*जिलाधिकारी पुलकित गर्ग ने संयुक्त जिला चिकित्सालय का किया औचक निरीक्षण, मरीजों के प्रति संवेदनशील व्यवहार एवं व्यवस्थाओं में सुधार के दिए निर्देश *जिलाधिकारी पुलकित गर्ग ने संयुक्त जिला चिकित्सालय का किया औचक निरीक्षण, मरीजों के प्रति संवेदनशील व्यवहार एवं व्यवस्थाओं में सुधार के दिए निर्देश चित्रकूट।जिलाधिकारी श्री पुलकित गर्ग ने आज संयुक्त जिला चिकित्सालय सोनेपुर का औचक निरीक्षण कर अस्पताल में उपलब्ध स्वास्थ्य सेवाओं, स्वच्छता व्यवस्था एवं मरीजों को प्रदान की जा रही सुविधाओं का विस्तृत जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने इमरजेंसी वार्ड, वीआईपी कक्ष, ऑक्सीजन कक्ष, स्टोर कक्ष, आकस्मिक ड्यूटी कक्ष, जच्चा-बच्चा विभाग, प्रसव कक्ष, पेइंग एसी वार्ड, एसएनसीयू तथा ऑडियोमैट्री लैब का निरीक्षण किया। इमरजेंसी वार्ड के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने वार्ड की दीवारों पर धूल एवं गंदगी पाए जाने पर नाराजगी व्यक्त करते हुए तत्काल समुचित सफाई कराने के निर्देश दिए। उन्होंने उपस्थित नर्सिंग स्टाफ को निर्देशित किया कि सभी कर्मचारी अनिवार्य रूप से अपना नाम-पट्ट (नेम प्लेट) धारण करें, जिससे मरीज एवं उनके परिजन आवश्यकतानुसार संबंधित कर्मचारी की पहचान कर सकें। जिलाधिकारी ने नर्सिंग स्टाफ को मरीजों एवं उनके परिजनों के साथ शालीन, संवेदनशील एवं सकारात्मक व्यवहार करने के निर्देश देते हुए कहा कि अस्पताल का वातावरण ऐसा होना चाहिए जिससे आमजन में स्वास्थ्य सेवाओं के प्रति विश्वास एवं संतुष्टि का भाव उत्पन्न हो। उन्होंने वार्डों में नियमित रूप से बेडशीट बदलने तथा किसी भी स्थिति में गंदी बेडशीट का उपयोग न करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ऐसी गुणवत्तापूर्ण बेडशीट की खरीद की जाए, जिन पर दाग-धब्बे कम दिखाई दें तथा उनकी स्वच्छता बनाए रखने के लिए बेहतर गुणवत्ता वाले डिटर्जेंट का उपयोग सुनिश्चित किया जाए। वीआईपी कक्ष के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि उपलब्ध सुविधाओं का आवश्यकतानुसार समुचित उपयोग किया जाए। उन्होंने अस्पताल से संबंधित लंबित एस्टीमेट के संबंध में निर्देशित किया कि उन्हें शाडा के माध्यम से स्वीकृत कराया जाएगा। अस्पताल को धनराशि उपलब्ध होने के उपरांत संबंधित धनराशि शाडा को हस्तांतरित कर दी जाएगी। उन्होंने कहा कि तब तक अत्यावश्यक कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर कराया जाए। अस्पताल की विभिन्न व्यवस्थाओं के संबंध में जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि आवश्यक कार्यों के लिए उपलब्ध मदों से धनराशि का समुचित उपयोग किया जाए तथा सकारात्मक सोच के साथ व्यवस्थाओं में निरंतर सुधार सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने आवश्यकता के अनुसार वार्ड बॉय एवं सफाई कर्मियों की आउटसोर्सिंग के माध्यम से नियुक्ति करने के भी निर्देश दिए, जिससे अस्पताल की सेवाएं और अधिक प्रभावी एवं सुचारु रूप से संचालित हो सकें। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने अस्पताल परिसर को तंबाकू मुक्त बनाए रखने पर विशेष बल देते हुए निर्देश दिए कि जिला चिकित्सालय के मुख्य प्रवेश द्वार पर किसी भी व्यक्ति को थूकने न दिया जाए। उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि गुटखा एवं पान का सेवन कर आने वाले व्यक्तियों को अस्पताल परिसर में प्रवेश न दिया जाए तथा आवश्यकता पड़ने पर नियमानुसार जुर्माना भी लगाया जाए, जिससे अस्पताल परिसर की स्वच्छता एवं स्वास्थ्यकर वातावरण बना रहे। इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. महेंद्र कुमार त्रिपाठी, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. शैलेंद्र कुमार सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
*जिलाधिकारी पुलकित गर्ग ने संयुक्त जिला चिकित्सालय का किया औचक निरीक्षण, मरीजों के प्रति संवेदनशील व्यवहार एवं व्यवस्थाओं में सुधार के दिए निर्देश *जिलाधिकारी पुलकित गर्ग ने संयुक्त जिला चिकित्सालय का किया औचक निरीक्षण, मरीजों के प्रति संवेदनशील व्यवहार एवं व्यवस्थाओं में सुधार के दिए निर्देश चित्रकूट।जिलाधिकारी श्री पुलकित गर्ग ने आज संयुक्त जिला चिकित्सालय सोनेपुर का औचक निरीक्षण कर अस्पताल में उपलब्ध स्वास्थ्य सेवाओं, स्वच्छता व्यवस्था एवं मरीजों को प्रदान की जा रही सुविधाओं का विस्तृत जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने इमरजेंसी वार्ड, वीआईपी कक्ष, ऑक्सीजन कक्ष, स्टोर कक्ष, आकस्मिक ड्यूटी कक्ष, जच्चा-बच्चा विभाग, प्रसव कक्ष, पेइंग एसी वार्ड, एसएनसीयू तथा ऑडियोमैट्री लैब का निरीक्षण किया। इमरजेंसी वार्ड के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने वार्ड की दीवारों पर धूल एवं गंदगी पाए जाने पर नाराजगी व्यक्त करते हुए तत्काल समुचित सफाई कराने के निर्देश दिए। उन्होंने उपस्थित नर्सिंग स्टाफ को निर्देशित किया कि सभी कर्मचारी अनिवार्य रूप से अपना नाम-पट्ट (नेम प्लेट) धारण करें, जिससे मरीज एवं उनके परिजन आवश्यकतानुसार संबंधित कर्मचारी की पहचान कर सकें। जिलाधिकारी ने नर्सिंग स्टाफ को मरीजों एवं उनके परिजनों के साथ शालीन, संवेदनशील एवं सकारात्मक व्यवहार करने के निर्देश देते हुए कहा कि अस्पताल का वातावरण ऐसा होना चाहिए जिससे आमजन में स्वास्थ्य सेवाओं के प्रति विश्वास एवं संतुष्टि का भाव उत्पन्न हो। उन्होंने वार्डों में नियमित रूप से बेडशीट बदलने तथा किसी भी स्थिति में गंदी बेडशीट का उपयोग न करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ऐसी गुणवत्तापूर्ण बेडशीट की खरीद की जाए, जिन पर दाग-धब्बे कम दिखाई दें तथा उनकी स्वच्छता बनाए रखने के लिए बेहतर गुणवत्ता वाले डिटर्जेंट का उपयोग सुनिश्चित किया जाए। वीआईपी कक्ष के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि उपलब्ध सुविधाओं का आवश्यकतानुसार समुचित उपयोग किया जाए। उन्होंने अस्पताल से संबंधित लंबित एस्टीमेट के संबंध में निर्देशित किया कि उन्हें शाडा के माध्यम से स्वीकृत कराया जाएगा। अस्पताल को धनराशि उपलब्ध होने के उपरांत संबंधित धनराशि शाडा को हस्तांतरित कर दी जाएगी। उन्होंने कहा कि तब तक अत्यावश्यक कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर कराया जाए। अस्पताल की विभिन्न व्यवस्थाओं के संबंध में जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि आवश्यक कार्यों के लिए उपलब्ध मदों से धनराशि का समुचित उपयोग किया जाए तथा सकारात्मक सोच के साथ व्यवस्थाओं में निरंतर सुधार सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने आवश्यकता के अनुसार वार्ड बॉय एवं सफाई कर्मियों की आउटसोर्सिंग के माध्यम से नियुक्ति करने के भी निर्देश दिए, जिससे अस्पताल की सेवाएं और अधिक प्रभावी एवं सुचारु रूप से संचालित हो सकें। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने अस्पताल परिसर को तंबाकू मुक्त बनाए रखने पर विशेष बल देते हुए निर्देश दिए कि जिला चिकित्सालय के मुख्य प्रवेश द्वार पर किसी भी व्यक्ति को थूकने न दिया जाए। उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि गुटखा एवं पान का सेवन कर आने वाले व्यक्तियों को अस्पताल परिसर में प्रवेश न दिया जाए तथा आवश्यकता पड़ने पर नियमानुसार जुर्माना भी लगाया जाए, जिससे अस्पताल परिसर की स्वच्छता एवं स्वास्थ्यकर वातावरण बना रहे। इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. महेंद्र कुमार त्रिपाठी, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. शैलेंद्र कुमार सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
- *पर्यटन विभाग ने राजापुर में लगाया विचित्र नगरी का बोर्ड, स्थानीय जन में नाराजगी* *पर्यटन विभाग का कारनामा- राजापुर तीर्थ नगरी को बनाया विचित्र नगरी* चित्रकूट । गोस्वामी तुलसीदास की जन्मस्थली राजापुर में पर्यटन विभाग का कारनामा। पर्यटन विभाग ने तुलसी तीर्थ पवित्र नगरी को बनाया विचित्र नगरी। धर्म की चित्रकूट में पर्यटन विभाग द्वारा जिले भर के धार्मिक स्थलों व सांस्कृतिक धरोहरों में बोर्ड लगाए जा रहे हैं जिनमें उनके इतिहास का वर्णन अंकित है। कुछ ऐसा ही मामला तुलसी नगरी राजापुर पर से है जहां पर्यटन विभाग ने गोस्वामी तुलसीदास की जन्मस्थली में बोर्ड लगवाए है जिसमें पवित्र नगरी राजापुर की जगह विचित्र नगरी लिखा हुआ है जिससे वहां के जन प्रतिनिधि व समाजसेवियों ने नाराजगी जाहिर की है। नगर पंचायत राजपुर के अध्यक्ष संजीव मिश्रा ने इस पर आपत्ति जताते हुए कहा कि पर्यटन विभाग द्वारा लगाया गया यह बोर्ड बहुत ही निंदनीय नहीं है, जो हमारी आस्था के साथ खिलवाड़ किया गया है, यहां पर वर्ष भर में लाखों श्रद्धालु आते हैं। पर्यटन विभाग ने बोर्ड लगवाते समय घोर लापरवाही की है इसकी शिकायत जिला अधिकारी से की जाएगी। समाजसेवी अनिल देवरवा ने कहा कि बोर्ड में बहुत सारी खामियां हैं पहले तो विचित्र नगरी लिख दिया गया है दूसरा गोस्वामी तुलसीदास को लेखक के रूप में पेश किया गया है जो बहुत ही गलत है वह रामचरितमानस के रचयिता थे। पर्यटन विभाग कि यह लापरवाही घोर निंदनीय है हम सभी राजापुर वासी शीघ्र जिला प्रशासन से मिलकर इसकी शिकायत करेंगे।2
- चित्रकूट में समाजवादी लोहिया वाहिनी के राष्ट्रीय अध्यक्ष सूरज सिंह पटेल के नेतृत्व में पीडीए जनजागरण साइकिल यात्रा का आयोजन चित्रकूट।समाजवादी विचारधारा, सामाजिक न्याय, लोकतंत्र और संविधान की रक्षा के संदेश को जन-जन तक पहुंचाने के उद्देश्य से चित्रकूट जनपद में समाजवादी लोहिया वाहिनी के राष्ट्रीय अध्यक्ष सूरज सिंह पटेल के नेतृत्व में पीडीए जनजागरण साइकिल यात्रा का आयोजन किया गया। यात्रा के माध्यम से लोगों को पिछड़ा, दलित और अल्पसंख्यक (पीडीए) समाज की एकजुटता, सामाजिक सद्भाव तथा अधिकारों के प्रति जागरूक किया जाएगा। यात्रा के संयोजक समाजवादी लोहिया वाहिनी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सूरज सिंह पटेल कहा कि पीडीए जनजागरण यात्रा का उद्देश्य समाज के सभी वर्गों को जोड़ना और सामाजिक न्याय की आवाज को मजबूत करना है। साइकिल यात्रा के दौरान कार्यकर्ता गांव-गांव और क्षेत्र-क्षेत्र पहुंचकर लोगों से संवाद करेंगे तथा समाज को एकजुट करने का संदेश देंगे। समाजवादी पार्टी की ओर से आयोजित पीडीए जनजागरण साइकिल यात्रा को लेकर समाजवादी कार्यकर्ताओं में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है। यात्रा के आयोजक एवं समाजवादी लोहिया वाहिनी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सूरज सिंह पटेल ने दावा किया कि वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव में उत्तर प्रदेश की जनता भाजपा को सत्ता से बाहर कर अखिलेश यादव के नेतृत्व में समाजवादी पार्टी की सरकार बनाएगी। सूरज सिंह पटेल ने कहा कि पीडीए जनजागरण साइकिल यात्रा का उद्देश्य समाज के पिछड़े, दलित, अल्पसंख्यक सहित सभी वर्गों को सामाजिक न्याय, लोकतंत्र और संविधान के प्रति जागरूक करना है।समाजवादी लोहिया वाहिनी के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डॉ निर्भय सिंह पटेल ने कहा कि समाजवादी पार्टी लगातार जनता के मुद्दों को लेकर संघर्ष कर रही है और कार्यकर्ता गांव-गांव पहुंचकर लोगों से संवाद कर रहे हैं। उन्होंने भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि प्रदेश की जनता महंगाई, बेरोजगारी, किसानों की समस्याओं, शिक्षा, स्वास्थ्य और कानून-व्यवस्था जैसे मुद्दों को लेकर परेशान है। उन्होंने दावा किया कि जनता अब बदलाव का मन बना चुकी है और 2027 में इसका असर विधानसभा चुनाव में दिखाई देगा।उन्होंने कहा कि “भाजपा का सफाया कर वर्ष 2027 में उत्तर प्रदेश में अखिलेश यादव के नेतृत्व में समाजवादी पार्टी की सरकार बनेगी। पीडीए की एकजुटता ही सामाजिक न्याय और लोकतांत्रिक व्यवस्था को मजबूत करने का रास्ता है। *बाइट - सूरज सिंह पटेल, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सपा लोहिया वाहिनी* *बाइट - डॉ निर्भय सिंह पटेल पूर्व प्रदेश अध्यक्ष सपा लोहिया वाहिनी उत्तर प्रदेश*4
- "पति-पत्नी की मामूली कहासुनी का खौफनाक अंत! सूना घर पाकर 22 साल के युवक ने फंदे से लटककर दी जान!"2
- चित्रकूट कर्वी के शिवनगर निवासी पिता पुत्रों पर सटरिंग का पैसा न देने का व्यक्ति ने लगाया आरोप थाना समाधान दिवस में लगाई न्याय की फरियाद कहा 10वीं बार कोतवाली आया हूं चित्रकूट जनपद के पहाड़ी बुजुर्ग निवासी व्यक्ति रामसेवक ने कवि के शिवनगर निवासी दबंग पिता पुत्रों पर सटरिंग का पैसा ना देने का आरोप लगाया है और न्याय की फरियाद लेकर आज शनिवार की सुबह 11:00 बजे 10वीं बार कोतवाली पहुंचकर थाना दिवस में न्याय की फरियाद लगाई है पीड़ित रामसेवक ने बतायाकी उसने कर्वी के शिवनगर निवासी मेवालाल और उसके पुत्रों राज और हिमांशु के कहने पर मध्य प्रदेश के लवकुश नगर निवासी बबलू नाम के व्यक्ति को अपनी शटरिंग 2,90,000 रूपये में बेची थी जिसमें उसका ₹1,00000 शेष रह गया था जिसको उसने बबलू से मांगा जिस पर बबलू और मेवालाल,हिमांशु व राज द्वारा उसको ब्लैकमेल करते हुए लवकुश नगर थाने बुलाया गया जब थाने पहुंचा तो उल्टा उसे ही डांटा फटकारा गया और ₹40000 देने की बात कही गई जिस पर वह ₹40000 लेने के लिए भी मान गया जिसमें मेवालाल और उसके पुत्र द्वारा एक माह बाद ₹40000 देने की बात कही गई पर आज तक उक्त लोगों द्वारा उसका ₹40000 नहीं दिया दिया और मांगने पर रोज आजकल बोलकर ट दिया जाता है जिसकी शिकायत उसके द्वारा कोतवाली कर्वी में की गई पर आज तक उसकी समस्या का समाधान नहीं किया गया पीड़ित ने बताया कि वह कोतवाली 10वीं बार आया है हर बार उसे संबंधित हल्का इंचार्ज द्वारा कार्रवाई करने की बात बोलकर ट र का दिया जाता है आप भी सुने क्या पीड़ित व्यक्ति राम सेवक का चित्रकूट कर्वी के शिवनगर निवासी पिता पुत्रों पर सटरिंग का पैसा न देने का व्यक्ति ने लगाया आरोप थाना समाधान दिवस में लगाई न्याय की फरियाद कहा 10वीं बार कोतवाली आया हूं चित्रकूट जनपद के पहाड़ी बुजुर्ग निवासी व्यक्ति रामसेवक ने कवि के शिवनगर निवासी दबंग पिता पुत्रों पर सटरिंग का पैसा ना देने का आरोप लगाया है और न्याय की फरियाद लेकर आज शनिवार की सुबह 11:00 बजे 10वीं बार कोतवाली पहुंचकर थाना दिवस में न्याय की फरियाद लगाई है पीड़ित रामसेवक ने बतायाकी उसने कर्वी के शिवनगर निवासी मेवालाल और उसके पुत्रों राज और हिमांशु के कहने पर मध्य प्रदेश के लवकुश नगर निवासी बबलू नाम के व्यक्ति को अपनी शटरिंग 2,90,000 रूपये में बेची थी जिसमें उसका ₹1,00000 शेष रह गया था जिसको उसने बबलू से मांगा जिस पर बबलू और मेवालाल,हिमांशु व राज द्वारा उसको ब्लैकमेल करते हुए लवकुश नगर थाने बुलाया गया जब थाने पहुंचा तो उल्टा उसे ही डांटा फटकारा गया और ₹40000 देने की बात कही गई जिस पर वह ₹40000 लेने के लिए भी मान गया जिसमें मेवालाल और उसके पुत्र द्वारा एक माह बाद ₹40000 देने की बात कही गई पर आज तक उक्त लोगों द्वारा उसका ₹40000 नहीं दिया दिया और मांगने पर रोज आजकल बोलकर ट दिया जाता है जिसकी शिकायत उसके द्वारा कोतवाली कर्वी में की गई पर आज तक उसकी समस्या का समाधान नहीं किया गया पीड़ित ने बताया कि वह कोतवाली 10वीं बार आया है हर बार उसे संबंधित हल्का इंचार्ज द्वारा कार्रवाई करने की बात बोलकर ट र का दिया जाता है आप भी सुने क्या पीड़ित व्यक्ति राम सेवक का1
- चित्रकूट कर्वी के शिवनगर निवासी पिता पुत्रों पर सटरिंग का पैसा न देने का व्यक्ति ने लगाया आरोप थाना समाधान दिवस में लगाई न्याय की फरियाद कहा 10वीं बार कोतवाली आया हूं चित्रकूट जनपद के पहाड़ी बुजुर्ग निवासी व्यक्ति रामसेवक ने कवि के शिवनगर निवासी दबंग पिता पुत्रों पर सटरिंग का पैसा ना देने का आरोप लगाया है और न्याय की फरियाद लेकर आज शनिवार की सुबह 11:00 बजे 10वीं बार कोतवाली पहुंचकर थाना दिवस में न्याय की फरियाद लगाई है पीड़ित रामसेवक ने बतायाकी उसने कर्वी के शिवनगर निवासी मेवालाल और उसके पुत्रों राज और हिमांशु के कहने पर मध्य प्रदेश के लवकुश नगर निवासी बबलू नाम के व्यक्ति को अपनी शटरिंग 2,90,000 रूपये में बेची थी जिसमें उसका ₹1,00000 शेष रह गया था जिसको उसने बबलू से मांगा जिस पर बबलू और मेवालाल,हिमांशु व राज द्वारा उसको ब्लैकमेल करते हुए लवकुश नगर थाने बुलाया गया जब थाने पहुंचा तो उल्टा उसे ही डांटा फटकारा गया और ₹40000 देने की बात कही गई जिस पर वह ₹40000 लेने के लिए भी मान गया जिसमें मेवालाल और उसके पुत्र द्वारा एक माह बाद ₹40000 देने की बात कही गई पर आज तक उक्त लोगों द्वारा उसका ₹40000 नहीं दिया दिया और मांगने पर रोज आजकल बोलकर ट दिया जाता है जिसकी शिकायत उसके द्वारा कोतवाली कर्वी में की गई पर आज तक उसकी समस्या का समाधान नहीं किया गया पीड़ित ने बताया कि वह कोतवाली 10वीं बार आया है हर बार उसे संबंधित हल्का इंचार्ज द्वारा कार्रवाई करने की बात बोलकर ट र का दिया जाता है आप भी सुने क्या पीड़ित व्यक्ति राम सेवक का चित्रकूट कर्वी के शिवनगर निवासी पिता पुत्रों पर सटरिंग का पैसा न देने का व्यक्ति ने लगाया आरोप थाना समाधान दिवस में लगाई न्याय की फरियाद कहा 10वीं बार कोतवाली आया हूं चित्रकूट जनपद के पहाड़ी बुजुर्ग निवासी व्यक्ति रामसेवक ने कवि के शिवनगर निवासी दबंग पिता पुत्रों पर सटरिंग का पैसा ना देने का आरोप लगाया है और न्याय की फरियाद लेकर आज शनिवार की सुबह 11:00 बजे 10वीं बार कोतवाली पहुंचकर थाना दिवस में न्याय की फरियाद लगाई है पीड़ित रामसेवक ने बतायाकी उसने कर्वी के शिवनगर निवासी मेवालाल और उसके पुत्रों राज और हिमांशु के कहने पर मध्य प्रदेश के लवकुश नगर निवासी बबलू नाम के व्यक्ति को अपनी शटरिंग 2,90,000 रूपये में बेची थी जिसमें उसका ₹1,00000 शेष रह गया था जिसको उसने बबलू से मांगा जिस पर बबलू और मेवालाल,हिमांशु व राज द्वारा उसको ब्लैकमेल करते हुए लवकुश नगर थाने बुलाया गया जब थाने पहुंचा तो उल्टा उसे ही डांटा फटकारा गया और ₹40000 देने की बात कही गई जिस पर वह ₹40000 लेने के लिए भी मान गया जिसमें मेवालाल और उसके पुत्र द्वारा एक माह बाद ₹40000 देने की बात कही गई पर आज तक उक्त लोगों द्वारा उसका ₹40000 नहीं दिया दिया और मांगने पर रोज आजकल बोलकर ट दिया जाता है जिसकी शिकायत उसके द्वारा कोतवाली कर्वी में की गई पर आज तक उसकी समस्या का समाधान नहीं किया गया पीड़ित ने बताया कि वह कोतवाली 10वीं बार आया है हर बार उसे संबंधित हल्का इंचार्ज द्वारा कार्रवाई करने की बात बोलकर ट र का दिया जाता है आप भी सुने क्या पीड़ित व्यक्ति राम सेवक का1
- *ओवरलोड ट्रकों पर कार्रवाई के दावों के बीच उठे सवाल, वायरल टीपी ने खोली पोल* जब टीपी में माल की मात्रा स्पष्ट है, लोडिंग स्थल की जानकारी उपलब्ध है और मामला सोशल मीडिया के माध्यम से सार्वजनिक हो चुका है, तो संबंधित वाहन, लोडिंग स्थल और जिम्मेदार व्यक्ति की जांच कर कार्रवाई क्यों नहीं की गई? *क्या नियम सभी के लिए समान हैं या फिर कार्रवाई के नाम पर केवल चुनिंदा वाहनों को ही निशाना बनाया जा रहा है?* *अधिकारियों की भूमिका पर उठ रहे सवाल* मामला सार्वजनिक होने के बाद अब निगाहें परिवहन और खनिज विभाग के जिम्मेदार अधिकारियों पर टिकी हैं। यदि वायरल टीपी और वाहन की वास्तविक स्थिति में ओवरलोडिंग की पुष्टि होती है तो नियमानुसार कार्रवाई होनी चाहिए। वहीं यदि वायरल दस्तावेज में कोई तथ्य गलत है तो संबंधित विभाग को सामने आकर स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए। अब सवाल सिर्फ ओवरलोड ट्रकों का नहीं, बल्कि कार्रवाई में कथित पक्षपात का है। जिम्मेदार अधिकारी स्पष्ट करें कि ओवरलोडिंग के खिलाफ उनकी कार्रवाई की कसौटी क्या है और वायरल मामले में अब तक क्या कार्रवाई की गई? मैहर। जिले में ओवरलोडिंग के खिलाफ लगातार कार्रवाई के दावे किए जा रहे हैं, लेकिन सड़कों पर दौड़ रहे ओवरलोड ट्रकों की तस्वीरें इन दावों पर सवाल खड़े कर रही हैं। कार्रवाई के बावजूद धड़ल्ले से ओवरलोड ट्रकों का संचालन जारी है। अब सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि आखिर जिम्मेदार विभाग कुछ मामलों में कार्रवाई करता है और कुछ मामलों में चुप्पी क्यों साध लेता है?हाल ही में सोशल मीडिया पर वायरल हुई एक खबर ने पूरे मामले को फिर चर्चा में ला दिया है। वायरल मामले में सामने आई टीपी में ही वाहन में लोड माल की मात्रा दर्ज बताई जा रही है, साथ ही जिस व्यक्ति/स्थान से माल लोड किया गया, उसका विवरण भी टीपी में अंकित बताया जा रहा है। ऐसे में सवाल यह है कि जब दस्तावेज ही कथित तौर पर ओवरलोडिंग की ओर इशारा कर रहा है तो जिम्मेदार अधिकारियों को कार्रवाई करने में आखिर किस बात की परेशानी है? टीपी सामने, फिर भी कार्रवाई क्यों नहीं? ओवरलोड वाहन केवल यातायात नियमों का उल्लंघन नहीं करते, बल्कि सड़क सुरक्षा और सड़क की गुणवत्ता पर भी गंभीर असर डाल सकते हैं। यदि किसी वाहन के दस्तावेज में निर्धारित क्षमता से अधिक माल दर्ज है, तो संबंधित विभागों के पास मामले की जांच और नियमानुसार कार्रवाई करने का आधार मौजूद होना चाहिए। इसके बावजूद यदि ऐसे मामलों में कार्रवाई नहीं होती तो यह सवाल स्वाभाविक है कि क्या ओवरलोडिंग के खिलाफ कार्रवाई भी चयनात्मक तरीके से की जा रही है?1
- *जिलाधिकारी पुलकित गर्ग ने संयुक्त जिला चिकित्सालय का किया औचक निरीक्षण, मरीजों के प्रति संवेदनशील व्यवहार एवं व्यवस्थाओं में सुधार के दिए निर्देश *जिलाधिकारी पुलकित गर्ग ने संयुक्त जिला चिकित्सालय का किया औचक निरीक्षण, मरीजों के प्रति संवेदनशील व्यवहार एवं व्यवस्थाओं में सुधार के दिए निर्देश चित्रकूट।जिलाधिकारी श्री पुलकित गर्ग ने आज संयुक्त जिला चिकित्सालय सोनेपुर का औचक निरीक्षण कर अस्पताल में उपलब्ध स्वास्थ्य सेवाओं, स्वच्छता व्यवस्था एवं मरीजों को प्रदान की जा रही सुविधाओं का विस्तृत जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने इमरजेंसी वार्ड, वीआईपी कक्ष, ऑक्सीजन कक्ष, स्टोर कक्ष, आकस्मिक ड्यूटी कक्ष, जच्चा-बच्चा विभाग, प्रसव कक्ष, पेइंग एसी वार्ड, एसएनसीयू तथा ऑडियोमैट्री लैब का निरीक्षण किया। इमरजेंसी वार्ड के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने वार्ड की दीवारों पर धूल एवं गंदगी पाए जाने पर नाराजगी व्यक्त करते हुए तत्काल समुचित सफाई कराने के निर्देश दिए। उन्होंने उपस्थित नर्सिंग स्टाफ को निर्देशित किया कि सभी कर्मचारी अनिवार्य रूप से अपना नाम-पट्ट (नेम प्लेट) धारण करें, जिससे मरीज एवं उनके परिजन आवश्यकतानुसार संबंधित कर्मचारी की पहचान कर सकें। जिलाधिकारी ने नर्सिंग स्टाफ को मरीजों एवं उनके परिजनों के साथ शालीन, संवेदनशील एवं सकारात्मक व्यवहार करने के निर्देश देते हुए कहा कि अस्पताल का वातावरण ऐसा होना चाहिए जिससे आमजन में स्वास्थ्य सेवाओं के प्रति विश्वास एवं संतुष्टि का भाव उत्पन्न हो। उन्होंने वार्डों में नियमित रूप से बेडशीट बदलने तथा किसी भी स्थिति में गंदी बेडशीट का उपयोग न करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ऐसी गुणवत्तापूर्ण बेडशीट की खरीद की जाए, जिन पर दाग-धब्बे कम दिखाई दें तथा उनकी स्वच्छता बनाए रखने के लिए बेहतर गुणवत्ता वाले डिटर्जेंट का उपयोग सुनिश्चित किया जाए। वीआईपी कक्ष के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि उपलब्ध सुविधाओं का आवश्यकतानुसार समुचित उपयोग किया जाए। उन्होंने अस्पताल से संबंधित लंबित एस्टीमेट के संबंध में निर्देशित किया कि उन्हें शाडा के माध्यम से स्वीकृत कराया जाएगा। अस्पताल को धनराशि उपलब्ध होने के उपरांत संबंधित धनराशि शाडा को हस्तांतरित कर दी जाएगी। उन्होंने कहा कि तब तक अत्यावश्यक कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर कराया जाए। अस्पताल की विभिन्न व्यवस्थाओं के संबंध में जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि आवश्यक कार्यों के लिए उपलब्ध मदों से धनराशि का समुचित उपयोग किया जाए तथा सकारात्मक सोच के साथ व्यवस्थाओं में निरंतर सुधार सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने आवश्यकता के अनुसार वार्ड बॉय एवं सफाई कर्मियों की आउटसोर्सिंग के माध्यम से नियुक्ति करने के भी निर्देश दिए, जिससे अस्पताल की सेवाएं और अधिक प्रभावी एवं सुचारु रूप से संचालित हो सकें। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने अस्पताल परिसर को तंबाकू मुक्त बनाए रखने पर विशेष बल देते हुए निर्देश दिए कि जिला चिकित्सालय के मुख्य प्रवेश द्वार पर किसी भी व्यक्ति को थूकने न दिया जाए। उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि गुटखा एवं पान का सेवन कर आने वाले व्यक्तियों को अस्पताल परिसर में प्रवेश न दिया जाए तथा आवश्यकता पड़ने पर नियमानुसार जुर्माना भी लगाया जाए, जिससे अस्पताल परिसर की स्वच्छता एवं स्वास्थ्यकर वातावरण बना रहे। इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. महेंद्र कुमार त्रिपाठी, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. शैलेंद्र कुमार सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।1
- ग्राम पंचायत दादरी माफी छितूपुर का ग्राम है में नाले में दुर्घटना चुप बैठी है इस नाले को पैसाखाकर सरकार महोदय इस नाले को पुरानी जल्द से जल्द कृपा करें बहुत परेशानी आ रही जनता को4