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सतना जिले के बिरसिंहपुर में करीब एक साल के लंबे इंतजार के बाद नजर आई कचरा उठाने वाली गाड़ी कुछ ही समय बाद फिर से गायब हो गई है। इस स्थिति को लेकर स्थानीय जनता में भारी नाराजगी है और लोग लगातार सवाल उठा रहे हैं। जब कोटा, जैतवारा और सिमरिया जैसे आसपास के कस्बों में यह सुविधा नियमित रूप से मिल रही है, तो आखिर बिरसिंहपुर की जनता को इससे वंचित क्यों रखा जा रहा है। मोहल्लों में कचरा गाड़ी आना बंद होने से लोग परेशान हैं और अपनी प्रतिक्रिया दर्ज करा रहे हैं। जनता इस मुद्दे को जोर-शोर से उठा रही है और वीडियो शेयर कर रही है ताकि यह समस्या जिम्मेदार अधिकारियों तक पहुँच सके और इलाके में सफाई व्यवस्था फिर से बहाल हो सके।

3 hrs ago
user_Prakash Pathak Satna
Prakash Pathak Satna
Social Media Manager बीरसिंहपुर, सतना, मध्य प्रदेश•
3 hrs ago

सतना जिले के बिरसिंहपुर में करीब एक साल के लंबे इंतजार के बाद नजर आई कचरा उठाने वाली गाड़ी कुछ ही समय बाद फिर से गायब हो गई है। इस स्थिति को लेकर स्थानीय जनता में भारी नाराजगी है और लोग लगातार सवाल उठा रहे हैं। जब कोटा, जैतवारा और सिमरिया जैसे आसपास के कस्बों में यह सुविधा नियमित रूप से मिल रही है, तो आखिर बिरसिंहपुर की जनता को इससे वंचित क्यों रखा जा रहा है। मोहल्लों में कचरा गाड़ी आना बंद होने से लोग परेशान हैं और अपनी प्रतिक्रिया दर्ज करा रहे हैं। जनता इस मुद्दे को जोर-शोर से उठा रही है और वीडियो शेयर कर रही है ताकि यह समस्या जिम्मेदार अधिकारियों तक पहुँच सके और इलाके में सफाई व्यवस्था फिर से बहाल हो सके।

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  • सतना जिले के बिरसिंहपुर में करीब एक साल के लंबे इंतजार के बाद नजर आई कचरा उठाने वाली गाड़ी कुछ ही समय बाद फिर से गायब हो गई है। इस स्थिति को लेकर स्थानीय जनता में भारी नाराजगी है और लोग लगातार सवाल उठा रहे हैं। जब कोटा, जैतवारा और सिमरिया जैसे आसपास के कस्बों में यह सुविधा नियमित रूप से मिल रही है, तो आखिर बिरसिंहपुर की जनता को इससे वंचित क्यों रखा जा रहा है। मोहल्लों में कचरा गाड़ी आना बंद होने से लोग परेशान हैं और अपनी प्रतिक्रिया दर्ज करा रहे हैं। जनता इस मुद्दे को जोर-शोर से उठा रही है और वीडियो शेयर कर रही है ताकि यह समस्या जिम्मेदार अधिकारियों तक पहुँच सके और इलाके में सफाई व्यवस्था फिर से बहाल हो सके।
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    सतना जिले के बिरसिंहपुर में करीब एक साल के लंबे इंतजार के बाद नजर आई कचरा उठाने वाली गाड़ी कुछ ही समय बाद फिर से गायब हो गई है। इस स्थिति को लेकर स्थानीय जनता में भारी नाराजगी है और लोग लगातार सवाल उठा रहे हैं। जब कोटा, जैतवारा और सिमरिया जैसे आसपास के कस्बों में यह सुविधा नियमित रूप से मिल रही है, तो आखिर बिरसिंहपुर की जनता को इससे वंचित क्यों रखा जा रहा है।

मोहल्लों में कचरा गाड़ी आना बंद होने से लोग परेशान हैं और अपनी प्रतिक्रिया दर्ज करा रहे हैं। जनता इस मुद्दे को जोर-शोर से उठा रही है और वीडियो शेयर कर रही है ताकि यह समस्या जिम्मेदार अधिकारियों तक पहुँच सके और इलाके में सफाई व्यवस्था फिर से बहाल हो सके।
    user_Prakash Pathak Satna
    Prakash Pathak Satna
    Social Media Manager बीरसिंहपुर, सतना, मध्य प्रदेश•
    3 hrs ago
  • गुढ़ के तमरा हल्का पटवारी रवि नारायण वर्मा का रिश्वत लेते हुए वीडियो वायरल होने के बाद से क्षेत्र के किसान लगातार उनकी काली करतूतों की पोल खोल रहे हैं। इसी कड़ी में पटवारी की प्रताड़ना से तंग आकर एक महिला किसान ने रो-रोकर अपनी आपबीती सुनाई। पटवारी रवि नारायण वर्मा की कार्यशैली से साफ अंदेशा लगाया जा सकता है कि उनके लिए पैसों के आगे किसी भी किसान के जीवन का कोई महत्व नहीं है। इस मामले में जिला प्रशासन के ढुलमुल रवैये से परेशान होकर उमेश त्रिपाठी पिडिहा ने मोर्चा खोल दिया है। वे मंगलवार से तमरा में अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठेंगे।
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    गुढ़ के तमरा हल्का पटवारी रवि नारायण वर्मा का रिश्वत लेते हुए वीडियो वायरल होने के बाद से क्षेत्र के किसान लगातार उनकी काली करतूतों की पोल खोल रहे हैं। इसी कड़ी में पटवारी की प्रताड़ना से तंग आकर एक महिला किसान ने रो-रोकर अपनी आपबीती सुनाई। पटवारी रवि नारायण वर्मा की कार्यशैली से साफ अंदेशा लगाया जा सकता है कि उनके लिए पैसों के आगे किसी भी किसान के जीवन का कोई महत्व नहीं है।

इस मामले में जिला प्रशासन के ढुलमुल रवैये से परेशान होकर उमेश त्रिपाठी पिडिहा ने मोर्चा खोल दिया है। वे मंगलवार से तमरा में अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठेंगे।
    user_उमेश पाठक सेमरिया रीवा
    उमेश पाठक सेमरिया रीवा
    सेमरिया, रीवा, मध्य प्रदेश•
    1 hr ago
  • सतना शहर में पुलिस के तमाम दावों के बावजूद खुलेआम नशीली कफ सिरप बेची जा रही है, जिसकी वजह से स्थानीय नौजवान तेजी से नशे का शिकार हो रहे हैं। इस अवैध बिक्री से जुड़ा एक वीडियो भी सामने आया है, जिसे मथुरा नई बस्ती का बताया जा रहा है। एक तरफ पुलिस प्रशासन नशे पर रोक लगाने के दावे कर रहा है, वहीं दूसरी ओर सरेआम कफ सिरप की हो रही बिक्री से इन दावों पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
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    सतना शहर में पुलिस के तमाम दावों के बावजूद खुलेआम नशीली कफ सिरप बेची जा रही है, जिसकी वजह से स्थानीय नौजवान तेजी से नशे का शिकार हो रहे हैं। इस अवैध बिक्री से जुड़ा एक वीडियो भी सामने आया है, जिसे मथुरा नई बस्ती का बताया जा रहा है। एक तरफ पुलिस प्रशासन नशे पर रोक लगाने के दावे कर रहा है, वहीं दूसरी ओर सरेआम कफ सिरप की हो रही बिक्री से इन दावों पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
    user_प्रखर प्रवक्ता न्यूज
    प्रखर प्रवक्ता न्यूज
    Newspaper publisher रघुराजनगर नगरीय, सतना, मध्य प्रदेश•
    19 min ago
  • Post by Pintu Dubey
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    Post by Pintu Dubey
    user_Pintu Dubey
    Pintu Dubey
    Nurse रघुराजनगर नगरीय, सतना, मध्य प्रदेश•
    1 hr ago
  • सतना जिले के बेला में NEET और CBSE परीक्षा परिणामों में हुई व्यापक अनियमितताओं तथा प्रदर्शनकारी छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में ब्लॉक कांग्रेस कमेटी ने केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। शनिवार, 25 जुलाई 2026 को आयोजित इस विरोध प्रदर्शन के तहत कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने सड़कों पर उतरकर कैंडल लाइट मार्च निकाला। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष के निर्देश पर ब्लॉक अध्यक्ष शिवशंकर गौटिया के नेतृत्व में सैकड़ों कार्यकर्ता जेपी मोड़ स्थित ब्लॉक कांग्रेस कार्यालय में एकत्र हुए। इसके बाद कार्यकर्ताओं ने जेपी मोड़ से गोविंदगढ़ मोड़ तक हाथों में मोमबत्तियां और तख्तियां लेकर मार्च निकाला। इस दौरान "छात्र विरोधी सरकार मुर्दाबाद" और "शिक्षा में भ्रष्टाचार बंद करो" जैसे नारों के साथ सरकार को घेरा गया। प्रदर्शन के दौरान वक्ताओं ने आरोप लगाया कि NEET में पेपर लीक और CBSE नतीजों में गड़बड़ी की वजह से देश के लाखों छात्रों का भविष्य बर्बाद किया जा रहा है। न्याय मांग रहे छात्रों पर लाठीचार्ज करके लोकतंत्र की हत्या की गई है। कांग्रेस ने पूरे मामले की जांच सीबीआई से कराने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की। इस विरोध मार्च में शिवशंकर गौटिया के साथ डॉ. राजेश पांडे, बसंत मिश्रा, ओमकार प्यासी, युवा अध्यक्ष संदीप सिंह, जय प्रकाश, शोभनाथ सिंह, बाबूलाल गुप्ता साकेत, अरविंद साकेत, कमलाकांत मिश्रा, सोहनलाल कोल, मंगलेश्वर पटेल, दिनेश कोल सहित कई प्रमुख पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल रहे। कांग्रेस नेताओं ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि सरकार ने तुरंत मांगें नहीं मानीं तो पार्टी पूरे प्रदेश में उग्र आंदोलन करेगी।
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    सतना जिले के बेला में NEET और CBSE परीक्षा परिणामों में हुई व्यापक अनियमितताओं तथा प्रदर्शनकारी छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में ब्लॉक कांग्रेस कमेटी ने केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। शनिवार, 25 जुलाई 2026 को आयोजित इस विरोध प्रदर्शन के तहत कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने सड़कों पर उतरकर कैंडल लाइट मार्च निकाला।

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष के निर्देश पर ब्लॉक अध्यक्ष शिवशंकर गौटिया के नेतृत्व में सैकड़ों कार्यकर्ता जेपी मोड़ स्थित ब्लॉक कांग्रेस कार्यालय में एकत्र हुए। इसके बाद कार्यकर्ताओं ने जेपी मोड़ से गोविंदगढ़ मोड़ तक हाथों में मोमबत्तियां और तख्तियां लेकर मार्च निकाला। इस दौरान "छात्र विरोधी सरकार मुर्दाबाद" और "शिक्षा में भ्रष्टाचार बंद करो" जैसे नारों के साथ सरकार को घेरा गया।

प्रदर्शन के दौरान वक्ताओं ने आरोप लगाया कि NEET में पेपर लीक और CBSE नतीजों में गड़बड़ी की वजह से देश के लाखों छात्रों का भविष्य बर्बाद किया जा रहा है। न्याय मांग रहे छात्रों पर लाठीचार्ज करके लोकतंत्र की हत्या की गई है। कांग्रेस ने पूरे मामले की जांच सीबीआई से कराने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की।

इस विरोध मार्च में शिवशंकर गौटिया के साथ डॉ. राजेश पांडे, बसंत मिश्रा, ओमकार प्यासी, युवा अध्यक्ष संदीप सिंह, जय प्रकाश, शोभनाथ सिंह, बाबूलाल गुप्ता साकेत, अरविंद साकेत, कमलाकांत मिश्रा, सोहनलाल कोल, मंगलेश्वर पटेल, दिनेश कोल सहित कई प्रमुख पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल रहे। कांग्रेस नेताओं ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि सरकार ने तुरंत मांगें नहीं मानीं तो पार्टी पूरे प्रदेश में उग्र आंदोलन करेगी।
    user_राम प्रसाद साहू पत्रकार
    राम प्रसाद साहू पत्रकार
    Rampur Baghelan, Satna•
    41 min ago
  • सतना जिले के जैतवारा थाना क्षेत्र स्थित ग्राम मरवा भैंसवार में एक पीड़ित महिला अनीता गौतम, पति प्रदीप गौतम, मारपीट, लूटपाट और जान से मारने की धमकी के मामले में न्याय के लिए दर-दर भटकने को मजबूर हैं। पीड़िता के अनुसार, 06 जुलाई 2026 को सुबह लगभग 09:30 बजे वह गांव के प्रयागदत्त गौतम की किराना दुकान पर गई थीं। इसी दौरान आरोपी गंगा प्रसाद गौतम (पिता रामसोहावन गौतम), रेखा देवी (पति गंगा प्रसाद गौतम) और रामेश्वर गौतम (पिता गंगा प्रसाद गौतम) ने उन्हें अकेली पाकर गाली-गलौज करते हुए डंडों से मारपीट की। आरोपियों ने उनके सिर के बाल पकड़कर घसीटा और गले में पहनी सोने की लॉकेट छीन ली। बीच-बचाव करने पर जान से मारने की धमकी देते हुए आरोपी मौके से फरार हो गए। इस घटना के बाद पीड़िता ने 5 अलग-अलग जगहों पर आवेदन दिया, लेकिन पुलिस द्वारा आज तक कोई कार्रवाई नहीं की गई। पीड़िता ने 06/07/2026 को थाना जैतवारा, 07/07/2026 को पुलिस अधीक्षक सतना, 13/06/2026 को पुलिस कमिश्नर रीवा, 13/07/2026 को महिला आयोग भोपाल और 13/07/2026 को पुलिस महानिरीक्षक भोपाल को लिखित शिकायत दी थी। पीड़िता का आरोप है कि कोई सुनवाई न होने से आरोपी लगातार उन्हें "रिपोर्ट वापस लो, नहीं तो झूठे केस में फंसा देंगे" की धमकी दे रहे हैं। पीड़िता के पति मजदूरी के लिए बाहर गए हुए हैं और उन्हें अपनी जान-माल का भय बना हुआ है। परेशान होकर पीड़िता ने 25/07/2026 को पुनः पुलिस अधीक्षक सतना को आवेदन देकर आरोपियों के खिलाफ तत्काल एफआईआर दर्ज करने, कठोर कार्रवाई करने और लूटी गई लॉकेट बरामद कराने की मांग की है।
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    सतना जिले के जैतवारा थाना क्षेत्र स्थित ग्राम मरवा भैंसवार में एक पीड़ित महिला अनीता गौतम, पति प्रदीप गौतम, मारपीट, लूटपाट और जान से मारने की धमकी के मामले में न्याय के लिए दर-दर भटकने को मजबूर हैं। पीड़िता के अनुसार, 06 जुलाई 2026 को सुबह लगभग 09:30 बजे वह गांव के प्रयागदत्त गौतम की किराना दुकान पर गई थीं। इसी दौरान आरोपी गंगा प्रसाद गौतम (पिता रामसोहावन गौतम), रेखा देवी (पति गंगा प्रसाद गौतम) और रामेश्वर गौतम (पिता गंगा प्रसाद गौतम) ने उन्हें अकेली पाकर गाली-गलौज करते हुए डंडों से मारपीट की। आरोपियों ने उनके सिर के बाल पकड़कर घसीटा और गले में पहनी सोने की लॉकेट छीन ली। बीच-बचाव करने पर जान से मारने की धमकी देते हुए आरोपी मौके से फरार हो गए।

इस घटना के बाद पीड़िता ने 5 अलग-अलग जगहों पर आवेदन दिया, लेकिन पुलिस द्वारा आज तक कोई कार्रवाई नहीं की गई। पीड़िता ने 06/07/2026 को थाना जैतवारा, 07/07/2026 को पुलिस अधीक्षक सतना, 13/06/2026 को पुलिस कमिश्नर रीवा, 13/07/2026 को महिला आयोग भोपाल और 13/07/2026 को पुलिस महानिरीक्षक भोपाल को लिखित शिकायत दी थी। पीड़िता का आरोप है कि कोई सुनवाई न होने से आरोपी लगातार उन्हें "रिपोर्ट वापस लो, नहीं तो झूठे केस में फंसा देंगे" की धमकी दे रहे हैं। पीड़िता के पति मजदूरी के लिए बाहर गए हुए हैं और उन्हें अपनी जान-माल का भय बना हुआ है। परेशान होकर पीड़िता ने 25/07/2026 को पुनः पुलिस अधीक्षक सतना को आवेदन देकर आरोपियों के खिलाफ तत्काल एफआईआर दर्ज करने, कठोर कार्रवाई करने और लूटी गई लॉकेट बरामद कराने की मांग की है।
    user_ऋषिकेश त्रिपाठी
    ऋषिकेश त्रिपाठी
    रामपुर बघेलन, सतना, मध्य प्रदेश•
    10 hrs ago
  • धर्मेंद्र प्रधान के शिक्षा मंत्री पद से इस्तीफे के बाद सरकार ने उनका इस्तीफा स्वीकार कर लिया है। इसके बाद फिलहाल शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार प्रल्हाद जोशी को सौंपा गया है। इस बड़े फैसले के सामने आने के बाद से ही पूरे देश में एक नई बहस शुरू हो गई है। इस घटनाक्रम को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं कि क्या यह केवल एक मंत्री का इस्तीफा है या फिर विरोध प्रदर्शन करने, कठिनाइयों का सामना करने और जवाबदेही की मांग उठाने वाले लाखों छात्रों की आवाज की जीत है। नीट (NEET) प्रदर्शनों के बीच धर्मेंद्र प्रधान के पद छोड़ने के बाद अब इस बात को लेकर भी चर्चा तेज है कि नए शिक्षा मंत्री के आने से देश की शिक्षा व्यवस्था में क्या बदलाव देखने को मिल सकते हैं।
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    धर्मेंद्र प्रधान के शिक्षा मंत्री पद से इस्तीफे के बाद सरकार ने उनका इस्तीफा स्वीकार कर लिया है। इसके बाद फिलहाल शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार प्रल्हाद जोशी को सौंपा गया है। इस बड़े फैसले के सामने आने के बाद से ही पूरे देश में एक नई बहस शुरू हो गई है।

इस घटनाक्रम को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं कि क्या यह केवल एक मंत्री का इस्तीफा है या फिर विरोध प्रदर्शन करने, कठिनाइयों का सामना करने और जवाबदेही की मांग उठाने वाले लाखों छात्रों की आवाज की जीत है। नीट (NEET) प्रदर्शनों के बीच धर्मेंद्र प्रधान के पद छोड़ने के बाद अब इस बात को लेकर भी चर्चा तेज है कि नए शिक्षा मंत्री के आने से देश की शिक्षा व्यवस्था में क्या बदलाव देखने को मिल सकते हैं।
    user_Prakash Pathak Satna
    Prakash Pathak Satna
    Social Media Manager बीरसिंहपुर, सतना, मध्य प्रदेश•
    10 hrs ago
  • चित्रकूट की देवांगना घाटी में एक युवती के साथ हुई सामूहिक दुष्कर्म की घटना ने पूरी सामाजिक और राजनीतिक संवेदनशीलता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस मामले में पुलिस ने मडफा जंगल में मुठभेड़ के दौरान एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। लेकिन इस जघन्य अपराध के बाद जिले के अधिकांश जनप्रतिनिधियों, राजनीतिक नेताओं और सामाजिक संगठनों की चुप्पी को लेकर तीखा जनाक्रोश देखने को मिल रहा है। स्वतंत्र लेखक एवं पत्रकार डॉ. नवल किशोर त्रिपाठी के अनुसार, हर मुद्दे पर सोशल मीडिया और प्रेस कॉन्फ्रेंस में मुखर रहने वाले चेहरों की इस घटना पर खामोशी यह दर्शाती है कि बेटियों की सुरक्षा पर प्रतिक्रियाएं भी राजनीतिक सुविधा और वोट बैंक के हिसाब से तय हो रही हैं। किसी भी अपराधी की पहचान सिर्फ एक अपराधी के रूप में होनी चाहिए, न कि उसकी जाति, धर्म या राजनीतिक संबंध के आधार पर। इसलिए बिना किसी भेदभाव और दबाव के न्याय होना आवश्यक है। केवल एक आरोपी की गिरफ्तारी से समाज और जनप्रतिनिधियों का दायित्व समाप्त नहीं होता। जनप्रतिनिधित्व की जिम्मेदारी केवल सड़क, नाली या उद्घाटन तक सीमित नहीं है, बल्कि कठिन समय में अन्याय के खिलाफ सबसे पहले खड़े होना है। समय की मांग है कि सभी दल, जनप्रतिनिधि और नागरिक एक स्वर में बेटियों की सुरक्षा के पक्ष में खड़े हों और दोषियों पर कानून का कठोरतम प्रहार सुनिश्चित कराएं।
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    चित्रकूट की देवांगना घाटी में एक युवती के साथ हुई सामूहिक दुष्कर्म की घटना ने पूरी सामाजिक और राजनीतिक संवेदनशीलता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस मामले में पुलिस ने मडफा जंगल में मुठभेड़ के दौरान एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। लेकिन इस जघन्य अपराध के बाद जिले के अधिकांश जनप्रतिनिधियों, राजनीतिक नेताओं और सामाजिक संगठनों की चुप्पी को लेकर तीखा जनाक्रोश देखने को मिल रहा है।

स्वतंत्र लेखक एवं पत्रकार डॉ. नवल किशोर त्रिपाठी के अनुसार, हर मुद्दे पर सोशल मीडिया और प्रेस कॉन्फ्रेंस में मुखर रहने वाले चेहरों की इस घटना पर खामोशी यह दर्शाती है कि बेटियों की सुरक्षा पर प्रतिक्रियाएं भी राजनीतिक सुविधा और वोट बैंक के हिसाब से तय हो रही हैं। किसी भी अपराधी की पहचान सिर्फ एक अपराधी के रूप में होनी चाहिए, न कि उसकी जाति, धर्म या राजनीतिक संबंध के आधार पर। इसलिए बिना किसी भेदभाव और दबाव के न्याय होना आवश्यक है।

केवल एक आरोपी की गिरफ्तारी से समाज और जनप्रतिनिधियों का दायित्व समाप्त नहीं होता। जनप्रतिनिधित्व की जिम्मेदारी केवल सड़क, नाली या उद्घाटन तक सीमित नहीं है, बल्कि कठिन समय में अन्याय के खिलाफ सबसे पहले खड़े होना है। समय की मांग है कि सभी दल, जनप्रतिनिधि और नागरिक एक स्वर में बेटियों की सुरक्षा के पक्ष में खड़े हों और दोषियों पर कानून का कठोरतम प्रहार सुनिश्चित कराएं।
    user_अजय पाण्डेय पत्रकार
    अजय पाण्डेय पत्रकार
    मानिकपुर, चित्रकूट, उत्तर प्रदेश•
    1 hr ago
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