रक्तकोष फाउंडेशन ने महिलाओं को सौंपी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी। कमला विश्नोई सिरोही जिला प्रभारी नियुक्त। आबूरोड। सामाजिक सेवा और मानवता के क्षेत्र में सक्रिय संस्था रक्तकोष फाउंडेशन द्वारा रक्तदान अभियान को और अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से विभिन्न जिलों में महिला जिला प्रभारियों की नियुक्ति की गई है। इसी क्रम में सिरोही जिले की महिला जिला प्रभारी के रूप में कमला विश्नोई को नियुक्त किया गया है। संस्था की ओर से जारी आदेश के अनुसार कमला विश्नोई, निवासी पुलिस थाना आबूरोड शहर, जिला सिरोही (राजस्थान) को यह जिम्मेदारी सौंपी गई है। रक्तकोष फाउंडेशन के पदाधिकारियों ने बताया कि विश्नोई को यह दायित्व समाज सेवा, रक्तदान के क्षेत्र में उनकी सक्रियता, समर्पण और संवेदनशीलता को देखते हुए प्रदान किया गया है। उनका मुख्य उद्देश्य जिले में रक्तदान के प्रति लोगों को जागरूक करना, जरूरतमंद मरीजों के लिए रक्त की व्यवस्था करना तथा विशेष रूप से महिलाओं में रक्तदान के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहेगा। संस्था का मानना है कि महिलाओं की भागीदारी से रक्तदान जैसे पुनीत कार्य को नई गति मिलेगी और समाज में सेवा भावना का विस्तार होगा। विश्नोई के नेतृत्व में सिरोही जिले में रक्तदान से जुड़े कार्यक्रम, शिविर और जागरूकता अभियान आयोजित किए जाएंगे। रक्तकोष फाउंडेशन के राष्ट्रीय पदाधिकारियों ने उन्हें इस महत्वपूर्ण जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं देते हुए आशा व्यक्त की है कि वे अपने दायित्व का सफलतापूर्वक निर्वहन करते हुए जिले में रक्तदान आंदोलन को और मजबूत बनाएंगी।
रक्तकोष फाउंडेशन ने महिलाओं को सौंपी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी। कमला विश्नोई सिरोही जिला प्रभारी नियुक्त। आबूरोड। सामाजिक सेवा और मानवता के क्षेत्र में सक्रिय संस्था रक्तकोष फाउंडेशन द्वारा रक्तदान अभियान को और अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से विभिन्न जिलों में महिला जिला प्रभारियों की नियुक्ति की गई है। इसी क्रम में सिरोही जिले की महिला जिला प्रभारी के रूप में कमला विश्नोई को नियुक्त किया गया है। संस्था की ओर से जारी आदेश के अनुसार कमला विश्नोई, निवासी पुलिस थाना आबूरोड शहर, जिला सिरोही (राजस्थान) को यह जिम्मेदारी सौंपी गई है। रक्तकोष फाउंडेशन के पदाधिकारियों ने बताया कि विश्नोई को यह दायित्व समाज सेवा, रक्तदान के क्षेत्र में उनकी सक्रियता, समर्पण और संवेदनशीलता को देखते हुए प्रदान किया गया है। उनका मुख्य उद्देश्य जिले में रक्तदान के प्रति लोगों को जागरूक करना, जरूरतमंद मरीजों के लिए रक्त की व्यवस्था करना तथा विशेष रूप से महिलाओं में रक्तदान के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहेगा। संस्था का मानना है कि महिलाओं की भागीदारी से रक्तदान जैसे पुनीत कार्य को नई गति मिलेगी और समाज में सेवा भावना का विस्तार होगा। विश्नोई के नेतृत्व में सिरोही जिले में रक्तदान से जुड़े कार्यक्रम, शिविर और जागरूकता अभियान आयोजित किए जाएंगे। रक्तकोष फाउंडेशन के राष्ट्रीय पदाधिकारियों ने उन्हें इस महत्वपूर्ण जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं देते हुए आशा व्यक्त की है कि वे अपने दायित्व का सफलतापूर्वक निर्वहन करते हुए जिले में रक्तदान आंदोलन को और मजबूत बनाएंगी।
- आबूरोड के न्यू अंबिका कॉलोनी महावीर टॉकीज के पास चल रही रामलीला का दसवें दिन मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री राम के राजतिलक के साथ रामलीला संपन्न हुई। काशी बनारस से आये रामलीला मण्डल के सचिव मकरनाथ चौरसिया ने बताया दसवे दिन की रामलीला में सर्वप्रथम कुंभकरण और मेघनाथ वध हुआ तत्पश्चात रावण वध हुआ। अधर्म पर धर्म की विजय हुई। रावण का वध होते ही जय श्री राम के नारो से पंडाल गूंज उठा। प्रभु श्री रामचंद्र जी अपने 14 वर्ष के वनवास को पूर्ण करते हुए अयोध्या को वापस आए। आबूरोड़ के वरिष्ठ जनों एवं नगर वासियों ने स्वयं भगवान का राजतिलक अपने हाथों से किया। रामलीला देखने के लिए रामलीला पंडाल में जन सैलाब उमड़ा पड़ा एव काशी के 25 कलाकारों का आभार प्रकट करते हुए कहा की बहुत ही अद्भुत मंचन किया जिसे देख दर्शक बहुत ही प्रसन्न हुए और उनके मन में भावना जागृत हुई की ऐसी रामलीलाओं का मंचन नगर में हर 2 से 4 सालों में होनी चाहिए क्योंकि यह कला एवं संस्कृति विलुप्त होती जा रही है इस इस प्रकार से निरंतर जीवन पर रखना बहुत आवश्यक है। भूपेन्द्र सम्बरिया ने बताया रामलीला मण्डल द्वारा हनुमान चालीसा का वितरण एवं सामूहिक पाठ का विशाल आयोजन भी हुआ। रामलीला से बच्चों में संस्कार स्थापित होते हैं एवं समापन पर भगवान श्री रामचंद्र जी की राजतिलक में प्रसाद भी वितरण किया गया। रामलीला के मंचन को सफल बनाने हेतु अशोक मालवीया, अनिल मालवीया, भूपेन्द्र सम्बरिया, राधेश्याम शाक्य, डॉ एमपी बंसल, नरेश त्रिवेदी, रमेश अग्रवाल, केके अग्रवाल, दिलीप सोनी, मदनसिंह कोली, सुमिता सांखला, सुनीता सम्बरिया, सुनीता श्रीवास्तव, मकरनाथ चौरासिया रामलीला मण्डल के सदस्यों ने महत्वपूर्ण जिम्मेदारी निभाई।3
- आबू रोड- रेलवे स्टेशन परिसर में बिना स्टेशन अधीक्षक और उच्च अधिकारियों की अनुमति के टेंट लगाए जाने का मामला सामने आया है। जानकारी के अनुसार किसी सत्ताधारी पार्टी के नेता के संभावित आगमन को लेकर यह टेंट लगाया गया, लेकिन इसकी आधिकारिक स्वीकृति नहीं ली गई। स्टेशन अधीक्षक ने साफ तौर पर कहा कि उन्हें इस संबंध में कोई जानकारी नहीं है और न ही उन्होंने कोई अनुमति दी है। रेलवे परिसर में इस तरह का अतिक्रमण सुरक्षा और नियमों पर सवाल खड़े करता है। अब यह चर्चा का विषय बना हुआ है कि आखिर किसकी सहमति से यह टेंट लगाया गया। रिपोर्टर - रितिक सरगरा,आबूरोड1
- जावाल श्री श्री 1008 राम गिरिजा महाराज अग्नि परीक्षा का प्रथम दिन1
- रानीवाड़ा में एक बुजुर्ग किसान अपने परिवार के साथ भीषण गर्मी के बीच धरने पर बैठा हुआ है। यह अपने आप में एक गंभीर संकेत है कि उसकी समस्या कितनी बड़ी और जटिल होगी, जो उसे इस कठिन परिस्थिति में कदम उठाने के लिए मजबूर होना पड़ा। सबसे चिंताजनक बात यह है कि प्रशासनिक अधिकारी इस स्थिति से अवगत होने के बावजूद अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकाल पाए हैं। यह स्थिति न केवल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करती है, बल्कि हमारे लोकतंत्र की संवेदनशीलता पर भी प्रश्नचिह्न लगाती है। और भी दुखद पहलू यह है कि अब तक कोई जिम्मेदार प्रतिनिधि मौके पर पहुंचकर इस बुजुर्ग किसान की पीड़ा को सामने नहीं ला पाया है। हम सभी नागरिकों से अपील करते हैं कि इस मुद्दे को गंभीरता से लें, इसे अधिक से अधिक शेयर करें ताकि संबंधित अधिकारियों और प्रशासन तक यह आवाज पहुंचे और जल्द से जल्द इस बुजुर्ग किसान को न्याय मिल सके।1
- धर्म नगरी ग्राम गोगला में 22 अप्रैल 2026 को श्री मंशापूर्ण गणपति, लक्ष्मी नारायण भगवान एवं सोमनाथ महादेव का प्रथम पाटोत्सव भव्य रूप से आयोजित होगा। कार्यक्रम की शुरुआत प्रातः 7 बजे हवन से होगी, इसके बाद 10 बजे ध्वजा रोहण किया जाएगा। 11:30 बजे से महाप्रसादी का आयोजन रखा गया है। दोपहर 3 बजे भगवान की भव्य शोभायात्रा निकाली जाएगी। शाम 7:15 बजे महा आरती तथा रात्रि 8:30 बजे से विशाल भजन संध्या आयोजित होगी। आयोजन समिति ने सभी धर्म प्रेमियों से अधिक संख्या में उपस्थित होकर कार्यक्रम को सफल बनाने की अपील की है।1
- सुमेरपुर उपखण्ड के जाखोड़ा गांव की प्रमुख समस्या को लेकर ग्रामीणों ने गुरुवार काे सुमेरपुर विधायक कार्यालय पहुंच राजस्थान सरकार के कैबिनेट मंत्री जोराराम कुमावत से मुलाकात की। इस दाैरान ग्रामीणाें ने मंत्री का स्वागत किया व जाखाेड़ा बस स्टैंड से बिलेश्वर महादेव मंदिर तक बने ग्रेवल सड़क की जगह पक्की सड़क स्वीकृत करवाने की मांग रखी। इस दौरान मंत्री ने समस्या के समाधान का आश्वासन दिया। ग्रामीणों ने बताया कि जाखोड़ा बस स्टैंड से बिलेश्वर महादेव मंदिर तक वर्तमान में ग्रेवल सड़क है, जो ग्राम आबादी से सटी हुई है। बारिश के दिनों में इस मार्ग पर पानी भराव की समस्या गंभीर हो जाती है। इससे आमजन व श्रद्धालुओं को भारी दिक्क्त का सामना करना पड़ता है। उन्हाेंने बताया कि उक्त मार्ग पर देवासियाें का वास में बारिश के दिनाें में भराव हाेता हैं। ऐसे में वहां हाेकर निकलना भी मुश्किल हाेता है। ग्रामीणाें ने उक्त मार्ग पर पक्की सड़क स्वीकृत करवाने की मांग की ताकि आवागमन सुगम हो सके और पानी भराव की समस्या से राहत मिले। ज्ञापन देने के दाैरान विधायक प्रतिनिधि इंद्रसिंह जाखोड़ा, निंबाराम, केसाराम, देवाराम, गेनाराम, वजाराम, पोसाराम, हिराराम, गणेशराम, हरीश, दलपत सहित ग्रामीण मौजूद रहे।2
- आज के समय में मानवता के लिए सबसे बड़ी मिसाल के वीडियो कायम करता है वीडियो वायरल है मगर बहुत बड़ा प्रेरणादायक है1
- आबूरोड रेलवे स्टेशन पर बिना अनुमति के लगाया टेंट, जिम्मेदारों पर उठे सवाल। आबू रोड- रेलवे स्टेशन परिसर में बिना स्टेशन अधीक्षक और उच्च अधिकारियों की अनुमति के टेंट लगाए जाने का मामला सामने आया है। जानकारी के अनुसार किसी सत्ताधारी पार्टी के नेता के संभावित आगमन को लेकर यह टेंट लगाया गया, लेकिन इसकी आधिकारिक स्वीकृति नहीं ली गई। स्टेशन अधीक्षक ने साफ तौर पर कहा कि उन्हें इस संबंध में कोई जानकारी नहीं है और न ही उन्होंने कोई अनुमति दी है। रेलवे परिसर में इस तरह का अतिक्रमण सुरक्षा और नियमों पर सवाल खड़े करता है। अब यह चर्चा का विषय बना हुआ है कि आखिर किसकी सहमति से यह टेंट लगाया गया।2