उपायुक्त गंधर्वा राठौड़ ने गुरुवार को भोरंज उपमंडल की राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला लदरौर और मुंडखर में आयोजित पोषण अभियान के तहत जागरूकता कार्यक्रमों को संबोधित किया। उन्होंने जोर दिया कि गर्भधारण से लेकर बच्चे के दूसरे जन्मदिन तक का समय, जिसे जीवन के पहले 1000 दिन कहा जाता है, मस्तिष्क और शरीर के सर्वाधिक विकास के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। इस अवधि में उचित पोषण सुनिश्चित करने से बच्चा भविष्य में स्वस्थ जीवन जी सकता है, जिसके लिए माँ का जागरूक होना बहुत आवश्यक है। इन कार्यक्रमों का आयोजन महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा बड़ी संख्या में उपस्थित महिलाओं, आंगनवाड़ी और आशा कार्यकर्ताओं के लिए किया गया। उपायुक्त ने माताओं को छह माह तक बच्चे को केवल माँ का दूध पिलाने और उसके बाद माँ के दूध के साथ अन्य पौष्टिक आहार देने की सही जानकारी होने के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि कई पारंपरिक व्यंजन और मोटे अनाज आवश्यक पोषक तत्वों से भरपूर होते हैं, जिन्हें दैनिक आहार में शामिल करके बच्चों को कुपोषण से बचाया जा सकता है। भोरंज उपमंडल में लगभग 454 बच्चे कम वजन वाले और कुपोषित पाए गए हैं। इस समस्या से निपटने और बच्चों का सही पोषण सुनिश्चित करने के उद्देश्य से, भोरंज उपमंडल में पायलट आधार पर एक 'न्यूट्रिशनल इंटरवेंशन' (पोषण हस्तक्षेप) कार्यक्रम आरंभ किया गया है। इस कार्यक्रम के तहत छोटे बच्चों को पौष्टिक गुणों से भरपूर रागी का पाउडर वितरित किया जाएगा, जिसके वितरण और पौष्टिक गुणों पर उपायुक्त ने महिलाओं के साथ व्यापक चर्चा भी की। इस अवसर पर एडीसी अभिषेक गर्ग, सीएमओ डॉ. अजय अत्री, महिला एवं बाल विकास विभाग के डीपीओ अनिल कुमार और सीडीपीओ सुनील कुमार ने भी उपस्थित महिलाओं का मार्गदर्शन किया। सिद्धबाड़ी, धर्मशाला की स्वयंसेवी संस्था चिन्मय ग्रामीण विकास संगठन (कॉर्ड) के विशेषज्ञों अनिता ठाकुर और सुनील कुमार ने रागी के पाउडर तथा अन्य पौष्टिक व्यंजनों की विस्तृत जानकारी प्रदान की।
उपायुक्त गंधर्वा राठौड़ ने गुरुवार को भोरंज उपमंडल की राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला लदरौर और मुंडखर में आयोजित पोषण अभियान के तहत जागरूकता कार्यक्रमों को संबोधित किया। उन्होंने जोर दिया कि गर्भधारण से लेकर बच्चे के दूसरे जन्मदिन तक का समय, जिसे जीवन के पहले 1000 दिन कहा जाता है, मस्तिष्क और शरीर के सर्वाधिक विकास के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। इस अवधि में उचित पोषण सुनिश्चित करने से बच्चा भविष्य में स्वस्थ जीवन जी सकता है, जिसके लिए माँ का जागरूक होना बहुत आवश्यक है। इन कार्यक्रमों का आयोजन महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा बड़ी संख्या में उपस्थित महिलाओं, आंगनवाड़ी और आशा कार्यकर्ताओं के लिए किया गया। उपायुक्त ने माताओं को छह माह तक बच्चे को केवल माँ का दूध पिलाने और उसके बाद माँ के दूध के साथ अन्य पौष्टिक आहार देने की सही जानकारी होने के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि कई पारंपरिक व्यंजन और मोटे अनाज आवश्यक पोषक तत्वों से भरपूर होते हैं, जिन्हें दैनिक आहार में शामिल करके बच्चों को कुपोषण से बचाया जा सकता है। भोरंज उपमंडल में लगभग 454 बच्चे कम वजन वाले और कुपोषित पाए गए हैं। इस समस्या से निपटने और बच्चों का सही पोषण सुनिश्चित करने के उद्देश्य से, भोरंज उपमंडल में पायलट आधार पर एक 'न्यूट्रिशनल इंटरवेंशन' (पोषण हस्तक्षेप) कार्यक्रम आरंभ किया गया है। इस कार्यक्रम के तहत छोटे बच्चों को पौष्टिक गुणों से भरपूर रागी का पाउडर वितरित किया जाएगा, जिसके वितरण और पौष्टिक गुणों पर उपायुक्त ने महिलाओं के साथ व्यापक चर्चा भी की। इस अवसर पर एडीसी अभिषेक गर्ग, सीएमओ डॉ. अजय अत्री, महिला एवं बाल विकास विभाग के डीपीओ अनिल कुमार और सीडीपीओ सुनील कुमार ने भी उपस्थित महिलाओं का मार्गदर्शन किया। सिद्धबाड़ी, धर्मशाला की स्वयंसेवी संस्था चिन्मय ग्रामीण विकास संगठन (कॉर्ड) के विशेषज्ञों अनिता ठाकुर और सुनील कुमार ने रागी के पाउडर तथा अन्य पौष्टिक व्यंजनों की विस्तृत जानकारी प्रदान की।
- हमीरपुर जिले के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला गौना करौर के प्रतिभावान छात्र अर्पण दत्त शर्मा ने एससीईआरटी सोलन में आयोजित राज्य स्तरीय इंस्पायर प्रदर्शनी एवं परियोजना प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। इस सफलता के साथ ही उन्होंने राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता के लिए अपना स्थान सुरक्षित कर लिया है, जिससे गौना करौर विद्यालय और पूरे जिले का नाम रोशन हुआ है। अर्पण दत्त शर्मा ने इस प्रतियोगिता में "सुरक्षित इलैक्ट्रिक आयरन (Safe Electric Iron)" विषय पर अपना अभिनव मॉडल प्रस्तुत किया था। इस मॉडल को राज्य स्तरीय प्रतियोगिता के निर्णायकों ने अत्यधिक सराहा। यह विशेष मॉडल विद्युत सुरक्षा को प्राथमिकता देता है, जिसका उद्देश्य घरेलू उपयोग के दौरान होने वाली संभावित दुर्घटनाओं को कम करना और ऊर्जा संरक्षण को बढ़ावा देना है। अर्पण दत्त शर्मा की यह गौरवपूर्ण उपलब्धि उनकी वैज्ञानिक सोच, नवाचार में उनकी गहरी रुचि, कड़ी मेहनत और उनके मार्गदर्शक शिक्षकों के सहयोग का परिणाम है। अर्पण ने खुद भी मॉडल बनाने में स्कूल के प्राध्यापकों के महत्वपूर्ण सहयोग को स्वीकार किया। जिला विज्ञान पर्यवेक्षक राजेश गौतम ने अर्पण दत्त शर्मा को उनकी इस शानदार उपलब्धि पर बधाई दी है और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है। गौतम ने विश्वास व्यक्त किया है कि अर्पण राष्ट्रीय स्तर पर भी बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए हिमाचल प्रदेश और जिला हमीरपुर का नाम पूरे देश में रौशन करेंगे। उनकी यह सफलता विद्यालय के अन्य विद्यार्थियों के लिए भी प्रेरणा का स्रोत बनेगी और उन्हें विज्ञान, अनुसंधान तथा नवाचार के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करेगी। यह उपलब्धि इस बात का भी प्रमाण है कि ग्रामीण क्षेत्रों के छात्र भी अपनी प्रतिभा और कड़ी मेहनत के दम पर राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना सकते हैं। राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता के आयोजन की घोषणा जल्द ही की जाएगी।2
- 3 जून 2026 को जिला परिषद अनीता देवी ने भारतीय जनता पार्टी के शीर्ष नेतृत्व और अपने बड़े भाई श्री देवेंद्र भुट्टो जी के प्रति गहरा आभार व्यक्त किया। उन्होंने ज़ोर दिया कि उन्हें मिले विश्वास को वह अपनी ताकत मानती हैं। अनीता देवी ने क्षेत्र की समस्त जनता – माताओं, बहनों, बुजुर्गों और युवा साथियों – के प्रति अपना सम्मान व्यक्त करते हुए, जिला परिषद वार्ड लठियाणी की जनता का उनके अपार समर्थन और स्नेह के लिए विशेष धन्यवाद किया।1
- मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू के गृह जिले और पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल एवं सांसद अनुराग ठाकुर के गृह पंचायत क्षेत्र से जुड़े सुजानपुर के सलोगन वार्ड, ग्राम पंचायत समीरपुर में उपप्रधान चुनाव को लेकर विवाद गहरा गया है। चुनाव प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं और फर्जी मतदान के आरोपों के संबंध में अधिकारियों को शिकायत सौंपी गई है, जिसके बाद प्रशासन ने मामले की जांच के संकेत दिए हैं। उपप्रधान पद के प्रत्याशी अश्विनी कुमार ने आरोप लगाया है कि मतदान के दौरान कुछ लोगों ने अन्य मतदाताओं के स्थान पर वोट डाले और प्रक्रिया को प्रभावित किया। उन्होंने दावा किया कि उनके पास ऐसे वीडियो फुटेज, लाइव कवरेज और प्रत्यक्षदर्शी गवाह मौजूद हैं, जो सच्चाई सामने ला सकते हैं। अश्विनी कुमार ने बताया कि यह उनका पांचवां चुनाव था और इस बार उनके प्रतिद्वंद्वी प्रत्याशी को मात्र तीन वोटों के अंतर से विजयी घोषित किया गया। उन्होंने इस परिणाम को अस्वीकार करते हुए आरोप लगाया कि उन्होंने स्वयं ऐसे मामले देखे हैं, जिनमें एक ही व्यक्ति द्वारा दो-दो वोट डाले गए और बाद में हाथों पर मतदान का निशान भी लगाया गया, जिससे चुनाव की निष्पक्षता प्रभावित हुई। उन्होंने लोकतंत्र की मजबूती के लिए निष्पक्ष जांच पर जोर दिया है। अश्विनी कुमार ने सरकार और प्रशासन से मतदान अभिलेखों, उपस्थिति रजिस्टर, वीडियो रिकॉर्डिंग और अन्य संबंधित दस्तावेजों की गहन जांच कराने की मांग की है, साथ ही दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की अपील की है। उन्होंने यह भी मांग उठाई है कि यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो उपप्रधान पद का चुनाव दोबारा करवाया जाए। शिकायत सामने आने के बाद क्षेत्र में इस मुद्दे पर चर्चाएं तेज हो गई हैं, और अब सभी की निगाहें प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी हैं।2
- ऊना जिले में अमित वाल्मीकि ने डीसी कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया। इस दौरान उन्होंने तीन ज्वलंत मुद्दों को उठाया।1
- ऊना जिले के अंब वन परिक्षेत्र की गश्ती टीम ने विशेष निगरानी अभियान के तहत प्रतिबंधित प्रजाति की लकड़ी ले जा रहे दो वाहनों को पकड़ा है। बुधवार शाम अंब चौक के पास गश्त के दौरान वन विभाग की टीम ने इन संदिग्ध वाहनों को जांच के लिए रोका था, जिसमें तलाशी लेने पर प्रतिबंधित लकड़ी पाई गई। वाहन चालकों की पहचान अमित कुमार (निवासी अमलैहड़) और सुनील कुमार (निवासी जसूर, हमीरपुर) के रूप में हुई है, जो लकड़ी के परिवहन संबंधी कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सके। इसके बाद वन विभाग ने दोनों वाहनों को कब्जे में लेकर अंब रेंज कार्यालय पहुँचाया और अंब पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई। वन विभाग की शिकायत पर अंब पुलिस ने दोनों वाहन चालकों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जिला वन अधिकारी विकल्प यादव ने बताया कि मामले की जांच जारी है, जिसके तहत लकड़ी के स्रोत और उसके गंतव्य का पता लगाया जा रहा है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यदि जांच में किसी बड़े तस्करी नेटवर्क की संलिप्तता सामने आती है, तो संबंधित लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।1
- हिमाचल प्रदेश में एक बेटी, मनप्रीत कौर ने अपनी असाधारण उपलब्धि से प्रदेश का नाम रोशन किया है। उन्होंने संस्कृत ज्ञान परीक्षा में पूरे राज्य भर में तीसरा स्थान हासिल किया है, जिसे 'बेटी का कमाल' बताते हुए सराहा गया है।1
- हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले में स्थित कटौहड कलां में प्रधान पद के लिए हुई मतगणना को लेकर कुछ सवाल खड़े हो गए हैं।1
- हमीरपुर नगर निगम को जल्द ही अपना नया, आधुनिक भवन मिलने वाला है, जिसका निर्माण कार्य टाउन हॉल के साथ लगती जगह पर शुरू हो गया है। लगभग ₹19 करोड़ की लागत से बनने वाला यह तीन मंजिला भवन नगर निगम हमीरपुर के लिए एक समर्पित कार्यालय, मेयर और डिप्टी मेयर के लिए अलग-अलग कार्यालय, तथा विभिन्न विभागों के लिए भी दफ्तर उपलब्ध कराएगा। इस भवन के निचले तल पर वाहनों के लिए पार्किंग की व्यवस्था की जा रही है, जबकि ऊपरी तल पर एक बड़ा हॉल बनाया जाएगा, जहाँ नगर निगम की बैठकें आयोजित की जा सकेंगी। हमीरपुर के आयुक्त राकेश शर्मा ने जानकारी दी है कि इस नगर निगम भवन को अगले 18 महीनों में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने यह भी बताया कि टाउन हॉल को भी अपग्रेड किया जाएगा और शहर के बीच में बन रहे इस नए नगर निगम कार्यालय को टाउन हॉल से जोड़ा जाएगा, जिससे नागरिकों को सुविधा मिलेगी।1