बालाघाट पुलिस ने बहुचर्चित डबल मनी कांड के मास्टरमाइंड सोमेंद्र कंकरायने को आखिरकार हरिद्वार से गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी सोमेंद्र को उसके साथियों के साथ धरदबोचा है। सोमेंद्र पुलिस की पकड़ से बचने के लिए लंबे समय से अलग-अलग धार्मिक स्थलों में छिपकर अपनी फरारी काट रहा था। इस गिरफ्तारी के बाद 20 जुलाई को बालाघाट पुलिस कंट्रोल रूम में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाई गई थी। प्रेस कॉन्फ्रेंस में बालाघाट एसपी ने मीडिया के सामने मास्टरमाइंड सोमेंद्र और उसके साथियों को पेश कर पत्रकारों को संबोधित किया। इस दौरान वहां मौजूद मीडिया कर्मियों ने भी आरोपी सोमेंद्र से सीधे कई सवाल-जवाब किए। दरअसल, डबल मनी के निवेशक अपने पैसे की वापसी को लेकर लंबे समय से लगातार आक्रोशित थे। इस बीच बालाघाट एसपी ने आखिरकार निवेशकों से किया अपना वादा पूरा करते हुए मुख्य आरोपी सोमेंद्र को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है।
बालाघाट पुलिस ने बहुचर्चित डबल मनी कांड के मास्टरमाइंड सोमेंद्र कंकरायने को आखिरकार हरिद्वार से गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी सोमेंद्र को उसके साथियों के साथ धरदबोचा है। सोमेंद्र पुलिस की पकड़ से बचने के लिए लंबे समय से अलग-अलग धार्मिक स्थलों में छिपकर अपनी फरारी काट रहा था। इस गिरफ्तारी के बाद 20 जुलाई को बालाघाट पुलिस कंट्रोल रूम में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाई गई थी। प्रेस कॉन्फ्रेंस में बालाघाट एसपी ने मीडिया के सामने मास्टरमाइंड सोमेंद्र और उसके साथियों को पेश कर पत्रकारों को संबोधित किया। इस दौरान वहां मौजूद मीडिया कर्मियों ने भी आरोपी सोमेंद्र से सीधे कई सवाल-जवाब किए। दरअसल, डबल मनी के निवेशक अपने पैसे की वापसी को लेकर लंबे समय से लगातार आक्रोशित थे। इस बीच बालाघाट एसपी ने आखिरकार निवेशकों से किया अपना वादा पूरा करते हुए मुख्य आरोपी सोमेंद्र को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है।
- बालाघाट पुलिस ने बहुचर्चित डबल मनी कांड के मास्टरमाइंड सोमेंद्र कंकरायने को आखिरकार हरिद्वार से गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी सोमेंद्र को उसके साथियों के साथ धरदबोचा है। सोमेंद्र पुलिस की पकड़ से बचने के लिए लंबे समय से अलग-अलग धार्मिक स्थलों में छिपकर अपनी फरारी काट रहा था। इस गिरफ्तारी के बाद 20 जुलाई को बालाघाट पुलिस कंट्रोल रूम में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाई गई थी। प्रेस कॉन्फ्रेंस में बालाघाट एसपी ने मीडिया के सामने मास्टरमाइंड सोमेंद्र और उसके साथियों को पेश कर पत्रकारों को संबोधित किया। इस दौरान वहां मौजूद मीडिया कर्मियों ने भी आरोपी सोमेंद्र से सीधे कई सवाल-जवाब किए। दरअसल, डबल मनी के निवेशक अपने पैसे की वापसी को लेकर लंबे समय से लगातार आक्रोशित थे। इस बीच बालाघाट एसपी ने आखिरकार निवेशकों से किया अपना वादा पूरा करते हुए मुख्य आरोपी सोमेंद्र को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है।1
- बालाघाट जिले के विकासखंड बालाघाट के अंतर्गत आने वाले ग्राम टवेझरी में कृषि कल्याण एवं कृषि विकास विभाग के प्रयासों से प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने की दिशा में एक बड़ी सफलता मिली है। यहाँ के प्रगतिशील किसान विवेकानंद डोंगरे ने रासायनिक खेती का रास्ता छोड़कर हरी खाद आधारित प्राकृतिक खेती को अपनाया है। उन्होंने क्षेत्र के अन्य किसानों के सामने सफलता का एक प्रेरक उदाहरण पेश किया है। कृषि विस्तार अधिकारी अभिलाष सूर्यवंशी के मार्गदर्शन में विवेकानंद डोंगरे ने विभाग से सस्बेनिया रोस्ट्राटा (ढेंचा) के बीज प्राप्त कर अपने खेत में बोए थे। फसल में फूल आने से पहले ही उन्होंने रोटावेटर चलाकर ढेंचा को खेत की मिट्टी में मिला दिया और इसे हरी खाद के रूप में इस्तेमाल किया। इस तकनीक के कारण खेत की मिट्टी की उर्वरक क्षमता काफी बढ़ गई है और प्राकृतिक रूप से नाइट्रोजन की उपलब्धता में भी वृद्धि हुई है, जिससे मुख्य फसल की बुवाई के लिए खेत बेहद अच्छी तरह से तैयार हो गया है। विवेकानंद डोंगरे के खेत में दिखे इस सकारात्मक बदलाव के बाद अब टवेझरी गांव के दूसरे किसान भी इस पद्धति की तरफ आकर्षित हो रहे हैं। रासायनिक उर्वरकों पर होने वाले खर्च को कम करने और अपनी भूमि की सेहत सुधारने के लिए किसानों ने ढेंचा की खेती में गहरी रुचि दिखाई है। कृषि विस्तार अधिकारी अभिलाष सूर्यवंशी ने कहा कि हरी खाद खेती की लागत घटाने का एक बेहद प्रभावी और टिकाऊ माध्यम है। उन्होंने किसानों से अधिक से अधिक जैविक एवं प्राकृतिक खेती की तकनीकों को अपनाने की अपील की है ताकि आने वाली पीढ़ियों के लिए भूमि की उर्वरता सुरक्षित बनी रहे।1
- मध्य प्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र 2026 के पहले ही दिन कांग्रेस विधायक दल ने विधानसभा परिसर में किसानों के मुद्दों को लेकर सांकेतिक विरोध प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस विधायकों ने खाद संकट, सरकारी खरीदी में अनियमितताओं, फसल क्षति का उचित मुआवजा न मिलने और बालाघाट जिले में राइस मिलर्स व एथेनॉल प्लांट संचालकों से जुड़े कथित 1160 करोड़ रुपये के चावल घोटाले के मुद्दों को प्रमुखता से उठाया। बालाघाट से विधायक अनुभा मुंजारे ने इस कथित 1160 करोड़ रुपये के चावल घोटाले को प्रदेश के सबसे गंभीर आर्थिक मामलों में से एक बताते हुए इसकी उच्च स्तरीय न्यायिक जांच कराने की मांग की है। उन्होंने आरोप लगाया कि राइस मिलर्स और एथेनॉल प्लांट के संचालक पिछले एक-दो वर्षों से इस घोटाले को अंजाम दे रहे थे, जिसकी परतें बालाघाट के बड़े-बड़े नेताओं तक जा रही हैं। उन्होंने बताया कि विधानसभा के पटल पर इस संबंध में उनके प्रश्न, ध्यानाकर्षण और शून्यकाल की सूचना लगी हुई है। इसके साथ ही, उन्होंने इस विषय पर स्थगन प्रस्ताव लाने के लिए विधानसभा के माननीय नेता प्रतिपक्ष श्री उमंग सिंगार जी से भी चर्चा की है। विधायक मुंजारे ने कहा कि खरीफ सीजन के बीच किसानों को समय पर खाद नहीं मिल रही है और फसल नुकसान का उचित मुआवजा भी नहीं दिया जा रहा है। उन्होंने सरकारी खरीदी, भंडारण, परिवहन और मिलिंग प्रक्रिया में अनियमितता के आरोप लगाते हुए इसकी व्यापक जांच की मांग की है। कांग्रेस विधायक दल ने सरकार से चुनावी वादा निभाते हुए किसानों को धान पर 3100 रुपये और गेहूं पर 2700 रुपये का समर्थन मूल्य देने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी कि किसानों के हितों के लिए विधानसभा के भीतर और जरूरत पड़ने पर सदन के बाहर भी लोकतांत्रिक तरीके से संघर्ष जारी रहेगा।4
- पुरानी भिलाई पुलिस ने ऑटो में बैठाकर एक यात्री की जेब से ₹74,000 चोरी करने वाले ऑटो चालक और उसके साथी को गिरफ्तार कर लिया है। भिलाई के कन्या शाला स्कूल के पास रहने वाले 32 वर्षीय अरविंद कुमार 15 जुलाई 2026 को जीई रोड स्थित अपने कार्यालय से केनरा बैंक, बरोदा शाखा में ₹74,000 जमा कराने जा रहे थे। इस दौरान वे एक नीले-सफेद रंग के ऑटो में सवार हुए, जिसमें पहले से दो अन्य व्यक्ति बैठे हुए थे। सफर के दौरान आरोपियों ने योजनाबद्ध तरीके से पीड़ित को पहले पीछे और बाद में आगे बैठाकर उनका ध्यान भटकाया और जेब से नकदी पार कर दी। इसके बाद आरोपियों ने केनरा बैंक तक न ले जाकर ज्योति कटिंग, चरोदा के पास सुनसान जगह पर वाहन खराब होने का बहाना बनाकर अरविंद कुमार को उतार दिया। पीड़ित की शिकायत पर पुरानी भिलाई थाने में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 303(2) और 3(5) के तहत अपराध क्रमांक 377/2026 दर्ज कर जांच शुरू की गई थी। विवेचना के दौरान पुलिस ने संदेह के आधार पर ऑटो क्रमांक CG 07 DB 6016 को जब्त कर चालक और उसके साथी को हिरासत में लिया। पहचान परेड के दौरान पीड़ित द्वारा दोनों की पहचान करने के बाद आरोपियों को विधिवत गिरफ्तार कर लिया गया। पकड़े गए आरोपियों की पहचान बॉबी गुरजीत सिंह (31 वर्ष) और धीरज वर्मा (20 वर्ष) के रूप में हुई है, जो जामुल के हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी (बॉम्बे आवास) के निवासी हैं। मुख्य आरोपी बॉबी गुरजीत सिंह के खिलाफ सुपेला थाना क्षेत्र में मारपीट और चोरी के अन्य मामले भी दर्ज हैं। पुलिस ने दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है, जबकि दुर्ग पुलिस ने आम नागरिकों से सफर के दौरान सतर्कता बरतने की अपील की है।1
- पंडरिया विधानसभा क्षेत्र की ग्राम पंचायत डोमनपुर में शासकीय राशि के दुरुपयोग और भ्रष्टाचार का मामला सामने आया है। यहाँ के सरपंच और सचिव पर सरकारी धन के गबन के गंभीर आरोप लगे हैं। ग्राम पंचायत में फैले इस भ्रष्टाचार की शिकायत दर्ज कराई गई है, जिसमें सीधे तौर पर सरपंच-सचिव को सरकारी राशि के गबन और दुरुपयोग का जिम्मेदार ठहराया गया है।1
- मध्य प्रदेश के बालाघाट जिले के लांजी क्षेत्र से जुड़े बहुचर्चित डबल मनी कांड के कथित मास्टरमाइंड सोमेन्द्र कंकरायने को पुलिस ने उत्तराखंड के हरिद्वार से गिरफ्तार कर लिया है। इस बड़ी कार्रवाई में पुलिस ने गिरोह से जुड़े कुल आठ अन्य आरोपियों को भी दबोचा है। मुख्य आरोपी सोमेन्द्र कंकरायने गिरफ्तारी से बचने के लिए हरिद्वार में साधु का भेष धारण कर और अपनी पहचान छिपाकर रह रहा था। पुलिस के अनुसार, आरोपी लोगों को कम समय में रकम दोगुनी करने का झांसा देकर करोड़ों रुपये का निवेश करवाता था। मामला उजागर होने के बाद न्यायालय से जमानत मिलने पर वह अपने साथियों सहित फरार हो गया था और लगातार ठिकाने बदल रहा था। आखिरकार, बालाघाट पुलिस ने गुप्त सूचना और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर हरिद्वार में दबिश देकर उसे गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, इस बहुचर्चित डबल मनी घोटाले का दायरा 500 करोड़ रुपये से अधिक का बताया जा रहा है, हालांकि वास्तविक राशि की पुष्टि विस्तृत जांच के बाद ही हो पाएगी। फिलहाल पुलिस गिरफ्तार किए गए सभी आरोपियों से गहन पूछताछ कर रही है, जिससे ठगी के इस बड़े नेटवर्क, निवेश की गई रकम और गिरोह से जुड़े अन्य लोगों के बारे में कई महत्वपूर्ण खुलासे होने की उम्मीद है।3
- बालाघाट के वारासिवनी में चंदन नदी में डूबे 11 वर्षीय बालक सूर्यांश देशमुख का शव सोमवार सुबह घटना स्थल से करीब 300 मीटर दूर नदी किनारे बरामद किया गया है। रविवार की शाम करीब 4 बजे वार्ड क्रमांक 13 निवासी सूर्यांश अपने दोस्तों पार्थ देशमुख, भानु देशमुख, अनोख देशमुख और साहिल के साथ वार्ड क्रमांक 14 की पुरानी सड़क स्थित चंदन नदी में नहाने गया था। नहाते समय गहराई और तेज बहाव की चपेट में आने से सूर्यांश नदी के बीच में जाकर डूब गया, जबकि उसके साथ मौजूद अन्य चारों दोस्तों ने एक-दूसरे का सहारा लेकर किसी तरह अपनी जान बचाई। बच्चों द्वारा परिजनों को घटना की जानकारी देर से दिए जाने के बाद पुलिस ने तत्काल ही एसडीआरएफ बालाघाट की टीम को मौके पर बुलाया था, लेकिन अंधेरा होने के कारण रविवार रात को रेस्क्यू अभियान रोकना पड़ा था। सोमवार सुबह करीब 6 बजे परिजनों और पड़ोसियों द्वारा दोबारा खोजबीन शुरू करने पर नदी किनारे सूर्यांश का शव दिखाई दिया, जिससे पूरे मोहल्ले में मातम पसर गया और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। स्थानीय लोगों का कहना है कि चंदन नदी में लगातार हो रहे रेत खनन के कारण कई स्थानों पर गहरे गड्ढे बन गए हैं, जो इस तरह की दुर्घटनाओं का कारण बन रहे हैं। आक्रोशित लोगों ने नदी में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने और अवैध रेत खनन पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। उल्लेखनीय है कि लगभग एक वर्ष पूर्व भी वार्ड क्रमांक 12 के एक बालक की इसी नदी में डूबने से मौत हो गई थी, जिसका शव आज तक बरामद नहीं हो सका है। लगातार हो रही ऐसी घटनाओं ने नदी की सुरक्षा व्यवस्था और रेत खनन को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।1