जयस्तंभ चौक से बगडोना कॉलेज गेट मार्ग पर बेकाबू डंपरों का आतंक डीजल बचाने के लिए न्यूट्रल में दौड़ रहे भारी वाहन बन रहे मौत का कारण, कार्रवाई नहीं हुई तो बढ़ेंगे हादसे अंतराष्ट्रीय मानव अधिकार सुरक्षा संगठन ने थाना सारनी में सौंपा ज्ञापन पाथाखेड़ा तिगड्डा हादसे के बाद भारी वाहनों पर रोक की मांग तेज, रवि बिहारे की मौत से आक्रोश रिहायशी और मार्केट क्षेत्र में तेज रफ्तार बलकर ट्रकों पर सख्ती की मांग, गति सीमा तय करने की अपील बैतूल। जयस्तंभ चौक से कॉलेज गेट होते हुए बगडोना मार्ग तक रिहायशी और मार्केट क्षेत्र में डंपर, बलकर ट्रक और अन्य भारी वाहनों की तेज रफ्तार आवाजाही के खिलाफ अंतराष्ट्रीय मानव अधिकार सुरक्षा संगठन ने थाना सारनी जिला बैतूल में थाना प्रभारी को ज्ञापन सौंपकर सख्त कार्रवाई की मांग की है। संगठन के जिला प्रतिनिधि हेमंत रघुवंशी ने ज्ञापन में बताया कि विगत कुछ समय से इस मार्ग पर भारी वाहनों का आवागमन अत्यधिक बढ़ गया है। वाहन तेज गति से गुजरते हैं और डीजल बचाने के लिए न्यूट्रल में चलाए जाते हैं, जिससे लगातार दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहती है और क्षेत्र में भय का वातावरण है। 16 फरवरी को वेकोलि जी. एम. कार्यालय में कार्यरत श्री रवि बिहारे के वाहन को पाथाखेड़ा तिगड्डा के समीप एक भारी वाहन ने टक्कर मार दी, जिसमें उनका दुखद निधन हो गया। संगठन के जिला अध्यक्ष सतीश बौरासी ने बताया कि इससे पूर्व भी कई छोटे-बड़े हादसे हो चुके हैं और समय रहते ठोस कदम नहीं उठाए गए तो और गंभीर दुर्घटनाएं हो सकती हैं। क्षेत्र में कोल हैंडलिंगt के कई ट्रक बहुत तेज रफ्तार से चलते हैं जिससे आम जनता को रास्ते में बहुत तकलीफों का सामना करना पड़ता है। ज्ञापन में मांग की गई है कि रिहायशी और मार्केट क्षेत्र में डंपर और बलकर ट्रकों की अधिकतम गति सीमा निर्धारित कर उसका सख्ती से पालन कराया जाए, संबंधित मार्ग पर आवश्यकतानुसार स्पीड ब्रेकर और सावधानी संकेतक बोर्ड लगाए जाएं, यातायात पुलिस द्वारा नियमित निगरानी और गश्त सुनिश्चित की जाए तथा नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के विरुद्ध सख्त दंडात्मक कार्रवाई की जाए। संगठन ने उम्मीद जताई है कि पुलिस प्रशासन शीघ्र संज्ञान लेकर क्षेत्रवासियों को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराएगा। ज्ञापन देते समय ये रहे उपस्थित जिला अध्यक्ष सतीश बौरासी,जिला महामंत्री संतोष कैथवास,जिला प्रतिनिधि हेमंत रघुवंशी,जिला मंत्री राकेश सोनी, जिला वरिष्ठ संयोजक जय शिंदे,जिला उपाध्यक्ष वीरेंद्र सोनारे, जिला प्रचार मंत्री कैलाश पाटिल,जिला संयुक्त सचिव पवनf चौरसिया, जिला संगठन मंत्री मुकेश सोनी, जिला उप संगठन मंत्री, यमल शर्मा, शशांक चतुर्वेदी, मनीष मस्की, जिला उप मंत्री अनिल पाटेकर एवं तहसील अध्यक्ष घोड़ाडोंगरी राजेश वागद्रे,तहसील महामंत्री राकेश डेहरिया, तहसील उपाध्यक्ष पंकज मालवीय एवं हितेश हात्या, अमित नकवाल आदि पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित रहे।
जयस्तंभ चौक से बगडोना कॉलेज गेट मार्ग पर बेकाबू डंपरों का आतंक डीजल बचाने के लिए न्यूट्रल में दौड़ रहे भारी वाहन बन रहे मौत का कारण, कार्रवाई नहीं हुई तो बढ़ेंगे हादसे अंतराष्ट्रीय मानव अधिकार सुरक्षा संगठन ने थाना सारनी में सौंपा ज्ञापन पाथाखेड़ा तिगड्डा हादसे के बाद भारी वाहनों पर रोक की मांग तेज, रवि बिहारे की मौत से आक्रोश रिहायशी और मार्केट क्षेत्र में तेज रफ्तार बलकर ट्रकों पर सख्ती की मांग, गति सीमा तय करने की अपील बैतूल। जयस्तंभ चौक से कॉलेज गेट होते हुए बगडोना मार्ग तक रिहायशी और मार्केट क्षेत्र में डंपर, बलकर ट्रक और अन्य भारी वाहनों की तेज रफ्तार आवाजाही के खिलाफ अंतराष्ट्रीय मानव अधिकार सुरक्षा संगठन ने थाना सारनी जिला बैतूल में थाना प्रभारी को ज्ञापन सौंपकर सख्त कार्रवाई की मांग की है। संगठन के जिला प्रतिनिधि हेमंत रघुवंशी ने ज्ञापन में बताया कि विगत कुछ समय से इस मार्ग पर भारी वाहनों का आवागमन अत्यधिक बढ़ गया है। वाहन तेज गति से गुजरते हैं और डीजल बचाने के लिए न्यूट्रल में चलाए जाते हैं, जिससे लगातार दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहती है और क्षेत्र में भय का वातावरण है। 16 फरवरी को वेकोलि जी. एम. कार्यालय में कार्यरत श्री रवि बिहारे के वाहन को पाथाखेड़ा तिगड्डा के समीप एक भारी वाहन ने टक्कर मार दी, जिसमें उनका दुखद निधन हो गया। संगठन के जिला
अध्यक्ष सतीश बौरासी ने बताया कि इससे पूर्व भी कई छोटे-बड़े हादसे हो चुके हैं और समय रहते ठोस कदम नहीं उठाए गए तो और गंभीर दुर्घटनाएं हो सकती हैं। क्षेत्र में कोल हैंडलिंगt के कई ट्रक बहुत तेज रफ्तार से चलते हैं जिससे आम जनता को रास्ते में बहुत तकलीफों का सामना करना पड़ता है। ज्ञापन में मांग की गई है कि रिहायशी और मार्केट क्षेत्र में डंपर और बलकर ट्रकों की अधिकतम गति सीमा निर्धारित कर उसका सख्ती से पालन कराया जाए, संबंधित मार्ग पर आवश्यकतानुसार स्पीड ब्रेकर और सावधानी संकेतक बोर्ड लगाए जाएं, यातायात पुलिस द्वारा नियमित निगरानी और गश्त सुनिश्चित की जाए तथा नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के विरुद्ध सख्त दंडात्मक कार्रवाई की जाए। संगठन ने उम्मीद जताई है कि पुलिस प्रशासन शीघ्र संज्ञान लेकर क्षेत्रवासियों को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराएगा। ज्ञापन देते समय ये रहे उपस्थित जिला अध्यक्ष सतीश बौरासी,जिला महामंत्री संतोष कैथवास,जिला प्रतिनिधि हेमंत रघुवंशी,जिला मंत्री राकेश सोनी, जिला वरिष्ठ संयोजक जय शिंदे,जिला उपाध्यक्ष वीरेंद्र सोनारे, जिला प्रचार मंत्री कैलाश पाटिल,जिला संयुक्त सचिव पवनf चौरसिया, जिला संगठन मंत्री मुकेश सोनी, जिला उप संगठन मंत्री, यमल शर्मा, शशांक चतुर्वेदी, मनीष मस्की, जिला उप मंत्री अनिल पाटेकर एवं तहसील अध्यक्ष घोड़ाडोंगरी राजेश वागद्रे,तहसील महामंत्री राकेश डेहरिया, तहसील उपाध्यक्ष पंकज मालवीय एवं हितेश हात्या, अमित नकवाल आदि पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित रहे।
- बैतूल। जयस्तंभ चौक से कॉलेज गेट होते हुए बगडोना मार्ग तक रिहायशी और मार्केट क्षेत्र में डंपर, बलकर ट्रक और अन्य भारी वाहनों की तेज रफ्तार आवाजाही के खिलाफ अंतराष्ट्रीय मानव अधिकार सुरक्षा संगठन ने थाना सारनी जिला बैतूल में थाना प्रभारी को ज्ञापन सौंपकर सख्त कार्रवाई की मांग की है। संगठन के जिला प्रतिनिधि हेमंत रघुवंशी ने ज्ञापन में बताया कि विगत कुछ समय से इस मार्ग पर भारी वाहनों का आवागमन अत्यधिक बढ़ गया है। वाहन तेज गति से गुजरते हैं और डीजल बचाने के लिए न्यूट्रल में चलाए जाते हैं, जिससे लगातार दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहती है और क्षेत्र में भय का वातावरण है। 16 फरवरी को वेकोलि जी. एम. कार्यालय में कार्यरत श्री रवि बिहारे के वाहन को पाथाखेड़ा तिगड्डा के समीप एक भारी वाहन ने टक्कर मार दी, जिसमें उनका दुखद निधन हो गया। संगठन के जिला अध्यक्ष सतीश बौरासी ने बताया कि इससे पूर्व भी कई छोटे-बड़े हादसे हो चुके हैं और समय रहते ठोस कदम नहीं उठाए गए तो और गंभीर दुर्घटनाएं हो सकती हैं। क्षेत्र में कोल हैंडलिंगt के कई ट्रक बहुत तेज रफ्तार से चलते हैं जिससे आम जनता को रास्ते में बहुत तकलीफों का सामना करना पड़ता है। ज्ञापन में मांग की गई है कि रिहायशी और मार्केट क्षेत्र में डंपर और बलकर ट्रकों की अधिकतम गति सीमा निर्धारित कर उसका सख्ती से पालन कराया जाए, संबंधित मार्ग पर आवश्यकतानुसार स्पीड ब्रेकर और सावधानी संकेतक बोर्ड लगाए जाएं, यातायात पुलिस द्वारा नियमित निगरानी और गश्त सुनिश्चित की जाए तथा नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के विरुद्ध सख्त दंडात्मक कार्रवाई की जाए। संगठन ने उम्मीद जताई है कि पुलिस प्रशासन शीघ्र संज्ञान लेकर क्षेत्रवासियों को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराएगा। ज्ञापन देते समय ये रहे उपस्थित जिला अध्यक्ष सतीश बौरासी,जिला महामंत्री संतोष कैथवास,जिला प्रतिनिधि हेमंत रघुवंशी,जिला मंत्री राकेश सोनी, जिला वरिष्ठ संयोजक जय शिंदे,जिला उपाध्यक्ष वीरेंद्र सोनारे, जिला प्रचार मंत्री कैलाश पाटिल,जिला संयुक्त सचिव पवनf चौरसिया, जिला संगठन मंत्री मुकेश सोनी, जिला उप संगठन मंत्री, यमल शर्मा, शशांक चतुर्वेदी, मनीष मस्की, जिला उप मंत्री अनिल पाटेकर एवं तहसील अध्यक्ष घोड़ाडोंगरी राजेश वागद्रे,तहसील महामंत्री राकेश डेहरिया, तहसील उपाध्यक्ष पंकज मालवीय एवं हितेश हात्या, अमित नकवाल आदि पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित रहे।2
- Post by AMLA NEWS1
- डब्लू सीएल कर्मचारी की मौत ट्रक ने मारी टक्कर सोमवार रात की घटना3
- आठनेर विकासखण्ड क्षेत्र के ग्राम सातनेर में अजीबोगरीब मामला सामने आया संवेदनशील बोर्ड परिक्षा में बड़ी लापरवाही सामने आई जहां नवमी फेल छात्र कक्षा दसवीं की बोर्ड परीक्षा दे रहा है। आरोप है कि जब छात्र ने प्राचार्य और परिक्षक को पैसे नहीं दिए तो उसे अगले पेपर की परिक्षा में नहीं बैठने दिया गया नाराज छात्र और परिजनों ने जिला पंचायत सीईओ और शिक्षा विभाग में जनप्रतिनिधियों के साथ पहुंचकर मामले की शिकायत की इधर स्कूल प्राचार्य और परिकक्षक ने सभी आरोपों को निराधार बताते हुए इसे नामांकन की गलती बता रहे हैं उन्होंने बताया कि नामांकन गलती से छात्र का भरा गया छात्र ने आनलाइन प्रवेश पत्र निकाला और परिक्षा में बैठ गया मामला सामने आया तो इसकी शिकायत शिक्षा विभाग से की है। इतनी बड़ी लापरवाही का मामला सामने आने पर बड़े सवाल खड़े हो गए आखिर कौन सही और कौन गलत एतो बारकी से जांच के बाद ही कलिलियर होगा।1
- बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल के ग्रह नगर में टिचिंग ग्राउंड विवाद, वार्डवासियो नें सड़क जाम कर किया प्रदर्शन। मध्यप्रदेश बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल के ग्रह नगर बैतूल में टिंचिंग ग्राउंड का मामला तूल पकड़ रहा है,बैतूल के गऊठाना इलाके में बने टिंचिंग ग्राउंड की बदबू और प्रदूषण से परेशान वार्डवासियो नें सड़क जाम कर जोरदार प्रदर्शन किया। बताया जा रहा है टिंचिंग ग्राउंड से परेशान वार्डवासियों नें कचरा वाहन के जाने वाले मार्ग कों अवरुद्ध कर जोरदार विरोध प्रदर्शन करते हुए,आंदोलन तेज करने के संकेत दिए है। प्रदर्शन कर रहे लोगों का कहना है कि जब तक नगर पालिका यहाँ से पूरी तरह से कचरा नहीं हटाती तब तक समस्या का समाधान नहीं होगा। टिंचिंग ग्राउंड का विरोध कर रहे लोगों का कहना है कि पूरे शहर का कचरा लाकर यहाँ डाला जा रहा है, जिसकी बदबू और प्रदुषण से बीमारिया फैल रही है। बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष और बैतूल विधायक हेमंत खंडेलवाल ने पूर्व में कचरे के निष्पादन और अपशिष्ट प्रबंधन के लिए करीब तीन करोड़ रुपए के ठेके की जांच के निर्देश दिए थे, जिसके बाद कचरा उठाने की प्रक्रिया प्रारम्भ हुई थी लेकिन यहाँ से पूरा कचरा नहीं उठाया गया न ही जांच रिपोर्ट कों सार्वजनिक किया गया।1
- हजारों श्रद्धालुओं ने भाग लेकर ग्रहण की भोजन महाप्रसादी । भैंसदेही भैंसदेही ब्लॉक अंतर्गत ग्राम गुदगांव (चिल्कापुर) के प्रसिद्ध रामेश्वरम शिव धाम मंदिर में गत 11 फरवरी 2026 से शुरू हुई शिवपुराण एवं रुद्र महायज्ञ सप्ताह का समापन हर्षोल्लास के वातावरण में हवन, पूजन एवं भोजन महाप्रसादी के साथ संपन्न हुआ। जिसमें हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लेकर भोजन महाप्रसादी ग्रहण की। पूरे सप्ताह पं. अविनाश खंडाग्रे जी के मुखारबिंद से शिवपुराण की कथा का बड़ी संख्या में श्रद्धालुओ ने पूरे मन से श्रवण कर अपने जीवन को सार्थक बनाने हेतू कार्यक्रम में बढ़ चढ़कर भाग लिया। इस दौरान संपूर्ण क्षेत्र धर्ममय बना रहा। रामेश्वरम शिवधाम मंदीर समिति चिल्कापुर के सभी सदस्यों ने ग्राम वासियों के सहयोग से कार्यक्रम को सफलता प्रदान करने में अहम भूमिका अदा की। सप्ताह भर चले इस धार्मिक अनुष्ठान में प्रतिदिन कथा प्रवचन श्रवण करने हेतू ग्राम चिल्कापुर व गुदगांव के ग्रामवासियों सहित आसपास क्षेत्र के श्रद्धालुओं ने भी बड़ी संख्या में भाग लेकर पुण्य लाभ अर्जित किया। रामेश्वरम शिवधाम मंदिर समिति के सभी सदस्यों ने इस धार्मिक अनुष्ठान को सफल बनाने हेतु दिए गए सहयोग एवं समयदान के लिए समस्त ग्रामवासियों एवं क्षेत्रवासियों के प्रति आभार जताया। हर्ष और उल्लास के वातावरण में हवन, पूजन एवं भोजन महाप्रसादी के साथ सफलता पूर्वक कार्यक्रम सम्पन्न हुआ।2
- गूगल CEO सुंदर पिचाई ने मोदीजी से मुलाक़ात की, गलगोटिया यूनिवर्सिटी का दावा चीनी नकल AI Summit से बाहर निकाला, बीजेपी बंगाल में मांस मछली नहीं बिकने देगी- ममता, इंडी ब्लाक सिर्फ लोकसभा चुनाव में ही सक्रिय होता - संजय राऊत और रीवा में महिला को जिंदा गाड़ा.... देखिए देश दुनिया की छ बड़ी खबरें राजपथ न्यूज़ पर....1
- बैतूल जिले के आमला विकासखंड अंतर्गत बोरदेही के समीप बामला–सोनार गोंदी मार्ग पर चल रहा सड़क निर्माण कार्य अब सीधे-सीधे प्रशासनिक लापरवाही और संभावित भ्रष्टाचार की ओर इशारा कर रहा है। ग्रामीणों की शिकायतों के बाद भी जिम्मेदार अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचे, जिससे पूरे मामले में उनकी भूमिका संदेह के घेरे में आ गई है। स्थानीय लोगों के अनुसार ठेकेदार द्वारा बिना कंप्रेसर के ही सड़क पर गिट्टी बिछाई जा रही है। यह निर्माण मानकों का खुला उल्लंघन है। विशेषज्ञों का कहना है कि बिना कंप्रेसर सड़क की मजबूती संभव नहीं, ऐसे में यह सड़क पहली बारिश में ही जवाब दे सकती है। सबसे गंभीर सवाल उस तथाकथित पुल निर्माण को लेकर उठ रहा है, जो पूरी तरह समतल जमीन पर बना दिया गया। ग्रामीणों का आरोप है कि यह अतिरिक्त भुगतान निकालने का तरीका है। आखिर जब जल निकासी या नाले का कोई अस्तित्व ही नहीं, तो पुल किस जरूरत के तहत बनाया गया? ग्रामीणों का कहना है कि निर्माण स्थल पर न तो किसी विभागीय इंजीनियर की नियमित उपस्थिति दिखाई दे रही है और न ही गुणवत्ता की जांच। इससे स्पष्ट होता है कि या तो अधिकारियों ने आंख मूंद रखी है या फिर पूरा खेल उनकी मौन सहमति से चल रहा है। अब सवाल यह है कि करोड़ों रुपये के इस निर्माण कार्य की मॉनिटरिंग किस अधिकारी के जिम्मे है? क्या बिना तकनीकी स्वीकृति पुल बना दिया गया? क्या मटेरियल टेस्ट हुआ? और यदि नहीं हुआ, तो जिम्मेदार कौन? ग्रामीणों ने बैतूल जिला प्रशासन से मांग की है कि पूरे सड़क निर्माण की उच्चस्तरीय जांच कराई जाए, तकनीकी ऑडिट कराया जाए और दोषी ठेकेदार के साथ-साथ संबंधित अधिकारियों पर भी कड़ी कार्रवाई हो। लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो वे आंदोलन और धरना प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। यह मामला केवल सरकारी धन के दुरुपयोग तक सीमित नहीं है, बल्कि आम जनता की जान–माल की सुरक्षा से जुड़ा हुआ है। अब देखना यह है कि प्रशासन इस “भ्रष्टाचार की सड़क” पर ब्रेक लगाता है या फिर हमेशा की तरह फाइलों में मामला दबा दिया जाएगा। जिले के आमला विकासखंड अंतर्गत बोरदेही के समीप बामला–सोनार गोंदी मार्ग पर चल रहा सड़क निर्माण कार्य अब सीधे-सीधे प्रशासनिक लापरवाही और संभावित भ्रष्टाचार की ओर इशारा कर रहा है। ग्रामीणों की शिकायतों के बाद भी जिम्मेदार अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचे, जिससे पूरे मामले में उनकी भूमिका संदेह के घेरे में आ गई है। स्थानीय लोगों के अनुसार ठेकेदार द्वारा बिना कंप्रेसर के ही सड़क पर गिट्टी बिछाई जा रही है। यह निर्माण मानकों का खुला उल्लंघन है। विशेषज्ञों का कहना है कि बिना कंप्रेसर सड़क की मजबूती संभव नहीं, ऐसे में यह सड़क पहली बारिश में ही जवाब दे सकती है। सबसे गंभीर सवाल उस तथाकथित पुल निर्माण को लेकर उठ रहा है, जो पूरी तरह समतल जमीन पर बना दिया गया। ग्रामीणों का आरोप है कि यह अतिरिक्त भुगतान निकालने का तरीका है। आखिर जब जल निकासी या नाले का कोई अस्तित्व ही नहीं, तो पुल किस जरूरत के तहत बनाया गया? ग्रामीणों का कहना है कि निर्माण स्थल पर न तो किसी विभागीय इंजीनियर की नियमित उपस्थिति दिखाई दे रही है और न ही गुणवत्ता की जांच। इससे स्पष्ट होता है कि या तो अधिकारियों ने आंख मूंद रखी है या फिर पूरा खेल उनकी मौन सहमति से चल रहा है। अब सवाल यह है कि करोड़ों रुपये के इस निर्माण कार्य की मॉनिटरिंग किस अधिकारी के जिम्मे है? क्या बिना तकनीकी स्वीकृति पुल बना दिया गया? क्या मटेरियल टेस्ट हुआ? और यदि नहीं हुआ, तो जिम्मेदार कौन? ग्रामीणों ने बैतूल जिला प्रशासन से मांग की है कि पूरे सड़क निर्माण की उच्चस्तरीय जांच कराई जाए, तकनीकी ऑडिट कराया जाए और दोषी ठेकेदार के साथ-साथ संबंधित अधिकारियों पर भी कड़ी कार्रवाई हो। लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो वे आंदोलन और धरना प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। यह मामला केवल सरकारी धन के दुरुपयोग तक सीमित नहीं है, बल्कि आम जनता की जान–माल की सुरक्षा से जुड़ा हुआ है। अब देखना यह है कि प्रशासन इस “भ्रष्टाचार की सड़क” पर ब्रेक लगाता है या फिर हमेशा की तरह फाइलों में मामला दबा दिया जाएगा।4