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कौशांबी पटाखा फैक्ट्री में भीषण विस्फोट का मामला- ...... कौशांबी पटाखा फैक्ट्री में भीषण विस्फोट का मामला- पुलिस के मुताबिक, विस्फोट से पूरी फैक्ट्री जमींदोज हो गई है 50 मीटर के दायरे में आसपास के 5 से 7 मकान भी टूट गए हैं
विनोद कुमार सोनकर पत्रकार
कौशांबी पटाखा फैक्ट्री में भीषण विस्फोट का मामला- ...... कौशांबी पटाखा फैक्ट्री में भीषण विस्फोट का मामला- पुलिस के मुताबिक, विस्फोट से पूरी फैक्ट्री जमींदोज हो गई है 50 मीटर के दायरे में आसपास के 5 से 7 मकान भी टूट गए हैं
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- कौशांबी पटाखा फैक्ट्री में भीषण विस्फोट का मामला- ...... कौशांबी पटाखा फैक्ट्री में भीषण विस्फोट का मामला- पुलिस के मुताबिक, विस्फोट से पूरी फैक्ट्री जमींदोज हो गई है 50 मीटर के दायरे में आसपास के 5 से 7 मकान भी टूट गए हैं1
- बस्ती जिले के बहादुरपुर ब्लॉक स्थित ग्राम पंचायत दौलतचक में ₹3 करोड़ के बड़े घोटाले का मामला सामने आया है, जहाँ विकास कार्यों के नाम पर खुलेआम लूट और धांधली चल रही है। वायरल हो रहे एक ऑडियो ने पंचायत के भीतर चल रहे भ्रष्टाचार की पोल खोल दी है, जिसमें पीड़ित शंकर से रोजगार सेवक और प्रधान के भतीजे घनश्याम चौधरी द्वारा धौंस जमाकर मनमानी और वसूली करने की बात सामने आ रही है। हालात यह हैं कि ग्राम प्रधान के भाई और भतीजों की तानाशाही अपने चरम पर है और आम जनता त्रस्त है। जनता के हक का पैसा इस तरह डकारने वालों के खिलाफ अब न्याय की पुरजोर मांग उठ रही है। जिला प्रशासन और पुलिस अधीक्षक महोदय बस्ती से तत्काल यह अपेक्षा है कि इस वायरल ऑडियो और पूरे घोटाले का संज्ञान लें, निष्पक्ष जाँच कराएं और दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करें। #Corruption #Daulatchak #JusticeForShankar #Investigation #BastiNews #UPNews #GramPanchayat #Bhrashtachar1
- दिनांक-02-09-2026 ई० विषय:- पशु शाला धराशायी होने के संबंध में। सेवा में! माननीय जिलाधिकारी! (सन्त कबीर नगर), उत्तर प्रदेश! महोदय ! सविनय निवेदन है कि प्रार्थी "राम उजागिर पुत्र श्री श्याम लाल यादव " ग्राम पंचायत भगवानपुर ,पुलिस स्टेशन बखिरा, ब्लाक बघौली, तहसील खलीलाबाद, जनपद संत कबीर नगर, परगना मगहर पूर्व,उत्तर प्रदेश का मूल निवासी है । आपको अवगत कराया जाता है कि 2025 ई०-20 26 ई० भारी बरसात होने के कारण हमारे पशु शाला की दीवार गिर चुकी है। जिसकी मरम्मत करवाने में मैं ( राम उजागिर) असमर्थ हूं । अतः आप श्रीमान जी से विनम्र निवेदन है कि पशुशाला के मरम्मत करवाने के लिए अनुदान देने की कृपा करें । प्रार्थी आप का आभारी हैं! 'धन्यवाद' प्रार्थी ;- राम उजागिर ( राम उजागिर पुत्र श्री श्याम लाल यादव) सम्पर्क :- 9336174866 ,1
- नाबालिग का निकाह पढ़ाने वाले मौलाना पर कार्रवाई कब? उम्र सत्यापन के बिना निकाह कराने पर उठे गंभीर सवाल बलवंत कुमार पांडेय | संत कबीर नगर धनघटा थाना क्षेत्र में नाबालिग लड़के का कथित तौर पर जबरन निकाह कराए जाने का मामला सामने आने के बाद अब निकाह पढ़ाने वाले मौलाना की भूमिका भी सवालों के घेरे में है। पीड़ित नाबालिग की ओर से पुलिस को दी गई तहरीर में लगाए गए आरोपों के बावजूद निकाह पढ़ाने वाले मौलाना के खिलाफ अब तक कार्रवाई नहीं होने को लेकर सवाल उठने लगे हैं। पीड़ित का आरोप है कि उसके चाचा ने अपनी लड़की से उसका कथित तौर पर जबरन निकाह करा दिया। तहरीर के मुताबिक, निकाह के बाद लड़की पक्ष की ओर से परिवार पर दबाव बनाया जा रहा है और प्रताड़ित किए जाने की बात कही गई है। मामले में दोनों के बीच पहले से प्रेम प्रसंग होने की चर्चा भी सामने आ रही है, हालांकि इसकी पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी। उम्र सत्यापन किए बिना कैसे पढ़ा गया निकाह? मामले में सबसे बड़ा सवाल निकाह पढ़ाने वाले मौलाना की भूमिका को लेकर है। यदि पुलिस जांच में लड़के की उम्र नाबालिग पाई जाती है तो यह सवाल उठना स्वाभाविक है कि निकाह से पहले उसकी उम्र की पुष्टि के लिए कोई दस्तावेज देखा गया था या नहीं। पीड़ित पक्ष ने यह भी आरोप लगाया है कि निकाह कराने वाले मौलाना के पास किसी वैध संस्था से संबंधित प्रमाण अथवा अधिकार नहीं था और कथित तौर पर रसीद के जरिए निकाह की प्रक्रिया पूरी कराई गई। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है और इनकी सच्चाई पुलिस जांच में ही स्पष्ट होगी। मौलाना पर कार्रवाई क्यों नहीं? नाबालिग के कथित निकाह का मामला पुलिस के संज्ञान में आने के बाद अब यह सवाल भी चर्चा में है कि यदि निकाह में नाबालिग होने की पुष्टि होती है, तो निकाह पढ़ाने वाले मौलाना की भूमिका की जांच कब होगी? क्या निकाह पढ़ाने से पहले उम्र संबंधी दस्तावेजों की जांच की गई थी? क्या निकाह की कोई अधिकृत प्रक्रिया अपनाई गई थी? कथित रसीद किस संस्था के नाम से जारी हुई? और यदि लड़का नाबालिग था तो निकाह कराने में शामिल सभी लोगों की भूमिका की जांच क्यों नहीं की जा रही है? पुलिस जांच पर टिकी निगाहें मामला थाने पहुंचने के बाद अब पुलिस की जांच महत्वपूर्ण हो गई है। यदि जांच में नाबालिग होने और निकाह से जुड़े आरोप सही पाए जाते हैं तो निकाह कराने वाले मौलाना समेत निकाह में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की भी निष्पक्ष जांच कर कानून के अनुसार कार्रवाई किए जाने की मांग उठ रही है। प्रभारी निरीक्षक धनघटा दिलीप सिंह ने बताया कि मामले में तहरीर मिली है और आरोपों की जांच की जा रही है। आरोप सही पाए जाने पर दोषी व्यक्तियों के खिलाफ विधिक कार्रवाई की जाएगी। अब देखना यह है कि जांच में नाबालिग की उम्र और निकाह की प्रक्रिया को लेकर क्या तथ्य सामने आते हैं और निकाह पढ़ाने वाले मौलाना की भूमिका पर पुलिस क्या कार्रवाई करती है।1
- महुली पुलिस की कार्रवाई: दो वारंटी गिरफ्तार, लंबे समय से फरार अभियुक्त भी दबोचा संवाददाता, महुली (संतकबीरनगर): न्यायालय के आदेशों के प्रभावी अनुपालन एवं वारंटी अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत थाना महुली पुलिस ने दो वारंटी अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। इनमें एक अभियुक्त लंबे समय से फरार चल रहा था, जिसकी पुलिस लगातार तलाश कर रही थी। पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार सिंह के मार्गदर्शन तथा क्षेत्राधिकारी धनघटा अभय नाथ मिश्र के पर्यवेक्षण में थानाध्यक्ष दुर्गेश कुमार पाण्डेय के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम ने सुरागरसी, निगरानी और संभावित ठिकानों पर दबिश देकर दोनों अभियुक्तों को उनके घर से गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, फरार वारंटी के विरुद्ध न्यायालय से वारंट जारी था और उसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे थे। दोनों अभियुक्तों के विरुद्ध नियमानुसार विधिक कार्रवाई कर उन्हें न्यायालय भेजा गया है। गिरफ्तारी करने वाली टीम * उपनिरीक्षक सुरेश यादव * उपनिरीक्षक सोमनाथ मिश्रा * कांस्टेबल अजीत गुप्ता * कांस्टेबल सुनील कुमार सिंह महुली पुलिस ने कहा कि वारंटी एवं वांछित अभियुक्तों के विरुद्ध अभियान आगे भी जारी रहेगा, ताकि न्यायालयीय आदेशों का प्रभावी पालन सुनिश्चित हो और कानून-व्यवस्था सुदृढ़ बनी रहे।4
- संतकबीरनगर- बारिश में बढ़ जाता है सर्पदंश का खतरा, घबराएं नहीं तुरंत पहुंचें अस्पताल : सीएमओ डॉ. रामानुज कनौजिया। बरसात के मौसम में सर्पदंश की घटनाएं तेजी से बढ़ जाती हैं। इसे लेकर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. रामानुज कनौजिया ने आमजन से सतर्कता बरतने की अपील की है। उन्होंने कहा कि बारिश के दौरान सांप अपने बिलों से बाहर निकल आते हैं, जिससे दंश से पीड़ित मरीजों की संख्या जिला अस्पताल में बढ़ जाती है। सीएमओ ने कहा कि सर्पदंश होने पर घबराएं नहीं, क्योंकि अधिकतर मामलों में घबराहट के कारण हार्ट अटैक जैसी स्थिति बन जाती है, जो जानलेवा साबित हो सकती है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जिला अस्पताल में सर्पदंश के उपचार हेतु पर्याप्त दवा और एंटी स्नेक वेनम उपलब्ध है, साथ ही प्रशिक्षित चिकित्सक 24 घंटे सेवा के लिए मौजूद हैं। उन्होंने आमजन से अपील की कि सर्पदंश की स्थिति में झाड़-फूंक के चक्कर में समय बर्बाद न करें, बल्कि तत्काल नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र या जिला अस्पताल से संपर्क करें, ताकि समय पर उचित इलाज मिल सके और अनमोल जान बचाई जा सके।1
- जर्जर सड़कों पर फूटा ग्रामीणों का आक्रोश, लोजपा (रामविलास) जिलाध्यक्ष ने डीएम से की तत्काल मरम्मत की मांग सुबखरी तिराहा पुलिया से सिदाही मार्ग तक 5 किमी और हरपुर से बन्धुपुर तक 3 किमी सड़क बदहाल, गड्ढों के कारण ग्रामीणों का आवागमन मुश्किल; स्कूल वाहन व एंबुलेंस पहुंचने में भी परेशानी1
- मंच तोड़’ स्वागत, और हरीश द्विवेदी जी की ‘भारी’ लोकप्रियता! 🏗️💥 भाजपा के नवनियुक्त राष्ट्रीय महामंत्री हरीश द्विवेदी जी की लोकप्रियता का ग्राफ इन दिनों इतना ‘भारी’ हो चुका है कि लकड़ी और लोहे के बने मंच भी उनके स्वागत का वजन सह नहीं पा रहे हैं! अयोध्या के साकेत पुरी मोड़ पर पूर्व महानगर अध्यक्ष अभिषेक मिश्रा जी ने महामंत्री जी के भव्य स्वागत के लिए एक शानदार मंच तैयार कराया था। लेकिन, समर्थकों के उत्साह और 'भक्ति' का अतिरेक ऐसा हुआ कि मंच ने बीच में ही अपने घुटने टेक दिए और कड़ाक से टूट गया! गनीमत यह रही कि हरीश द्विवेदी जी और उनके साथ मंच पर मौजूद नेता बाल-बाल बच गए! वरना स्वागत समारोह का जायका तो बिगड़ता ही, साथ में नेताओं की कमर और घुटने की सिकाई का अलग से इंतजाम करना पड़ता। 🏥😅 लेकिन, इस घटना में सबसे मजेदार पहलू इसका 'इतिहास' है! राजनीति के पंडित भी अब हैरान हैं कि हरीश जी जहां भी कदम रखते हैं, वहां का मंच अचानक 'आत्मसमर्पण' क्यों कर देता है? अभी कुछ ही दिन पहले बाराबंकी में भी उनके स्वागत के दौरान मंच चरचराकर टूट गिरा था। अब अयोध्या के हाईवे पर भी वही 'इतिहास' दोहरा दिया गया! मतलब साफ है— हरीश जी को पद मिलते ही समर्थकों में ऐसा 'ओवरलोड जोश' आ गया है कि ठेकेदार का बनाया ढांचा नेताओं के वजन के आगे पस्त हो जा रहा है। अभिषेक मिश्रा जी ने तो सोचा था कि बड़ा सा मंच बनाकर राष्ट्रीय महामंत्री जी का 'ओपनिंग जलवा' दिखाएंगे, पर मंच ने ऐसा धोखा दिया कि नेता जी का स्वागत 'एडवेंचर स्पोर्ट्स' में तब्दील हो गया! 🪂🎪 खैर, इसे कहते हैं 'अति-उत्साही राजनीति'! हरीश द्विवेदी जी को अब किसी भी कार्यक्रम में जाने से पहले समर्थकों से ज्यादा अपने सुरक्षाकर्मियों को यह हिदायत देनी पड़ेगी कि "भैया, हार-फूल बाद में पहनाना, पहले कोई मजबूत और सॉलिड मंच ढूंढकर लाओ!" अब देखना यह है कि अगली बार किसी जिले में उनके स्वागत के लिए लकड़ी का मंच बनता है, या फिर आयोजक सीधे जमीन पर खड़े होकर 'सुरक्षित स्वागत' करने में ही अपनी भलाई समझते हैं! 🤫👇1