*मौसम और भारी बारिश को देखते हुए जिलाधिकारी ने एडवाइजरी जारी करते हुए जनपदवासियों से की अपील* सुल्तानपुर जिलाधिकारी इंद्रजीत सिंह ने बताया कि राहत कार्यालय और मौसम विभाग,दिल्ली द्वारा २३ सितम्बर को एडवाइजरी जारी की गई थी। वो हमारी पहली एडवाइजरी थी,एडवाइजरी जारी करते हुए जिला प्रशासन द्वारा सभी बिभागों के साथ मीटिंग की गई और सारे डिजास्टर मैनेजमेंट के जितने भी हमारे प्रोटोकॉल्स थे,उसको इमी डिएटली चालू कर दिया गया, सारी टीम्स को फील्ड में रहने के लिए निर्देशित किया गए और इसका जो ऑरेंज अलर्ट जारी हुआ था, उसका सबसे ज्यादा इंपैक्ट कल की रात और अगले दिन रहा है इन दोनों दिनों में हमारे द्वारा स्कूलों को बंद किया गया और आज उच्च शिक्षा संस्थानों को भी बंद किया गया,जो डैमेज हुआ है उनकों देखा गया 100 से ज्यादा पेड़ सड़कों पर गिरे पड़े है ,उनको 1 घंटे में क्लियर कराया गया। डिफरेंट-डिफरेंट डिपार्टमेंट जिसमें फॉरेस्ट डिपार्टमेंट ने भी सहयोग किया,एसडीएम भी रही फील्ड में रही, वही बिजली विभाग भी सड़को पर खड़ा रहा,उसके अलावा जो रोड डैमेज हुई उसको संबंधित विभाग PWD,जिला पंचायत या हमारे जो मंडी की सड़कें हैं, उसको मोटरेबल कराया गया। कहीं भी ट्रैफिक बाधित ना हो, इसका ख्याल रखा गया, ट्रैफिक सुचारू रूप से चले,यह भी किया गया है। इसके साथ-साथ बिजली का जो नुकसान हुआ है वो ज्यादा हुआ है, 1071 खंभे है जो डैमेज हुए हैं, तारों पर पेड़ गिरे थे , इसके कारण हमारे जो 21 सबस्टेशंस डाउन थे,उनको चालू कर दिया गया है, अभी और भी सबस्टेशन डाउन है,उस पर काम चल रहा है। सुल्तानपुर सिटी की जो बिजली व्यवस्था है वो हमने सारी चालू करा दिया है। अभी एक रिसेंट पेड़ गिरा उसको हटा दिया गया है,इसके अलावा जो हमारे ट्रांसफॉर्मर थे 89 वो भी हमने फंक्शनल कर दिए हैं। और अभी भी बिजली विभाग के 462 कर्मचारी फील्ड में है,जिनकी लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है,हर विभाग को हम लोग देख रहे हैं ग्राम पंचायत लेवल पर प्रधान हैं,हमारे सचिव भी हैं,लेखपाल भी लगाए गए है,सब लोग फील्ड में हैं। जो हमारे 42 मकान डैमेज हुए हैं, उनको जो हमें मुआवजा देना है उसकी कार्रवाई प्रारंभ कर दी गई है. जल्द से जल्द हम वो मुआवजा भी दे देंगे। अभी भी अगले दिन ऑरेंज अलर्ट के लिए हम लोग रेडी हैं। हमारी टीम्स फील्ड में रहेगी,मेरी अपील रहेगी सारे जो हमारे नागरिक हैं वो किसी भी पेड़ या ऐसी जगह के नीचे ना खड़े हो जो कमजोर हो. क्योंकि अभी भी तेज हवाएं और पानी गिरने की संभानायें है वो जारी है.ऑरेंज अलर्ट अभी भी जारी है। गोमती का जो जलस्तर है, वह भी बढ़ रहा है.इसको देखते हुए गोमती नदी में अभी कोई ना जाए,ये एडवाइजरी मेरी तरफ से अभी भी जारी रही है।
*मौसम और भारी बारिश को देखते हुए जिलाधिकारी ने एडवाइजरी जारी करते हुए जनपदवासियों से की अपील* सुल्तानपुर जिलाधिकारी इंद्रजीत सिंह ने बताया कि राहत कार्यालय और मौसम विभाग,दिल्ली द्वारा २३ सितम्बर को एडवाइजरी जारी की गई थी। वो हमारी पहली एडवाइजरी थी,एडवाइजरी जारी करते हुए जिला प्रशासन द्वारा सभी बिभागों के साथ मीटिंग की गई और सारे डिजास्टर मैनेजमेंट के जितने भी हमारे प्रोटोकॉल्स थे,उसको इमी डिएटली चालू कर दिया गया, सारी टीम्स को फील्ड में रहने के लिए निर्देशित किया गए और इसका जो ऑरेंज अलर्ट जारी हुआ था, उसका सबसे ज्यादा इंपैक्ट कल की रात और अगले दिन रहा है इन दोनों दिनों में हमारे द्वारा स्कूलों को बंद किया गया और आज उच्च शिक्षा संस्थानों को भी बंद किया गया,जो डैमेज हुआ है उनकों देखा गया 100 से ज्यादा पेड़ सड़कों पर गिरे पड़े है ,उनको 1 घंटे में क्लियर कराया गया। डिफरेंट-डिफरेंट डिपार्टमेंट जिसमें फॉरेस्ट डिपार्टमेंट ने भी सहयोग किया,एसडीएम भी रही फील्ड में रही, वही बिजली विभाग भी सड़को पर खड़ा रहा,उसके अलावा जो रोड डैमेज हुई उसको संबंधित विभाग PWD,जिला पंचायत या हमारे जो मंडी की सड़कें हैं, उसको मोटरेबल कराया गया। कहीं भी ट्रैफिक बाधित ना हो, इसका ख्याल रखा गया, ट्रैफिक सुचारू रूप से चले,यह भी किया गया है। इसके साथ-साथ बिजली का जो नुकसान हुआ है वो ज्यादा हुआ है, 1071 खंभे है जो डैमेज हुए हैं, तारों पर पेड़ गिरे थे , इसके कारण हमारे जो 21 सबस्टेशंस डाउन थे,उनको चालू कर दिया गया है, अभी और भी सबस्टेशन डाउन है,उस पर काम चल रहा है। सुल्तानपुर सिटी की जो बिजली व्यवस्था है वो हमने सारी चालू करा दिया है। अभी एक रिसेंट पेड़ गिरा उसको हटा दिया गया है,इसके अलावा जो हमारे ट्रांसफॉर्मर थे 89 वो भी हमने फंक्शनल कर दिए हैं। और अभी भी बिजली विभाग के 462 कर्मचारी फील्ड में है,जिनकी लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है,हर विभाग को हम लोग देख रहे हैं ग्राम पंचायत लेवल पर प्रधान हैं,हमारे सचिव भी हैं,लेखपाल भी लगाए गए है,सब लोग फील्ड में हैं। जो हमारे 42 मकान डैमेज हुए हैं, उनको जो हमें मुआवजा देना है उसकी कार्रवाई प्रारंभ कर दी गई है. जल्द से जल्द हम वो मुआवजा भी दे देंगे। अभी भी अगले दिन ऑरेंज अलर्ट के लिए हम लोग रेडी हैं। हमारी टीम्स फील्ड में रहेगी,मेरी अपील रहेगी सारे जो हमारे नागरिक हैं वो किसी भी पेड़ या ऐसी जगह के नीचे ना खड़े हो जो कमजोर हो. क्योंकि अभी भी तेज हवाएं और पानी गिरने की संभानायें है वो जारी है.ऑरेंज अलर्ट अभी भी जारी है। गोमती का जो जलस्तर है, वह भी बढ़ रहा है.इसको देखते हुए गोमती नदी में अभी कोई ना जाए,ये एडवाइजरी मेरी तरफ से अभी भी जारी रही है।
- *मौसम और भारी बारिश को देखते हुए जिलाधिकारी ने एडवाइजरी जारी करते हुए जनपदवासियों से की अपील* सुल्तानपुर जिलाधिकारी इंद्रजीत सिंह ने बताया कि राहत कार्यालय और मौसम विभाग,दिल्ली द्वारा २३ सितम्बर को एडवाइजरी जारी की गई थी। वो हमारी पहली एडवाइजरी थी,एडवाइजरी जारी करते हुए जिला प्रशासन द्वारा सभी बिभागों के साथ मीटिंग की गई और सारे डिजास्टर मैनेजमेंट के जितने भी हमारे प्रोटोकॉल्स थे,उसको इमी डिएटली चालू कर दिया गया, सारी टीम्स को फील्ड में रहने के लिए निर्देशित किया गए और इसका जो ऑरेंज अलर्ट जारी हुआ था, उसका सबसे ज्यादा इंपैक्ट कल की रात और अगले दिन रहा है इन दोनों दिनों में हमारे द्वारा स्कूलों को बंद किया गया और आज उच्च शिक्षा संस्थानों को भी बंद किया गया,जो डैमेज हुआ है उनकों देखा गया 100 से ज्यादा पेड़ सड़कों पर गिरे पड़े है ,उनको 1 घंटे में क्लियर कराया गया। डिफरेंट-डिफरेंट डिपार्टमेंट जिसमें फॉरेस्ट डिपार्टमेंट ने भी सहयोग किया,एसडीएम भी रही फील्ड में रही, वही बिजली विभाग भी सड़को पर खड़ा रहा,उसके अलावा जो रोड डैमेज हुई उसको संबंधित विभाग PWD,जिला पंचायत या हमारे जो मंडी की सड़कें हैं, उसको मोटरेबल कराया गया। कहीं भी ट्रैफिक बाधित ना हो, इसका ख्याल रखा गया, ट्रैफिक सुचारू रूप से चले,यह भी किया गया है। इसके साथ-साथ बिजली का जो नुकसान हुआ है वो ज्यादा हुआ है, 1071 खंभे है जो डैमेज हुए हैं, तारों पर पेड़ गिरे थे , इसके कारण हमारे जो 21 सबस्टेशंस डाउन थे,उनको चालू कर दिया गया है, अभी और भी सबस्टेशन डाउन है,उस पर काम चल रहा है। सुल्तानपुर सिटी की जो बिजली व्यवस्था है वो हमने सारी चालू करा दिया है। अभी एक रिसेंट पेड़ गिरा उसको हटा दिया गया है,इसके अलावा जो हमारे ट्रांसफॉर्मर थे 89 वो भी हमने फंक्शनल कर दिए हैं। और अभी भी बिजली विभाग के 462 कर्मचारी फील्ड में है,जिनकी लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है,हर विभाग को हम लोग देख रहे हैं ग्राम पंचायत लेवल पर प्रधान हैं,हमारे सचिव भी हैं,लेखपाल भी लगाए गए है,सब लोग फील्ड में हैं। जो हमारे 42 मकान डैमेज हुए हैं, उनको जो हमें मुआवजा देना है उसकी कार्रवाई प्रारंभ कर दी गई है. जल्द से जल्द हम वो मुआवजा भी दे देंगे। अभी भी अगले दिन ऑरेंज अलर्ट के लिए हम लोग रेडी हैं। हमारी टीम्स फील्ड में रहेगी,मेरी अपील रहेगी सारे जो हमारे नागरिक हैं वो किसी भी पेड़ या ऐसी जगह के नीचे ना खड़े हो जो कमजोर हो. क्योंकि अभी भी तेज हवाएं और पानी गिरने की संभानायें है वो जारी है.ऑरेंज अलर्ट अभी भी जारी है। गोमती का जो जलस्तर है, वह भी बढ़ रहा है.इसको देखते हुए गोमती नदी में अभी कोई ना जाए,ये एडवाइजरी मेरी तरफ से अभी भी जारी रही है।1
- सुल्तानपुर में गोमती नदी खतरे के निशान से 2 मीटर नीचे: घाटों तक पहुंचा पानी, नहरों में उफान, डीएम ने कहा- नदी के पास जाने से बचें सुल्तानपुर में गोमती नदी का जल स्तर खतरे के निशान से 2 मीटर नीचे है। प्रशासन ने इसे लेकर अलर्ट जारी किया है। नदी का पानी घाटों की सीढ़ियों तक पहुंच गया है। शनिवार शाम 5:30 बजे जल स्तर 81.58 मीटर दर्ज किया गया। यहां वार्निंग लेवल 83.73 मीटर और डेंजर लेवल 84.73 मीटर है। डीएम इंद्रजीत सिंह ने शनिवार शाम को खुद मौके का जायजा लिया था। लगातार बारिश और ऑरेंज अलर्ट के चलते जिले के सभी स्कूल और उच्च शिक्षण संस्थान बंद कर दिए गए हैं। बारिश और तेज हवाओं से काफी नुकसान हुआ है। शहर की बिजली सप्लाई बहाल कर दी गई है और 89 खराब ट्रांसफॉर्मर भी ठीक कर दिए गए हैं। डीएम ने नागरिकों से अपील की है कि कमजोर पेड़ों और जर्जर इमारतों के नीचे न रुकें। सुरक्षा के लिए गोमती नदी के किनारे या पानी के पास जाने से बचें।1
- *थाना अखण्डनगर पुलिस टीम द्वारा थाना क्षेत्रान्तर्गत ग्राम सरावां में हुई घटना से सम्बन्धित 01 नफर अभियुक्त गिरफ्तार, घटना में प्रयुक्त 12 बोर तमंचा व जिन्दा कारतूस बरामद, उक्त के सम्बन्ध में क्षेत्राधिकारी कादीपुर श्री विनय कुमार गौतम द्वारा दी गयी बाइटः-*1
- प्रतापगढ़: तीन से नहीं हुए सूर्यदेवता के दर्शन, बारिश और तूफान से जनजीवन हुआ अस्त व्यस्त.... सितम्बर महीने की इस बारिश ने लोगों को बीस वर्ष पहले होने वाली बारिश की याद दिला दी। जुलाई अगस्त में सामान्य और औसत बारिश हुई इस बार। सितम्बर महीने के आखि़र में पिछले तीन दिनों से लगातार जारी बारिश और तेज हवाओं के चलते अब धान की फसलों पर असर पड़ने लगा है। पिछले तीन दिनों से सूर्यदेव भी आराम की मुद्रा में नजर आ रहे हैं, लगभग पककर तैयार तिल उड़द मक्का की फसलों पर इस बारिश से पड़ रहा विपरीत असर। कई जगहों पर धान की फसलों के गिरने से हुआ है किसानों को नुकसान। मौसम विभाग के अनुसार पूरे पूर्वांचल और अवध क्षेत्र में अभी मौसम में सुधार होने के संकेत नहीं है।1
- 48 घंटे से इटकौली गांव में बिजली गुल, ग्रामीण बेहाल* खराब मौसम के चलते भटमई पावर हाउस की विद्युत व्यवस्था प्रभावित, घरेलू कामकाज से लेकर दुकानों तक पर पड़ा असर* *48 घंटे से इटकौली गांव में बिजली गुल, ग्रामीण बेहाल* *खराब मौसम के चलते भटमई पावर हाउस की विद्युत व्यवस्था प्रभावित, घरेलू कामकाज से लेकर दुकानों तक पर पड़ा असर* सुलतानपुर। लगातार खराब मौसम के बीच भटमई पावर हाउस की विद्युत व्यवस्था प्रभावित होने से इटकौली गांव में करीब 24 से 48 घंटे से बिजली आपूर्ति बाधित है। लंबे समय से बिजली न आने के कारण ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों के अनुसार, खराब मौसम के कारण विद्युत लाइन और आपूर्ति व्यवस्था में तकनीकी समस्या उत्पन्न हुई है। इसके चलते गांव की बिजली आपूर्ति पूरी तरह प्रभावित हो गई। घंटों बीतने के बाद भी विद्युत आपूर्ति बहाल न होने से ग्रामीणों में नाराजगी है। बिजली आपूर्ति ठप होने से घरों में रोजमर्रा के जरूरी काम प्रभावित हो रहे हैं। वहीं, छोटे दुकानदारों, आटा चक्की, इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों और अन्य बिजली पर निर्भर कामकाज पर भी इसका सीधा असर पड़ा है। मोबाइल फोन चार्ज करने से लेकर पानी की व्यवस्था तक के लिए लोगों को परेशानी उठानी पड़ रही है। ग्रामीणों का कहना है कि खराब मौसम के दौरान बिजली व्यवस्था प्रभावित होना अलग बात है, लेकिन लंबे समय तक आपूर्ति बहाल न होने से समस्या गंभीर हो गई है। ग्रामीणों ने विद्युत विभाग के अधिकारियों से विद्युत लाइन की जांच कराकर खराबी को जल्द से जल्द दूर कराने तथा गांव की बिजली आपूर्ति तत्काल बहाल कराने की मांग की है। ग्रामीणों ने कहा कि यदि जल्द विद्युत आपूर्ति बहाल नहीं की गई तो उन्हें और अधिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ेगा। अब देखना है कि विद्युत विभाग की टीम कब तक समस्या का समाधान कर गांव में बिजली आपूर्ति सुचारु करती है।1
- SIR में नाम कटा, घर आकर दस्तावेज लेंगे अफसर; कोहली का 2027 में आखिरी वर्ल्डकप; यूपी में BJP विधायक की कार 200 मीटर फिसली SIR में नाम कटा, घर आकर दस्तावेज लेंगे अफसर; कोहली का 2027 में आखिरी वर्ल्डकप; यूपी में BJP विधायक की कार 200 मीटर फिसली1
- लगातार बारिश के बीच के के सी के पास बड़ा हादसा चलती कार पर गिरा विशाल पेड़ राजधानी लखनऊ में बारिश बनी आफत, कार क्षतिग्रस्त—बाल-बाल बचे लोग राजधानी लखनऊ में लगातार हो रही बारिश के बीच KKC के पास अचानक एक विशाल पेड़ चार पहिया वाहन के ऊपर जा गिरा। पेड़ गिरते ही मौके पर अफरा-तफरी मच गई। हादसे में वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। घटना के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई और कुछ देर के लिए यातायात भी प्रभावित हुआ। राहत की बात यह रही कि हादसे में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। लगातार बारिश के बीच पेड़ गिरने की घटना ने सड़क पर चलने वाले लोगों की चिंता बढ़ा दी है। स्थानीय लोगों ने ऐसे स्थानों पर जर्जर एवं कमजोर पेड़ों की जांच कराने की मांग की है।1
- *गणेश विसर्जन को लेकर पुलिस अधीक्षक सुलतानपुर द्वारा सीताकुण्ड घाट का पुलिस बल के साथ भ्रमण कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया गया।* सुल्तानपुर पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल द्वारा गणेश विसर्जन कार्यक्रम को सकुशल एवं शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए देर रात्रि अपर पुलिस अधीक्षक बृजनारायण सिंह एवं क्षेत्राधिकारी नगर राघवेंद्र सिंह के साथ नगरक्षेत्र सीताकुण्ड घाट का भ्रमण कर सुरक्षा एवं कानून-व्यवस्था का जायजा लिया गया। जहां इस दौरान पुलिस अधीक्षक द्वारा घाट पर पुलिस बल की तैनाती,श्रद्धालुओं की सुरक्षा,भीड़ प्रबंधन,आवागमन व्यवस्था एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया गया तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।1