Shuru
Apke Nagar Ki App…
जालौन के कैलिया थाना क्षेत्र के ग्राम नरी में खेत पर काम करते समय एक किसान की सांप के काटने से मौत हो गई। 38 वर्षीय धर्मेंद्र कुमार अपने खेत में कृषि कार्य कर रहे थे, तभी यह घटना हुई। धर्मेंद्र कुमार प्रतिदिन की तरह अपने खेत पर काम कर रहे थे। इसी दौरान एक जहरीले सांप ने उन्हें काट लिया। कुछ ही देर में उनकी तबीयत बिगड़ने लगी और वे खेत पर ही बेहोश होकर गिर पड़े। पास में काम कर रहे अन्य किसानों ने जब धर्मेंद्र को अचेत अवस्था में देखा, तो उन्होंने तत्काल परिजनों को सूचना दी। सूचना मिलने पर परिवार के सदस्य मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों की सहायता से धर्मेंद्र को तुरंत अस्पताल ले जाने की व्यवस्था की।
Bheem rajawat 9628800458
जालौन के कैलिया थाना क्षेत्र के ग्राम नरी में खेत पर काम करते समय एक किसान की सांप के काटने से मौत हो गई। 38 वर्षीय धर्मेंद्र कुमार अपने खेत में कृषि कार्य कर रहे थे, तभी यह घटना हुई। धर्मेंद्र कुमार प्रतिदिन की तरह अपने खेत पर काम कर रहे थे। इसी दौरान एक जहरीले सांप ने उन्हें काट लिया। कुछ ही देर में उनकी तबीयत बिगड़ने लगी और वे खेत पर ही बेहोश होकर गिर पड़े। पास में काम कर रहे अन्य किसानों ने जब धर्मेंद्र को अचेत अवस्था में देखा, तो उन्होंने तत्काल परिजनों को सूचना दी। सूचना मिलने पर परिवार के सदस्य मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों की सहायता से धर्मेंद्र को तुरंत अस्पताल ले जाने की व्यवस्था की।
More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
- माधौगढ़ के हरौली गांव में 13 वर्षीय छात्र रवि ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। बताया जा रहा है कि परिजनों की डांट से नाराज होकर छात्र ने यह कदम उठाया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा है और मामले की जांच शुरू कर दी है। जानकारी के मुताबिक, हरौली गांव निवासी रवि आनंद कुमार का पुत्र था और गांव के सरकारी विद्यालय में कक्षा आठ का छात्र था। परिजनों ने बताया कि घर में कुछ काम चल रहा था, जिस दौरान किसी बात पर उसे डांटा गया था।1
- लखनऊ सदन में क्षेत्रीय समस्याओं को लेकर विधायक विनोद चतुर्वेदी ने जोरदार ढंग से अपनी बात रखी। उन्होंने बरही बंबा से बसरेही तक लगभग 23 किलोमीटर लंबे मार्ग के निर्माण की माँग उठाते हुए कहा कि यह सड़क क्षेत्र की जनता के लिए अत्यंत आवश्यक है। विधायक ने बताया कि इस विषय को आदरणीय विधान सभा अध्यक्ष सतीश महाना के माध्यम से संबंधित मंत्री के समक्ष रखा गया, जिस पर मंत्री द्वारा सकारात्मक आश्वासन दिया गया है। उन्होंने आशा व्यक्त की कि शीघ्र ही मार्ग निर्माण की स्वीकृति प्राप्त होगी और कार्य प्रारंभ कराया जाएगा। सड़क बनने से क्षेत्र में आवागमन सुगम होगा, ग्रामीणों को राहत मिलेगी तथा क्षेत्र के विकास को नई दिशा प्राप्त होगी।1
- jila jalaun uttar pradesh 2851251
- शादी के बाद दूल्हा निकला किन्नर तो शादी में आए किन्नर नेक लेने पता चला कि वह किन्नर है तो अपने किन्नर साथ ले गए। यह मामला बाराबंकी का है जहां शादी के दौरान पता चला की लड़का किन्नर तो लड़की वालों ने लड़का को पीटा पुलिस आने के पहले शादी में नेक लेने के लिए वहां किन्नर आ गए और वह अपने साथ ले गए । वह लड़का किन्नर के साथ ढोलक बा साथ में घूमते थे।।1
- भारत में आरक्षण, भूमि स्वामित्व और सामाजिक समानता जैसे विषय लंबे समय से सार्वजनिक विमर्श का हिस्सा रहे हैं। ये मुद्दे केवल राजनीतिक बहस तक सीमित नहीं, बल्कि सामाजिक न्याय और संवैधानिक मूल्यों से जुड़े हुए हैं। आरक्षण का मूल उद्देश्य भारत में आरक्षण व्यवस्था भारतीय संविधान के प्रावधानों के तहत सामाजिक और शैक्षिक रूप से पिछड़े वर्गों को समान अवसर प्रदान करने के लिए बनाई गई। इसका उद्देश्य ऐतिहासिक रूप से वंचित समुदायों को शिक्षा, सरकारी सेवाओं और राजनीतिक प्रतिनिधित्व में उचित भागीदारी देना है। आरक्षण किसी वर्ग के विरुद्ध नहीं, बल्कि समान अवसर सुनिश्चित करने का एक संवैधानिक साधन है। भूमि और संपत्ति का प्रश्न स्वतंत्रता के बाद भूमि सुधार के लिए कई कदम उठाए गए। जवाहरलाल नेहरू के नेतृत्व में जमींदारी उन्मूलन जैसे कानून लागू किए गए, जिनका उद्देश्य भूमि के असमान वितरण को कम करना था। इसके बावजूद, आज भी भूमि स्वामित्व में असमानता एक वास्तविक सामाजिक-आर्थिक चुनौती है। यह समस्या केवल जातिगत आधार पर नहीं, बल्कि आर्थिक स्थिति, क्षेत्रीय नीतियों और ऐतिहासिक परिस्थितियों से भी जुड़ी है। इतिहास और युद्ध की वास्तविकता भारतीय इतिहास बहुस्तरीय और जटिल है। यह कहना कि किसी एक जाति या वर्ग ने कभी युद्ध नहीं लड़ा, ऐतिहासिक तथ्यों के अनुरूप नहीं है। उदाहरण के लिए, महाराणा प्रताप और छत्रपति शिवाजी महाराज जैसे शासकों ने स्वयं युद्ध का नेतृत्व किया और संघर्षों में सक्रिय भूमिका निभाई। इतिहास को समग्र दृष्टि से समझना आवश्यक है, न कि आंशिक कथनों के आधार पर। आगे का रास्ता सामाजिक समानता का प्रश्न केवल आरक्षण या भूमि स्वामित्व तक सीमित नहीं है। इसके लिए व्यापक दृष्टिकोण आवश्यक है: शिक्षा तक समान पहुँच आर्थिक अवसरों का विस्तार कानून का निष्पक्ष और प्रभावी पालन सामाजिक संवाद और आपसी सम्मान समाज में स्थायी बदलाव लोकतांत्रिक प्रक्रिया, संवाद और संवैधानिक मूल्यों के पालन से आता है — टकराव से नहीं। भारत की विविधता उसकी सबसे बड़ी शक्ति है, और समानता की दिशा में आगे बढ़ना हम सभी की साझा जिम्मेदारी है। राष्ट्रीय पत्रकार संगठन, दिल्ली शिवपाल सिंह एडिटर इन चीफ, उत्तर प्रदेश1
- अवगत कराना है कि दिनांक 15.02.2026 को दृश्या गेस्ट हाउस ग्राम न्यामतपुर थाना सिरसाकलार में शादी समारोह के दौरान हर्ष फायरिंग किये जाने के संबन्ध में थाना सिरसाकलार पर मु0अ0सं0 13/26 धारा 25(9)/30 आर्म्स एक्ट बनाम प्रभात रंजन उर्फ रवि पुत्र स्व0 हरनारायण पाल निवासी ग्राम अमगुवाँ थाना कोतवाली उरई जनपद जालौन के पंजीकृत कर आरोपी प्रभात रंजन उर्फ रवि उपरोक्त को लाईसेंसी रिवाल्वर के साथ गिरफ्तार कर विधिक कार्यवाही की जा रही है । *अभियुक्त का नाम पता –* 1. प्रभात रंजन उर्फ रवि पुत्र स्व0 हरनारायण पाल निवासी ग्राम अमगुवाँ थाना कोतवाली उरई जनपद जालौन *पुलिस टीम का विवरणः –* 1. थानाध्यक्ष सिरसाकलार मय पुलिस टीम ।1
- खास खबर है जालौन जिले के जालौन कोतवाली क्षेत्र के जालौन नगर क्षेत्र से जुड़ी हुई जहां आज़ दो मोटरसाइकिलों में आमने-सामने जोरदार भिड़ंत हो गई है इसमें दोनों वाहनों के चालक घायल हो गए हैं जिन्हें उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है जहां चिकित्सकों ने उन्हें उपचार दिया तथा गंभीर अवस्था देखकर उच्च संस्थान रेफर किया गया है3
- जालौन के उरई कोतवाली क्षेत्र में कालपी रोड स्थित बृजवासी रेस्टोरेंट के सामने बुधवार को ओवरटेक विवाद को लेकर बाइक और कार सवारों के बीच जमकर मारपीट हुई। सड़क के बीचों-बीच हुए इस हंगामे के कारण कुछ समय के लिए यातायात बाधित हो गया। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि कालपी रोड पर एक तेज रफ्तार कार चालक और बाइक सवार के बीच ओवरटेक को लेकर कहासुनी हुई। यह विवाद जल्द ही बढ़ गया और दोनों पक्षों ने अपने वाहन रोककर सड़क पर उतर आए। कुछ ही देर में दोनों तरफ से अन्य लोग भी मौके पर पहुंच गए और हाथापाई शुरू हो गई। इस मारपीट से राहगीरों में दहशत फैल गई और यातायात में बाधा उत्पन्न हुई।1
- जिला जालौन के नगर जालौन में सोमवार को साप्ताहिक बंदी घोषित होने के बावजूद बाजार खुला रहना शासन-प्रशासन की व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है। जब नियम के अनुसार बंदी का दिन तय है, तो उसका पालन कराना संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी होती है। यदि बाजार खुलेआम संचालित हो रहा है और कोई अधिकारी निरीक्षण या कार्रवाई नहीं कर रहा, तो इसका अर्थ है कि या तो बंदी के नियमों की अनदेखी हो रही है या फिर प्रशासनिक स्तर पर निगरानी की कमी है। साप्ताहिक बंदी का उद्देश्य दुकानदारों को विश्राम देना, यातायात व भीड़ नियंत्रण तथा व्यवस्था बनाए रखना होता है, लेकिन नियम लागू न होने से इसका महत्व खत्म हो जाता है। ऐसी स्थिति में स्थानीय प्रशासन, नगर पालिका व श्रम विभाग को संयुक्त रूप से जांच कर नियमों का पालन सुनिश्चित करना चाहिए, ताकि सभी व्यापारियों पर एक समान नियम लागू हो सके और बंदी सिर्फ कागजों तक सीमित न रह जाए।1