करौंदी में संस्कार रामलीला का भव्य शुभारंभ, श्रीमद् देवी भागवत महापुराण से भक्तिमय हुआ माहौल डिंडोरी -- शारदेय नवरात्रि के पावन अवसर पर डिंडौरी जिले के करौंदी में भक्ति और आस्था की अनूठी छटा देखने को मिल रही है। शिवशक्ति चौक चौगान में संस्कार रामलीला मंडली द्वारा रामलीला का शुभारंभ किया गया। वहीं, श्रीमद् देवी भागवत महापुराण के आयोजन से पूरा क्षेत्र भक्तिमय बना हुआ है। रामलीला में स्थानीय कलाकारों की शानदार प्रस्तुतियों ने दर्शकों का मन मोह लिया। करौंदी में आयोजित संस्कार रामलीला के प्रथम दिन नारद मोह, विश्वमोहनी स्वयंवर, रावण के अत्याचार और भगवान श्रीराम के जन्म से जुड़े प्रसंगों का मंचन किया गया। कलाकारों ने अपने प्रभावशाली अभिनय, संवाद और हास्यपूर्ण प्रस्तुतियों से दर्शकों को आकर्षित किया। धार्मिक प्रसंगों के माध्यम से धर्म, मर्यादा और अधर्म पर धर्म की विजय का संदेश दिया गया। वहीं, नवरात्रि के अवसर पर श्रीमद् देवी भागवत महापुराण का आयोजन भी किया जा रहा है। धनुआसागर से पधारे पौराणिक पंडित शुकदेव द्विवेदी शास्त्री द्वारा देवी के विभिन्न चरित्रों और महिमा का वर्णन किया जा रहा है। आयोजन के प्रथम दिन विधि-विधान के साथ देवी प्रतिमा की प्राण-प्रतिष्ठा भी संपन्न हुई। रामलीला और देवी भागवत महापुराण के आयोजन से करौंदी में भक्तिमय वातावरण बना हुआ है। धार्मिक आयोजनों के माध्यम से श्रद्धालु जहां भक्ति और अध्यात्म से जुड़ रहे हैं, वहीं स्थानीय कलाकारों द्वारा क्षेत्र की सांस्कृतिक परंपराओं को भी आगे बढ़ाया जा रहा है।
करौंदी में संस्कार रामलीला का भव्य शुभारंभ, श्रीमद् देवी भागवत महापुराण से भक्तिमय हुआ माहौल डिंडोरी -- शारदेय नवरात्रि के पावन अवसर पर डिंडौरी जिले के करौंदी में भक्ति और आस्था की अनूठी छटा देखने को मिल रही है। शिवशक्ति चौक चौगान में संस्कार रामलीला मंडली द्वारा रामलीला का शुभारंभ किया गया। वहीं, श्रीमद् देवी भागवत महापुराण के
आयोजन से पूरा क्षेत्र भक्तिमय बना हुआ है। रामलीला में स्थानीय कलाकारों की शानदार प्रस्तुतियों ने दर्शकों का मन मोह लिया। करौंदी में आयोजित संस्कार रामलीला के प्रथम दिन नारद मोह, विश्वमोहनी स्वयंवर, रावण के अत्याचार और भगवान श्रीराम के जन्म से जुड़े प्रसंगों का मंचन किया गया। कलाकारों ने अपने प्रभावशाली अभिनय, संवाद और हास्यपूर्ण प्रस्तुतियों से दर्शकों
को आकर्षित किया। धार्मिक प्रसंगों के माध्यम से धर्म, मर्यादा और अधर्म पर धर्म की विजय का संदेश दिया गया। वहीं, नवरात्रि के अवसर पर श्रीमद् देवी भागवत महापुराण का आयोजन भी किया जा रहा है। धनुआसागर से पधारे पौराणिक पंडित शुकदेव द्विवेदी शास्त्री द्वारा देवी के विभिन्न चरित्रों और महिमा का वर्णन किया जा रहा है। आयोजन के
प्रथम दिन विधि-विधान के साथ देवी प्रतिमा की प्राण-प्रतिष्ठा भी संपन्न हुई। रामलीला और देवी भागवत महापुराण के आयोजन से करौंदी में भक्तिमय वातावरण बना हुआ है। धार्मिक आयोजनों के माध्यम से श्रद्धालु जहां भक्ति और अध्यात्म से जुड़ रहे हैं, वहीं स्थानीय कलाकारों द्वारा क्षेत्र की सांस्कृतिक परंपराओं को भी आगे बढ़ाया जा रहा है।
- सफलता की कहानी* *जैविक खेती और बायोगैस से आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ रहीं कृषक श्रीमती सुशीला बाई धुर्वे* *जैविक खेती, पशुपालन, जैविक खाद निर्माण और बायोगैस के उपयोग से टिकाऊ कृषि की ओर बढ़ाए कदम* *डिंडौरी, 14 अक्टूबर 2026* जिले में कृषकों को जैविक एवं प्राकृतिक खेती के लिए प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से कृषि विभाग द्वारा विभिन्न गतिविधियों का संचालन किया जा रहा है। इसी क्रम में अमरपुर विकासखंड के ग्राम जल्दामुड़िया निवासी कृषक श्रीमती सुशीला बाई धुर्वे ने जैविक खेती, पशुपालन, जैविक खाद निर्माण एवं बायोगैस के उपयोग को अपनाकर आत्मनिर्भरता की दिशा में उल्लेखनीय पहल की है। शासन की आत्मा परियोजना के अंतर्गत बीआरसी यूनिट के माध्यम से कृषि गतिविधियों को प्रोत्साहित किया जा रहा है। जैविक एवं प्राकृतिक कृषि पद्धतियों को अपनाने से मिट्टी की उर्वरता बनाए रखने, स्थानीय संसाधनों का बेहतर उपयोग करने तथा रासायनिक खाद पर निर्भरता कम करने में मदद मिलती है। पशुपालन से प्राप्त गोबर का उपयोग जैविक खाद तैयार करने में किया जा सकता है, वहीं बायोगैस संयंत्र घरेलू ईंधन की आवश्यकता पूरी करने में सहायक होता है। कृषि एवं पशुपालन के बीच बेहतर समन्वय से कृषक परिवार उपलब्ध संसाधनों का सदुपयोग कर खेती को अधिक टिकाऊ और आत्मनिर्भर बना सकते हैं। शासन की आत्मा परियोजना के माध्यम से कृषकों को उन्नत एवं प्राकृतिक कृषि पद्धतियों के प्रति जागरूक करने और स्थानीय संसाधनों के उपयोग को प्रोत्साहित करने का प्रयास किया जा रहा है। श्रीमती सुशीला बाई धुर्वे की यह पहल ग्रामीण क्षेत्रों में टिकाऊ खेती एवं आत्मनिर्भरता की दिशा में प्रेरणादायक साबित हो सकती है।4
- डिंडोरी: गोंडवाना महासभा ने 6 सूत्रीय मांगों को लेकर करंजिया तहसील में सौंपा ज्ञापन, राज्यपाल के नाम तहसीलदार को दिया आवेदन SIR प्रक्रिया समाप्त करने, EVM की जगह बैलेट पेपर से चुनाव कराने, अवैध शराब बिक्री पर रोक, किसानों के पंजीयन की तिथि बढ़ाने और शिक्षा व्यवस्था में सुधार सहित उठाईं प्रमुख मांगें डिंडोरी जिले के करंजिया तहसील में गोंडवाना महासभा जिला डिंडोरी के नेतृत्व में विभिन्न जनहितैषी मांगों को लेकर मध्यप्रदेश के राज्यपाल महोदय के नाम तहसीलदार महोदय को ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन के माध्यम से संगठन ने क्षेत्र की विभिन्न समस्याओं को उठाते हुए संबंधित मांगों पर उचित कार्रवाई करने की मांग की। ज्ञापन में प्रमुख रूप से छह मांगें रखी गईं। पहली मांग: SIR प्रक्रिया को समाप्त करने की मांग की गई। दूसरी मांग: EVM के स्थान पर बैलेट पेपर से चुनाव कराने की मांग उठाई गई। तीसरी मांग: भारत के मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से बर्खास्त करने तथा उनके विरुद्ध उचित कार्रवाई करने की मांग की गई। चौथी मांग: करंजिया विकासखंड के अंतर्गत विभिन्न गांवों में अवैध शराब की बिक्री पर रोक लगाने की मांग की गई, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों में इस समस्या पर प्रभावी नियंत्रण हो सके। पांचवीं मांग: किसानों के पंजीयन का कार्य अधूरा होने के कारण पंजीयन की अंतिम तिथि बढ़ाने की मांग की गई, जिससे सभी पात्र किसानों का पंजीयन पूरा हो सके और वे शासन की योजनाओं का लाभ प्राप्त कर सकें। छठवीं मांग: करंजिया विकासखंड शिक्षा अधिकारी श्री अजय राय का तत्काल स्थानांतरण करने की मांग की गई। संगठन का कहना है कि क्षेत्र की शिक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए आवश्यक कदम उठाए जाने चाहिए। गोंडवाना महासभा ने ज्ञापन के माध्यम से संबंधित मांगों पर गंभीरता से विचार करने और उचित कार्रवाई करने का आग्रह किया। अब देखना होगा कि संबंधित प्रशासन एवं शासन स्तर पर इन मांगों को लेकर क्या कदम उठाए जाते हैं।1
- शासकीय उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मोहगांव मे इमरजेंसी मे मरीज को CPR देने शासकीय उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मोहगांव में प्रभारी प्राचार्य दीपक कछवाहा हेल्थ केयर शिक्षक ममता कानतोड़े के निर्देशन में आपातकालीन स्थिति में छात्र-छात्राओं को सीपीआर देने की विधि का प्रदर्शन और उन्हें सिखाया गया गेस्ट लेक्चरर साहू जी मेंहन्दवानी के द्वारा यह डमी (आदगी की प्रतिकृति) के माध्यम से सिखाया और ज्ञान प्रदान किया गया जिसमें सभी छात्राओं ने आपातकालीन स्थिति में सीपीआई देने की विधि उसके तीन तरीके सीखे सभी छात्राओं और शिक्षकों ने इस जानकारी को आपातकालीन स्थिति के लिए अत्यधिक ज्ञानवर्धक बताया।1
- जिले में कृषकों को जैविक एवं प्राकृतिक खेती के लिए प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से कृषि विभाग द्वारा विभिन्न गतिविधियों का संचालन किया जा रहा है। *सफलता की कहानी* *जैविक खेती और बायोगैस से आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ रहीं कृषक श्रीमती सुशीला बाई धुर्वे* *जैविक खेती, पशुपालन, जैविक खाद निर्माण और बायोगैस के उपयोग से टिकाऊ कृषि की ओर बढ़ाए कदम* *डिंडौरी, 14 अक्टूबर 2026* जिले में कृषकों को जैविक एवं प्राकृतिक खेती के लिए प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से कृषि विभाग द्वारा विभिन्न गतिविधियों का संचालन किया जा रहा है। इसी क्रम में अमरपुर विकासखंड के ग्राम जल्दामुड़िया निवासी कृषक श्रीमती सुशीला बाई धुर्वे ने जैविक खेती, पशुपालन, जैविक खाद निर्माण एवं बायोगैस के उपयोग को अपनाकर आत्मनिर्भरता की दिशा में उल्लेखनीय पहल की है। शासन की आत्मा परियोजना के अंतर्गत बीआरसी यूनिट के माध्यम से कृषि गतिविधियों को प्रोत्साहित किया जा रहा है। जैविक एवं प्राकृतिक कृषि पद्धतियों को अपनाने से मिट्टी की उर्वरता बनाए रखने, स्थानीय संसाधनों का बेहतर उपयोग करने तथा रासायनिक खाद पर निर्भरता कम करने में मदद मिलती है। पशुपालन से प्राप्त गोबर का उपयोग जैविक खाद तैयार करने में किया जा सकता है, वहीं बायोगैस संयंत्र घरेलू ईंधन की आवश्यकता पूरी करने में सहायक होता है। कृषि एवं पशुपालन के बीच बेहतर समन्वय से कृषक परिवार उपलब्ध संसाधनों का सदुपयोग कर खेती को अधिक टिकाऊ और आत्मनिर्भर बना सकते हैं। शासन की आत्मा परियोजना के माध्यम से कृषकों को उन्नत एवं प्राकृतिक कृषि पद्धतियों के प्रति जागरूक करने और स्थानीय संसाधनों के उपयोग को प्रोत्साहित करने का प्रयास किया जा रहा है। श्रीमती सुशीला बाई धुर्वे की यह पहल ग्रामीण क्षेत्रों में टिकाऊ खेती एवं आत्मनिर्भरता की दिशा में प्रेरणादायक साबित हो सकती है।4
- मुख्यमंत्री के उमरिया आगमन से पहले सियासी हलचल, यूथ कांग्रेस के काले झंडे दिखाने के ऐलान से बढ़ी चर्चा उमरिया। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के उमरिया आगमन को लेकर जिले में तैयारियां चल रही हैं। मुख्यमंत्री के इस दौरे के दौरान विभिन्न विकास कार्यों का भूमि पूजन और लोकार्पण किया जाएगा। वहीं, लाड़ली बहना योजना के हितग्राहियों के खातों में सिंगल क्लिक के माध्यम से किस्त की राशि अंतरित की जाएगी। मुख्यमंत्री के कार्यक्रम को लेकर जहां प्रशासनिक स्तर पर तैयारियां की जा रही हैं, वहीं दूसरी ओर यूथ कांग्रेस के जिला अध्यक्ष द्वारा जारी किए गए एक प्रेस नोट ने जिले की सियासत में हलचल पैदा कर दी है। लाड़ली बहनों को मिलेगी किस्त, विकास कार्यों की मिलेगी सौगात मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव अपने उमरिया प्रवास के दौरान लाड़ली बहना योजना के अंतर्गत पात्र हितग्राहियों के खातों में सिंगल क्लिक के जरिए किस्त की राशि भेजेंगे। इस कार्यक्रम के माध्यम से जिले की लाड़ली बहनों को आर्थिक सहायता मिलने की उम्मीद है। इसके साथ ही करोड़ों रुपये की लागत से होने वाले विभिन्न विकास कार्यों का भूमि पूजन और पूर्ण हो चुके कार्यों का लोकार्पण भी प्रस्तावित है। मुख्यमंत्री के दौरे को जिले के विकास और जनकल्याणकारी योजनाओं के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। यूथ कांग्रेस के प्रेस नोट से गरमाई राजनीति मुख्यमंत्री के आगमन से पहले यूथ कांग्रेस के जिला अध्यक्ष द्वारा एक प्रेस नोट जारी किए जाने की जानकारी सामने आई है। इस प्रेस नोट में मुख्यमंत्री को काले झंडे दिखाने की बात कही गई थी। इसके बाद राजनीतिक गलियारों में इस विषय को लेकर चर्चाएं शुरू हो गई हैं। मुख्यमंत्री के दौरे के बीच इस तरह के ऐलान ने कांग्रेस संगठन के भीतर की स्थिति को लेकर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि, इस मामले में जिला कांग्रेस अध्यक्ष विजय कोल का रुख सामने आने के बाद राजनीतिक घटनाक्रम ने नया मोड़ ले लिया है। विजय कोल बोले—मुझे प्रेस नोट की जानकारी नहीं यूथ कांग्रेस के जिला अध्यक्ष द्वारा मुख्यमंत्री को काले झंडे दिखाने संबंधी प्रेस नोट जारी किए जाने के मामले में जिला कांग्रेस अध्यक्ष विजय कोल का कहना है कि उन्हें इस प्रेस नोट की जानकारी ही नहीं है। उनके इस बयान के बाद यह सवाल उठने लगा है कि क्या यूथ कांग्रेस के जिला अध्यक्ष ने यह निर्णय संगठन के वरिष्ठ पदाधिकारियों से चर्चा किए बिना लिया है? फिलहाल, मुख्यमंत्री के उमरिया आगमन को लेकर विकास कार्यों और लाड़ली बहना योजना की किस्त के साथ-साथ काले झंडे दिखाने के ऐलान पर भी लोगों की नजरें टिकी हुई हैं। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि मुख्यमंत्री का दौरा किस तरह संपन्न होता है और इस राजनीतिक घटनाक्रम पर कांग्रेस संगठन की ओर से आगे क्या प्रतिक्रिया सामने आती है।2
- NH43 में एक बार फिर स्पीड का कहेर देखने को मिला जहां दो टूक आपस में जा भिड़े। सोमवार की रात NH43 करकेली स्थिति जैन पेट्रोल पम्प के सामने दो टूकों की आपसी भिडनत में किसी के हताहत होने की तो कोई खबर नहीं है।किनतु एक ट्रक का सामने का केबिन और इंजन पूरी तरह से खत्म हो चुके हैं तो दूसरी तरफ से आने वाले ट्रक का शीशा टूट कर गिर गया है एक का ज्यादा तो दूसरे का नुक़सान कम हुआ है।1
- करौंदी के शिवशक्ति चौक चौगान में भक्ति की बयार, दिन में देवी भागवत तो रात में रामलीला का मंचन श्रीमद् देवी भागवत महापुराण में देवी के चरित्रों का हो रहा वर्णन, संगीतमय आरती में शामिल हो रहे श्रद्धालु... संस्कार रामलीला मंडली की प्रस्तुतियां भी बनीं आकर्षण का केंद्र डिण्डौरी। शारदेय नवरात्र के पावन अवसर पर ग्राम करौंदी के शिवशक्ति चौक, चौगान में धार्मिक उत्सव की धूम मची हुई है। सार्वजनिक दुर्गोत्सव समिति द्वारा यहां श्रीमद् देवी भागवत महापुराण का आयोजन किया जा रहा है। लगातार तीन दिनों से चल रहे इस धार्मिक आयोजन में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचकर कथा का श्रवण कर रहे हैं। दिन में देवी भागवत कथा और रात में रामलीला के मनमोहक मंचन से पूरा क्षेत्र भक्तिमय वातावरण में सराबोर है। धनुआसागर से पधारे पौराणिक पंडित शुकदेव द्विवेदी शास्त्री द्वारा श्रीमद् देवी भागवत महापुराण का वाचन किया जा रहा है। कथा के दौरान देवी के विभिन्न चरित्रों, उनकी महिमा और धार्मिक प्रसंगों का विस्तार से वर्णन किया जा रहा है। श्रद्धालु पूरी श्रद्धा और भक्ति के साथ कथा सुन रहे हैं। नवरात्र के अवसर पर आयोजित इस धार्मिक कार्यक्रम में देवी की आराधना के साथ धर्म और आध्यात्मिकता का संदेश भी दिया जा रहा है। संगीतमय आरती में शामिल हो रहे श्रद्धालु आयोजन के दौरान प्रतिदिन संगीतमय आरती भी की जाती है। आरती के समय भक्ति गीतों और संगीत से वातावरण भक्तिमय हो उठता है। श्रद्धालु आरती में शामिल होकर मां दुर्गा की आराधना करते हैं और क्षेत्र की सुख-समृद्धि एवं खुशहाली की कामना करते हैं। धार्मिक आयोजन के चलते शिवशक्ति चौक चौगान में नवरात्र का उत्साह देखते ही बन रहा है। रात में संस्कार रामलीला मंडली की मनमोहक प्रस्तुतियां वहीं, रात के समय संस्कार रामलीला मंडली द्वारा रामलीला का मनमोहक मंचन किया जा रहा है। स्थानीय कलाकारों की प्रस्तुतियां दर्शकों के आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं। रामायण के प्रसंगों को अभिनय और संवादों के माध्यम से मंच पर जीवंत किया जा रहा है। रामलीला देखने के लिए भी बड़ी संख्या में ग्रामीण और आसपास के क्षेत्रों से लोग पहुंच रहे हैं। धर्म, आस्था और संस्कृति का संगम शारदेय नवरात्र के दौरान आयोजित श्रीमद् देवी भागवत महापुराण, संगीतमय आरती और रामलीला मंचन ने करौंदी में धार्मिक उत्सव को विशेष बना दिया है। दिन में देवी की कथा और आराधना तो रात में भगवान श्रीराम के जीवन प्रसंगों का मंचन लोगों को धर्म और संस्कृति से जोड़ रहा है। सार्वजनिक दुर्गोत्सव समिति का यह आयोजन नवरात्र के उत्साह के बीच ग्रामीणों को एक साथ जुड़ने और धार्मिक परंपराओं को जीवंत बनाए रखने का अवसर प्रदान कर रहा है।4
- करौंदी में संस्कार रामलीला का भव्य शुभारंभ, श्रीमद् देवी भागवत महापुराण से भक्तिमय हुआ माहौल डिंडोरी -- शारदेय नवरात्रि के पावन अवसर पर डिंडौरी जिले के करौंदी में भक्ति और आस्था की अनूठी छटा देखने को मिल रही है। शिवशक्ति चौक चौगान में संस्कार रामलीला मंडली द्वारा रामलीला का शुभारंभ किया गया। वहीं, श्रीमद् देवी भागवत महापुराण के आयोजन से पूरा क्षेत्र भक्तिमय बना हुआ है। रामलीला में स्थानीय कलाकारों की शानदार प्रस्तुतियों ने दर्शकों का मन मोह लिया। करौंदी में आयोजित संस्कार रामलीला के प्रथम दिन नारद मोह, विश्वमोहनी स्वयंवर, रावण के अत्याचार और भगवान श्रीराम के जन्म से जुड़े प्रसंगों का मंचन किया गया। कलाकारों ने अपने प्रभावशाली अभिनय, संवाद और हास्यपूर्ण प्रस्तुतियों से दर्शकों को आकर्षित किया। धार्मिक प्रसंगों के माध्यम से धर्म, मर्यादा और अधर्म पर धर्म की विजय का संदेश दिया गया। वहीं, नवरात्रि के अवसर पर श्रीमद् देवी भागवत महापुराण का आयोजन भी किया जा रहा है। धनुआसागर से पधारे पौराणिक पंडित शुकदेव द्विवेदी शास्त्री द्वारा देवी के विभिन्न चरित्रों और महिमा का वर्णन किया जा रहा है। आयोजन के प्रथम दिन विधि-विधान के साथ देवी प्रतिमा की प्राण-प्रतिष्ठा भी संपन्न हुई। रामलीला और देवी भागवत महापुराण के आयोजन से करौंदी में भक्तिमय वातावरण बना हुआ है। धार्मिक आयोजनों के माध्यम से श्रद्धालु जहां भक्ति और अध्यात्म से जुड़ रहे हैं, वहीं स्थानीय कलाकारों द्वारा क्षेत्र की सांस्कृतिक परंपराओं को भी आगे बढ़ाया जा रहा है।4