीसी महासभा 9827323595
    1
    केंद्र सरकार के द्वारा नारी शक्ति अधिनियम 16,17 ,18 अप्रैल 2026 को संसद का विशेष सत्र बुलाया गया है देश के प्रधानमंत्री एवं सदन के सभी सदस्यों से ओबीसी महासभा मांग करता है कि महिला आरक्षण बिल में से ओबीसी महिला आरक्षण सुनिश्चित करें।
#ओबीसी_महासभा
भवदीय 
धर्मेंद्र सिंह कुशवाहा एडवोकेट 
राष्ट्रीय कोर कमेटी सदस्य ओबीसी महासभा 9827323595
    user_Jay Jawan Jay Kisan
    Jay Jawan Jay Kisan
    Lawyer पन्ना, पन्ना, मध्य प्रदेश•
    1 hr ago
  • *दौधन गांव धरना स्थल पर प्रशासन की टीम ने प्रदर्शनकारियों से की वार्ता* *विशेष अभियान के जरिए ग्रामवार समस्याओं का होगा निराकरण मौका स्थल पर प्राप्त किए गए शिकायत एवं आवेदन* *धरना समाप्त करने की दी सलाह* --------------- केन-बेतवा लिंक परियोजना अंतर्गत पन्ना टाइगर रिजर्व के कोर क्षेत्र स्थित निर्माणाधीन दौधन बांध के समीप विगत 5 अप्रैल से धरने पर बैठे ग्रामीणों से रविवार को पन्ना जिले के प्रशासनिक अधिकारियों के संयुक्त दल द्वारा धरनास्थल पर पहुंचकर विस्तृत चर्चा की गई। दल में एसडीएम पन्ना संजय कुमार नागवंशी एवं एसडीएम अजयगढ़ आलोक मार्को सहित जल संसाधन विभाग और केन-बेतवा लिंक परियोजना के वरिष्ठ अधिकारी भी शामिल रहे। इस दौरान प्रदर्शनकारियों के नेतृत्वकर्ता अमित भटनागर और विस्थापित होने वाले ग्रामीणों का पक्ष सुना गया। वार्ता के दौरान प्रशासनिक दल ने व्यक्तिगत स्तर पर ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीरता से सुना। इसमें मुख्य रूप से बालूपुर की लक्ष्मी आदिवासी, पन्ना कोंदर, कुंवरपुर के अशोक पाल और सूरी यादव सहित विश्रामगंज से आए अनेक ग्रामीणों ने अपनी बात रखी। अधिकारियों ने मौके पर ही इन ग्रामीणों की व्यक्तिगत शिकायतों और आवेदनों को प्राप्त कर उनके त्वरित निराकरण का भरोसा दिलाया। प्रदर्शनकारियों ने फेल्ड पेमेंट के कारण रुकी मुआवजा राशि और पहले की गई प्रतिबंधात्मक कार्यवाही को वापस लेने की मांग उठाई। चर्चा में यह स्पष्ट किया गया कि पूर्व में अमित भटनागर द्वारा प्रस्तुत दस्तावेजों में कुछ तकनीकी कमियां थीं। प्रशासन ने निर्देश दिए कि परियोजना से जुड़े आवश्यक दस्तावेजों की प्रमाणित प्रतियां और दस्तावेजों की पूर्ति शीघ्र कर ली जाए, ताकि प्रदर्शनकारी वैधानिक व उचित माध्यम से अपनी बात को ठोस आधार पर रख सकें। अधिकारियों ने आश्वस्त किया कि रूंझ, मझगांय और केन-बेतवा लिंक परियोजना से जुड़ी ग्रामवार समस्याओं के निराकरण के लिए एसडीओ स्तर के अधिकारियों के माध्यम से विशेष अभियान चलाया जाएगा। विशेषकर ग्राम गहदरा की शिकायतों के लिए विभागीय अधिकारियों सहित प्रभावितों में से 4 अशासकीय सदस्यों के संयुक्त जांच दल का गठन किया गया है। प्रदर्शनकारियों ने सहमति दी है कि वे आंदोलन समाप्ति के उपरांत इस दल के साथ स्थल निरीक्षण में सहभागी होंगे। इस अवसर पर चर्चा के दौरान यह भी स्वीकार किया गया कि 18 वर्ष से अधिक आयु के युवाओं के लिए विशेष पैकेज की कट ऑफ डेट बढ़ाने और 5 लाख रुपए की पुनर्वास राशि में वृद्धि करने जैसे विषय नीतिगत निर्णय हैं, जिन्हें शासन स्तर पर उठाया जाएगा। इसके साथ ही सर्वे से छूटे हुए मकानों और संपत्तियों के पुनः मूल्यांकन की मांग पर भी उचित कार्यवाही का भरोसा दिया गया। प्रशासनिक दल ने सुरक्षा की दृष्टि से सचेत करते हुए बताया कि दौधन गांव का धरना स्थल पन्ना टाइगर रिजर्व का कोर एरिया है, जहां हिंसक वन्य जीवों का सीधा खतरा रहता है। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि टाइगर रिजर्व के भीतर बिना अनुमति धरना देना वैधानिक नियमों के विरुद्ध है, जिससे विषम कानूनी स्थिति बन सकती है। इस कारण जनहानि के खतरे को देखते हुए ग्रामीणों को धरना समाप्त करने की सलाह दी गई है। *पन्ना जिले में संचालित हैं तीन वृहद परियोजनाएं* वर्तमान में पन्ना जिले में तीन वृहद स्तर की परियोजनाएं संचालित हैं। केन-बेतवा लिंक राष्ट्रीय परियोजना अंतर्गत निजी भूमि एवं उस पर स्थित परिसंपत्तियों तथा शासकीय भूमि पर स्थित परिसंपत्तियों के प्रभावित ग्राम मरहा, कूडन, खमरी, गहदरा, कटहरी बिलहटा, कोनी, मझौली, डोंडी हैं। उक्त प्रभावित ग्रामों के मूल एवं पूरक अवार्ड पारित किए गए हैं, जिसमें कुल 1935 खातेदारों की कुल अधिग्रहित भूमि 871.077 हे. के लिए भुगतान हेतु 1 अरब 58 करोड़ 4 लाख 20 हजार 732 रूपए स्वीकृत किए गए। 1734 खातेदारों को 1 अरब 37 करोड़ 1 लाख 45 हजार 542 रूपए का भुगतान किया जा चुका है, शेष 201 खातेदारों को 2 अरब 10 करोड़ 27 सत्ताईस लाख 5 हजार 190 रूपए राशि का भुगतान किया जाना शेष है। ऐसे खातेदारों के बैंक खाते प्राप्त कर भुगतान की कार्यवाही की जा रही है। इसके अलावा राष्ट्रीय महत्व की केन-बेतवा लिंक परियोजना के तहत पुनर्वास एवं पुनव्र्यवस्थापन अंतर्गत प्रभावित ग्राम मरहा, कूडन, खमरी, गहदरा, कटहरी बिलहटा, कोनी एवं मझौली हैं। उक्त ग्रामों के प्रभावितों को उप सचिव, मध्यप्रदेश शासन, जल संसाधन विभाग, भोपाल द्वारा निर्धारित 21 जनवरी 2022 कट आॅफ दिनांक से प्रारंभिक सूची अनुसार कुल 1231 परिवारों का चयन कर एवं विशेष पैकेज अंतर्गत पुनर्वास अनुदान राशि 12.50 लाख प्रति परिवार के मान से कुल 1 अरब 53 करोड़ 87 लाख 50 हजार रूपए मात्र स्वीकृत किए गए, जिसमें से 1229 परिवारों को 1 अरब 53 करोड़ 62 लाख 50 हजार रूपए का भुगतान किया जा चुका है, जबकि दो परिवारों को 25 लाख रूपए राशि का भुगतान किया जाना शेष है, जिसकी कार्यवाही प्रचलन में है। *मझगांय मध्यम सिंचाई परियोजना* मझगांय मध्यम सिंचाई परियोजना अंतर्गत भूमि एवं उस पर स्थित परिसंपत्तियों के प्रभावित ग्राम मझगांय, बालूपुर, बनहरीकला, कुंवरपुर, हनुमतपुर, बरियारपुर भूमियान, डुंगरहो एवं सब्दुआ हैं। उक्त प्रभावित ग्रामों के कुल 21 मूल एवं पूरक अवार्ड पारित किए गए हैं, जिसमें कुल 1657 खातेदारों को भुगतान योग्य कुल 1 अरब 91 करोड़ 86 लाख 80 हजार 929 रूपए की राशि स्वीकृत कर मुआवजा वितरित किया जा चुका है। मात्र विवादित खातेदारों की राशि वितरण हेतु शेष हैं। इस परियोजना के तहत पुर्नवास एवं पुनव्र्यवस्थापन अंतर्गत प्रभावित ग्राम मझगांय, बालूपुर, बनहरीकला, कुंवरपुर एवं हनुमतपुर हैं। उक्त प्रभावित ग्रामों के विस्थापन हेतु अपर सचिव, मध्यप्रदेश शासन, जल संसाधन विभाग द्वारा निर्धारित 1 जुलाई 2018 कट आॅफ दिनांक से प्रारंभिक सूची अनुसार कुल 1935 परिवारों का चयन कर कुल पात्र 660 परिवारों को एकमुश्त पुर्नवास अनुदान राशि 5 लाख प्रति परिवार के मान से कुल 33 करोड़ रूपए मात्र स्वीकृत कर पूर्ण भुगतान किया जा चुका है। शेष परिवारों के पात्रता एवं अपात्रता की जांच व दस्तावेज एकत्रित किए जा रहे हैं। *रूंज मध्यम सिंचाई परियोजना* रूंज मध्यम सिंचाई परियोजना अंतर्गत भूमि एवं उस पर स्थित परिसंपत्तियों के प्रभावित ग्राम विश्रामगंज एंव भुजबई हैं। उक्त प्रभावित ग्रामों के मूल एवं पूरक अवार्ड पारित किए गए हैं, जिसमें कुल 710 खातेदारों को भुगतान योग्य कुल 44 करोड़ 23 लाख 58 हजार 951 रूपए मात्र की राशि स्वीकृत कर 43 करोड़ 86 लाख 63 हजार 205 रूपए राशि का वितरण किया जा चुका है, जबकि 36 लाख 95 हजार 746 रूपए मात्र का भुगतान शेष है। रूंज मध्यम सिंचाई परियोजना अंतर्गत पुर्नवास एवं पुनव्र्यवस्थापन के तहत प्रभावित ग्राम विश्रामगंज है। प्रभावित ग्राम के विस्थापन हेतु शासन द्वारा निर्धारित 5 अक्टूबर 2018 कट आॅफ दिनांक से प्रारंभिक सूची अनुसार कुल 670 परिवारों का चयन कर कुल पात्र 670 परिवारों को एकमुश्त पुर्नवास अनुदान राशि 5 लाख प्रति परिवार के मान से कुल 33 करोड़ 50 लाख रूपए राशि की स्वीकृति उपरांत पूर्ण भुगतान किया जा चुका है।
    1
    *दौधन गांव धरना स्थल पर प्रशासन की टीम ने प्रदर्शनकारियों से की वार्ता*
*विशेष अभियान के जरिए ग्रामवार समस्याओं का होगा निराकरण मौका स्थल पर प्राप्त किए गए शिकायत एवं आवेदन*
*धरना समाप्त करने की दी सलाह*
---------------
केन-बेतवा लिंक परियोजना अंतर्गत पन्ना टाइगर रिजर्व के कोर क्षेत्र स्थित निर्माणाधीन दौधन बांध के समीप विगत 5 अप्रैल से धरने पर बैठे ग्रामीणों से रविवार को  पन्ना जिले के प्रशासनिक अधिकारियों के संयुक्त दल द्वारा धरनास्थल पर पहुंचकर विस्तृत चर्चा की गई। दल में एसडीएम पन्ना संजय कुमार नागवंशी एवं एसडीएम अजयगढ़ आलोक मार्को सहित जल संसाधन विभाग और केन-बेतवा लिंक परियोजना के वरिष्ठ अधिकारी भी शामिल रहे। इस दौरान प्रदर्शनकारियों के नेतृत्वकर्ता अमित भटनागर और विस्थापित होने वाले ग्रामीणों का पक्ष सुना गया। वार्ता के दौरान प्रशासनिक दल ने व्यक्तिगत स्तर पर ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीरता से सुना। इसमें मुख्य रूप से बालूपुर की लक्ष्मी आदिवासी, पन्ना कोंदर, कुंवरपुर के अशोक पाल और सूरी यादव सहित विश्रामगंज से आए अनेक ग्रामीणों ने अपनी बात रखी। अधिकारियों ने मौके पर ही इन ग्रामीणों की व्यक्तिगत शिकायतों और आवेदनों को प्राप्त कर उनके त्वरित निराकरण का भरोसा दिलाया।
प्रदर्शनकारियों ने फेल्ड पेमेंट के कारण रुकी मुआवजा राशि और पहले की गई प्रतिबंधात्मक कार्यवाही को वापस लेने की मांग उठाई। चर्चा में यह स्पष्ट किया गया कि पूर्व में अमित भटनागर द्वारा प्रस्तुत दस्तावेजों में कुछ तकनीकी कमियां थीं। प्रशासन ने निर्देश दिए कि परियोजना से जुड़े आवश्यक दस्तावेजों की प्रमाणित प्रतियां और दस्तावेजों की पूर्ति शीघ्र कर ली जाए, ताकि प्रदर्शनकारी वैधानिक व उचित माध्यम से अपनी बात को ठोस आधार पर रख सकें। अधिकारियों ने आश्वस्त किया कि रूंझ, मझगांय और केन-बेतवा लिंक परियोजना से जुड़ी ग्रामवार समस्याओं के निराकरण के लिए एसडीओ स्तर के अधिकारियों के माध्यम से विशेष अभियान चलाया जाएगा। विशेषकर ग्राम गहदरा की शिकायतों के लिए विभागीय अधिकारियों सहित प्रभावितों में से 4 अशासकीय सदस्यों के संयुक्त जांच दल का गठन किया गया है। प्रदर्शनकारियों ने सहमति दी है कि वे आंदोलन समाप्ति के उपरांत इस दल के साथ स्थल निरीक्षण में सहभागी होंगे। इस अवसर पर चर्चा के दौरान यह भी स्वीकार किया गया कि 18 वर्ष से अधिक आयु के युवाओं के लिए विशेष पैकेज की कट ऑफ डेट बढ़ाने और 5 लाख रुपए की पुनर्वास राशि में वृद्धि करने जैसे विषय नीतिगत निर्णय हैं, जिन्हें शासन स्तर पर उठाया जाएगा। इसके साथ ही सर्वे से छूटे हुए मकानों और संपत्तियों के पुनः मूल्यांकन की मांग पर भी उचित कार्यवाही का भरोसा दिया गया।
प्रशासनिक दल ने सुरक्षा की दृष्टि से सचेत करते हुए बताया कि दौधन गांव का धरना स्थल पन्ना टाइगर रिजर्व का कोर एरिया है, जहां हिंसक वन्य जीवों का सीधा खतरा रहता है। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि टाइगर रिजर्व के भीतर बिना अनुमति धरना देना वैधानिक नियमों के विरुद्ध है, जिससे विषम कानूनी स्थिति बन सकती है। इस कारण जनहानि के खतरे को देखते हुए ग्रामीणों को धरना समाप्त करने की सलाह दी गई है।
*पन्ना जिले में संचालित हैं तीन वृहद परियोजनाएं*
वर्तमान में पन्ना जिले में तीन वृहद स्तर की परियोजनाएं संचालित हैं। केन-बेतवा लिंक राष्ट्रीय परियोजना अंतर्गत निजी भूमि एवं उस पर स्थित परिसंपत्तियों तथा शासकीय भूमि पर स्थित परिसंपत्तियों के प्रभावित ग्राम मरहा, कूडन, खमरी, गहदरा, कटहरी बिलहटा, कोनी, मझौली, डोंडी हैं। उक्त प्रभावित ग्रामों के मूल एवं पूरक अवार्ड पारित किए गए हैं, जिसमें कुल 1935 खातेदारों की कुल अधिग्रहित भूमि 871.077 हे. के लिए भुगतान हेतु 1 अरब 58 करोड़ 4 लाख 20 हजार 732 रूपए स्वीकृत किए गए। 1734 खातेदारों को 1 अरब 37 करोड़ 1 लाख 45 हजार 542 रूपए का भुगतान किया जा चुका है, शेष 201 खातेदारों को 2 अरब 10 करोड़ 27 सत्ताईस लाख 5 हजार 190 रूपए राशि का भुगतान किया जाना शेष है। ऐसे खातेदारों के बैंक खाते प्राप्त कर भुगतान की कार्यवाही की जा रही है। 
इसके अलावा राष्ट्रीय महत्व की केन-बेतवा लिंक परियोजना के तहत पुनर्वास एवं पुनव्र्यवस्थापन अंतर्गत प्रभावित ग्राम मरहा, कूडन, खमरी, गहदरा, कटहरी बिलहटा, कोनी एवं मझौली हैं। उक्त ग्रामों के प्रभावितों को उप सचिव, मध्यप्रदेश शासन, जल संसाधन विभाग, भोपाल द्वारा निर्धारित 21 जनवरी 2022 कट आॅफ दिनांक से प्रारंभिक सूची अनुसार कुल 1231 परिवारों का चयन कर एवं विशेष पैकेज अंतर्गत पुनर्वास अनुदान राशि 12.50 लाख प्रति परिवार के मान से कुल 1 अरब 53 करोड़ 87 लाख 50 हजार रूपए मात्र स्वीकृत किए गए, जिसमें से 1229 परिवारों को 1 अरब 53 करोड़ 62 लाख 50 हजार रूपए का भुगतान किया जा चुका है, जबकि दो परिवारों को 25 लाख रूपए राशि का भुगतान किया जाना शेष है, जिसकी कार्यवाही प्रचलन में है।
*मझगांय मध्यम सिंचाई परियोजना*
मझगांय मध्यम सिंचाई परियोजना अंतर्गत भूमि एवं उस पर स्थित परिसंपत्तियों के प्रभावित ग्राम मझगांय, बालूपुर, बनहरीकला, कुंवरपुर, हनुमतपुर, बरियारपुर भूमियान, डुंगरहो एवं सब्दुआ हैं। उक्त प्रभावित ग्रामों के कुल 21 मूल एवं पूरक अवार्ड पारित किए गए हैं, जिसमें कुल 1657 खातेदारों को भुगतान योग्य कुल 1 अरब 91 करोड़ 86 लाख 80 हजार 929 रूपए की राशि स्वीकृत कर मुआवजा वितरित किया जा चुका है। मात्र विवादित खातेदारों की राशि वितरण हेतु शेष हैं। इस परियोजना के तहत पुर्नवास एवं पुनव्र्यवस्थापन अंतर्गत प्रभावित ग्राम मझगांय, बालूपुर, बनहरीकला, कुंवरपुर एवं हनुमतपुर हैं। उक्त प्रभावित ग्रामों के विस्थापन हेतु अपर सचिव, मध्यप्रदेश शासन, जल संसाधन विभाग द्वारा निर्धारित 1 जुलाई 2018 कट आॅफ दिनांक से प्रारंभिक सूची अनुसार कुल 1935 परिवारों का चयन कर कुल पात्र 660 परिवारों को एकमुश्त पुर्नवास अनुदान राशि 5 लाख प्रति परिवार के मान से कुल 33 करोड़ रूपए मात्र स्वीकृत कर पूर्ण भुगतान किया जा चुका है। शेष परिवारों के पात्रता एवं अपात्रता की जांच व दस्तावेज एकत्रित किए जा रहे हैं।
*रूंज मध्यम सिंचाई परियोजना*
रूंज मध्यम सिंचाई परियोजना अंतर्गत भूमि एवं उस पर स्थित परिसंपत्तियों के प्रभावित ग्राम विश्रामगंज एंव भुजबई हैं। उक्त प्रभावित ग्रामों के मूल एवं पूरक अवार्ड पारित किए गए हैं, जिसमें कुल 710 खातेदारों को भुगतान योग्य कुल 44 करोड़ 23 लाख 58 हजार 951 रूपए मात्र की राशि स्वीकृत कर 43 करोड़ 86 लाख 63 हजार 205 रूपए राशि का वितरण किया जा चुका है, जबकि 36 लाख 95 हजार 746 रूपए मात्र का भुगतान शेष है। रूंज मध्यम सिंचाई परियोजना अंतर्गत पुर्नवास एवं पुनव्र्यवस्थापन के तहत प्रभावित ग्राम विश्रामगंज है। प्रभावित ग्राम के विस्थापन हेतु शासन द्वारा निर्धारित 5 अक्टूबर 2018 कट आॅफ दिनांक से प्रारंभिक सूची अनुसार कुल 670 परिवारों का चयन कर कुल पात्र 670 परिवारों को एकमुश्त पुर्नवास अनुदान राशि 5 लाख प्रति परिवार के मान से कुल 33 करोड़ 50 लाख रूपए राशि की स्वीकृति उपरांत पूर्ण भुगतान किया जा चुका है।
    user_Media panna atul Raikwar
    Media panna atul Raikwar
    पन्ना, पन्ना, मध्य प्रदेश•
    16 hrs ago
  • 📍 गढ़ी पड़रिया में भव्य कलश यात्रा के साथ श्रीमदभागवत कथा की बैठकी सम्पन्न गढ़ी पड़रिया में आज भक्ति और श्रद्धा का अद्भुत माहौल देखने को मिला, जहां भव्य कलश यात्रा के साथ श्रीमद भागवत महापुराण कथा का शुभारंभ किया गया। गांव की महिलाओं, युवतियों एवं श्रद्धालुओं ने सिर पर कलश रखकर भजन-कीर्तन और जयकारों के साथ पूरे गांव में शोभायात्रा निकाली। इस पावन कथा का वाचन कथा व्यास पं. श्री जगदीश प्रसाद त्रिपाठी (शास्त्री जी) द्वारा किया जा रहा है, जिनके मुखारविंद से भक्तगण श्रीमद भागवत का रसपान कर रहे हैं। 🙏 कथा के मुख्य श्रोता: श्री राम भगत विश्वकर्मा 📅 आयोजन अवधि: 13 अप्रैल से 21 अप्रैल 2026 📍 स्थान: ग्राम गढ़ी पड़रिया, जिला पन्ना (म.प्र.) कथा के प्रथम दिवस पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे और पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया। आयोजन स्थल पर सुंदर सजावट, भजन-कीर्तन और धार्मिक अनुष्ठानों ने सभी का मन मोह लिया। ✨ श्रद्धालु परिवार सहित कथा श्रवण कर पुण्य लाभ प्राप्त कर रहे हैं।
    4
    📍 गढ़ी पड़रिया में भव्य कलश यात्रा के साथ श्रीमदभागवत कथा की बैठकी सम्पन्न
गढ़ी पड़रिया में आज भक्ति और श्रद्धा का अद्भुत माहौल देखने को मिला, जहां भव्य कलश यात्रा के साथ श्रीमद भागवत महापुराण कथा का शुभारंभ किया गया। गांव की महिलाओं, युवतियों एवं श्रद्धालुओं ने सिर पर कलश रखकर भजन-कीर्तन और जयकारों के साथ पूरे गांव में शोभायात्रा निकाली।
इस पावन कथा का वाचन कथा व्यास पं. श्री जगदीश प्रसाद त्रिपाठी (शास्त्री जी) द्वारा किया जा रहा है, जिनके मुखारविंद से भक्तगण श्रीमद भागवत का रसपान कर रहे हैं।
🙏 कथा के मुख्य श्रोता: श्री राम भगत विश्वकर्मा
📅 आयोजन अवधि: 13 अप्रैल से 21 अप्रैल 2026
📍 स्थान: ग्राम गढ़ी पड़रिया, जिला पन्ना (म.प्र.)
कथा के प्रथम दिवस पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे और पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया। आयोजन स्थल पर सुंदर सजावट, भजन-कीर्तन और धार्मिक अनुष्ठानों ने सभी का मन मोह लिया।
✨ श्रद्धालु परिवार सहित कथा श्रवण कर पुण्य लाभ प्राप्त कर रहे हैं।
    user_Ashok Vishwakarma
    Ashok Vishwakarma
    Mobile Phone Shop देवेंद्रनगर, पन्ना, मध्य प्रदेश•
    6 hrs ago
  • ग्राम भवानीपुर में आज हर्बल इंडिया प्रोडक्ट्स एंड सर्विस प्राइवेट लिमिटेड के नए स्टोर का भव्य शुभारंभ बड़े ही उत्साह और गरिमामय माहौल में किया गया। इस अवसर पर कंपनी के एम.डी. पंकज नामदेव मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम की शुरुआत फीता काटकर की गई, जिसके साथ ही स्टोर का विधिवत उद्घाटन हुआ। इस मौके पर बड़ी संख्या में ग्रामीणजन एवं क्षेत्रीय लोग मौजूद रहे। सभी ने इस नई पहल का स्वागत करते हुए खुशी जताई और उम्मीद व्यक्त की कि अब क्षेत्र के लोगों को हर्बल उत्पाद आसानी से उपलब्ध हो सकेंगे। इस स्टोर की प्रभारी पुष्पा गौड़ को बनाया गया है, जो स्टोर के संचालन एवं ग्राहकों को बेहतर सेवाएं प्रदान करने की जिम्मेदारी संभालेंगी। कार्यक्रम के अंत में सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया गया और स्टोर के उज्जवल भविष्य की कामना की गई।
    4
    ग्राम भवानीपुर में आज हर्बल इंडिया प्रोडक्ट्स एंड सर्विस प्राइवेट लिमिटेड के नए स्टोर का भव्य शुभारंभ बड़े ही उत्साह और गरिमामय माहौल में किया गया। इस अवसर पर कंपनी के एम.डी. पंकज नामदेव मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
कार्यक्रम की शुरुआत फीता काटकर की गई, जिसके साथ ही स्टोर का विधिवत उद्घाटन हुआ। इस मौके पर बड़ी संख्या में ग्रामीणजन एवं क्षेत्रीय लोग मौजूद रहे। सभी ने इस नई पहल का स्वागत करते हुए खुशी जताई और उम्मीद व्यक्त की कि अब क्षेत्र के लोगों को हर्बल उत्पाद आसानी से उपलब्ध हो सकेंगे।
इस स्टोर की प्रभारी पुष्पा गौड़ को बनाया गया है, जो स्टोर के संचालन एवं ग्राहकों को बेहतर सेवाएं प्रदान करने की जिम्मेदारी संभालेंगी।
कार्यक्रम के अंत में सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया गया और स्टोर के उज्जवल भविष्य की कामना की गई।
    user_Rajendra Singh Patel
    Rajendra Singh Patel
    Local News Reporter अजयगढ़, पन्ना, मध्य प्रदेश•
    9 hrs ago
  • सांसद विष्णु दत्त शर्मा के प्रयास से संजू आदिवासी की लाश हैदराबाद से पन्ना पहुंची। सांसद विष्णु दत्त शर्मा के प्रयास से संजू आदिवासी की लाश हैदराबाद से पन्ना पहुंची 5 अप्रैल को हैदराबाद में एक्सीडेंट से हो गई थी मौत डेड बॉडी प्राप्त करने परिजन दर-दर भटक रहे थे पन्ना के अमझिरिया निवासी संजू आदिवासी दो वक्त की रोटी के तलाश में हैदराबाद गया हुआ था गांव में ही परिवार को छोड़कर संजू पिता दारा गोड अकेले ही हैदराबाद में मजदूरी कर रहा था, तभी काम से लौटते वक्त एक एक्सीडेंट में उसकी मौत हो गई, तीन मासूम संतानों का पिता संजू आदिवासी की मौत की खबर जब परिजनों को लगी तो गरीब परिजन लाश प्राप्त करने के लिए दर-दर भटक रहे थे लेकिन उन्हें कोई मदद नहीं मिल रही थी तभी सांसद विष्णु दत्त शर्मा रास्ते से गुजरे तब बिलख रहे परिजनों ने अपनी आपबीती बताई तत्काल सांसद विष्णु शर्मा ने हैदराबाद प्रशासन से संपर्क किया तत्काल संजू आदिवासी के शव को पन्ना पहुंचने की व्यवस्था करवाई, 35 घंटे के अंदर
    1
    सांसद विष्णु दत्त शर्मा के प्रयास से संजू आदिवासी की लाश हैदराबाद से पन्ना पहुंची।
सांसद विष्णु दत्त शर्मा के प्रयास से संजू आदिवासी की लाश हैदराबाद से पन्ना पहुंची 5 अप्रैल को हैदराबाद में एक्सीडेंट से हो गई थी मौत
डेड बॉडी प्राप्त करने परिजन दर-दर भटक रहे थे पन्ना के अमझिरिया निवासी संजू आदिवासी दो वक्त की रोटी के तलाश में हैदराबाद गया हुआ था गांव में ही परिवार को छोड़कर संजू पिता दारा गोड अकेले ही हैदराबाद में मजदूरी कर रहा था, तभी काम से लौटते वक्त एक एक्सीडेंट में उसकी मौत हो गई, तीन मासूम संतानों का पिता संजू आदिवासी की मौत की खबर जब परिजनों को लगी तो गरीब परिजन लाश प्राप्त करने के लिए दर-दर भटक रहे थे लेकिन उन्हें कोई मदद नहीं मिल रही थी तभी सांसद विष्णु दत्त शर्मा रास्ते से गुजरे तब बिलख रहे परिजनों ने अपनी आपबीती बताई तत्काल सांसद विष्णु शर्मा ने हैदराबाद प्रशासन से संपर्क किया तत्काल संजू आदिवासी के शव को पन्ना पहुंचने की व्यवस्था करवाई, 35 घंटे के अंदर
    user_Sitaram ray
    Sitaram ray
    Video Creator सिमरिया, पन्ना, मध्य प्रदेश•
    18 hrs ago
  • दो परिवारों में खतरनाक लड़ाई # लड़ाई के दौरान खून में सने लोग पार्ट 2
    1
    दो परिवारों में खतरनाक लड़ाई # लड़ाई के दौरान खून में सने लोग पार्ट 2
    user_Arun Lodhi
    Arun Lodhi
    Media and information sciences faculty अमनगंज, पन्ना, मध्य प्रदेश•
    10 hrs ago
  • राजनगर महीला बाल विकास परियोजना के अन्तर्गत आने वाले खजुराहो से सटे ग्राम कुंदरपुरा आदिवासी मुहल्ले में संचालित आंगनवाड़ी केन्द्र में चूहों का आतंक से बच्चे नोनीहाल परेशान है चूहों ने फर्श उखाड़कर केंद्र में बनाया अपना घर बना लिया है जिससे बच्चो मे डर का माहौल है आंगनवाड़ी कार्यकर्ता ने लिखित आवेदन पत्र भी अपने वारिष्ट अधिकारियों को भी दिया गया लेकीन अधिकारियों ने इस मामले को गंभीरता से नहीं लिया आधिकारी चुप्पी साध कर बैठे हुए हैं शायद कोई बडी घटना घटने का इंतजार किया जा रहा है मीडिया में ख़बर प्रकाशन होने से अब देखना होगा कि आधिकारी इस मामले को कितनी गंभीरता दिखाते हैं
    4
    राजनगर महीला बाल विकास परियोजना के अन्तर्गत आने वाले खजुराहो से सटे ग्राम कुंदरपुरा आदिवासी मुहल्ले में संचालित आंगनवाड़ी केन्द्र में चूहों का आतंक से बच्चे नोनीहाल परेशान है चूहों ने फर्श उखाड़कर केंद्र में बनाया अपना घर बना लिया है जिससे बच्चो मे डर का माहौल है आंगनवाड़ी कार्यकर्ता ने लिखित आवेदन पत्र भी अपने वारिष्ट अधिकारियों को भी दिया गया लेकीन अधिकारियों ने इस मामले को गंभीरता से नहीं लिया आधिकारी चुप्पी साध कर बैठे हुए हैं शायद कोई बडी घटना घटने का इंतजार किया जा रहा है मीडिया में ख़बर प्रकाशन होने से अब देखना होगा कि आधिकारी इस मामले को कितनी गंभीरता दिखाते हैं
    user_BALKISHUN VISHWAKARMA
    BALKISHUN VISHWAKARMA
    Lawyer राजनगर, छतरपुर, मध्य प्रदेश•
    16 hrs ago
  • दो परिवारों में खतरनाक लड़ाई # लड़ाई के दौरान खून में सने लोग
    1
    दो परिवारों में खतरनाक लड़ाई # लड़ाई के दौरान खून में सने लोग
    user_Arun Lodhi
    Arun Lodhi
    Media and information sciences faculty अमनगंज, पन्ना, मध्य प्रदेश•
    10 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.