कुर्मी महासभा ने मनाई छत्रपति शिवाजी महाराज की जयंती,चित्र पर श्रद्धा-सुमन अर्पित किए बिलासपुर में भारतीय कुर्मी महासभा के जिलाध्यक्ष नागेन्द्र गंगवार ने कहा कि मराठा साम्राज्य के पहले छत्रपति और संस्थापक छत्रपति शिवाजी महाराज को ऐसे योद्धा के तौर पर याद किया जाता है,जिसने मुगलों की नाक में दम कर दिया था।जिलाध्यक्ष रविवार को तहसील क्षेत्र के दलकी गांव में स्थित कैम्प कार्यालय पर शिवाजी महाराज की जयंती पर आयोजित गोष्ठी को संबोधित कर रहे थें।उन्होंने कहा कि मुगल बादशाह औरंगजेब,शिवाजी के युद्ध कौशल और रणनीति की वजह से ही दिल्ली में नही रह पाया और अपने जीवन के आखिरी 25 सालों तक दक्षिण में रहने को मजबूर हो गया।मराठों से लड़ते-लड़ते औरंगजेब के बाल सफेद हो गए।लेकिन मराठों का जोश कम नही हुआ।इस दौरान गोष्ठी में छत्रपति शिवाजी महाराज के चित्र पर श्रद्धा-सुमन अर्पित करने के बाद संगठन के भविष्य की योजना के लिए रूपरेखा तैयार की गई,और न्याय स्तर पर कार्यकारणी एवं गांव-गांव तक कैसे संपर्क किया जाए इसको लेकर भी रणनीति बनाई गई।बैठक में जिला उपाध्यक्ष मुनीष गंगवार, ब्लाकाध्यक्ष राजेन्द्र गंगवार, भूपेंद्र गंगवार,राजेंद्र गंगवार, राजवीर गंगवार, सचिन गंगवार, सर्वेश गंगवार,धर्मेन्द्र गंगवार,अजय गंगवार, तेजपाल आदि मौजूद रहे।
कुर्मी महासभा ने मनाई छत्रपति शिवाजी महाराज की जयंती,चित्र पर श्रद्धा-सुमन अर्पित किए बिलासपुर में भारतीय कुर्मी महासभा के जिलाध्यक्ष नागेन्द्र गंगवार ने कहा कि मराठा साम्राज्य के पहले छत्रपति और संस्थापक छत्रपति शिवाजी महाराज को ऐसे योद्धा के तौर पर याद किया जाता है,जिसने मुगलों की नाक में दम कर दिया था।जिलाध्यक्ष रविवार को तहसील क्षेत्र के दलकी गांव में स्थित कैम्प कार्यालय पर शिवाजी महाराज की जयंती पर आयोजित गोष्ठी को संबोधित कर रहे थें।उन्होंने कहा कि मुगल बादशाह औरंगजेब,शिवाजी के युद्ध कौशल और रणनीति की वजह से ही दिल्ली में नही रह पाया और अपने जीवन के आखिरी 25 सालों तक दक्षिण में रहने को मजबूर हो गया।मराठों से लड़ते-लड़ते औरंगजेब के बाल सफेद हो गए।लेकिन मराठों का जोश कम नही हुआ।इस दौरान गोष्ठी में छत्रपति शिवाजी महाराज के चित्र पर श्रद्धा-सुमन अर्पित करने के बाद संगठन के भविष्य की योजना के लिए रूपरेखा तैयार की गई,और न्याय स्तर पर कार्यकारणी एवं गांव-गांव तक कैसे संपर्क किया जाए इसको लेकर भी रणनीति बनाई गई।बैठक में जिला उपाध्यक्ष मुनीष गंगवार, ब्लाकाध्यक्ष राजेन्द्र गंगवार, भूपेंद्र गंगवार,राजेंद्र गंगवार, राजवीर गंगवार, सचिन गंगवार, सर्वेश गंगवार,धर्मेन्द्र गंगवार,अजय गंगवार, तेजपाल आदि मौजूद रहे।
- बिलासपुर में भारतीय कुर्मी महासभा के जिलाध्यक्ष नागेन्द्र गंगवार ने कहा कि मराठा साम्राज्य के पहले छत्रपति और संस्थापक छत्रपति शिवाजी महाराज को ऐसे योद्धा के तौर पर याद किया जाता है,जिसने मुगलों की नाक में दम कर दिया था।जिलाध्यक्ष रविवार को तहसील क्षेत्र के दलकी गांव में स्थित कैम्प कार्यालय पर शिवाजी महाराज की जयंती पर आयोजित गोष्ठी को संबोधित कर रहे थें।उन्होंने कहा कि मुगल बादशाह औरंगजेब,शिवाजी के युद्ध कौशल और रणनीति की वजह से ही दिल्ली में नही रह पाया और अपने जीवन के आखिरी 25 सालों तक दक्षिण में रहने को मजबूर हो गया।मराठों से लड़ते-लड़ते औरंगजेब के बाल सफेद हो गए।लेकिन मराठों का जोश कम नही हुआ।इस दौरान गोष्ठी में छत्रपति शिवाजी महाराज के चित्र पर श्रद्धा-सुमन अर्पित करने के बाद संगठन के भविष्य की योजना के लिए रूपरेखा तैयार की गई,और न्याय स्तर पर कार्यकारणी एवं गांव-गांव तक कैसे संपर्क किया जाए इसको लेकर भी रणनीति बनाई गई।बैठक में जिला उपाध्यक्ष मुनीष गंगवार, ब्लाकाध्यक्ष राजेन्द्र गंगवार, भूपेंद्र गंगवार,राजेंद्र गंगवार, राजवीर गंगवार, सचिन गंगवार, सर्वेश गंगवार,धर्मेन्द्र गंगवार,अजय गंगवार, तेजपाल आदि मौजूद रहे।1
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- *अमेरिका से मुक्त व्यापार समझौता रद्द करे भारत सरकार उस्मान* किसान यूनियन ने तहसील सदर में प्रदर्शन कर सौंपा ज्ञापन। शनिवार रामपुर पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अंतर्गत किसान यूनियन के पदाधिकारी व कार्यकर्ता तहसील सदर परिसर में एकत्रित हुए और हाल ही में केंद्र सरकार द्वारा अमेरिका से किए गए मुक्त व्यापार समझौते को रद्द करने और बेसहारा गौवंशीय पशुओं को संरक्षित करने की मांग को लेकर प्रदर्शन करने के बाद प्रधानमंत्री को संबोधित पांच सूत्रीय ज्ञापन उप जिला अधिकारी सदर कुमार गौरव को सौंपा इस अवसर पर राष्ट्रीय महासचिव उस्मान अली पाशा ने कहा जहां एक और केंद्र सरकार किसान हित में बड़ी-बड़ी घोषणाएं कर रही है वहीं अमेरिका से मुक्त व्यापार समझौते में कृषि उत्पाद शामिल कर किसानों को बर्बाद करने का काम कर रही है हाल ही में जो समझौता किया गया है उसमें यदि कोई वस्तु भारत अमेरिका के बाजारों में बेचता है तो उसको 18 प्रतिशत तक टैरिफ देना होगा वहीं अमेरिका यदि कोई उत्पादन भारत के बाजरो में बेचता है तो उसको कोई टैक्स नहीं देना होगा इतना ही नहीं इस समझौते में बहुत से कृषि उत्पादन भी शामिल है जबकि भारत का किसान अपनी फसलों के उचित मूल्य न मिलने के कारण कर्ज के बोझ तले दबा हुआ है ऐसे में अमेरिका जैसे देश के किसानों से प्रतिस्पर्धा नहीं कर सकता और किसान मजबूर होकर खेती छोड़ देगा माननीय प्रधानमंत्री जी को स्मरण करना चाहिए कि 1967 में जब देश में अकाल पड़ा था और अमेरिका से गेहूं आयात करना था तब अमेरिका द्वारा भारत को जो गेहूं अमेरिका में सूअरों को खिलाने के लिए उगाया जाता था उसको भी बहुत सी शर्तों के साथ भारत को दिया गया था यदि भारत के किसानों ने गेहूं या अन्य कोई फसल उगाना बंद कर दी और हम पूरी तरह विदेशी आयात पर निर्भर हो गए तब देश के लोगों के लिए खाने पीने का भी संकट पैदा हो जाएगा और अमेरिकी शीर्ष कोर्ट द्वारा भी आदेश दिया गया है की ट्रंप द्वारा जो टैरिफ लगाए गए हैं वह पूरी तरह से गैर कानूनी है और उनको इसके लगाने का अधिकार नहीं है उन्होंने आगे कहा पूरे भारत में गौ वंशीय पशु किसानों की फसलों को बर्बाद कर रहे हैं जिसका मुख्य कारण यह है किसान को उसके गाय के दूध का उचित मूल्य नहीं मिलता जिस कारण मजबूरी में वह अपने गौ वंशीय पशु को छुट्टा छोड़ने पर मजबूर हो जाता है यदि सरकार सच में गोवंशीय पशुओं को संरक्षित करना चाहती है तब प्रति गोवंश पशु को पालने वाले किसान को हर महीने 2000 रुपये प्रोत्साहन राशि दी जाए तथा दूध खरीद केंद्र खोलकर किसान से गाय का दूध 100 रुपए प्रति लीटर खरीदा जाए तथा समस्त सरकारी कार्यालय में बनी कैंटिनो में केवल गाय का दूध और उससे बने उत्पाद ही बेचे जाएं और गाय का गोबर तथा गोमूत्र खरीद कर उससे कीटनाशक दवाइयां तथा उर्वरक बनाकर बेचे जाएं तभी किसानों को लाभ होगा उन्होंने चेतावनी दी यदि भारत सरकार द्वारा अमेरिका से मुक्त व्यापार समझौता रद्द नहीं किया गया तो देश में एक बार फिर बड़े स्तर पर किसान आंदोलन किया जाएगा प्रदर्शन कर ज्ञापन देने वालों में जबर सिंह महफूज अहमद रमेश कुमार मकसूद अली बाबर अली आदि लोग मौजूद रहे।1
- हरिद्वार* नहर किनारे मौत का रहस्य: शराब, लालच और पत्थर से कुचला सच।मंगलौर की नहर पटरी पर सुबह की खामोशी उस वक्त सिहर उठी, जब पीर के पास एक युवक का लहूलुहान शव मिला। सिर पत्थर से कुचला हुआ… आसपास सन्नाटा… और सवालों का अंधेरा। यह कोई साधारण हत्या नहीं, बल्कि एक ऐसा ब्लाइंड मर्डर था जिसने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी थी। एसएसपी हरिद्वार नवनीत सिंह ने आज रुड़की सिविल लाइन कोतवाली मे प्रेस वार्ता के दौरान हत्याकांड का खुलासा करते हुए बताया की 17 फरवरी 2026 को पुराने पीर के पास मिले शव की पहचान घोसीपुरा मंगलौर निवासी प्रदीप के रूप में हुई थी । परिजन की तहरीर पर कोतवाली मंगलौर में अज्ञात के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज हुआ। मामला गंभीर था, लिहाज़ा एसएसपी नवनीत सिंह के निर्देश पर कोतवाली मंगलौर और सीआईयू रुड़की की संयुक्त टीम गठित की गई। फॉरेंसिक टीम और डॉग स्क्वाड ने घटनास्थल से अहम वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाए। जांच के दौरान पुलिस को एक अहम सुराग मिला—घटना वाले दिन सुबह मृतक एक अज्ञात युवक के साथ मोटरसाइकिल पर उसी दिशा में जाता दिखा था। संदिग्ध की तलाश में जुटी पुलिस टीम देवबंद तिराहे के पास पहुंची, जहां हुलिए से मिलता-जुलता युवक हिरासत में लिया गया। पूछताछ में जो कहानी सामने आई, उसने सबको चौंका दिया। आरोपी विनायक त्यागी, निवासी बरला थाना छपार, हाल पता सराय ज्वालापुर, ने कबूल किया कि शराब की तलाश में उसकी मृतक से ठेके पर मुलाकात हुई थी। ठेका बंद मिला तो दोनों रामपुर चुंगी से शराब लेकर नहर किनारे बाग में पहुंचे। नशे और बातचीत के बीच जब आरोपी को पता चला कि प्रदीप के पास 20 हजार रुपये हैं, तो उसने पहले मृतक प्रदीप का गला दबाया फिर पास पड़े पत्थर से सिर पर ताबड़तोड़ वार कर मौत के घाट उतार दिया। इसके बाद जेब से 20 हजार रुपये निकालकर फरार हो गया। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर खून से सनी जैकेट, हत्या में प्रयुक्त पत्थर और लूटी गई रकम बरामद कर ली है। हैरानी की बात यह भी है कि आरोपी पूर्व में “मिस्टर उत्तराखंड” रह चुका है। इस सनसनीखेज हत्याकांड का पर्दाफाश कर मंगलौर पुलिस ने एक बार फिर साबित कर दिया कि अपराध कितना भी रहस्यमयी क्यों न हो, कानून की पकड़ से बचना नामुमकिन है। नवनीत सिंह (एसएसपी हरिद्वार)1
- मुरादाबाद, 22 फरवरी 2026: उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जनपद के थाना मुंढ़ापांडे क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम पंचायत काकरघाटा में एक सड़क हादसे ने एक परिवार को गमगीन कर दिया। 50 वर्षीय मोहम्मद नसीम की अपनी ससुराल जा रहे थे, जब निर्माणाधीन हाईवे पर उनकी बाइक फिसल गई। हादसे में गंभीर रूप से घायल नसीम को परिजन पास के अस्पताल ले जा रहे थे, लेकिन रास्ते में ही उनकी सांसें थम गईं। घटना सुबह करीब 11:30 बजे की बताई जा रही है। सूत्रों के अनुसार, नसीम किसी जरूरी काम से घर से निकले थे। कुछ ही दूरी तय करने के बाद निर्माणाधीन हाईवे पर उनकी बाइक का संतुलन बिगड़ गया। तेज रफ्तार में फिसली बाइक सड़क पर जोरदार तरीके से गिर पड़ी, जिससे नसीम को सिर और अन्य हिस्सों में गंभीर चोटें आईं। मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने तुरंत परिजनों को सूचना दे दी। परिजनों ने घायल नसीम को बाइक पर ही उठाकर नजदीकी अस्पताल की ओर रवाना किया, लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही उनकी मौत हो गई। मोहम्मद नसीम एक साधारण किसान थे और अपने परिवार के सहारा थे। उनके परिवार में पत्नी के अलावा चार बेटे और तीन बेटियां हैं। सात बच्चों का बड़ा परिवार अब इस आकस्मिक हादसे से स्तब्ध है। जब पत्रकारों ने परिवार से बात करने की कोशिश की, तो उन्होंने कैमरे के सामने आने से साफ मना कर दिया। एक परिजन ने बताया, "हम किसी भी प्रकार की कोई कानूनी कार्यवाही नहीं करना चाहते। बस हमें अपने पिता को खोने का गम सहना है।"4
- देहरादून यादव महासभा उत्तराखंड द्वारा भव्य होली मिलन समारोह का आयोजन हर वर्ष की भाती इस वर्ष भी यादव महासभा उत्तराखंड द्वारा भव्य होली मिलन समारोह का आयोजन किया गया जिसमें मुख्य अतिथियों सहित यदुवंशी समाज से जुड़े लोगों ने शिरकत करी कार्यक्रम में जहां राधा कृष्ण की मनमोहक झांकी ने मौजूद लोगों का मन मोह लिया तो वहीं , लोग राधा कृष्ण के भजनों पर थिरकते नजर आए । मुख्य अतिथि के तौर पर पहुंची डिंपल यादव ने कहा कि यादव समाज को अपने बच्चों को शिक्षित करना चाहिए खासकर बालिकाओं को शिक्षित कर स्वावलंबी व आत्मनिर्भर बनाना चाहिए । वही " यादव जी की लव स्टोरी" पिक्चर पर उठे विवाद पर पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि समाज को इसका खुलकर विरोध करना चाहिए । महासभा के अध्यक्ष श्री चंद यादव ने बताया कि हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी होली मिलन समारोह किया जा रहा है जिसमें यादव समाज से जुड़े लोगो में आपसी वार्तालाप से भाईचारा बढ़ता है। डिम्पल यादव - लेखपाल देहरादून1