Shuru
Apke Nagar Ki App…
बांसवाड़ा-डूंगरपुर से सांसद राजकुमार रोत का एक पूरा बयान सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। यह बयान व्यापक रूप से लोगों द्वारा देखा और सुना जा रहा है।
Aadiwasi Manch news
बांसवाड़ा-डूंगरपुर से सांसद राजकुमार रोत का एक पूरा बयान सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। यह बयान व्यापक रूप से लोगों द्वारा देखा और सुना जा रहा है।
More news from राजस्थान and nearby areas
- बांसवाड़ा जिले के खूंटा लालु पारंगी छायणा गांव में खेती का समय आ गया है। इस मौसम में गांव के किसान मक्का, सोयाबीन, चावल, मूंगफली, ज्वार और बाजरा जैसी फसलें बो रहे हैं। जानकारी के अनुसार, गांव के आधे किसानों ने अभी बुवाई का काम शुरू किया है, वहीं अन्य आधे किसानों ने अपनी खेती का काम पहले ही पूरा कर लिया है।1
- बांसवाड़ा-डूंगरपुर से सांसद राजकुमार रोत का एक पूरा बयान सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। यह बयान व्यापक रूप से लोगों द्वारा देखा और सुना जा रहा है।1
- सीमलवाड़ा कस्बे में पुल निर्माण कार्य के चलते छोटे वाहनों के लिए वैकल्पिक मार्ग खोला गया, लेकिन बिना उचित यातायात व्यवस्था के यह रास्ता कस्बे की गलियों और बाजारों को जाम का केंद्र बना रहा है। पुलिस प्रशासन की अनुपस्थिति के कारण धंबोला स्थित बाजार दिनभर जाम से बेहाल रहा, जिससे पैदल चलना भी मुश्किल हो गया। दरअसल, पुल निर्माण के कारण धंबोला स्थित बीएसएनएल टावर के पास मुख्य मार्ग बंद कर दिया गया था। इसके बाद छोटे-बड़े वाहनों के लिए करीब तीन किलोमीटर लंबा कच्चा बायपास मार्ग बनाया गया था, जिससे दोपहिया चालकों, स्कूली बच्चों और स्थानीय लोगों को रोजाना भारी परेशानी हो रही थी। कस्बेवासियों की लगातार मांग और आमजन की दिक्कत को देखते हुए विभाग ने रविवार को छोटे वाहनों के लिए यह वैकल्पिक मार्ग खोल दिया। हालांकि, यह राहत ज्यादा देर नहीं टिक सकी। रास्ता खुलते ही छोटे वाहन निजी बस स्टैंड से होकर कस्बे की संकरी गलियों और मुख्य बाजार में प्रवेश करने लगे। वाहनों का दबाव बढ़ने से पूरे दिन ट्रैफिक जाम की स्थिति बनी रही, जिसने पैदल चलने वालों को भी कठिनाई में डाल दिया। स्थानीय नागरिकों ने नाराजगी जताते हुए कहा है कि पुल निर्माण कार्य शुरू हुए आठ दिन से अधिक हो चुके हैं, फिर भी पुलिस प्रशासन ने यातायात व्यवस्था के लिए कोई ठोस इंतजाम नहीं किए। बाजार में न तो यातायात पुलिस तैनात की गई और न ही वाहनों के संचालन की कोई वैकल्पिक योजना लागू की गई, जिसका खामियाजा रोजाना आमजन, दुकानदारों और विद्यार्थियों को भुगतना पड़ रहा है। कस्बेवासियों ने पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए चेताया कि यदि समय रहते यातायात व्यवस्था नहीं सुधारी गई, तो आने वाले दिनों में स्थिति और गंभीर हो सकती है। ग्रामीणों और व्यापारियों ने प्रशासन से तुरंत मुख्य बाजार और संवेदनशील चौराहों पर पुलिसकर्मी तैनात करने और प्रभावी यातायात संचालन व्यवस्था लागू करने की मांग की है, ताकि पुल निर्माण के दौरान लोगों को जाम और अव्यवस्था से राहत मिल सके।3
- समाज सेवी हितेश सिंघाड़ा के जन्मदिवस के अवसर पर समाज सेवी दिनेश चंद्र अहारी ने एक महत्वपूर्ण संदेश दिया है। उन्होंने अपने संबोधन में इस बात पर जोर दिया कि यदि अच्छे, पढ़े-लिखे और युवा लोग आगे आकर क्षेत्र में जन जागरण का कार्य करेंगे, तो समाज में निश्चित रूप से सकारात्मक परिवर्तन देखने को मिलेगा। अहारी ने यह भी कहा कि योग्य लोगों को सामाजिक और राजनीतिक दोनों क्षेत्रों में सक्रिय रूप से आगे आना चाहिए, क्योंकि इसी से इस क्षेत्र के वातावरण और राजनीति में 'रोटेशन' और 'पारदर्शिता' सुनिश्चित हो सकेगी।1
- पुलिस मुख्यालय के निर्देशों पर बांसवाड़ा जिले में चलाए जा रहे विशेष 'एरिया डॉमिनेशन' अभियान के तहत कुशलगढ़ थाना पुलिस ने अपराधियों और असामाजिक तत्वों पर बड़ी कार्रवाई की है। रविवार सुबह 10 बजे कुशलगढ़ पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार, पुलिस ने तीन विशेष टीमें गठित कर क्षेत्र के 38 स्थानों पर एक साथ ताबड़तोड़ दबिश दी, जिसमें कुल 92 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया और कई मामलों में प्रभावी कार्रवाई की गई। इस अभियान के दौरान, प्राणघातक हमले के मामले में वांछित तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर उनसे पूछताछ शुरू की गई। वहीं, अलग-अलग स्थानों पर की गई कार्रवाई में करीब 500 लीटर महुआ वॉश और 10 शराब बनाने की भट्टियों को नष्ट किया गया। पुलिस ने 11 एनडीपीएस एक्ट मामलों और 3 हिस्ट्रीशीटर अपराधियों की भी सघन जांच की। इसके अतिरिक्त, जमीन संबंधी विवादों में शांति व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से 89 व्यक्तियों को गिरफ्तार कर कार्यपालक मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया गया। पुलिस ने बताया कि अभियान के दौरान गिरफ्तार सभी 92 आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया है। पुलिस विभाग ने यह स्पष्ट किया है कि जिले में अपराध और असामाजिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए इस तरह के अभियान आगे भी लगातार जारी रहेंगे।1
- भारत मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, जामनगर और इसके आसपास के क्षेत्रों में आज मौसम बदलने की संभावना है। दिनभर बादल छाए रहने के साथ हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। विभाग ने यह भी बताया है कि कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ तेज़ हवाएं चलने की भी उम्मीद है। नागरिकों से अपील की गई है कि वे केवल आवश्यक होने पर ही घर से बाहर निकलें और मौसम विभाग द्वारा जारी नवीनतम जानकारियों पर लगातार नज़र रखें।1
- धंबोला में पुल निर्माण कार्य से प्रभावित छोटे वाहन चालकों को आंशिक राहत मिली है, जो एक खबर के प्रकाशन के बाद विभाग द्वारा बीएसएनएल टावर के पास बनाए गए अस्थायी मार्ग को पुराने बस स्टैंड तक खोले जाने से संभव हुआ है। इससे पहले जहां उन्हें गड़ापट्टा पीठ रोड पर बाईपास के लिए बनी तीन किलोमीटर लंबी और खराब कच्ची सड़क का चक्कर लगाना पड़ता था, वहीं अब कार, जीप, बाइक जैसे छोटे वाहन प्राइवेट बस स्टैंड होते हुए सिमलवाड़ा बस्ती के रास्ते मुख्य बाजार तक आसानी से पहुंच पा रहे हैं। इस कदम से वाहन चालकों को लंबा चक्कर लगाने से राहत मिली है और आवागमन पहले की तुलना में सुगम हो गया है। हालांकि, इस नई व्यवस्था ने कस्बे में एक नई चुनौती खड़ी कर दी है। बस्ती की संकरी गलियों से वाहनों की आवाजाही बढ़ने के बावजूद, पुलिस प्रशासन द्वारा यातायात नियंत्रण के लिए कोई व्यवस्था नहीं की गई है। बाहरी क्षेत्रों से आने वाले वाहन चालक, जिन्हें मार्ग की सही जानकारी नहीं होती, वे पूरी बस्ती में भटकते रहते हैं, जिससे गलियों में बार-बार जाम लग रहा है। स्थिति तब और गंभीर हो जाती है जब क्रूजर जैसे बड़े छोटे व्यावसायिक वाहन संकरी गलियों में फंस जाते हैं, जिससे उनके पीछे वाहनों की लंबी कतारें लग जाती हैं और स्थानीय निवासियों को आवागमन में भारी परेशानी उठानी पड़ती है। कस्बेवासियों ने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि प्रमुख चौराहों और संवेदनशील स्थानों पर ट्रैफिक पुलिस कर्मियों की तैनाती की जाए। इसके साथ ही, बाहरी वाहन चालकों के लिए दिशा-सूचक संकेतक भी लगाए जाएं, ताकि वे बिना भटके निर्धारित मार्ग से गुजर सकें। लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते यातायात व्यवस्था में सुधार नहीं किया गया, तो आने वाले दिनों में यह समस्या और भी विकराल रूप ले सकती है।1
- डूंगरपुर जिले के पूंजपुर मार्ग पर एक ऑटो के अनियंत्रित होकर पलट जाने से उसमें सवार दो बच्चों सहित कुल सात लोग घायल हो गए। हादसे के बाद सभी घायलों को डूंगरपुर जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। यह घटना दोवड़ा थाना क्षेत्र के लापिया के पास पूंजपुर रोड पर उस समय हुई, जब चुंडीयावाड़ा गांव निवासी हितेंद्र सिंह राठौड़ अपने परिवार के साथ चुंडीयावाड़ा से गडा सियालिया स्थित अपने रिश्तेदारों से मिलकर वापस अपने गांव लौट रहे थे। इस दौरान ऑटो अचानक अनियंत्रित होकर सड़क किनारे लगी बाड़ से टकराकर पलट गया। घायलों में हितेंद्र सिंह राठौड़, उनकी माता देवू कुंवर, बेटियां झलक और सेजल सहित कुल सात लोग शामिल हैं, जिनमें से तीन लोगों को मामूली चोटें आई हैं। सभी घायलों का इलाज डूंगरपुर जिला अस्पताल में चल रहा है।1