logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

गुरु पूर्णिमा पर जिलेभर में श्रद्धा और सम्मान के साथ हुए कार्यक्रम, कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया बोलीं— "गुरु कभी सेवानिवृत्त नहीं होता" उत्कृष्ट विद्यालय डिंडौरी में गरिमामय समारोह, बहेरा टोला माध्यमिक शाला में विद्यार्थियों को बांटे गए कम्पास बॉक्स और दिलाई गई नशा मुक्ति की शपथ डिंडौरी,- गुरु पूर्णिमा का पावन पर्व बुधवार को जिले के सभी विकासखंडों में श्रद्धा, उत्साह और हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों में आयोजित कार्यक्रमों में जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों, शिक्षकों एवं विद्यार्थियों ने सहभागिता कर गुरु-शिष्य परंपरा के महत्व पर प्रकाश डाला। सांस्कृतिक प्रस्तुतियों, गुरु वंदना और प्रेरक उद्बोधनों के माध्यम से गुरुजनों के प्रति सम्मान एवं कृतज्ञता व्यक्त की गई। इसी क्रम में शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय डिंडौरी में आयोजित मुख्य समारोह में डिंडौरी विधायक श्री ओमकार सिंह मरकाम, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री रूद्रेश परस्ते, कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्रीमती अंजू ब्यौहार, नगर परिषद अध्यक्ष श्रीमती सुनीता सारस, विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाएं, छात्र-छात्राएं एवं समस्त स्टाफ उपस्थित रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा मां सरस्वती के तैलचित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। इसके बाद छात्राओं ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, प्रेरक भाषण एवं गीत प्रस्तुत कर गुरु-शिष्य परंपरा की गरिमा को प्रभावी ढंग से दर्शाया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया ने कहा कि "गुरु कभी सेवानिवृत्त नहीं होता, बल्कि जीवनभर अपने ज्ञान, अनुभव और संस्कारों से समाज का मार्गदर्शन करता रहता है।" उन्होंने विद्यालय के उत्कृष्ट परीक्षा परिणाम को शिक्षकों की मेहनत, समर्पण और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का प्रतिफल बताया। उन्होंने विद्यार्थियों से अनुशासन, नियमित अध्ययन और गुरुजनों के मार्गदर्शन का पालन करते हुए जीवन में नई ऊंचाइयों को प्राप्त करने का आह्वान किया। कलेक्टर ने कहा कि किसी भी विद्यार्थी की सफलता में गुरु और माता-पिता का सबसे बड़ा योगदान होता है। बहेरा टोला स्कूल में बांटे गए कम्पास बॉक्स गुरु पूर्णिमा के अवसर पर शहपुरा जनपद पंचायत के ग्राम पंचायत चंदवाही स्थित माध्यमिक शाला बहेरा टोला में भी विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान कक्षा 6वीं के सभी विद्यार्थियों को कम्पास बॉक्स वितरित किए गए। प्रधानाध्यापक श्री रमेश कुमार साहू ने विद्यार्थियों को गुरु पूर्णिमा का महत्व बताते हुए शिक्षा, अनुशासन और नैतिक मूल्यों के प्रति समर्पित रहने की प्रेरणा दी। नशा मुक्ति का लिया संकल्प कार्यक्रम के समापन पर सभी विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं उपस्थित जनों को नशा मुक्ति की शपथ दिलाई गई। सभी ने नशे से दूर रहकर स्वस्थ, जागरूक और नशामुक्त समाज के निर्माण में सक्रिय भागीदारी निभाने का संकल्प लिया। गुरु पूर्णिमा के अवसर पर जिलेभर में आयोजित कार्यक्रमों ने गुरु-शिष्य परंपरा के प्रति सम्मान, शिक्षा के महत्व और सामाजिक जागरूकता का प्रभावी संदेश दिया।

7 hrs ago
user_खमोद चंदेल
खमोद चंदेल
डिंडोरी, डिंडोरी, मध्य प्रदेश•
7 hrs ago

गुरु पूर्णिमा पर जिलेभर में श्रद्धा और सम्मान के साथ हुए कार्यक्रम, कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया बोलीं— "गुरु कभी सेवानिवृत्त नहीं होता" उत्कृष्ट विद्यालय डिंडौरी में गरिमामय समारोह, बहेरा टोला माध्यमिक शाला में विद्यार्थियों को बांटे गए कम्पास बॉक्स और दिलाई गई नशा मुक्ति की शपथ डिंडौरी,- गुरु पूर्णिमा का पावन पर्व बुधवार को जिले के सभी विकासखंडों में श्रद्धा, उत्साह और हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों में आयोजित कार्यक्रमों में जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों, शिक्षकों एवं विद्यार्थियों ने सहभागिता कर गुरु-शिष्य परंपरा के महत्व पर प्रकाश डाला। सांस्कृतिक प्रस्तुतियों, गुरु वंदना और प्रेरक उद्बोधनों के माध्यम से गुरुजनों के प्रति सम्मान एवं कृतज्ञता व्यक्त की गई। इसी क्रम में शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय डिंडौरी में आयोजित मुख्य समारोह में डिंडौरी विधायक श्री ओमकार सिंह मरकाम, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री रूद्रेश परस्ते, कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्रीमती अंजू ब्यौहार, नगर परिषद अध्यक्ष श्रीमती सुनीता सारस, विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाएं, छात्र-छात्राएं एवं समस्त स्टाफ उपस्थित रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा मां सरस्वती के तैलचित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। इसके बाद छात्राओं ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, प्रेरक भाषण एवं गीत प्रस्तुत कर गुरु-शिष्य परंपरा की गरिमा को प्रभावी ढंग से दर्शाया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया ने कहा कि "गुरु कभी सेवानिवृत्त नहीं होता, बल्कि जीवनभर अपने ज्ञान, अनुभव और संस्कारों से समाज का मार्गदर्शन करता रहता है।" उन्होंने विद्यालय के उत्कृष्ट परीक्षा परिणाम को शिक्षकों की मेहनत, समर्पण और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का प्रतिफल बताया। उन्होंने विद्यार्थियों से अनुशासन, नियमित अध्ययन और गुरुजनों के मार्गदर्शन का पालन करते हुए जीवन में नई ऊंचाइयों को प्राप्त करने का आह्वान किया। कलेक्टर ने कहा कि किसी भी विद्यार्थी की सफलता में गुरु और माता-पिता का सबसे बड़ा योगदान होता है। बहेरा टोला स्कूल में बांटे गए कम्पास बॉक्स गुरु पूर्णिमा के अवसर पर शहपुरा जनपद पंचायत के ग्राम पंचायत चंदवाही स्थित माध्यमिक शाला बहेरा टोला में भी विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान कक्षा 6वीं के सभी विद्यार्थियों को कम्पास बॉक्स वितरित किए गए। प्रधानाध्यापक श्री रमेश कुमार साहू ने विद्यार्थियों को गुरु पूर्णिमा का महत्व बताते हुए शिक्षा, अनुशासन और नैतिक मूल्यों के प्रति समर्पित रहने की प्रेरणा दी। नशा मुक्ति का लिया संकल्प कार्यक्रम के समापन पर सभी विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं उपस्थित जनों को नशा मुक्ति की शपथ दिलाई गई। सभी ने नशे से दूर रहकर स्वस्थ, जागरूक और नशामुक्त समाज के निर्माण में सक्रिय भागीदारी निभाने का संकल्प लिया। गुरु पूर्णिमा के अवसर पर जिलेभर में आयोजित कार्यक्रमों ने गुरु-शिष्य परंपरा के प्रति सम्मान, शिक्षा के महत्व और सामाजिक जागरूकता का प्रभावी संदेश दिया।

More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
  • गुरु पूर्णिमा पर जिलेभर में श्रद्धा और सम्मान के साथ हुए कार्यक्रम, कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया बोलीं— "गुरु कभी सेवानिवृत्त नहीं होता" उत्कृष्ट विद्यालय डिंडौरी में गरिमामय समारोह, बहेरा टोला माध्यमिक शाला में विद्यार्थियों को बांटे गए कम्पास बॉक्स और दिलाई गई नशा मुक्ति की शपथ डिंडौरी,- गुरु पूर्णिमा का पावन पर्व बुधवार को जिले के सभी विकासखंडों में श्रद्धा, उत्साह और हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों में आयोजित कार्यक्रमों में जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों, शिक्षकों एवं विद्यार्थियों ने सहभागिता कर गुरु-शिष्य परंपरा के महत्व पर प्रकाश डाला। सांस्कृतिक प्रस्तुतियों, गुरु वंदना और प्रेरक उद्बोधनों के माध्यम से गुरुजनों के प्रति सम्मान एवं कृतज्ञता व्यक्त की गई। इसी क्रम में शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय डिंडौरी में आयोजित मुख्य समारोह में डिंडौरी विधायक श्री ओमकार सिंह मरकाम, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री रूद्रेश परस्ते, कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्रीमती अंजू ब्यौहार, नगर परिषद अध्यक्ष श्रीमती सुनीता सारस, विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाएं, छात्र-छात्राएं एवं समस्त स्टाफ उपस्थित रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा मां सरस्वती के तैलचित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। इसके बाद छात्राओं ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, प्रेरक भाषण एवं गीत प्रस्तुत कर गुरु-शिष्य परंपरा की गरिमा को प्रभावी ढंग से दर्शाया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया ने कहा कि "गुरु कभी सेवानिवृत्त नहीं होता, बल्कि जीवनभर अपने ज्ञान, अनुभव और संस्कारों से समाज का मार्गदर्शन करता रहता है।" उन्होंने विद्यालय के उत्कृष्ट परीक्षा परिणाम को शिक्षकों की मेहनत, समर्पण और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का प्रतिफल बताया। उन्होंने विद्यार्थियों से अनुशासन, नियमित अध्ययन और गुरुजनों के मार्गदर्शन का पालन करते हुए जीवन में नई ऊंचाइयों को प्राप्त करने का आह्वान किया। कलेक्टर ने कहा कि किसी भी विद्यार्थी की सफलता में गुरु और माता-पिता का सबसे बड़ा योगदान होता है। बहेरा टोला स्कूल में बांटे गए कम्पास बॉक्स गुरु पूर्णिमा के अवसर पर शहपुरा जनपद पंचायत के ग्राम पंचायत चंदवाही स्थित माध्यमिक शाला बहेरा टोला में भी विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान कक्षा 6वीं के सभी विद्यार्थियों को कम्पास बॉक्स वितरित किए गए। प्रधानाध्यापक श्री रमेश कुमार साहू ने विद्यार्थियों को गुरु पूर्णिमा का महत्व बताते हुए शिक्षा, अनुशासन और नैतिक मूल्यों के प्रति समर्पित रहने की प्रेरणा दी। नशा मुक्ति का लिया संकल्प कार्यक्रम के समापन पर सभी विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं उपस्थित जनों को नशा मुक्ति की शपथ दिलाई गई। सभी ने नशे से दूर रहकर स्वस्थ, जागरूक और नशामुक्त समाज के निर्माण में सक्रिय भागीदारी निभाने का संकल्प लिया। गुरु पूर्णिमा के अवसर पर जिलेभर में आयोजित कार्यक्रमों ने गुरु-शिष्य परंपरा के प्रति सम्मान, शिक्षा के महत्व और सामाजिक जागरूकता का प्रभावी संदेश दिया।
    1
    गुरु पूर्णिमा पर जिलेभर में श्रद्धा और सम्मान के साथ हुए कार्यक्रम, कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया बोलीं— "गुरु कभी सेवानिवृत्त नहीं होता"
उत्कृष्ट विद्यालय डिंडौरी में गरिमामय समारोह, बहेरा टोला माध्यमिक शाला में विद्यार्थियों को बांटे गए कम्पास बॉक्स और दिलाई गई नशा मुक्ति की शपथ
डिंडौरी,-
गुरु पूर्णिमा का पावन पर्व बुधवार को जिले के सभी विकासखंडों में श्रद्धा, उत्साह और हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों में आयोजित कार्यक्रमों में जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों, शिक्षकों एवं विद्यार्थियों ने सहभागिता कर गुरु-शिष्य परंपरा के महत्व पर प्रकाश डाला। सांस्कृतिक प्रस्तुतियों, गुरु वंदना और प्रेरक उद्बोधनों के माध्यम से गुरुजनों के प्रति सम्मान एवं कृतज्ञता व्यक्त की गई।
इसी क्रम में शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय डिंडौरी में आयोजित मुख्य समारोह में डिंडौरी विधायक श्री ओमकार सिंह मरकाम, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री रूद्रेश परस्ते, कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्रीमती अंजू ब्यौहार, नगर परिषद अध्यक्ष श्रीमती सुनीता सारस, विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाएं, छात्र-छात्राएं एवं समस्त स्टाफ उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा मां सरस्वती के तैलचित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। इसके बाद छात्राओं ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, प्रेरक भाषण एवं गीत प्रस्तुत कर गुरु-शिष्य परंपरा की गरिमा को प्रभावी ढंग से दर्शाया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया ने कहा कि "गुरु कभी सेवानिवृत्त नहीं होता, बल्कि जीवनभर अपने ज्ञान, अनुभव और संस्कारों से समाज का मार्गदर्शन करता रहता है।" उन्होंने विद्यालय के उत्कृष्ट परीक्षा परिणाम को शिक्षकों की मेहनत, समर्पण और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का प्रतिफल बताया। उन्होंने विद्यार्थियों से अनुशासन, नियमित अध्ययन और गुरुजनों के मार्गदर्शन का पालन करते हुए जीवन में नई ऊंचाइयों को प्राप्त करने का आह्वान किया। कलेक्टर ने कहा कि किसी भी विद्यार्थी की सफलता में गुरु और माता-पिता का सबसे बड़ा योगदान होता है।
बहेरा टोला स्कूल में बांटे गए कम्पास बॉक्स
गुरु पूर्णिमा के अवसर पर शहपुरा जनपद पंचायत के ग्राम पंचायत चंदवाही स्थित माध्यमिक शाला बहेरा टोला में भी विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान कक्षा 6वीं के सभी विद्यार्थियों को कम्पास बॉक्स वितरित किए गए। प्रधानाध्यापक श्री रमेश कुमार साहू ने विद्यार्थियों को गुरु पूर्णिमा का महत्व बताते हुए शिक्षा, अनुशासन और नैतिक मूल्यों के प्रति समर्पित रहने की प्रेरणा दी।
नशा मुक्ति का लिया संकल्प
कार्यक्रम के समापन पर सभी विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं उपस्थित जनों को नशा मुक्ति की शपथ दिलाई गई। सभी ने नशे से दूर रहकर स्वस्थ, जागरूक और नशामुक्त समाज के निर्माण में सक्रिय भागीदारी निभाने का संकल्प लिया। गुरु पूर्णिमा के अवसर पर जिलेभर में आयोजित कार्यक्रमों ने गुरु-शिष्य परंपरा के प्रति सम्मान, शिक्षा के महत्व और सामाजिक जागरूकता का प्रभावी संदेश दिया।
    user_खमोद चंदेल
    खमोद चंदेल
    डिंडोरी, डिंडोरी, मध्य प्रदेश•
    7 hrs ago
  • बिलगांव जलाशय के दो गेट खुले, नदी किनारे रहने वाले लोग रहें सतर्क बिलगांव जलाशय के दो गेट खुले, नदी किनारे रहने वाले लोग रहें सतर्क डिंडौरी, 29 जुलाई 2026। जिले में लगातार हो रही बारिश के चलते बिलगांव मध्यम सिंचाई परियोजना के बिलगड़ा बांध के कैचमेंट क्षेत्र में जलभराव तेजी से बढ़ गया है। बढ़ते जलस्तर को नियंत्रित करने के लिए बुधवार 29 जुलाई 2026 को सुबह 11:00 बजे बांध के गेट क्रमांक 5 एवं 6 को 5-5 सेंटीमीटर खोल दिया गया। गेट खोले जाने के बाद बांध से पानी की निकासी शुरू हो गई है। प्रशासन ने नदी के किनारे बसे गांवों के नागरिकों, किसानों, मछुआरों एवं पशुपालकों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है। लोगों से कहा गया है कि वे नदी, नालों और जलभराव वाले क्षेत्रों में अनावश्यक आवाजाही न करें तथा बच्चों को भी पानी के पास न जाने दें। संबंधित विभागों को स्थिति पर लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं। यदि वर्षा का दौर जारी रहता है तो आवश्यकता पड़ने पर जल निकासी की मात्रा में बदलाव किया जा सकता है। प्रशासन ने नागरिकों से अफवाहों पर ध्यान न देने और केवल आधिकारिक सूचनाओं पर ही भरोसा करने की अपील की है। अलर्ट: नदी किनारे रहने वाले सभी लोग सतर्क रहें और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें। किसी भी आपात स्थिति में तत्काल स्थानीय प्रशासन एवं पुलिस को सूचना दें।
    2
    बिलगांव जलाशय के दो गेट खुले, नदी किनारे रहने वाले लोग रहें सतर्क

बिलगांव जलाशय के दो गेट खुले, नदी किनारे रहने वाले लोग रहें सतर्क
डिंडौरी, 29 जुलाई 2026। जिले में लगातार हो रही बारिश के चलते बिलगांव मध्यम सिंचाई परियोजना के बिलगड़ा बांध के कैचमेंट क्षेत्र में जलभराव तेजी से बढ़ गया है। बढ़ते जलस्तर को नियंत्रित करने के लिए बुधवार 29 जुलाई 2026 को सुबह 11:00 बजे बांध के गेट क्रमांक 5 एवं 6 को 5-5 सेंटीमीटर खोल दिया गया।
गेट खोले जाने के बाद बांध से पानी की निकासी शुरू हो गई है। प्रशासन ने नदी के किनारे बसे गांवों के नागरिकों, किसानों, मछुआरों एवं पशुपालकों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है। लोगों से कहा गया है कि वे नदी, नालों और जलभराव वाले क्षेत्रों में अनावश्यक आवाजाही न करें तथा बच्चों को भी पानी के पास न जाने दें।
संबंधित विभागों को स्थिति पर लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं। यदि वर्षा का दौर जारी रहता है तो आवश्यकता पड़ने पर जल निकासी की मात्रा में बदलाव किया जा सकता है। प्रशासन ने नागरिकों से अफवाहों पर ध्यान न देने और केवल आधिकारिक सूचनाओं पर ही भरोसा करने की अपील की है।
अलर्ट: नदी किनारे रहने वाले सभी लोग सतर्क रहें और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें। किसी भी आपात स्थिति में तत्काल स्थानीय प्रशासन एवं पुलिस को सूचना दें।
    user_वाइस ऑफ़ राइट्स न्यूज चैनल
    वाइस ऑफ़ राइट्स न्यूज चैनल
    Voice of people डिंडोरी, डिंडोरी, मध्य प्रदेश•
    13 hrs ago
  • road kharab प्रशासन मदहोश cm help line me kai bar hui sikayat cm help line me kai bar hui sikayat
    1
    road kharab प्रशासन मदहोश cm help line me kai bar hui sikayat
cm help line me kai bar hui sikayat
    user_Vaibhav soni
    Vaibhav soni
    बजाग, डिंडोरी, मध्य प्रदेश•
    19 hrs ago
  • अनूपपुर: कबाड़ के बीच मिली पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की पुरानी प्रतिमा, नागरिकों में नाराजगी अनूपपुर शहर में तिराहे के चौड़ीकरण के दौरान हटाई गई पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की पुरानी प्रतिमा नगर पालिका के पुराने कार्यालय परिसर में कबाड़ के बीच रखी मिली। नई प्रतिमा स्थापित होने के बाद पुरानी प्रतिमा का न तो सम्मानजनक संरक्षण किया गया और न ही उसका किसी अन्य स्थान पर पुनर्स्थापन किया गया। प्रतिमा की इस स्थिति को लेकर स्थानीय नागरिकों ने नाराजगी व्यक्त की है। उनका कहना है कि देश की पूर्व प्रधानमंत्री की प्रतिमा को इस तरह उपेक्षित छोड़ना उचित नहीं है। नागरिकों ने मांग की है कि प्रतिमा को सम्मानपूर्वक सुरक्षित रखा जाए और किसी उपयुक्त सार्वजनिक स्थान पर पुनः स्थापित किया जाए। इस मामले को लेकर शहर में चर्चा का माहौल है। लोगों का मानना है कि सार्वजनिक स्मारकों और ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण के प्रति संबंधित विभागों को गंभीरता दिखानी चाहिए। आपकी क्या राय है? क्या पुरानी प्रतिमा को सम्मानजनक स्थान पर पुनः स्थापित किया जाना चाहिए? अपनी प्रतिक्रिया कमेंट में जरूर साझा करें।
    1
    अनूपपुर: कबाड़ के बीच मिली पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की पुरानी प्रतिमा, नागरिकों में नाराजगी
अनूपपुर शहर में तिराहे के चौड़ीकरण के दौरान हटाई गई पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की पुरानी प्रतिमा नगर पालिका के पुराने कार्यालय परिसर में कबाड़ के बीच रखी मिली। नई प्रतिमा स्थापित होने के बाद पुरानी प्रतिमा का न तो सम्मानजनक संरक्षण किया गया और न ही उसका किसी अन्य स्थान पर पुनर्स्थापन किया गया।
प्रतिमा की इस स्थिति को लेकर स्थानीय नागरिकों ने नाराजगी व्यक्त की है। उनका कहना है कि देश की पूर्व प्रधानमंत्री की प्रतिमा को इस तरह उपेक्षित छोड़ना उचित नहीं है। नागरिकों ने मांग की है कि प्रतिमा को सम्मानपूर्वक सुरक्षित रखा जाए और किसी उपयुक्त सार्वजनिक स्थान पर पुनः स्थापित किया जाए।
इस मामले को लेकर शहर में चर्चा का माहौल है। लोगों का मानना है कि सार्वजनिक स्मारकों और ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण के प्रति संबंधित विभागों को गंभीरता दिखानी चाहिए।
आपकी क्या राय है?
क्या पुरानी प्रतिमा को सम्मानजनक स्थान पर पुनः स्थापित किया जाना चाहिए? अपनी प्रतिक्रिया कमेंट में जरूर साझा करें।
    user_Prince ojha
    Prince ojha
    अनूपपुर, अनूपपुर, मध्य प्रदेश•
    7 hrs ago
  • आषाढ़ पूर्णिमा पर अमरकंटक में उमड़ा आस्था का सैलाब हजारों श्रद्धालुओं ने माँ नर्मदा में लगाई पुण्य डुबकी, गुरु पूजन एवं विशाल भंडारों का हुआ आयोजन अनूपपूर - मध्य प्रदेश के प्रमुख धार्मिक, आध्यात्मिक एवं पर्यटन तीर्थ पवित्र नगरी अमरकंटक में आषाढ़ पूर्णिमा (गुरु पूर्णिमा) के पावन अवसर पर श्रद्धा, भक्ति और गुरु-परंपरा का अनुपम संगम देखने को मिला। ब्रह्ममुहूर्त से ही हजारों की संख्या में देश के विभिन्न राज्यों से आए श्रद्धालुओं ने पतित पावनी, पुण्य सलिला माँ नर्मदा के पवित्र कोटितीर्थ कुंड, रामघाट एवं अन्य घाटों पर आस्था की डुबकी लगाकर पुण्य स्नान किया तथा माँ नर्मदा का विधिवत दर्शन-पूजन, आरती एवं अर्चना कर विश्व के सुख, शांति और समृद्धि की कामना की। गुरु पूर्णिमा के पावन पर्व पर गुरु-शिष्य परंपरा की दिव्य छटा भी अमरकंटक के विभिन्न आश्रमों में देखने को मिली। गुरु भक्तों एवं शिष्यों ने अपने पूज्य गुरुदेव के श्रीचरणों में पुष्प, चंदन, अक्षत एवं माल्यार्पण अर्पित कर श्रद्धापूर्वक पूजन-अर्चन, आरती एवं वंदना की तथा उनका आशीर्वाद प्राप्त किया। पूरे वातावरण में वैदिक मंत्रोच्चार, भजन-कीर्तन एवं गुरु महिमा के स्वर गूंजते रहे, जिससे संपूर्ण तीर्थ नगरी भक्तिमय वातावरण में सराबोर रही। इस पावन अवसर पर कल्याण सेवा आश्रम, मारकंडेय आश्रम, शांति कुटी आश्रम, फलाहारी आश्रम, गीता स्वाध्याय मंदिर, बर्फानी आश्रम, मृत्युंजय आश्रम, धारकुंडी आश्रम तथा गायत्री मंदिर (सर्वोदय विश्राम गृह) सहित अनेक आश्रमों में गुरुपूजन के उपरांत विशाल भंडारों एवं प्रसादी वितरण का आयोजन किया गया। श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण कर स्वयं को धन्य महसूस किया। गुरु पूर्णिमा के अवसर पर मध्य प्रदेश सहित छत्तीसगढ़, उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, गुजरात एवं अन्य राज्यों से बड़ी संख्या में गुरु भक्त अपने-अपने गुरुदेव के दर्शन एवं आशीर्वाद प्राप्त करने अमरकंटक पहुंचे। आश्रमों एवं मंदिरों में दिनभर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ बनी रही। पूरा अमरकंटक क्षेत्र श्रद्धा, भक्ति, सेवा और आध्यात्मिक उल्लास से आलोकित दिखाई दिया। गौरतलब है कि सनातन संस्कृति में गुरु पूर्णिमा का विशेष महत्व माना गया है। यह पर्व ज्ञान, संस्कार एवं आध्यात्मिक चेतना के प्रति समर्पण का प्रतीक है। अमरकंटक जैसे पावन तीर्थ में माँ नर्मदा के सान्निध्य में मनाई गई गुरु पूर्णिमा ने श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक ऊर्जा एवं आत्मिक शांति का अनुपम अनुभव कराया।
    1
    आषाढ़ पूर्णिमा पर अमरकंटक में उमड़ा आस्था का सैलाब
हजारों श्रद्धालुओं ने माँ नर्मदा में लगाई पुण्य डुबकी, गुरु पूजन एवं विशाल भंडारों का हुआ आयोजन
अनूपपूर  - 
मध्य प्रदेश के प्रमुख धार्मिक, आध्यात्मिक एवं पर्यटन तीर्थ पवित्र नगरी अमरकंटक में आषाढ़ पूर्णिमा (गुरु पूर्णिमा) के पावन अवसर पर श्रद्धा, भक्ति और गुरु-परंपरा का अनुपम संगम देखने को मिला। ब्रह्ममुहूर्त से ही हजारों की संख्या में देश के विभिन्न राज्यों से आए श्रद्धालुओं ने पतित पावनी, पुण्य सलिला माँ नर्मदा के पवित्र कोटितीर्थ कुंड, रामघाट एवं अन्य घाटों पर आस्था की डुबकी लगाकर पुण्य स्नान किया तथा माँ नर्मदा का विधिवत दर्शन-पूजन, आरती एवं अर्चना कर विश्व के सुख, शांति और समृद्धि की कामना की।
गुरु पूर्णिमा के पावन पर्व पर गुरु-शिष्य परंपरा की दिव्य छटा भी अमरकंटक के विभिन्न आश्रमों में देखने को मिली। गुरु भक्तों एवं शिष्यों ने अपने पूज्य गुरुदेव के श्रीचरणों में पुष्प, चंदन, अक्षत एवं माल्यार्पण अर्पित कर श्रद्धापूर्वक पूजन-अर्चन, आरती एवं वंदना की तथा उनका आशीर्वाद प्राप्त किया। पूरे वातावरण में वैदिक मंत्रोच्चार, भजन-कीर्तन एवं गुरु महिमा के स्वर गूंजते रहे, जिससे संपूर्ण तीर्थ नगरी भक्तिमय वातावरण में सराबोर रही।
इस पावन अवसर पर कल्याण सेवा आश्रम, मारकंडेय आश्रम, शांति कुटी आश्रम, फलाहारी आश्रम, गीता स्वाध्याय मंदिर, बर्फानी आश्रम, मृत्युंजय आश्रम, धारकुंडी आश्रम तथा गायत्री मंदिर (सर्वोदय विश्राम गृह) सहित अनेक आश्रमों में गुरुपूजन के उपरांत विशाल भंडारों एवं प्रसादी वितरण का आयोजन किया गया। श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण कर स्वयं को धन्य महसूस किया।
गुरु पूर्णिमा के अवसर पर मध्य प्रदेश सहित छत्तीसगढ़, उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, गुजरात एवं अन्य राज्यों से बड़ी संख्या में गुरु भक्त अपने-अपने गुरुदेव के दर्शन एवं आशीर्वाद प्राप्त करने अमरकंटक पहुंचे। आश्रमों एवं मंदिरों में दिनभर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ बनी रही। पूरा अमरकंटक क्षेत्र श्रद्धा, भक्ति, सेवा और आध्यात्मिक उल्लास से आलोकित दिखाई दिया।
गौरतलब है कि सनातन संस्कृति में गुरु पूर्णिमा का विशेष महत्व माना गया है। यह पर्व ज्ञान, संस्कार एवं आध्यात्मिक चेतना के प्रति समर्पण का प्रतीक है। अमरकंटक जैसे पावन तीर्थ में माँ नर्मदा के सान्निध्य में मनाई गई गुरु पूर्णिमा ने श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक ऊर्जा एवं आत्मिक शांति का अनुपम अनुभव कराया।
    user_Anupam Singh patrkar
    Anupam Singh patrkar
    अनूपपुर, अनूपपुर, मध्य प्रदेश•
    9 hrs ago
  • श्री सिद्धेश्वर धाम सुरंगदेवरी में भक्तिभाव से मनाया गुरु पूर्णिमा शिष्यों ने लिया आशीर्वाद, कन्या पूजन व भोज का हुआ भव्य आयोजन श्री सिद्धेश्वर धाम सुरंगदेवरी में भक्तिभाव से मनाया गुरु पूर्णिमा शिष्यों ने लिया आशीर्वाद, कन्या पूजन व भोज का हुआ भव्य आयोजन 29 जुलाई बुधवार तीन बजे पंडित ललित नारायण मिश्रा ने बताया कि शास्त्रों में कहा गया है कि गुरू से मंत्र लेकर वेदों का पठन करने वाला शिष्य ही साधना की योग्यता पाता है। गुरू का मार्गदर्शन किसी ताले की चाबी की तरह है। इस प्रकार गुरू शक्ति का ही रूप है। वह किसी भी व्यक्ति के लिए एक अवधारणा और राह बन जाते हैं, जिस पर चलकर व्यक्ति मनोवांछित परिणाम पा लेता है। बताया गया कि श्री सिद्धेश्वर धाम सुरंगदेवरी में गुरु पूर्णिमा का पावन पर्व अत्यंत धूमधाम और अगाध श्रद्धा-भक्ति के साथ मनाया गया। भारतीय सनातन संस्कृति में गुरु को सर्वोच्च स्थान दिया गया है, और इसी पवित्र परंपरा का निर्वहन करते हुए बड़ी संख्या में शिष्य अपने गुरु के प्रति कृतज्ञता और आस्था व्यक्त करने के लिए धाम में एकत्रित हुए। इस शुभ अवसर पर पंडित ललित नारायण मिश्रा के शिष्य गुरु दरबार में पहुंचे। शिष्यों ने पूरे विधि-विधान और आस्था के साथ अपने आराध्य गुरु पंडित ललित नारायण मिश्रा तथा गुरु माता का पूजन-अर्चन किया। इस दौरान पूरे दरबार में गुरु महिमा के जयकारे गूंजते रहे, जिससे वहां का वातावरण पूरी तरह से आध्यात्मिक और भक्तिमय हो गया। पूजन के बाद शिष्यों ने गुरु और गुरु माता की आरती कर उनके चरण स्पर्श कर जीवन में सुख, शांति और सन्मार्ग पर चलने का आशीर्वाद प्राप्त किया। बताया गया कि गुरु पूजन के बाद गुरु दरबार में कन्याओं का पूजन किया गया और कन्या भोज कराया गया। इस पूरे आयोजन के दौरान शिष्यों और श्रद्धालुओं का उत्साह देखते ही बन रहा था। गुरु पूर्णिमा का यह भव्य समारोह सभी उपस्थित लोगों के मन में गुरु के प्रति असीम आस्था, प्रेम और पूर्ण समर्पण की अमिट छाप छोड़ गया। 000000000000000000000000000
    1
    श्री सिद्धेश्वर धाम सुरंगदेवरी में भक्तिभाव से मनाया गुरु पूर्णिमा 
शिष्यों ने लिया आशीर्वाद, कन्या पूजन व भोज का हुआ भव्य आयोजन
श्री सिद्धेश्वर धाम सुरंगदेवरी में भक्तिभाव से मनाया गुरु पूर्णिमा 
शिष्यों ने लिया आशीर्वाद, कन्या पूजन व भोज का हुआ भव्य आयोजन
29 जुलाई बुधवार तीन बजे पंडित ललित नारायण मिश्रा ने बताया कि शास्त्रों में कहा गया है कि गुरू से मंत्र लेकर वेदों का पठन करने वाला शिष्य ही साधना की योग्यता पाता है। गुरू का मार्गदर्शन किसी ताले की चाबी की तरह है। इस प्रकार गुरू शक्ति का ही रूप है। वह किसी भी व्यक्ति के लिए एक अवधारणा और राह बन जाते हैं, जिस पर चलकर व्यक्ति मनोवांछित परिणाम पा लेता है।  
बताया गया कि श्री सिद्धेश्वर धाम सुरंगदेवरी में गुरु पूर्णिमा का पावन पर्व अत्यंत धूमधाम और अगाध श्रद्धा-भक्ति के साथ मनाया गया। भारतीय सनातन संस्कृति में गुरु को सर्वोच्च स्थान दिया गया है, और इसी पवित्र परंपरा का निर्वहन करते हुए बड़ी संख्या में शिष्य अपने गुरु के प्रति कृतज्ञता और आस्था व्यक्त करने के लिए धाम में एकत्रित हुए। इस शुभ अवसर पर पंडित ललित नारायण मिश्रा के शिष्य गुरु दरबार में पहुंचे। शिष्यों ने पूरे विधि-विधान और आस्था के साथ अपने आराध्य गुरु पंडित ललित नारायण मिश्रा तथा गुरु माता का पूजन-अर्चन किया। इस दौरान पूरे दरबार में गुरु महिमा के जयकारे गूंजते रहे, जिससे वहां का वातावरण पूरी तरह से आध्यात्मिक और भक्तिमय हो गया। पूजन के बाद शिष्यों ने गुरु और गुरु माता की आरती कर उनके चरण स्पर्श कर जीवन में सुख, शांति और सन्मार्ग पर चलने का आशीर्वाद प्राप्त किया।
बताया गया कि गुरु पूजन के बाद गुरु दरबार में कन्याओं का पूजन किया गया और कन्या भोज कराया गया। इस पूरे आयोजन के दौरान शिष्यों और श्रद्धालुओं का उत्साह देखते ही बन रहा था। गुरु पूर्णिमा का यह भव्य समारोह सभी उपस्थित लोगों के मन में गुरु के प्रति असीम आस्था, प्रेम और पूर्ण समर्पण की अमिट छाप छोड़ गया।
000000000000000000000000000
    user_Prahlad Kachhwaha
    Prahlad Kachhwaha
    Local News Reporter मंडला, मंडला, मध्य प्रदेश•
    10 hrs ago
  • मंडला के मवई में फिर उठे सवाल, शासकीय ज़मीन पर किसका है कमाल? उपसरपंच पहुंचीं कलेक्टर के द्वार, उच्चस्तरीय जांच की उठी पुकार।
    1
    मंडला के मवई में फिर उठे सवाल,
शासकीय ज़मीन पर किसका है कमाल?
उपसरपंच पहुंचीं कलेक्टर के द्वार,
उच्चस्तरीय जांच की उठी पुकार।
    user_Neelesh THAKUR
    Neelesh THAKUR
    Mandla, Madhya Pradesh•
    13 hrs ago
  • कोतमा: तेज रफ्तार कार की टक्कर से 11 वर्षीय बालक गंभीर घायल, चालक मौके से फरार अनूपपुर - कोतमा में बुधवार को एक दिल दहला देने वाली सड़क दुर्घटना सामने आई। जानकारी के अनुसार, 11 वर्षीय वेदांश त्रिपाठी, जो कोतमा के शिक्षक श्री आर.के. त्रिपाठी के पुत्र हैं, को एक तेज रफ्तार कार ने टक्कर मार दी। हादसे में बच्चे का पैर टूट गया और वह गंभीर रूप से घायल हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दुर्घटना के बाद कार चालक और उसमें सवार कर्मचारी घायल बच्चे को तड़पता छोड़कर मौके से फरार हो गए। बताया जा रहा है कि संबंधित वाहन एक निजी कंपनी जेएमएस में कर्मचारियों की सुविधा के लिए लगाया गया था। पूरी घटना पास में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है, जिसके आधार पर आरोपी चालक की पहचान और कार्रवाई की मांग की जा रही है। घायल वेदांश को प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए बिलासपुर रेफर किया गया है, जहां उसका उपचार जारी है। परिजनों और स्थानीय लोगों ने प्रशासन से दोषी चालक के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई, बच्चे के इलाज का पूरा खर्च और उचित मुआवजा दिलाने की मांग की है। लोगों का कहना है कि सड़क पर लापरवाही से वाहन चलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
    1
    कोतमा: तेज रफ्तार कार की टक्कर से 11 वर्षीय बालक गंभीर घायल, चालक मौके से फरार
अनूपपुर - कोतमा में बुधवार को एक दिल दहला देने वाली सड़क दुर्घटना सामने आई। जानकारी के अनुसार, 11 वर्षीय वेदांश त्रिपाठी, जो कोतमा के शिक्षक श्री आर.के. त्रिपाठी के पुत्र हैं, को एक तेज रफ्तार कार ने टक्कर मार दी। हादसे में बच्चे का पैर टूट गया और वह गंभीर रूप से घायल हो गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दुर्घटना के बाद कार चालक और उसमें सवार कर्मचारी घायल बच्चे को तड़पता छोड़कर मौके से फरार हो गए। बताया जा रहा है कि संबंधित वाहन एक निजी कंपनी जेएमएस में कर्मचारियों की सुविधा के लिए लगाया गया था।
पूरी घटना पास में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है, जिसके आधार पर आरोपी चालक की पहचान और कार्रवाई की मांग की जा रही है।
घायल वेदांश को प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए बिलासपुर रेफर किया गया है, जहां उसका उपचार जारी है।
परिजनों और स्थानीय लोगों ने प्रशासन से दोषी चालक के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई, बच्चे के इलाज का पूरा खर्च और उचित मुआवजा दिलाने की मांग की है। लोगों का कहना है कि सड़क पर लापरवाही से वाहन चलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
    user_Prince ojha
    Prince ojha
    अनूपपुर, अनूपपुर, मध्य प्रदेश•
    7 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.